केन्द्र और राज्य सरकार की लोक कल्याणकारी योजनाओं का लाभ दिलाना ही विकसित भारत संकल्प यात्रा का उद्देश्य-धामी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को जनपद चम्पावत के टनकपुर के रामलीला मैदान में आयोजित विकसित भारत संकल्प यात्रा शिविर में प्रतिभाग किया। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर आयोजित शिविर में विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टालों का निरीक्षण कर विभिन्न लाभार्थियों को सम्मानित किया।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री द्वारा विभिन्न योजना अंतर्गत लाभार्थियों को चेक वितरित किए गए एन आर एल एम के अंतर्गत 9 महिला समूह को एक-एक लाख के चेक, सहकारी विभाग के 10 साधन सहकारी समितियां को 13 लाख के चेक प्रदान करने के साथ ही 10 महिला लाभार्थियों को मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट प्रदान किए। मुख्यमंत्री ने 10 गर्भवती महिलाओं की गोद भराई कार्यक्रम में शामिल होने के साथ ही नगर पालिका के 11 नए वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि विकसित भारत संकल्प यात्रा का शुभारंभ प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा किया गया है, उनके आह्वान पर आज देशवासियों ने इस यात्रा की कमान संभाल ली है। देश के सभी राज्यों के लाभार्थी इस यात्रा से काफी उत्साहित हैं। ’मोदी की गारंटी वाली गाड़ी’ का स्वागत सत्कार लोग नए-नए तरीके से कर रहे हैं। आम जनता को सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी देना तथा वंचित लोगों को योजनाओं का लाभ दिलाना सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा विकसित भारत संकल्प यात्रा जनहितैषी योजनाओं पर केंद्रित है। यात्रा के लिए ग्रामीण क्षेत्र की 19 तथा शहरी क्षेत्र की 15 योजनाएं चिन्हित की गई हैं, इनमें स्वस्थ भारत मिशन, खाद्य सुरक्षा, गुणवत्ता शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाएं, उचित पोषण, गरीबों के लिए आवास, वित्त पोषण सेवाओं और सामाजिक सुरक्षा से संबंधित योजनाएं शामिल हैं। योजनाओं की जानकारी और प्रचार-प्रसार के लिए प्रत्येक जिले में ग्राम पंचायत तक यात्रा रथ पहुच रहे हैं, जिसमें प्रधानमंत्री श्री मोदी का उद्बोधन, योजनाओं की जानकारी और योजनाओं से संबंधित चलचित्र प्रदर्शित हो रहे हैं। योजनाओं के संबंध में जागरूकता के लिए क्विज, सांस्कृतिक कार्यक्रम और ड्रोन प्रदर्शन भी हो रहा है। लाभार्थियों की व्यक्तिगत सफलता की कहानियों और उपलब्धियों को साझा करने के लिए ’मेरी कहानी-मेरी जुबानी’ जैसे कार्यक्रम भी किये जा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों/कर्मचारियों को निर्देश दिए की केंद्र व राज्य सरकार से जुड़ी जनकल्याणकारी योजनाओं को प्रत्येक गांव तक पहुंचाने के साथ ही योजनाओं से वंचित लोगों को योजनाओं का लाभ दिलाया जाना सुनिश्चित किया जाय।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस विकसित भारत संकल्प यात्रा के दौरान माननीय प्रधानमंत्री मोदी की गारंटी वाला वाहन हर गांव, हर पंचायत में पहुंच रहा है जिसका मकसद विकसित भारत का निर्माण करना है। इस यात्रा का संकल्प 2047 तक भारत को हर प्रकार से विकसित करना है। जिसके लिए प्रमुख विभागों द्वारा सभी योजनाओं को जन जन तक पहुंचाने के लिए मोदी की गारंटी के रूप में यह वाहन हमारे राज्य के कोने-कोने तक पहुंच रहा हैं। विकसित भारत संकल्प यात्रा के अंतर्गत राज्य में 63 हजार से भी अधिक प्रतिभागियों को अभी तक इसमें योजनाओं का लाभ मिल चुका है। विकसित भारत संकल्प यात्रा कार्यक्रम के अंतर्गत उज्ज्वला योजना, आयुष्मान भारत योजना, पीएम विश्वकर्मा योजना, उज्ज्वला योजना, स्वास्थ्य विभाग, बैंक का वित्तीय संस्थान, उद्योग, पीएम विश्वकर्मा, जल जीवन मिशन, कृषि, आधार,खाद्य आपूर्ति, प्रधानमंत्री आवास योजना से वंचित लोगों को इस योजना अंतर्गत योजनाओं से संतृप्त करने का कार्य विकसित भारत संकल्प यात्रा कर रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में इस यात्रा अंतर्गत उन वंचित लोगों को लाभार्थी बनाने का कार्य किया जा रहा है जो पहले योजनाओं से वंचित थे। उन्होंने कहा कि विकसित भारत संकल्प यात्रा में बड़ी संख्या में लोग इस यात्रा से उत्साहित होकर जुड़ रहे हैं और इसका लाभ भी उठा रहे हैं। मोदी की गारंटी की गाड़ी का हर जगह धूमधाम से स्वागत कर रहे हैं। क्योंकि योजनाओं से जुड़कर लोगों के जीवन में सुधार हो रहा है किसी को प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवास मिला है, किसी को जल जीवन मिशन योजना अंतर्गत पानी का कनेक्शन मिला है तो किसी को आयुष्मान कार्ड का लाभ प्राप्त हुआ है। इस प्रकार से विभिन्न लाभ लोगों को दिया गया है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री द्वारा मंगलवार को टनकपुर के उचोलिगोठ निवासी गीता देवी जिन्हें बाघ द्वारा घायल कर दिया गया था इस दौरान उन्हें बाघ के हमले से बचाने में जानकी देवी तथा पार्वती देवी द्वारा की गई मदद के लिये दोनों महिलाओं को भी सम्मानित किया गया।

शहीद स्मारक पर पुष्प चक्र अर्पित कर सीएम ने शहीदों को दी श्रद्धांजलि

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को गांधी पार्क, देहरादून में विजय दिवस के अवसर पर शहीद स्मारक पर पुष्प चक्र अर्पित कर शहीदों को श्रद्धांजलि दी। विजय दिवस पर मुख्यमंत्री ने भूतपूर्व सैनिकों, वीरांगनाओं को शॉल ओढ़ाकर और स्मृति चिन्ह् देकर सम्मानित किया। विजय दिवस के अवसर पर आयोजित निबंध एवं कला प्रतियोगिता में प्रथम तीन स्थान प्राप्त करने वाले छात्र-छात्राओं को भी मुख्यमंत्री ने सम्मानित किया। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर घोषणा की कि सैनिक आश्रितों को भर्ती पूर्व दिये जाने वाले प्रशिक्षण के दौरान भोजन व्यवस्था के लिए प्रतिदिन दी जाने वाली धनराशि 80 रूपये से बढ़ाकर 225 रूपये प्रति प्रशिक्षणार्थी की जायेगी। राज्य के गढ़वाल और कुमांऊ मण्डल में सैनिक आश्रित युवाओं को सैनिक कल्याण एवं पुनर्वास विभाग, उत्तराखण्ड द्वारा 56 दिनों का निःशुल्क प्रशिक्षण दिया जाता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आज का दिन भारतीय सेना के वीर जवानों के अदम्य साहस, शौर्य और पराक्रम का उत्सव मनाने का दिन है। 1971 का युद्ध अमानवीयता पर मानवता, दुराचार पर सदाचार और अन्याय पर न्याय की जीत का युद्ध था। आज ही के दिन वर्ष 1971 में पाकिस्तान के 93,000 से अधिक सैनिकों ने हमारे वीर बहादुर सैनिकों के समक्ष घुटने टेके थे। द्वितीय विश्व युद्ध के बाद, किसी भी सेना का यह सबसे बड़ा आत्मसमर्पण था। यह युद्ध भारत के वीरों के अटल संकल्प और बलिदान का प्रत्यक्ष उदाहरण था। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड की भूमि, देवभूमि होने के साथ-साथ पराक्रम और बलिदान की भूमि भी है। 1971 के भारत-पाक युद्ध में वीर भूमि उत्तराखंड के 255 जवानों ने भारत मां की रक्षा के लिए अपने प्राणों का उत्सर्ग किया था। इस युद्ध में अपने अदम्य साहस और पराक्रम का परिचय देने वाले प्रदेश के 74 सैनिक विभिन्न वीरता पदकों से सम्मानित हुए थे। ऐसे सभी वीरों के बलिदान की अमर गाथाएं आज भी हमारे युवाओं को प्रेरणा देने का काम करती हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन के अनुरूप देहरादून में पांचवे धाम सैन्य धाम का निर्माण कार्य प्रगति पर है। यह धाम उन सभी वीरों को हमारी ओर से एक विनम्र श्रद्धांजलि होगी जिन्होंने अपने प्राणों की परवाह किये बिना तिरंगे की शान के लिए अपने प्राण न्यौछावर कर दिए थे। यह सैन्य धाम आने वाली पीढ़ियों के लिए राष्ट्र आराधना के एक दिव्य प्रेरणा पुंज के रूप में कार्य करेगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में जवानों का मनोबल तेजी से बढ़ा है। आज हमारे सैनिक अत्याधुनिक हथियारों से लैस हैं, उनकी सहायता और सुरक्षा के लिए विश्व स्तरीय उपकरण उपलब्ध करवाए जा रहे हैं। आज हमारे सैनिकों का मनोबल इतना ऊंचा है कि वो दुश्मन के घर में घुस कर उस पर कार्रवाई करने में समर्थ है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड के मुख्य सेवक के रूप में उनका प्रयास रहता है कि सैन्य परिवारों के लिए विशेष योजनाएं बने, जिससे एक सैनिक को युद्ध में लड़ते समय अपने परिवार की चिंता न हो। राज्य सरकार प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन में सैनिकों और उनके परिवार को मिलने वाली सुविधाओं में वृद्धि करने के लिए पूर्ण रूप से प्रतिबद्ध है। राज्य सरकार ने उत्तराखण्ड के वीरता पदक से सम्मानित सैनिकों को देय एकमुश्त अनुदान राशि में भी वृद्धि की है। जिसके तहत परमवीर चक्र से सम्मानित सैनिक को 30 लाख से 50 लाख, महावीर चक्र 20 लाख से 35 लाख, कीर्ति चक्र 20 लाख से 35 लाख, वीर चक्र और शौर्य चक्र 15 से 25 लाख और सेना गैलेंट्री मेडल 07 लाख से 15 लाख करने को मंजूरी दी गई। उत्तराखण्ड से द्वितीय विश्व युद्ध में भाग लेने वाले सैनिकों की वीरांगनाओं एवं वेटरन की पेंशन प्रतिमाह 8 हजार रूपये से बढ़ाकर 10 हजार रूपये की है। स्वतंत्रता संग्राम सेनानी और उनकी विधवाओं की प्रतिमाह पेंशन 21 हजार से बढ़ाकर 25 हजार की गई है।

मुख्यमंत्री ने विजय दिवस पर प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं दी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विजय दिवस के अवसर पर भारतीय सेना, भूतपूर्व सैनिकों, एवं प्रदेशवासियों को बधाई दी है। उन्होने कहा कि भारत के सैन्य इतिहास में 16 दिसम्बर भारतीय सशस्त्र सेनाओं के साहस, समर्पण और बलिदान को याद करने का ऐतिहासिक दिन है। इस दिन भारतीय सैनिकों के साहस व बहादुरी के सामने नतमस्तक होकर पाकिस्तानी सेना के हजारों सैनिकों को आत्मसमर्पण करना पड़ा था। उन्होंने कहा कि देश की रक्षा के लिए हमारे वीर सैनिक हमेशा तत्परता के साथ अपना योगदान देते है जिस पर हमें गर्व है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखण्ड, देवभूमि के साथ ही वीर भूमि भी है। यहां सदैव देशभक्ति व राष्ट्र के प्रति समर्पण की भावना रही है। देश की सीमाओं की रक्षा के लिए वीर सैनिकों द्वारा किए गए सर्वाेच्च बलिदान को हमेशा याद रखा जायेगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि देश की रक्षा के लिए हमारे वीर सैनिक हमेशा तत्परता के साथ अपना योगदान देते हैं। देश की सीमाओं की रक्षा के लिए वीर सैनिकों द्वारा किए गए सर्वाेच्च बलिदान को हमेशा याद रखा जायेगा। उन्होंने कहा कि हमें अपने सैनिकों की वीरता पर नाज है और पूरा देश उनकी बहादुरी को नमन करता है।

होमगार्ड को भी मिलेगा पुलिस की तरह कई सेवाओं का लाभ

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने उत्तराखंड होमगार्ड एवं नागरिक सुरक्षा स्थापना दिवस के अवसर पर आयोजित रैतिक परेड में शामिल होकर रैतिक परेड का मान प्रणाम ग्रहण किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे जवान राष्ट्रसेवा का अद्वितीय उदाहरण है। रैतिक परेड में जवानों द्वारा मोटरबाईक पर साहस, कौशल एवं सन्तुलन के प्रदर्शन की सराहना करते हुये मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी जवान हमारे सहयोगी हैं, और विभिन्न नागरिक सेवाओं में अपना सहयोग प्रदान कर रहे हैं। राज्य में कानून व्यवस्था को सुचारू रूप से संचालित करने में उनका योगदान रहता है। होमगार्ड्स के जवानों को कड़ी धूप सहित बरसात और कड़कड़ाती ठंड में यातायात एवं नागरिक सुरक्षा व्यवस्था को नियंत्रित करते हुए उन्होंने देखा है।
मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर घोषणा की कि होमगार्ड्स विभाग में शस्त्र प्रशिक्षण प्रदान किये जाने हेतु ‘इण्डोर फायरिंग रेंज’ को प्रेमनगर में उपलब्ध विभागीय भूमि पर निर्माण किया जायेगा। होमगार्ड्स जवानों को वर्षभर में 12 आकस्मिक अवकाश दिये जायेंगे। होमगार्ड्स स्वयंसेवकों की कम्पनी कार्यालय/ट्रांजिट कैम्प/इमरजेन्सी सर्च एवं रेस्क्यू सेंटर हेतु भवन निर्माण किया जाएगा। विभागीय मोटर साईकिल दस्ते हेतु मोटर साइकिल क्रय की जाएंगी। पुलिस कार्मिकों एवं एन०डी०आर०एफ० की भांति उच्च हिमालयी क्षेत्रों में ड्यूटीरत होमगार्डस स्वयं सेवकों को प्रोत्साहन राशि अनुमन्य की जाएगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि चाहे कोविड महामारी हो, कोई वीआईपी कार्यक्रम हो या फिर कांवड़ या अन्य बडे आयोजन, होमगार्ड्स जवान जिस निष्काम सेवा से अपने कर्तव्य का निर्वहन करते हैं, वो अभूतपूर्व है। होमगार्ड्स जवानों का एक ही मंत्र रहा है, ‘जहां कम वहां हम’ इसी संकल्प के साथ, प्रदेश के विकास में भी अपनी भागेदारी निभा रहे हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा होमगार्ड्स की सुविधा के लिए छोटे हथियारों जैसे पिस्टल आदि को क्रय किये जाने हेतु भी अपनी स्वीकृति प्रदान कर दी गई है। इस वर्ष होमगार्ड्स के लिए सेना के जवानों की तर्ज पर सीएसडी कैंटीन की सुविधा भी शुरू की है, जिसके लिए होमगार्ड्स का स्पेशल कार्ड बनाया जा रहा है। इसके साथ ही होमगार्ड विभाग में आपदा राहत एवं बचाव कार्यों तथा जनसामान्य की सहायता के लिये “द्रुत” मोबाईल एप्लिकेशन बनाया गया है, जो अत्यंत ही सराहनीय कदम है। यह ऐप शुरू करने वाला उत्तराखण्ड देश का पहला प्रदेश है। राज्य सरकार द्वारा ऐतिहासिक निर्णय लेते हुए महिला होमगार्ड्स को प्रसूति अवकाश अनुमन्य किया गया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी होमगार्ड्स स्वयंसेवकों हेतु पूरे सेवाकाल में छः माह के चिकित्सा अवकाश की भी संस्तुति की गई है। राज्य में प्रथम बार महिला एवं पुरूष होमगार्ड्स को आत्मरक्षा हेतु विशेष प्रशिक्षण प्रदान किया गया है। इसी वर्ष होमगार्ड द्वारा विभागीय बैंड ‘‘मस्का बाजा’’ की भी स्थापना की गई जो एक सराहनीय प्रयास है। राज्य में ‘होमगार्ड्स हेल्प डेस्क’ भी बेहतर कार्य कर रही है। हाल ही में हरिद्वार गंगा आरती में शामिल होने आए एक परिवार का नन्हा बालक अपने परिजनों से बिछड़ गया था, होमगार्ड हेल्प डेस्क ने तुरंत उसे ढूंढ कर परिजनों को सौंपा,यह अत्यंत सराहनीय प्रयास था। मुख्यमंत्री ने कहा कि हाल में ही राज्य में 330 महिला होमगार्ड जवानों की भर्ती की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है, प्रशिक्षण के बाद वे जल्द ही संगठन में अपना योगदान देंगी। अब 300 पुरुष होमगार्ड जवानों की भर्ती की तैयारी की जा रही है। मुख्यमंत्री ने होमगार्ड्स के जवानों और अधिकारियों को विश्वास दिलाया कि उनके बेहतर जीवन के लिए जो भी आवश्यक होगा, वह किया जायेगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि होमगार्डस के जवान समर्पण भाव और कर्तव्य पालन से राज्य और देश की सेवा कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि आने वाले समय में होमगार्ड्स तथा नागरिक सुरक्षा संगठन के सभी अधिकारी एवं कर्मचारी उत्तराखण्ड राज्य के विकास तथा कानून व्यवस्था एवं शान्ति स्थापना के कार्यों में अपना महत्वपूर्ण सहयोग प्रदान करते रहेंगे।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री द्वारा होमगार्ड स्वयंसेवकों के लिए बनाई गई प्रशिक्षण पुस्तिका, आपदा एवं बचाव कार्य के लिए बनाए गए होमगार्ड विभाग के द्रुत एप का विमोचन तथा विभिन्न कार्यों के लिए ट्रांजिट कैंपों के लिए भूमि पूजन, केंद्रीय प्रशिक्षण में ऑब्सटेकल ट्रैक का लोकार्पण किया गया।
मुख्यमंत्री द्वारा अमिताभ श्रीवास्तव डिप्टी कमांडेंट जनरल होम गार्ड्स, राजीव बलोनी डिप्टी कमांडेंट जनरल होमगार्ड को राष्ट्रपति से सराहनीय एवं विशिष्ट सेवा के लिए प्राप्त मेडल एवं प्रमाण पत्र भी प्रदान किया गया।
इस अवसर पर विधायक उमेश शर्मा काऊ, खजान दास, सविता कपूर, अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष डॉ. आर.के.जैन, उत्तराखण्ड मण्डी परिषद के अध्यक्ष डॉ. अनिल डब्बू, अपर मुख्य सचिव राधा रतूडी, कार्यवाहक डी.जी.पी. अभिनव कुमार, कमांडेंट जनरल होमगार्ड केवल खुराना सहित अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

सीएम धामी ने हरिद्वार के सौंदर्यकरण के लिए की कई घोषणाएं

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अपने एक दिवसीय जनपद भ्रमण के दौरान हर की पैड़ी पर गंगा आरती में प्रतिभाग किया। इस अवसर पर उन्होंने भारत की प्राचीन व पौराणिक शक्ति पीठां से सीधा सम्बन्ध रखने वाले सतीकुण्ड को शीध्र ही विश्व स्तरीय संरचना देकर भव्य स्वरुप में विकसित किये जाने, हर की पैड़ी में गंगा आरती के दौरान लाईट, साउंड व लेजर शो के माध्यम से गंगा के अवतरण का तीर्थ यात्रियों के बीच प्रदर्शन की व्यवस्था किये जाने, हरकी पैड़ी के आस-पास के सभी पुलों पर फसाड़ लाईटिग की व्यवस्था किये जाने की घोषणएं की।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नगर क्षेत्रांतर्गत हर की पैड़ी पर गंगा आरती में प्रतिभाग के दौरान तीर्थ यात्रियों की सुविधा हेतु कई सौगाते दी। उन्होने कहा कि प्राचीन शक्ति पीठो से सीधा सम्बन्ध रखने व हिन्दु धर्म के प्रसार के पुरातन केन्द्र के रुप में प्रसिद्व स्थाल सतीकुण्ड को शीघ्र ही विश्वस्तरीय संरचना के तहत भव्य रुप दिया जायेगा। उन्होने गंगा आरती के दौरान हर की पैड़ी पर एकत्र होने वाले तीर्थ यात्रियों की यात्रा को स्मरणीय बनाने के लिए गंगा अवतरण के दृश्य को लाईट, साउंड व लेजर शो के माध्यम से गंगा आरती को और अधिक भव्य रुप दिये जाने की बात कही। उन्होने कहा कि हरकी पैड़ी पर गंगा आरती के दौरान प्रत्येक दिन गंगा अवतरण के दृश्य का लाईट, साउंड व लेजर शो के माध्यम से प्रदर्शन किया जायेगा।
मुख्यमंत्री ने हर की पैड़ी के आस-पास के सभी पुलों पर फसाड़ लाईटिगं की व्यवस्था किये जाने की बात कही। कहा कि हरकी पैड़ी के आसपास के पुल केवल कुम्भ के दौरान ही प्रकाशमान होते हैं। जबकि यहां तीर्थ यात्रियों का वर्ष-भर आना-जाना लगा रहता है, इसलिए हर की पैड़ी के आस-पास के सभी पुलों को प्रतिदिन शाम होते ही रंग बिरंगी रोशनी फसाड़ से प्रकाशमान किये जायेंगे।
इस अवसर पर जिलाधिकारी धीराज सिंह गर्ब्याल, एसएसपी परमेन्द्र डोभाल, वीसी एचआरडीए अंशुल सिंह, सीडीओ प्रतीक जैन, पूर्व विधायक संजय गुप्ता, अध्यक्ष बीजेपी संदीप गोयल सहित अन्य अधिकारी, जनप्रतिनिधि व तीर्थ यात्री उपस्थित रहे।

प्रदेश के विकास के लिए हर क्षेत्र में महिलाओं का योगदान जरूरी- धामी

हल्द्वानी स्थित एमबी इंटर कालेज में गुरुवार को ईजा-बैंणी महोत्सव का आयोजन किया गया। जिसमें नैनीताल समेत अन्य जिलों से करीब 40 स्वयं सहायता समूहों ने पहाड़ी उत्पादों के स्टाल लगाए। महोत्सव में मुख्य अतिथि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नैनीताल जिले के लिए 713 करोड़ की 66 योजनाओं का लोकार्पण और 193 योजनाओं का शिलान्यास किया।
ईजा बैंणी महोत्सव को लेकर आर्मी गेट से लेकर एमबी इंटर कॉलेज चौराहे तक पारंपरिक लोक वाद्य यंत्र छोलिया और सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने दर्शकों को अपनी ओर आकर्षित किया। तिकोनिया चौराहे से दुर्ग सिटी सेंटर चौराहे तक दोनों तरफ हजारों की संख्या में लोगों ने मुख्यमंत्री का अभिवादन किया इस दौरान स्कूली बच्चे व महिलाओं ने मुख्यमंत्री का स्वागत किया।
महोत्सव में पहुंचे मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का महिलाओं ने दुर्गा सिटी सेंटर में फूल मालाओं के साथ कलश यात्रा कर जोरदार स्वागत किया। कार्यक्रम स्थल में पहुंचे मुख्यमंत्री ने सर्वप्रथम 713 करोड़ की विभिन्न योजनाओं का लोकार्पण व शिलान्यास किया तथा साथ ही प्रदेश के अन्य जनपदों के विकास योजनाओं का भी शिलान्यास व लोकार्पण वर्चुअल माध्यम से किया। इसके बाद कार्यक्रम स्थल में महिला समूहों द्वारा लगाए गए विभिन्न स्टालों का निरीक्षण कर महिला समूहों का उत्साहवर्धन किया। जहां महिलाएं मुख्यमंत्री का स्वागत कर रहीं थी। वहीं मुख्यमंत्री ने भी महोत्सव में पहुंची महिलाओं का पुष्प वर्षा कर आभार व्यक्त किया।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कन्या पूजन और दीप प्रज्जवलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। महोत्सव में पहुंचे मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि राज्य के विकास के लिए महिलाओं का योगदान बहुत जरुरी है। कहा कि मातृ शक्ति के सहयोग से राष्ट्र का संपूर्ण विकास होगा। इस दौरान उन्होंने व्यवसाय के क्षेत्र में स्टार्ट अप कर रही महिलाओं से बात कर महिला समूहों का उत्साहवर्धन किया। साथ ही जन कल्याणकारी योजनाओं के माध्यम से उत्कृष्ट महिला उद्यमी महिलाओं को सम्मानित किया। जिसमें लीला मटियाली, कमला नेगी, कृति, मिनाक्षी खाती, श्रद्धा कांडपाल, हेमा परगांई, कमला नेगी, पूजा रावत, कमला अरोड़ा, गुंजन, निर्मला देवी, कोमल अधिकारी, मनोरमा, खष्टी राघव को सम्मानित किया।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने की घोषणाएं
ईजा बैंणी महोत्सव में पहुंचे मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जिले के लिए कई महत्त्वपूर्ण घोषणाएं की। जिसमें मुख्य रूप से जम्मू कश्मीर राजौरी में शहीद संजय बिष्ट की याद में रातीघाट स्थित इंटर कालेज को शहीद संजय बिष्ट इंटर कालेज के साथ हली मोटर मार्ग को शहीद संजय बिष्ट के नाम से जानने की घोषणा की। साथ ही राजकीय इंटर कालेज कालाढूंगी में सड़क का विस्तार, हल्द्वानी गौवंश संरक्षण के लिए जल्द ही गौशाला निर्माण, शीशमहल स्थित फिल्टर प्लांट का क्षमता विकास, रानीबाग पुल का निर्माण करने की बात कही।

हल्द्वानी हरित कोयला परियोजना
नगर निगम हल्द्वानी-काठगोदाम एवं एनटीपीसी विद्युत व्यापार निगम लिमिटेड (एनवीवीएन) के मध्य एमओयू किया गया। अनुमानित परियोजना लागत 230 करोड है जिसे एनटीपीसी विद्युत व्यापार निगम लिमिटेड एनवीवीएन), एनटीपीसी लिमिटेड द्वारा ही वहन किया जाना है। यह उत्तराखंड की प्रथम सुविधा है जो नगरीय ठोस अपशिष्ट को हरित चारकोल में बदलेगी। गौला रौखड़ (गौला बायपास रोड), हल्दवानी में प्लांट प्रस्तावित है।
भारत सरकार के द्वारा आत्मनिर्भर भारत अभियान का समर्थन करने के लिए हल्द्वानी में एक ‘वेस्ट टू चारकोल’ सुविधा स्थापित की जाएगी। जिसमें नगर निगम द्वारा एकत्रित किया गया 500 टन प्रति दिन (टीपीडी) नगरीय ठोस अपशिष्ट (एम.एस.डब्ल्यू.) को चारकोल में प्रसंस्कृत किया जायेगा। यह सुविधा पूरी तरह से स्वदेशी तकनीक पर आधारित होगी और भारत सरकार के आत्मनिर्भर भारत अभियान का समर्थन करेगी।
यह परियोजना हल्द्वानी के लिए महत्वपूर्ण अप्रत्यक्ष लाभ प्रदान करेगी, जो कूड़े से मुक्त शहरों के रूप में होगा, जो भारत सरकार के स्वच्छ भारत मिशन के उद्देश्यों को प्राप्त करने में मदद करेगा। इस परियोजना से कार्बन उत्सर्जन में 1.5 लाख टन कार्बन डाई ऑक्साइड में कमी की उम्मीद है।

पहाड़ी उत्पादों की अम्मा की रसोई का लिया स्वाद
पहाड़ का मोटा अनाज यानी श्री अन्न द्वारा निर्मित स्वादिष्ट व्यंजनों का स्टालों से प्रदर्शन किया गया। महोत्सव में पहुंचे लोगों ने झंगोरे की खीर, मंडवे की पूरी, पिंडालु, दाल के पकोड़े, गहथ के दुबके आदि का स्वाद लिया। राज्य के उत्पाद अपने स्वाद के साथ ही पौष्टिकता से भरपूर है। जहां कंडाली का सेवन एनीमिया में फलदायक है वही मंडवे में दूध से अधिक कैल्शियम पाया जाता है।

हथकरघा, ऐपण, स्वयं सहायता समूह के लगभग 40 स्टालों की प्रदर्शनी
महोत्सव में लाइव कला का प्रदर्शन कर रहे कुम्हार के साथ घड़ा बनाने में हाथ बढ़ाकर मुख्यमंत्री ने कारीगरों का मनोबल और मान बढ़ाया। वहीं वोकल फॉर लोकल उत्पादों का प्रोत्साहित भी किया। उन्होंने कहा कि लोकल उत्पाद पहाड़ की पहचान के साथ ही राज्य की आर्थिकी में भी सहायक है। विदेशों में उत्तराखंड के हथकरघा और हस्तकला की मांग बढ़ती जा रही है। हमें राज्य की कलाओं को संरक्षण और संवर्धन के साथ ही बेहतर ब्रांडिंग और मार्केटिंग पर भी कार्य रहे है जिससे कलाकारों को उनके उत्पादों की विदेशों के साथ ही देश में भी उचित दाम मिल सके। महोत्सव में लगभग 40 स्टालों की प्रदर्शनी लगाई गई और उनकी अच्छी खासी बिक्री भी हुई।

नंदा गौरा योजना की तिथि बढ़ाई
महोत्सव में पहुंची महिला सशक्तिकरण एवम् बाल विकास मंत्री और नैनीताल प्रभारी रेखा आर्या ने महिला समूहों और महिला हित के लिए केंद्र और राज्य सरकार द्वारा चलाई जा रही योजनाओं को बताया। साथ ही उन्होंने कहा कि प्रदेश की महिलाएं छोटे छोटे उद्योग और पहाड़ी उत्पादों के माध्यम से आत्मनिर्भर बन रही है। जो कि राज्य के लिए गर्व की बात ही। उन्होंने कहा कि नंदा गौरा योजना की आवेदन तिथि 20 दिसंबर बढ़ा दी गई। इच्छुक प्रतिभागी 20 दिसंबर तक आवेदन कर सकती हैं।

जिलाधिकारी वंदना चौहान ने मातृशक्ति को संबोधित करते हुए कहा आज के समय में महिलाओं को उद्योग से जुड़ने के लिए संसाधन बहुत हैं। साथ ही सरकार भी महिलाओं को सशक्त बनाने के हर संभव कार्य कर रही है। समाज में कन्या भ्रूण हत्या जैसी बुराईयों और कुरुतियों को हटाने के लिए हम सबको आगे आना होगा।

महान पूर्वजों की विरासत को संरक्षण देना हमारा नैतिक कर्तव्य-धामी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने उत्तराखंड की लोक संस्कृति के प्रमुख पर्व ईगास/बुढ़ दिवाली की प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं दी है। उन्होंने कहा कि ईगास उत्तराखंड के पर्वतीय अंचलों का प्रमुख लोक पर्व है, जो हमारी पौराणिक कथाओं, आस्थाओं, पशुधन के प्रति सम्मान और कृषि तथा ऋतु आधारित एक महत्वपूर्ण पर्व है। यह हमें जीवन में प्रेम, उल्लास और उमंग का संदेश देता है। हमारे महान देवतुल्य पूर्वजों द्वारा प्रारंभ परंपराएं आज वैज्ञानिक युग में भी तार्किक संदेश देती है कि मनुष्य जीवन का आस्था और प्रकृति के साथ किस तरह का अटूट संबंध होना चाहिए।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि आज पूरे प्रदेश में और देश-विदेश में जहां-जहां उत्तराखंडी निवास करते हैं, वे बड़े उल्लास के साथ ईगास/बुढ़ दिवाली का आयोजन करते हैं। मुख्यमंत्री ने बताया कि इन्वेस्टर समिट से जुड़े कार्यक्रम हेतु हाल ही में विदेश यात्राओं में उन्हें जो भी प्रवासी उत्तराखंडी लंदन, सिंगापुर, दुबई में मिले, उन्होंने बताया कि वह बड़े उल्लास से विदेश में भी इस लोक पर्व को दीपावली की तरह ही मनाते हैं। प्रवासियों ने राज्य सरकार का आभार प्रकट किया कि सरकार द्वारा इसे राजकीय अवकाश घोषित किया गया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड की जनता ने अपनी संस्कृति और अस्मिता के लिए पृथक राज्य की लंबी लड़ाई लड़ी ताकि हमारा प्रदेश अपनी भौगोलिक विशिष्ठाओं के अनुरूप नीति और नियोजन कर सके और साथ ही अपनी सभ्यता संस्कृति का भी संरक्षण कर सके।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुरूप उनके सरकारी आवास पर ईगास/बुढ़ दिवाली पर्व का आयोजन किया गया है किंतु राज्य के मुख्य सेवक होने के नाते इस समय उनकी पहली चिंता सुरंग में फंसे हुए उन श्रमिक भाइयों को लेकर है, जिनके लिए केंद्र सरकार और राज्य सरकार के विश्व स्तरीय तकनीकी के प्रयास चल रहे हैं और बहुत जल्द इस ऑपरेशन को पूरा करने में सफल होंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वह क्षण हमारे लिए वास्तविक ईगास/बुढ़ दिवाली का होगा। हम सभी प्रदेशवासियों की कामना है कि हम सब उन्हें मनोबल दें और प्रार्थना करें कि बचाव अभियान जल्द सफलतपूर्वक पूर्ण हो।

उत्तराखंड में फिल्म निर्माताओं ने रुचि दिखाई, नोडल अधिकारी ने विस्तार से दी जानकारी

गोवा में आयोजित 54वें भारतीय अंतरराष्ट्रीय फिल्म महोत्सव के अंतर्गत फ़िल्म बाजार-2023 में उत्तराखंड पवेलियन में डेस्टिनेशन उत्तराखंड के तहत विभिन्न राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय फ़िल्म निमार्ताओं द्वारा राज्य में फ़िल्म शूटिंग एवं निवेश के प्रति रुचि दिखाई है।
उत्तराखंड फ़िल्म विकास परिषद के नोडल अधिकारी डॉ. नितिन उपाध्याय ने बताया कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशानुसार राज्य में फ़िल्म शूटिंग एवं फ़िल्म उद्योग में निवेश के लिए अनुकूल वातावरण तैयार किया जा रहा है। इसी कड़ी में राज्य में आगामी दिसम्बर 2023 में ग्लोबल इन्वेस्टमेंट समिट-2023 का आयोजन किया जा रहा है। उत्तराखंड सरकार द्वारा निवेश के दृष्टिकोण से नई फिल्म नीति भी प्रस्तावित की गई है। गोवा में आयोजित फ़िल्म बाजार 2023 में उत्तराखंड पवेलियन द्वारा फ़िल्म शूटिंग एवं निवेश सम्बंधी जानकारी दी गईं है।
नोडल अधिकारी डॉ नितिन उपाध्याय द्वारा बताया गया कि 20 नवम्बर से 22 नवम्बर 2023 तक विभिन्न फ़िल्म निर्माताओ एवं प्रोडक्शन हाउस द्वारा जानकारी प्राप्त की गई है, जिसमे पेरिस से आयी अभिनेत्री एवं निर्देशक मैरियन बोरगा ने उत्तराखंड की फ़िल्म नीति की सराहना की। उन्होंने कहा वह उत्तराखंड में 10 वर्ष पहले आयी थी। यहां के नैसर्गिक एवं धार्मिक स्थल काफी सुंदर है। उन्होंने कहा वे फ्रांस के फ़िल्म निर्माताओं को उत्तराखंड में निवेश व शूटिंग के लिए प्रयास करेंगी।
आस्ट्रेलिया से आये उत्तराखंड मूल के निर्देशक अनुपम शर्मा ने कहा कि वह आस्ट्रेलिया में रहकर उत्तराखंड की संस्कृति के प्रचार प्रसार का कार्य कर रहे है। उन्होंने कहा कि वह आस्ट्रेलिया के फ़िल्म निर्माताओं के साथ मिलकर राज्य में फ़िल्म शूटिंग एव निवेश की योजना बना रहे है।
विस्तास मीडिया कैपिटल के ग्रुप सीओओ पीयूष सिंह ने बताया कि कंपनी फ़िल्म प्रोडक्शन एवं अन्य विभिन्न क्षेत्रों में कार्य करती है। उन्होंने कहा कि उनकी कंपनी के आबू धाबी, कनाडा, दुबई, लंदन, मुम्बई, न्यू यॉर्क, सिंगापुर आदि स्थानों पर संचालित है। उन्होंने कहा कि उनकी कंपनी उत्तराखंड राज्य में फ़िल्म प्रशिक्षण संस्थान की स्थापना करना चाहती है। डॉ. नितिन उपाध्याय ने श्री पीयूष सिंह को राज्य में आयोजित होने वाले निवेश सम्मेलन में प्रतिभाग करने का अनुरोध किया।
फ़िल्म निर्माता शाहनाब आलम ने कहा कि उत्तराखंड में फ़िल्म लोकेशन बेहतरीन है। महाराष्ट्र सरकार में प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री विकास खरगे द्वारा भी उत्तराखंड पवेलियन का भ्रमण किया गया, जिसमें उनके द्वारा उत्तराखंड सरकार की फ़िल्म नीति एव योजनाओं के संबंध में जानकारी प्राप्त की गई। उनके द्वारा कहा गया कि उत्तराखंड और महाराष्ट्र सरकार आपस मे कोई कार्ययोजना तैयार करेंगे, जिससे दोनों राज्यो के मध्य फ़िल्म, कला एवं संस्कृति का आदान प्रदान किया जा सके। फ़िल्म निर्माता व अभिनेता सतीश शर्मा ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा फ़िल्म निर्माता व निर्देशक के अनुकूल फ़िल्म नीति तैयार की जा रही है, जिसके लिए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी बधाई के पात्र हैं।
उत्तराखंड पवेलियन में शौम्य फ़िल्म के चरणप्रीत सिंह, हकनित ब्लॉग्स, एन.एफ.डी.सी.के अनुभव खंडूड़ी, सिविक स्टूडियो मुम्बई, लोटस डस्ट पिक्चर के अंकित गाँधी, वेव मल्टीमिडिया के विनोद गुप्ता, एबीना ग्रुप के नीतू जोशी, संजय मित्तल, पी.एच. डी. चैंबर ऑफ कॉमर्स के डिप्टी सेक्रेटरी संचित प्रभाकर, मीडिया मैजिक के विक्रम राज़दान आदि द्वारा भ्रमण किया गया। उत्तराखंड पवेलियन में फ़िल्म निर्माता व निर्देशकों का स्वागत स्मृति चिन्ह व शॉल भेंट कर किया गया।

हमारी लोक संस्कृति एवं परम्परा देवभूमि की पहचान-धामी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रदेशवासियों को इगास पर्व/बूढ़ी दीपावली की बधाई एवं शुभकामनाएं दी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे लोक पर्व एवं समृद्ध सांस्कृतिक विरासत सामाजिक जीवन में जीवंतता प्रदान करने का कार्य करते हैं, उन्होंने कहा कि किसी भी राज्य की लोक संस्कृति एवं लोक परम्परा उस राज्य की आत्मा होती है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी लोक संस्कृति एवं परम्परा देवभूमि की पहचान है। उन्होंने कहा कि किसी भी राज्य की लोक संस्कृति एवं लोक परम्परा उस राज्य की आत्मा होती है, इसमें इगास का पर्व भी शामिल है। उन्होंने कहा कि हम राज्य की लोक संस्कृति के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए संकल्पबद्ध हैं। अपनी लोक संस्कृति को बढ़ावा देने के लिये हम प्रयासरत हैं। हमारी युवा पीढ़ी अपनी लोक संस्कृति एवं लोक पर्वों से जुड़े इसके भी प्रयास होने चाहिए। उन्होंने कहा कि इगास बग्वाल से कई एतिहासिक पहलु भी जुड़े हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे लोग इगास पर्व पर अपनी परम्पराओं के साथ अपने पैतृक गांवों से भी जुड सके इसके लिये राज्य में इगास पर्व पर सार्वजनिक अवकाश की परम्परा शुरू की गई है। इससे राज्य की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत एवं परम्पराओं से हमारी भावी पीढ़ी भी जुड सकेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि अपने लोक पर्वों के माध्यम से अपनी संस्कृति को संरक्षित करने तथा प्रकृति के संरक्षण की भी हमारी परंपरा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड में विभिन्न संस्कृति और रीति-रिवाजों को मानने वाले लोग निवास करते हैं, एक तरह से उत्तराखंड लघु भारत का रूप है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों की सुख-शांति एवं समृद्धि की भी कामना की है।

कैबिनेट मंत्री अग्रवाल ने लोकल फॉर वोकल को बढ़ावा देते हुए स्थानीय उत्पाद खरीदे

क्षेत्रीय विधायक व कैबिनेट मंत्री डॉ प्रेमचंद अग्रवाल ने दीपावली के पावन पर्व पर नगर के मुख्य बाजारों में पहुंच कर स्थानीय व्यापारियों, खरीददारी करने आए लोगों से मुलाकात कर उन्हें शुभकामनाएं दी।
शनिवार को दीपावली के पावन अवसर पर मंत्री डॉ प्रेमचंद अग्रवाल ने नगर क्षेत्रों के बाजारों में स्थानीय व्यापारियों, फूल विक्रेताओं, पटाखा व्यापारियों एवं खरीदारी को पहुंचे लोगों से मुलाकात कर उनकी कुशलक्षेम जानी।
इस मौके पर मंत्री डॉ अग्रवाल हैं दीपावली, गोवर्धन, भैया दूज की शुभकामनाएं दी। मंत्री डॉ अग्रवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लोकल फॉर वोकल को बढ़ावा देते हुए स्थानीय लोगों द्वारा हाथ से निर्मित दीप भी खरीदे।
मंत्री डॉ अग्रवाल ने दीपावली पर्व पर सभी लोगों के जीवन में खुशहाली, सुख-समृद्धि और उन्नति की भी कामना की। उन्होंने बधाई संदेश देने के दौरान लोगों से स्थानीय उत्पादों को खरीदने की भी अपील की।
इस मौके पर मंत्री अग्रवाल की धर्मपत्नी शशि प्रभा अग्रवाल, मण्डल अध्यक्ष सुमित पवार, पार्षद शिव कुमार गौतम, अरुण बडोनी आदि लोग उपस्थित रहे।