उत्तराखंड सरकार ने तीन महिलाओं को दिया राज्यमंत्री का दर्जा

तीन तलाक के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में प्रथम याचिका करने वाली ऊधमसिंह नगर की शायराबानो को मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने राज्यमंत्री के पद से नवाजा है। कुछ दिनों पूर्व ही शायरा बानो ने भाजपा का दामन थामा था। मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने दो अन्य महिला कार्यकर्ताओं को भी राज्यमंत्री बनाया है। काशीपुर की शायरा को महिला आयोग में प्रथम उपाध्यक्ष, रानीखेत की ज्योति शाह को द्वितीय उपाध्यक्ष और चमोली की पुष्पा पासवान को तृतीय उपाध्यक्ष बनाया है।

कौन है शायदा बानो…

बीते साल दो बच्चों की मां 35 वर्षीय मुस्लिम महिला शायरा बानो जब सुप्रीम कोर्ट पहुंचती है तो तीन तलाक के खिलाफ अभियान एक बार फिर जिंदा हो उठता है।

शायरा बानो ने साल 2016 की फरवरी में अपनी याचिका दायर की। वे कहती हैं कि जब वह अपना इलाज कराने के लिए उत्तराखंड में अपनी मां के घर गईं तो उन्हें तलाकनामा मिला।

शायरा बानो ने इलाहाबाद में रहने वाले अपने पति और दो बच्चों से मिलने की कई बार गुहार लगाई लेकिन उन्हें हर बार दरकिनार कर दिया गया और उन्हें अपने बच्चों से भी मिलने नहीं दिया गया। शायरा बानो ने अपनी याचिका में इस प्रथा को पूरी तरह प्रतिबंधित करने की मांग उठाई। उन्होंने ये भी कहा है कि हलाला और कई पत्नियां रखने की प्रथा को भी गैर कानूनी ठहराया जाए।

वे कहती हैं, ये सारी प्रथाएं गैरकानूनी, असंवैधानिक, लैंगिक न्याय के खिलाफ और भेदभाव करने वाली हैं। कुुरान और शरिया में एक बार में तीन बार तलाक बोलने की प्रथा का जिक्र नहीं है, बीते कई सालों में कई महिलाएं अलग-अलग अदालतों में तीन तलाक को चुनौती देती आई हैं।

शायदा बानो ने भाजपा की सदस्यता ली, तीन तलाक के खिलाफ की थी प्रथम याचिका

सुप्रीम कोर्ट में तीन तलाक पर प्रथम याचिका करने वाली उत्तराखंड की शायरा बनो अब भाजपाई हो गई है। उन्होंने उत्तराखंड भाजपा प्रदेश अध्यक्ष बंशीधर भगत के समक्ष पार्टी की सदस्यता ग्रहण की। प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि शायरा बानो ने दृढता के साथ तीन मामले की लड़ाई लड़ी। उसी प्रकार वह भाजपा के सिद्धांतों को आगे बढ़ाने के लिए कार्य करेंगी। विशेष तौर पर अल्पसंख्यक समुदाय में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका होगी। वहीं, शायरा बानो ने भाजपा को सिद्धांतवादी पार्टी बताया है।

बता दें कि दो साल पूर्व तत्कालीन भाजपा प्रदेश अध्यक्ष अजय भट्ट ने शायरा बनों के संदर्भ में कहा था कि उन्हें पार्टी की सदस्यता दिलाई जाएगी।

कौन है शायदा बानो…

बीते साल दो बच्चों की मां 35 वर्षीय मुस्लिम महिला शायरा बानो जब सुप्रीम कोर्ट पहुंचती है तो तीन तलाक के खिलाफ अभियान एक बार फिर जिंदा हो उठता है।

शायरा बानो ने साल 2016 की फरवरी में अपनी याचिका दायर की। वे कहती हैं कि जब वह अपना इलाज कराने के लिए उत्तराखंड में अपनी मां के घर गईं तो उन्हें तलाकनामा मिला।

शायरा बानो ने इलाहाबाद में रहने वाले अपने पति और दो बच्चों से मिलने की कई बार गुहार लगाई लेकिन उन्हें हर बार दरकिनार कर दिया गया और उन्हें अपने बच्चों से भी मिलने नहीं दिया गया। शायरा बानो ने अपनी याचिका में इस प्रथा को पूरी तरह प्रतिबंधित करने की मांग उठाई। उन्होंने ये भी कहा है कि हलाला और कई पत्नियां रखने की प्रथा को भी गैर कानूनी ठहराया जाए।

वे कहती हैं, ये सारी प्रथाएं गैरकानूनी, असंवैधानिक, लैंगिक न्याय के खिलाफ और भेदभाव करने वाली हैं। कुुरान और शरिया में एक बार में तीन बार तलाक बोलने की प्रथा का जिक्र नहीं है, बीते कई सालों में कई महिलाएं अलग-अलग अदालतों में तीन तलाक को चुनौती देती आई हैं।

जौलीग्रांट व पंतनगर एयरपोर्ट का अंतराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप होगा विस्तार

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत से केंद्रीय नागरिक उड्डयन सचिव प्रदीप खरोला ने मुलाकात की। उन्होंने मुख्यमंत्री से प्रदेश में हवाई सेवाओं के विस्तार एवं जौलीग्रांट एवं पंतनगर एयरपोर्ट का अन्तराष्ट्रीय मानकों के अनुसार विस्तार किये जाने के साथ ही प्रदेश में हेली पोर्ट के निर्माण आदि से सम्बन्धित विभिन्न विषयों पर मुख्यमंत्री से चर्चा की। उन्होंने जौलीग्रान्ट एयरपोर्ट पर हवाई जहाजों की नाइट पार्किंग की व्यवस्था से सम्बन्धित संभावनाओं पर भी विचार विमर्श किया। मौके पर सचिव नागरिक उड्डयन दिलीप जावलकर भी उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जौलीग्रान्ट एयरपोर्ट के विस्तार हेतु आवश्यक भूमि की उपलब्धता के लिए प्रदेश सरकार द्वारा सैद्धान्तिक निर्णय ले लिया गया है। जौलीग्रान्ट एयरपोर्ट अन्तराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप तैयार हो इसके लिए राज्य सरकार द्वारा सभी आवश्यक व्यवस्थायें की जा रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि जौलीग्रान्ट हवाई अड्डे के विस्तार एवं इसे अन्तराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप तैयार किये जाने बाद वहां पर हवाई जहाजों की नाइट पार्किंग की भी व्यवस्था हो सकती है। उन्होंने कहा कि जौलीग्रान्ट हवाई के विस्तार से राज्य में पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा। सीमान्त क्षेत्र होने के नाते सामरिक दृष्टि से भी इस हवाई अड्डे को अन्तराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप बनाया जाना जरूरी है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पंतनगर हवाई अड्डे को भी ग्रीन फील्ड एयर पोर्ट बनाये जाने की दिशा में भी राज्य सरकार द्वारा प्रभावी पहल की गई है, इसके लिए आवश्यक भूमि की भी व्यवस्था राज्य सरकार द्वारा की गई है। यहां से भी अन्तराष्ट्रीय स्तर पर हवाई सेवा के संचालन में मदद मिलेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य की भौगोलिक परिस्थिति के दृष्टिगत राज्य में हवाई सेवाओं की नितान्त आवश्यकता बनी रहती है। इस दिशा में राज्य सरकार द्वारा प्रभावी कार्ययोजना भी तैयार की गई है।

केंद्रीय नागरिक उड्डयन सचिव ने मुख्यमंत्री को प्रदेश में हवाई सेवाओं के विस्तार में आवश्यक सहयोग का आश्वासन दिया। उन्होंने बताया कि जौलीग्रान्ट हवाई अड्डे का विस्तारीकरण का कार्य तेजी से किया जा रहा है। प्रथम चरण में लगभग 80 प्रतिशत कार्य पूर्ण किया जा चुका है।

कांग्रेस पार्टी ने कृषि कानून पर की राजनीति, किसानों को भड़काने का किया कामः नैनीताल सांसद

उत्तराखंड में जल्द ही पांच सौ से एक हजार तक फूड प्रोसेसिंग यूनिट लगाई जाएगी। कांग्रेस पार्टी ने कृषि कानून पर हमेशा राजनीति की है, किसानों को बिल के संबंध में हमेशा भड़काने का ही काम किया है, जबकि यह कानून किसानों के हित में है। मोदी सरकार ने बिचैलिया राज खत्म किया है। इससे किसानों को किसी भी प्रकार की हानि नहीं है। मोदी सरकार फरवरी माह से पशुपालकों और मत्स्य पालकों को भी ऋण देकर किसानों की आय बढ़ाने का लक्ष्य रखा है। सांसद अजय भट्ट ने पत्रकारों से वार्ता के दौरान यह बातें कहीं।

भाजपा जिला कार्यालय आयोजित वार्ता में उन्होंने कहा कि मोदी सरकार आत्मनिर्भर भारत के अंतर्गत करीब एक लाख करोड़ रूपये का ऋण किसानों को देगी। जिसमें मत्स्य पालन के लिए 20 हजार करोड़, पशुपालन में 15 हजार करोड़, हर्बल खेती के लिए चार सौ करोड़, फूड प्रोसेसिंग यूनिट के लिए 10 हजार करोड़ का प्रस्ताव रखा गया है। जिसकी शुरूआत फरवरी से होगी। कहा कि मौन पालन के लिए 500 करोड़ रूपये अवमुक्त भी किए जा चुके हैं। कहा कि दोनों विधेयक किसानों के हित में है। कांट्रेक्ट फार्मिग में किसानों को फसल की बुआई के पहले ही कीमत तय कर ली जाएगी। इसमें सिर्फ फसल की बात होगी न कि भूमि की। इसके अलावा किसान अपनी फसल की कीमत स्वयं लगाएगा। ऐसे में कहीं से भी किसानों को हानि नहीं होगा।

कहा कि वर्ष, 2009-10 में कांग्रेस सरकार ने किसानों के लिए 12 हजार करोड़ का बजट रखा था जिसे बीजेपी सरकार ने बढ़ाकर एक लाख 34 हजार करोड़ कर दिया गया। कहा कि किसान सम्मान निधि के रूप में डीबीटी के माध्यम से 10 करोड़ किसानों के खाते में 75 हजार करोड़ रूपये भेजे। इसके बाद भी कांग्रेस किस तरह से मादी सरकार को बदनाम कर रही है। कहा कि कृषि कानून में किसानों के लिए फसल बेचने में जो बैरियर लगे थे वह खत्म हुए। एमएसपी निर्धारित की गई है तभी धान की खरीद उसी आधार पर हो रही है। किसानों को बताना है कि मंडी अब भी है और भविष्य में भी रहेगी। किसान रेट पता करें और जहां आसानी हो वहां अपनी फसल बेच सकते हैं।

सितारगंज जेल के तीन कोरोना कैदी जिला अस्पताल से भागे

देहरादून और हरिद्वार की अस्थाई जेल से कैदियों की भागने की घटना के बाद अब तीसरी घटना सितारगंज के जिला अस्पताल की है। सितारगंज जेल के तीन कैदी उधमसिंह नगर के जिला अस्पताल से भाग गए हैं। हैरानी वाली बात यह है कि यह तीनों कैदी ही कोरोना पाॅजीटिव है। पुलिस अब सीसीटीवी खंगालने में जुट गई है।

उत्तराखंड में कोरोना वायरस का संक्रमण जेलों में भी पहुंच चुका है। उधमसिंह नगर जिले की सितारजंग जेल में 35 से अधिक कैदी कोरोना पॉजिटिव आये थे। इस पर उनको उपचार के लिए जिला अस्पताल में बने आइसोलेट वार्ड में भर्ती कराया गया था। इन कैदियों की निगरानी में पुलिस भी तैनात थी। फिर भी वे पुलिस को चकमा देकर फरार हो गए। फरार कैदी हत्या सहित अलग-अलग मालों में सजा काट रहे थे।

हत्या सहित अन्य वारदात में शामिल आनंद, गौरव पाल ओर देवेंद्र दानू अस्पताल से फरार हो गए। कुछ देर बाद जब तीन कैदी कम मिले तो पुलिस में हड़कंप मच गया। सूचना पर एसपी क्राइम प्रमोद कुमार, एसपी सिटी देवेंद्र पिंचा, सीओ अमित कुमार, थानाध्यक्ष पंतनगर मदन मोहन जोशी और सिडकुल चैकी इंचार्ज अनिल उपध्याय पुलिस टीम के साथ अस्पताल पहुंचे और जानकारी ली। साथ ही फरार सजायाफ्ता कैदियों की तलाश शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार आरोपियों को पकड़ लिया जाएगा।

हाईकोर्ट के आदेश पर सीबीआई ने दर्ज किया पुलिस कर्मियों के खिलाफ मुकदमा

ऊधमसिंहनगर पुलिस के एक चैकी प्रभारी व उनकी टीम पर ढाबा संचालक को चरस के मुकदमे में झूठा फंसाने के आरोप में सीबीआई ने मुकदमा दर्ज किया है। आरोप है कि चैकी प्रभारी, तीन सिपाहियों और दो एसपीओ ढाबे पर पहुंचे और संचालक से मारपीट की। इसके बाद उसके पास से चरस बरामद दिखाई। संचालक ने जब हाईकोर्ट की शरण ली तो सारी कहानी की पोल खुलनी शुरु हुई।
मामला केलाखेड़ा थाना की बेरिया दौलत पुलिस चैकी क्षेत्र का है। यहां हाईवे के पास अनिल शर्मा का पंडित ढाबा है। गत 28 जुलाई की शाम को वहां पर चार-पांच पुलिसकर्मी आए और कर्मचारियों से मारपीट करने लगे। एक कर्मचारियों का फोन भी छीन लिया और अपने मालिक को बुलाने को कहा। ढाबे पर मौजूद मालिक से भी उन्होंने मारपीट की। इसके बाद कर्मचारी को गाड़ी में बैठाकर ले गए और उसके पास से चरस बरामद दिखाई। लेकिन, यह सारी घटना ढाबे पर लगे सीसीटीवी कैमरे में रिकॉर्ड हो गई। 
पुलिसकर्मियों की चालाकी यहीं नहीं रुकी। अगले दिन दो पुलिसकर्मी ढाबे पर आए और सीसीटीवी फुटेज को डिलीट कर दिया। साथ ही किसी को न बताने की धमकी भी दे गए। इसके बाद अनिल शर्मा ने गत सात अगस्त को इस मामले में हाईकोर्ट में रिट दायर की। हाईकोर्ट के संज्ञान में जब यह मामला आया तो उन्होंने एसएसपी ऊधमसिंह नगर से रिपोर्ट मांगी। इस मामले में एसएसपी ने केलाखेड़ा एसओ को लाइन हाजिर और चैकी प्रभारी व तीनों पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया। पूरे प्रकरण में सीसीटीवी फुटेज और मोबाइल सर्विलांस समेत अन्य साक्ष्य भी पुलिस कार्यप्रणाली पर सवाल उठा रहे थे।
अनिल शर्मा ने इस मामले की जांच सीबीआई से कराने की मांग की। हाईकोर्ट के आदेश पर सीबीआई ने 18 अगस्त को प्राथमिक जानकारी को दर्ज कर जांच शुरू कर दी। इसके अगले ही दिन हाईकोर्ट ने इस मामले में सीबीआई को मुकदमा दर्ज करने के आदेश दिए। सीबीआई देहरादून शाखा ने चैकी प्रभारी बेरिया दौलत प्रकाश चंद टम्टा, सिपाही त्रिभुवन सिंह, चंदन सिंह बिष्ट, हरीश गिरी और स्पेशल पुलिस अफसर (कोरोना काल में जनता के बीच से बनाए गए थे) परवेज अहमद व राजवंत सिंह के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। मुकदमे की जांच इंस्पेक्टर हरीश सिंह कर रहे हैं। 

आईपीसी की धाराएं जिन पर मुकदमा हुआ है दर्ज
120बी-आपराधिक षडयंत्र रचना 
166- लोकसेवक रहते कानून की अवज्ञा करते हुए किसी को चोट पहुंचाना 
167-अशुद्ध दस्तावेज रचना
193- कोर्ट में झूठे साक्ष्य पेश करना। 
201- साक्ष्य छुपाना या मिटाना 
211- किसी को नुकसान पहुंचाने की नियत से झूठा आरोप लगाना। 
220-निर्दोष व्यक्ति को जबरन रोककर रखना। 
323- मारपीट करना। 
342- गलत तरीके से किसी भी व्यक्ति को रोककर रखना। 
348-ज 465-जालसाजी।

गलत ग्रुप का ब्लड चढ़ने से गर्भवती महिला की हालत बिगड़ी

ऊधमसिंह नगर में लापरवाही का एक बड़ा मामला सामने आया है। सरकारी अस्पताल की महिला लैब टेक्नीशियन ने गर्भवती का ब्लड ग्रुप गलत बताया और निजी अस्पताल ने भी ब्लड ग्रुप की बगैर जांच किए बिना महिला को ब्लड चढ़ा दिया। परिजनों का आरोप है कि गलत ग्रुप का ब्लड चढ़ने से महिला की हालत बिगड़ गई। 
ग्राम गढ़ी हुसैन निवासी अजय कुमार ने विधायक आदेश चैहान को दिए पत्र में बताया कि उसकी पत्नी सविता रानी गर्भवती थी। प्रसव के लिए उसके गांव की आशा कार्यकर्ता ने सरकारी अस्पताल में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत मातृ एवं बाल सुरक्षा कार्ड बनवाया था। उसने बताया कि ब्लड ग्रुप चेक करने वाली लैब तकनीशियन ने उसकी पत्नी के कार्ड पर उसका ब्लड ग्रुप ए पॉजिटिव लिख दिया, जबकि उसका ब्लड ग्रुप बी पॉजिटिव है। 5 मई 2020 को सरिता को ग्राम पंचायत की आशा कार्यकर्ता सरकारी अस्पताल साथ लेकर आई थी। महिला डॉक्टर से बात करने के बाद आशा कार्यकर्ता ने उसके शरीर में ब्लड की कमी बताकर प्रसव न होने की जानकारी दी।
उसके बाद वह सरिता को नगर के एक निजी अस्पताल में ले गया। अस्पताल की महिला डॉक्टर ने ब्लड मंगवाकर चढ़ा दिया, जिससे उसकी हालत बिगड़ गई। वह पत्नी को पीएचसी पतरामपुर ले गया, जहां से हालत गंभीर होने पर उसे रेफर कर दिया। वह अपनी पत्नी को लेकर मुरादाबाद पहुंचा। वहां एक निजी अस्पताल में जांच कराने पर ब्लड ग्रुप बी पॉजिटिव पाया गया। गलत ग्रुप का खून चढ़ने से उसकी पत्नी की हालत बिगड़ी है। उसने बताया कि घर बेचकर उसे पत्नी का इलाज कराना पड़ा। इस शिकायती पत्र को पढ़ने के बाद विधायक आदेश चैहान ने सरकारी अस्पताल पहुंचकर डॉक्टरों को जमकर खरी-खोटी सुनाई और घटना की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने को कहा। वहां पर एसडीएम सुंदर सिंह भी मौजूद रहे।

बाजपुर चीनी मिल में एथेनॉल प्लांट की मंजूरी, बढ़ेगी आय

मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने प्रदेश में गन्ना किसानों की आर्थिकी में सुधार के लिए किसानों के व्यापक हित में गन्ने के बहुआयामी उपयोग पर ध्यान देने को कहा है। मुख्यमंत्री आवास में बाजपुर चीनी मिल परिसर में प्रस्तावित इथेनॉल प्लांट की स्थापना के संबंध में आयोजित बैठक में मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि प्रदेश की चीनी मिलों के आधुनिकीकरण, गन्ना उत्पादन के विविधीकरण, ऊर्जा उत्पादन, एथेनॉल उत्पादन पर ध्यान दिया जाए। उन्होंने कहा कि विभागीय स्तर पर चीनी मिलों के संबंध में जो भी कार्यवाही की जानी है उन पर किसानों के हितों को ध्यान में रखते हुए कार्यवाही की जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि बाजपुर चीनी मिल परिसर में एथेनॉल प्लांट के लिए अपेक्षित भूमि उपलब्ध है। उन्होंने इस अवसर पर इथेनॉल प्लांट की स्थापना के संबंध में प्राज टेक्नोलॉजी सॉल्यूशन द्वारा प्रस्तुत प्रस्तुतीकरण का भी अवलोकन किया। मुख्यमंत्री ने अन्य चीनी मिलों में भी इसकी संभावना तलाशने की बात कही। चीनी मिलों में चीनी के अलावा सीरा व बगास का भी बेहतर उपयोग हो इस दिशा में भी कार्य योजना बनाई जाए।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री के तकनीकी सलाहकार नरेंद्र सिंह, प्रबंध निदेशक गन्ना एवं चीनी चंद्रेश यादव, बाजपुर चीनी मिल के जीएम प्रकाश चन्द्र सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री ने 300 बेड के कोविड अस्पताल में 320 लाख रुपये की योजनाओं को लोकार्पण किया

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने रूद्रपुर में पंडित राम सुमेर शुक्ल राजकीय मेडिकल कालेज में 1012.33 लाख लागत के 300 बेड के कोविड-19 हॅास्पिटल भवन का लोकार्पण किया। मुख्यमंत्री ने इसके साथ ही राजकीय मेडिकल कालेज रूद्रपुर के अन्तर्गत 299.76 लाख की लागत से रेस्पिरेटरी एण्ड स्किन डिजीज ब्लाक, 537.23 लाख की लागत से रेडियोलॉजी ब्लॉक तथा विश्व बैंक पोषित 90.35 लाख की लागत से ऑक्सीजन सप्लाई पाइप लाइन कार्य का भी लोकार्पण किया।
मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर सीएसआर के तहत टाटा प्रोजेक्टस लि0 के वित्तीय सहयोग से 320 लाख की लागत से 300 बेड कोविड हॉस्पिटल रूद्रपुर मे मेडिकल उपकरण की आपूर्ति एवं अधिष्ठान कार्यो का लोकार्पण के साथ ही प्लान इंडिया व रैकिट बैंकाइजर (इंडिया) प्रा0लि0 के सौजन्य से 50 लाख की लागत से सामुदायिक स्वास्थ केन्द्र किच्छा के आधुनिकीकरण कार्य, पालीप्लेक्स कॉरपोरेशन लिमिटेड बाजपुर वित्तीय सहयोग से 60 लाख की लागत से सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र बाजपुर के आधुनिकीकरण कार्य, पालीप्लेक्स कॉरपोरेशन लिमिटेड खटीमा के वित्तीय सहयोग से 125 लाख की लागत से सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र खटीमा के आधुनिकीकरण कार्य, बालाजी एक्शन बिल्डवेल सितारगंज के वित्तीय सहयोग से 200 लाख की लागत से सामुदायिक स्वास्थ केन्द्र के आधुनिकीकरण कार्य, बजाज ऑटो लिमिटेड पंतनगर एवं जानकी देवी बजाज ग्राम विकास संस्था के वित्तीय सहयोग से 300 लाख की लागत से पं0ज0ला0ने0 जिला चिकित्सालय, रूद्रपुर के आधुनिकीकरण कार्य, नैनी पेपर्स मिल काशीपुर मे वित्तीय सहयोग से 200 लाख की लागत से सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र काशीपुर के आधुनिकीकरण कार्यों का शिलान्यास किया।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने राज्य योजना के अन्तर्गत विधानसभा क्षेत्र रूद्रपुर मे लोनिवि की 684.44 लाख लागत की विभिन्न सीसी मार्गां का लोकार्पण तथा 385.47 लाख की लागत से विभिन्न सडको के पुनर्निर्माण कार्यों के शिलान्यास के साथ ही नगर निगम रूद्रपुर के वार्ड नम्बर 25 फाजलपुर महरौला में स्थित 08 एकड भूमि मे जैविक ठोस अपशिष्ट से 50 मिट्रिक टन प्रतिदिन क्षमता के कम्पोस्ट बायोगैस प्लान्ट का शिलान्यास के साथ ही ग्राम्य विकास विभाग द्वारा संचालित 28 लाख लागत के सरस मार्केट सेंटर रूद्रपुर एवं 194.39 लाख की लागत से क्षेत्रीय विधि विज्ञान प्रयोगशाला का लोकार्पण किया।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने ग्रामीण अर्थव्यवस्था की मजबूती के लिये प्रदेश में स्थापित किये जा रहे ग्रोथ सेन्टरों के अंतर्गत 65.84 लाख लागत के विकास खण्ड रूद्रपुर मे बेकरी ग्रोथ सेंटर, 48 लाख लागत के मत्स्य ग्रोथ सेंटर काशीपुर, 18 लाख लागत के गोविन्दपुर मसाला ग्रोथ सेंटर गदरपुर, 24.10 लाख लागत के मेघावाला दुग्ध ग्रोथ सेंटर जसपुर एवं 20 लाख लागत के पहेनिया हस्तशिल्प ग्रोथ सेंटर खटीमा का लोकार्पण किया।
इस अवसर पर अध्यक्ष जिला पंचायत रेनू गंगवार, कैबिनेट मंत्री मदन कौशिक, विधायक राजकुमार ठुकराल, हरभजन सिंह चीमा, पुष्कर सिंह धामी, राजेश शुक्ला, मेयर रामपाल सिंह, अरविन्द सिंह हयांकी, आईजी कुमायूं अजय रौतेला, प्रभारी सचिव स्वास्थ्य, पंकज कुमार पाण्डेय, जिलाधिकारी डाॅ. नीरज खैरवाल आदि उपस्थित थे।

अपने कॅरियर में देशभक्ति की भावना को भी करें शामिलः मुख्यमंत्री

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने ई-संवाद कार्यक्रम में राज्य के छात्र-छात्राओं को सम्बोधित करते हुए कहा कि देशभक्ति सभी सद्गुणों की जननी होती है। जिस भी क्षेत्र में अपना भविष्य बनाएं, उसका उद्देश्य देशभक्ति होनी चाहिए। जो भी कैरियर बनाएं, मकसद एक ही होना चाहिए कि देश के लिए कुछ करना चाहते हैं।

लक्ष्य पूर्ति तक आराम नहीं
मुख्यमंत्री ने कहा कि जीवन में सफल होने के लिए हनुमानजी से सीखा जा सकता है। ‘रामकाज किन्हे बिना मोहे आराम कहां’। जब तक लक्ष्य पूर्ति न हो, आराम नहीं करना है। पूर्व राष्ट्रपति भारत रत्न डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम की आज पुण्य तिथि है। हम उन्हें नमन करते हैं। वे सेना में अधिकारी बनना चाहते थे। देहरादून में साक्षात्कार के लिए आए परंतु उसमें सफल नहीं हुए। निराश हुए, तब ऋषिकेश गए, वहां एक संत से मार्गदर्शन लिया। इसके बाद उन्होंने पूरे मनोयोग से प्रयास किए और एक महान वैज्ञानिक बने। देश के राष्ट्रपति बने। उनका जीवन हम सभी के लिए प्रेरणा का विषय है। हमारे प्रदेश में एक आईएएस हैं जो पहले श्रमिक का काम करते थे। उन्होंने मेहनत की और आईएएस बने। सफल होने के लिए जरूरी है कि हमारे प्रयास पूर्ण मनोयाग से हों।

उच्च स्तरीय शिक्षण संस्थानों की स्थापना
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में शिक्षा का मात्रात्मक प्रसार काफी हुआ है। अब विशेष तौर पर उच्च शिक्षा के क्षेत्र में क्वालिटी एजुकेशन पर ध्यान देना होगा। आज का युग कड़ी प्रतिस्पर्धा का है। उच्च शिक्षण संस्थानों को वर्तमान और भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप बदलना होगा। इसी सोच के साथ सीपैट और ड्रोन एप्लीकेशन सेंटर की स्थापना की गई। इसके अलावा नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी भी प्रारम्भ की जाएगी। जल्द ही नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ स्किल डेवलपमेंट भी शुरू किया जाएगा। उत्तराखण्ड में स्नातकोत्तर और रिसर्च के लिए आवासीय साईंस कॉलेज की स्थापना पर भी विचार किया जा रहा है। राज्य में एक विद्यालय प्रतिभावान बच्चों के लिए खोला जाएगा। इसमें कक्षा 6 से 12 तक संचालित की जाएंगी। इसमें राज्य स्तरीय परीक्षा के बाद प्रवेश दिया जाएगा। आर्थिक रूप से सक्षम परिवारों के बच्चों से शुल्क लिया जाएगा जबकि निर्धन व प्रतिभावान बच्चों के लिए शिक्षा निशुल्क होगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह देखकर बहुत प्रसन्न्ता होती है कि आज के बच्चे अपने कैरियर के संबंध में बहुत जागरूक हैं। उन्हें पता है कि किस क्षेत्र में भविष्य बनाना है। ई-संवाद में बच्चों ने अपनी बातें कहीं हैं। कोई डाक्टर बनना चाहता है तो कोई इंजीनियर और कोई सिविल सर्विसेज में जाना चाहता है। इसी प्रकार किसी ने वैज्ञानिक बनने की बात कही है। एक ने फाईन आर्ट में कैरियर बनाने की इच्छा व्यक्त की है। कोई शिक्षक बनकर और कोई सेना में जाकर देश की सेवा करना चाहता है।

कैरियर के लिए पूरे मनोयोग से करें प्रयास, सरकार व समाज से मिलेगा सहयोग
मुख्यमंत्री ने कहा कि बच्चे पूर्ण मनोयाग से आगे बढ़ें और मेहनत करें। जरूरत पड़ने पर सरकार और समाज से आवश्यक सहयोग मिलेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि चमोली जिले के एक बच्चे का सेलेक्शन लंदन स्कूल ऑफ आर्टस में हुआ। उसे वहां भेजने की व्यवस्था की गई। इसी प्रकार निर्धन परिवार की एक छात्रा पढ़ाई के लिए न्यूजीलैंड जाना चाहती थी। पता चलने पर इसकी भी व्यवस्था की गई। जो भी पाना चाहते हैं, उसकी पूरी तैयारी करें। जब मदद की जरूरत पड़े, तो बताएं। सरकार के साथ ही व्यक्तिगत तौर पर भी लोग मदद के लिए आते हैं।
ई-संवाद में विधायक पुष्कर सिंह धामी, यूसर्क के निदेशक प्रोफेसर दुर्गेश पंत, अन्य वैज्ञानिक, शिक्षक, छात्र-छात्राओं ने भी प्रतिभाग किया।