एलटी शिक्षकों के स्थानांतरण को लेकर विभागीय मंत्री ने दिए एसओपी जारी करने के निर्देश

राज्य सरकार ने विद्यालयी शिक्षा विभाग के अंतर्गत एलटी संवर्ग के शिक्षकों की वर्षों पुरानी मांग पूरी कर दी है। सरकार ने एलटी शिक्षकों की सेवा नियमावली में संशोधन कर मंडल परिवर्तन को लेकर विभाग को शीघ्र एसओपी जारी करने के निर्देश दिये हैं। जिसके क्रम में अब एलटी शिक्षकों के तबादले एक मंडल से दूसरे मंडल में हो सकेंगे। एलटी शिक्षक को सम्पूर्ण सेवाकाल में मात्र एक बार संवर्ग परिवर्तन का मौका मिलेगा। इसके लिये उन्हें अपने मूल संवर्ग में कम से कम पांच वर्ष की संतोषजनक सेवा पूर्ण करनी आवश्यक होगी तभी वह अंतरमंडलीय स्थानांतरण के लिये पात्र होंगे।

उत्तराखंड के विद्यालयी शिक्षा मंत्री डा. धन सिंह रावत ने बताया कि प्रदेश के एलटी संवर्ग शिक्षकों की वर्षों पुरानी मांग पर विचार करते हुये राज्य कैबिनेट ने हाल ही में उत्तराखंड अधीनस्थ शिक्षा (प्रशिक्षित स्नातक श्रेणी) (संशोधन) सेवा नियमावली-2024 में संशोधन कर अंतरमंडलीय स्थानांतरण को मंजूरी प्रदान की। सरकार ने इस संशोधन के जरिये एलटी संवर्ग के शिक्षकों को सम्पूर्ण सेवा काल में एक बार मंडल परिवर्तन करने का मौका दिया है ताकि शिक्षक इच्छित मंडल में अपनी शेष सेवा पूरी कर सके। डा. रावत ने बताया कि एलटी शिक्षकों के संवर्ग परिवर्तन हेतु अपनाई जाने वाली प्रक्रिया के संबंध में शीघ्र ही शासन स्तर से एसओपी जारी की जायेगी। जिसके उपरांत विभागीय स्तर पर अंतरमंडलीय स्थानांतरण की प्रक्रिया पूरी की जायेगी, जिसके निर्देश विभागीय अधिकारियों को दे दिये गये हैं। विभागीय मंत्री ने बताया कि नये प्राविधानों के तहत ऐसे सहायक अध्यापको को मंडल परिवर्तन का मौका मिलेगा जिन्होंने अपने मूल संवर्ग में न्यूनतम 05 वर्षों की संतोषजनक सेवा पूर्ण कर ली हो। उन्होंने बताया कि शिक्षकों को मंडल परिवर्तन का लाभ सम्पूर्ण सेवा में मात्र एक बार ही अनुमन्य होगा। एक मंडल से दूसरे मंडल में स्थानांतरित शिक्षक कार्यभार ग्रहण करने की तिथि से नवीन संवर्ग में कनिष्ठतम हो जायेंगे।

विभागीय मंत्री डा. रावत ने बताया कि मंडल परिवर्तन करते समय सामान्य शाखा में कार्यरत शिक्षकों का स्थानांतरण सामान्य शाखा जबकि महिला शाखा में कार्यरत शिक्षिकाओं का स्थानांतरण महिला शाखा में ही किया जायेगा। दोनों मंडलों में जिस मंडल में विषयवार वास्तविक रिक्तियों की संख्या कम होगी उस विषय में उतनी सीमा तक ही समान श्रेणी के विद्यालयों में शिक्षकों के स्थानांतरण किये जायेंगे। उन्होंने बताया कि इच्छुक शिक्षक सम्बंधित मंडल स्तर पर ही आवेदन किये जायेंगे। प्राप्त आवेदन पत्रों के परीक्षणोपरान्त निदेशक माध्यमिक शिक्षा द्वारा शिक्षकों को मंडल आवंटित किये जायेंगे। जिस हेतु शासन स्तर पर गठित समिति से अनुमोदन लेना आवश्यक है।

डा. रावत ने बताया कि अंतरमंडलीय स्थानांतरण में पारदर्शिता को लेकर शासन स्तर पर अपर सचिव माध्यमिक शिक्षा की अध्यक्षता में पांच सदस्यीय समिति गठित की गई है। जिसमें अपर सचिव कार्मिक, संयुक्त सचिव माध्यमिक शिक्षा, उप सचिव व अनु सचिव माध्यमिक शिक्षा बतौर सदस्य शामिल किये गये हैं। डा. रावत ने उम्मीद जताई कि अंतरमंडलीय स्थानांतरण से शिक्षकों की समस्या दूर हो जायेगी और वह शिक्षण कार्यों में जुटकर शिक्षा व्यवस्था को सुदृढ बनाने में पूर्ण सहयोग करेंगे।

मुख्य सचिव ने उपराष्ट्रपति के आगमन को लेकर की बैठक

मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने आगामी 30 मई को उप राष्ट्रपति के जनपद नैनीताल एवं उधमसिंह नगर के प्रस्तावित भ्रमण के दौरान सुरक्षा एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं की तैयारियों के सम्बन्ध में बैठक की।

मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने आगामी 30 मई को मा0 उप राष्ट्रपति के जनपद नैनीताल एवं उधमसिंह नगर के प्रस्तावित भ्रमण के दौरान सुरक्षा एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं की तैयारियों के सम्बन्ध में बैठक की। सीएस राधा रतूड़ी ने आयुक्त कुंमाऊ मंडल, पुलिस उप महानिरीक्षक, कुंमाऊ परिक्षेत्र, जिलाधिकारी, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नैनीताल एवं उधमसिंह नगर को उप राष्ट्रपति के भ्रमण के दौरान प्रस्तावित कार्यक्रम पर उप राष्ट्रपति सचिवालय द्वारा दिए गए निर्देशानुसार समस्त व्यवस्थाएं किए जाने के निर्देश दिए है। इसके साथ ही मुख्य सचिव ने उप राष्ट्रपति के प्रस्तावित कार्यक्रम के दौरान एयरपोर्ट/हैलीपेड एवं कार्यक्रम स्थल पर सुरक्षा आदि की पुख्ता व्यवस्था के निर्देश दिए हैं। उन्होंने संचार व्यवस्था के सम्बन्ध में बीएसएनएल द्वारा एयरपोर्ट/हैलीपेड एवं कार्यक्रम स्थल में मानकों के अनुसार हाट लाइन, वाई-फाई कनेक्शन की व्यवस्था एनआइसी के साथ समन्वय करते हुए किए जाने के निर्देश दिए हैं। सीएस ने एयरपोर्ट/हैलीपेड से कार्यक्रम स्थल तक सड़क मार्ग की आवश्यक मरम्मत आदि की व्यवस्था, निर्वाध विद्युत आपूर्ति, जलापूर्ति आदि के भी निर्देश दिए हैं।

बैठक में पुलिस महानिदेशक अभिनव कुमार, प्रमुख सचिव आर के सुधांशु, सचिव दिलीप जावलकर सहित सम्बन्धित अन्य अधिकारी तथा जिलाधिकारी व वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नैनीताल एवं उधमसिंह नगर वर्चुअल माध्यम से मौजूद रहे।

बेसिक शिक्षकों की भर्ती को मंत्री धन सिंह ने दिए निर्देश, जनपदवार शीघ्र जारी करें विज्ञप्ति

प्राथमिक शिक्षा के अंतर्गत सहायक अध्यापक (बेसिक) के लगभग 3600 रिक्त पदों पर शीघ्र भर्ती की जायेगी। इसके लिये विभागीय अधिकारियों को जनपदवार विज्ञप्ति जारी करने के निर्देश दे दिये गये हैं। बेसिक शिक्षकों की नई भर्ती में ऐसे डीएलएड व डीएड योग्यताधारी अभ्यर्थियों को आवेदन करने में छूट प्रदान की गई है जिन्होंने पूर्व में जारी विज्ञप्ति के लिये आवेदन किया किया था। ऐसे अभ्यर्थियों को पूर्व में किये गये आवेदन के आधार पर नई भर्ती के लिये अर्ह माना जायेगा और उन्हें पुनः आवेदन करने की आवश्यकता नहीं होगी।

विद्यालयी शिक्षा मंत्री डा. धन सिंह रावत ने बताया कि राज्य सरकार प्राथमिक स्तर पर शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने में जुटी है। प्रदेश के नौनिहालों को बेहतर शिक्षा प्रदान करने के लिये सरकार ने प्रत्येक प्राथमिक विद्यालयों में सभी संसाधान मुहैया कराने के साथ-साथ प्राथमिक शिक्षकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने का निर्णय लिया है। इसी कड़ी में प्राथमिक शिक्षा विभाग ने प्रदेश में लागू आदर्श आचार संहिता के बीच निर्वाचन आयोग से बेसिक शिक्षकों के लम्बे समय से रिक्त चल रहे पदों पर भर्ती प्रक्रिया शुरू करने की अनुमति मांगी थी जिस पर आयोग ने अपनी स्वीकृत प्रदान कर दी है। विभागीय मंत्री ने कहा कि प्रदेश में बेसिक शिक्षकों के लगभग 3600 पद रिक्त पड़े हैं, जिन पर जनपदवार शीघ्र भर्ती विज्ञापन जारी करने के निर्देश विभागीय अधिकारियों को दे दिये गये हैं। उन्होंने कहा कि बेसिक शिक्षकों की भर्ती प्रक्रिया शीघ्र शुरू कर प्रत्येक प्राथमिक विद्यालयों में रिक्त पदो ंके सापेक्ष शिक्षकों की तैनाती की जायेगी ताकि प्रदेश की प्राथमिक शिक्षा व्यवस्था को और सुदृढ़ किया जा सके। डा. रावत ने बताया कि राज्य में बेसिक शिक्षकों की भर्ती उत्तराखंड राजकीय प्रारम्भिक शिक्षा (अध्यापक) (संशोधन) सेवा नियमावली-2024 में निर्धारित प्राविधानों के अनुरूप की जायेगी। नये प्राविधानों के तहत डीएलएड व डीएड योग्यताधारी अभ्यर्थी ही बेसिक शिक्षक पद के लिये अर्ह होंगे।

पुराने अभ्यर्थियों को मिलेगी पुनः आवेदन करने में छूट रू डा. रावत
प्रदेश के विद्यालयी शिक्षा मंत्री डा. धन सिंह रावत ने बताया कि वर्ष 2020 एवं 2021 में सहायक अध्यापक प्राथमिक के अवशेष रह गये रिक्त पदों को नई भर्ती में शामिल किया गया है। ऐसे में जिन डीएलएड व डीएड योग्यताधारी अभ्यर्थियों ने पूर्व की इन विज्ञप्तियों के लिये आवेदन किया था लेकिन उन्हें नियुक्ति प्रदान नहीं की गई। ऐसे अभ्यर्थियों को नई विज्ञप्ति में पुनः आवेदन करने में छूट प्रदान की गई है। ऐसे अभ्यर्थियों को फिर से आवेदन करने की आवश्यकता नहीं होगी। उन्होंने कहा कि ऐसे अभ्यर्थियों को पूर्व में किये गये आवेदन के आधार पर नई भर्ती प्रक्रिया में सम्मिलित करने के निर्देश विभागीय अधिकारियों को दे दिये गये हैं।

मुख्य सचिव ने राफ्टर्स के लिए मार्केट बनाने और ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन सिस्टम पर बल देने की बात कही

राफ्टिंग व्यवस्थाओं का जायजा लेते हुए मुख्य सचिव ने खारास्रोत पार्किंग तृतीय एवं गंगा नदी में पुट इन पॉइंट ब्रह्मपुरी का निरीक्षण कर व्यवस्थित रूप से संचालित हो रही राफ्टिंग की सराहना की। इस दौरान उन्होंने राफ्टर्स के लिए मार्केट बनाने, ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन सिस्टम पर बल देने, राफ्टिंग की ड्रोन फुटेज लेने तथा रिवर राफ्टिंग एवं क्याकिंग नियमावली का उल्लंघन करने वालों के दंडात्मक/चालान कार्यवाही जिला प्रशासन स्तर से किए जाने हेतु अग्रिम कार्यवाही की बात कही। जिलाधिकारी ने बताया कि राफ्टर्स के लिए बनाए गए अस्थाई पार्किंग स्थल खारास्रोत में द्वितीय चरण के कार्य किए जा रहे हैं, जिसमें सीसी कार्यों के साथ ही अन्य कार्य किए जाने हैं।

अपर मुख्य कार्याधिकारी (साहसिक विंग) यूटीडीबी कर्नल अश्विनी पुण्डीर ने बताया कि गंगा नदी में 263 फर्म पंजीकृत हैं तथा 576 राफ्ट्स हैं। जबकि अलकनंदा नदी में 29 फर्म पंजीकृत हैं तथा 65 राफ्ट्स हैं। उन्होंने बताया कि टिकट काउंटर के समीप सुलभ शौचालयों/चेंजिंग रूम बनाए गए हैं। सड़क मार्ग से नदी में जाने वाले समस्त पैदल मार्गों का मरम्मतीकरण का कार्य किया गया है। पुट इन एवं पुल आउट पॉइंट्स यथा नीम बीच, ब्रहमपुरी, शिवपुरी, मैरीन ड्राइव में स्थाई निर्माण कार्य हेतु वन भूमि हस्तान्तरण की कार्यवाही अन्तिम चरण में गतिमान है। राष्ट्रीय जल कीड़ा संस्थान गोवा के सहयोग से लगभग 400 गाइडों को लाईफ सेविंग का प्रशिक्षण साहसिक खेल अकादमी कोटी कालोनी टिहरी में दिया गया।

इस दौरान मुख्य सचिव ने चार धाम यात्रा व्यवस्थाओं का जायजा लेते हुए भद्रकाली में केदारनाथ/बद्रीनाथ एवं गंगोत्री/यमुनोत्री धाम यात्री पंजीकरण जांच केंद्र का निरीक्षण किया। जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने बताया कि चारधाम यात्रा का ट्राय जंक्शन पॉइंट भद्रकाली में यात्रियों के पंजीकरण की जांच करके ही गाड़ियों को आगे भेजा जा रहा है। जनपद में यातायात व्यवस्था सुचारू एवं व्यवस्थित रूप से संचालित हो रही है। मुख्य सचिव ने यात्रियों की सुविधा एवं सुरक्षा के दृष्टिगत निरंतर व्यवस्थाएं बनाए रखने को कहा।

इस मौके पर डीएफओ जीवन डगाड़े, एडीएम के.के. मिश्रा, एएसपी टिहरी जे.आर. जोशी, एएसपी पौड़ी, एआरटीओ सतेंद्र राज, एसडीएम देवेंद्र नेगी सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।

फील्ड अधिकारियों के कुशल प्रबन्धन से राज्य में चारधाम यात्रा का पुनः सफलतापूर्वक संचालन जारीः राधा रतूड़ी

चारधाम यात्रा के साथ ही प्रदेश के सभी धार्मिक स्थलों पर आने वाले श्रद्धालुओं हेतु एक फूलप्रूफ ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन की स्थायी व्यवस्था विकसित करने हेतु मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने प्रतिष्ठित आईटी कन्सलटेन्सी कम्पनी की सहायता लेने के निर्देश चारधाम यात्रा प्रबन्धन से सम्बन्धित अधिकारियों को दिए हैं। सीएस ने यात्रा प्रबन्धन से जुड़े अधिकारियों को स्पष्ट किया है कि चारधाम यात्रा के सुव्यवस्थित प्रबन्धन तथा स्थायी समाधान में टेक्नॉलजी ही सबसे अधिक सहायता कर सकती है। उन्होंने जल्द से जल्द इस आईटी कन्सलटेन्सी कम्पनी के साथ ही चारधाम यात्रा से जुड़े सभी हितधारकों जिनमें होटल व्यवसायी, टूर ऑपरेटर्स, पर्यटन से जुड़े लोग तथा प्रशासनिक अधिकारियों की मदद से यह रजिस्ट्रेशन व्यवस्था विकसित करने के निर्देश दिए हैं।

चारधाम यात्रा में फील्ड पर काम कर रहे अधिकारियों को यात्रा प्रबन्धन में सबसे महत्वपूर्ण कड़ी मानते हुए मुख्य सचिव श्रीमती राधा रतूड़ी ने आज स्वयं ऋषिकेश स्थित यात्रा रजिस्ट्रेशन ऑफिस तथा ट्रांजिट कैम्प पहुंचकर सभी अधिकारियों विशेषकर फील्ड पर कार्य करने वाले कनिष्ठ अधिकारियों से यात्रा प्रबन्धन हेतु बनने वाली एसओपी के लिए उनके सुझाव मांगे।

सीएस राधा रतूड़ी ने कहा कि चारधाम यात्रा प्रबन्धन से जुड़े सभी अधिकारियों विशेषरूप से फील्ड अधिकारियों के कुशल प्रबन्धन से राज्य में चारधाम यात्रा आरम्भ में कुछ चुनौतियों के बाद पुनः सुचारू, सुव्यवस्थित एवं सफलतापूर्वक संचालित की जा रही है। वर्तमान में ऋषिकेश हरिद्वार के हॉलडिंग प्वाइंट में लगभग 3000 श्रद्धालु मौजूद हैं, जिन्हें धामों में भेजा जा रहा है। चारधाम से सभी श्रद्धालु यात्रा के पश्चात सकुशल वापस लौट रहे हैं। यात्रा मार्ग एवं धामों में सभी व्यवस्थाएं सफलतापूर्वक संचालित की जा रही हैं। इसलिए हरिद्वार से ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन पुनः आरम्भ किया जा रहा है।

भविष्य में श्रद्धालुओं की निरन्तर बढ़ती संख्या के समाधान हेतु मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने चारधाम यात्रा से सम्बन्धित जनपदों के जिलाधिकारियों को नए ठहराव स्थलों को चिहिन्त करने के साथ ही वहाँ पर पार्किंग स्थलों को विकसित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि इसके लिए जल्द ही धनराशि भी जारी कर दी जाएगी। सीएस ने यात्रा मार्ग पर वाहनों की कैरिंग कैपिसिटी व पार्किंग स्थलों का सही आकलन जल्द बनाने के भी निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि कैरिंग कैपिसिटी के अनुसार ही नियमों का सख्ती से पालन करवाना आवश्यक है। इसके साथ ही सीएस ने ट्रिप कार्ड व्यवस्था का भी कड़ाई से पालन के निर्देश दिए हैं। उन्होंने भविष्य में चारधाम यात्रा के सफल संचालन हेतु नेशनल टूर ऑपरेटर्स का भी सहयोग लेने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही सीएस ने देश के अन्य राज्यों के ऐसे जिले जहां से सबसे अधिक यात्री चार धाम पर आते हैं, उनके जिलाधिकारियों एवं जिला प्रशासन से भी समन्वय एवं संवाद के निर्देश दिए हैं।

मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने ऋषिकेश स्थित यात्रा रजिस्ट्रेशन ऑफिस एवं ट्रांजिट कैम्प पहुंचकर व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया तथा सम्बन्धित अधिकारियों के साथ बैठक की। बैठक में आयुक्त गढ़वाल विनय शंकर पाण्डेय, जिलाधिकारी देहरादून, टिहरी, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक टिहरी तथा चारधाम यात्रा से सम्बन्धित अधिकारी मौजूद रहे।

उत्तराखण्ड के चारों धामों के अलावा यात्रा मार्गों पर भी श्रद्धालुओं और वाहनों की धारण क्षमता का आंकलन करेः सीएम

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज सचिवालय में चारधाम यात्रा, मानसखण्ड मदिंर माला मिशन, कैंचीधाम और पूर्णागिरी में विभिन्न व्यवस्थाओं की समीक्षा की। मुख्यमंत्री ने कहा कि चारधाम यात्रा में हर साल श्रद्धालुओं की संख्या में तेजी से वृद्धि होगी। उन्होंने कहा कि चारों धामों की धारण क्षमता के अलावा यात्रा मार्ग के अन्य स्थलों पर भी श्रद्धालुओं और वाहनों की धारण क्षमता का आंकलन करना जरूरी है। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिये कि चारधाम यात्रा मार्गों और राज्य के तीर्थाटन और पर्यटन की दृष्टि से महत्वपूर्ण स्थलों पर पार्किंग और मूलभूत आवश्यकताओं से संबंधित प्रस्ताव आवास विभाग को भेजे जाएं। चारधाम यात्रा के चरम सीमा वाली अवधि में हर साल के लिए विशेष प्लान बनाया जाए। उन्होंने कहा कि ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल सेवा शुरू होने से पहले रेल मार्गों पर और कर्णप्रयाग एवं उसके आस-पास के क्षेत्रों में पार्किंग एवं अन्य मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए पूरी कार्ययोजना के साथ कार्य किये जाएं।

चारधाम यात्रा सुचारू रूप से चलने पर मुख्यमंत्री ने संतोष व्यक्त किया। उन्होंने शासन और प्रशासन के अधिकारियों को निर्देश दिये कि इसी मनोयोग के साथ चारधाम यात्रा को आगे भी सुव्यवस्थित रखना है। मुख्यमंत्री ने कहा कि 31 मई तक ऑफलाईन रजिस्ट्रेशन बंद रखे जाए। उन्होंने कहा कि यात्रा के अनुरूप ऑफलाईन रजिस्ट्रेशन पर आगे निर्णय लिया जायेगा। मुख्यमंत्री ने गढ़वाल और कुमांऊ कमिश्नर को निर्देश दिये कि चारधाम यात्रा में श्रद्धालुओं की सुविधा के दृष्टिगत रूट डायवर्ट प्लान पर भी कार्य किया जाए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि कैंची धाम और पूर्णागिरी में भी श्रद्धालुओं की संख्या तेजी से बढ़ रही हैं। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिये कि कैंची धाम में मूलभूत सुविधाओं के साथ पर्याप्त पार्किंग व्यवस्था रखी जाए। कैंची धाम जाने वाले मार्गों में भी पर्याप्त पार्किंग की व्यवस्था की जाय। कैंची धाम के लिए शटल बस सेवा शुरू की जाय। कैंचीधाम के लिए बाईपास भी प्रस्तावित है। पूर्णागिरी में श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने के निर्देश मुख्यमंत्री ने दिये। मुख्यमंत्री ने कहा कि मानसखण्ड मंदिर माला मिशन के तहत कार्यों में तेजी लाई जाय। श्रद्धालुओं की सुविधा के दृष्टिगत इन्फ्रास्ट्रक्चर और कनेक्टिविटी के साथ ही मूलभूत सुविधाओं पर तेजी से कार्य किये जाएं। उन्होंने कहा कि गढ़वाल और कुमांऊ की कनेक्टिविटी को और मजबूत करने और पर्यटन तथा तीर्थाटन की दृष्टि से दोनों मण्डलों को श्रद्धालुओं से जोड़ने लिए रानीखेत और चौखुटिया क्षेत्र में होम स्टे और अन्य सुविधाओं को विस्तार देने पर कार्य किया जाए।

चारधाम यात्रा को सुगम और बेहतर बनाने के लिए ‘यात्रा समाधान’ मोबाइल एप्लीकेशन का प्रस्तुतीकरण भी किया गया। इस मोबाइल एप्लीकेशन का मुख्य उद्देश्य श्रद्धालुओं को सभी सुविधाएं एक ही प्लेटफार्म पर देना है। इस एप्लीकेशन के माध्यम से चारों धामों के निकटवर्ती पुलिस स्टेशन, हॉस्पिटल, पार्किंग और अन्य सुविधाएं मिलेंगी। इस मोबाइल एप्लीकेशन के माध्यम से यात्रा से जुड़े सभी पक्षकार बीकेटीसी, मंदिर प्रशासन, होटल, टूर ऑपरेटर्स, ट्रांसपोर्टस आपस में जुड़ सकेंगे। मुख्यमंत्री ने आईटीडीए और पर्यटन विभाग को निर्देश दिये कि इस मोबाइल एप्लीकेशन को और बेहतर बनाने के लिए कार्य किये जाए।

बैठक में मुख्य सचिव राधा रतूड़ी, प्रमुख सचिव आर.के सुधांशु, डीजीपी अभिनव कुमार, सचिव आर. मीनाक्षी सुंदरम, शैलेश बगोली, अरविन्द सिंह ह्यांकी, सचिन कुर्वे, दिलीप जावलकर, सचिव एवं गढ़वाल कमिश्नर विनय शंकर पाण्डेय, सचिव एस.एन. पाण्डेय, डॉ. आर. राजेश कुमार, विशेष सचिव डॉ. पराग मधुकर धकाते, एडीजी ए.पी. अंशुमन, अपर सचिव रणवीर सिंह चौहान, नितिन भदौरिया, उपाध्यक्ष एमडीडीए बंशीधर तिवारी, जिलाधिकारी देहरादून सोनिका, एसएसपी अजय सिंह वर्चुअल माध्यम से अपर मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन, कुमांऊ कमिश्नर दीपक रावत, जिलाधिकारी हरिद्वार धीराज गर्ब्याल, जिलाधिकारी नैनीताल वंदना उपस्थित थे।

केदारनाथ धाम यात्रा मार्ग में अपने कार्यों से यात्रियों का दिल जीत रहे पीआरडी जवान

श्री केदारनाथ धाम यात्रा मार्ग में ड्यूटी के लिए तैनात पीआरडी जवान अपने कार्यों से यात्रियों का दिल जीतने का कार्य कर रहे हैं। राज्य सरकार की ओर से भी पीआरडी जवानों के लिए तमाम व्यवस्थाएं की गई हैं। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशानुसार इन जवानों का पहली बार 10 लाख रुपये तक का बीमा कराया गया है, साथ ही उनके भोजन-पानी की भी प्रशासन के स्तर से बेहतर व्यवस्थाएं की गई हैं।
गौरतलब है कि केदारनाथ पैदल मार्ग में कठिन परिस्थितियों के बीच पीआरडी के ये जवान श्रद्धालुओं की सेवा से लेकर रेस्क्यू तक की जिम्मेदारी निभा रहे हैं तो म्यूल टास्क फोर्स के अंतर्गत घोड़े- खच्चरों के मानक अनुसार संचालन का कार्य भी देख रहे हैं। श्री केदारनाथ धाम तक पैदल यात्रा मार्ग को सात पड़ाव में बांटा गया है। हर पड़ाव पर समान्य ड्यूटी के लिए पीआरडी के 06 और रेस्क्यू एवं अन्य कार्यों के लिए डीडीआरएफ के 06 जवान तैनात हैं। इसके अलावा सेक्टर मजिस्ट्रेट अधिकारियों के साथ म्यूल टास्क फोर्स के जवान तैनात हैं जो नियमित रूप से घोड़ा- खच्चर संचालन के लिए बनाए गए नियम- कानूनो का पालन करा रहे हैं। तत्परता से ड्यूटी करने वाले पीआरडी जवानों की सेहत का भी विशेष ध्यान रखा जा रहा है। इस वर्ष पिछले वर्षों के मुकाबले दोगुने लोगों की ड्यूटी यात्रा मैनेजमेंट में लगायी गई है। जिससे जवान यात्रा में सुगमता से ड्यूटी कर सकें एवं उनकी सेहत भी ठीक रहे। यात्रा मार्ग पर मुस्तैदी से ड्यूटी करने वाले पीआरडी जवानों के लिए विशेष पहल करते हुए उनकी ड्यूटी में सुधार किया गया है।
मुख्य विकास अधिकारी जीएस खाती ने बताया कि पिछले वर्षाे के मुकाबले दोगुने पीआरडी जवानों की ड्यूटी यात्रा में लगायी गयी है। जहाँ पिछले साल यात्रा के दौरान 50 के आसपास ही पीआरडी जवान यात्रा मैनेजमेंट का हिस्सा होते थे तो इस वर्ष 90 से 95 जवानों को यात्रा मैनेजमेंट में लगाया गया है। इससे जवानों की ड्यूटी रोटेशन में लगायी जा रही है ताकि ड्यूटी के दौरान उन्हें आराम मिल सके। इसके अलावा प्रशासन की तरफ से इन्हें राशन भी उपलब्ध करवाया जा रहा है ताकि खाने की कोई समस्या न हो इसकी पूरी जिम्मेदारी जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी संभाल रहे हैं। जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदन सिंह रजवाड ने बताया कि गौरीकुंड से सभी जवानों के लिए सूखे राशन सहित अन्य अनिवार्य सामान लगातार उपलब्ध कराया जा रहा है। वहीं पहली दफा इन जवानों को 10 लाख रुपए तक का बीमा भी करवाया गया है।

मुख्यमंत्री ने ऋषिकेश पहुंचकर चारधाम यात्रा रजिस्ट्रेशन कार्यालय का किया स्थलीय निरीक्षण

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज ऋषिकेश पहुंचकर चारधाम यात्रा रजिस्ट्रेशन कार्यालय एवं श्रद्धालुओं के लिए की गई व्यवस्थाओं का स्थलीय निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने देश के विभिन्न क्षेत्रों से आये श्रद्धालुओं से बातचीत कर उनसे व्यवस्थाओं का फीडबैक भी लिया।

मुख्यमंत्री ने निरीक्षण के दौरान अधिकारियों को आवश्यक मूलभूत सुविधाओं समेत पेयजल, भोजन, स्वच्छता एवं स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को और अधिक सुदृढ बनाने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान उन्होंने श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए बनाए गए विश्राम स्थल, स्वास्थ्य केन्द्र एवं यात्रा नियंत्रण कक्ष में सभी सुविधाओं का भी जायजा लिया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को यात्रियों को किसी भी प्रकार की असुविधा न होने एवं व्यवस्थित यात्रा के लिए आपसी सामंजस्य से कार्य करने के निर्देश दिये।

मुख्यमंत्री ने कहा कि विभिन्न क्षेत्रों से उत्तराखण्ड आने वाले श्रद्धालुओं की सुगम, सुरक्षित एवं सुविधाजनक चारधाम यात्रा के लिए राज्य सरकार लगातार कार्य कर रही है। इस अवसर पर आयुक्त गढ़वाल विनय शंकर पाण्डेय, आईजी के.एस. नगन्याल एवं जिला प्रशासन के अधिकारी उपस्थित थे।

भाजपा आलाकमान लोकसभा चुनाव में सीएम धामी का जमकर कर रहा इस्तेमाल

समान नागरिक संहिता कानून, सख्त नकल विरोधी कानून, सख्त धर्मांतरण कानून और सख्त दंगा नियंत्रण कानून। ये चंद ऐसे बड़े निर्णय रहे हैं, जिनसे उत्तराखंड के मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी की लोकप्रियता का ग्राफ देश भर में तेजी से बढ़ा। यही वजह रही कि भाजपा आलाकमान ने भी धामी की इस बढ़ती लोकप्रियता को इन लोकसभा चुनावों में भुनाने में कोई कसर नहीं छोड़ी। धामी अब तक लोकसभा चुनाव के लिए हुए छह चरणों में धमाकेदार 60 से ज्यादा जनसभायें कर चुके हैं। तेलंगाना से लेकर दिल्ली और राजस्थान से लेकर पंजाब तक में भाजपा उनका जमकर उपयोग कर रही है।
भाजपा की नई पंक्ति के नेताओं में पुष्कर सिंह धामी अब सीधा फ्रंट लाइन में हैं। धामी की पीएम मोदी और गृह मंत्री अमित शाह से भी खूब जमती है। पीएम मोदी के पास उत्तराखंड हित के कार्यों के लिए जब सीएम धामी जाते हैं तो उन्हें कभी निराशा नहीं मिलती। कई मौके तो ऐसे भी आये जब पीएम से मुलाकात के लिए 15 मिनट का समय तय था लेकिन मुलाकात डेढ़ घंटे तक चली।
दरसअल, धामी 2022 में जब दोबारा उत्तराखंड के मुख्यमंत्री बने तो उन्होंने राज्य में समान नागरिक सहिंता कानून को लागू करने का वायदा जनता से किया और कुछ ही अंतराल में उत्तराखंड देश का पहला राज्य बन गया जहां इसे लागू किया गया है। जनसंघ के दौर से ही पार्टी ने इसे अपने एजेंडे में प्राथमिकता पर रखा और उत्तराखंड में धामी ने भाजपा के इस अहम एजेंडे को लागू करके दिखाया। यही वजह रही कि इस बार के लोकसभा चुनाव के अपने मेनिफेस्टो में भाजपा ने उत्तराखंड की तर्ज पर इसे अब देश भर में लागू करने की गारंटी दी है। यही नहीं, धामी उत्तराखंड में देश का सबसे सख्त नकल विरोधी कानून भी लागू कर चुके हैं। इसके बाद केंद्र सरकार ने भी इसे लागू किया। इन तमाम बड़े फैसलों के कारण आज उत्तराखंड के सीएम धामी की भाजपा आलाकमान में स्वीकारोक्ति अधिक बढ़ी है और इसके बाद भाजपा आलकमान ने उन्हें लोकसभा चुनाव में धामी को स्टार प्रचारकों की सूची में शामिल किया है।
अब तक लोकसभा चुनाव के छह चरण हो चुके हैं और धामी इन चुनाव में भाजपा के लिए देशभर में ताबड़तोड़ तरह से 60 से ज्यादा जनसभा कर चुके हैं। क्या, दिल्ली, क्या राजस्थान, क्या हिमाचल, क्या तेलंगाना सब जगह धामी की धूम है। जहां जहां उनकी जनसभा व रोड शो हो रहे हैं वहां वहां युवाओं की भीड़ उन्हें देखने और सुनने को उमड़ रही है।

मुख्यमंत्री धामी ने लुधियाना, पंजाब में प्रबुद्धजन एवं व्यापारियों के साथ किया संवाद

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज लुधियाना, पंजाब में प्रबुद्धजन एवं व्यापारियों के साथ संवाद कार्यक्रम में प्रतिभाग किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हम सभी लोकतंत्र के महायज्ञ में भाग लेने वाले हैं। उद्योग जगत, व्यापारियों ने भी मोदी को तीसरी बार प्रधानमंत्री बनाने का मन बना लिया है। बीते 10 सालों में प्रधानमंत्री ने हर पल हर क्षण देशवासियों को समर्पित किया है। मोदी के संकल्प एवं नेतृत्व अनुसार एनडीए गठबंधन 140 करोड़ देशवासियों के लिए काम करता है। मोदी ने केवल और केवल देश के लिए काम किया है। 10 सालों का कालखंड भारत को आगे बढ़ने का कालखंड रहा है। हर भारतीय का पूरे विश्व में मान सम्मान स्वाभिमान बढ़ा है। विदेश में रहने वाले भारतीय भी आज स्वयं को गौरवान्वित महसूस कर रहे हैं। आज विश्व में भारत की बात को गंभीरता से सुना जाता है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि आज देश में छोटे से छोटा व्यापारी भी डिजीटल पेमेंट करता है। पहले विपक्ष डिजिटल ट्रांजेक्शन को लेकर भ्रम में डालता था, पर आज भारत दुनिया का सबसे ज्यादा डिजिटल ट्रांजेक्शन करने वाला देश बन गया है। कोरोना काल के बाद भी भारत की अर्थव्यवस्था विश्व की पांचवी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन गई है। मोदी नेतृत्व में हम सभी विकसित भारत का संकल्प लेकर आगे बढ़ रहे है। देश और पंजाब में बुनियादी ढांचों का ऐतिहासिक निर्माण हुआ है। देश में नए एम्स, आईआईटी, आईआईए, हवाई अड्डों का तेजी से निर्माण हो रहे है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जब कांग्रेस पार्टी के लोग वोट मांगने आएं, तो तब उनसे पूछना चाहिए कि 1984 के दंगों का दोषी कौन था..? उन्होंने कहा प्रधानमंत्री के नेतृत्व में करतारपुर साहिब कॉरिडोर का निर्माण करवाया गया है। पवित्र गुरु ग्रंथ साहिब की तीन पवित्र प्रतियाँ पूरे सम्मान के साथ अफगानिस्तान से भारत लाई गई। गुरु गोविंद सिंह के चारों साहिबजादों के नाम पर वीर बाल दिवस मनाया जा रहा है। उनका इतिहास भारत और दुनिया के सामने लाया गया है। जिन भी राज्यों में डबल इंजन की सरकार है वहां विकास तेजी से आगे बढ़ा है। आज पंजाब में ड्रग्स माफिया हावी हैं, पंजाब सरकार के बड़े बड़े विज्ञापन अख़बार में छपते हैं पर धरातल में कोई काम नहीं हो रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब में आप पार्टी, कांग्रेस पार्टी और अकाली दल ने भ्रष्टाचार के सिवा कोई काम नहीं किया। पंजाब के संसाधन सीएम के जरीवाल की भेट चढ़ गए हैं। पंजाब सरकार का प्लेन दिल्ली के मुख्यमंत्री के लिए जाता है। कांग्रेस और आम आदमी पार्टी मिलकर देशवासियों को ठगने का काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा हरियाणा, दिल्ली में कांग्रेस और आप पार्टी मिलकर चुनाव लड़ रहे हैं और पंजाब में ये लोग आपस में लड़ रहे हैं। उन्होंने कहा प्रधानमंत्री की टीम में जाकर भाजपा प्रत्याशी रवनीत सिंह बिट्टू लुधियाना लोकसभा की सेवा करने का काम करेंगे। रवनीत सिंह बिट्टू लुधियाना की पहचान को बरकरार रखने का काम करेंगे।

इस अवसर पर केंद्रीय मंत्री कैलाश चौधरी, भाजपा प्रत्याशी रवनीत सिंह बिट्टू, सुनील मेहरा, विनय रोहेला एवं अन्य लोग मौजूद रहे।