बच्चों ने मंगलगीत गाकर मनाया फूलदेई का त्योहार

सुख-समृद्धि का प्रतीक फूलदेई त्योहार उत्तराखंड की गढ़ कुंमाऊ संस्कृति की पहचान है। वसंत का ऋतु के आते ही बच्चों को इस त्योहार का खासा इंतजार रहता है। देहरादून में मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने बच्चों के साथ यह त्योहार मनाया और उनसे आशीर्वाद लिया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने पौधरोपण भी किया। बच्चें हर घर-घर में फूलों की बारिश करते है और हर घर सुख-समृद्धि से भरपूर हो, ऐसी प्रभु से कामना करते है। इसी भावना के साथ बच्चे अपने गांवों के साथ-साथ आस-पास के गांव में जाकर घरों की दहजीज पर फूल गिराते हैं और उस घर के लिए मंगलमय कामना करते हैं।

साथ ही घर की गृहणी उनको फूल वर्षा के बदले चावल, गुड़ के साथ दक्षिणा के रूप में रुपए भी देती है। यह त्योहार आमतौर पर चैत्र पंचमी को आता है। इस दिन लोग गांवों में अपने घरों को साफ-सफाई कर लाल मिट्टी से सजाते हैं। फिर इसके बाद बच्चे इन घरों में विभिन्न प्रकार के फूलों की वर्षा कर गांव की उन्नति के गीत गाते हैं। फूलदेई त्योहार में बुरांस के फूल विशेष होते हैं। बच्चे एक दिन पहले ही जंगल जाकर बुरांस के फूल एकत्र करते हैं।
इसके साथ ही प्यूंली, हिलांश, सरसौं आदि के फूलों से सजी रिंगाल की टोकरियों को सिर पर रखकर बच्चे गीत गाते हुए आंगन-आंगन जाते हैं। फिर गांव के सार्वजनिक चैक में वसंत ऋतु के आगमन को लेकर गीत गाकर नृत्य करते हैं।

मुख्यमंत्री ने जिला प्रशासन को दिये निर्देश, उद्योग मित्र की बैठकें आयोजित कर समस्याओं का त्वरित समाधान हो

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने उद्यमियों से मेरा सामाजिक दायित्व (माई सोसियल रिस्पांसिबिलिटी) के तहत प्रदेश में शिक्षा एवं स्वास्थ्य की बेहतरी के लिये सहयोगी बनने की अपेक्षा की है। उन्होंने प्रदेश में उद्योगों को सुविधायुक्त वातावरण प्रदान करने, उद्यमियों की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिये भी सभी सम्बन्धित विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिये हैं।
सचिवालय में इंडस्टस्ट्रीज एशोसियेशन ऑफ उत्तराखण्ड (आई.ए.यू) के प्रतिनिधियों एवं शासन के उच्चाधिकारियों के साथ एशोसियेशन की समस्याओं एवं सुझावों पर कार्यवाही किये जाने सम्बन्धी बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में उद्योगों के अनुकूल नीतियां निर्धारित किये जाने के बावजूद भी उद्यमियों की कोई समस्या हो तो उसका त्वरित समाधान किया जाना चाहिए। उन्होंने आई.ए.यू द्वारा प्रदेश में एम.एस.एम.ई सेक्टर को बढ़ावा देने के साथ ही उद्यमियों की विभिन्न समस्याओं एवं सुझावों पर त्वारित कार्यवाही हेतु अधिकारियों को निर्देश दिये। उन्होंने श्रम, उद्योग एवं सिडकुल, सीडा से सम्बन्धित समस्याओं के निराकरण हेतु नियमित रूप से उद्योग मित्र की बैठक आयोजित करने के भी निर्देश दिये। मुख्यमंत्री ने सख्त निर्देश दिये है कि जिलास्तरीय अधिकारी उद्यमियों के साथ अच्छा व्यवहार करें उनकी समस्याओं का समाधान करें। उन्होंने श्रम, उद्योग एवं सिडकुल आदि, उद्यमिता विकास से जुड़े जिलास्तरीय अधिकारियों के कार्य व्यवहार की जांच करने के भी निर्देश दिये हैं। उन्होंने उद्यमियों से अपेक्षा की कि वे समय समय पर अपनी समस्याओं से विभागीय प्रमुखों को भी अवगत कराये ताकि औद्योगिक विकास मे तेजी आ सके।
मुख्यमंत्री ने उद्यमियों का ऊधम सिंह नगर की भांति मेरा सामाजिक दायित्व के तहत प्रदेश में शिक्षा व स्वास्थ्य की बेहतरी के लिये कार्य करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि उधमसिंह नगर में इस योजना के तहत 1100 स्कूलों को 528 स्कूलों में संयोजित कर उन्हें उद्यमियों द्वारा गोद लेकर इनमें परिवहन, स्मार्ट क्लास तथा अध्यापकों की संख्या दुगनी करने के साथ ही पढ़ाई का बेहतर वातावरण सृजित किया गया है। इसी प्रकार जनपद के 8 अस्पतालों का उच्चीकरण कर उन्हें हाईटेक बनाया गया है। उन्होंने अन्य जनपदों में भी इस प्रकार के प्रयास करने की उद्यमियों से अपेक्षा की।
मुख्यमंत्री ने एशोसियेशन की मांग पर प्रत्येक जनपद में ईएसआई अस्पताल के लिये भूमि उपलब्ध कराने के भी निर्देश दिये। उन्होंने हरिद्वार व उधम सिंह नगर में ईएसआई हास्पिटल की स्वीकृति के लिये केन्द्रीय श्रम मंत्री से वार्ता करने की भी बात कही। मुख्यमंत्री ने कहा कि उद्यमियों के व्यापक हित में ग्रिवास कमीटी भी गठित की गई है। यहां भी वे अपनी समस्याये रख सकते हैं।

देहरादून में हुई आईटीएटी की सर्किट बैंच की स्थापना

केन्द्रीय कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद द्वारा गुरूवार को हरिद्वार बाई पास स्थित होटल में आयकर अपीलीय अधिकरण (आईटीएटी) की देहरादून सर्किट बैंच का मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत, केन्द्रीय जलशक्ति मंत्री गजेन्द्र सिंह शेखावत एवं आयकर अपीलीय अधिकरण के अध्यक्ष जस्टिस पीपी भट्ट की उपस्थिति में शुभारम्भ किया। उत्तराखण्ड पोस्टल सर्किल द्वारा तैयार की गई विशेष एलबम का भी अनावरण किया गया।

उत्तराखंड से विशेष लगाव, सभी लोग ईमानदारी से टैक्स देंः रविशंकर
इस अवसर पर अपने सम्बोधन में केन्द्रीय कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद ने कहा कि उनका उत्तराखण्ड से विशेष लगाव है। देहरादून में आईटीएटी की सर्किट बैंच की स्थापना को राज्य हित में बताते हुए इसे आयकर अपीलार्थियों एवं अधिवक्ताओं के व्यापक हित में बताया। उन्होंने इस अवसर पर जौलीग्रांट हवाई अड्डे पर वाई-फाई सुविधा उपलब्ध कराये जाने की भी घोषणा की।

उन्होंने कहा कि देश को आर्थिक रूप से सशक्त बाने तथा विकास की दिशा में आगे बढ़ाने के लिये जरूरी है कि सभी लोग ईमानदारी से टैक्स दें। उन्होंने कहा कि देश की 130 करोड़ की आबादी में मात्र 9 करोड़ लोग ही टेक्स देते हैं। एक करोड़ की आय दिखाने वाले 2 हजार प्राफेसनल हैं, जबकि पिछले चार साल में 2 करोड़ लोग विदेश गये। 2.50 करोड़ लोगों ने नई गाड़ी खरीदी, 10 लाख से ऊपर अपनी आय दिखाने वाले मात्र 50 हजार हैं, यह स्थिति सोचनीय है। हमें ईमानदारी से टैक्स देने की सोच बढ़ानी होगी।

उन्होंने कहा कि भारत सरकार द्वारा आयकर दाताओं के हित में बड़े निर्णय लिये है। अब 31 अक्टूबर के बाद किसी भी करदाता को नोटिस डिजिटल फार्मेट में ही भेजी जाएंगी। पेनाल्टी के निर्धारण के लिये तीन आयकर आयुक्तों की समिति बनाई गई है। 31 मार्च तक आईटीएटी के तहत विभिन्न न्यायालयों में जितने भी केस लंबित है उसमें अपीलार्थी को मूल धनराशि ही जमा करनी होगी। उन्होंने कहा कि हम प्रधानमंत्री के रिफार्म परफार्म एवं ट्रांसफार्म की अवधारण के साथ कर सुधारों एवं समावेशी डिजिटल भारत की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। उन्होंने कहा कि आज देश में 121 करोड़ लोगों के पास मोबाइल है 70 करोड़ स्मार्टफोन है। फर्जी नाम से चलने वाले एकाउन्ट को बंद कर 1.40 करोड़ की बचत की गई है। उन्होंने कहा कि सभी गांवों में बिजली पहुंचाने के साथ ही 2.50 लाख न्याय पंचायतों में आप्टिकल फाइवर लाइन बिछाई गई हैं। इससे पूरा देश नेटवर्किंग से जुड़ जायेगा।

उन्होंने कहा कि दुनिया के 06 देशों ने प्रधानमंत्री मोदी को अपने राष्ट्रीय सम्मान से नवाजा है। प्रधानमंत्री के नेतृत्व में देश तेजी से विकास की ओर अग्रसर हैं दुनिया में देश की प्रतिष्ठा बढ़ी है। उन्होंने नागरिकता कानून को आस्था के कारण पीड़ितों को मदद करने वाला बताते हुए कहा कि यह नागरिकता देने वाला है किसी की नागरिकता छीनने वाला नहीं।

अधिवक्ताओं की समय के साथ होगी आर्थिक बचत
मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने आईटीएटी की सर्किट बेंच को राज्य के लिये बड़ी सौगात बताते हुए कहा कि इससे अपीलार्थियों एवं अधिवक्ताओं को बार-बार दिल्ली नहीं जाना पड़ेगा तथा उनकी समय के साथ-साथ आर्थिक बचत भी होगी। उन्होंने कहा कि लोगों को स्वकर निर्धारण की दिशा में आगे आना चाहिए तथा ईमानदारी के साथ अपना टैक्स अदा करना चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमने राज्य में नगर पालिका एवं नगर पंचायतों में भी स्वकर निर्धारण की व्यवस्थ बनायी है। आपसी सहयोग विश्वास व समन्वय से विवादों का समाधान हो इसकी भी उन्होंने जरूरत बतायी। उन्होंने कहा कि देश व प्रदेश के विकास में जागरूक नागरिकों द्वारा ईमानदारी के साथ टैक्स के रूप में दिये गये सहयोग की बड़ी भूमिका रहती है।

आईटीएटी के अध्यक्ष जस्टिस पीपी भट्ट ने कहा कि इस सर्किट बैंच की स्थापना से राज्य के करदाताओं को लाभ होगा। इस बैंच की दिल्ली से राज्य में सम्बन्घित 880 अपीलों के दस्तावेज यहां लाये गये है। इनका शीघ्र निस्तारण हो इसका उन्होंने आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि इस बैंच को और अधिक जनोपयोगी बनाये जाने तथा कार्य निर्वहन में आई टी का अधिकतम उपयोग का उनका प्रयास रहेगा।

जनपदों की कम उपलब्धि पर ठोस कार्य योजना बनाने के दिये निर्देश

सचिवालय सभागार में पंचायती राज मंत्री अरविन्द पाण्डेय की अध्यक्षता में पंचायती राज विभाग की समीक्षा बैठक संपन्न हुई। बैठक में अधिकारियों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि वित्तीय वर्ष की समाप्ति को देखते हुए जिन जनपदों की उपलब्धि कम है वह ठोस रणनीति के तहत तेज गति से कार्य कर लक्ष्य को पूरा करें। उन्होंने कहा कि कार्यों के प्रति लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि यदि लक्ष्य पूरा करने में कोई समस्या हो तो उच्चाधिकारियों अथवा उनके संज्ञान में लाये ताकि उसका निराकरण किया जा सके। उन्होंने सभी अधिकारियों से 15 मार्च तक लक्ष्य पूरा करने के निर्देश दिए तथा 15 मार्च को पुनः समीक्षा बैठक बुलाने के निर्देश सचिव पंचायती राज हरबंस सिंह चुघ को दिए तथा अधिकारियों से पूर्ण प्रगति के साथ आगामी बैठक में स्वयं प्रतिभाग करने के निर्देश दिए।
उन्हांने पंचायती विभाग की जनपदों में अवस्थित संपत्तियों का ब्यौरा भी एक सप्ताह में निदेशालय को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए तथा सम्पत्ति से होने वाली आय का भी ब्यौरा भेजने के निर्देश दिए। उनका कहना था कि पंचायती विभाग की लाखों की संपत्ति जनपदों में है किन्तु उसकी विभाग द्वारा पर्याप्त देखरेख के अभाव में अपेक्षाकृत कम आय हो रही है।
उन्होंने ग्राम्य पंचायती के सुदृढ़ीकरण हेतु ग्राम पंचायत अधिकारियों के पद आवश्यकतानुसार बढ़ाने के लिए नियमावली तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने निदेशक एच.सी.सेमवाल को निर्देशित किया कि नियमावली में पहाड़ों में भौगोलिक परिस्थिति के अनुरूप पदों को आवश्यकतानुसार बढ़ाने तथा मैदानी क्षेत्रों में जनसंख्या के आधार पर गा्रम पंचायत राज अधिकारी के पदों को बढ़ाने के प्रस्ताव को नियमावली में लाया जाए। उन्होंने प्रशिक्षण की आवश्यकता पर बल देते हुए प्रशिक्षण कार्यक्रम चलाने के निर्देश दिए तथा गांव पंचायतों में चल रहे विभिन्न विभागों के निर्माण कार्यों में दोहरापन (डुप्लीकेसी) रोकने के लिए पंचायती राज विभाग द्वारा अनापत्ति प्रमाण पत्र लेने की संभावनाओं पर भी विस्तार से चर्चा की।
उन्होंने जिला पंचायत अधिकारियों से अपने-अपने क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम पंचायत डेवलपमेंट प्लान तथा लोकल गवरमेंट निर्देशिनी समयबद्व कार्यक्रम में तैयार करने के निर्देश दिए। पंचायती राज मंत्री ने ग्राम पंचायत में संचालित कार्यक्रमों में शत् प्रतिशत भुगतान डी.बी.टी. प्रणाली से करने के निर्देश दिए। कैबिनेट मंत्री द्वारा पंचायत भवन के निर्माण, मरम्मत, कॉमन सर्विस सेंटर की वित्तीय एवं भौतिक समीक्षा की गई। उन्होंने 14वें वित्त आयोग के अंतर्गत वर्ष 2017-18 से अबतक वर्षवार वित्तीय एवं भौतिक प्रगति की समीक्षा जनपदों के जिला पंचायत अधिकारियों से जनपदवार की। उन्होंने जनपदों में अबतक प्रिआ सॉफ्ट प्रणाली से की जा रही ग्राम पंचायतवार कार्यवाही की समीक्षा भी की। मंत्री ने सी.एम. डैशबोर्ड एवं सी.एम. हैल्पलाईन की अद्यतन प्रगति की भी जनपदवार समीक्षा की।

अनाथ बच्चों को 5 प्रतिशत आरक्षण देगी राज्य सरकार

मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने डोईवाला विधानसभा क्षेत्र के वैष्णो माता मंदिर, पोस्ट ऑफिस चैक नत्थनपुर में रूपये 96.33 लाख की लागत से नलकूप निर्माण कार्य, रूपये 96.01 लाख लागत से ग्राम पंचायत नत्थनपुर में नलकूप निर्माण कार्य का शिलान्यास, अम्बेडकर बस्ती नत्थनपुर में रूपये 97.11 लाख की लागत से नलकूप निर्माण कार्य का लोकार्पण एवं मसूरी देहरादून विकास प्राधिकरण द्वारा नत्थनपुर में सामुदायिक भवन एवं मिलन केन्द्र निर्माण कार्य का भूमि पूजन एवं शिलान्यास किया।
अपने सम्बोधन में मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि क्षेत्र से लगे सैयद नाले के शेष बचे कार्यों को शीघ्र ही पूर्ण किया जाएगा, जिसमें लगभग 4.5 करोड़ रूपये की लागत आएगी। उन्होंने कहा कि क्षेत्र की पानी की समस्या को दूर करने के लिए इन निर्माण कार्यों को ससमय पूरा किया जाएगा। उन्होंने कहा कि देहरादून के आसपास के क्षेत्र की पानी की समस्या को दूर करने के लिए सूर्यधार झील का कार्य किया जा रहा है। इससे क्षेत्र के 29 गांवों को गुरूत्व आधारित पीने का पानी उपलब्ध होगा। इसके साथ ही, सौंग बांध हेतु भूमि की व्यवस्था हो गयी है। प्रभावितों के विस्थापन के तुरन्त बाद इसके निर्माण का कार्य प्रारम्भ कर दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस बांध के निर्माण का कार्य 350 दिनों में पूर्ण किया जाएगा।

सैनिकों के लिए उनका आई कार्ड ही प्रवेश पत्रः मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री ने कहा कि सैनिक देश का गौरव हैं। राज्य सरकार सैनिकों के साथ खड़ी है। मुख्यमंत्री आवास एवं सचिवालय में सैनिकों के प्रवेश के लिए उनके आई कार्ड को मान्यता दे दी गयी है। अब कोई भी सैनिक अपना आई कार्ड दिखा कर सचिवालय में प्रवेश कर सकेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा परम विशिष्ट सेवा मेडल प्राप्त सैनिकों को दी जाने वाली धनराशि को 15 हजार से बढ़ाकर 2 लाख रूपये किया गया है। इसी प्रकार अति विशिष्ट सेवा मेडल की धनराशि को भी 7 हजार से बढ़ाकर 1 लाख 50 हजार किया गया है। सेना मेडल प्राप्त सैनिकों को 1 लाख रूपये दिए जाएंगे। इसी प्रकार विशिष्ट सेवा मेडल प्राप्त सैनिक को दी जाने वाली धनराशि को 3 हजार से बढ़ाकर 75 हजार किया गया है। उन्होंने कहा कि अनाथ बच्चों 5 प्रतिशत आरक्षण दिया जाएगा। इसके साथ ही उन्हें कौशल विकास कार्यक्रमों से भी जोड़ा जाएगा।

अनाथ बच्चों को भी 5 प्रतिशत आरक्षण
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा प्रदेश में अनाथ बच्चां के लिए 5 प्रतिशत आरक्षण की व्यवस्था की है। इससे राजकीय अनाथालयों में रह रहे अनाथ बच्चों को रोजगार प्राप्त हो सकेगा। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए लगातार कार्य कर रही है। इस वर्ष महिलाओं के लिए 5100 किओस्क की व्यवस्था की जाएगी, ताकि महिलाएं अपने पैरों में खड़ी हो सकें। महिलाओं को मजबूती प्रदान करने के लिए एकल महिलाओं को बिना ब्याज के 1 लाख रूपये एवं महिला समूहों को बिना ब्याज के 5 लाख रूपये तक का ऋण उपलब्ध कराया जा रहा है।

कलेक्ट्रेट होंगे ऑनलाइन
मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि कलेक्ट्रेट को ऑनलाइन किया जायेगा जिससे आम जनता को पेपर लैस सुविधा प्राप्त हो सकेगी। उन्होंने कहा कि ऑनलाइन सुविधा के माध्यम से आम जनमानस की समस्याओं का निस्तारण करने में आसानी होगी तथा साथ ही लोगों की समस्याओं को ट्रेस कर यथा समय निराकरण करने में भी मदद मिल सकेगी।

युवाओं को तरजीह देगी सरकार, युवा आयोग का गठन करने की तैयारी में सरकार

राज्य सरकार ने युवा वर्ग के हितों का संरक्षण करने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। इसके तहत राज्य में युवा आयोग का गठन किया जा रहा है। सूत्रों की मानें तो आयोग के गठन का मकसद युवा शक्ति के सर्वांगीण विकास के साथ ही रोजगार के अवसरों का सृजन करना है। प्रस्तावित युवा आयोग का ड्राफ्ट तैयार कर लिया गया है और जल्द ही इसे कैबिनेट के समक्ष मंजूरी के लिए पेश किया जाएगा।
बताया जा रहा कि उत्तराखंड में युवाओं की संख्या काफी ज्यादा है। अगर मतदाताओं के लिहाज से आकलन करें तो 18 से 39 वर्ष तक के युवा वर्ग का हिस्सा 55 फीसद से ज्यादा है। राजनीतिक नजरिये से देखे तो युवा तबका उत्तराखंड में एक बड़े वोट बैंक की भूमिका में है। राज्य में दो साल बाद विधानसभा चुनाव होने हैं, लिहाजा सरकार अब इन्हें लक्ष्य कर भावी योजनाओं को आकार दे रही है। युवाओं के लिए सबसे बड़ा मुद्दा रोजगार ही है, इसलिए आने वाले दो वर्षों में सरकार का फोकस ज्यादा से ज्यादा रोजगार के अवसर पैदा करने पर है। प्रस्तावित युवा आयोग का सबसे बड़ा और महत्वपूर्ण उद्देश्य भी यही है।
यूं तो उत्तराखंड में युवा नीति वर्ष 2011 से ही वजूद में है लेकिन अब इसमें कुछ अहम संशोधन किए जाने की तैयारी है। दरअसल, पिछले साल संयुक्त राष्ट्र विकास कार्यक्रम (यूएनडीपी) का एक प्रतिनिधिमंडल उत्तराखंड आया था। प्रतिनिधिमंडल ने राज्य के विभिन्न विभागों, गैर सरकारी संस्थाओं और सिविल सोसायटी के सदस्यों से विचार-विमर्श किया। इसकी रिपोर्ट के आधार पर अब प्रदेश में संशोधित युवा नीति पर काम चल रहा है। अब नीति में युवा कल्याण विभाग को नोडल विभाग बनाने की तैयारी है। सभी विभाग अपने यहां युवा विकास की कार्ययोजना बनाने के साथ ही इसका अनुपालन सुनिश्चित करेंगे। इनके बीच आपसी समन्वय बनाने का काम युवा कल्याण विभाग करेगा।
संशोधित युवा नीति के मुताबिक ही अलग युवा आयोग का गठन किया जा रहा है। सूत्रों के मुताबिक आयोग में अध्यक्ष व उपाध्यक्ष के अलावा लगभग आधा दर्जन सदस्य शामिल किए जाएंगे। इनमें विभिन्न क्षेत्रों के विषय विशेषज्ञों को तरजीह दी जाएगी। यह भी संभव है कि स्वयं मुख्यमंत्री युवा आयोग के पदेन अध्यक्ष हों। युवा आयोग के गठन से पहले सभी विभागों को युवाओं के विकास के लिए अलग-अलग कार्ययोजना तैयार करने को कहा गया है। युवा आयोग के जरिये रोजगार के साथ ही विकास में युवाओं की भूमिका सुनिश्चित की जाएगी।
वहीं, मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने कहा कि सरकार युवा आयोग के गठन के संबंध में गंभीरता से विचार कर रही है। संभवतया इस तरह के आयोग का गठन करने वाला उत्तराखंड पहला राज्य होगा। युवाओं के चहुंमुखी विकास और उन्हें रोजगार उपलब्ध कराने के लिए सरकार हर संभव प्रयास कर रही है।

फॉरेस्ट गार्ड भर्ती परीक्षाः कोचिंग सेंटर का संचालक गिरफ्तार

फॉरेस्ट गार्ड भर्ती परीक्षा में ब्लूटूथ डिवाइस से नकल कराने का झांसा देकर युवकों से ठगी करने वाले गिरोह के सरगना कोचिंग सेंटर संचालक मुकेश सैनी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी के पास से एक ब्लूटूथ, ईयर फोन, मोबाइल और अन्य दस्तावेज भी बरामद हुए हैं।
पुलिस ब्लूटूथ की बारीकी से जांच कर रही है। साथ ही फरार चल रहे गिरोह के सात आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए उनके संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है। पुलिस ने सरगना को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया है।
एसएसपी ने बताया कि गिरोह का सरगना युवाओं को परीक्षा में नकल कराने के लिए ईयर फोन और ईयर पिक डिवाइस का प्रयोग कराता था। ईयर पिक से परीक्षार्थी फोटो खींचकर आरोपी को भेजते थे। इसके बाद उधर से ब्लूटूथ डिवाइस के माध्यम से पेपर साल्व करवाया जाता था। ब्लूटूथ के माध्यम से ये लोग मात्र दो घंटे में ही पूरा पेपर सॉल्व करवा देते थे। उन्होंने बताया कि मुकेश के पास जो ब्लूटूथ डिवाइस मिला है, उसकी बारीकी से जांच की जा रही है। उम्मीद है कि ब्लूटूथ से कई अन्य जानकारियां मिलेंगी, जिसके आधार पर आगे की जांच की जाएगी।
एसएसपी डी सेंथिल अबूदई कृष्णराज एस ने प्रेसवार्ता कर बताया कि देहरादून एसटीएफ और हरिद्वार पुलिस को शिकायत मिल रही थी कि उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग और प्राविधिक शिक्षा परिषद में पेपर लीक कराने के साथ ही ब्लूटूथ के माध्यम से नकल कराई जा रही है। 16 फरवरी को फॉरेस्ट गार्ड भर्ती के लिए लिखित परीक्षा थी। मंगलौर क्षेत्र स्थित कुआंहेड़ी निवासी आलोक हर्ष पुत्र शिवलोक हर्ष ने पुलिस से शिकायत कर बताया था कि वह गुरुकुल नारसन स्थित ओजस्व कॅरियर इंस्टीट्यूट से परीक्षा की तैयारी कर रहा था। कोचिंग सेंटर के संचालक मुकेश सैनी ने बताया कि था कि वह चार लाख रुपये में परीक्षा का पेपर उपलब्ध करा सकता है। साथ ही पास करवाकर नौकरी भी लगवा देगा।
इसी बीच मुकेश सैनी के दोस्त कपिल से उसकी मुलाकात हुई। कपिल ने भी बताया कि मुकेश ने उससे भी चार लाख रुपये मांगें हैं और वह रुपये दे रहा है। झांसे में आकर उसने मुकेश को एक लाख रुपये दे दिए थे। मुकेश ने बताया था कि परीक्षा से पहले उसे कॉलेज के बाहर ही पेपर उपलब्ध करा दिया जाएगा।
ऐसे संज्ञान में आया मामला
बताया कि कपिल को उसने एक ब्लूटूथ डिवाइस दी है, जो वह उसे उपलब्ध करा देगा और ब्लूटूथ के जरिये पेपर साल्व करवा देगा। परीक्षा वाले दिन आलोक ज्वालापुर स्थित परीक्षा केंद्र के बाहर खड़ा था, लेकिन उसे पेपर और ब्लूटूथ उपलब्ध नहीं करवाया गया था। इस चक्कर में उसकी परीक्षा भी छूट गई थी। एसएसपी ने बताया कि मंगलौर पुलिस ने शिकायत के आधार पर गिरोह के सरगना मुकेश सैनी, निवासी ग्राम हरचंदपुर हाल निवासी गुरुकुल नारसन, कुलदीप राठी, गुरु वचन, हाकम सिंह जसोल निवासी उत्तरकाशी हाल निवासी ज्ञान आईएएस कोचिंग सेंटर, पंकज, अश्वनी, निवासी नारसन कलां, सुधीर, अशोक ग्राम बूढ़पुर जट्ट के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज किया था। तभी से आरोपी फरार चल रहे थे। एसएसपी ने बताया कि शुक्रवार को कोचिंग सेंटर पर छापा मारकर गिरोह के सरगना मुकेश सैनी को गिरफ्तार कर लिया है। उन्होंने बताया कि मामले में आरोपियों के खिलाफ आईटी एक्ट की धारा भी बढ़ाई गई है।
एसएसपी के अनुसार, जांच में सामने आया है कि गिरोह का सरगना मुकेश सैनी प्रदेश स्तरीय और एसएससी की प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक या फिर ब्लूटूथ डिवाइस के माध्यम से नकल कराता था। वह नकल से पास कराने के बाद नौकरी भी लगवाता था। साथ ही युवाओं को नकल का झांसा देकर एडवांस में रकम लेता था। कई ऐसे युवाओं के बारे में जानकारी मिली है, जिनकी गहनता से जांच की जा रही है।
फॉरेस्ट गार्ड की कमी से जूझ रहा महकमा
वन विभाग में फॉरेस्ट गार्ड केे करीब 3650 पद हैं। इनमें से 1218 पद खाली हैं। इन पदों पर अधीनस्थ सेवा चयन आयोग से जल्द भर्ती होने की उम्मीद वन विभाग को थी। इसी के चलते वन विभाग ने कई-कई साल से फॉरेस्ट गार्ड के पद पर काम कर रहे कई वन कर्मियों को प्रमोट कर वन दरोगा बना दिया। नई भर्ती होने तक इनमें से कइयों को फॉरेस्ट गार्ड की ड्यूटी अब भी निभानी पड़ रही है। कारण यह भी है कि प्रदेश में अब फायर सीजन शुरू हो गया है। विभाग में फॉरेस्ट गार्ड की कमी है। ऐसे में प्रमोट होने वाले कर्मियों को प्रभारी के रूप में काम करना पड़ रहा है।

प्रीतम सिंह ने युवा नेता विवेक तिवारी की कराई घर वापसी

ऋषिकेश विधानसभा में निर्दलीय चुनाव लड़े विवेक तिवारी को आज डोईवाला में कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष प्रीतम सिंह और जिलाध्यक्ष गौरव चैधरी ने कांग्रेस की सदस्यता दिलाई। इस दौरान विवेक तिवारी ने अपने समर्थकों संग कांग्रेस में अपनी आस्था जताई।
पूर्व नियोजित कार्यक्रम के तहत पूर्व प्रदेश उपाध्यक्ष एनएसयूआई व पूर्व छात्र संघ उपाध्यक्ष विवेक तिवारी अपने समर्थकों के साथ कांग्रेस के कार्यक्रम में डोईवाला पहुंचे। जहां उनका स्वागत कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने किया। इस अवसर प्रदेश अध्यक्ष कांग्रेस प्रीतम सिंह ने कहा कि विवेक तिवारी कांग्रेस के सक्रिय कार्यकर्ता रहे है। आज के दौर में युवाओं की कमी से जूझ रही कांग्रेस को विवेक जैसे संघर्षशील और मेहनती कार्यकर्ता व नेताओं की जरुरत है। विवेक तिवारी ने कहा कि चुनाव लड़ने के पीछे उनका मकसद सिर्फ जनसरोकार रहा है। कहा कि अब उन्होंने निर्णय लिया कि वर्तमान सरकार की जनविरोधियों नीतियों से लड़ने के लिए फिर से कांग्रेस को मजबूत करने की जरुरत है। क्योकि कांग्रेस ही समाज के सभी वर्गों को साथ लेकर चलने और उनका विकास करने की बात कहती है और करती है।
गौरतलब है कि विवेक तिवारी पिछला विधानसभा चुनाव ऋषिकेश से बतौर निर्दलीय प्रत्याशी लड़ चुके है। वह राष्ट्रीय पार्टियों के अलावा एकमात्र ऐसे प्रत्याशी रहे जिनका हर पोलिंग बूथ पर न सिर्फ चुनावी बस्ता रहा, बल्कि युवाओं की अच्छी संख्या बल भी देखने को मिला था।
इस अवसर पर मारकण्र्डेय राजभर, मनप्रीत सिंह, दिनेश भटट, कपिल शर्मा, कमल अरोड़ा, प्रिंस मनचन्दा, सागर वाधवा, गोविन्द यादव, अर्जुन पुरी सहित सैकड़ों समर्थकों ने सदस्यता ली।

देहरादून जाने से पहले करा ले अपने वाहन की फिटनेस

राजधानी देहरादून सहित आसपास के इलाकों में प्रदूषण फैला रहे वाहनों की अब खैर नहीं होगी। परिवहन विभाग की ओर से आज से बडे़ स्तर पर जांच अभियान शुरू किया जा रहा है।
बताया जा रहा कि राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) के निर्देश पर वायु प्रदूषण नियंत्रण को गठित मॉनीटरिंग कमेटी की पहल पर परिवहन विभाग के अधिकारियों द्वारा गाड़ियों की जांच की जाएगी। अभियान चलाने को लेकर एआरटीओ प्रवर्तन अरविंद पांडे की अगुवाई में अफसरों की सात सदस्यीय टीम भी गठित कर दी गई है।
एआरटीओ (प्रवर्तन) अरविंद पांडे ने बताया कि अभियान की शुरुआत सुबह सात बजेे से हुई। इस दौरान गाड़ियों के प्रदूषण जांच के साथ ही ओवरलोडिंग, ओवरस्पीड, फिटनेस, परमिट, ड्राइविंग लाइसेंस की भी जांच की जाएगी। अभियान के दौरान प्रदूषण जांच पर खास फोकस रहेगा। जिन गाड़ियों के प्रदूषण निर्धारित मानकों से अधिक पाए गए, उन गाड़ियों पर तत्काल मौके पर ही नियमों के तहत भारी जुर्माना लगाने के साथ ही सीज करने की भी कार्रवाई की जाएगी।
केंद्र सरकार की ओर से नया मोटर व्हीकल एक्ट लागू होने के बाद पांच माह पहले परिवहन विभाग के अधिकारियों द्वारा गाड़ियों के प्रदूषण जांच को लेकर बड़े पैमाने पर अभियान चलाया गया था इस दौरान हजारों हजारों गाड़ियों का चालन करने के साथ ही बड़े पैमाने पर कार्रवाई की गई थी।
गाड़ियों के प्रदूषण जांच कराने को लेकर जबरदस्त मारामारी मची थी। आलम यह रहा कि गाड़ियों की प्रदूषण जांच कराने को लेकर जांच केंद्रों पर लंबी लाइनें लगी रहीं। गाड़ियों के प्रदूषण की जांच जल्द की जा सके, इसके लिए परिवहन विभाग की ओर से शहर में 100 से अधिक जांच केंद्र खोले गए थे।

राज्य के समग्र विकास के प्रति हमारी प्रतिबद्धताः सीएम

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने शनिवार को सहस्त्रधारा में विश्वबैंक पोषित यूडीआरपी योजना के अन्तर्गत काली-रो नदी पर 688 लाख लागत से निर्मित होने वाले 48 मीटर स्पान के स्टील ट्रस सेतु तथा 219.91 लाख की लागत से निर्मित होने वाले 30 मीटर स्पान के स्टील गर्डर मोटर सेतु का शिलान्यास किया। मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र ने इस अवसर पर सहस्त्रधारा में बस अड्डे, सरोणा स्कूलका उच्चीकरण के साथ ही सहस्त्रधारा चामासारी मोटरमार्ग के डामरीकरण की घोषणा की।

मुख्यमंत्री ने कहा कि इन पुलो के निर्माण से इस क्षेत्र की 13 हजार की आबादी लाभान्वित होगी। उन्होंने कहा कि राज्य के समग्र विकास के प्रति हमारी प्रतिबद्धता है। राज्य में सड़क, रेल व हवाई सेवाओं के विस्तार पर ध्यान दिया जा रहा है ताकि राज्य के लोगों के साथ ही पर्यटकों को भी सुविधा हो। उन्होंने कहा कि पर्यटन हमारी आर्थिकी का आधार है। पर्यटन व साहसिक खेलों को बढ़ावा देने से देश व दुनिया के लोग यहां आयेंगे। ओली में शुरू हुई नेशनल स्कीइंग एंड स्नोबोर्ड चैम्पियनशिप में विभिन्न देशों के प्रतिभागी शामिल हुए हैं। गोचर चिन्यालीसौड के लिये हेली सर्विस शुरू की गई है।

देहरादून से दिल्ली जयपुर व अन्य शहरों के लिये अतिरिक्त हवाई सुविधा उपलब्ध करायी जा रही है। उन्होंने युवाओं से पर्यटन से जुड़ी स्वरोजगार योजनाओं पर ध्यान देने को कहा। उन्होंने कहा कि 5000 होम स्टे बनाने का हमारा लक्ष्य है। अब तक 2200 रजिस्टर्ड हो चुके हैं।