सीएम ने ऋषिकेश इंटरनेशनल स्कूल के 12वें वार्षिकोत्सव कार्यक्रम का किया शुभारंभ

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने ढालवाला में ऋषिकेश इंटरनेशनल स्कूल के 12वें वार्षिकोत्सव कार्यक्रम का दीप प्रज्ज्वलित कर शुभारंभ किया। मुख्यमंत्री ने स्कूल प्रबंधन को 12वें वार्षिकोत्सव की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि बच्चे हमारे भविष्य के कर्णधार हैं। कल वे विभिन्न क्षेत्रों में जाकर अपने माता-पिता, गुरुजनों के साथ ही देश-प्रदेश का नाम रोशन करेंगे। बच्चों को शिक्षा प्रदान करने के साथ ही उनमें अनुशासन, संस्कार एवं सेवाभाव की भावना विकसित किया जाना आवश्यक है। शिक्षा न केवल रोजगार तक सीमित रहे, बल्कि इसका उद्देश्य चरित्र निर्माण, राष्ट्र निर्माण एवं मानव उत्थान भी हो। उन्होंने कहा कि वार्षिकोत्सव कार्यक्रम की थीम ’सोल ऑफ इंडियन कल्चर’ अपने आप में बहुत महत्वपूर्ण है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि भारतीय संस्कृति सभी संस्कृतियों की जननी है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारत अपने गौरवशाली अतीत के साथ आगे बढ़ रहा है। आज सभी क्षेत्रों में भारत पताका लहरा रही है। बच्चे एआई के साथ साथ योग, संस्कार एवं सादगी के महत्व को भी समझ रहे हैं। प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन एवं सहयोग से राज्य सरकार शिक्षा में गुणात्मक सुधार के लिए निरंतर कार्य किये जा रहे हैं। राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 लागू करना वाला उत्तराखण्ड देश का पहला राज्य है। आज युवाओं को रोजगार के नए अवसर उपलब्ध हो रहे हैं, इसके लिए विभिन्न औद्योगिक संस्थानों के साथ समझौते किए गए है। इसके साथ ही स्टार्टअप हेतु ट्रेनिंग संस्थान स्थापित किए गए है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य की आर्थिकी को मजबूत करने में महिला समूहों के उत्पादों की महत्वपूर्ण भूमिका है। आज हाउस ऑफ हिमालयाज के माध्यम से छोटे छोटे समूहों को बाजार उपलब्ध हो रहा है। राज्य में सख्त नकल विरोधी कानून बनाया गया है, उसके बाद से राज्य के 26 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरियां प्रदान की गई है। राज्य के समग्र विकास के लिए हर क्षेत्र में नवाचार किये जा रहे हैं।

इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल, जिलाध्यक्ष भाजपा उदय सिंह रावत, स्कूल के चेयरमैन मोहन डंग, जिलाधिकारी टिहरी नितिका खण्डेलवाल, एसएसपी आयुष अग्रवाल, सहित अन्य गणमान्य मौजूद रहे।

निगम को निराश्रित पशुओं के लिये मिला स्थाई ठिकाना, प्रेस वार्ता कर मेयर ने दी जानकारी

लगातार प्रयासों के बाद नगर निगम को निराश्रित पशुओं के लिए स्थायी ठिकाने की जगह मिल गई है। राजस्व विभाग ने निगम को ग्रामसभा रायवाला में 13 बीघा भूमि आवंटित कर दी है। इसी जमीन पर जल्द ही गोशाला, नंदीशाला और एनिमल बर्थ कंट्रोल सेंटर की स्थापना की जाएगी।

नगर निगम कार्यालय में शनिवार को प्रेस वार्ता के दौरान मेयर शंभू पासवान ने यह जानकारी दी। बताया कि निगम प्रशासन बीते लंबे समय से भूमि आवंटन के लिए प्रयासरत था। पहले राजस्व विभाग की ओर से भूमि आवंटन के बदले चार करोड़ रुपये की मांग की गई थी, लेकिन निगम के सीमित बजट को देखते हुए निःशुल्क भूमि देने का आग्रह किया गया था। अब राजस्व विभाग ने इस प्रस्ताव को स्वीकृति दे दी है।

नगर आयुक्त गोपालराम बिनवाल ने बताया कि आवंटित भूमि पर सबसे पहले सुरक्षा दीवार के निर्माण का कार्य शुरू किया जाएगा। इसके बाद गोशाला, नंदीशाला और एबीसी सेंटर के निर्माण के लिए शासन से बजट स्वीकृति के लिए एस्टिमेट भेजा जाएगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि अगले छह महीने मेंयह सभी कार्य पूर्ण हो जाएंगे।

उन्होंने बताया कि इस परियोजना के पूरा पर निराश्रित पशुओं को चारापानी और सुरक्षित आश्रय मिलेगा, बल्कि शहरवासियों को भी सड़कों पर घूमने वाले पशुओं से निजात मिलेगी। बैठक में सहायक नगर आयुक्त चंद्रकांत भट्ट और अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे।

बॉलीबिल्डिंग फिटनेस एसोसिएशन के अध्यक्ष बने विवेक तिवारी

ऋषिकेश बॉडीबिल्डिंग फिटनेस एसोसिएशन की वार्षिक बैठक आयोजित की गई। इसमें सर्वसम्मति से विवेक तिवारी को एसोसिएशन का अध्यक्ष चुना गया। इसके अलावा प्रतियोगिता के लिए कार्यक्रम संयोजक की जिम्मेदारी कैलाश सेमवाल व महामंत्री की जिम्मेदारी रवि नेगी को दी गई।

इस अवसर पर पूर्व अध्यक्ष शैलेंद्र बिष्ट और निवर्तमान अध्यक्ष प्रदीप कोहली व निर्वतमान कार्यकारिणी को अपना कार्यकाल पूर्ण करने पर बधाई दी गई। नवनियुक्त अध्यक्ष विवेक तिवारी ने कहा कि हमारा उद्देश्य युवाओं के शरीर को स्वस्थ रखना, युवाओं को नशे से दूर रखना है, क्योंकि बलवान शरीर ही बलवान समाज और एक सशक्त शक्तिशाली राष्ट्र का निर्माण कर सकता है।

बॉडीबिल्डिंग प्रतियोगिता की तिथियों की जानकारी देते हुए अध्यक्ष विवेक तिवारी ने बताया कि प्रतियोगिता 7 और 8 फरवरी 2026 का आयोजित कराई जाएगी। अगली मीटिंग में स्थान का भी चयन कर दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि आकर्षक पुरस्कारों की भी रूपरेखा तैयार की जाएगी। जिससे प्रतियोगियों का मनोबल बढ़ाया जा सके व युवाओं को प्रेरणा मिलें। बैठक में मीडिया कॉर्डिनेटर रंजन अंथवाल को नियुक्त किया गया।

इस मौके पर संगठन के संरक्षक कपिल गुप्ता, राज वर्मा, पार्षद वीरेंद्र रमोला, पार्षद राजेंद्र बिष्ट, प्रवीण सजवाण, विकास सेमवाल, राकेश कुमार, नीरज चौहान, आदेश कुमार, अभिषेक रावत, अंकित जोशी, अभिषेक कुमार, विवेक शर्मा, प्रवीन रावत, संदीप भट्ट, अमित कश्यप, वंश बिष्ट आदि उपस्थित थे।

सीएम ने पीएम मोदी व केंद्रीय ऊर्जा मंत्री का आभार किया व्यक्त

केंद्र सरकार द्वारा यूपीसीएल, उत्तराखण्ड द्वारा ऋषिकेश के गंगा कॉरिडोर में एच.टी./एल.टी. लाइनों के भूमिगत करण एवं एससीएडीए ऑटोमेशन हेतु कुल परियोजना लागत ₹547.73 करोड़ (समानांतर जीबीएस ₹493.05 करोड़ सहित) तथा पी.एम.ए. शुल्क @ 1.5% परियोजना लागत (₹8.22 करोड़, जिसमें जीबीएस ₹7.39 करोड़) के साथ योजना को स्वीकृति प्रदान की गई है

इस परियोजना के अंतर्गत ऋषिकेश के महत्वपूर्ण क्षेत्रों में एचटी/एलटी विद्युत लाइनों को भूमिगत किया जाएगा, साथ ही SCADA ऑटोमेशन प्रणाली भी लागू की जाएगी, जिससे बिजली आपूर्ति में पारदर्शिता, निगरानी और त्वरित सुधार की क्षमता विकसित होगी।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने ऋषिकेश के गंगा कॉरिडोर क्षेत्र में विद्युत लाइनों के भूमिगत करण एवं ऑटोमेशन के लिए पावर फाइनेंस कॉर्पोरेशन लिमिटेड (पीएफसी) द्वारा ₹547.73 करोड़ की परियोजना को अनुमोदित किए जाने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं केंद्रीय ऊर्जा मंत्री मनोहर लाल खट्टर का हार्दिक आभार व्यक्त किया है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस संबंध में केंद्र सरकार से अनुरोध किया था।
••••••••••••••••••••

ऋषिकेश जैसे आध्यात्मिक, पर्यटन और कुम्भ क्षेत्र के लिए यह परियोजना न केवल विद्युत व्यवस्था को सुदृढ़ बनाएगी, बल्कि नगर की सौंदर्यीकरण , सुरक्षा और पर्यावरणीय संतुलन में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। उत्तराखण्ड सरकार इस परियोजना को समयबद्ध रूप से लागू करने के लिए पूर्ण प्रतिबद्धता के साथ कार्य करेगी, जिससे प्रदेशवासियों को गुणवत्तापूर्ण, सतत और सुरक्षित विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित हो सके।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी

ऋषिकेश में अंडरग्राउंड बिजली लाइन के लिए 547 करोड़ मंजूर, सीएम ने पीएम का आभार किया

गंगानगरी ऋषिकेश में प्रमुख बाजारों और मार्गों पर बिजली लाइन अंडरग्राउंड की जाएगी। इसके लिए केंद्र सरकार ने 547 करोड़ रुपए की मंजूरी प्रदान की है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इसके लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार व्यक्त किया है।

ऋषिकेश कुंभ क्षेत्र (गंगा कॉरिडोर) में विद्युत लाइनों के भूमिगतीकरण तथा ऋषिकेश, हरिद्वार एवं देहरादून में विद्युत प्रणाली को स्वचालित (स्काडा) किए जाने हेतु प्रस्तावित डी.पी.आर. के सापेक्ष केंद्र सरकार से कुल रू० 547.83 करोड़ की स्वीकृति प्राप्त हुई है। बिजली लाइन भूमिगत किए जाने से ऋषिकेश शहर के नागरिकों को विशेष सुविधा मिलेगी। इससे भीड़ भरे बाजारों से तारों का जाल हट पाएगा, साथ ही सड़कों बाजारों में आवाजाही भी सुगम हो पाएगी।

उत्तराखंड सरकार लगातार विद्युत अवसंरचना के आधुनिकीकरण का प्रयास कर रही है। अंडरग्राउंड केबलिंग से विद्युत आपूर्ति अधिक स्थिर होगी, साथ ही आपदा और प्रतिकूल मौसम के कारण पैदा होने वाले अवरोधों से सुरक्षा मिलेगी, रखरखाव की लागत घटेगी तथा शहर का सौंदर्य भी बेहतर होगा। इस वित्तीय सहायता के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का विशेष आभार।
पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री ।

पूर्व मंत्री अग्रवाल ने जाना मायाकुंड में गंगा के जलस्तर से प्रभावित लोगों का हाल विधायक

क्षेत्रीय विधायक व पूर्व मंत्री डा. प्रेमचंद अग्रवाल ने स्थानीय प्रशासन के साथ अत्यधिक वर्षा से जलमग्न हुए गंगा समीप मायाकुंड क्षेत्र का निरीक्षण किया। इस दौरान खतरे के निशान से ऊपर बह रही गंगा नदी के जलस्तर का भी निरीक्षण किया। डा. अग्रवाल ने मौके पर मौजूद लोगों से नदी तट छोड़कर सुरक्षित स्थान पर जाने की अपील भी की।

डा. अग्रवाल ने मेयर शंभु पासवान, एसडीएम योगेश मेहरा के साथ मायाकुंड के गंगा नदी से सटे क्षेत्र का निरीक्षण किया। डा. अग्रवाल ने कहा कि उत्तरकाशी में अत्यधिक वर्षा के कारण भारी नुकसान हुआ है। इसी तरह मैदानी क्षेत्रों में भी लगातार हो रही वर्षा के कारण गंगा की सहायक नदियों जैसे चंद्रभागा का जलस्तर भी बढ़ा है। बताया कि इसके चलते गंगा नदी का जलस्तर बढ़कर खतरे के निशान के ऊपर चला गया है।

डा. अग्रवाल ने बताया कि गंगा नदी के तट पर लगभग जितनी भी झोपड़ियां थी। बढ़ते जलस्तर की चपेट में आ गईं हैं। डा. अग्रवाल ने एसडीएम और एमएनए को निर्देशित करते हुए कहा कि प्रभावित लोगों को कैंप के माध्यम से राहत पहुंचाएं। बताया कि राइंका विद्यालय में बने राहत कैंप के अलावा आवश्यकतानुसार कैंप बढ़ाएं जाएं, जिससे प्रभावितों को राहत मिले।

डा. अग्रवाल ने एसडीएम को निर्देशित किया कि कैंप में प्रभावितों की भोजन की व्यवस्था भी करें। इसके अलावा अन्य लोगों को राशन व राहत राशि भी दी जाएगी। डा. अग्रवाल ने नगर निगम और प्रशासन के अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि लगातार जागरूकता अभियान जैंसे लाउड स्पीकर के जरिए लोगों को नदी तट से दूर रहने के लिये कहा जाए।

डा. अग्रवाल ने कहा कि सरकार प्रभावितों के साथ हैं, फिर भी सुरक्षित स्थान पर जाएं। इसके अलावा डा. अग्रवाल ने त्रिवेणी घाट पर भी गंगा के बढ़ते जलस्तर का निरीक्षण किया और वहां मौजूद लोगों से गंगा तट से सुरक्षित स्थान पर जाने का अनुरोध किया। साथ ही पुलिस टीम को हर समय यहां मौजूद रहने के लिये कहा। इसके अलावा सिंचाई विभाग को टूटे हुए तट को व्यवस्थित करने के लिये कहा।

इस अवसर पर मेयर शंभु पासवान, एसडीएम योगेश मेहरा, नगर आयुक्त गोपाल राम बिनवाल, पार्षद अजय दास, उपखंड अधिकारी सिंचाई विभाग सुरेंद्र सिंह, चौकी इंचार्ज विनेश कुमार, रजिस्ट्रार कानूनगो सुनील चौधरी, जितेंद्र पाल, रवि बिष्ट, विश्वजीत हलधर, हर्ष पाल, अविनाश शाह, राजीव मिस्त्री आदि उपस्थित रहे।

विभिन्न प्रजाति के पौधे रोपकर मनाया हरेला पर्व

श्री भरत मंदिर इंटर कॉलेज में हरेला पर्व के अवसर पर विद्यालय परिसर में वृक्षारोपण किया गया। जिसमें विद्यालय के एनसीसी, एनएसएस, स्काउट गाइड एवं विद्यालय परिवार द्वारा कई छायादार, फलदार पौधे रोपे गए।

विद्यालय के प्रधानाचार्य यमुना प्रसाद त्रिपाठी ने सभी कैडेटों को हरेला पर्व का महत्व बताते हुए कहा कि हरेला देवभूमि का लोक पर्व है। यह देवियों की पूजा से जुड़ा हुआ है। जिसमें जुलाई अगस्त माह में नो दिन पहले हरियाली बोई जाती है दसवें दिन इसे पूजा अर्चना के बाद काटा जाता है कन्याओं का पूजन ओर फिर प्रसाद बांटा जाता था यह लोक पर्व है।

यह पर्यावरण रक्षण संरक्षण संवर्धन से जोड़ते हुए उत्तराखंड सरकार ने इसे त्योहार के रूप में अपनाया हे संपूर्ण उत्तराखंड में इस दिवस पर हजारों वृक्ष लगाए जाते हैं जो वर्तमान में अत्यधिक विस्तार से बढ़ता जा रहा है।

इस अवसर पर लेफ्टिनेंट लखविंदर सिंह, एनसीसी अधिकारी विकास नेगी, जितेंद्र विष्ट, संजीव कुमार, हरि सिंह, रमेश बुटोला, शालिनी कपूर, सुमित्रा महर, विनीता गवाड़ी, पूजा, आदि उपस्थित थे।

साल 2027 में भारत दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनेगाः अग्रवाल

क्षेत्रीय विधायक व पूर्व कैबिनेट मंत्री डॉ प्रेमचंद अग्रवाल ने मोदी सरकार के 11 साल के कार्यकाल में हुए विकास कार्यों की जानकारी दी। इस अवसर पर ऋषिकेश व वीरभद्र मंडल भाजपा के पदाधिकारी उपस्थित रहे।

बैराज रोड स्थित कैंप कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम में डॉ अग्रवाल ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के कार्यकाल के ये 11 साल आत्मनिर्भर और विकसित भारत की नींव के स्वर्णिम युग के रूप में जाने जाएंगे। पीएम मोदी ने वैश्विक स्तर पर भारत की स्थिति को मजबूत किया है और भारत को एक पहचान दी है।

डॉ अग्रवाल ने कहा कि कांग्रेस के 65 साल के शासन और अस्थिर सरकारों में आम लोगों का विश्वास उठ गया था और वैश्विक स्तर पर भारत की छवि को नुकसान पहुंचा था, पीएम मोदी ने पिछले 11 वर्षों में इसे बहाल किया है। कहा कि जिस ब्रिटेन ने भारत पर दो सौ सालों तक राज किया, उस ब्रिटेन को मोदी जी ने देश की आज़ादी के 75 साल के अमृत महोत्सव पर पछाड़ दिया।

डॉ अग्रवाल ने कहा कि भारत का निर्यात कई गुना बढ़ा है। साल 2027 में भारत दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनेगा। देश में 3 लाख 80 हज़ार किलोमीटर ग्रामीण सड़कों का निर्माण 11 सालों में हुआ है। आज हम हर दिन कई किलोमीटर के हाईवे का निर्माण कर रहे हैं।

डॉ अग्रवाल ने कहा कि नमो भारत, अमृत भारत, वंदे भारत से लेकर मेट्रो तक का बड़ा काम हुआ। किसानों के लिए सरकार ने बीज, खाद, सिंचाई, बीमा से लेकर हर मुद्दे पर काम किया है, उनकी आमदनी को कई गुना बढ़ाने का काम हुआ है।

इस अवसर पर मंडल अध्यक्ष मनोज ध्यानी, सुरेंद्र कुमार, महामंत्री दीपक बिष्ट, नितिन सक्सेना, निखिल बड़थ्वाल, अनीता प्रधान, सुमन रावत, सीमा रानी, विपिन पंत, पवन गोयल, ज्योति पांडे, पिंकी धस्माना, रिंकी राणा, निवेदिता सरकार, गुड्डी कलूड़ा, ममता ममगाई, अविनाश भारद्वाज, राजेंद्र बिजल्वाण आदि उपस्थित रहे।

विधायक अग्रवाल ने किया पूर्व संध्या पर योगाचार्यों का सम्मान

अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की पूर्व संध्या पर क्षेत्रीय विधायक व पूर्व कैबिनेट मंत्री डा. प्रेमचंद अग्रवाल ने योगाभ्यास किया। इस अवसर पर योग के क्षेत्र में सराहनीय कार्य करने वाले योगाचार्यों को भी सम्मानित किया। साथ ही डा. अग्रवाल ने योग को नियमित दिनचर्या का हिस्सा बनाने का आह्वान किया।

बैराज रोड स्थित कैंप कार्यालय में डा. अग्रवाल ने श्रीदेव सुमन विवि के योग विज्ञान विभाग के विभागाध्यक्ष डा. जयप्रकाश कंसवाल, एसजीआरआर विवि के योग विज्ञान के विभागाध्यक्ष डा. सुरेंद्र प्रसाद रयाल, प्रवक्ता डा. चंद्रेश्वरी नेगी, योगाचार्य दिवाकर व्यास, उषा दवाण, स्वाति बंधानी, डा. पूजा नौटियाल, मंगलेश बिजल्वाण, अजय बैलवाल, डा. ममता रयाल को पुष्प गुच्छ व अंगवस्त्र भेंट कर सम्मानित किया।

डा. अग्रवाल ने कहा कि योग केवल शारीरिक अभ्यास नहीं, बल्कि आंतरिक शांति और आत्मबोध की एक प्रक्रिया है। यह हमारे मन को स्थिर कर चेतना की गहराइयों तक पहुँचाने का माध्यम है। उन्होंने भारतीय संस्कृति की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि भारत ने सदैव मानवीय मूल्यों को सर्वाेपरि रखा है और हमारी सनातन संस्कृति का मूल स्तंभ योग है। यही कारण है कि आज योग दुनिया के करोड़ों लोगों की दिनचर्या का अभिन्न हिस्सा बन गया है और भारतीय जीवन शैली को वैश्विक मंच पर प्रतिष्ठित कर रहा है।

डा. अग्रवाल ने कहा कि 2014 में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने संयुक्त राष्ट्र महासभा में योग को अंतरराष्ट्रीय दिवस के रूप में मान्यता देने के लिए प्रस्ताव रखा था, जिसे 177 देशों ने समर्थन दिया और 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस घोषित किया गया। उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड योग और ऋषि मुनियों की भूमि है। ग्राम स्तर तक सभी लोग योग से जुड़े, सरकार द्वारा इस दिशा में प्रयास किए गए हैं। योग से रोजगार के अवसर बढ़ाये जा रहे हैं। उत्तराखंड को योग और वेलनेस की वैश्विक राजधानी बनाने के लिए नई योग नीति लाई गई है।

इस अवसर पर मंडल महामंत्री पुनीता भंडारी, पूनम डोभाल, शकुंतला कुकरेती, सुमित पंवार, शिव कुमार गौतम, अखिलेश मित्तल, विवेक चतुर्वेदी, दीपक नेगी, हर्ष पाल आदि उपस्थित रहे।

पूर्व मंत्री अग्रवाल ने किया रक्तदाताओं को सम्मानित

विश्व रक्तदान दिवस के अवसर पर क्षेत्रीय विधायक व पूर्व मंत्री डा. प्रेमचंद अग्रवाल ने रक्तवीरों को सम्मानित किया। डा. अग्रवाल ने रक्तवीरों को समाज का सच्चा समाजसेवी बताया।

बैराज रोड स्थित कैंप कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम में डा. अग्रवाल ने 100 बार रक्तदान कर चुके रक्तवीर सुशील छाबड़ा, 81 बार के लिये विशाल संगर और 75 बार के लिये अधिवक्ता अमित वत्स को पुष्प गुच्छ व अंगवस्त्र भेंट कर सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि यह दिन मानवता का सबसे बड़ा दिन है। यह दिन उन सभी रक्तदाताओं के सम्मान में समर्पित होता है, जो बिना किसी स्वार्थ के दूसरों की जान बचाने के लिए रक्तदान करते हैं।

डा. अग्रवाल ने कहा कि रक्त हमारे शरीर के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। यह जीवित रहने, अंगों को ऑक्सीजन पहुंचाने और संक्रमण से लड़ने का काम करता है। कहा कि शरीर में रक्त की कमी जानलेवा हो सकती है। इसी कमी को पूरा करने के लिए और किसी जरूरतमंद को रक्त का दान करने के लिए हर साल रक्तदान दिवस मनाया जाता है।

डा. अग्रवाल ने कहा कि रक्तदाता दिवस लोगों को रक्तदान के लिए प्रोत्साहित करने का दिन है, साथ ही रक्त का दान करने वाले दाता का आभार व्यक्त करने का मौका देता है। उन्होंने कहा कि अपने जीवनकाल में यदि ऐसा मौका किसी को भी मिले, तो अवश्य रक्तदान कर किसी व्यक्ति की जान बचाएं।

इस अवसर पर पूर्व मंडल अध्यक्ष अरविंद चौधरी, महामंत्री दीपक बिष्ट, रमेश शर्मा, रविंद्र कश्यप, राजू नरसिम्हा आदि उपस्थित रहे।
—————-
डा. अग्रवाल ने दिए आपदा से निपटने के लिये इंतजाम करने के निर्देश
.ऋषिकेश। तहसीलदार चमन सिंह ने क्षेत्रीय विधायक डा. अग्रवाल से मुलाकात की। इस दौरान डा. अग्रवाल ने कहा कि वर्षाकाल के दौरान किसी भी प्रकार की आपदा, बाढ़ से निपटने के लिये तैयारियां व्यवस्थित रखे। कहा कि सभी कर्मचारियों के साथ एक बार मौका मुआयना भी करें, जिससे आपदा के दौरान राहत कार्यों की राह आसान हो।