मोबाइल वाहन के माध्यम से भी होगी जन समस्याओं की सुनवाई

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री आवास में मुख्यमत्री ई-यात्रा के अन्तर्गत मोबाइल वैन के जरिये वर्चुअल माध्यम से जनता से जुड़ने के लिए व्यवस्थाओं की जानकारी प्राप्त की। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश के विभिन्न क्षेंत्रों की समस्याओं की जानकारी के साथ ही क्षेत्रीय जनता से आपसी संवाद की सुविधा इससे उपलब्ध होगी। उन्होंने इसे प्रदेश के विकास यात्रा में जन सहभागिता का भी प्रयास बताया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस व्यवस्था से लोगों की बात भी सामने आ सकेगी तथा आम जनता तक हम अपनी बात भी रख सकेंगे। मोबाइल वीडियो कान्फ्रेसिंग के माध्यम से आम जनता से आमने-सामने बात भी हो सकेगी, टू-वे कम्यूनिकेशन सिस्टम से प्रदेश के दूरस्थ क्षेत्रों तक की समस्याओं के समाधान की व्यवस्था हो सकेगी। उन्होंने निर्देश दिये कि इसके प्रभावी संचालन की व्यवस्था सुनिश्चित की जाय तथा मुख्यमंत्री कार्यालय से इसे जोड़ा जाय। इसके लिए मुख्यमंत्री कार्यालय में भी तद्नुसार व्यवस्थायें बनायी जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारा प्रयास आम जनता की समस्याओं के समाधान के साथ ही राज्यहित में लोगों के सुझाव भी प्राप्त करना है। इस दिशा में बोधिसत्व विचार श्रृखला भी शुरू की गई है। जिसकी राज्य के विकास में विभिन्न क्षेत्रों के विषय विशेषज्ञों, समाजसेवियों एवं लोक संस्कृति से जुडे़ विशिष्ट लोगों बु़द्धजीवियों के सुझाव आमंत्रित किये जा रहे हैं। इससे राज्य को देश के अग्रणी राज्यों की पहचान दिलाने तथा राज्य के समग्र विकास की दिशा में किये जा रहे प्रयासों को भी बल मिलेगा।

सिंगल यूज प्लास्टिक के प्रयोग पर सीएस सख्त, दिए ये निर्देश

मुख्य सचिव डॉ. एस.एस. संधु ने शुक्रवार को सचिवालय में सिंगल यूज प्लास्टिक के प्रयोग को रोकने के हेतु गठित स्पेशल टास्क फोर्स के सम्बन्ध में बैठक की। बैठक के दौरान, मुख्य सचिव ने कहा कि पर्यावरण के लिए प्लास्टिक बहुत की घातक है, इसमें सिंगल यूज प्लास्टिक सबसे अधिक हानिकारक है। इसके प्रयोग को रोकने के लिए विशेष प्रयास किए जाएं। उन्होंने इसके लिए आमजन में जागरूकता फैलाने के साथ ही कुछ विशेष कदम उठाए जाने की बात भी कही।
मुख्य सचिव ने कहा कि सिंगल यूज प्लास्टिक के प्रयोग को रोकने के लिए अधिक से अधिक जागरूकता फैलाई जाए। उन्होंने कहा कि व्यापारियों में सिंगल यूज प्लास्टिक की जानकारी की कमी होने के कारण इसको रोकने के प्रयास कम सफल हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि कौन सा प्लास्टिक बैन है, कौन सा नहीं इस पर एक छोटी-छोटी वीडियो क्लिप्स के माध्यम से जानकारी का संचार किया जाए। साथ ही, व्यापारियों एवं आमजन को फोटो और वीडियो के माध्यम से बैन और अधिक नुकसानदेह प्लास्टिक की जानकारी वेबसाइट और सोशल मीडिया के माध्यम से उपलब्ध कराई जाए। इससे होने वाले दुष्प्रभावों को भी फोटो-वीडियो के माध्यम से दिखाया जाना चाहिए।
मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि प्लास्टिक के प्रयोग को रोकने के लिए प्लास्टिक के विकल्प को बढ़ावा दिया जाना चाहिए। उन्होंने निर्देश दिए कि प्लास्टिक के क्या-क्या विकल्प हो सकते हैं, इस पर एक अध्ययन कराया जाए, ताकि इसके विकल्पों के लिए सब्सिडी देकर बढ़ावा दिया जा सके। उन्होंने प्लास्टिक के विकल्प को बढ़ावा दिए जाने हेतु एक योजना तैयार किए जाने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इस योजना में सब्सिडी के माध्यम से बढ़ावा दिया जाए, ताकि इसके विकल्प के व्यवसाय से जुड़ने को प्रोत्साहित हो सकें, और प्लास्टिक के व्यापार से जुड़े लोगों के रोजगार पर इसका प्रभाव न पड़े। उन्होंने वन विभाग की नर्सरी में भी पौधों के लिए जूट के बैग के प्रयोग की संभावनाओं को भी तलाशा जाए।
इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव आनन्द वर्द्धन एवं सचिव अमित नेगी सहित सम्बन्धित विभागों के उच्चाधिकारी उपस्थित रहे।

डांडी कांठी क्लब की स्मारिका 2021 दृढ़ संकल्प का विमोचन

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री आवास में डांडी कांठी क्लब की स्मारिका 2021 ‘दृढ़ संकल्प’ का विमोचन किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस स्मारिका में डांडी कांठी क्लब द्वारा उत्तराखण्ड की संस्कृति और उत्तराखण्ड आंदोलन की गाथा, लोक संस्कृति, स्थानीय परंपराओं एवं स्थानीय पर्वों के प्रति जागरूक करने का प्रयास किया गया है। स्मारिका में कोविड संक्रमण के बचाव से संबंधित विभिन्न जानकारियों का भी समावेश किया गया है।
डांडी कांठी क्लब के अध्यक्ष विजय भूषण उनियाल ने कहा कि डांडी कांठी क्लब का उद्देश्य ही सामाजिक सरोकारों को बढ़ावा देना रहा है। अपनी संस्कृति एवं सांस्कृतिक विरासत को विश्व पटल पर रखने का भी हमारा प्रयास है। पर्वतीय क्षेत्रों से दूर रह रहे प्रवासियों को अपनी समृद्ध लोक संस्कृति से परिचित कराना भी क्लब का उद्देश्य रहा है। उन्होंने कहा कि इसी के दृष्टिगत क्लब की स्मारिका दृढ़ संकल्प का प्रकाशन किया गया है।
इस अवसर पर डांडी कांठी क्लब के महासचिव कृष्णानन्द भट्ट, लोक गायक चन्द्र दत्त सुयाल, पार्षद कविन्द्र सेमवाल, नरेश रावत, ललित मोहन लखेड़ा, प्रकाश बडोनी, राम चमोली, राजनीश सेमवाल, राकेश पुरोहित, विजेन्द्र सजवाण, नीरज जोशी, कुलदीप नेगी आदि उपस्थित रहे।

परेड ग्राउंड का निरीक्षण व्यवस्थाओं में कोई कमी ना रहने के निर्देश

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को परेड ग्राउंड का स्थलीय निरीक्षण कर विभिन्न व्यवस्थाओं का जायजा लिया। 4 दिसम्बर 2021 को परेड ग्राउण्ड, देहरादून में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की प्रस्तावित रैली के दृष्टिगत मुख्यमंत्री ने जिलाधिकारी देहरादून एवं संबंधित अधिकारियों को समय पर समुचित व्यवस्था के लिए निर्देश दिये। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा इस अवसर पर हजारों करोड़ की योजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया जायेगा।
इस अवसर पर केन्द्रीय मंत्री संसदीय कार्य प्रहलाद जोशी, केन्द्रीय रक्षा राज्य मंत्री अजय भट्ट, कैबिनेट मंत्री धन सिंह रावत, भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष मदन कौशिक, आयुक्त गढ़वाल सुशील कुमार, जिलाधिकारी आर.राजेश कुमार, एस.एस.पी. जन्मेजय खण्डूरी, भाजपा नेता कुलदीप कुमार, बलजीत सोनी आदि के साथ ही लोक निर्माण, पुलिस एवं एस.पी.जी. के अधिकारीगण उपस्थिति रहे।

उद्यमियों की समस्याओं का किया जा रहा त्वरित समाधान-सीएम

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पंतनगर में रॉकेट इण्डिया प्रा.लि. की नवीनतम विस्तार परियोजना का शुभांरभ किया। उन्होने कहा कि कम्पनी के विस्तार से कम्पनी के साथ ही राज्य की आर्थिकी को भी लाभ मिलेगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारा उद्देश्य है कि राज्य में उद्योग-धन्धे अच्छे चलें, इसके लिए जिलों के अधिकारियों एवं सचिव उद्योग के साथ ही मुख्य सचिव को विशेष ध्यान देने के लिए कहा गया है। उन्होंने कहा कि सरकार उद्यमियों के साथ खड़ी है, जो भी परेशानियां हैं, उनका समाधान किया जायेगा। यदि उद्योग-धन्धे अच्छे चलेंगे तो निश्चित रूप से उद्योगों को तो फायदा होगा ही साथ में राज्य को भी फायदा होगा, राज्य को राजस्व मिलेगा, लोगो को रोजगार मिलेगा और व्यापार भी बढेगा।
उन्होंने कहा कि इस परियोजना से आने वाले समय में कम्पनी से व्यापारियों, कार्मिकों सभी को लाभ होगा। मक्का का 1200 टन क्षमता वाली ईकाई होने के कारण इससे अब आने वाले समय में किसान भाईयों को भी लाभ मिलेगा। कम्पनी को उत्पादों को बनाने के लिए आसानी से मक्का मिलेगी तथा किसानों को उनकी मक्का के लिए बाजार ढूंढने की आवश्यकता नहीं होगी, इससे किसान तथा कम्पनी दोनों को लाभ मिलेगा। उन्होंने कहा कि उद्योगों में सामान्य जरूरत की चीजों को स्थानीय स्तर से पूरा किया जाये।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में उद्योगों की स्थापना हेतु पर्याप्त मात्रा में भूमि उपलब्ध है। राज्य में उद्योगो के संरक्षण, संवर्धन तथा विकास हेतु प्राथमिकता से कार्य किये जा रहे हैं। राज्य सरकार उद्यमियों के साथ है। प्रदेश पिछले चार सालों में 16000 छोटे-बड़े उद्योग स्थापित हुए हैं, जिसमें 6 हजार करोड़ से भी अधिक का निवेश हुआ है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में सिंगल विण्डो सिस्टम पर काम किया जा रहा है। किसी को भी परेशान न होना पड़े, सभी निवेशक उत्तराखण्ड में आये, निवेशकों को सभी आवश्यक सुविधाऐं मुहैया करायी जायेंगी। उद्योगों की लम्बे समय से लम्बित विवादों को सुलझाने के लिए तीन सदस्यीय कमेटी का गठन किया गया है तथा वन टाइम सेटलमेंट के आधार पर विवादों का निस्तारण किया जायेगा।
इस अवसर पर जनपद प्रभारी मंत्री स्वामी यतीश्वरानन्द, विधायक राजकुमार ठुकराल, राजेश शुक्ला, सचिव उद्योग अमित नेगी, मण्डलायुक्त दीपक रावत, डीआईजी नीलेश आनन्द भरणे, जिलाधिकारी युगल किशोर पन्त, एसएसपी दलीप सिंह कुंवर, अपर जिलाधिकारी ललित नारायण मिश्र, राकेट इंडिया प्रा.लि. के पदाधिकारी आदि उपस्थित थे।

स्वयं सहायता समूहों के उत्पादों को बाजार उपलब्ध करा रही सरकार-धामी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरूवार को रूद्रपुर गांधी मैदान में राष्ट्रीय सरस मेला-2021 का शुभारम्भ किया। मेले में आये हुए 147 स्वयं सहायता समूहों का आभार व्यक्त करते हुए उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा 119 करोड का पैकेज राष्ट्रीय आजीविका मिशन के तहत उन महिला समूहों के लिए दिया गया है जो कोई ने कोई हुनर रखती है। उन्होंने कहा जनपद ऊधमसिंह नगर के 15 क्लस्टर समूहों को 5 लाख रूपये प्रति क्लस्टर के रूप में 90 लाख की धनराशि अवमुक्त की गई है।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार स्वयं सहायता समूहों, ग्राम संगठनों, क्लस्टरों से जुड़ी बहनों के हित के लिए लगातार कार्य कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि कोरोनाकाल मे समूहों का कच्चा माल बेकार हुआ या उत्पादित सामान बिक नही पाया था, उनका ब्याज देने का काम भी किया है। विभिन्न समूहों की महिलाए अच्छी कारीगरी कर, विश्व स्तरीय उत्पाद बना रही हैं। स्वयं सहायता समूहों की बहने अन्य महिलाओं को समूह से जोड़ते हुए आजीविका से जोड़ती हैं तथा मेहनत व लगन से काम करती हैं। यह सराहनीय प्रयास है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कोरोना माहमारी के समय उद्योग-धन्धे, कामगारों के साथ ही सरकारों का राजस्व भी प्रभावित हुआ था, इसके बावजूद सरकार द्वारा समूहों का राहत पैकेज देने के साथ ही विभिन्न क्षेत्रों में भी राहत पैकेज दिया गया है। उन्होंने कहा कि आर्थिकीय वृद्धि हेतु मेहनत से काम करने वाली बहनो के साथ सरकार खड़ी है। समूहों को 5 लाख रुपये तक का ब्याज रहित ऋण उपलब्ध कराया जा रहा है।
मुख्यमत्री ने कहा कि कहा विभिन्न विभागों में रिक्त 12 हजार पदों पर भर्ती प्रक्रिया चल रही है, उन्होंने कहा कि कुल रिक्त 24000 पदों के भर जाने मात्र से बेरोजगारी दूर नही होगी, रोजगार एंव स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराने हेतु विभिन रोजगारपरक योजनाएं चलाई जा रही हैं, वीर चंद्र सिंह गढ़वाली योजना में सब्जिडी राशि 15 से बढाकर 25 लाख की है। उन्होंने कहा कि यदि कोई स्वरोजगार अपनाना चाहते हैं तो धनराशि की कोई कमी नहीं है। स्वरोज़गार एंव राज्य के आर्थिकीय संसाधनों में वृद्धि हेतु शीघ्रता से ऋण मुहैया कराने के निर्देश बैंकों को दिए गए है कि उन्होने कहा ऋण हेतु बैंक मे आने वाली परेशानियों को देखते हुए बैंको को निर्देश दिये है स्थानीय स्तर पर कैंप लगाकर 15 दिसम्बर तक सभी आवेदनों की स्कू्रटनी कर बैंक ऋण उपलब्ध कराये। रोजगार मेलों के माध्यम से एक ही स्थान पर सभी सुविधाएं देते हुए शीघ्रता से लोन स्वीकृत करने का कार्य किया जा रहा है। स्वरोजगार के इच्छुक व्यक्तियों को विभिन्न रोजगारपरक योजनाओं में ऋण स्वीकृति हेतु 4 माह में 4 बैठकें आयोजित की जा चुकी हैं तथा बैंकों के लिए 15 दिसम्बर की डेड लाइन निर्धारित की है।
मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उन्होने लोकल फॉर वॉकल का मंत्र दिया है जिसके अन्तर्गत प्रतिभाओं को आगे आने का मौका मिले, उनके उत्पादों को बाजार मिले। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को उत्तराखण्ड की विशेष चिंता रहती है, उत्तराखण्ड एकमात्र ऐसा प्रदेश है जिसमें दो एम्स है ताकि लोगो एम्स की तरह सारी चिकित्सा। उन्होंने कहा कि केन्द्र सरकार के सहयोग से टनकपुर से बागेश्वर रेल लाईन की मंजूरी मिल गई है साथ ही तराई-भावर की लाइफलाइन जमरानी बांध परियोजना की भी मंजूरी मिल चुकी है। महामारी में जो बच्चे अनाथ हो गए है उन्हे वात्सल्य योजना के अन्तर्गत 3000 रू प्रतिमाह भरण-पोषण हेतु भत्ता तथा शिक्षा का खर्च प्रदेश सरकार द्वारा किया जा रहा है। नवजात बच्चों की माताओं को जरूरी सामान की महालक्ष्मी किट दी जा रही है। स्वास्थ के क्षेत्र मे आयुष्मान भारत योजना जिन गरीबों के पास संसाधन नही है उनकी बीमारी में 05 लाख तक स्वास्थ खर्च सरकार द्वारा किया जायेगा। उन्होने बताया हमारी सरकार ने गन्ने की अगेती प्रजाति का मूल्य 355 रू प्रति कुन्तल तथा सामान्य प्रजाति का मूल्य 345 रू प्रति कुन्तल किया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा हर वर्ग, हर क्षेत्र के लिए योजनाएं बनाई जा रही है। हमारी सरकार ने 500 से अधिक फैसले लिए है, जिनका शासनादेश भी जारी हो चुका है। उन्होने कहा वर्ष 2025 तक जब हम उत्तराखण्ड की रजत जयंती मना रहे होंगे उस वक्त उत्तराखण्ड देश का सर्वश्रेष्ठ राज्य होगा, ये हमारा लक्ष्य है इसके लिए रोडमैप तैयार किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने स्वयं सहायता समूहों द्वारा लगाये गये स्टॉलों का निरीक्षण भी किया।
महिलाओं के शसक्तिकरण तथा स्वयं सहायता समूहो द्वारा उत्पादित उत्पाद को बाजार देने के उद्देश्य से ग्राम्य विकास विभाग द्वारा रूद्रपुर गांधी मैदान मे 1 दिसम्बर से 10 दिसम्बर तक 10 दिवसीय राष्ट्रीय सरस मेला-2021 का आयोजन किया जा रहा है।
इस अवसर पर जनपद प्रभारी मंत्री स्वामी यतीश्वरानन्द ने भी अपने विचार रखे। इस अवसर पर विधायक राजकुमार ठुकराल, राजेश शुक्ला, अध्यक्ष वन विकास निगम सुरेश परिहार, सचिव अमित नेगी, डीआईजी नीलेश आनन्द भरणे, जिलाधिकारी युगल किशोर पंत, एसएसपी दलीप सिंह कुंवर, सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।

शिवराज और धामी ने मिल पुराने दिनों को किया याद

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बृहस्पतिवार को देव संस्कृति विश्वविद्यालय, हरिद्वार में मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान से शिष्टाचार भेंट की।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस अवसर पर मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को पुष्पगुच्छ, अंगवस्त्र तथा पर्यावरण संरक्षण की दृष्टि से पौधा भेंट किया। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री ने भी उत्तराखंड के मुख्यमंत्री को पुष्पगुच्छ व प्रतीक चिह्न भेंट किया।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी तथा मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने देव संस्कृति विश्वविद्यालय परिसर स्थित शौर्य दीवार पर शहीदों को पुष्पांजलि अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। इसके पश्चात उत्तराखंड के मुख्यमंत्री एवं मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री ने देव संस्कृति विश्वविद्यालय परिसर में मौलश्री के पौधे का रोपण भी किया।
इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री स्वामी यतीश्वरानन्द, देव संस्कृति विश्वविद्यालय के प्रतिकुलपति डॉ. चिन्मय पाण्डया, जिलाधिकारी हरिद्वार विनय शंकर पाण्डेय, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. योगेन्द्र सिंह रावत उपस्थित रहे।

प्रीतम का बीजेपी पर प्रहार, कहा-जुमला ही बनकर रह जायेगा 60 पार

उत्तराखंड विधानसभा के शीतकालीन सत्र को लेकर अब सरकार और विपक्ष आमने-सामने हैं। नेता प्रतिपक्ष प्रीतम सिंह ने विधानसभा सत्र की बार-बार तारीखों के बदलने पर धामी सरकार को घेरा है। प्रीतम सिंह ने कहा कि जब विधानसभा का शीतकालीन सत्र ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण में करने की तारीख तय की गई थी तो गैरसैंण को स्थाई राजधानी बनाने से परहेज किस बात का है। प्रीतम सिंह ने देहरादून में सत्र को लेकर उठ रहे सवाल पर कहा कि इस बारे में मुझसे कोई बातचीत नहीं की गई। कांग्रेस तो चाहती थी कि सत्र गैरसैंण में हो और वहां पर गैरसैंण को स्थाई राजधानी की घोषणा की जाये। लेकिन गैरसैंण का नाम सुनते ही न सिर्फ भाजपा को सांप सूंघ जाता है, साथ ही जोरों की ठंड भी लगने लगती है। इस बार शीतकालीन सत्र में हम सरकार को ठंड में भी गर्मी का अहसास करायेंगे। हर बार जनहित के मुद्दों से भागनी वाली सरकार का चेहरा आम जनता के सामने बेनकाब करेंगे।
नेता प्रतिपक्ष प्रीतम सिंह ने देवस्थानम बोर्ड पर सरकार के रोलबैक और भू कानून के मुद्दे पर भी सरकार को घेरते हुए कहा कि हम इस पर सदन में व्यापक चर्चा की मांग करेंगे। हम केन्द्र की तरह यहां नहीं होने देंगे। जैसे केन्द्र सरकार ने बिना चर्चा के कृषि कानून वापस ले लिया उसी तरह से राज्य सरकार भी बिना चर्चा के देवस्थानम बोर्ड का एक्ट वापस लेने की सोच रही है लेकिन हम ऐसा नहीं होने देंगे। हमारा संख्या बल भले ही सदन में सत्ता पक्ष के मुकाबले कम हो लेकिन हमारा एक-एक सदस्य सत्ता पक्ष के दस-दस सदस्यों के बराबर है।
सरकार के कामों पर सवाल खडे करते हुए नेता प्रतिपक्ष ने कहा पांच साल में सिर्फ और सिर्फ घोषणाएं की है। धरातल पर काम के नाम पर कुछ नही दिखाई देखता। कमीशनखोरी और भ्रष्टाचार का बोल बाला है। बिना कमीशन कोई काम नहीं हो रहा है। हर नया मुख्यमंत्री पुराने वाले के फैसलों को गलत बताकर बदलने का काम करता है। जनता मन बना चुकी है कि प्रदेश का विकास सिर्फ और सिर्फ कांग्रेस कर सकती है। हम सामूहिक नेतृत्व में जनता के सामने जा रहे हैं। जनता का भरपूर प्यार और आर्शिवाद हमें मिल रहा है। सीमांत जनपद उधमसिंहनगर से लेकर चमोली तक कांग्रेस के कार्यकर्मों में उमड़ रही जनता यह बताने के लिए काफी है कि कांग्रेस आ रही है और भाजपा जा रही है।

सीएम ने ठेले पर खाया खाना, कहा-मेरा पुराना नाता है

रुद्रपुर में सरस मेले के शुभारंभ के बाद मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को रस्तोगी के ठेले पर राजमा-चावल व कढ़ी खाया और तारीफ की। कालेज के समय से ही सीएम धामी व विधायक ठुकराल पर राजमा-चावल के स्वाद का जादू आज भी बरकरार है। जमीन से जुड़े सीएम ने ठेले पर रुककर खाने का लुत्फ उठाया। ठेले वाले से उनका यह रिश्ता पिछले 20 वर्षाे से अधिक का है। जाते समय ईनाम देकर रवाना हुए।
बरेली मीरगंज निवासी राजा राम यहां आदर्श नगर कालोनी वार्ड-13 में परिवार संग निवास करते हैं। करीब 40 वर्ष से ठेली लगाने का काम करते आ रहे हैं। शुरुआती दौर में डिग्री कालेज में शिकंजी लगाने लगे। करीब 20 वर्ष पहले से विधायक राजकुमार ठुकराल और पुष्कर सिंह धामी एक साथ दुकान पर आकर शिकंजी पीते थे, फिर बाद में राजमा चावल शुरू किया तो वे अक्सर खाने आते थे।
राजा राम ने मीडिया से बातचीत के दौरान बताया कि यह राजमा चावल का नहीं बल्कि रिश्तो का स्वाद है। बताया कि विधायक राजकुमार ठुकराल के संग अक्सर धामी भी आते थे। समय बीतता गया और पुष्कर सिंह धामी भी विधायक बन गए। विधायक बनने के बाद भी कई बार हमारे यहां राजमा चावल खाया है। सीएम बनने की खबर मिली थी, सुनकर अच्छा लगा था, लेकिन अनुमान नहीं था कि कभी सीएम बनने के बाद पुष्कर सिंह धामी ठेली पर हमारे यहां राजमा चावल खाएंगे।
गुरुवार को अचानक गाड़ियों का एक बड़ा काफिला ठेली के सामने रूका और गाड़ी और गाड़ी से मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, विधायक राजकुमार ठुकराल, प्रभारी मंत्री यतिश्वरानंद और जिलाध्यक्ष शिव अरोरा सहित तमामा लोगों को देख एक पल रुक सा गया। सीएम धामी ने राजमा चावल लगाने के लिए कहा, कुर्सी मेज ठीक करने लगा तो बोले ऐसे ही लगा दो। उन्होंने राजमा चावल खाकर तारीफ की और इनाम दो हजार रुपये देकर चले गए। काफी अच्छा लग रहा है, कि समय बदलता रहा लेकिन आज भी स्नेह और लगाव वही बरकरार है। सीएम जमीन से जुड़े नेता हैं। वह आज भी आए तो पहले के जैसे ही हाथ में प्लेट लेकर बिना कुर्सी के खड़े होकर ही खाया। उनका मानना है कि जो नेता बड़ा पद पाने के बाद भी बदलता नहीं और बिना तामझाम के रहता है वह लंबी राजनीतिक पारी खेलता है।

पीएम की रैली की व्यवस्थाएं जांचने परेड ग्रांउड पहुंचे सीएम

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को सायं परेड ग्राउंड का स्थलीय निरीक्षण किया। मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की 4 दिसम्बर को प्रस्तावित रैली की व्यवस्थाओं का जायजा लिया तथा इस संबंध में सम्बंधित अधिकारियों को सभी व्यवस्थायें समय पर पूर्ण करने के निर्देश दिये। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिये कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा इस अवसर पर हजारों करोड़ की योजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास भी किया जायेगा। अतः इसकी भी प्रभारी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
मुख्यमंत्री ने जिलाधिकारी एवं सीईओ स्मार्ट सिटी आर राजेश कुमार को परेड ग्राउंड के निर्माण कार्यों में तेजी लाए जाने के साथ ही निर्देश दिये कि इस प्रकार की व्यवस्था बनायी जाए ताकि परेड ग्राउंड का उपयोग भविष्य के आयोजनों के लिए भी उपयोगी हो सके।
इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री डॉ धन सिंह रावत, जिलाधिकारी आर.राजेश कुमार, एस.एस.पी. जन्मेजय खण्डूरी, भाजपा नेता कुलदीप कुमार, सुरेश भट्ट के साथ ही लोक निर्माण, पुलिस एवं एस.पी.जी. के अधिकारीगण उपस्थिति रहे।