कैंप लगाकर 403 किशोरों को कोरोना की वैक्सीन लगाई

शिवालिक भागीरथी पब्लिक स्कूल, टिहरी विस्थापित कॉलोनी के तत्वावधान में किशोर-किशोरियों के लिए टीकाकरण कैंप लगाया गया।
मंगलवार को शिवालिक भागीरथी पब्लिक स्कूल में छात्र छात्राओं को कोविड वैक्सीन लगाई गई।वैक्सीन के लिए वैवसीनेशन केंद्र में सुबह से ही छात्र-छात्राओं की लंबी कतार लगनी शुरू हो गईं, टीकाकरण को लेकर किशोर-किशोरियां में उत्साह नजर आया आया।
कैंप प्रातः 10 बजे से दोपहर 3 बजे तक चला जिसमें शिवालिक भागीरथी पब्लिक स्कूल व नालंदा शिक्षा संस्थान के 403 किशोर-किशोरियां को कोवैवसीन की पहली खुराक लगाई।
विद्यालय के प्रबंधक लक्ष्मण चौहान ने बताया देश में बढ़ रहे कोरोना के खतरे से बचाव के लिए वैक्सीन कारगर है, वैक्सीनेशन कैंप में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं, सोशल डिस्टेंस का ध्यान भी रखा गया है। किशोरी दिव्यांशी उपाध्याय ने कहा आखिरकार 1 वर्षों का इंतजार खत्म हुआ, वैक्सीन लगने के बाद काफी रात मिली है, वैक्सीन लगाने के लिए उत्साह के लिए वैक्सीनेशन सेंटर में आधे घंटे पहले पहुंच गई।
मौके पर उपस्थित विद्यालय के प्रबंधक लक्ष्मण चौहान, प्रधानाचार्य दीपक भारद्वाज, अक्षत चौहान, समाजसेवी नवीन नेगी, अनिल रावत, मुकेश धनाई, अंशुल, गुलशन बेगम, महावीर उपाध्याय, टेक सिंह राणा, हरीश कुमार ,सुमन भट्ट, बिरोजनी गौड आदि मौजूद रहे।

सीएम ने किया कैलाशानन्द महाराज के प्रथम सन्यास दीक्षा समारोह में प्रतिभाग

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को जगद्गुरू आश्रम कनखल में निरंजन पीठाधीश्वर आचार्य महामण्डलेश्वर स्वामी कैलाशानन्द महाराज के प्रथम सन्यास दीक्षा समारोह में प्रतिभाग किया।
इस अवसर पर समारोह को सम्बोधित करते हुये मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि निरंजन पीठाधीश्वर आचार्य महामण्डलेश्वर स्वामी कैलाशानन्द महाराज के दीक्षा समारोह की वजह से आज मुझे सभी पूज्य सन्तों का एक साथ आशीर्वाद मिलने का सुअवसर प्राप्त हुआ है। उन्होंने कहा कि जीवन में सफलता के लिये पूज्य सन्तों का आशीर्वाद बहुत आवश्यक है। उन्होंने कहा कि बिनु हरि कृपा मिलहि न सन्ता….। सत्संग का जिक्र करते हुये उन्होंने कहा कि सत्संग का मनुष्य के जीवन में काफी प्रभाव पड़ता है, जिस तरह का सत्संग होगा, उसी तरह का मनुष्य का आचार-व्यवहार होगा।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का उल्लेख करते हुये उन्होंने कहा कि संस्कृति की बात हो या अन्य, हर क्षेत्र में पताका फहराने का काम प्रधानमंत्री के नेतृत्व में हो रहा है।
समारोह को जगद्गुरू शंकराचार्य राजराजेश्वराश्रम, जूनापीठाधीश्वर आचार्य महामण्डलेश्वर स्वामी अवधेशानन्द गिरिजी महाराज, स्वामी महामण्डलेश्वर कैलाशानन्द महाराज, स्वामी हरिचेतनानन्द, स्वामी चिदानन्द मुनि, आचार्य बाल कृष्ण, युग पुरूष परमानन्द महाराज, महन्त प्रेम गिरि महाराज, पूज्य हरिगिरि महाराज, महन्त विज्ञानानन्द महाराज, पदम, सतपाल ब्रह्मचारी महाराज, देवानन्द सरस्वती महाराज, तन्मय वशिष्ठ, महामंत्री श्रीगंगा सभा, राजीव शर्मा नगर पालिका अध्यक्ष आदि ने सम्बोधित किया।
मंच का संचालन आखाड़ा परिषद व मंसा देवी ट्रस्ट के अध्यक्ष रविन्द्रपुरी जी महाराज ने किया।
जगद्गुरू आश्रम कनखल पहुंचने पर मुख्यमंत्री का शाल ओढ़ाकर, विशाल माला, पुष्पगुच्छ तथा प्रतीक चिह्न भेंटकर भव्य स्वागत व अभिनन्दन किया गया।
इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री यतीश्वरानन्द, ललितानन्द महाराज, कमलदास महाराज, महेश पुरी महाराज, भाजपा जिला अध्यक्ष डॉ जयपाल सिंह चौहान, महामंत्री विकास तिवारी, जिलाधिकारी विनय शंकर पाण्डेय, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ योगेन्द्र सिंह रावत, एसडीएम पूरण सिंह राणा, सिटी मजिस्ट्रेट अवधेश कुमार सिंह सहित सम्बन्धित अधिकारीगण उपस्थित थे।
जगद्गुरू आश्रम कनखल के पश्चात मुख्यमंत्री ने जूनापीठाधीश्वर आचार्य महामण्डलेश्वर स्वामी अवधेशानन्द गिरिजी महाराज से हरिहर आश्रम पहुंचकर शिष्टाचार भेंट की। इस अवसर पर अन्तर्राष्ट्रीय कुश्ती खिलाड़ी बबीता फोगाट भी उपस्थित रहीं।

निशुल्क मोबाईल टैबलेट योजना से 2 लाख 65 हजार विद्यार्थी होंगे लाभान्वित

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को राजकीय बालिका इण्टर कॉलेज राजपुर रोड, देहरादून में निःशुल्क मोबाईल टैबलेट योजना के क्रियान्वयन हेतु आयोजित जनसंवाद कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने विद्यालय की 100 छात्राओं को निःशुल्क टैबलेट प्रदान किये। शनिवार को यह कार्यक्रम प्रदेश के सभी 70 विधानसभाओं में आयोजित किया गया। मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि राजकीय बालिका इण्टर कॉलेज राजपुर रोड में ऑडिटोरियम बनाया जायेगा।
प्रदेश में लगभग 2 लाख 65 हजार विद्यार्थियों को पढ़न-पाढ़न हेतु राज्य सरकार द्वारा निःशुल्क टैबलेट खरीद हेतु प्रति विद्यार्थी को डीबीटी के माध्यम से 12 हजार रूपये की धनराशि उपलब्ध कराई जा रही है। इसी क्रम में टैबलेट खरीद हेतु राजकीय स्कूलों के 10वीं, 12वीं के 1 लाख 59 हजार विद्यार्थियों को डीबीटी द्वारा धनराशि दी गई है।
मुख्यमंत्री ने सभी को नववर्ष की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि कोरोना काल में ऑनलाईन पढ़ाई के लिए बच्चों को पढ़ाई के लिए काफी परेशानियों को सामना करना पड़ा। बच्चों की परेशानियों को ध्यान में रखते हुए सरकार द्वारा उनके लिए टैबलेट उपलब्ध करवाये जा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि जब भी वे बच्चों के बीच जाते हैं, तो उनकी बचपन की यादें ताजा हो जाती हैं। उन्होंने बच्चों को संबोधित करते हुए कहा कि जीवन में अपने उद्देश्यों की प्राप्ति के लिए सबको समय का सदुपयोग करना होगा। उन्होंने कहा कि जीवन में जो भी कार्य करें, पूर्ण मनोयोग से करें। विकल्प रहित संकल्प के साथ सबको जीवन में आगे बढ़ना होगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत एक युवा देश है। देश की 65 प्रतिशत आबादी 35 वर्ष से कम आयु वर्ग की है। प्रधानमंत्री के नेतृत्व में देश तेजी से प्रगति के पथ पर अग्रसर है। भारत आत्मनिर्भर भारत बन रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में शिक्षा के गुणात्मक सुधार के लिए राज्य सरकार द्वारा हर संभव प्रयास किये जा रहे हैं। डिजिटल लर्निंग के अन्तर्गत राज्य के 500 स्कूलों में वर्चुअल कक्षाएं चलाई जा रही हैं। 600 अन्य स्कूलों में भी शीघ्र ये सेवाएं शुरू की जायेंगी। राज्य के 709 राजकीय विद्यालयों में 1418 स्मार्ट कक्षाएं स्थापित की जा रही हैं, यह कार्य 15 जनवरी 2022 तक पूर्ण कर लिया जायेगा। राज्य सरकार की ओर से सभी राजकीय विद्यालयों में कक्षा 9 से 12 तक के विद्यार्थियों के लिए निःशुल्क पाठ्य पुस्तक उपलब्ध कराने का निर्णय लिया गया है। राजकीय स्कूलों में कक्षा 1 से 8 तक के विद्यार्थियों के लिए भी निःशुल्क बैग एवं जूते उपलब्ध कराये जा रहे हैं। छात्रहित में राज्य स्तरीय छात्रवृत्ति की धनराशि बढ़ाई गई है। शिवानन्द नौटियाल राज्य योग्यता छात्रवृत्ति की धनराशि को प्रतिमाह 250 रूपये से बढ़ाकर 1500 रूपये किया गया है तथा लाभार्थी विद्यार्थियों की संख्या भी 11 से बढ़ाकर 100 की गई है। श्रीदेव सुमन छात्रवृत्ति की धनराशि भी 150 रूपये से बढ़ाकर 1 हजार रूपये की गई है। मुख्यमंत्री प्रतिभा प्रोत्साहन योजना के तहत 12वीं कक्षा के मेधावी विद्यार्थियों को 2500 रूपये की छात्रवृत्ति 5 साल तक दी जा रही है।
मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर प्रदेशवासियों से अपील की कि कोविड के नये वेरिएंट ओमीक्रोन से बचाव के लिए सतर्कता जरूरी है। उन्होंने कहा कि कोविड एप्रोप्रिएट विहेवियर का पालन जरूर करें। कोरोना से बचाव के लिए सरकार द्वारा पूरी तैयारी की गई है, लेकिन इससे बचाव के लिए सतर्कता बहुत जरूरी है।
इस अवसर पर सचिव शिक्षा आर. मीनाक्षी सुन्दरम, जिलाधिकारी देहरादून डॉ. आर. राजेश कुमार, शिक्षा महानिदेशक वंशीधर तिवारी, माध्यमिक शिक्षा निदेशक सीमा जौनसारी, निदेशक एससीईआरटी आरके कुंवर, मुख्य शिक्षा अधिकारी देहरादून डॉ. मुकुल कुमार सती, प्रधानाचार्या राजकीय बालिका इण्टर कॉलेज राजपुर रोड प्रेमलता बौड़ाई, स्कूल की शिक्षिकाएं एवं छात्राएं मौजूद रहे।

ऋषिकेश में फ्री मोबाइल टैबलेट वितरण योजना का शुभारंभ

ऋषिकेश विधानसभा क्षेत्र में शनिवार को प्रदेश सरकार की फ्री मोबाइल टैबलेट वितरण योजना का शुभारंभ हुआ। विस अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल ने कहा कि ऑनलाइन शिक्षा को देखते हुए सरकार आर्थिक रूप से जरूरतमंद छात्रों को टैबलेट दे रही है।
शनिवार को राजकीय इंटर कॉलेज आईडीपीएल में कार्यक्रम आयोजित किया। कार्यक्रम में विस अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल ने प्रदेश सरकार की फ्री मोबाइल टैबलेट वितरण योजना के तहत छात्रों को टैबलेट बांटे। उन्होंने कहा कि कोरोना वायरस संक्रमण के कारण शिक्षा पूरी तरह से ऑनलाइन हो गई है। छात्रों को मोबाइल, टैबलेट एवं लैपटॉप के माध्यम से पढ़ाई करनी पड़ रही है। ऐसे में कई छात्र ऐसे हैं जो आर्थिक तंगी के कारण लैपटॉप, टैबलेट या फिर स्मार्टफोन नहीं खरीद सकते। उन छात्र-छात्राओं के लिए सरकार द्वारा इस योजना का शुभारंभ किया गया है। प्रदेश सरकार शिक्षा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण कार्य कर रही है, इससे स्कूल में अध्ययन करने वाले छात्र-छात्राओं का स्तर ऊपर उठाया जा सके। कहा कि प्रदेश के 2 लाख 75 हजार छात्रों को टैबलेट वितरित किए जाने हैं। उन्होंने 25 विद्यार्थियों को साइकिल क्रय हेतु चेक वितरित किए। इस दौरान उन्होंने एनसीसी के 100 कैडेटों को एक-एक हजार रुपये, सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत करने वाले 46 छात्र-छात्राओं को दो-दो हजार रुपये एवं सांस्कृतिक शिक्षिका को पांच हजार रुपये देने की घोषणा की।
मौके पर स्कूल के प्रधानाचार्य राजीव लोचन सिंह, पार्षद विपिन पंत, मंडल अध्यक्ष अरविंद चौधरी, पार्षद सुंदरी कंडवाल, पार्षद गुरविंदर सिंह, पार्षद लक्ष्मी रावत, नोडल अधिकारी विजय यादव, नीरजा गोयल, डॉ. शक्ति जोशी, रमाशंकर विश्वकर्मा, हरेंद्र राणा, मोनिका रौतेला, कोमल तोमर, ललित मोहन जोशी, विजय पाल सिंह, सुशील रावत आदि उपस्थित रहे।

उच्च शिक्षा में नरेन्द्रनगर को मिलेगी नई पहचान, लॉ कॉलेज को कैबिनेट ने दी मंजूरी

नरेंद्रनगर और आसपास क्षेत्रों के विद्यार्थियों को कानून की पढ़ाई करने हेतु अब देहरादून व अन्य दूरस्थ जगहों पर नहीं जाना होगा। नरेंद्रनगर में ही लॉ (विधि संस्थान) की पढ़ाई की जा सकेगी। बीते दिनों हुई कैबिनेट की बैठक में इसके निर्माण हेतु मंजूरी दी जा चुकी है। कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने बताया कि जल्द ही शासन से वित्तीय स्वीकृति मिलने के बाद नरेंद्रनगर में लॉ कॉलेज का निर्माण किया जाएगा। इस पर क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों ने कैबिनेट मंत्री का आभार व्यक्त किया है।
नरेंद्रनगर पालिका अध्यक्ष राजेंद्र विक्रम सिंह पंवार ने कहा कि नरेंद्रनगर में लॉ कॉलेज का निर्माण होने से स्थानीय युवाओं हेतु रोजगार के अधिक अवसर खुलेंगे। साथ ही गढ़वाल के युवाओं को अब कानूनी पढ़ाई के लिए लंबी दूरी तय नहीं करनी पड़ेगी। नगर पालिका अध्यक्ष रोशन रतूड़ी ने कहा कि कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल की विकासपरक सोच से ही यह कार्य संभव हो पाया है, उनके नेतृत्व में नरेंद्रनगर विधानसभा में लगातार विकास हो रहे हैं। ऋषिकेश मंडी अध्यक्ष विनोद कुकरेती व ब्लॉक प्रमुख राजेंद्र भंडारी ने नरेंद्रनगर में लॉ कॉलेज के निर्माण हेतु कैबिनेट में स्वीकृति मिलने पर मंत्री सुबोध उनियाल को धन्यवाद दिया है।

एसवीएम इंटर कॉलेज ने वार्षिक उत्सव मनाया

ऋषिकेश विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आवास विकास स्थित सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज के वार्षिक उत्सव और सम्मान समारोह का शुभारंभ विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल ने दीप प्रज्वलित कर किया। इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष ने प्रतिभावान छात्र-छात्राओं एवं विभिन्न क्षेत्र में अपना विशेष योगदान देने वाले विशिष्टजनों व पूर्व सैनिकों को प्रतीक चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया। इसके अलावा अग्रवाल ने सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत करने वाले 126 छात्र-छात्राओं को अध्यक्ष विवेकाधीन कोष से एक-एक हजार रूपये देने की घोषणा भी की।
आयोजित कार्यक्रम के दौरान स्कूल के छात्र-छात्राओं द्वारा रंगारंग कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए। वहीं स्कूल के प्रधानाचार्य द्वारा साल भर का स्कूल का लेखा-जोखा रखा गया। अग्रवाल ने विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर सम्मान एवं पुरस्कार प्राप्त करने वाले छात्र छात्राओं को उनके उज्जवल भविष्य की कामना करते हुए शुभकामनाएं दी।
विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि किसी भी स्कूल का वार्षिक उत्सव समारोह उस संस्था की एक महत्वपूर्ण पहचान है। इस समारोह के दौरान संस्था के अंदर जो भी क्रियाकलाप एवं गतिविधियां पूरे साल के भीतर आयोजित की जाती है उनका उल्लेख होता है। अग्रवाल ने कहा कि सभी बच्चे हमारे कल के कर्णधार है। सभी अच्छा पढ़ लिखकर भारत के सहयोगी नागरिक बने इसके लिए बच्चों को संस्कारवान और अच्छे माहौल में उनकी परवरिश करने की आवश्यकता है। बेहतर कल के लिए बच्चों का आज सुरक्षित होना आवश्यक है एवं बच्चों के संतुलित और समग्र विकास से ही हम देश और समाज को खुशहाल बना सकते हैं।
विधानसभा अध्यक्ष ने उपस्थित छात्र छात्राओं को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि कोशिश करने वालों की हार नहीं होती और जो हार नहीं मानता, वही सफलता प्राप्त करके आगे बढ़ता है। निरन्तर आगे बढ़ने वाले ही जीवन में सफल होते हैं। उन्होंने शिक्षकों से भी आह्वान किया कि पूर्ण निष्ठा और ईमानदारी से अपने कर्त्तव्य का निर्वहन करें।
इस अवसर पर प्रदेश निरीक्षक विजय पाल, महाविद्यालय के प्राचार्य प्रोफेसर पंकज पंत, सत्य प्रसाद बंगवाल, प्रदेश निरीक्षक विनोद रावत, प्रधानाचार्य कुंज बिहारी भट्ट, प्रधानाचार्य रजनी रावत, प्रधानाचार्य शिशुपाल सिंह रावत, प्रधानाचार्य सुरेंद्र नेगी, प्रधानाचार्य पूनम अनेजा, पुरुषोत्तम बिजलवान, राकेश शर्मा, प्रधानाचार्य राजेंद्र प्रसाद पांडे, सुशील अग्रवाल, जिला पंचायत सदस्य संजीव, महेंद्र सिंह, रामगोपाल रतूड़ी सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।

ओपन यूनिवर्सिटी के छठें दीक्षांत समारोह में छात्रों को मिली डिग्रीयां

राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल (से.नि.) गुरमीत सिंह ने कहा कि राज्य के विश्वविद्यालयों के लिए स्वायत्तता तथा जवाबदेही दोनों ही जरूरी है। हमें उत्तरदायित्व से भी आगे बढ़कर स्व-उत्तरदायित्व की ओर जाना है। आत्मानुशासन बहुत जरूरी है। हमें अपने सिस्टम को इतना मजबूत बनाना है कि उसमें लीकेज के लिए कोई जगह न बचे।
राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल (से.नि) गुरमीत सिंह, मंगलवार को हल्द्वानी में उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय के छठे दीक्षांत समारोह को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत भी उपस्थित थे। अतिथियों द्वारा वैदिक मंत्रों के बीच दीप प्रज्ज्वलित कर दीक्षांत समारोह का शुभारम्भ किया गया।
राज्यपाल ने उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय हल्द्वानी के छठे दीक्षांत समारोह के अवसर पर 44 मेधावी छात्र छात्राओं को स्वर्ण पदक से सम्मानित किया। राज्यपाल ने विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि विद्यार्थी अपने सोच विचार का स्तर बढ़ाएं, स्वयं पर भरोसा रखें साथ ही टीम वर्क में विश्वास रखें। सभी युवाओं से अपील की कि भारतीय संविधान में बताए हुए मौलिक कर्तव्य को पढ़े, समझे और उनका पालन करें। उन्होने कहा कि विद्यार्थियों का अर्जित ज्ञान तभी सार्थक होगा जब इसका लाभ समाज को मिलेगा, आत्मनिर्भर भारत, स्वच्छ भारत, डिजिटल भारत, समृद्ध भारत जैसे राष्ट्रीय अभियानों को सफल बनाने में युवाओं की महत्वपूर्ण भूमिका होगी।
राज्यपाल ने कहा कि मुक्त विश्वविद्यालय की व्यवस्था एक लचीली, सरल और सुगम व्यवस्था है। उन्होने कहा कि सर्वे के अनुसार देश में उच्च शिक्षा के कुल पंजीकरण में 10 प्रतिशत से अधिक डिस्टेंस एजुकेशन का है। यह शिक्षा पद्धति शिक्षा प्राप्त करने का आदर्श माध्यम है। उन्होने कहा कि कोरोना के दौर ने हमें बहुत कुछ सिखा दिया है। ऑनलाइन और डिजिटल एजुकेशन का प्रचलन बढ़ गया है, आज यह हमारी जरूरत बन गई है, इससे मुक्त विश्वविद्यालय की अवधारणा को और भी अधिक मजबूती मिली है। शिक्षा तंत्र को डिजिटल और वर्चुअल मोड पर और भी अधिक मजबूत बनाने के लिए कार्य करना होगा। उत्तराखंड की विषम भौगोलिक परिस्थितियों को देखते हुए इसे राज्य के हर कोने तक पहुंचाना होगा। राज्यपाल ने कहा कि पर्वतीय राज्य उत्तराखंड के दूरदराज इलाकों में डिस्टेंस एजुकेशन के माध्यम से उच्च शिक्षा पहुंचाने का लक्ष्य पूरा किया जा सकता है। उत्तराखंड के पर्वतीय तथा सीमांत क्षेत्रों के लिए डिस्टेंस एजुकेशन एक वरदान है।
राज्यपाल ने कहा कि डिस्टेंस एजुकेशन का पाठ्यक्रम नवीनतम, अद्यतन, प्रभावी तथा प्रासंगिक होना जरूरी है, पाठ्य सामग्री उच्च स्तरीय ज्ञान,गुणवत्तापूर्ण व बेहद सरल भाषा में होनी चाहिए।
इस अवसर पर राज्यपाल ने सच्चिदानंद भारती तथा प्रसिद्ध फोटोग्राफर अनूप शाह को मानद उपाधि से सम्मानित किया। राज्यपाल ने कहा कि सच्चिदानंद भारती राज्य में रिवर्स माइग्रेशन, वन तथा पर्यावरण संरक्षण के लिए सराहनीय कार्य कर रहे हैं। रिवर्स माइग्रेशन उत्तराखंड के लिए ज्वलंत मुद्दा है। उन्होंने कहा कि प्रसिद्ध फोटोग्राफर अनूप शाह ने अपनी उत्कृष्ट फोटोग्राफी के माध्यम से उत्तराखंड के संस्कृति, परंपराओं और प्राकृतिक सुंदरता को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाई। उन्हें सम्मानित करके मैं स्वयं गर्व का अनुभव कर रहा हूं। उन्होंने सभी पदक विजेताओं को बधाई देते हुए सभी को नव वर्ष की शुभकामनाएं दी व शुभ समृद्धि कामना की।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने सभी पदक विजेताओं को बधाई देते हुए कहा कि मैं इस छठे दीक्षांत समारोह में उपस्थित होकर गौरव का अनुभव कर रहा हूॅ। उन्होंने कहा कि 21वीं सदी की आवश्यकताओं को देखते हुए गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का उद्देश्य चिंतनशील बहुमुखी प्रतिभा वाले रचनात्मक व्यक्तियों का विकास करना होना चाहिए। व्यक्तियो की समग्र विकास के उद्देश्य के लिए यह आवश्यक है कि विद्यालय शिक्षा से उच्चतर शिक्षा तक सीखने के प्रत्येक चरण में कौशल और मूल्यों का एक निर्धारित प्रारूप शामिल हो। इस दिशा में केन्द्र सरकार निरन्तर कार्यरत रही है। उन्होने कहा भारत विश्व का गुरू रहा है गुरू-शिष्य व गुरुकुल की परम्परा सिर्फ भारत में है। विश्व को शिक्षा पद्धति व ज्ञान देने का काम भारत ने किया है। धामी ने कहा कि वर्तमान अच्छा होगा तो निश्चित ही भविष्य भी अच्छा होगा। इसलिए वर्तमान को सक्षम बनाये। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में नई खेल नीति बनाई गई है अब किसी भी बच्चे में योग्यता व क्षमता है तो उन्हे सरकार हर तरह से सहायता करेगी। उन्होने कहा कि प्रधानमंत्री ने कहा है कि 21 वीं सदी का तीसरा दशक उत्तराखण्ड का दशक है जब प्रदेश 25 वर्ष का होगा अपने रजत जयन्ती मना रहा होगा तब हमारा प्रदेश देश में अग्रणी प्रदेश होगा। उन्होंने कहा कि मुक्त विश्व विद्यालय में आईटी अकादमी को विकसित करने में पूर्ण सहयोग दिया जायेगा तथा देहरादून में भी मुक्त विश्वविद्यालय का भी सशक्त परिसर बनाने में सरकार द्वारा पूर्ण सहयोग दिया जायेगा।
उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने दीक्षा समारोह में संबोधित करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री श्री मोदी की प्रेरणा से बनाई गई नई शिक्षा नीति में सबको अच्छी शिक्षा, रोजगार परक शिक्षा, क्रेडिट बेस शिक्षा, चॉइस बेस शिक्षा,गुणात्मक शिक्षा को प्रमुखता दी गई है। मुख्यमंत्री द्वारा प्रदेश में बच्चों को टेबलेट देने की घोषणा की थी जिसका जीओ हो गया है जनवरी में टेबलेट की धनराशि डीबीटी के माध्यम से बच्चो के खाते डाले जायेगे। बच्चे अपने पसंद अनुसार खरीद सकेगे। उन्होंने सभी अतिथियों का स्वागत व अभिनन्दन किया।
कुलपति ओपी एस नेगी ने विस्तृत रूप से मुक्त विश्व विद्यालय के पाठ्यक्रमों, क्रियाकलापों की विस्तृत जानकारियां दी। उन्होने बताया कि इन दीक्षांत समारोह में 36 स्नातकों एंव परास्नातकों को स्वर्ण पदक, 3 को कुलाधिपति स्वर्ण पदक व 3 को स्मृति पदक के साथ ही 28432 को पदक वितरित किये गये। उन्होने बताया कि मुक्त विश्व विद्यालय में सरकार के सहयोग से 26 करोड़ धनराशि से अधिक के निर्माण कार्य प्रगति पर है।
कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष बेला तोलिया, महापौर डॉ. जोगेन्द्र पाल सिंह रौतेला, विधायक नवीन दुम्का, उपाध्यक्ष जिला पंचायत आनंद सिंह दरम्वाल, जिलाध्यक्ष प्रदीप बिष्ट, प्रदेश प्रवक्ता प्रकाश रावत, प्रकाश हर्बाेला, शंकर कोरोंगा, अनिल कपूर डब्बू, सहित मण्डलायुक्त दीपक रावत, डीआईजी निलेश आनन्द भरणे, जिलाधिकारी धीराज सिंह गर्ब्याल, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक पंकज भट्ट, मुख्य विकास अधिकारी डॉ. संदीप तिवारी, कुलसचिव प्रो. एचएस नयाल, प्रो. गिरजा पाण्डे, प्रो. पीडी पंत, प्रो. जितेन्द्र पाण्डे,प्रो. रेनू प्रकाश, प्रो. आसी मिश्र सहित छात्र-छात्राएं मौजूद रही।

जिलाधिकारी और वरिष्ठ नौकरशाह रह चुके हैं डा. राकेश कुमार को नई जिम्मेदारी

पूर्व आइएएस डा. राकेश कुमार को उत्तराखंड लोक सेवा आयोग का अध्यक्ष बनाया गया है। वे 1992 बैच उत्तराखंड कैडर के आइएएस थे। फिलहाल, वे यूएस एड संगठन में भारत के मुख्य सलाहकार के रूप में कार्य कर रहे हैं। इतना ही नहीं वे पौड़ी, नैनीताल और देहरादून के जिलाधिकारी भी रह चुके हैं।
पूर्व आइएएस डा. राकेश कुमार को लोकसेवा आयोग का अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। राज्यपाल के अनुमोदन के बाद शासन ने इसकी अधिसूचना जारी कर दी है। उत्तराखंड में शिक्षा सचिव रहते हुए राकेश कुमार ने काफी सुर्खियां बटोरी थी। उन्होंने पहाड़ के सभी स्कूलों में शिक्षकों की तैनाती की थी। इसके साथ ही वे शिक्षा ही स्वास्थ्य, आपदा प्रबंधन, राजस्व समेत कई विभागों में महत्पूर्ण जिम्मेदारी संभाल चुके हैं। भारत सरकार में स्वास्थ्य मंत्रालय में संयुक्त सचिव रहते हुए उन्होंने दिल्ली के साथ ही कई जगहों पर अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) स्थापित करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।

एक अध्यापिका के भरोसे ऋषिकेश विधानसभा का सरकारी स्कूल

ग्राम पंचायत खदरी खडक माफ गांव के सबसे पुराने प्राथमिक विद्यालय, जिसमें वर्तमान में 81 छात्र छात्राएं अध्ययनरत है लेकिन विद्यालय में केवल एक ही शिक्षक है। जिसका शिक्षा विभाग के द्वारा किसी प्रकार का संज्ञान नहीं लिया जा रहा है। विद्यालय प्रबंधक समिति के अध्यक्ष साहब सिंह सरियाल की सूचना पर ग्राम सभा खदरी के जनप्रतिनिधियों के द्वारा अब इसका संज्ञान लिया गया और जनप्रतिनिधियों ने ब्लॉक स्थित खंड शिक्षा अधिकारी से मुलाकात की और लिखित सूचना दी। मौके पर खंड शिक्षा अधिकारी को बच्चों के साथ में आने वाली समस्या के बारे में अवगत कराया।
81 छात्र संख्या पर केवल एक ही अध्यापक की नियुक्ति होने पर उन्होंने भी बड़ा आश्चर्य जताया और उन्होंने यह भरोसा दिलाया कि कि बहुत जल्दी ही एक अध्यापक या अध्यापिका के नियुक्ति सहायक के रूप में विद्यालय में कर दी जाएगी। जिससे बच्चों का पठन-पाठन बाधित ना हो। इस अवसर पर समाजसेवी दिनेश कुलियाल, पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष एवं समाजसेवी शांति प्रसाद थपलियाल, क्षेत्र पंचायत सदस्य श्रीकांत रतूड़ी, लालमणि रतूड़ी आदि उपस्थित रहे।

प्रवीण अध्यक्ष और अनिरुद्ध को मंत्री की जिम्मेदारी

एबीपीवी ऋषिकेश नगर इकाई के प्रवीण रावत अध्यक्ष और अनिरूद्ध शर्मा को मंत्री की जिम्मेदारी मिली है।
रविवार को हरिद्वार रोड स्थित पीएसके इंटर कॉलेज सभागार में आयोजित बैठक में एबीवीपी के विभाग प्रमुख अमित गांधी ने सर्वसम्मति से ऋषिकेश नगर इकाई की घोषणा की। नगर उपाध्यक्ष आदित्य पंवार, अंश, रचित अग्रवाल, नगर सह मंत्री सुनील वर्मा, ज्योत्सना काला, प्रीति रावत, अभिषेक वाल्मीकि, नगर सोशल मीडिया प्रमुख तपेश मंडल, नगर सेवा कार्य प्रमुख आनंद यादव, नगर प्रमुख आनंद पासवान, नगर संस्कृत आयाम प्रमुख आकाश जुयाल, नगर संस्कृत आयाम सह प्रमुख अमित नौटियाल, नगर आंदोलन प्रमुख आकाश निहाल तथा नगर एसएफडी प्रमुख आशीष कश्यप बने हैं। साथ ही वीरभद्र नगर इकाई के अध्यक्ष मोहित बहुखंडी, उपाध्यक्ष लक्ष्मी चौहान, मंत्री शुभम गौड़, सह मंत्री अंकुर अग्रवाल और एसएफडी इकाई प्रमुख पद पर अक्षय कांत भट्ट की घोषणा की गई।