छात्र संघ कोष का पैसा शहीद जवानों को देने की मांग

ऋषिकेश।
सीआरपीएफ के जवानों की शहादत को लेकर ऑटोनॉमस कॉलेज में राजनीति शुरू हो गई है। वर्तमान अध्यक्ष अमित पंवार और पूर्व अध्यक्ष संदीप शर्मा दो दिन पहले ही छात्रसंघ समारोह को शहीदों के सम्मान में स्थगित कराने के लिए टंकी पर चढ़ गए थे। इसके बाद समारोह स्थगित कर दिया गया। अब एनएसयूआई के बैनर तले चुनाव लड़कर जीते छात्र संघ के सचिव सौरभ शर्मा ने एसडीएम को ज्ञापन देकर छात्रसंघ के डेढ़ लाख रुपये शहीद कल्याण निधि में जमा करवाने की मांग की है।
उनका कहना है कि छात्रसंघ अध्यक्ष अगर सही मायने में श्रद्धांजलि देना चाहते हैं तो छात्रसंघ के कोष की धनराशि डेढ़ लाख रुपये शहीदों के नाम ड्राफ्ट बनाकर भेजें। वरना टंकी पर चढ़ना और शहीदों के नाम समारोह स्थगित करवाना उनकी नौटंकी होगी। उन्होंने ऐसा नहीं करने पर प्रशासन को अनशन करने की चेतावनी दी है। मांग पत्र में अमनदीप नेगी, कोषाध्यक्ष रेनुका पंवार, राहुल कश्यप, संजय प्रजापति, अजय जायसवाल, आशीष थापा आदि के

छात्रसंघ चढ़ रहा राजनीति की भेंट
ऋषिकेश। ऑटोनॉमस कालेज के छात्र संघ में कई वर्षों के बाद एबीवीपी काबिज हुई है। अंदरूनी गुटबाजी के चलते एबीवीपी कई वर्षों से छात्र संघ का चुनाव नहीं जीत पा रही थी। प्रदेश के राजनीतिक घटनाक्रम बदलने के साथ कांग्रेस पृष्ठभूमि के नेताओं ने भाजपा ज्वाइन की जिसका असर छात्र राजनीति में पड़ा। एनएसयूआई के कई पूर्व छात्र संघ अध्यक्षों व पदाधिकारियों ने भाजपा ज्वाइन की। वर्तमान चुनाव में एनएसयूआई को झटका देने के लिए एबीवीपी के प्रत्याशी को चुनाव मैदान में उतारा जिसका परिणाम एबीवीपी के पक्ष में गया। चर्चा है कि इन्हीं नेताओं का दबाब छात्र संघ पदाधिकारियों पर है। एक गुट सुबोध उनियाल व हरक सिंह रावत को कार्यक्रम में बुलाना चाहता था तो दूसरा गुट विधानसभा अध्यक्ष को कार्यक्रम में बुलाने की पैरवी कर रहा था। जिस पर एबीवीपी के पदाधिकारियों में तकरार हुई। मामला मारपीट और कोतवाली तक जा पहुंचा।

केरल में हिंसा के खिलाफ शहर में मार्च निकाला

ऋषिकेश।
मंगलवार को लोक अधिकार मंच के बैनर पर मुखर्जी चौक पर सभा हुई। वक्ताओं ने कहा कि केरल में मार्क्सवादियों द्वारा आरएसएस और भाजपा कार्यकर्ताओं को निशाना बनाकर उनकी हत्याएं की जा रही हैं। खासकर कन्नूर जिले में संघ कार्यकर्ताओं के घरों में आगजनी, तोड़फोड़ की गई हैं। इन हमलों में अब तक 10 से अधिक कार्यकर्ता मारे गए हैं और दर्जनों घायल होकर जिंदगी के लिए अस्पतालों में संघर्ष कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि पीड़ितों में अधिकतर निर्धन, मजदूर, पिछड़े और अनूसूचित जातियों के लोग हैं।
केरल में आरएसएस कार्यकर्ता इस मसले को कई बार राज्य सरकार के सामने उठा चुके हैं लेकिन राजनीति से प्रेरित हमलों पर मुख्यमंत्री कोई कार्रवाई के लिए तैयार नहीं हैं। यहां तक कि हिंसा को रोकने तक के इंतजाम राज्य सरकार ने अभी तक नहीं किए हैं। मंच कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रपति से केरल में शांति व्यवस्था कायम करने के लिए राज्य सरकार को निर्देशित करने की मांग उठाई।
सभा के बाद सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने नगर में आक्रोश रैली निकाली और कोतवाली पहुंचकर एसडीएम को राष्ट्रपति के नाम सैकड़ों हस्ताक्षरयुक्त एक ज्ञापन दिया।

ऋषिकेश को आदर्श विधानसभा क्षेत्र बनाना लक्ष्य: प्रेमचन्द अग्रवाल

ऋषिकेश।
श्यामपुर के हाट बाजार में स्थानीय लोगों ने विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचन्द अग्रवाल का स्वागत किया। जनता मिलन मिलन कार्यक्रम में लोगों ने अपने क्षेत्रों की समस्याएं भी रखीं। विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचन्द अग्रवाल ने ग्रामीणों को बताया कि सप्ताहभर पहले ही विधानसभा स्थित कार्यालय में उन्होंने विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया है। विकास कार्यों में शिथिलता बरतने पर कार्रवाई करने के संकेत दिए हैं। विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचन्द अग्रवाल का कहना है कि पांच वर्षों में ऋषिकेश को आदर्श विधानसभा क्षेत्र बनाना मेरी प्राथमिकता है।
अग्रवाल ने बताया कि क्षेत्र में डिग्री कॉलेज खोलना, पेयजल लाइन दुरस्त करना, सड़कों का जाल बिछाना, बाढ़ सुरक्षा और हाथी की रोकथाम के लिए कार्य करना उनकी प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने लोगों से आदर्श विधानसभा क्षेत्र बनाने के लिए सुझाव भी मांगे। उन्होंने बताया कि किसी भी कार्य दिवस पर उनसे सपंर्क कर सुझाव दिए जा सकते हैं। संचालन प्रदीप नेगी ने किया। कार्यक्रम में मंडल अध्यक्ष प्रदीप धस्माना, इन्दु थपलियाल, देवेन्द्र नेगी, राम रतन रतूड़ी, संजीव चौहान, रवि शर्मा, कुसुम डबराल, रवि रावत, कमला नेगी, अक्षय चौधरी, मंजीत राठौर, राजबीर रावत, गब्बर सिंह बिष्ट, उषा रावत आदि उपस्थित रहे।

आखिरकार सूखा पीड़ित किसानों को पीना पड़ा मूत्र

नई दिल्ली।
दिल्‍ली के जंतर-मंतर पर एक महीने से अधिक समय से कर्ज माफी और सूखा राहत पैकेज की मांग के साथ प्रदर्शन कर रहे तमिलनाडु के किसानों को आखिरकार मूत्र पीने पर मजबूर होना ही पड़ा। इन किसानों ने आज सुबह से बोतल में मूत्र एकत्रित कर रखा था और धमकी दी थी कि यदि मोदी सरकार उनकी गुहार नहीं सुनती है तो वे शनिवार को मूत्र पीने और रविवार को मल खाने को मजबूर हो जाएंगे।
बता दें कि पिछले एक महीने के दौरान किसानों ने सरकार का ध्‍यान अपनी बदहाली की ओर खींचने के लिए नित नए सांकेतिक तरीकों को अपनाया है। इस क्रम में उन्‍होंने गले में खोपड़ी की माला पहना, सड़क पर सांभर-चावल खाए, सांपों को जीभ पर रखा, चूहे खाए यहां तक कि निर्वस्‍त्र होकर प्रदर्शन किया और अब बोतलों में मूत्र जमा कर रखा है। आखिरकार आज इन किसानों ने मूत्र पी लिया।
एक प्रदर्शनकारी किसान ने कहा था ,’हमें तमिलनाडु में पीने को पानी नहीं मिल रहा है। प्रधानमंत्री मोदी हमारी प्यास को नजरअंदाज कर रहे हैं। इसलिए हमारे पास अपना मूत्र पीने के अलावा और कोई चारा नहीं है।’ इससे पहले जंतर-मंतर पर इन किसानों के समर्थन में कई नेता और दक्षिण भारतीय अभिनेता पहुंचे हैं। राहुल गांधी के अलावा मणिशंकर अय्यर और डीएमके सांसद कनिमोझी किसानों से मिल चुकी हैं। भारतीय किसान यूनियन ने भी समर्थन की घोषणा की है।

लोनिवि पर लगाया लापरवाही का आरोप

ऋषिकेश।
गुरुवार को भल्लाफार्म नम्बर 10 के दर्जनों लोग तहसील पहुंचे। उन्होंने लोनिवि के खिलाफ नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया। साथ ही तहसीलदार रेखा आर्य को ज्ञापन सौंपा। बताया कि ग्रामसभा श्यामपुर के अंतर्गत राष्ट्रीय राजमार्ग से जुड़ा भल्ला फॉर्म का मुख्य मार्ग वर्षों से बदहाल है। सड़क पर बड़े-बड़े गड्ढे बने हुए हैं। कई बार आवागमन के दौरान स्कूली बच्चे और ग्रामीण चोटिल हो चुके हैं। मगर, हालात तब भी जस के तस बने हुए हैं।
इस बारे में लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को कई बार अवगत भी कराया गया। यहां तक कि ग्रामीण कई बार आंदोलन तक कर चुके हैं। इसके बाद भी सड़क को दुरुस्त नहीं किया गया। ग्रामीणों ने तहसीलदार से विभाग को सड़क के मेंटीनेंस के लिए अविलंब निर्देशित करने को कहा। कहा कि मार्ग जल्द ठीक नहीं हुआ तो वे उग्र आंदोलन को मजबूर होंगे। प्रदर्शन में सामाजिक कार्यकर्ता प्रभाकर पैन्यूली, पंचायत सदस्य आशीष पंवार, अमरदेव उनियाल, एपीएस यादव, दिनेश चंद्र मलासी, सुरेंद्र सिंह रावत, सुभाष राठौर, संदीप उनियाल, दीपांशु गुसाईं, केएस बत्र्वाल, विनोद रावत, प्रवेश रावत, मुकेश बेलवाल, राजेश रावत, अनिल शर्मा, दीपक पंवार आदि शामिल थे।

अवैध होर्डिंग्स पर चला पालिका का डंडा

ऋषिकेश।
पालिका ऋषिकेश ने गुरुवार सुबह शहर में अभियान चलाकर प्रचार सामग्री को हटाया। सफाई निरीक्षक सचिन रावत ने बताया कि पालिकाध्यक्ष दीप शर्मा के निर्देश पर शहर में अवैध होर्डिंग्स और बैनर को हटाया गया।
गौरतलब है कि शहर में होर्डिंग्स और बैनर लगाने के लिए पालिका प्रशासन की अनुमति लेनी पड़ती है लेकिन नियम-कानून का कड़ाई से पालन नहीं होने पर पूरा शहर होर्डिंग्स और बैनर से अटा पड़ा है। गुरुवार को पालिका की टीम ने रेलवे रोड, हरिद्वार रोड, देहरादून रोड, तिलक रोड आदि स्थानों से प्रचार सामग्री हटवाई।

राशन विक्रेताओं को राज्य कर्मचारी घोषित करने की मांग

ऋषिकेश।
श्यामपुर में सरकारी सस्ता गल्ला विक्रेता ग्रामीण संघ ने एक बैठक की। बैठक में सस्ता गल्ला विक्रेताओं ने सरकार द्वारा सरकारी सस्ता गल्ला राशन में कटौती किए जाने पर समक्ष रोजी-रोटी का संकट गहराने की बात कही। उनका कहना था कि वे बीते कई वर्षों से न्यूनतम कमीशन के आधार पर सरकारी सस्ते गल्ले का वितरण कर रहे हैं। सरकार द्वारा विभिन्न खाद्यान योजनाओं को बंद कर दिए जाने से सरकारी सस्ते गल्ला विक्रेताओं के समक्ष रोजगार का संकट खड़ा हो गया है। विक्रेता संघ के सदस्य विनोद चौहान का कहना है कि सरकार उनके वर्षों के अनुभव का लाभ सरकार विभिन्न योजनाओं में उनका लाभ ले सकती है। निर्णय लिया गया कि सस्ता गल्ला विक्रेताओं को राज्य कर्मचारी घोषित करने की मांग को लेकर 23 अप्रैल को श्यामपुर आडवानी धर्मशाला में क्षेत्र के समस्त राशन विक्रेताओं की बैठक होगी। इस अवसर पर देवेन्द्र बैलवाल, राजेश व्यास, उदय पुण्डीर, कुशहाल पंवार, गोविन्द सिंह रावत, रामचन्द्र भट़ट,पवन नारवानी, किशन सिंह नेगी,जगमोहन कलूडा,धनपाल रांगड़, धनपाल रावत, हरीश तिवाडी,अमित राणा, रीना बैलवाल, अमरदेव कुडियाल आदि उपस्थित थे।

छोटी सी सावधानी रोक सकती है बड़ा हादसा

ऋषिकेश।
फायर सर्विस ऋषिकेश ने शनिवार को श्यामपुर स्थित एनडीएस पब्लिक स्कूल और शहर में रेलवे रोड स्थित हरिचंद कन्या इंटर कॉलेज में फायर सर्विस ड्रिल का अभ्यास हुआ। इस दौरान दोनों ही स्कूलों में अग्निशमन के उपकरणों का बेहतर इस्तेमाल, उपकरणों की क्षमता और प्रकार, आग की घटनाओं से पहले की सावधानियां, आग बुझाने में पानी और फोम कंपाउंड का प्रयोग आदि के बारे में डेमो के माध्यम से जानकारी दी गई। फायरमैन भरत कुमार और नरेश सिंह ने स्कूली बच्चों को आग की घटनाओं के वक्त विशेष सावधानी बरतने को भी कहा।
इस दौरान अग्निशमन अधिकारी हरिचंद्र मिश्रा ने कहा कि आग लगने पर छोटी से छोटी सावधानी भी हादसे को विकराल होने से रोक सकती है। इसके लिए घर, बैंक, प्रतिष्ठान और सार्वजनिक जगहों पर लगे फायर उपकरणों का दुरुस्त होना जरूरी है। बताया कि जागरूकता सप्ताह के तहत 20 अप्रैल तक बैंक, लालतप्पड़ में औद्योगिक इकाइयों और व्यापारिक कॉप्लेक्स आदि में कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। आखिरी दिन शहर में जनजागरूकता रैली निकाली जाएगी।

स्वामी भक्तियोग महाराज का निधन

ऋषिकेश।
मुधवन आश्रम के 67 वर्षीय स्वामी भक्तियोग महाराज का मंगलवार रात चंडीगढ़ स्थित फोर्टिस अस्पताल में निधन हो गया। वह बीते कुछ समय से बीमार चल रहे थे। बुधवार को उनके अंतिम दर्शन को आश्रम में लोग पहुंचे।
26 अक्तूबर 1950 को पंजाब में जन्मे स्वामी भक्तियोग 1986 में ऋषिकेश आये। उन्होंने ऋषिकेश में मधुवन आश्रम की स्थापना करने के साथ लोगों को भक्ति के प्रति प्रेरित किया। शहर में प्रभातफेरी निकालने के साथ जगन्ननाथ यात्रा की शुरुआत की गई। जिसमें शहरवासी बढ़-चढ़कर भाग लेते हैं। उनके निधन से शहर में शोक छा गया। बुधवार को आश्रम में अंतिम दर्शन को बड़ी संख्या में लोग पहुंचे। शाम के समय उन्हें आश्रम परिसर में ही समाधि दी गई। इस अवसर पर उद्यमी बचन पोखरियाल, चन्द्रवीर पोखरियाल, पालिकाध्यक्ष मुनकीरेती शिवमूर्ति कंडवाल, चेतन शर्मा, अशोक अग्रवाल, सुरेन्द्र पंत, आरके अग्रवाल, हनुमान दास सहित बड़ी संख्या में लोग पहुंचे।

अधिवक्ताओं ने जजों को दी विदाई

ऋषिकेश।
मंगलवार को तहसील परिसर स्थित बार एसोसिएशन भवन में अध्यक्ष रतनमणि नौटियाल की अध्यक्षता में विदाई कार्यक्रम हुआ। अधिवक्ताओं ने अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट रवि शुक्ला और न्यायिक मजिस्ट्रेट अभिषेक कुमार श्रीवास्तव का फूलमालाओं से स्वागत कर उन्हें विदा किया। वकीलों ने दोनों ही जजों के कार्यकाल को सराहा। कहा कि अधिवक्ताओं के प्रति उनका व्यवहार हमेशा ही सकारात्मक रहा। उन्हें भविष्य की शुभकामनाएं भी दीं। इस दौरान अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश एसएमडी दानिश और अपर पारिवारिक न्यायाधीश अरविंद नाथ त्रिपाठी ने भी स्थानांतरित जजों के मृदुल व्यवहार की प्रशंसा की। कार्यक्रम में बार उपाध्यक्ष अतुल कुमार यादव, महासचिव खुशहाल सिंह कलूड़ा, पीडी त्यागी, सुभाष भट्ट, देवेंद्र दत्त कुलियाल, दीपक लोहानी, शशिमोहन गौनियाल,जय सिंह रावत, अनिल सक्सेना, चौधरी ओंकार सिंह, अमित वत्स आदि मौजूद थे।