उत्तराखंड प्रदेश अध्यक्ष के आदेश पर स्ट्रांग रूम के बाहर ईवीएम की सुरक्षा में तैनात कांग्रेस कार्यकर्ता

विधानसभा चुनाव के नतीजे तो 10 मार्च को आएंगे, मगर कांग्रेस को ईवीएम के साथ छेड़छाड़ की चिंता सता रही है। यहां तक की कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने कार्यकर्ताओं को यहां तक आदेश तक दिया है कि ईवीएम मशीन की सुरक्षा में जुट जाएं। इसका असर अब दिखने भी लगा है स्ट्रांग रूम मे बाहर कांग्रेस के सिपाही अब तंबू लगाकर निगरानी करने में जुट गए है।

पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत के ईवीएम की सुरक्षा पर उठाए थे। पार्टी अध्यक्ष गणेश गोदियाल जिलाध्यक्षों और कार्यकर्ताओं से सर्तक रहने की अपील कर चुके हैं। निर्वाचन आयोग ने ईवीएम की सुरक्षा के मद्देनजर त्रिस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था की है। इसके बावजूद भी कांग्रेस को ईवीएम से छेड़छाड़ का डर सता रही है। इसी कड़ी में कार्यकर्ता स्ट्रॉन्गरूम के बाहर डेरा डाले हुए हैं। रुद्रपुर से ऐसी तस्वीरें सामने आई हैं जहां कांग्रेस कार्यकर्ता ईवीएम की निगरानी के लिए तंबू लगाकर रह रहे हैं। खासतौर से कार्यकर्ता खटीमा विधानसभा के स्ट्रॉन्गरूम के बाहर कड़ा पहरा दे रहे हैं।

इसके लिए कार्यकर्ताओं की बकायदा शिफ्ट लगाई गई है। दिन में तीन शिफ्ट में कार्यकर्ता तंबू में रह रहे हैं। औऱ ईवीएम की निगरानी कर रहे हैं। यहां अपने मोबाइल लैपटॉप के जरिए जानकारी अपने आलाकमान को दे रहे हैं।

प्रदेश में हरीश रावत का सीएम बनाए जाने को लेकर कोई विरोध नहींः यशपाल आर्य

अभी मतगणना हुई नहीं है और ना ही यह तय हो पाया है कि प्रदेश में किसकी सरकार बनेगी लेकिन कांग्रेस में अभी से मुख्यमंत्री को लेकर जिस तरीके से रस्साकशी चल रही है उसने राजनैतिक पारा गरम कर दिया है हरीश रावत प्रदेश में मुख्यमंत्री बनना चाहते हैं तो बाकी हरीश रावत का विरोध कर रहे हैं वही पूर्व कैबिनेट मंत्री यशपाल आर्य ने सीधे तौर पर हरीश रावत को ही सीएम बनाए जाने की पैरवी की है

मतदान खत्म होने के बाद कांग्रेस सरकार बनाने के दावे कर रही है. अभी से मुख्यमंत्री को लेकर कांग्रेस में बयानबाजी शुरू हो गई हैं. पूर्व सीएम हरीश रावत ने कहा है कि वह या तो मुख्यमंत्री बनेंगे या घर बैठेंगे. इस पर कांग्रेस के ही नेताओं की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं. हरीश रावत के इस बयान पर कांग्रेस नेता यशपाल आर्य ने कहा कि हरीश रावत का कोई भी विरोध नहीं है. हालांकि अंतिम फैसला पार्टी हाईकमान को करना है.

गौर हो कि कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और नेता प्रतिपक्ष प्रीतम सिंह ने नाराजगी जाहिर करते हुए कहा है कि जो भी कांग्रेस हाईकमान आदेश करेगा उसका पालन किया जाएगा. वहीं हरीश रावत के करीबी और पूर्व कैबिनेट मंत्री यशपाल आर्य ने कहा है कि हरीश रावत उत्तराखंड का बड़ा चेहरा हैं और हरीश रावत बड़ा नाम हैं. उत्तराखंड के निर्माण में और उत्तराखंड के विकास में हरीश रावत का बड़ा योगदान है. हरीश रावत चुनाव प्रचार अभियान समिति के अध्यक्ष भी थे. उन्हीं के नेतृत्व में चुनाव लड़ा गया था. साथ ही प्रदेश में कांग्रेस की सरकार बनने जा रही है. ऐसे में हरीश रावत का कोई भी विरोध नहीं है.

यशपाल आर्य ने कहा है कि कांग्रेस में परंपरा है कि विधायक दल की बैठक होगी. उसमें केंद्रीय हाईकमान अंतिम निर्णय लेता है और सभी उस निर्णय का आदर करते हैं. लेकिन अंतिम फैसला पार्टी हाईकमान को करना है. उन्होंने कहा कि हरीश रावत का स्वभाव नहीं है कि वह घर बैठ सकें. हरीश रावत इस उम्र में भी पहाड़ से लेकर मैदान तक पार्टी और लोगों के लिए लगातार काम कर रहे हैं. प्रीतम की नाराजगी पर उन्होंने कहा कि हरीश रावत का कोई विरोध नहीं है.

यशपाल आर्य इसलिए कर रहे हरीश रावत का समर्थन
हरीश रावत के साथ यशपाल आर्य की गणित सही बैठती है. हालांकि 2016 में यशपाल आर्य हरीश रावत सरकार को मझधार में छोड़कर बीजेपी में शामिल हो गए थे. बीजेपी सरकार में करीब पांच साल कैबिनेट मंत्री बने रहे. ठीक चुनाव से पहले बीजेपी छोड़कर बेटे संजीव आर्य के साथ कांग्रेस में वापसी की. लेकिन यशपाल आर्य ने बीजेपी सरकार में रहते हुए कभी कांग्रेस या कांग्रेस के नेताओं के लिए कोई विरोधी बयानबाजी नहीं की थी. इसलिए जब उन्होंने बीजेपी छोड़ी तो उन्हें तुरंत कांग्रेस में ले लिया गया था. उनको और उनके बेटे को टिकट भी मिल गया. शायद यही कारण है कि यशपाल आर्य मुख्यमंत्री पद के लिए हरीश रावत का समर्थन कर रहे हैं.

कांग्रेस डेलीगेशन ने मुख्य निर्वाचन अधिकारी से मुलाकात कर मतपत्रों में गड़बड़ी की जताई आशंका


चुनाव के नतीजों से पहले कांग्रेस को ईवीएम के साथ साथ अब डाक मतों की गणना में भी गड़बड़ी का डर सता रहा है। इसी मुद्दे पर आज कांग्रेस के डेलिगेशन ने मुख्य निर्वाचन अधिकारी से मुलाकात की औऱ ज्ञापन सौंपा। कांग्रेस का आरोप है कि डाक मतपत्रों में गड़बड़ी हुई है।

कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने आरोप लगाते हुए कहा है कि वर्तमान विधानसभा चुनाव में निर्वाचन आयोग द्वारा दिव्यांग, 80 वर्ष से अधिक आयु वर्ग एवं अशक्तजनों की सुविधा हेतु मतपत्रों की छपाई कर ऐसे मतदाताओं के घर पर जाकर मतदान की व्यवस्था सुनिश्चित की गई थी। साथ ही जो शासकीय अधिकारी एवं कर्मचारी चुनाव ड्यूटी पर तैनात किये गये थे उन्हें भी डाक मतपत्रों के माध्यम से मतदान करने की सुविधा दी गई है। परन्तु पौडी गढ़वाल सहित कई अन्य जनपदों से यह सूचना आई है कि दिव्यांग, 80 वर्ष से अधिक आयु वर्ग एवं अशक्तजनों हेतु छपवाये गये मतपत्र उन मतदाताओं तक न पहुंचकर इन मत पत्रों का दुरूपयोग भाजपा के पक्ष में किया गया है। उन्होंने कहा कि जिलाधिकारी पौडी गढ़वाल से उनके द्वारा स्वयं कई बार वार्ता करने के उपरान्त भी कोई समाधान प्राप्त नहीं हो पाया।

गणेश गोदियाल ने यह भी आरोप लगाते हुए कहा कि मतदान ड्यूटी पर तैनात कर्मियों के डाक मतपत्रों के सम्बन्ध में भी यही शिकायत प्राप्त हुई है कि कई ऐसे कर्मचारियों, जिन्होंने डाक मतपत्र हेतु आवेदन किया है उन्हें डाक मतपत्र आवंटित नहीं किये गये हैं।

कांग्रेस प्रतिनिधिमण्डल ने निर्वाचन आयोग से इन मतपत्रों का दुरूपयोग रोकने हेतु जिलाधिकारी पौडी गढ़वाल के साथ-साथ अन्य सभी जिलाधिकारियों को आवश्यक निर्देश जारी करने की मांग की।

एक अन्य ज्ञापन में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने निर्वाचन आयोग से शिकायत की कि हरिद्वार जनपद में होने वाले आगामी पंचायत चुनावों के मद्देनजर शासन स्तर से परिसीमन एवं आरक्षण की प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश जारी किये गये हैं, जबकि प्रदेश में विधानसभा चुनाव की प्रक्रिया अभी समाप्त नहीं हुई है तथा राज्य में विधानसभा चुनावों हेतु जारी आदर्श चुनाव आचार संहिता लागू है।

भाजपा प्रवक्ता ने हरीश पर उत्तराखंडियत को अपमानित करने का आरोप लगाया

भाजपा ने पूर्व सीएम हरीश रावत पर मुख्यमंत्री पद के लिए स्वार्थवश गिड़गिड़ाकर उतराखंडियत का अपमान करने का आरोप लगाया है। पार्टी के मीडिया प्रभारी मनवीर सिंह चौहान ने रावत के मीडिया में आए शूड बी गिव ट्रायल बयान पर निशाना साधते हुए कहा कि कल तक खुद को उत्तराखंड की चाहत बताने वाले अब अपने ही आलाकमान के सामने एक मौका देने की गुहार लगा रहे हैं। चौहान ने तंज़ कसते हुए कहा, रावत जी काठ की हांडी एक ही बार चूल्हे पर चढ़ती है जो 2014 में आपके सीएम बनते चढ़ चुकी है और उत्तराखंड कोई प्रयोगशाला नहीं है जहां सीएम ट्रायल पर बनाया जाएगा।

मनवीर सिंह चौहान ने आरोप लगाया कि भाजपा पर 3-3 सीएम का तंज़ कसने वाले हरीश रावत अब मीडिया में सीएम पद के लिए अपनी ही पार्टी के नेताओं को 2.5- 2.5 साल सीएम का खुला ऑफर देते नज़र आ रहे हैं। वो कह रहे हैं कि उनको नज़रअंदाज़ करना पार्टी के लिए ठीक नहीं है और बाकी नेता मेरे आधे कार्यकाल के बाद अनुभव एकत्र कर सीएम बन सकते हैं। उन्होने आरोप लगाते हुए कहा कि उत्तराखंड के इतने वरिष्ठ नेता होते हुए भी हरीश रावत अपने दिल्ली दरबार के आगे सीएम पद के लिए गिडगिड़ाकर उत्तराखंडियत को अपमानित कर रहे हैं।

वह सीएम बनने की चाह में बौखला गए हैं तभी कहते हैं कि 2017 की चुनावी लड़ाई में वह बिना लड़े हारे हुए घोषित कर दिये, जबकि दो-दो सीटों से जनता उन्हे हार का सबक सिखाया था। चौहान ने कहा कि अभी रिजल्ट काफी दूर है और कांग्रेस को लेकर जनता का मत स्पष्ट है कि वह उसे मौका नहीं देना चाह्ती, लेकिन कांग्रेसी मुंगेरीलाल के सपने देखकर आत्ममुग्ध हो रही है। उसकी गलतफहमी 10 मार्च को जनता पूरी करने वाली है।

उत्तराखंडः ईवीएम छेड़छाड़ के डर से कांग्रेस कार्यकर्ताओं को मिला सचेत रहने का आदेश

उत्तराखंड विधानसभा चुनाव के नतीजों के लिए सभी को 10 मार्च का इंतजार है। लेकिन राजनीतिक दलों ने अभी से गुणा भाग लगाना शुरू कर दिया है। इस बीच कांग्रेस को ईवीएम से छेड़छाड़ का डर सता रहा है। इसलिए गणेश गोदियाल औऱ हरीश रावत ने कार्यकर्ताओं को सचेत रहने को कहा है।

कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने फेसबुक पर सभी कार्यकर्ताओं के लिए लिखा है कि सभी जिला अध्यक्ष औऱ कार्यकर्ता अपने अपने क्षेत्र में ईवीएम की निगरानी करें। गोदियाल ने पार्टी के सभी जिलाध्यक्षों और उम्मीदवारों से अपील करते हुए कहा कि परिणाम वाले दिन यानी दस मार्च तक स्ट्रांगरूम व मतगणना स्थलों की निगरानी करें। गोदियाल की पोस्ट के कई मायने समझे जा रहे हैं। पार्टी के जिलाध्यक्ष और कांग्रेस उम्मीदवारों की बैचेनी भी इससे बढ़ चुकी है। पदाधिकारी स्ट्रांग रूम की सुरक्षा को लेकर अपने स्तर से निगरानी बढ़ाने की तैयारी करने लगे हैं।

सस्ता गैस सिलेंडरः हरीश रावत ने सभी को देने की बात कहीं, तो प्रीतम सिंह बोले सभी को देना संभव नहीं

क्या कांग्रेस का सस्ते गैस सिलेंडर का वादा एक जुमला है? ऐसा इसलिए क्योंकि कांग्रेस के बड़े नेताओं के इस मुद्दे पर अळग अलग बयान आ रहे हैं। कांग्रेस ने अपने घोषणापत्र में चार धाम चार काम जो संकल्प दिखाया है उसमे गैस सिलेंडर का खास तौर से जिक्र है। इसमें कहा गया है कि सरकार बनने गैस सिलेंडर की कीमत 500 रुपए के पार नहीं होने दी जाएगी।

कांग्रेस ने प्रचार के दौरान इस वादे को जमकर भुनाया। जनता भी इस वादे से खासी प्रभावित दिखी। खासतौर से महंगाई से जूझ रही जनता को राहत की उम्मीद दिखी। कांग्रेस के बड़े नेता राहुल गांधी और प्रियंका गांधी ने भी इस बयान को लोगों के बीच रखा कि कांग्रेस सरकार बनने पर सभी को सस्ता सिलेंडर उपलब्ध कराया जाएगा।

कांग्रेस की कैंपेन कमेटी के चेयरमैन हरीश रावत तो खुदकंधे पर सिलेंडर लेकर महंगे गैस का विरोध कर चुके हैं। हरीश रावत बार बार कई मंचों से बोल चुके हैं कि प्रदेश में सिलेंडर की कीमत 500 के पार नहीं होने देंगे, यानी समस्त गृहणियों को सस्ता सिलेंडर देंगे। लेकिन नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता प्रीतम सिंह की राय इस बारे में जुदा है।
प्रीतम सिंह ने एक इंटरव्यू में अपना बयान साफ दिया है। उन्होंने कहा है कि 500 रूपए में सभी को गैस सिलेंडर देना संभव नहीं है। इसलिए अगर हमारी सरकार बनती है तो हम ऐसे गरीब लोगों का चयन करेंगे जिनकी आय कम है। उन्हें ही सस्ता सिलेंडर उपलब्ध कराएंगे। सिलेंडर को लेकर कांग्रेस के दो बड़े नेताओं के अलग-अलग बयान से बवाल तो होगा ही।

रमोला के पक्ष में दीप शर्मा ने किया प्रचार, कांग्रेस के लिए मांगे वोट

कांग्रेस विधायक प्रत्याशी जयेन्द्र रमोला ने पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष दीप शर्मा व कांग्रेस जनों के साथ विधानसभा ऋषिकेश की घसियारी मोहल्ला बनखंडी, शांति नगर की झुग्गी बस्तियों में जनसंपर्क कर 14 फरवरी को कांग्रेस के पक्ष में मतदान करने की अपील की।
विधानसभा ऋषिकेश की झुग्गी बस्तियों में जनसंपर्क के दौरान कांग्रेस विधायक प्रत्याशी जयेन्द्र रमोला ने क्षेत्रवासियों से आगामी विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के पक्ष में मतदान करने की अपील की व क्षेत्रवासियों को विकास करने का भरोसा दिलाते हुए बताया कि कांग्रेस पार्टी सदैव विकास को लेकर आगे चलते हैं। रमोला ने कहा कि जिस क्षेत्र में अनेकों ऐसे मुद्दे हैं जिनका समाधान होना आवश्यक है रमोला ने विश्वास दिलाते हुए कहा कि यदि क्षेत्र की जनता उन पर विश्वास कर उन्हें जीत दिलाती है तो वह संपूर्ण क्षेत्र का विकास करेंगे क्षेत्र की जनता भाजपा के बहकावे में नहीं आएगी और कांग्रेस के पक्ष में मतदान करेगी।
पूर्व नगरपालिका अध्यक्ष दीप शर्मा ने कहा कि 15 सालों से स्थानीय विधायक द्वारा क्षेत्र में कुछ भी कार्य नहीं हुए हैं निवर्तमान विधायक ने स्थानीय जनता को ठगने का कार्य किया है परंतु इस बार ऋषिकेश में परिवर्तन निश्चित है और भारी मतों से कांग्रेस प्रत्याशी जयेंद्र रमोला विजयी होने जा रहे हैं। 15 सालों से ऋषिकेश में कांग्रेस का सूखा खत्म होने जा रहा है।
जनसंपर्क में पार्षद अजीत सिंह गोल्डी, जितेन्द्र पाल पाठी, विवेक तिवारी, विवेक वर्मा, प्रिंस सकसेना, जगजीत सिंह जग्गी, दीपक जैन आदि लोग उपस्थित रहें।

कांग्रेस का ऐलान, गरीब परिवारों को आर्थिक सहायता देगी

उत्तराखंड में होने जा रहे विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस पार्टी ने राज्य की जनता के हित को ध्यान में रखते हुए बड़ा ऐलान किया है।
कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता गौरव वल्लभ ने देहरादून में कहा कि उत्तराखंड में कांग्रेस पार्टी की सरकार बनने पर राज्य में गरीबी रेखा के नीचे जीवन यापन करने वाले 5 लाख परिवारों को 40000 रुपये प्रतिवर्ष न्याय स्वावलंबन राशि के तौर पर प्रदान किये जाएंगे। उन्होंने ने कहा कि उत्तराखंड में महंगाई दर में 30 प्रतिशत बढोतरी हुई है जो कि देश की महंगाई दर से अधिक है। यदि उत्तराखंड में पेट्रोल-डीजल, रसोई गैस, खाद्य पदार्थ एवँ सरसों के तेल आदि जरूरत की चीजों की ही बात की जाए के इनके दामों में लगभग 100 प्रतिशत तक इज़ाफ़ा हुआ है।
गौरव वल्लभ ने कहा कि पिछले पांच सालों में उत्तराखंड में बेरोजगारी भी काफी तेजी से बढ़ी है, वर्ष 2021 में यह 30 प्रतिशत के पास है जो की पूरे देश की तुलना में कहीं अधिक है। उन्होंने बड़ा ऐलान करते हुए कहा कि उत्तराखंड में काँग्रेस की सरकार आने पर न्याय स्वावलंबन योजना के तहत 5 लाख परिवार, जो कि पिछले पांच वर्षों में उपेक्षित होकर गरीबी रेखा के नीचे जीवन यापन करने को विवश हैं उन्हें लाभ पंहुचाया जाएगा।
उन्होंने एक आंकड़ा पेश करते हुए कहा कि यदि उत्तराखंड के 5 लाख परिवारों को 40 हज़ार रुपये दिए जाते हैं तो इन संख्याओं को गुणा करने पर दो हज़ार करोड़ रुपये खर्च प्रतिवर्ष आता है। यदि आसान शब्दों में कहा जाए तो उत्तराखंड के प्रत्येक चौथे परिवार को न्याय स्वावलंबन योजना के तहत लाभ पंहुचेगा।
राष्ट्रीय प्रवक्ता गौरव वल्लभ ने कहा कि इस महत्वपूर्ण योजना के लिए उत्तराखंड के पूरे बजट का साढ़े तीन प्रतिशत उपयोग में लाया जाएगा जो कि राज्य से तेजी से हो रहे पलायन को रोकने में कारगर साबित होगा, साथ ही रोजगार के नए अवसर उतपन्न करने में सहायक होगा।
उन्होंने बड़ा ऐलान करते हुए कहा कि कांग्रेस की सरकार के आने पर चार धाम चार काम के नाम से एक विभाग का गठन किया जाएगा, जो सरकार के कैबिनेट मंत्री की निगरानी में कार्य करेगा। साथ ही राज्य में गरीबी रेखा के नीचे जीवन यापन करने वाले 5 लाख परिवारों का जिम्मा भी कांग्रेस सरकार के इसी विभाग की देख-रेख में होगा।
चुनाव से ठीक पहले कांग्रेस पार्टी के इस ऐलान से ये साफ जाहिर हो रहा है कि उसे राज्य की आम जनता की तकलीफों और प्रदेश के मूल मुद्दों की कितनी फिक्र है। जो अन्य दल नहीं कर पाए वो कांग्रेस की सरकार उत्तराखंड के हित के लिए करने का दावा कर रही है।

सरकार बनी तो गैस सिलेंडर के दाम नहीं होंगे 500 के पार-गौरव बल्लभ

उत्तराखंड विधानसभा चुनाव को लेकर इन दिनों प्रदेश में सियासी माहौल गरमाया हुआ है। सभी राजनीतिक दल अपने-अपने दावे पेश कर चुनावी जंग में फतह हासिल करने की जुगत में लगे हैं। इसी बीच कांग्रेस पार्टी ने उत्तराखंड की जनता को बड़ी राहत देने का वादा किया है।
कांग्रेस पार्टी ने उत्तराखंड की जनता को भरोसा दिलाते हुए वादा किया कि यदि विधानसभा चुनाव में काँग्रेस पार्टी की जीत हुई और उत्तराखंड में कांग्रेस पार्टी की सरकार बनी तो रसोई गैस के दाम 500 रुपये के पार नहीं जाएंगे।
कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता गौरव वल्लभ ने देहरादून में पत्रकारों से बातचीत के दौरान रसोई गैस सिलेंडर को लेकर एक आंकड़ा जनता के सामने पेश किया। उनके अनुसार देहरादून में वतर्मान में रसोई गैस सिलेंडर की कीमत 919 रुपये है जिसमें 419 रुपये की सब्सिडी का खर्च अगर कांग्रेस की सरकार बनती है तो वह उठाएगी। वहीं प्रदेश में एक परिवार प्रतिवर्ष रसोई गैस के लगभग साढ़े छह (6.25) सिलेंडर की खपत करता है।
कांग्रेस प्रवक्ता गौरव वल्लभ के अनुसार यदि सिलेंडर पर सरकारी सब्सिडी 419 को परिवार की सिलेंडर की कुल वार्षिक खपत 6.25 से गुणा किया जाए तो 2,619 प्रति वर्ष के करीब होगी। काँग्रेस की गणना के अनुसार उत्तराखंड में 24 लाख परिवार है जो रसोई गैस का उपयोग करते हैं। अब यदि 2,619 को 24 लाख परिवारों की संख्या से गुणा किया जाए तो ये संख्या 629 करोड़ प्रतिवर्ष के लगभग बैठती है। वहीं उत्तराखंड का वार्षिक बजट 56 हज़ार करोड़ है। तो 629 करोड़ 56 हज़ार करोड़ का लगभग 1.1 प्रतिशत है। इस आंकलन के अनुसार काँग्रेस ये दावा कर रही है कि रसोई गैस के दाम सरकार बनने पर 500 रुपये से कम कर दिये जायेंगे।
कहना होगा कि कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता गौरव वल्लभ ने बहुत ही सही ढंग से इस गणित को उत्तराखंड की जनता के सामने रखा है। उनके इस प्रस्तुतिकरण से आलोचकों का मुँह पर ताले लगना स्वभाविक है।
वहीं कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता ने बिना किसी राजनीतिक दल पर आरोप लगाए कहा कि कांग्रेस पार्टी की प्राथमिकता अवैध खनन के प्रचार और कोरोना टेस्टिंग के नाम पर घोटाले करने की कतई नहीं है। उन्होंने कहा कि काँग्रेस की मुख्य प्राथमिकताओं में से एक रसोई गैस सिलेंडर की कीमत कम करने की है, जिससे उत्तराखंड में प्रत्येक परिवार को 500 रुपये से कम कीमत में रसोई गैस उपलब्ध हो सके।
बहरहाल काँग्रेस के द्वारा विधानसभा चुनाव में उठाए गए इस अहम मुद्दे व आमजन के लिए की गई पार्टी की इस पहल की हर जगह प्रशंसा होती नजर आ रही है। अब देखना ये होगा कि काँग्रेस के इस बड़े दावे और वादे का उत्तराखंड के विधानसभा चुनाव पर कितना असर होता है।

कांग्रेस विधि प्रकोष्ठ के महासचिव बने विकेश नेगी

लंबे समय से समाजसेवा में रत विकेश नेगी को कांग्रेस के विधि प्रकोष्ठ के जिला महासचिव मनोनीत किया गया है। विकेश नेगी अधिवक्ता के रूप में गरीबों और असहाय लोगों की विधिक सहायता निःशुल्क करते रहे हैं। उनकी इसी सामाजिक सरोकार और भ्रस्टाचार के खिलाफ लगातार मुहिम को देखते हुए पार्टी के शीर्ष नेतृत्व ने महासचिव पद की जिम्मेदारी से नवाजा है।
आपको बता दें कि सरकारी महकमे में व्याप्त अनियमितताओं पर विकेश नेगी की पहल अनवरत जांच का सिलसिला शुरू करवाया। हाल ही में आबकारी विभाग में नियम विरुद्ध नियुक्तियों को लेकर उनकी पीआईएल पर जांच भी हो रही है। कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व ने श्री नेगी की गतिशीलता और समाज के प्रति जिम्मेदारियों और समर्पण को देखते हुए उन्हें महासचिव पद सौपा है। उम्मीद भी जताई है कि आगे भी वो समामाजिक न्याय और पार्टी को मजबूत करेंगे।