श्री बदरीनाथ धाम के कपाट खुलने से चारधाम यात्रा ने पकड़ी रफ्तार

विश्व प्रसिद्ध बद्रीनाथ धाम के कपाट रविवार सुबह 6 बजकर 15 मिनट पर वैदिक मंत्रोच्चारण एवं विधि विधान के साथ श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ के लिए खोल दिए गए। ग्रीष्मकाल के छह माह अब श्रद्धालु भगवान बद्रीविशाल के दर्शन व पूजा अर्चना बद्रीनाथ मंदिर में कर सकेंगे। कपाटोद्घाटन के अवसर पर मंदिर को भव्य रूप से गेंदे के फूलों से सजाया गया था। सेना के बैंड की भक्तिमय धुनों एवं जय बद्रीविशाल के जयकारों के साथ देश-विदेश से आये हजारों श्रद्धालु कपाट खुलने के साक्षी बने। श्री बद्रीनाथ मंदिर के कपाट खुलते ही चारधाम की यात्रा विधिवत शुरू हो गई है। उल्लेखनीय है कि 3 मई को श्री गंगोत्री व श्री यमुनोत्री धाम औऱ 6 मई को श्री केदारनाथ धाम के कपाट श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ के लिए खोले गए। दो साल कोविड के कारण चारधाम यात्रा प्रभावित रही। लेकिन इस बार कपाट खुलने के दौरान से ही भारी संख्या में श्रद्धालु व भक्तगण चार धामों में पहुंचे है तथा यह सिलसिला लगातार जारी है। बद्रीनाथ धाम में कपाटोद्घाटन के अवसर पर श्रद्धालु व भक्तजन देर रात से ही भगवान बद्रीविशाल के दर्शन करने हेतु कतार पर अपनी बारी का इंतजार कर रहे थे। कपाट खुलते ही श्रद्धालुओं द्वारा बारी बारी से भगवान बद्रीविशाल के दर्शन किये।
इस अवसर पर श्री बद्रीनाथ धाम के मुख्य पुजारी रावल ईश्वर प्रसाद नंबूदरी, नायब रावल अमरनाथ नंबूदरी, धर्माधिकारी आचार्य भुवन चंद्र उनियाल, बद्री केदार मंदिर सामिति के अध्यक्ष अजेंद्र अजय, उपाध्यक्ष किशोर पंवार, विधायक बद्रीनाथ राजेन्द्र भंडारी, पूर्व विधायक महेंद्र भट्ट, डीजीपी अशोक कुमार, आशुतोष डिमरी, वीरेंद्र असवाल, हरीश सेमवाल, जिलाधिकारी हिमांशु खुराना, एसपी श्वेता चौबे, सहित हजारों की संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।

प्रातः 6 बजकर 25 मिनट पर विधि-विधान से खुले श्री केदारनाथ धाम के कपाट

श्री केदारनाथ धाम के कपाट आज बाबा केदारनाथ की जय उदघोष के साथ आज वृष लग्न में प्रातः 6 बजकर 25 मिनट पर खुल गये है। इस अवसर पर मंदिर को भब्य रूप से नौ क्विंटल फूलों से सजाया गया था। सेना की मराठा रेजीमेंट के बैंड की भक्तिमय धुनों के साथ देश-विदेश से आये 10 हजार से अधिक श्रद्धालुजन कपाट खुलने के गवाह बने। प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी कपाट खुलने के साक्षी बने।
आज प्रात साढ़े चार बजे से श्री बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति ने कपाटोद्घाटन की तैयारी शुरू कर दी थी। श्री केदारनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति के अध्यक्ष अजेंद्र अजय सहित धाम के रावल भीमाशंकर लिंग, केदारनाथ धाम के पुजारी टी गंगाधर लिंग, आयुक्त गढवाल सुशील कुमार, जिलाधिकारी मयूर दीक्षित सहित मंदिर समिति मुख्य कार्याधिकारी बी.डी. सिंह, वेदपाठी आचार्यगणों ने मंदिर के पूरब द्वार से मंदिर के सभामंडप में प्रवेश किया। पांच बजे से मंदिर के गर्भगृह के द्वार का पूजन शुरू हुआ।
श्री केदारनाथ धाम के रक्षक क्षेत्रपाल श्री भकुंट भैरव के आव्हान के साथ ठीक प्रातः6 बजकर 25 मिनट पर श्री केदारनाथ धाम के मुख्य द्वार के कपाट खोल दिये गये।
कपाट खुलते ही श्री केदारनाथ भगवान के स्वयंभू शिवलिंग को समाधि रूप से जागृत किया। कुछ ही पल बाद बाबा के निर्वाण दर्शन हुए। कुछ अंतराल में बाबा का श्रृंगार दर्शन शुरू हुए तथा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के नाम से पहला रूद्राभिषेक किया गया।

इस अवसर पर मंदिर को विभिन्न प्रकार के फूलों से सजाया गया तथा समस्त केदारनाथ धाम में मराठा रेजीमेन्ट के बैंड की भक्तिमय धुनों से वातावरण गुंजायमान हो रहा था। दानीदाताओं ने भंडारे आयोजित किये हेली सेवा एवं पैदल मार्ग से श्रद्धालुओं का आने का सिलसिला जारी है। प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी सहित पर्यटन धर्मस्व संस्कति मंत्री सतपाल महाराज ने श्री केदारनाथ धाम के कपाट खुलने के अवसर पर देश-विदेश के तीर्थयात्रियों को शुभकामनाएं दी है कहा कि श्री केदारनाथ भगवान की कृपा जनमानस पर बनी रहे। प्रदेश के मुख्यमंत्री पष्कर सिंह धामी इस अवसर पर विशेष रूप से केदारनाथ धाम दर्शन को पहुंचे है।

उल्लेखनीय है कि कपाट खुलने की प्रक्रिया के अंतर्गत श्री केदारनाथ भगवान की पंचमुखी डोली 2 मई को शीतकालीन गद्दीस्थल श्री ओंकारेश्वर मंदिर उखीमठ से पैदल मार्ग से चलकर गुप्तकाशी, फाटा, गौरीकुंड होते हुए 5 मई शाम को श्री केदारनाथ धाम पहुंची थी आज 6 मई को प्रातः श्री केदारनाथ धाम के कपाट यात्राकाल ग्रीष्मकाल 6 माह के लिए खुल गये। शनिवार को भैरवनाथ जी की पूजा के पश्चात भगवान केदारनाथ जी की आरती शुरू हो जायेगी। श्री केदारनाथ धाम के कपाट खुलने के अवसर पर श्री केदारनाथ मंदिर परिसर भक्तिमय भजनों से गुंजायमान हो रहा था।
इस अवसर पर प़कज मोदी, पूर्व विधायक मनोज रावत, मंदिर समिति सदस्य क्रमश निवास पोस्ती, आशुतोष डिमरी, सज्जन जिंदल वीरेंद्र असवाल अतिरिक्त मुख्य सचिव आनंद वर्धन, सचिव धर्मस्व हरिचंद सेमवाल, केदार सभा अध्यक्ष विनोद शुक्ला, पुलिस अधीक्षक आयुष अग्रवाल, एसडीएम जितेंद्र वर्मा, कृष्णनाथ गोस्वामी सहित मंदिर समिति प्रभारी अधिकारी आर. सी. तिवारी, गिरीश देवली, आरके नौटियाल, आचार्य ओंकार शुक्ला, यदुवीर पुष्पवान, प्रदीप सेमवाल, अरविंद शुक्ला डा. हरीश गौड़, अमित शुक्ला, विपिन तिवारी राजकुमार तिवारी आदि मौजूद रहे।

गंगा प्रहरियों का योगी और धामी ने किया सम्मान

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ एवं उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरूवार को ऋषिकुल, महाविद्यालय हरिद्वार में सांसद एवं पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक द्वारा रचित स्पर्श गंगा गीत एवं खण्डकाव्य ‘‘मैं गंगा बोल रही’’ का लोकार्पण किया। इस अवसर पर उन्होंने स्पर्श गंगा ई-पत्रिका का विमोचन भी किया।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक ने स्पर्श गंगा अभियान चलाकर गंगा की निर्मलता एवं अविरलता के लिए व्यापक स्तर पर जन जागरूकता अभियान चलाया। दुनिया में गंगा के प्रति एक आस्था और निष्ठा देखने को मिलती है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में गंगा की निर्मलता एवं अविरलता के लिए नमामि गंगे के तहत सराहनीय कार्य हुए हैं। उन्होंने कहा कि गंगा एवं उसकी सहायक नदियों की निर्मलता एवं अविरलता को बनाये रखने के लिए सरकार के साथ ही विभिन्न सामाजिक संगठनों एवं लोगों को आगे आना होगा। गंगा एवं यमुना का उद्गम देवभूमि उत्तराखण्ड में है, हिमालय पर्वत उत्तर भारत में जलापूर्ति करता है। स्पर्श गंगा अभियान से सबको जुड़ना होगा।
उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक ने 2009 में स्पर्श गंगा अभियान की शुरूआत की। मां गंगा एवं पर्यावरण के संरक्षण के लिए उनके द्वारा सराहनीय कार्य किये गये हैं। गंगा की निर्मलता बनाये रखने के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के मार्गदर्शन में अनेक कार्य हुए हैं। उत्तराखण्ड में नमामि गंगे के तहत सराहनीय कार्य हुए हैं। सरकार के साथ सामाजिक सहयोग से हमें गंगा की अविरलता एवं निर्मलता के लिए निरन्तर प्रयास करने होंगे।
सांसद एवं पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक ने कहा कि स्पर्श गंगा अभियान निरंतर चलता रहेगा। उत्तराखण्ड से उत्तर प्रदेश को स्वच्छ गंगा भेजेंगे। गंगा हमारी मां व जीवन रेखा है। स्पर्श गंगा अभियान 20 से अधिक देशों में चलाया जा रहा है।
इस अवसर पर महामण्डलेश्वर अवधेशानन्द गिरी महाराज, भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष व विधायक मदन कौशिक, विधायक आदेश चौहान, स्पर्श गंगा अभियान की संयोजक आरूषि निशंक, भाजपा के जिलाध्यक्ष डॉ. जयपाल सिंह चौहान, सांसद प्रतिनिधि ओमप्रकाश जमदग्नि मौजूद रहे।

चारधाम यात्रा का औपचारिक शुभारंभ, अग्रवाल और चन्दन राम दास ने दिखाई हरी झंडी

चारधाम यात्रा-2022 का औपचारिक श्रीगणेश उत्तराखंड के वित्त, शहरी विकास एवं आवास विधायी एवं संसदीय कार्य, पुनर्गठन एवं जनगणना मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल और परिवहन मंत्री चंदनराम दास ने संयुक्त रूप से हरी झंडी दिखाकर किया। इस मौके पर 30 वाहनों में 1200 श्रद्धालुओं को दोनों मंत्रियों की मौजूदगी में रवाना किया गया। इस दौरान ऋषि कुमारों द्वारा वैदिक मंत्रोच्चारण, ढोल बाजो से पंडाल गूंज उठा।
गुरुवार को प्रत्येक वर्ष चारधाम यात्रा संचालित करने वाली संयुक्त रोटेशन यात्रा व्यवस्था समिति के तत्वावधान में यात्रा का औपचारिक शुभारंभ किया गया। कैबिनेट मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल ने उत्तराखंड आगमन पर सभी चारधाम यात्रियों का स्वागत करते हुए उनकी सभी मनोकामनाएं पूर्ण होने की भगवान से प्रार्थना की। उन्होंने कहा कि दो वर्ष से प्रभावित चारधाम यात्रा इस वर्ष 2022 में अच्छी होने जा रही है और इसके लिए राज्य सरकार पूरी तरह से तैयार है। इसकी प्रतिदिन मॉनिटरिंग की जा रही है। बताया कि सभी सम्बन्धित विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए गए है कि चारधाम यात्रा पर लगे सभी वाहनों की फिटनेस पर विशेष ध्यान दिया जाए। उन्होंने कहा कि बिना फिटनेस वाली गाड़ी के संज्ञान में आने पर कठोर कार्यवाही की जाए।
अग्रवाल ने सभी यात्रियों का रजिस्ट्रेशन किये जाने पर बल दिया। उन्होंने कहा सभी यात्रियों का रजिस्ट्रेशन किया जाए, सरकार के पास सभी यात्रियों का पूरा रिकॉर्ड होना चाहिए। श्री अग्रवाल जी ने कहा कि चारधाम यात्री हमारे मेहमान हैं और हमारी संस्कृति ‘अतिथि देवो भवः‘ की है। अतिथियों का सत्कार हमारा फर्ज होना चाहिए। उन्होंने कहा कि यात्रियों के साथ किसी तरह की दिक्कतें न हो, इसका ख्याल भी पूरी तरह से किया गया है। सोशल मीडिया के जरिए भी यात्रियों को जागरूक किया जा रहा है।

अग्रवाल ने कहा कि चारधाम यात्रा मार्ग पर यात्रियों को सुविधाओं का राज्य सरकार ने विशेष ख्याल रखा है, इसमें मोबाइल टॉयलेट की समुचित व्यवस्था की गई है। साफ सफाई का विशेष ख्याल रखा गया है। इसके लिए यात्रा मार्ग पर आने वाले सभी निकायों ने तीन चरणों में सफाई व्यवस्था शुरू कर दी है, विशेषतौर पर रात्रिकाल में कूड़ा उठान का कार्य किया जा रहा है, जिससे अगली सुबह यात्रियों को यात्रामार्ग साफ और स्वच्छ मिले। इसके अलावा कीटनाशक दवाओं का उपयोग भी प्रतिदिन किया जा रहा है।
अग्रवाल ने कहा कि यात्रियों की सुविधाओं के लिए राज्य सरकार ने पहली बार होटल, रेस्टोरेंट आदि से बिल में सर्विस चार्ज न लेने को कहा है, कहा कि सर्विस चार्ज के लिए यात्रियों को बाध्य नहीं कर सकते। उन्होंने बताया कि चारधाम यात्रा के औपचारिक शुभारंभ के बाद से प्रत्येक शनिवार को स्कूल बंद रहेंगे। इससे ऋषिकेश में बच्चों और अभिभावकों को जाम से दो चार नहीं होना पड़ेगा।
परिवहन मंत्री चंदन राम दास ने प्रदेश की जनता से आग्रह किया है कि यात्रियों को हर यथा संभव सहयोग करे। जिससे यात्रियों को किसी प्रकार की परेशानी न हो और यहां से वापस जा कर अपने प्रदेश में यात्रा के प्रति सकारात्मक सोच पैदा कर सकें। उन्होंने कहा कि मेडिकल की सुविधा बेहतर मिले, इसके लिए सरकार तैयार है। किराया वृद्धि पर संवेदनशील है, बीच का रास्ता निकाला जाएगा। ट्रिप कार्ड में दिक्कतें आ रही है, इसके लिए अधिकारियों को समुचित व्यवस्था करने को कहा गया है। हमारी सरकार परिवहन व्यवस्था को पटरी पर ला रही है। रोडवेज की इनकम बढ़ाने के लिए सरकार कार्य कर रही हैं।
यात्रा शुभारम्भ के दौरान राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष कुसुम कंडवाल, पूर्व दायित्वधारी कृष्ण कुमार सिंघल, तहसीलदार अमृता शर्मा, परिवहन अधिकारी दिनेश पठोई, अरविंद पांडेय, संयुक्त रोटेशन यात्रा व्यवस्था समिति के अध्यक्ष संजय शास्त्री, सरोज डिमरी, भाजपा मंडल अध्यक्ष दिनेश सती, चेतन शर्मा, राकेश पारछा, जग मोहन सकलानी, पूर्व पालिकाध्यक्ष दीप शर्मा, इंद्र कुमार गोदवानी, मदन कोठारी, शिक्षाविद बंशीधर पोखरियाल, पार्षद शिव कुमार गौतम, संजीव पाल, जितेंद्र सिंह नेगी, जीत सिंह पटवाल, भूपाल सिंह नेगी, रेखा गुसांई, सम्पत सिंह रावत, नरेंद्र सिंह राणा, अजय बधाणी, आशुतोष तिवारी, अनिता तिवारी पूर्व पार्षद सीमा रानी, माधवी गुप्ता, उषा जोशी, सचिन अग्रवाल, कविता साह, राजकुमारी पंत, रवि जैन, आंदोलनकारी वेद प्रकाश शर्मा, अखिलेश गुसाई, राकेश सेमवाल, मदन मोहन शर्मा, जयंत शर्मा, राजपाल ठाकुर, विनोद भट्ट, आनंदराम भट्ट, हुकुम चंद, हरिशंकर प्रजापति, संजय कौशिक, घनश्याम, जितेंद्र प्रसाद, भानु रांगड़ आदि श्रद्धालु उपस्थित रहे।

बदरीनाथ के भव्य रुप को संवारने की जिम्मेदारी सभी की-संधु

मुख्य सचिव डॉ. एस.एस.सन्धु ने बद्रीनाथ पहुंचकर मास्टर प्लान के तहत चल रहे निर्माण कार्याे का स्थलीय निरीक्षण कर कार्यदायी संस्थाओं को गुणवत्ता के साथ-साथ तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने कार्यदायी संस्थाओं को शीघ्र ही मैन पावर बढाने के निर्देश दिए। वहीं मुख्य सचिव ने व्यापारियों से मुलाकात की और कहा फिलहाल उनके लिए अस्थायी दुकानों का निर्माण किया जा रहा है तथा कार्य पूरे होने के बाद स्थायी दुकाने आवंटित की जाएगी। उन्होंने कहा कि प्रशासन और स्थानीय जनता के सहयोग से आने वाले वर्षाे में बद्रीनाथ का भव्य रूप दुनिया के सामने होगा जिससे यहां के व्यापारियों, स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के ज्यादा अवसर पैदा होंगे। उन्होंने कहा कि पीएमओ भी डेली बेसिस पर इसकी मानीटरिंग कर रहा है।
उसके बाद मुख्य सचिव ने बदरीनाथ मास्टर प्लान तथा यात्रा की तैयारियों को लेकर बीआरओ गेस्ट हाउस में अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। जिलाधिकारी हिमांशु खुराना ने उन्हें गतिमान कार्यों और यात्रा की तैयारियों के बारे में जानकारी दी। मुख्य सचिव ने मास्टर प्लान कार्यों में लगे मजदूरों तथा अन्य कर्मचारियों के लिए अस्थायी आवास बनाने के निर्देश दिए। साथ ही यात्रा व्यवस्था को लेकर भी संबंधित विभागों को निर्देश दिए।
मुख्य सचिव ने गोविन्द घाट से पुलना पैदल मार्ग पर चल रहे निर्माण कार्यों का स्थलीय निरीक्षण कर कार्यदायी संस्थाओं को कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए कहा कि 15 दिन बाद फिर इसका स्थलीय निरीक्षण करेंगे।
इस दौरान पर्यटन सचिव दिलीप जावलकर, जिलाधिकारी हिमांशु खुराना, पुलिस अधीक्षक श्वेता चौबे, मुख्य विकास अधिकारी वरूण चौधरी, एडीएम डा. अभिषेक त्रिपाठी, संयुक्त मजिस्ट्रेट दीपक सैनी, एसडीएम कुमकुम जोशी, धर्मेश गंगानी, मुख्य अभियन्ता अयाज अहमद, इओ सुनील पुरोहित, कमाण्डर मनीष कपिल, हेमकुण्ड साहिब के प्रबंधक सेवा सिंह सहित संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।

केदारपुरी के कार्यो का सीएस ने किया स्थलीय निरीक्षण

एक दिवसीय जनपद भ्रमण पर पहुंचे मुख्य सचिव डॉ. एस.एस. संधु ने श्री केदारनाथ धाम में चल रहे निर्माण कार्यों का संबंधित अधिकारियों के साथ स्थलीय निरीक्षण कर निर्माण कार्यों का जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान मुख्य सचिव द्वारा कार्यदायी संस्था के अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि केदारपुरी में जो भी निर्माण कार्य किए जा रहे हैं उन कार्यों को गुणवत्ता के साथ शीर्ष प्राथमिकता से पूर्ण करना सुनिश्चित करें। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि केदारनाथ में यात्रियों की सुविधाओं के दृष्टिगत सुविधाओं को विकसित करना है तथा जो कार्य किया जा रहा है जिसमें तीर्थ पुरोहितों हेतु आवासीय भवन का निर्माण, चिकित्सालय कंट्रोल सेंटर, संगमघाट मंदिर समिति का प्रशासनिक भवन, यात्रियों की सुविधा हेतु रैन शैटर, आस्थापथ का निर्माण कार्य आदि जो भी निर्माण कार्य गतिमान हैं उन कार्यों को शीघ्रता से शीघ्र पूर्ण करना सुनिश्चित करें। इसके लिए उन्होंने श्रमिकों की संख्या बढ़ाने के निर्देश कार्यदायी संस्था को दिए तथा श्रमिकों के रहने व खाने की उचित व्यवस्था करने के भी निर्देश दिए।
मुख्य सचिव द्वारा मंदाकिनी व सरस्वती नदी के दोनों ओर सुरक्षा के प्राविधान हेतु उचित व्यवस्था करने के लिए सचिव पर्यटन व जिलाधिकारी को आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने मुख्य सचिव को केदारपुरी में चल रहे निर्माण कार्यों की जानकारी से अवगत कराया तथा जो भी निर्देश निरीक्षण के दौरान दिए गए हैं उनका तत्परता के साथ अनुपालन संबंधित कार्यदायी संस्था से कराया जाएगा।
इस अवसर पर पर्यटन सचिव दिलीप जावलकर, मुख्य अभियंता लो.नि.वि. अहमद, अपर मुख्य अधिकारी/कार्यकारी अधिकारी केदारनाथ योगेंद्र सिंह, उप जिलाधिकारी ऊखीमठ जितेंद्र वर्मा, उप जिलाधिकारी के.एन. गोस्वामी, अधीक्षण अभियंता विद्युत एस. एस. कंवर, अधिशासी अभियंता डीडीएमए प्रवीण कर्णवाल, जल संस्थान सहित अन्य विभागीय अधिकारी व कार्यदायी संस्थाओं के अधिकारी मौजूद रहे।

चारधाम यात्रियों को बेहतर सुविधा देने के हो प्रयास-प्रेमचन्द अग्रवाल

चारधाम यात्रा की तैयारियों और ट्रैफिक व्यवस्था को लेकर आज कैबिनेट मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल ने जिलाधिकारी देहरादून, जिले के पुलिस कप्तान सहित विभागीय अधिकारियों की समीक्षा बैठक बैराज रोड स्थित कैम्प कार्यालय में की। इस मौके पर ट्रैफिक व्यवस्था, यात्रियों को सहूलियत, अतिक्रमण को कड़ाई से हटाने, संदिग्ध लोगों का सत्यापन करने, शनिवार को स्कूल बंद करने के निर्देश दिये गये। सभी विभागों को व्यवस्था चाक चौबंद करने के निर्देश दिए।

बैठक में निम्न निर्देश मंत्री द्वारा दिये गए।
1. परिवहन विभाग में दलाली प्रथा सख्ती के साथ बंद करें। एआरटीओ आफिस के बाहर गाड़ियां की कतार किसी भी सूरत में न लगे।
2. यात्रा में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए बैठने की व्यापक व्यवस्था, पीने के लिए शीतल पेय का इंतजाम किया जाए।
3. श्यामपुर में रेलवे फाटक पर जाम की समस्या के लिए मुरादाबाद डीआरएम से बात कर 10 मिनट की जगह 4 मिनट फाटक बंद करवाये।
4. माल वाहक वाहन के लिए सत्यनारायण मंदिर के समीप पुलिस पिकेट लगाई जाए।
5. मंत्री ने आने वाले शनिवार से स्कूलों के अवकाश करने सम्बन्धी आदेश देने के लिए जिलाधिकारी देहरादून को निर्देशित किया।
6. ईं रिक्शा, ऑटो, विक्रम यूनियन के साथ बैठक कर सवारी बैठाने, उतारने की जगह निश्चित करें। निश्चित जगहों के अलावा सवारी बैठाने, उतारने पर चालान की कार्यवाही भी करें।
7. किसी भी तिराहा, चौराहा में ऑटो, विक्रम न खड़े हों।
8. श्यामपुर में सीएनजी पंप पर लगने वाले जाम के लिए संचालक से बात कर टोकन की व्यवस्था की जाए।
9. कोयल घाटी से पुरानी चुंगी और निगम से चन्द्रभागा तक अतिक्रमण सख्ती के साथ हटाया जाए।
10. एम्स मार्ग पर दोनों ओर लगने वाले अतिक्रमण को पूरी तरह से हटवाया जाए।
11. बस अड्डा, रेलवे स्टेशन सहित अन्य जगहों पर संदिग्ध लोगों का सत्यापन किया जाए।
बैठक में जिलाधिकारी आर राजेश कुमार, एसएसपी जन्मेजय खंडूरी, एसपी सिटी अक्षय कोडे, एसपी देहात कमलेश उपाध्याय, सीओ ट्रैफिक टिहरी अस्मिता ममगाई, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट अपूर्वा पांडेय, एआरटीओ अरविंद पांडेय, सीओ ऋषिकेश डीसी ढ़ौण्डियाल, एसएनए आनन्द सिंह, कोतवाल रवि सैनी, ट्रैफिक इंस्पेक्टर हितेश कुमार आदि मौजूद रहे।

अपने गुरु की मूर्ति का अनावरण करने अपने पैतृक गांव पहुंचे सीएम आदित्यनाथ

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ एवं प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने संयुक्तरुप से महायोगी गुरु गोरखनाथ राजकीय महाविद्यालय, बिध्याणी, यमकेश्वर में आयोजित कार्यक्रम में प्रतिभाग किया।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी एवं उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने महायोगी गुरु गोरखनाथ राजकीय महाविद्यालय, बिध्याणी, यमकेश्वर में ब्रह्मालीन राष्ट्रसंत महंत अवैद्यनाथ महाराज की मूर्ति का अनावरण भी किया।
कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उत्तराखंड सरकार का धन्यवाद करते हुए कहा कि महंत अवैद्यनाथ की प्रेरणा से ही यहां महाविद्यालय की स्थापना हुई है। उन्होंने कहा कि ग्राम कांडी में ही महंत अवैद्यनाथ का जन्म हुआ था किंतु ज्यादा समय तक नहीं रुक सके थे। कहा कि वे यहां की शिक्षा व्यवस्था के बारे में पूछते रहते थे। मैंने उन्हें अवगत कराया था कि यहां कोई डिग्री कॉलेज नहीं है, यहां के निवासियों ने समिति बनाकर कॉलेज के लिए जमीन दी और यहां कुछ कक्षाओं का प्रारंभ हो सका था। उन्होंने कहा कि मैं व्यक्तिगत रुप से गौरवान्वित महसूस कर रहा हूं कि पूज्य गुरु को उनकी जन्मभूमि पर सम्मान दे पा रहा हूं। साथ ही उन्होंने कहा कि मेरे लिए गौरव की बात है कि मैं अपने स्कूली गुरुजनों का सम्मान कर पा रहा हूं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि उत्तराखंड में सबसे बड़ी समस्या पलायन है। यहां अच्छी शिक्षा अच्छा माहौल सौंदर्य और संभावनाएं हैं। उत्तराखंड का युवा जहां भी जाता है अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाता है। कहा कि देश 2014 के बाद नए उत्साह के साथ आगे बढ़ रहा है। कोरोना में बहुत से लोगों ने अपनों को खोया है लेकिन भारत का सबसे बढ़िया प्रबंधन पूरे विश्व में सराहा गया, पहले महामारी में मौतें बीमारी से ज्यादा भुखमरी से होती थी लेकिन अब प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देश बदल चुका है, सरकार संवेदनशीलता के साथ कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि देश को बचाना है तो उत्तराखंड के पलायन को रोकना होगा क्योंकि उत्तराखंड देश की उत्तरी सीमा है। वृक्षारोपण, जल संरक्षण को बढ़ावा देना होगा। उत्तराखंड मे आध्यात्मिक पर्यटन को इको पर्यटन से जोड़ना होगास योगी ने कहा कि आने वाला दशक उत्तराखंड का होगा लेकिन इसके लिए पलायन को रोकना पड़ेगा, जहां अन्य राज्यों में अव्यवस्था फैली है वही उत्तर प्रदेश में कहीं कोई उपद्रव नहीं हुआ। उत्तर प्रदेश में व्यक्तिगत आस्था पर कोई प्रतिबंध नहीं है किंतु उससे किसी अन्य को असुविधा नहीं होनी चाहिए। कहा कि लोकतंत्र में जनता सर्वाेपरि होती है, जन भावना के साथ आस्था के नाम पर खिलवाड़ नहीं किया जाएगा। कहा कि हमने उत्तर प्रदेश से लगभग एक लाख अनावश्यक माइक हटवाए हैं और कहीं कोई विवाद नहीं है। योगी ने कहा कि उत्तर प्रदेश उत्तराखंड की 21 वर्षों से जकड़ी समस्या का समाधान अंतिम चरण पर है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि योगी आदित्यनाथ करिश्माई व्यक्तित्व है। योगी जन्म भूमि में लंबे वक्त बाद आए है। उन्होंने कहा कि महंत अवैद्यनाथ का संबंध हिंदू धर्म, भाई चारे को मजबूत करने व जो पीछे छूट गए हैं उन्हें मुख्य धारा में लाने का रहा है। उनका राम जन्मभूमि आंदोलन में महत्वपूर्ण योगदान रहा है। कहा कि पहले अयोध्या में भगवान राम टेंट में थे वर्तमान में प्रधानमंत्री मोदी की सरकार बनने के बाद वहाँ भव्य मंदिर बनने का मार्ग प्रशस्त हुआ है। कहा कि मोदी-योगी के नेतृत्व में अयोध्या भारत ही नहीं बल्कि दुनिया की आध्यात्मिक व सांस्कृतिक राजधानी बनने जा रहा है। प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में काशी विश्वनाथ मार्ग भव्य हुआ है जिससे लोगों को जल चढ़ाने में कोई दिक्कत नहीं होती है। मोदी ने कहा है कि आने वाला दशक उत्तराखंड का होगा। उत्तराखंड में आजादी के बाद जितने पर्यटक चार धाम की यात्रा पर आए हैं इन 10 सालों में सारे रिकॉर्ड टूट जाएंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि चार धाम यात्रा मार्गों पर होटल, परिवहन व यात्रा से जुड़े लोगों से जानकारी मिली है कि आने वाले 2 माह के लिए सारे होटलों की बुकिंग फुल हो गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि योगी का जन्म उत्तराखंड में हुआ है किंतु वे अब पूरे देश की धरोहर बन चुके हैं। कहा कि 21 सालों से उत्तराखंड-यूपी का परिसंपत्तियों के बंटवारे से संबंधित मामले का मात्र 20 मिनट की बैठक में ही हल निकल गया। मुख्यमंत्री ने घोषणा करते हुए कहा कि महायोगी गोरखनाथ विद्यालय में विज्ञान की कक्षाएं चलाई जाएंगी, साथ ही जो भी अन्य संसाधनों की आवश्यकता होगी उसे पूरा किया जाएगा।
इस अवसर पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री ने अपने गुरुजनों राजेंद्र सिंह रावत, राजेंद्र सिंह भंडारी, महिमानंद बड़थ्वाल, सत्य प्रसाद बड़थ्वाल को सम्मानित किया।
कार्यक्रम में कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज, डॉ. धन सिंह रावत, सांसद एवं पूर्व मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत, पूर्व मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत, विधायक रेणु बिष्ट सहित अन्य गणमान्य उपस्थित रहे।

गंगोत्री और यमुनोत्री के खुले कपाट, पीएम ने नाम पर हुई पहली पूजा

अक्षय तृतीया के पावन अवसर पर गंगोत्री और यमुनोत्री धाम के कपाट खोल दिये गये हैं। इसी के साथ चार धाम यात्रा प्रारंभ हो गई है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी स्वयं गंगोत्री धाम के कपाट खुलने के अवसर पर उपस्थित रहे। पहली पूजा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नाम से की गई। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गंगोत्री में पूजा अर्चना की और प्रदेश वासियों की खुशहाली की कामना की। मुख्यमंत्री ने कहा कि “आज से चारधाम यात्रा विधिवत रूप से शुरू हो रही है, मैं सभी श्रद्धालुओं का उत्तराखंड देवभूमि आगमन पर स्वागत करता हूं. ये यात्रा ऐतिहासिक हो, सबकी यात्रा सरल व सुगम हो, सबके मंगल की कामना करता हूँ। हमारी सरकार सुगम एवं सुरक्षित चार धाम यात्रा हेतु वचनबद्ध है।“
मुख्यमंत्री ने फोन के माध्यम से यमुनोत्री धाम के मुख्य पुजारियों एवं वहां उपस्थित समस्त श्रद्धालुजनों को अक्षय तृतीया एवं यमुनोत्री धाम के कपाट खुलने के शुभ अवसर की शुभकामनाएं प्रेषित की।

सुरकंडा देवी मंदिर में रोपवे सेवा शुरु

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रविवार को सिद्धपीठ मां सुरकंडा देवी मंदिर रोपवे सेवा का शुभारंभ किया। मुख्यमंत्री ने इसके बाद मां सुरकंडा देवी मंदिर में पूजा-अर्चना कर प्रदेश की सुख एवं समृद्धि की कामना की। मुख्यमंत्री ने जिलाधिकारी टिहरी को निर्देश दिए कि इस क्षेत्र में स्थाई हेलीपैड के निर्माण के लिए भूमि चिन्हित की जाय।
सुरकंडा देवी मंदिर जाने के लिए लगभग 5 करोड़ की लागत से बने रोपवे की लंबाई 502 मीटर है। इसकी क्षमता लगभग 500 व्यक्ति प्रति घंटा है। सुरकंडा देवी मंदिर रोपवे सेवा, उत्तराखंड के राज्य के गठन होने के बाद पहली महत्वपूर्ण रोपवे परियोजना है जिसका निर्माण राज्य पर्यटन विभाग द्वारा किया गया है। सुरकंडा रोपवे सेवा शुरू होने से श्रद्धालु कद्दूखाल से मात्र 5 से 10 मिनट में सुगमता पूर्वक साल भर मां सुरकंडा देवी के दर्शन कर सकेंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि मां सुरकंडा देवी के लिए रोपवे सेवा शुरू होने से श्रद्धालुओं को दर्शन करने में सुगमता होगी। इससे स्थानीय स्तर पर लोगों की आजीविका भी बढ़ेगी। राज्य में धार्मिक पर्यटन के साथ ही साहसिक पर्यटन को भी बढ़ावा दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि रोपवे परियोजना यात्रियों एवं पर्यटकों के लिए प्रदूषण मुक्त यातायात का प्रमुख साधन है। राज्य सरकार द्वारा केंद्र की पर्वतमाला योजना के अंतर्गत जनपदों में विभिन्न रोपवे परियोजनाओं के निर्माण हेतु कार्यवाही की जा रही है। टिहरी जनपद में लगभग 42 वर्ग किलोमीटर में फैली विशालकाय झील में विभिन्न साहसिक जल क्रीड़ाओं का संचालन किया जा रहा है। इस झील में पर्यटन से संबंधित अन्य गतिविधियों के लिए योजना बनाई जा रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन में राज्य में सभी क्षेत्रों में विकास के कार्य तेजी से हो रहे हैं। 2025 में जब हम उत्तराखंड राज्य स्थापना की रजत जयंती मनाएंगे, उस समय उत्तराखंड हर क्षेत्र में देश के अग्रणी राज्यों में होगा। चारधाम यात्रा में इस वर्ष लाखों श्रद्धालुओं के आने की संभावना है। राज्य में श्रद्धालुओं को हर सुविधा मिले, इसके पूरे प्रयास किए गए हैं।
पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज ने कहा कि मां सुरकंडा के लिए रोपवे सेवा शुरू होने से यहां श्रद्धालुओं की संख्या में तेजी से वृद्धि होगी। चारधाम यात्रा के दृष्टिगत श्रद्धालुओं के लिए हर संभव सुविधाएं उपलब्ध कराने के प्रयास किए जा रहे हैं। राज्य के अन्य क्षेत्रों में भी धार्मिक एवं साहसिक पर्यटन को बढ़ावा दिया जा रहा है।
इस अवसर पर विधायक प्रीतम सिंह पंवार, किशोर उपाध्याय, सचिव पर्यटन दिलीप जावलकर, जिलाधिकारी टिहरी ईवा आशीष श्रीवास्तव, एसएसपी टिहरी नवनीत भुल्लर, मुख्य विकास अधिकारी टिहरी नमामि बंसल आदि उपस्थित रहे।