मोदी का दौरा तय करेगा उत्तराखंड के चुनाव में मुद्दे क्या होंगे

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी उत्तराखंड में भाजपा के लिए शनिवार को चुनावी रण का शंखनाद करेंगे। भाजपा ने उनकी रैली की तैयारियां पूरी कर दी है। इसमें सवा लाख की भीड़ जुटाने का लक्ष्य जिलों को दिया गया है। उत्तराखंड में विधानसभा चुनाव की आचार संहिता लागू होने से पहले पूरी तरह से चुनावी माहौल शुरू हो चुका है। भाजपा के स्टार प्रचारकों के राज्य के दौरे भी शुरू हो गए हैं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का उत्तराखंड पर खास फोकस रहा। पिछले तीन माह के भीतर उनका यह उत्तराखंड का तीसरा दौरा होगा। मोदी शनिवार 4 दिसंबर को उत्तराखंड को कई सौगात भी दे सकते हैं। वह परेड ग्राउंड में होने वाली रैली से पहले 18 हजार करोड़ की योजनाओं का शिलान्यास व लोकापर्ण करेंगे। केदारनाथ पुनर्निर्माण और चारधाम को जोड़ने वाली ऑल वेदर रोड उनके ड्रीम प्रोजेक्ट में शामिल हैं।
राजनीतिक पारी की शुरूआत से पहले मोदी का देवभूमि को लेकर अटूट रिश्ता रहा है। अस्सी के दशक में वे गरूड़चट्टी (केदारनाथ) में एक गुफा में तप भी कर चुके हैं। वर्ष 2013 में जब केदारनाथ में आपदा आई थी तो तब वे गुजरात के सीएम थे और रेस्क्यू आपरेशन में हाथ बढ़ाया। प्रधानमंत्री बनने के बाद उनका उत्तराखंड से लगाव और बढ़ा और राज्य के विकास को कई योजनाएं समर्पित कर चुके हैं।
अब मोदी की शनिवार को होने वाली रैली से भी जनता को कई उम्मीदें हैं, वे राज्य के विकास की नींव को और आगे बढ़ाने के लिए कई ऐलान भी कर सकते हैं। इसके साथ ही वे दिल्ली-देहरादून आर्थिक गलियारा (ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे जंक्शन से देहरादून तक), चाइल्ड फ्रेंडली सिटी प्रोजेक्ट देहरादून का शिलान्यास करेंगे। दून में अत्याधुनिक इत्र और सुगंध प्रयोगशाला (सुगंधित पौधों के लिए केंद्र) का भी उद्घाटन करेंगे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शनिवार को दून में चुनाव रैली को संबोधित करेंगे। मोदी दिल्ली से वायुसेना के विशेष विमान से दोपहर 12ः25 बजे जौलीग्रांट एयरपोर्ट पहुंचेंगे। वहां राज्यपाल गुरुमीत सिंह, सीएम पुष्कर धामी उनकी आगवानी करेंगे। दोपहर एक बजे उनका एमआई-17 हेलीकाप्टर परेड मैदान स्थित खेल विभाग के मैदान में लैंड करेगा।
1ः10 बजे वे मंच पर पहुंचेंगे और लगभग सात मिनट तक 18 हजार करोड़ की योजनाओं का शिलान्यास व लोकापर्ण करेंगे। दोपहर 1ः40 बजे उनका संबोधन शुरू होगा। वे लगभग 35 मिनट तक जनता को संबोधित करेंगे और दोपहर 2ः30 बजे जौलीग्रांट के लिए रवाना होंगे। अपरान्ह पौने तीन बजे पीएम मोदी दिल्ली के लिए प्रस्थान करेंगे।

मोबाइल वाहन के माध्यम से भी होगी जन समस्याओं की सुनवाई

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री आवास में मुख्यमत्री ई-यात्रा के अन्तर्गत मोबाइल वैन के जरिये वर्चुअल माध्यम से जनता से जुड़ने के लिए व्यवस्थाओं की जानकारी प्राप्त की। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश के विभिन्न क्षेंत्रों की समस्याओं की जानकारी के साथ ही क्षेत्रीय जनता से आपसी संवाद की सुविधा इससे उपलब्ध होगी। उन्होंने इसे प्रदेश के विकास यात्रा में जन सहभागिता का भी प्रयास बताया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस व्यवस्था से लोगों की बात भी सामने आ सकेगी तथा आम जनता तक हम अपनी बात भी रख सकेंगे। मोबाइल वीडियो कान्फ्रेसिंग के माध्यम से आम जनता से आमने-सामने बात भी हो सकेगी, टू-वे कम्यूनिकेशन सिस्टम से प्रदेश के दूरस्थ क्षेत्रों तक की समस्याओं के समाधान की व्यवस्था हो सकेगी। उन्होंने निर्देश दिये कि इसके प्रभावी संचालन की व्यवस्था सुनिश्चित की जाय तथा मुख्यमंत्री कार्यालय से इसे जोड़ा जाय। इसके लिए मुख्यमंत्री कार्यालय में भी तद्नुसार व्यवस्थायें बनायी जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारा प्रयास आम जनता की समस्याओं के समाधान के साथ ही राज्यहित में लोगों के सुझाव भी प्राप्त करना है। इस दिशा में बोधिसत्व विचार श्रृखला भी शुरू की गई है। जिसकी राज्य के विकास में विभिन्न क्षेत्रों के विषय विशेषज्ञों, समाजसेवियों एवं लोक संस्कृति से जुडे़ विशिष्ट लोगों बु़द्धजीवियों के सुझाव आमंत्रित किये जा रहे हैं। इससे राज्य को देश के अग्रणी राज्यों की पहचान दिलाने तथा राज्य के समग्र विकास की दिशा में किये जा रहे प्रयासों को भी बल मिलेगा।

स्वीप कार्यक्रम के तहत राज्य स्तरीय कंसल्टेशन कार्यशाला का आयोजन

भारत निर्वाचन आयोग स्वीप के डायरेक्टर संतोष अजमेरा एवं ज्वाइंट डायरेक्टर अनुज चंडाक ने मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय, उत्तराखण्ड की ओर से वीरचंद्र सिंह गढ़वाली सभागार सचिवालय में आयोजित राज्य स्तरीय स्वीप कंसल्टेशन कार्यशाला को संबोधित किया। मुख्य निर्वाचन अधिकारी सौजन्या ने स्मृति चिन्ह् भेंट कर ईसीआई के दोनों अधिकारियों का स्वागत किया।
भारत निर्वाचन आयोग से आये निदेशक ने राज्य में होने वाले आगामी विधानसभा चुनावों को सुगम बनाने, मतदाता जागरूकता शिक्षा एवं निर्वाचक सहभागिता की स्थिति तथा राज्य स्तरीय तैयारियों की भी समीक्षा की।
कार्यशाला में मुख्य विकास अधिकारी देहरादून नितिका खण्डेलवाल, मुख्य विकास अधिकारी हरिद्वार सौरभ गहरवार, मुख्य विकास अधिकारी ऊधमसिंह नगर आशीष भटगई ने पूर्व चुनावों और इस बार की तैयारियों का विस्तृत तुलनात्मक विश्लेषण प्रेजेंटेशन के माध्यम से आयोग के समक्ष रखा।
सीडीओ देहरादून, ऊधमसिंहनगर, हरिद्वार को मुख्य निर्वाचन अधिकारी सौजन्या ने नवीन मतदाता पंजीकरण व मतदाता सूची में प्रत्येक कम प्रतिशत वाले बूथों पर मतदान प्रतिशत बढ़ाने, दिव्यांग मतदाताओं का रजिस्ट्रेशन व घर से मतदान की सुविधा के बारे में जनजागरूकता बढ़ाने के कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिये।
चुनाव आयोग भारत सरकार से आये अधिकारियों ने भी निर्वाचन के संबंध में स्पष्ट निर्देश उत्तराखण्ड निर्वाचन से जुड़े अन्य विभागों के अधिकारियों को दिये। उन्होंने कहा कि निर्वाचन को और अधिक बेहतर और सुगम बनाने के लिए सभी हितधारकों को निर्वाचन प्रक्रिया में सहयोगी के तौर पर साथ लिया जाए। उन्होंने उद्योग विभाग के माध्यम से इण्डस्ट्रीयल कर्मियों को वोट के प्रति प्रेरित किये जाने को कहा। औद्योगिक इकाईयों की दीवारों पर भी प्रेरक और जागरूकता सामग्री चस्पा करने, कमीशन से मतदान के दिन मिलने वाले अवकाश के दिन श्रमिकों द्वारा मतदान में सद्पुयोग ही करने के लिए विशेष कैम्पेन चलाने को कहा।
आउटरीच ब्यूरो के माध्यम से ग्रामीण व दुर्गम क्षेत्रों में नुक्कड़ नाटक व सांस्कृतिक दलों के विशेष सहयोग को भी जरूरी बताया। रेडियो, दूरदर्शन, डाक विभाग, बैंक, नगर निकायों, एन.जी.ओ. को भी निर्वाचन कार्यक्रमों के व्यापक प्रचार-प्रसार के संगठन के रूप में अपनाने को कहा।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी सौजन्या ने कहा कि जो भी विभाग और अधिकारी निर्वाचन गतिविधियों को संपन्न कराने में योगदान दे रहे है, वह प्रत्येक गतिविधि और कार्यक्रमों, नई पहल व सामने आने वाली चुनौतियों का चुनाव समाप्त होने तक सम्पूर्ण डॉक्यूमेंटेशन करें, जिसको राज्य निर्वाचन और भारत निर्वाचन आयोग के समक्ष प्रस्तुत किया जा सके।
कार्यशाला के बाद ईसीआई की टीम ने देहरादून जनपद का भौतिक निरीक्षण किया। 4 दिसम्बर को टीम द्वारा टिहरी जनपद के कम मतदान प्रतिशत वाले बूथों का निरीक्षण किया जाएगा।
कार्यशाला में प्रताप शाह, अपर मुख्य निर्वाचन अधिकारी, जितेन्द्र कुमार, उप मुख्य निर्वाचन अधिकारी, मोहम्मद असलम, राज्य नोडल अधिकारी स्वीप, सुजाता, राज्य समन्वयक स्वीप, राखी, मीडिया समन्वयक, अनुराग, स्वीप कन्सलटेन्ट, नितिन उपाध्याय, उप निदेशक, सूचना, राघवेश पाण्डे, उपनिदेशक, ए.आई.आर/डी.डी, देहरादून, उमेश साहनीनी, राज्य निदेशक, नेहरू युवा केन्द्र, उत्तराखंड, अजय कुमार अग्रवाल, राज्य एन.सी.सी अधिकारी, उत्तराखण्ड आदि उपस्थित रहे।

सिंगल यूज प्लास्टिक के प्रयोग पर सीएस सख्त, दिए ये निर्देश

मुख्य सचिव डॉ. एस.एस. संधु ने शुक्रवार को सचिवालय में सिंगल यूज प्लास्टिक के प्रयोग को रोकने के हेतु गठित स्पेशल टास्क फोर्स के सम्बन्ध में बैठक की। बैठक के दौरान, मुख्य सचिव ने कहा कि पर्यावरण के लिए प्लास्टिक बहुत की घातक है, इसमें सिंगल यूज प्लास्टिक सबसे अधिक हानिकारक है। इसके प्रयोग को रोकने के लिए विशेष प्रयास किए जाएं। उन्होंने इसके लिए आमजन में जागरूकता फैलाने के साथ ही कुछ विशेष कदम उठाए जाने की बात भी कही।
मुख्य सचिव ने कहा कि सिंगल यूज प्लास्टिक के प्रयोग को रोकने के लिए अधिक से अधिक जागरूकता फैलाई जाए। उन्होंने कहा कि व्यापारियों में सिंगल यूज प्लास्टिक की जानकारी की कमी होने के कारण इसको रोकने के प्रयास कम सफल हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि कौन सा प्लास्टिक बैन है, कौन सा नहीं इस पर एक छोटी-छोटी वीडियो क्लिप्स के माध्यम से जानकारी का संचार किया जाए। साथ ही, व्यापारियों एवं आमजन को फोटो और वीडियो के माध्यम से बैन और अधिक नुकसानदेह प्लास्टिक की जानकारी वेबसाइट और सोशल मीडिया के माध्यम से उपलब्ध कराई जाए। इससे होने वाले दुष्प्रभावों को भी फोटो-वीडियो के माध्यम से दिखाया जाना चाहिए।
मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि प्लास्टिक के प्रयोग को रोकने के लिए प्लास्टिक के विकल्प को बढ़ावा दिया जाना चाहिए। उन्होंने निर्देश दिए कि प्लास्टिक के क्या-क्या विकल्प हो सकते हैं, इस पर एक अध्ययन कराया जाए, ताकि इसके विकल्पों के लिए सब्सिडी देकर बढ़ावा दिया जा सके। उन्होंने प्लास्टिक के विकल्प को बढ़ावा दिए जाने हेतु एक योजना तैयार किए जाने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इस योजना में सब्सिडी के माध्यम से बढ़ावा दिया जाए, ताकि इसके विकल्प के व्यवसाय से जुड़ने को प्रोत्साहित हो सकें, और प्लास्टिक के व्यापार से जुड़े लोगों के रोजगार पर इसका प्रभाव न पड़े। उन्होंने वन विभाग की नर्सरी में भी पौधों के लिए जूट के बैग के प्रयोग की संभावनाओं को भी तलाशा जाए।
इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव आनन्द वर्द्धन एवं सचिव अमित नेगी सहित सम्बन्धित विभागों के उच्चाधिकारी उपस्थित रहे।

डांडी कांठी क्लब की स्मारिका 2021 दृढ़ संकल्प का विमोचन

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री आवास में डांडी कांठी क्लब की स्मारिका 2021 ‘दृढ़ संकल्प’ का विमोचन किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस स्मारिका में डांडी कांठी क्लब द्वारा उत्तराखण्ड की संस्कृति और उत्तराखण्ड आंदोलन की गाथा, लोक संस्कृति, स्थानीय परंपराओं एवं स्थानीय पर्वों के प्रति जागरूक करने का प्रयास किया गया है। स्मारिका में कोविड संक्रमण के बचाव से संबंधित विभिन्न जानकारियों का भी समावेश किया गया है।
डांडी कांठी क्लब के अध्यक्ष विजय भूषण उनियाल ने कहा कि डांडी कांठी क्लब का उद्देश्य ही सामाजिक सरोकारों को बढ़ावा देना रहा है। अपनी संस्कृति एवं सांस्कृतिक विरासत को विश्व पटल पर रखने का भी हमारा प्रयास है। पर्वतीय क्षेत्रों से दूर रह रहे प्रवासियों को अपनी समृद्ध लोक संस्कृति से परिचित कराना भी क्लब का उद्देश्य रहा है। उन्होंने कहा कि इसी के दृष्टिगत क्लब की स्मारिका दृढ़ संकल्प का प्रकाशन किया गया है।
इस अवसर पर डांडी कांठी क्लब के महासचिव कृष्णानन्द भट्ट, लोक गायक चन्द्र दत्त सुयाल, पार्षद कविन्द्र सेमवाल, नरेश रावत, ललित मोहन लखेड़ा, प्रकाश बडोनी, राम चमोली, राजनीश सेमवाल, राकेश पुरोहित, विजेन्द्र सजवाण, नीरज जोशी, कुलदीप नेगी आदि उपस्थित रहे।

परेड ग्राउंड का निरीक्षण व्यवस्थाओं में कोई कमी ना रहने के निर्देश

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को परेड ग्राउंड का स्थलीय निरीक्षण कर विभिन्न व्यवस्थाओं का जायजा लिया। 4 दिसम्बर 2021 को परेड ग्राउण्ड, देहरादून में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की प्रस्तावित रैली के दृष्टिगत मुख्यमंत्री ने जिलाधिकारी देहरादून एवं संबंधित अधिकारियों को समय पर समुचित व्यवस्था के लिए निर्देश दिये। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा इस अवसर पर हजारों करोड़ की योजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया जायेगा।
इस अवसर पर केन्द्रीय मंत्री संसदीय कार्य प्रहलाद जोशी, केन्द्रीय रक्षा राज्य मंत्री अजय भट्ट, कैबिनेट मंत्री धन सिंह रावत, भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष मदन कौशिक, आयुक्त गढ़वाल सुशील कुमार, जिलाधिकारी आर.राजेश कुमार, एस.एस.पी. जन्मेजय खण्डूरी, भाजपा नेता कुलदीप कुमार, बलजीत सोनी आदि के साथ ही लोक निर्माण, पुलिस एवं एस.पी.जी. के अधिकारीगण उपस्थिति रहे।

नगर और ग्राामीण क्षेत्रों में कांग्रेस ने पदयात्रा कर लोगों से साधा सम्पर्क

कांग्रेस के प्रदेश महासचिव राजपाल खरोला ने जानकारी देते हुए बताया कि आज ऋषिकेश विधानसभा क्षेत्र में मतदाता जागरूकता अभियान पदयात्रा के दुसरे दिन प्रातः 10 बजे से दोपहर 2 बजे तक ग्रामीण क्षेत्रों-भट्टोवाला, गढ़ी, खैरी कला, खैरी खुर्द ठाकुरपुर, श्यामपुर, खदरी और दोपहर 2 बजे से सायं 7 बजे तक नगर निगम वार्ड संख्या 5, 6, 10, 11 के अंतर्गत पुष्कर मंदिर, आदर्श ग्राम, सदानंद मार्ग, आशूतोष नगर में युवाओं को वोट बनाने के लिए जागरूक किया।
खरोला ने कहा कि 2 दिसम्बर से लगातार 11 दिन तक चलने वाले मतदाता जागरूकता अभियान पदयात्रा में युवाओं को वोट बनाने के लिए जागरूक किया जा रहा है और उन्हें वोट बनाने के विभिन्न उपाय बताये जा रहे है।
खरोला ने कहा कि ऋषिकेश विधानसभा की जनता से इस अभियान को बहुत प्यार मिल रहा है और क्षेत्रवासी बढ़ चढ़कर इस अभियान के साथ जुड़ रहे है।
खरोला ने कहा कि युवाओं को अपना वोटर आइडी कार्ड अवश्य बनवाना चाहिए। इसके अलावा वोट का प्रयोग कर हम पंचायत, नगर परिषद, विधानसभा व लोकसभा में अपनी मनपसंद के उम्मीदवार को वोट दे सकते हैं। वोट देने का अधिकार हमें मतदाता पहचान पत्र से ही मिलता है। यदि वोटर लिस्ट में किसी व्यक्ति का नाम नहीं है तो वह वोट नहीं डाल सकता, चाहे भले वह 18 साल की आयु पार कर चुका हो।
इस मौके पर रमेश रांगड़, सतीश रावत, मनोज गुसाई, विजय पाल सिंह पंवार, कुशाल सिंह सजवाण, बालखांदी, बलखंडी सिंह कलूडा, अर्जुन रांगड़, कमल सिंह, सुभम जोशी, विवेक असवाल, सतेन्द्र सिंह रावत, मान सिंह तोपवाल, मनीष व्यास, सोहन सिंह रौतेला, निर्मल रांगड़, मनीष अग्रवाल, चंद्रमोहन नेगी, देवेन्द्र सिंह रावत, जसवीर रांगड़, पूरण बिष्ट, गौतम सिंह नेगी, महावीर बिष्ट, संजय रावत, जगवीर बिष्ट, ध्न्व्विर सिंह नेगी, निर्मल रावत, रतन देव रयाल, देवी प्रसाद गैरोला, वीर पाल सिंह राणा आदि मौजूद रहे।

ज्योति विशेष विद्यालय के बच्चों का उत्साह देखने को मिला

आज 3 दिसम्बर को ज्योति विशेष विद्यालय में विश्व निःशक्तता दिवस हर्षाेल्लास के साथ मनाया गया। श्रीदेव सुमन विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ पी पी ध्यानी ने बतौर मुख्य अतिथि कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि भारत सरकार द्वारा दिव्यांगों को आगे बढ़ाया जाने के लिए अनेकों योजनाओं का शुभारंभ किया गया है जिससे वह समाज में अपना स्थान बना सकें।
उन्ळोंने बताया कि विश्वविद्यालय द्वारा इस प्रकार के बच्चों का मनोबल बढ़ाये जाने के लिए शिक्षा दी जा रही है व उन्हें अपने पैरों पर खड़ा कर समाज में उनकी उपयोगिता को भी बढ़ावा दिया जा रहा है।
इस अवसर पर विशेष बच्चों के द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी आयोजन किया गया, जिसे देखकर सभी दर्शक मंत्रमुग्ध हो गए। साथ ही विशेष बच्चों के द्वारा रस्साकशी का खेल भी खेला गया तथा अन्य खेलों का भी आयोजन किया गया।
इस अवसर पर श्री भरत मंदिर के महंत वत्सल प्रपन्नाचार्य महाराज, हेमकुंड गुरुद्वारे के महाप्रबंधक सरदार दर्शन सिंह, भरत मंदिर इंटर कॉलेज सोसायटी के सचिव हर्षवर्धन शर्मा, सुधीर कुकरेती, वरूण शर्मा, पूर्व प्रधानाचार्य कैप्टन डीडी तिवारी व आईडी जोशी, डीबीपी एस रावत, दिनेश अग्रवाल, मदन मोहन शर्मा, सीएस शर्मा, गीता कुकरेती, प्रधानाचार्य ज्योति स्पेशल कमलेश भाटिया, शशि राणा, सावित्री क्षेत्री, डॉ सुनील दत्त थपलियाल, उपदेश उपाध्याय आदि उपस्थित रहे।

विस अध्यक्ष ने आवास विकास वार्ड में विकास कार्य गिनाए

ऋषिकेश विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आवास विकास वार्ड नंबर 25 में विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल ने आंतरिक मोटर मार्गाे के निर्माण के लिए विधायक निधि से 5 लाख 25 हजार रूपये देने की घोषणा की। इस अवसर पर अग्रवाल ने कहा है कि ऋषिकेश विधानसभा में विकास की अनेक योजनाएं संचालित की जा रही है जिससे आम जनमानस लाभान्वित हो रहा है।
जनता मिलन कार्यक्रम के दौरान अग्रवाल ने कहा कि उन्होंने गंगा की स्वच्छता के लिए हमेशा अपनी बात को सदन के अंदर प्रखरता से रखा है परिणाम स्वरूप नमामि गंगे के अंतर्गत 158 करोड़ रुपए की लागत से संपूर्ण शहर में सीवरेज का कार्य किया गया है, जिससे गंगा की स्वच्छता में इजाफा हुआ।
अग्रवाल ने कहा है कि 23 लाख रुपए की लागत से शिव एनक्लेव में पेयजल आपूर्ति हेतु लाइन बिछाने का कार्य किया गया, जिससे लोगों को शुद्ध पेयजल आपूर्ति प्राप्त हो रही है। अग्रवाल ने विकास की योजनाएं गिनाते हुए कहा है कि विधायक निधि से आवास विकास क्षेत्र में 37 लाख की लागत से टीन शेड निर्माण, सरस्वती विद्या मंदिर में पेयजल आपूर्ति के लिए बोरिंग का निर्माण, आस्था पथ पर ध्वनि विस्तारक यंत्र लगवाए, वृद्धजनों को बैठने के लिए आस्था पथ पर 50 बेंच भी लगाई गई है। इसके अलावा आवास विकास विद्या मंदिर में फर्नीचर एवं कंप्यूटर तथा 200 सेट फर्नीचर के विधायक निधि से दिए गए हैं ताकि छात्र-छात्राओं को पठन-पाठन में किसी भी प्रकार की समस्या ना हो।
अग्रवाल ने कहा है कि 11 करोड रुपए लागत से गंगा में सुरक्षा की दृष्टि से स्पान लगाए गए हैं ताकि आस्था पथ के निकट रहने वाले लोगों को किसी भी प्रकार की समस्या ना हो। उन्होंने कहा है कि 3 करोड रुपए की लागत से त्रिवेणी घाट पर एमडीडीए के माध्यम से कार्य संचालित हो रहा है ताकि गंगा की सुंदरता, पवित्रता व स्वच्छता हमेशा बनी रहे स इस अवसर पर स्थानीय लोगों ने विकास के कार्यों को लेकर विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल का सम्मान भी किया।
कार्यक्रम में पूर्व पार्षद अशोक पासवान, स्थानीय पार्षद ज्योति पासवान, सच्चिदानंद पासवान, स्वामी कृष्णानंद, शकुंतला देवी, ओम प्रकाश, दीपा पासवान, आर एस नेगी, ब्रह्मानंद, जीएस रावत, शिवनाथ, अरविंद कंडारी आदि सहित अनेक लोग उपस्थित रहे।

राष्ट्रीय दलों ने गैरसैंण के मुद्दे पर राज्य के लोगों से छलावा किया-आप

आम आदमी पार्टी ने भाजपा सरकार पर गैरसैंण के मुद्दे पर राजनैतिक रोटियां सेकने का आरोप जड़ा है। विधानसभा सत्र भी गैरसैंण के बजाए देहरादून में ही करवाने के फेसले की पुरजोर शब्दों में निंदा करते हुए पार्टी ने भाजपा सरकार पर हमला बोला है।
शुक्रवार को पार्टी कार्यालय से जारी बयान में विधानसभा प्रभारी राजे सिंह नेगी ने कहा कि गैरसैंण को लेकर भाजपा की कथनी व करनी में भारी अंतर रहा है। अब भाजपा विधानसभा सत्र भी गैरसैंण में करवाने से कन्नी काट गई है। उन्होंने कहा कि भाजपा ने गैरसैंण में स्थाई राजधानी बनाने को लेकर जनता को गुमराह करने का काम किया है। आप के नेता नेगी के अनुसार उत्तराखंड आंदोलन की भावनाओं का केंद्र रहे गैरसैंण को लेकर दोनों ही राष्ट्रीय दल अब तक सियासी रोटियां सेंकते आए हैं। यही कारण है कि गैरसैंण राजधानी के सवाल पर भाजपा और कांग्रेस दोनों ही कन्नी काटते आए हैं। किसी ने भी गैरसैंण पर अपना स्पष्ट नजरिया नहीं रखा। कहा कि, पिछले विधानसभा चुनाव में गैरसैंण को राजधानी बनाने की बात कहकर भाजपा सत्ता में आई थी लेकिन चुनाव में जनता को गुमराह कर प्रचंड बहुमत हासिल करने वाली भाजपा ने सरकार में आते ही जनमुद्दों को भुला दिया। कहा कि ,वर्ष 2017 के चुनाव में भाजपा ने गैरसैंण को प्रदेश की राजधानी बनाने का दावा किया था। जबकि उनकी मंसा गैरसैंण को राजधानी बनाने की थी ही नहीं।