डीएम दून का नेशनल क्लीन एयर प्रोग्राम के तहत यातायात सुधार पर विशेष फोकस

मोबिलिटी प्लान के अंतर्गत देहरादून शहर की यातायात व्यवस्था को सुगम, सुरक्षित एवं व्यवस्थित बनाने तथा पार्किंग की समस्या के स्थायी समाधान के उद्देश्य से जिलाधिकारी डॉ0 आशीष चौहान की अध्यक्षता में संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में शहर की यातायात व्यवस्था में सुधार, पार्किंग स्थलों के बेहतर उपयोग, लंबित निर्माण कार्यों की प्रगति एवं आगामी कार्ययोजना पर विस्तृत चर्चा की गई।

जिलाधिकारी डॉ0 आशीष चौहान ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि देहरादून शहर में बढ़ते यातायात दबाव को कम करने के लिए आवश्यकतानुसार सड़कों, चौराहों एवं जंक्शनों के सुधारीकरण हेतु माइक्रो लेवल प्लान तैयार किया जाए। उन्होंने कहा कि यातायात व्यवस्था को प्रभावी बनाने के लिए सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें तथा योजनाओं को समयबद्ध रूप से धरातल पर उतारें।

बैठक में आढ़त बाजार क्षेत्र में यातायात सुधार एवं व्यवस्थाओं, जंक्शन इम्प्रूवमेंट कार्यों की प्रगति, पार्किंग उपयोगिता की मॉनिटरिंग व्यवस्था, इंदिरा मार्केट पुनर्विकास कार्य, मंडी शिफ्टिंग, परेड ग्राउंड पार्किंग, रामराय पार्किंग सहित विभिन्न महत्वपूर्ण परियोजनाओं की विस्तृत समीक्षा की गई।

जिलाधिकारी ने आढ़त बाजार क्षेत्र में यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए आवश्यक सुधारात्मक कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया कि शहर के प्रमुख चौराहों के सुधारीकरण एवं सौंदर्यीकरण के लिए प्रभावी कार्ययोजना तैयार करते हुए कार्यों को शीघ्र पूर्ण कराया जाए, जिससे यातायात का सुचारू संचालन सुनिश्चित हो सके।

बैठक में इंदिरा मार्केट में निर्माणाधीन मल्टीलेवल कार पार्किंग की प्रगति की समीक्षा करते हुए बताया गया कि यहां लगभग 1050 वाहनों की क्षमता वाली पार्किंग विकसित की जा रही है। जिलाधिकारी ने कार्य की धीमी गति पर असंतोष व्यक्त करते हुए एमडीडीए के अधिकारियों को निर्देश दिए कि संबंधित कार्यदायी संस्था/फर्म के साथ बैठक कर प्रगति की विस्तृत आख्या प्रस्तुत की जाए तथा निर्माण कार्य में तेजी लाई जाए। जिलाधिकारी ने कहा कि पार्किंग स्थलों का बेहतर उपयोग सुनिश्चित करने के लिए नियमित मॉनिटरिंग व्यवस्था विकसित की जाए, ताकि शहर में अनावश्यक जाम की स्थिति को कम किया जा सके और आमजन को सुगम आवागमन की सुविधा मिल सके।

नेशनल क्लीन एयर प्रोग्राम के अंतर्गत शहर की यातायात व्यवस्था में सुधार के लिए जिलाधिकारी ने पुलिस अधीक्षक यातायात एवं नगर निगम को प्रभावी कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि यातायात प्रबंधन के साथ-साथ प्रदूषण नियंत्रण, बेहतर पार्किंग व्यवस्था एवं सार्वजनिक सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए योजनाएं तैयार की जाएं।

जिलाधिकारी ने मंडी शिफ्टिंग, आढ़त बाजार सड़क सुधार, परेड ग्राउंड एवं रामराय पार्किंग सहित अन्य विकास कार्यों की नियमित समीक्षा करते हुए संबंधित विभागों को लंबित कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने देहरादून शहर की यातायात व्यवस्था को आधुनिक, व्यवस्थित एवं जनसुविधा केंद्रित बनाने के लिए सभी विभागों को गंभीरता से कार्य करने के निर्देश दिए।

बैठक में पुलिस अधीक्षक जितेन्द्र कुमार, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व के.के मिश्रा, उप जिलाधिकारी सदर अपूर्वा सिंह, संभागीय परिवहन अधिकारी संदीप सैनी, जिला विकास अधिकारी सुनील कुमार, एमडीडीए, नगर निगम सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

देहरादून शहर की यातायात समस्या के समाधान को लेकर मुख्य सचिव ने की बैठक

मुख्य सचिव डॉ. एस.एस. संधु ने बुधवार को सचिवालय में देहरादून शहर की यातायात समस्या के समाधान के लिए सभी सम्बन्धित विभागों के साथ विस्तृत चर्चा की। मुख्य सचिव ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि देहरादून में ट्रेफिक कंजेशन को दूर करने के लिए सभी सम्बन्धित विभाग एक टीम बनाकर ट्रेफिक कंजेशन वाली सड़कों के लिए विशेष प्लान तैयार करें।

मुख्य सचिव ने जिलाधिकारी देहरादून को निर्देश दिए कि इस सम्बन्ध में टीम गठित कर यातायात की समस्या वाले स्थलों पर मौके पर जाकर क्षेत्रवार विशिष्ट योजना तैयार की जाए। जिला प्रशासन, एमडीडीए, नगर निगम, यातायात पुलिस और लोक निर्माण विभाग और उस सड़क का निर्माणकारी विभाग सभी से एक-एक सदस्य अवश्य शामिल हो ताकि मौके पर सम्बन्धित विभागों से जो भी सुझाव प्राप्त हों वे अमल में लाए जाने योग्य है या नहीं इसका भी मौके पर ही फैसला लिया जा सके।

मुख्य सचिव ने आरटीओ देहरादून द्वारा दिए सुझाव को भी धरातल पर उतारने के लिए सभी सम्बन्धित विभागों से सहयोग करने की बात कही। उन्होंने कहा कि अच्छे प्रस्तावों को धरातल पर उतारने के लिए हर सम्भव प्रयास किए जाने चाहिए, इसके लिए बजट की भी कमी नहीं होने दी जाएगी। उन्होंने कहा कि लोगों को सार्वजनिक वाहनों की सुगम उपलब्धता के साथ ही यातायात का एक ऐसा प्लान तैयार किया जाए कि आमजन को विश्वास हो कि उसे देहरादून में कहीं भी जाने के लिए 100, 200 मीटर से ज्यादा पैदल नहीं जाना पड़ेगा। लोगों को विश्वास हो कि उन्हें कहीं भी जाने के लिए कुछ न कुछ मिल ही जाएगा और लोग अपने व्यक्तिगत वाहनों को घर पर छोड़ कर सार्वजनिक अथवा प्राईवेट यातायात सुविधा के माध्यमों पर विश्वास कर सकेंगे। इससे शहर के यातायात पर पड़ने वाला दबाव निश्चित रूप से कम होगा। उन्होंने इसके लिए शहर के ट्रेफिक प्लान को मजबूत करते हुए उस क्षेत्र की भौगोलिक स्थिति के अनुरूप वन-वे, डायवर्जन और पार्किंग आदि की व्यवस्था सुनिश्चित करके ट्रेफिक सिस्टम विकसित किए जाने की भी जरूरत बतायी।

इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन, प्रमुख सचिव आर.के. सुधांशु, सचिव दीपेन्द्र चौधरी एवं जिलाधिकारी देहरादून सोनिका सहित सम्बन्धित विभागों के उच्चाधिकारी उपस्थित थे।

चाइल्ड पोनोग्राफी के मामले में नेहरू कालोनी थाने में मुकदमा दर्ज

देहरादून के नेहरू काॅलोनी पुलिस थाने में चाइल्ड पोनोग्राफी के जुड़ी आपत्तिजनक वीडियो को फेसबुक पर अपलोड करने पर एक युवक पर मुकदमा दर्ज किया गया है। नेहरू काॅलोनी थाने के प्रभारी राकेश गुंसाई ने बताया कि आरोपी राहुल जैन पुत्र सुरेश चन्द जैन निवासी पुष्प कुंज, निकट बंगाली कोठी, अजबपुर कला पर आईटी ऐक्ट में मुकदमा दर्ज किया गया है।

दून का कलक्ट्रेट भवन पूर्व पीएम अटल बिहारी के नाम होगा

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने बुधवार को आईटीडीए, आईटी पार्क सहस्त्रधारा रोड, देहरादून में 234.85 करोड़ रूपये की लागत से बने स्मार्ट सिटी मिशन के अन्तर्गत दून इन्टीग्रेटेड कमाण्ड एण्ड कन्ट्रोल सेंटर ‘सदैव दून’ का लोकार्पण किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने देश के 100 शहरों को स्मार्ट सिटी के रूप में बनाने की योजना देश के सामने रखी है। यह सौभाग्य की बात है कि उत्तराखण्ड आज इसमें 25वें स्थान पर है, जबकि स्मार्ट सिटी की चौथी सूची में इसे सम्मिलित किया गया। देहरादून देश की पहली ऐसी स्मार्ट सिटी होगी, जो पूर्ण रूप से स्मार्ट सिटी होगी।

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र ने भारत के पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के जन्म दिवस पर उनका स्मरण करते हुए घोषणा की कि स्मार्ट सिटी के अन्तर्गत देहरादून का जो कलक्ट्रेट भवन बन रहा है। उस भवन का नाम अटल बिहारी वाजपेयी भवन रखा जायेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि स्मार्ट सिटी योजना के तहत स्थापित किये गये दून इन्टीग्रेटेड कमाण्ड एण्ड कन्ट्रोल सेंटर ‘सदैव दून’ से ट्रेफिक निगरानी, प्रदूषण के स्तर को नापने, सर्विलांस सिस्टम, वाई-फाई एवं अन्य तमाम सुविधाएं उपलब्ध होंगी। देहरादून की अनेक व्यवस्थाओं को सुव्यवस्थित करने में भी यह सेंटर मदद करेगा। वर्ष 2021 में हरिद्वार में होने वाले कुंभ में भीड़ प्रबंधन एवं अन्य गतिविधियों पर निगरानी रखने के लिए यह सेंटर मददगार साबित होगा।

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र ने कहा कि स्मार्ट सिटी के साथ ही हमें स्वच्छता पर विशेष ध्यान देना होगा। सिंगल यूज प्लास्टिक की रोकथाम के लिए देहरादून की जनता ने अच्छा सहयोग दिया है। प्लास्टिक की रोकथाम के लिए जो मानव श्रृंखला बनाई गई उसके अच्छे परिणाम मिले हैं। देहरादून में पॉलीथीन के इस्तेमाल में 75 प्रतिशत तक की कमी आई है। आज वेस्ट को बेस्ट में बदलने की जरूरत हैं पेट्रोलियम संस्थान में पॉलीथीन से डीजल बनाया जा रहा है। स्वच्छता के प्रति व्यापक स्तर पर अभियान चलाने की जरूरत है।