थाल सेवा का यह आयोजन सामाजिक सहभागिता और जनकल्याण के प्रति प्रतिबद्धता का प्रेरक उदाहरण: धामी

हल्द्वानी में आयोजित थाल सेवा कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सहभागिता करते हुए स्वयं थाल सेवक के रूप में जरूरतमंदों को भोजन परोसा। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि थाल सेवा केवल भोजन वितरण का कार्यक्रम नहीं, बल्कि सच्ची जनसेवा और मानवीय संवेदनाओं की जीवंत मिसाल है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हल्द्वानी स्थित सुशीला तिवारी अस्पताल में उपचार हेतु प्रदेश के दूरस्थ पर्वतीय क्षेत्रों से आने वाले मरीजों और उनके तीमारदारों को इस सेवा से बड़ी राहत मिलती है। आर्थिक रूप से कमजोर और जरूरतमंद परिवारों के लिए यह पहल संबल का कार्य कर रही है तथा समाज में सेवा और सहयोग की भावना को मजबूत कर रही है।

उन्होंने थाल सेवा से जुड़े सभी स्वयंसेवकों के समर्पण की सराहना करते हुए कहा कि इस प्रकार की सामाजिक पहलें समाज में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करती हैं और ‘सबका साथ, सबका विकास’ की भावना को साकार करती हैं।

टीम थाल सेवा के अध्यक्ष उमंग वासुदेवा ने बताया कि यह सेवा कई वर्षों से निरंतर संचालित की जा रही है, जिसका उद्देश्य जरूरतमंदों को सम्मानपूर्वक पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराना है। उन्होंने जानकारी दी कि मुख्यमंत्री श्री धामी द्वारा प्रत्येक माह एक दिन थाल सेवा के लिए सहयोग प्रदान किया जाता रहा है, जिससे इस अभियान को निरंतरता और मजबूती मिली है।

कार्यक्रम में टीम थाल सेवा के प्रतिनिधियों, जनप्रतिनिधियों एवं शहर के गणमान्य नागरिकों की गरिमामयी उपस्थिति रही।

थाल सेवा का यह आयोजन सामाजिक सहभागिता और जनकल्याण के प्रति प्रतिबद्धता का प्रेरक उदाहरण बनकर उभरा है ।

मुख्यमंत्री धामी ने हल्द्वानी मेडिकल कॉलेज से वर्चुअल माध्यम से प्रतिभाग

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राजस्थान के अजमेर से 14 वर्ष की लड़कियों के लिए सर्वाइकल कैंसर के विरुद्ध देशव्यापी ह्यूमन पैपिलोमावायरस (एचपीवी) टीकाकरण अभियान का शुभारंभ किया। इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हल्द्वानी मेडिकल कॉलेज से वर्चुअल माध्यम से प्रतिभाग किया।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने मेडिकल कॉलेज में स्थापित एचपीवी टीकाकरण कक्ष का भी निरीक्षण किया तथा एचपीवी टीकाकरण हेतु आई 9 से 14 वर्ष की बालिकाओं से भी वार्ता की एवं उन्हें इस टीके के लाभ के बारे में अवगत कराया।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि यह अभियान स्वास्थ्य कार्यक्रम होने के साथ मातृशक्ति के सम्मान, सुरक्षा और सशक्तिकरण की दिशा में उठाया गया ऐतिहासिक कदम है। उन्होंने कहा कि एचपीवी टीकाकरण के इस अभियान की शुरुआत करके प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यह सिद्ध कर दिया है कि उनके लिए नारी सम्मान और सुरक्षा केवल नारा नहीं, बल्कि अटल संकल्प है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सर्वाइकल कैंसर मातृशक्ति के स्वास्थ्य के लिए गंभीर चुनौती बन चुका है। भारत में इस गंभीर बीमारी से वर्ष 2024 में ही 78 हजार से अधिक मामले सामने आए, जिसके कारण 42 हजार से अधिक महिलाओं की दुःखद मृत्यु हुई। यह बीमारी हजारों परिवारों के लिए पीड़ा का कारण बन रही है। इसी गंभीरता को देखते हुए प्रधानमंत्री ने राष्ट्रीय स्तर पर एचपीवी टीकाकरण अभियान प्रारंभ करने का निर्णय लिया, ताकि इस बीमारी की रोकथाम सुनिश्चित की जा सके और आने वाली पीढ़ी को एक सुरक्षित एवं स्वस्थ भविष्य प्रदान किया जा सके।

मुख्यमंत्री ने बताया कि राजस्थान के अजमेर से प्रधानमंत्री द्वारा प्रारंभ किए गए इस अभियान के अंतर्गत देशभर में 14 वर्ष की लगभग 1 करोड़ 15 लाख से अधिक किशोरियों को मुफ्त एचपीवी वैक्सीन दी जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड राज्य में भी इस अभियान के प्रथम चरण में 155 केंद्रों पर व्यापक स्तर पर टीकाकरण की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। इस अभियान की सफलता के लिए डॉक्टरों, नर्सों, एएनएम, आशा और आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षित किया गया है ताकि कोल्ड-चेन व्यवस्था मजबूत हो।
मुख्यमंत्री ने अभियान को सफल बनाने के लिए प्रदेश के सभी फ्रंटलाइन हेल्थ वॉरियर्स का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री ने देश के प्रत्येक नागरिक के लिए गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएँ सुनिश्चित करने का संकल्प लिया है और उसे प्रभावी रूप से धरातल पर उतारा है। देश में स्वास्थ्य सेवाओं में व्यापक परिवर्तन देखने को मिला है। पहले जहाँ देश में 387 मेडिकल कॉलेज थे, आज वे बढ़कर 819 हो गए हैं। आज मेडिकल छात्रों की संख्या में डेढ़ गुना से अधिक की वृद्धि हुई है। केंद्र सरकार ने पिछले 11 वर्षों में 23 नए एम्स बनाकर देश के मेडिकल इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूती प्रदान करने का कार्य किया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि विश्व की सबसे बड़ी स्वास्थ्य सुरक्षा योजना आयुष्मान भारत हमारे देश में संचालित की जा रही है, जिसके माध्यम से देश के करोड़ों परिवारों को प्रति वर्ष 5 लाख रुपये तक का निःशुल्क उपचार उपलब्ध कराया जा रहा है। उन्होंने कहा कि मातृशक्ति के कल्याण के लिए भी सरकार द्वारा विभिन्न योजनाएँ संचालित की जा रही हैं। प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना से करोड़ों माताओं और बहनों को चूल्हे के धुएँ से मुक्ति मिली है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड सरकार भी ‘स्वस्थ उत्तराखण्ड, समृद्ध उत्तराखण्ड’ के अपने सपने को साकार करने के लिए प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार और सुदृढ़ीकरण पर निरंतर कार्य कर रही है। आयुष्मान योजना के अंतर्गत राज्य में अब तक करीब 61 लाख आयुष्मान कार्ड वितरित किए गए हैं, जिसके माध्यम से प्रदेश के लाखों मरीजों को निःशुल्क उपचार का लाभ मिल रहा है। राज्य के प्रत्येक जिले में मेडिकल कॉलेज स्थापित किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि राज्य में पाँच मेडिकल कॉलेज पहले से ही संचालित किए जा चुके हैं, जबकि दो और मेडिकल कॉलेजों का निर्माण कार्य भी प्रगति पर है।

मुख्यमंत्री ने बताया कि देहरादून, हल्द्वानी और श्रीनगर मेडिकल कॉलेजों में सुपर स्पेशियलिटी विभाग भी स्थापित किए गए हैं, जहाँ कार्डियोलॉजी, न्यूरोसर्जरी और यूरोलॉजी जैसी अत्याधुनिक चिकित्सा सुविधाएँ उपलब्ध कराई जा रही हैं। हल्द्वानी में राज्य के प्रथम आधुनिक कैंसर संस्थान का निर्माण कार्य भी प्रगति पर है। राज्य में हेली एंबुलेंस सेवा भी प्रारंभ की गई है, जो आपातकालीन परिस्थितियों में सुदूरवर्ती क्षेत्रों के लोगों के लिए जीवनरक्षक साबित हो रही है। मरीजों को पैथोलॉजिकल जाँचों की निःशुल्क सुविधा भी प्रदान की जा रही है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जिला अस्पतालों और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों का आधुनिकीकरण कर उन्हें बेहतर सुविधाओं से युक्त किया जा रहा है। टेलीमेडिसिन सेवाओं के माध्यम से दूरदराज के गाँवों में विशेषज्ञ डॉक्टरों द्वारा परामर्श सुविधा प्रदान करने का प्रयास किया जा रहा है। सरकारी अस्पतालों और मेडिकल कॉलेजों में स्टाफ की कमी को दूर करने के लिए भी निरंतर कार्यवाही की जा रही है।

मुख्यमंत्री ने अपील करते हुए कहा कि वे किसी भी प्रकार की अफवाह या भ्रम में न आएँ और अपनी बेटियों का एचपीवी टीकाकरण अवश्य करवाएँ। यह केवल एक टीका नहीं, बल्कि उनके स्वस्थ जीवन का सुरक्षा कवच है। मुख्यमंत्री ने सभी शिक्षकों, पंचायत प्रतिनिधियों, महिला समूहों, धार्मिक और सामाजिक संगठनों से भी अपील करते हुए कहा कि वे इस अभियान के प्रति समाज में अधिक से अधिक जागरूकता फैलाने का कार्य करें और आगामी तीन महीनों में यह सुनिश्चित करने का प्रयास करें कि कोई भी बालिका इस सुरक्षा कवच से वंचित न रहे।

इस अवसर पर सांसद अजय भट्ट ने भी संबोधित करते हुए इस राष्ट्रव्यापी अभियान के बारे में जानकारी दी। इस अवसर पर अध्यक्ष जिला पंचायत दीपा दरमवाल, विधायक मोहन सिंह बिष्ट, विधायक राम सिंह कैड़ा, विधायक सरिता आर्या, मेयर गजराज सिंह बिष्ट, दायित्वधारी अनिल कपूर डब्बू, दिनेश आर्या, सुरेश भट्ट, शंकर कोरंगा, नवीन लाल वर्मा, भाजपा जिलाध्यक्ष प्रताप बिष्ट, कुमाऊँ आयुक्त दीपक रावत, जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल, एसएसपी डॉ. मंजूनाथ टी.सी. एवं अन्य लोग मौजूद रहे।

हिमवीरों के संग रंगों का उत्सव: मुख्यमंत्री ने आईटीबीपी जवानों का बढ़ाया मनोबल

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने लोहाघाट स्थित 36वीं वाहिनी आईटीबीपी में पहुंचकर देश की सीमाओं की रक्षा में तैनात हिमवीरों को होली की हार्दिक शुभकामनाएं देते हुए उन्हें उपहार भेंट किए तथा उनका उत्साहवर्धन किया।

मुख्यमंत्री धामी ने कहा राष्ट्र की सुरक्षा में हिमवीरों का योगदान अतुलनीय है। उन्होंने कहा कि सीमांत क्षेत्रों की विषम भौगोलिक एवं जलवायु परिस्थितियों में तैनात हमारे वीर जवान देशवासियों की सुरक्षा का सशक्त कवच हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पर्व-त्योहार हमें आपसी प्रेम, सौहार्द, भाईचारे और एकता का संदेश देते हैं। ऐसे पावन अवसर पर अपने परिवारों से दूर रहकर मातृभूमि की रक्षा में समर्पित हिमवीरों का त्याग और बलिदान पूरे राष्ट्र के लिए प्रेरणास्रोत है।

लोहाघाट होली रंग महोत्सव में शामिल हुए मुख्यमंत्री, जनसमुदाय संग साझा की उत्सव की खुशियां

लोहाघाट के रामलीला मैदान में आयोजित काली कुमाऊँ होली रंग महोत्सव में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सहभागिता कर उपस्थित जनसमूह को होली की हार्दिक शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर उन्होंने पारंपरिक कुमाऊँनी होली, शास्त्रीय होली गायन के साथ जनसमूह के साथ होली गायन में प्रतिभाग किया।

इस दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखण्ड की लोकसंस्कृति, परंपराएं और पर्व हमारी सांस्कृतिक पहचान के आधार स्तंभ हैं और चम्पावत के काली कुमाऊँ की होली अपनी विशिष्ट और पारम्परिक होली गायन के लिए विशेष स्थान रखती है।

उन्होने कहा होली समारोह जैसे आयोजन हमारी समृद्ध विरासत को संजोने के साथ-साथ युवा पीढ़ी को अपनी संस्कृति से जोड़ने का सशक्त माध्यम हैं। उन्होंने कहा कि होली केवल रंगों का त्योहार नहीं, बल्कि सामाजिक एकता, सद्भाव और आपसी भाईचारे का प्रतीक है। चम्पावत में आधुनिक परिवेश के बीच भी पारंपरिक संस्कृति को जीवंत बनाए रखना सराहनीय है।

मुख्यमंत्री ने आयोजन समिति की प्रशंसा करते हुए कहा कि ऐसे महोत्सव सामाजिक समरसता को मजबूत करते हैं और समाज में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करते हैं। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने स्थानीय लोगों के साथ होली खेलकर उत्सव की खुशियों को साझा किया और सभी प्रदेशवासियों को सुख, शांति और समृद्धि से परिपूर्ण होली की मंगलकामनाएं दीं।

इस दौरान माननीय सांसद (लोकसभा) एवं भारत सरकार के सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय के राज्य मंत्री अजय टम्टा, विधायक लोहाघाट खुशाल सिंह अधिकारी, दर्जा मंत्री श्याम नारायण पांडे, जिला पंचयात अध्यक्ष आनंद अधिकारी, भाजपा जिला अध्यक्ष गोविंद सामंत, नगर पालिका अध्यक्ष गोविंद वर्मा, प्रेमा पांडे, सहित मुकेश कलखुड़िया, सुभाष बगोली, हिमेश कलखुड़िया, निर्मल महरा, जिलाधिकारी मनीष कुमार, पुलिस अधीक्षक रेखा यादव, मुख्य विकास अधिकारी डॉ. जी. एस. खाती, अपर जिलाधिकारी कृष्णनाथ गोस्वामी सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।

सीएम धामी ने चम्पावत को दी ₹74.54 करोड़ की विकास योजनाओं की सौगात

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विश्व प्रसिद्ध माँ पूर्णागिरि मेला-2026 का भव्य शुभारंभ के अवसर पर जनपद चम्पावत के विकास को नई ऊंचाई देने के लिए कुल 7454.74 लाख (74.54 करोड़ रुपये) की विभिन्न विकास योजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास कर जनता को समर्पित किया।

मुख्यमंत्री ने क्षेत्र के बुनियादी ढांचे, जनजातीय कल्याण और पर्यटन को मजबूती देने वाली पाँच प्रमुख योजनाओं का लोकार्पण किया जिसमें चलथी नदी पर दो लेन सेतु टनकपुर-जौलजीबी मोटर मार्ग पर चलथी नदी के ऊपर ₹5014.00 लाख की लागत से निर्मित 690 मीटर लंबे प्री-स्ट्रेस्ड मोटर सेतु का लोकार्पण, ग्रामीण निर्माण विभाग द्वारा पीएम जनमन योजना के अंतर्गत बुक्सा एवं राजी जनजाति के उत्थान हेतु ग्राम खिरद्वारी में ₹60 लाख की लागत से निर्मित बहुउद्देशीय भवन, ₹659 लाख की लागत से राजकीय पशु प्रजनन फार्म, नरियाल गाँव (चम्पावत) के विकास कार्यों के प्रथम चरण तथा गुरु गोरखधाम में ₹271.39 लाख से विकसित पर्यटक अवस्थापना सुविधाएं तथा श्यामलाताल क्षेत्र को ईको-टूरिज्म हब बनाने हेतु ₹490.94 लाख के लेक फ्रंट डेवलपमेंट कार्यों का लोकार्पण सामिल है।

*₹9.59 करोड़ की 4 योजनाओं का हुआ शिलान्यास*

मुख्यमंत्री द्वारा 959.49 लाख की 04 नई परियोजनाओं की आधारशिला भी रखी गई जिसमें चम्पावत विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत विधायक निधि से स्वीकृत ₹498.50 लाख के विभिन्न जनोपयोगी निर्माण कार्य के साथ ग्रामीण निर्माण विभाग द्वारा तहसील बाराकोट के अनावासीय भवन का निर्माण कार्य (लागत ₹302.50 लाख), मुख्यमंत्री घोषणा के अंतर्गत ब्रिडकुल (न्दपज पिथौरागढ़) द्वारा एड़ी मेला स्थल, कालूखान का सौंदर्यकरण कार्य (लागत ₹81.50 लाख), नगर पंचायत बनबसा में मुख्यमंत्री घोषणा के अंतर्गत राजकीय बालिका इंटर कॉलेज परिसर में ₹76.90 लाख की लागत से बनने वाले पार्क का शिलान्यास सामिल है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार विकल्प रहित संकल्प के साथ चम्पावत को एक आदर्श जनपद बनाने की दिशा में निरंतर कार्य कर रही है। आज लोकार्पित और शिलान्यास की गई ये योजनाएं स्थानीय स्तर पर रोजगार, पर्यटन और आवागमन की सुविधाओं को सुदृढ़ करेंगी। माँ पूर्णागिरि का आशीर्वाद हम सभी पर बना रहे और हम उत्तराखंड को देश का अग्रणी राज्य बनाने के अपने लक्ष्य की ओर तेजी से बढ़ें।

सीएम धामी ने लोहाघाट में निर्माणाधीन प्रथम महिला स्पोर्ट्स कॉलेज का किया स्थलीय निरीक्षण

जनपद चम्पावत के लोहाघाट क्षेत्र स्थित छमनिया में लगभग ₹256 करोड़ की लागत से निर्माणाधीन राज्य के प्रथम महिला स्पोर्ट्स कॉलेज का मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा स्थलीय निरीक्षण किया गया। मुख्यमंत्री ने निर्माण कार्यों की प्रगति का विस्तृत अवलोकन करते हुए कार्यदायी संस्था एवं विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि समस्त कार्य निर्धारित समयसीमा में उच्च गुणवत्ता मानकों के अनुरूप पूर्ण किए जाएँ।

मुख्यमंत्री ने निरीक्षण के दौरान निर्माणाधीन फुटबॉल ग्राउंड, एस्ट्रोटर्फ हॉकी ग्राउंड, वॉलीबॉल कोर्ट, बास्केटबॉल कोर्ट, सिंथेटिक एथलेटिक ट्रैक सहित अन्य खेल मैदानों की प्रगति की समीक्षा की। साथ ही खिलाड़ियों हेतु 300 बालिकाओं की क्षमता वाले छात्रावास, स्टाफ क्वार्टर, प्रशासनिक भवन, एकेडमिक ब्लॉक, मल्टीपर्पज हॉल, ऑडिटोरियम एवं गेस्ट हाउस के निर्माण कार्यों की भी जानकारी ली।

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि लोहाघाट में स्थापित हो रहा यह महिला स्पोर्ट्स कॉलेज प्रदेश की बेटियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर की खेल सुविधाएँ प्रदान करेगा। यहाँ विकसित की जा रही सभी खेल व्यवस्थाएँ अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप होंगी, जिससे प्रदेश की महिला खिलाड़ी राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर राज्य का नाम रोशन करेंगी। उन्होंने कहा कि यह संस्थान प्रशिक्षण, शिक्षा एवं आवास की समग्र व्यवस्था उपलब्ध कराते हुए विशेष रूप से ग्रामीण एवं पर्वतीय क्षेत्रों की प्रतिभाशाली बालिकाओं को आगे बढ़ने का सशक्त मंच प्रदान करेगा।

इस अवसर पर केन्द्रीय राज्य मंत्री सांसद अजय टम्टा, अन्य जनप्रतिनिधिगण एवं अधिकारी उपस्थित थे।

टनकपुर स्टेडियम का नाम स्व. कैलाश गहतोड़ी के नाम पर रखे जाने का सीएम ने दिया अनुमोदन

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जनपद चमोली में नन्दा राजजात यात्रा-2026 हेतु विकासखण्ड थराली के अन्तर्गत शहीद भवानी दत्त इण्टर कॉलेज परिसर चैपड्यों में पार्किंग एवं विश्राम गृह निर्माण (क्षमता-08 चौपहिया वाहन) हेतु ₹ 71.67 लाख, विकासखण्ड कर्णप्रयाग के अन्तर्गत नौटी में 37 चौपहिया वाहन एवं 48 दुपहिया वाहन क्षमता हेतु सरफेस पार्किंग निर्माण ₹ 42.39 लाख, विकासखण्ड देवाल के अन्तर्गत जनता इण्टर कॉलेज, सरकोट में 63 चौपहिया वाहन एवं 09 दुपहिया वाहन क्षमता हेतु पार्किंग तथा 02 कक्षों का विश्राग गृह एवं शौचालय निर्माण हेतु ₹ 1.14 करोड़ तथा विकासखण्ड नारायण बगड़ के अन्तर्गत भगोती में 94 चौपहिया वाहन क्षमता हेतु सरफेस पार्किंग निर्माण ₹ 79.56 लाख स्वीकृत किये जाने का अनुमोदन प्रदान किया है।

*मुख्यमंत्री ने त्रिस्तरीय पंचायतीराज संस्थाओं के लिए प्रदान किया 89.41 करोड का अनुमोदन*

मुख्यमंत्री द्वारा 16वें वित्त आयोग की संस्तुतियों के क्रम में निर्दिष्ट/अनाबद्ध के अन्तर्गत वित्तीय वर्ष 2025-26 की प्रथम किश्त हेतु भारत सरकार से प्राप्त जिला पंचायत हेतु ₹ 13.74 करोड, क्षेत्र पंचायत हेतु ₹ 9.16 करोड़ एवं ग्राम पंचायत हेतु ₹ 66.51 करोड़ कुल ₹ 89.41 करोड की धनराशि त्रिस्तरीय पंचायतीराज संस्थाओं को अन्तरित किये जाने का अनुमोदन प्रदान किया गया गया।

*मुख्यमंत्री ने विभिन्न विकास योजनाओं के लिए प्रदान किया ₹ 34.34 करोड की वित्तीय स्वीकृति का अनुमोदन*

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विधानसभा क्षेत्र थराली के अन्तर्गत विकास खण्ड, देवाल के देवाल बाजार (टैक्सी) के समीप बहुमंजिला पार्किंग निर्माण किये जाने हेतु प्रथम चरण में 11.31 लाख तथा जनपद टिहरी गढ़वाल को अन्तर्गत घनसाली में बस स्टॉप के निर्माण हेतु ₹ 94.05 लाख की स्वीकृति प्रदान किये जाने का अनुमोदन प्रदान किया है।

मुख्यमंत्री द्वारा जनपद पौड़ी गढ़वाल के विधानसभा क्षेत्र यमेश्वर के अन्तर्गत सिल्ला-कांडई मोटर मार्ग के निर्माण कार्य (द्वितीय चरण) हेतु ₹ 3.36 करोड़ की धनराशि स्वीकृत किये जाने का अनुमोदन प्रदान किया गया है।

मुख्यमंत्री द्वारा आयुर्वेदिक एवं यूनानी सेवायें विभाग के अन्तर्गत राष्ट्रीय आयुष मिशन की निर्माणाधीन योजनाओं हेतु राज्य आकस्मिकता निधि से ₹ 27 करोड के साथ ही प्रधानमंत्री आवास योजना के अन्तर्गत निर्माणाधीन उम्मेदपुर, रामनगर आवासीय परियोजना में पेयजल योजना हेतु ₹ 2.43 करोड स्वीकृत किये जाने हेतु का अनुमोदन प्रदान किया है।

मुख्यमंत्री द्वारा नगरपालिका परिषद्, नैनीताल के क्षेत्रान्तर्गत नर्सरी स्कूल, माल रोड नैनीताल की मरम्मत हेतु ₹ 3.44 लाख तथा ऐशडेल स्कूल नैनीताल की मरम्मत हेतु ₹ 45 लाख स्वीकृत किये जाने का अनुमोदन प्रदान किया गया है।

*मुख्यमंत्री ने टनकपुर स्टेडियम का नाम स्व० कैलाश गहतोड़ी के नाम पर रखे जाने का किया अनुमोदन*

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जनपद चम्पावत के टनकपुर में निर्मित स्टेडियम का नाम स्व० कैलाश गहतोड़ी के नाम पर रखे जाने का अनुमोदन प्रदान किया गया है।

मुख्यमंत्री ने घनसाली में किया 41.21 करोड़ की योजनाओं का लोकार्पण व शिलान्यास

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जनपद टिहरी के घनसाली में 41.21 करोड़ की विभिन्न विकास योजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया, जिसमें 13.43 करोड़ रूपए की 03 योजनाओं का लोकार्पण एवं 27.78 करोड़ रूपए की 05 योजनाओं का शिलान्यास शामिल है। साथ ही प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र, पिलखी को सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र के रूप में उच्चीकरण किये जाने का भी शिलान्यास किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने अस्पताल हेतु भूमि दान करने वाले कृष्णा गैरोला एवं उनके परिवार को भी सम्मानित किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जिन योजनाओं का शिलान्यास हो चुका है उनका कार्य रुकना नहीं चाहिए और उनका शीघ्र लोकार्पण भी सुनिश्चित किया जाएगा। प्रदेश सरकार पहाड़ों में सड़क, स्वास्थ्य और शिक्षा जैसी मूलभूत सुविधाओं को प्राथमिकता दे रही है। उन्होंने कहा कि इच्छाशक्ति हो तो संसाधनों की कमी भी दूर की जा सकती है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में आयुष्मान भारत योजना के माध्यम से प्रत्येक परिवार को प्रतिवर्ष 5 लाख रुपये तक के निःशुल्क उपचार की सुविधा मिल रही है तथा डीबीटी के माध्यम से योजनाओं का लाभ सीधे लाभार्थियों तक पारदर्शिता के साथ पहुंच रहा है। नंदा गौरा योजना के तहत बेटियों को 51 हजार रुपये की सहायता दी जा रही है। प्रदेश में आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है और शीघ्र की घनसाली क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाएं व्यवस्थित की जाएंगी।

मुख्यमंत्री ने स्वर्गीय इंद्रमणी बडोनी को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए क्षेत्र की प्रमुख मांगों पर प्राथमिकता से कार्य किये जाने का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि प्रदेश में अब तक हजारों युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराया गया है और अवैध अतिक्रमण हटाकर सरकारी भूमि कब्जा मुक्त कराई गई है। मुख्यमंत्री ने पिलखी बेलेश्वर क्षेत्र में उप-चिकित्सालय स्थापित करने की भी घोषणा की। मुख्यमंत्री ने सभी को होली की अग्रिम बधाई देते हुए कहा कि उन्हें सौंपें गये ज्ञापन में शामिल योजनाओं को भी मुख्यमंत्री घोषणा में शामिल किया जाएगा।

इस अवसर पर विधायक घनसाली शक्तिलाल शाह ने मुख्यमंत्री का स्वागत करते हुए घनसाली को 30 बेड अस्पताल, तीनगढ़ में पुनर्वास, बालगंगा पुल हेतु धनराशि स्वीकृति, विद्यालय भवन निर्माण एवं बिजलीघर शिलान्यास जैसे कार्यों के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने क्षेत्र की 37 सूत्रीय मांगें भी रखीं, जिनमें अखोडी का उच्चीकरण, थाती भटवाड़ा में बाढ़ सुरक्षा कार्य, धमातोली हाईस्कूल का इंटर कॉलेज में उच्चीकरण, ब्लॉक मुख्यालय में मिनी स्टेडियम, कोठार-सौड़ सड़क निर्माण तथा गेंवली बुद्धकेदार व पिंडवाड़ में उप स्वास्थ्य केंद्र स्थापना प्रमुख रही।

मुख्यमंत्री द्वारा लोकार्पण की गई योजनाओं में पीएमजीएसवाई की धमातोली से घनसाली अखोड़ी मोटर मार्ग वाया चांजी मोटर मार्ग अपग्रेडेशन, नागेश्वर सौड से गोना वाया सरकंडा मोटर मार्ग अपग्रेडेशन तथा विकासखंड भिलंगना के अंतर्गत राजकीय इंटर कॉलेज कोट विशन में भवन का पुनः निर्माण कार्य शामिल है।

जबकि शिलान्यास की गई योजनाओं में विश्व बैंक द्वारा पोषित यू-प्रिपेयर योजना के अन्तर्गत घनसाली में हनुमान मन्दिर के समीप 50 मीटर इण्टरमीडियेट लेन स्टील गर्डर मोटर सेतु का निर्माण कार्य, विकास खण्ड भिलंगना के अन्तर्गत तहसील बालगंगा के अनावासीय भवन का निर्माण कार्य विकास खण्ड भिलंगना के अन्तर्गत तहसील बालगंगा के अवासीय भवन का निर्माण कार्य, विकासखण्ड भिलगना के गंगी में स्वास्थ्य उपकेन्द्र गंगी का निर्माण कार्य तथा प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र पिलखी का सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र में उच्चीकरण का निर्माण कार्य शामिल है।

इस मौके पर कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज, जिलाधिकारी नितिका खण्डेलवाल, एसएसपी आयुष अग्रवाल, सीडीओ वरुणा अग्रवाल, राज्यमंत्री (उपाध्यक्ष) हस्तशिल्प व हथकरघा वीरेंद्र दत्त सेमवाल, ब्लॉक प्रमुख राजीव कंडारी, नगर पंचायत अध्यक्ष घनसाली आनंद बिष्ट, नगर पंचायत अध्यक्ष चमियाला गोविंद सिंह राणा, सीएमओ डॉ श्याम विजय, अनुसूचित आयोग सदस्य सुनीता देवी सहित बड़ी संख्या क्षेत्रीय जनता मौजूद रही।

मुख्यमंत्री पुष्कर धामी ने किया नयार वैली फेस्टिवल का उद्घाटन

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जनपद पौड़ी गढ़वाल के बिलखेत में आयोजित नयार वैली फेस्टिवल का शुभारंभ किया। इस महोत्सव के शुभारंभ के साथ ही नयार घाटी की पर्यटन, संस्कृति एवं साहसिक गतिविधियों की अपार संभावनाओं को नई पहचान मिलने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल की शुरुआत हुई है।

मुख्यमंत्री ने नयार घाटी में पैराग्लाइडिंग प्रशिक्षण केंद्र की स्थापना करने, पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए विकासखंड पोखड़ा में रसलवाँण दीवा मंदिर स्थलीय कार्य, विकासखंड बीरोंखाल में कालिंका मंदिर स्थलीय कार्य, विकासखंड एकेश्वर में एकेश्वर महादेव मंदिर स्थलीय कार्य तथा विकासखंड पाबौ में चम्पेश्वर महादेव मंदिर से जुड़े विकास कार्यों की घोषणा की।

मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम स्थल पर विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टॉलों का निरीक्षण कर योजनाओं की प्रगति की जानकारी ली। उन्होंने महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास विभाग की लाभार्थी करिश्मा और सलोनी को महालक्ष्मी किट प्रदान की, योगिता की गोदभराई की रस्म संपन्न कराई तथा समाज कल्याण विभाग के लाभार्थियों तुलसीदास एवं बीरेन्द्र को दिव्यांग उपकरण भी वितरित किए।

मुख्यमंत्री ने महिला समूहों एवं स्थानीय नागरिकों से संवाद कर उनके अनुभव जाने और सरकार की योजनाओं का लाभ अधिकाधिक लोगों तक पहुंचाने पर बल दिया। उन्होंने साइक्लिस्टों तथा एंगलरों से भी संवाद कर उनके साहस और उत्साह की सराहना की।

इस दौरान मुख्यमंत्री ने पैराग्लाइडिंग, पैरामोटरिंग, हॉट एयर बैलून, माउंटेन बाइकिंग, कयाकिंग, एंगलिंग, जिपलाइन, बर्मा ब्रिज, रिवर्स बंजी सहित विभिन्न एडवेंचर गतिविधियों का फ्लैग ऑफ कर औपचारिक शुभारंभ किया। उन्होंने कहा कि नयार वैली क्षेत्र प्राकृतिक सौंदर्य और साहसिक पर्यटन की दृष्टि से अत्यंत समृद्ध है तथा ऐसे आयोजनों से स्थानीय युवाओं को स्वरोजगार के अवसर मिलेंगे और क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।

मुख्यमंत्री ने सभी को होली की अग्रिम शुभकामनाएं दीं और कहा कि नयार घाटी सहित जनपद पौड़ी गढ़वाल का यह संपूर्ण क्षेत्र अपनी मनमोहक प्राकृतिक सुंदरता, शांत वातावरण और साहसिक संभावनाओं के कारण अत्यंत अद्वितीय है। प्रकृति ने इस क्षेत्र को सौंदर्य और रोमांच का अनुपम संगम प्रदान किया है, जिससे यह साहसिक पर्यटन और युवाओं के उज्ज्वल भविष्य के लिए आदर्श स्थल बनता है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि क्षेत्र के विकास के लिए सरकार सकारात्मक रूप से कार्य करेगी, ताकि स्थानीय युवाओं को अपने ही क्षेत्र में आगे बढ़ने और स्वरोजगार के अवसर प्राप्त हो सकें। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का लक्ष्य केवल योजनाएं बनाना नहीं, बल्कि उन्हें समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना भी है, जिससे प्रत्येक नागरिक विकास की मुख्यधारा से जुड़ सकेगा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में राज्य सरकार, अंत्योदय की भावना के साथ कार्य करते हुए सड़क, बिजली, पेयजल, दूरसंचार, शिक्षा और स्वास्थ्य सहित सभी मूलभूत सुविधाओं को सुदृढ़ करने के लिए प्रतिबद्ध है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जनपद के समग्र विकास के लिए अनेक महत्वपूर्ण परियोजनाओं पर तेजी से कार्य किया जा रहा है। श्रीनगर में 650 करोड़ रुपये की लागत से नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी का निर्माण प्रगति पर है, जबकि खोह नदी को प्रदूषण मुक्त और स्वच्छ बनाने के लिए 135 करोड़ रुपये की लागत से आधुनिक सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट स्थापित किया जा रहा है। पौड़ी के गड़िया गांव में प्रदेश की पहली एनसीसी अकादमी का निर्माण, कोटद्वार में 11 करोड़ की लागत से सॉलिड वेस्ट प्रोसेसिंग प्लांट और मालन नदी पर पुल निर्माण कार्य जारी है।

मुख्यमंत्री ने कहा पौड़ी के ऐतिहासिक कलेक्ट्रेट भवन को हेरिटेज के रूप में संरक्षित किया जा रहा है तथा सतपुली में सिंचाई निरीक्षण भवन का निर्माण किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि कोटद्वार में खेल सुविधाओं के विस्तार, 50 बेड वाले आधुनिक चिकित्सालय के निर्माण, सीडीएस पार्क में विशाल तिरंगा, विज्ञान संग्रहालय, ट्राइडेंट पार्क, सतपुली झील, 20 करोड़ की लागत से माउंटेन म्यूजियम एवं तारामंडल जैसी परियोजनाएं भविष्य में पर्यटन और रोजगार के नए अवसर सृजित करेंगी। मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि इन सभी प्रयासों से क्षेत्र का संतुलित और सतत विकास सुनिश्चित होगा तथा स्थानीय लोगों के जीवन स्तर में व्यापक सुधार आएगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का निरंतर प्रयास शासन-प्रशासन को जन-जन तक पहुंचाना है। इसी उद्देश्य से 17 दिसंबर 2025 से “जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार” अभियान शुरू किया गया, जिसके तहत प्रशासन के विभिन्न विभागों की टीमें प्रत्येक न्याय पंचायत में पहुंचकर लोगों की समस्याएं सुन रही हैं और जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ सीधे उनके द्वार तक पहुंचा रही हैं। उन्होंने बताया कि इस अभियान के माध्यम से लोगों के प्रमाणपत्र और आवश्यक दस्तावेज घर-घर पहुंचाए गए, जिससे आमजन को कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़े। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का लक्ष्य यही है कि हर नागरिक को समय पर सुविधाएं मिलें और उसकी समस्याओं का त्वरित एवं प्रभावी समाधान उसके अपने द्वार पर ही सुनिश्चित हो।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य का समग्र सामाजिक विकास सरकार का प्रमुख लक्ष्य और संकल्प है। उन्होंने कहा कि विकास के साथ-साथ राज्य की सामाजिक और सांस्कृतिक पहचान को सुदृढ़ बनाए रखना, लोकतांत्रिक व्यवस्था को मजबूत करना तथा हमारी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और मूल्यों का संरक्षण करना भी सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है, जिसके लिए निरंतर प्रभावी प्रयास किए जा रहे हैं।

पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज ने कहा कि राज्य सरकार, उत्तराखंड को देश-विदेश में प्रमुख पर्यटन एवं एडवेंचर डेस्टिनेशन के रूप में स्थापित करने के लिए प्रतिबद्ध है और नयार वैली फेस्टिवल इस दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। उन्होंने कहा कि यह एक आयोजन नहीं, बल्कि नयार घाटी की अपार प्राकृतिक सुंदरता, हमारी समृद्ध संस्कृति और साहसिक पर्यटन की असीम संभावनाओं का सशक्त परिचय है। इस महोत्सव के माध्यम से पैराग्लाइडिंग, माउंटेन बाइकिंग, कयाकिंग, हॉट एयर बैलून जैसी गतिविधियाँ युवाओं को नए अवसर प्रदान करेंगी और स्थानीय स्तर पर रोजगार के द्वार खोलेंगी।

पर्यटन मंत्री कहा कि हमारा लक्ष्य उत्तराखंड को देश का अग्रणी एडवेंचर टूरिज्म डेस्टिनेशन बनाना है, जिसके लिए राज्य सरकार आधारभूत संरचना, कनेक्टिविटी और पर्यटन सुविधाओं को सुदृढ़ करने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि सभी के सहयोग से नयार घाटी आने वाले समय में देश-दुनिया के पर्यटकों के आकर्षण का प्रमुख केंद्र बनेगी और विकास, रोजगार तथा सांस्कृतिक पहचान का नया अध्याय लिखेगी।

विधायक राजकुमार पोरी ने मुख्यमंत्री का स्वागत करते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में प्रदेश निरंतर विकास के नए आयाम स्थापित कर रहा है। उन्होंने कहा कि यह महोत्सव जनपद पौड़ी को पर्यटन मानचित्र पर नई पहचान दिलाएगा। साथ ही उन्होंने चिनवाड़ी डांडा पेयजल योजना की स्वीकृति के लिए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त करते हुए नयार वैली फेस्टिवल को स्थायी रूप से आयोजित किए जाने का अनुरोध किया।

बिलखेत में जिला प्रशासन द्वारा एक अद्वितीय एवं सुव्यवस्थित आयोजन संपन्न किया गया, जिसमें एक ही मंच पर 10 पृथक-पृथक गतिविधियों का सफल संचालन सुनिश्चित किया गया। विविध रोमांचक, सांस्कृतिक एवं जनसहभागिता आधारित कार्यक्रमों से सुसज्जित इस आयोजन ने न केवल प्रतिभागियों और दर्शकों में उत्साह का संचार किया, बल्कि प्रशासन की समन्वित कार्यप्रणाली और उत्कृष्ट व्यवस्थापन क्षमता का भी परिचय दिया। यह आयोजन नवाचार, सुव्यवस्था और बहुआयामी गतिविधियों के प्रभावी क्रियान्वयन का प्रेरक उदाहरण बनकर उभरा।

इस अवसर पर उत्तराखण्ड गौ सेवा आयोग के अध्यक्ष पं. राजेद्र अणथ्वाल, जिला पंचायत अध्यक्षा रचना बुटोला, ब्लॉक प्रमुख कल्जीखाल गीता देवी, प्रमुख द्वारीखाल बीना राणा, जिला पंचायत सदस्य महेंद्र राणा, जिलाधिकारी स्वाति एस भदौरिया, मुख्य विकास अधिकारी गिरीश गुणवंत वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सर्वेश पंवार एवं अन्य लोग मौजूद रहे।

बेटियों की शिक्षा, सुरक्षा से लेकर रोजगार तक के लिए संकल्पबद्ध है सरकार: धामी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि प्रदेश सरकार बेटियों के जन्म से लेकर उनकी शिक्षा, सुरक्षा और रोजगार को बढ़ावा देने के लिए संकल्पबद्ध होकर कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री ने गुरुवार को नंदा गौरा योजना के तहत वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए प्रदेश की 33,251 बालिकाओं के खाते में डीबीटी के माध्यम से 1,45,93.00 (एक अरब पैंतालीस करोड़ तिरान्नबे लाख रुपए) की धनराशि हस्तांतरित की।

मुख्यमंत्री आवास में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि जन्म के समय बेटा- बेटी के बीच होने वाले भेदभाव को समाप्त करते हुए, कन्या जन्म को प्रोत्साहन देने के लिए प्रदेश सरकार नंदा गौरा योजना संचालित कर रही है। इसके तहत राज्य सरकार द्वारा बालिका के जन्म पर 11 हजार रुपए और बेटी के 12वीं पास करने पर उच्च शिक्षा के लिए 51 हजार रुपए की धनराशि प्रदान की जा रही है। उन्होंने कहा कि योजना के तहत अब तक 3,77,784 (तीन लाख सत्तर हजार सात सौ चौरासी ) बालिकाओं को कुल 11,68,49.00 रुपए (ग्यारह अरब अडसठ करोड़ उनपचास लाख ) की धनराशि जारी की जा चुकी है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार बेटियों की उच्च शिक्षा को प्रोत्साहन दे रही है, साथ ही शिक्षित होने के बाद रोजगार के लिए भी बेटियों को सरकारी सेवाओं में 30 प्रतिशत आरक्षण प्रदान किया जा रहा है। जिसके बाद अब सरकारी सेवाओं में उत्तराखंड की महिलाओं की स्थिति मजबूत हुई है, इससे सरकारी कार्यालयों की कार्य संस्कृति ज्यादा बेहतर हुई है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार लखपति दीदी योजना के जरिए भी प्रदेश की आम महिलाओं की आर्थिक स्थिति मजबूत करने का प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि नंदा गौरा योजना कन्या भ्रूण हत्या पर रोक लगाने, संस्थागत प्रसव को प्रोत्साहन देने, बालिका शिक्षा को बढ़ावा देते हुए, समाज में लैंगिक असमानता को दूर करने के लक्य्द प्राप्त करने में सफल रही है।

इस मौके पर विभागीय मंत्री रेखा आर्य ने कहा कि, इस वर्ष लाभांवित होने वाली बालिकाओं में 5913, नवजात हैं, जबकि शेष 27338 को 12वीं पास करने पर यह धनराशि मिली है। उन्होंने सभी लाभार्थियों को शुभकामनाएं प्रेषित की।

इस मौके पर सचिव चंद्रेश कुमार, विभागीय निदेशक बंशीलाल राणा सहित अन्य अधिकारी कर्मचारी उपस्थित हुए।