हेलीपेड पर ही समस्या सुन सीएम धामी ने किया समस्याओं का समाधान

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने लोहियाहेड हेलीपैड पर जनता व जनप्रतिनिधियों से मुलाकात कर जनसमस्याएं सुनी तथा समस्याओं का समाधान करने के निर्देश अधिकारियों को दिए। उन्होंने कहा जन समस्याओं का समाधान सरकार की प्राथमिकता है, इसलिए जनता की समस्याओं का शीघ्रता से समाधान किया जाए। उन्होंने किसानों को खाद उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए।

इस अवसर पर नगर पालिका अध्यक्ष रमेश चंद्र जोशी, प्रदेश उपाध्यक्ष भाजयुमो सतीश भट्ट, महामंत्री रमेश जोशी, गोविंद टम्टा, डॉ0 नवीन भट्ट,अमित कुमार पांडे,भवानी भंडारी, जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय गणपति, मुख्य विकास अधिकारी दिवेश शासनी,अपर जिलाधिकारी पंकज उपाध्याय, एएसपी डॉ उत्तम सिंह नेगी सहित अनेक अधिकारी व जनप्रतिनिधि, जनता उपस्थित थे।

टेक होम राशन का 100 प्रतिशत वितरण फेस रेकग्निशन सिस्टम के तहत करेंः बर्द्धन

मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन की अध्यक्षता में महिला एवं बाल विकास विभाग के तहत मिशन सक्षम आंगनवाड़ी एवं पोषण, मिशन वात्सल्य एवं मिशन शक्ति से संबंधित राज्य स्तरीय मूल्यांकन एवं अनुश्रवण समिति की बैठक संपन्न हुई। बैठक के दौरान मुख्य सचिव ने सभी योजनाओं पर विस्तार से चर्चा की एवं दिशा-निर्देश दिए।

मुख्य सचिव ने टेक होम राशन का 100 प्रतिशत वितरण फेस रेकग्निशन सिस्टम (एफआरएस) के तहत किया जाए। उन्होंने इसके लिए आवश्यक व्यवस्थाएं शीघ्र सुनिश्चित किए जाने के निर्देश दिए हैं। मुख्य सचिव ने जिलास्तरीय अंतर्विभागीय समन्वय समितियों की बैठकें निर्धारित समय पर नियमित रूप से की जाने के निर्देश दिए, ताकि सम्बन्धित विभागों से लगातार समन्वय स्थापित कर समस्याओं का निस्तारण किया जा सके।

मुख्य सचिव ने सभी आंगनवाड़ी केंद्रों में विद्युत एवं पेयजल व्यवस्था सुनिश्चित किये जाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने निर्देश दिए कि जिन भी आंगनवाड़ी केंद्रों में विद्युत एवं पेयजल की उपलब्धता नहीं है, सम्बन्धित विभागों को ऐसे केंद्रों की सूची उपलब्ध करायी जाए। आवश्यकता पड़ने पर इसके लिए फंड्स भी उपलब्ध कराया जाएगा।

मुख्य सचिव ने कहा कि जिन आंगनवाड़ी केंद्रों के अपने भवन नहीं हैं, यदि आसपास नए पंचायत भवन बनने के कारण या अन्य कारणों से पुराने पंचायत भवनों का उपयोग नहीं हो रहा है, आंगनवाड़ी केंद्रों के उपयोग हेतु दे दिए जायें। विभाग ऐसे पंचायत भवनों की मरम्मत आदि करा कर उपयोग करे। असुरक्षित पंचायत भवनों को ध्वस्त कर फिर से भवन निर्माण कराया जाए। मुख्य सचिव ने विभाग के अंतर्गत सभी राजकीय एवं स्वैच्छिक बाल देखरेख संस्थाओं को थर्ड पार्टी ऑडिट करवाए जाने के भी निर्देश दिए।

इस अवसर पर सचिव चन्द्रेश कुमार यादव सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

सीएम धामी ने खटीमा में पंजाबी कॉलोनी में दिवंगत लोगों के परिजनों से की मुलाकात

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अपने खटीमा भ्रमण के दौरान पंजाबी कालोनी में स्वव विवेक रघुवंशी, टनकपुर रोड में स्वव भूपेंद्र सिंह चुफाल एवं राजेंद्र नगर निवासी स्वव प्रकाश रावत के आवास पर पहुँच कर उनके निधन पर शोक संवेदना व्यक्त की और उनके परिवारजनों को ढांढस बँधाते हुए ईश्वर से दिवंगत आत्मा की शान्ति और अपने श्रीचरणों में स्थान देने की प्रार्थना की।

मुख्यमंत्री ने टीडीसी अस्थाई हेलीपैड में जनप्रतिनिधियों व जनता से मुलाकात कर जनसमस्याएं सुनी तथा समस्याओं का समाधान करने के निर्देश अधिकारियों को दिए। उन्होंने कहा जनसमस्याओं का निराकरण सरकार की प्राथमिकता है, इसलिए अधिकारी जन समस्याओं का त्वरित समाधान करें।

इस दौरान अध्यक्ष नगर पालिका रमेश चंद्र जोशी, मेयर विकास शर्मा, पूर्व विधायक डॉ प्रेम सिंह राणा, नंदन सिंह खरायत, रनदीप पोखरिया, भवानी भंडारी, सतीश भट्ट, नवीन बोरा, महामंत्री रमेश जोशी, जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय गणपति, अपर जिलाधिकारी कौस्तुभ मिश्रा, उप जिलाधिकारी तुषार सैनी सहित अनेक जनप्रतिनिधि व जनता मौजूद थी।

पूरे प्रदेश के लिए एएनपीआर से सम्बन्धित कार्ययोजना प्रस्तुत करेंः बर्द्धन

मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन की अध्यक्षता में सचिवालय में राज्य सड़क सुरक्षा कोष प्रबंध समिति की द्वितीय बैठक संपन्न हुई। बैठक के दौरान सड़क सुरक्षा कोष से सम्बन्धित विभिन्न प्रस्तावों को संस्तुति दी गयी। मुख्य सचिव ने सचिव परिवहन को पूरे प्रदेश के लिए एएनपीआर से सम्बन्धित कार्ययोजना प्रस्तुत किए जाने के निर्देश दिए हैं।

मुख्य सचिव ने कहा कि परिवहन, पुलिस, राज्यकर एवं खनन विभाग सभी को एएनपीआर कैमरों के एक्सेस की आवश्यकता है, जिसके लिए प्रदेश में एक एकीकृत कार्ययोजना तैयार की जानी चाहिए। उन्होंने परिवहन विभाग द्वारा अपने एवं पुलिस विभाग द्वारा किए जाने रहे चालानों की संकलित रिपोर्ट मुख्य सचिव कार्यालय को मासिक रूप से प्रेषित किए जाने के निर्देश दिए। उन्होंने सड़क सुरक्षा कोष की वार्षिक कार्ययोजना तैयार किए जाने की भी बात कही। कहा कि सड़क सुरक्षा के सभी पहलुओं को लेकर सम्पूर्ण कार्ययोजना तैयार की जानी चाहिए।

मुख्य सचिव ने कहा कि रोड फर्नीचर रोड और साइनेज जैसे रूटीन कार्य लोक निर्माण विभाग द्वारा ही लगाया जाएगा। सभी विभाग अपने मेंडेट से सम्बन्धित कार्यों को अपने विभागीय बजट से ही कराए जाने को प्राथमिकता दें। सड़क सुरक्षा से सम्बन्धित ऐसे कार्य जिनके लिए विभागीय बजट उपलब्ध नहीं हो पा रहा है, उसके लिए सड़क सुरक्षा कोष से बजट का प्रावधान किया जाएगा।

मुख्य सचिव ने प्रस्तावों को समिति के समक्ष प्रस्तुत करने से पूर्व एक उपसमिति गठित कर प्रस्तावों की स्क्रूटिनी किए जाने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कार्यों में डुप्लीकेसी न हो इसका विशेष ध्यान रखा जाए।

इस अवसर पर प्रमुख सचिव न्याय एवं विधि प्रदीप पंत, सचिव डॉ. पंकज कुमार पाण्डेय, बृजेश कुमार संत, डॉ. वी. षणमुगम, अपर सचिव निवेदिता कुकरेती एवं रोहित मीणा सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

नई दिल्ली पहुंचे सीएम धामी, पुस्तक अपनापन नरेंद्र मोदी संग मेरे अनुभव के लोकार्पण कार्यक्रम में शिरकत

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नई दिल्ली में आयोजित केंद्रीय कृषि व किसान कल्याण एवं ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान की सद्यः प्रकाशित पुस्तक ‘अपनापन नरेंद्र मोदी संग मेरे अनुभव’ के लोकार्पण कार्यक्रम में प्रतिभाग किया।

यह गरिमामयी समारोह भारत के पूर्व उपराष्ट्रपति एम. वेंकैया नायडू तथा पूर्व प्रधानमंत्री एच.डी. देवेगौड़ा की उपस्थिति में सम्पन्न हुआ।

‘अपनापन’ एक प्रेरणादायी कृति है, जिसमें शिवराज सिंह चौहान द्वारा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के साथ विभिन्न भूमिकाओं में प्राप्त अनुभवों का सजीव वर्णन किया गया है। पुस्तक में नेतृत्व, सेवा, सुशासन एवं राष्ट्र-निर्माण से जुड़े महत्वपूर्ण विचारों को सरल एवं प्रभावी रूप में प्रस्तुत किया गया है।

मुख्यमंत्री ने पुस्तक के प्रकाशन पर शिवराज सिंह चौहान को शुभकामनाएं दीं तथा इसे समाज के लिए प्रेरणादायी बताया।

कार्यक्रम में विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्री, भारत सरकार के अनेक मंत्री, विधायक, सांसद, समाजसेवी, लेखक-पत्रकार एवं अन्य गणमान्य व्यक्ति भी उपस्थित रहे।

फेक नैरेटिव और भ्रामक सूचनाओं से सतर्क रहेंः धामी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हल्द्वानी में आयोजित “सोशल मीडिया मंथन विथ सीएम धामी” कार्यक्रम में प्रतिभाग कर सोशल मीडिया इंफ्लूएंसर्स, कंटेंट क्रिएटर्स, डिजिटल वॉलेंटियर्स एवं युवाओ के साथ संवाद किया।

कार्यक्रम में बड़ी संख्या में उपस्थित युवाओं ने सोशल मीडिया, उत्तराखंड के विकास, रोजगार, संस्कृति, राष्ट्रवाद और युवाओं की भूमिका से जुड़े विभिन्न विषयों पर मुख्यमंत्री श्री धामी से सवाल पूछे, जिनका उन्होंने बेबाकी, स्पष्टता और आत्मीयता के साथ जवाब दिया।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि वर्तमान समय में सोशल मीडिया केवल मनोरंजन का माध्यम नहीं, बल्कि समाज को जागरूक करने, सकारात्मक परिवर्तन लाने और राष्ट्र निर्माण में भागीदारी निभाने का एक प्रभावशाली प्लेटफॉर्म बन चुका है। उन्होंने कहा कि आज का युवा डिजिटल माध्यमों के जरिए अपनी बात पूरी दुनिया तक पहुंचाने की क्षमता रखता है और उत्तराखंड के युवाओं में अपार प्रतिभा मौजूद है।

मुख्यमंत्री धामी ने युवाओं का आह्वान करते हुए कहा कि सोशल मीडिया का उपयोग सकारात्मकता, सत्य और समाजहित के लिए किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि फेक नैरेटिव, भ्रामक सूचनाओं और समाज को बांटने वाली ताकतों से सतर्क रहने की आवश्यकता है। सोशल मीडिया पर जिम्मेदार व्यवहार और तथ्यपरक जानकारी साझा करना आज प्रत्येक युवा की जिम्मेदारी है।

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी सोशल मीडिया को जनसंवाद का सशक्त माध्यम बनाया है और निरंतर युवाओं से सीधे संवाद स्थापित कर उन्हें राष्ट्र निर्माण में सहभागी बनने के लिए प्रेरित किया है। इसी भावना के साथ उत्तराखंड सरकार भी युवाओं को आगे बढ़ाने, रोजगार एवं स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराने, स्टार्टअप, नवाचार, खेल, संस्कृति और पर्यटन के क्षेत्र में निरंतर कार्य कर रही है।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने नकल विरोधी कानून, समान नागरिक संहिता, धर्मांतरण विरोधी कानून और सख्त भू-कानून जैसे ऐतिहासिक निर्णय लेकर युवाओं और प्रदेश के भविष्य को सुरक्षित करने का कार्य किया है। उत्तराखंड की संस्कृति, परंपरा और देवभूमि की पहचान को संरक्षित रखते हुए विकास के नए आयाम स्थापित किए जा रहे हैं।

कार्यक्रम के दौरान सोशल मीडिया इंफ्लूएंसर्स और कंटेंट क्रिएटर्स ने अपने सुझाव एवं अनुभव भी साझा किए। मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि सरकार युवाओं के सुझावों और सकारात्मक सहभागिता का सदैव स्वागत करती है तथा डिजिटल इंडिया के इस दौर में उत्तराखंड के युवा प्रदेश के ब्रांड एम्बेसडर बनकर दुनिया के सामने राज्य की सकारात्मक छवि प्रस्तुत करें।

इस अवसर पर सांसद अजय भट्ट, कैबिनेट मंत्री प्रदीप बत्रा, राम सिंह कैड़ा, विधायक सरिता आर्या, जिलाध्यक्ष भाजपा प्रताप सिंह बिष्ट, दायित्वधारी शंकर कोरंगा, महापौर गजराज सिंह बिष्ट, गोविंद सिंह समेत कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

ऐतिहासिकः हल्द्वानी में 6.75 करोड़ की लागत से अत्याधुनिक मीडिया सेन्टर का शिलान्यास, सीएम धामी ने किया बड़ा ऐलान

देवभूमि उत्तराखण्ड में पत्रकारों के सशक्तिकरण, आधुनिक सुविधाओं के विस्तार एवं लोकतांत्रिक व्यवस्था को और अधिक मजबूती प्रदान करने की दिशा में आज एक ऐतिहासिक पहल की गई। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कुमाऊँ मीडिया सेन्टर भवन, हल्द्वानी का विधिवत शिलान्यास किया।

₹6 करोड़ 75 लाख 88 हजार रुपये की लागत से निर्मित होने वाला यह अत्याधुनिक मीडिया सेन्टर कुमाऊँ मंडल के पत्रकारों के लिए एक समर्पित, सुसज्जित एवं बहुउद्देश्यीय केंद्र के रूप में विकसित किया जाएगा।

लोकतंत्र के चौथे स्तंभ को समर्पित एक आधुनिक केंद्र
मुख्यमंत्री ने अपने उद्बोधन में कहा कि यह मीडिया सेन्टर केवल एक भवन नहीं, बल्कि लोकतंत्र के चौथे स्तंभकृपत्रकारिताकृको समर्पित एक जीवंत मंच होगा। यह केन्द्र पत्रकारों की कर्मस्थली, विचार-विमर्श का संगम और जन-जन की आवाज को सशक्त रूप से अभिव्यक्त करने का माध्यम बनेगा।उन्होंने कहा कि अब तक कुमाऊँ मंडल के पत्रकारों को कई महत्वपूर्ण कार्यों के लिए देहरादून पर निर्भर रहना पड़ता था, लेकिन इस मीडिया सेन्टर के निर्माण के बाद अधिकांश कार्य हल्द्वानी से ही संचालित हो सकेंगे, जिससे समय और संसाधनों की बचत होगी।

आधुनिक सुविधाओं से लैस होगा मीडिया सेन्टर
मुख्यमंत्री धामी ने बताया कि इस भवन में आधुनिक आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए अत्याधुनिक सुविधाएं विकसित की जाएंगी। इनमें प्रमुख रूप से
आधुनिक प्रेस कॉन्फ्रेंस हॉल।
हाई-स्पीड इंटरनेट सुविधा।
डिजिटल स्टूडियो।
समृद्ध लाइब्रेरी।

’कैंटीन एवं अन्य आधारभूत सुविधाओं के साथ-साथ दूरस्थ क्षेत्रोंकृमुनस्यारी, बागेश्वर, कपकोट, पिथौरागढ़, चंपावत, अल्मोड़ा एवं रानीखेत आदि क्षेत्रों से आने वाले पत्रकारों के लिए आवासीय गेस्ट रूम की व्यवस्था भी की जाएगी, जिससे उन्हें आवागमन की कठिनाइयों से राहत मिल सके।

समाचार पत्रों के निरीक्षा कार्य होंगे सुगम
मुख्यमंत्री ने यह भी घोषणा की कि समाचार पत्रों से संबंधित निरीक्षा कार्य अब इसी मीडिया सेन्टर से संपन्न किए जाएंगे। इससे पारदर्शिता, दक्षता एवं त्वरित कार्यप्रणाली को बढ़ावा मिलेगा और पत्रकारों को प्रशासनिक प्रक्रियाओं में आसानी होगी।

मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार पत्रकारों के कल्याण एवं सुरक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने सरकार द्वारा उठाए गए महत्वपूर्ण कदमों का उल्लेख करते हुए कहा कि
पत्रकार कल्याण कोष में वृद्धिरू कोष की राशि बढ़ाकर ₹5 करोड़ कर दी गई है, जिससे आकस्मिक निधन या गंभीर बीमारी की स्थिति में पत्रकारों के परिजनों को त्वरित आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जा रही है।अधिस्वीकृत पत्रकारों एवं उनके आश्रितों के लिए ₹5 लाख तक की कैशलेस स्वास्थ्य बीमा सुविधा लागू की गई है। इसके साथ ही 60 वर्ष से अधिक आयु के वरिष्ठ पत्रकारों को ₹8000(आठ हजार) प्रतिमाह पेंशन प्रदान की जा रही है।

मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि यह मीडिया सेन्टर हल्द्वानी को कुमाऊँ क्षेत्र का एक प्रमुख मीडिया हब बनाएगा। यहां से संचालित होने वाली पत्रकारिता न केवल क्षेत्रीय बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर भी प्रभावी भूमिका निभाएगी।
उन्होंने पत्रकारों से आह्वान किया कि वे सकारात्मक पत्रकारिता को बढ़ावा दें, विकास कार्यों को जन-जन तक पहुंचाएं तथा जहां कहीं कमियां हों, वहां निष्पक्ष रूप से सरकार को अवगत कराएं। उन्होंने कहा कि “आपकी कलम ही सरकार के लिए मार्गदर्शक है और लोकतंत्र की सबसे बड़ी शक्ति है।”

मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि चंपावत जनपद के टनकपुर में मीडिया सेंटर गेस्ट हाउस का निर्माण कार्य प्रारंभ हो चुका है, जिससे सीमांत क्षेत्रों के पत्रकारों को भी बेहतर सुविधाएं उपलब्ध हो सकेंगी।
इस अवसर पर मा० सांसद अजय भट्ट, मा०कैबिनेट मंत्री प्रदीप बत्रा, राम सिंह कैड़ा, जिला पंचायत अध्यक्ष दीपा दरम्वाल, विधायक सरिता आर्या,अध्यक्ष मीडिया सलाहकार समिति उत्तराखंड गोविन्द सिंह,मेयर हल्द्वानी गजराज सिंह,ब्लॉक प्रमुख हल्द्वानी मंजू गौड़, ब्लॉक प्रमुख भीमताल हरीश बिष्ट, भाजपा जिलाध्यक्ष प्रताप सिंह बिष्ट,
उत्तराखंड सरकार में दर्जा राज्यमंत्री डॉ अनिल कपूर डब्बू, ध्रुव रौतेला, दिनेश आर्या, सुरेश भट्ट, शंकर कोरंगा, नवीन वर्मा,दीपक मेहरा,दिनेश मानसेरा,
के अतिरिक्त महानिदेशक सूचना बंशीधर तिवारी, जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल,एसएसपी डॉ मंजूनाथ टीसी, मुख्य विकास अधिकारी अरविंद कुमार पाण्डे,उपनिदेशक सूचना बद्रीचंद्र, जिला सूचना अधिकारी गिरिजा शंकर जोशी, सूचना अधिकारी अहमद नदीम, व्यवस्था अधिकारी रामपाल उत्तराखंड पेयजल निर्माण निगम के महाप्रबंधक कुमाऊं अनूप कुमार पाण्डे, परियोजना प्रबंधक एस पी बड़ौनी
सहित प्रशासनिक अधिकारी एवं बड़ी संख्या में पत्रकार बंधु कार्यक्रम में मौजूद रहे।

कुमाऊँ मीडिया सेन्टर का निर्माण उत्तराखण्ड में मीडिया इंफ्रास्ट्रक्चर के विकास की दिशा में एक मील का पत्थर साबित होगा। यह पहल पत्रकारों को आधुनिक सुविधाएं प्रदान करने के साथ-साथ राज्य में पारदर्शी, जवाबदेह एवं सशक्त लोकतांत्रिक व्यवस्था को और अधिक मजबूती प्रदान करेगी।यह ऐतिहासिक कदम मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के दूरदर्शी नेतृत्व और पत्रकार हितैषी नीतियों का प्रतीक है, जो आने वाले समय में उत्तराखण्ड को मीडिया सशक्तिकरण के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों तक ले जाएगा।

यदि गांव विकसित होंगे, तो राज्य और राष्ट्र स्वतः ही विकास ऊँचाइयों को प्राप्त करेगाः धामी

विकास खण्ड सभागार खटीमा में जन जन की सरकार, मुख्यमंत्री संवाद कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पंचायत व निकाय जनप्रतिनिधियों से संवाद किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत की आत्मा हमारे गांवों में बसती है और देश की वास्तविक प्रगति तभी संभव है जब हमारे गाँव और कस्बे सशक्त, समृद्ध और आत्मनिर्भर बनें। उन्होंने कहा कि यदि गांव विकसित होंगे, तो राज्य और राष्ट्र स्वतः ही विकास ऊँचाइयों को प्राप्त करेगा। यही कारण है कि आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कुशल नेतृत्व में भारत को वर्ष 2047 तक विकसित राष्ट्र बनाने के लक्ष्य के साथ ग्रामीण विकास के क्षेत्र में अभूतपूर्व कार्य किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि आज प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना, वी बी जीरामजी, राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन, प्रधानमंत्री आवास योजना, स्वच्छता अभियान जैसी अनेकों योजनाओं के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों को सामाजिक और आर्थिक रूप से मजबूत करने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री जी के मार्गदर्शन और सहयोग से राज्य सरकार भी विभिन्न नीतियों और योजनाओं के माध्यम से ग्रामीण अर्थव्यवथा को और अधिक सशक्त बनाने के लिए निरंतर प्रयासरत है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हम जहां एक ओर एक जनपद, दो उत्पाद योजना और हाउस ऑफ हिमालयाज ब्रांड के माध्यम से अपने पारंपरिक उत्पादों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर व्यापक पहचान दिलाने का काम कर रहे हैं। वहीं, स्टेट मिलेट मिशन, फार्म मशीनरी बैंक, एप्पल मिशन, नई पर्यटन नीति, नई फिल्म नीति, होम स्टे, वेड इन उत्तराखंड और सौर स्वरोजगार योजना जैसी पहलों के माध्यम से हम प्रदेश की स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती प्रदान करने के लिए व्यापक रूप से कार्य कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि इन सभी पहलों ने न केवल हमारी ग्रामीण आर्थिकी को सशक्त किया है, बल्कि स्थानीय युवाओं को उनके गांव में ही रोजगार के अवसर प्रदान कर पलायन पर भी प्रभावी अंकुश लगाने का कार्य किया है। उन्होंने कहा कि हम आज जहां एक ओर प्रदेश की लाखों महिलाओं को स्वयं सहायता समूहों से जोड़कर आर्थिक रूप से भी सशक्त बना रहे हैं। साथ ही रूरल बिजनेस इनक्यूबेटर सेंटर योजना के जरिए ग्रामीण क्षेत्रों में स्वरोजगार और उद्यमिता को भी निरंतर प्रोत्साहित कर रहे हैं। ये हम सभी के लिए गर्व का विषय है कि आज राज्य की 2 लाख 65 हजार से अधिक बहनों ने ष्लखपति दीदीष् बनकर महिला सशक्तिकरण की दिशा में नया इतिहास रचा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार द्वारा राज्य के शहरों से लेकर सुदूर पर्वतीय गांवों तक सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल सहित सभी महत्वपूर्ण क्षेत्रों से जुड़े इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने की दिशा में भी निरंतर कार्य किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि हमने एक ओर जहां क्षेत्र में कनेक्टिविटी को बेहतर बनाने के लिए गदरपुर-खटीमा बाईपास और नौसर में पुल का निर्माण कराया है, वहीं पूरे क्षेत्र में सड़कों के व्यापक नेटवर्क का विकास भी सुनिश्चित किया है। इसके साथ ही, खटीमा में अत्याधुनिक बस स्टैंड का निर्माण कराकर यातायात सुविधाओं को सुदृढ़ किया है, जिससे आज आमजनों को सुरक्षित, सुगम और बेहतर परिवहन व्यवस्था उपलब्ध हो रही है। उन्होंने कहा कि हमने खटीमा में केंद्रीय विद्यालय की स्थापना करने के साथ-साथ चकरपुर में राष्ट्रीय स्तर के आधुनिक खेल स्टेडियम का निर्माण भी कराया है। इसके अलावा, खटीमा में आधुनिक आईटीआई और पॉलीटेक्निक कॉलेज तथा 100 बेड के नए अस्पताल परिसर का निर्माण कर बुनियादी सुविधाओं को मजबूत किया है। विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास और प्रतिस्पर्धी परीक्षाओं की तैयारी के लिए ष्साथी केंद्रष् की स्थापना भी की गई है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि खटीमा और टनकपुर के बीच एक भव्य सैन्य स्मारक भी बनाने जा रहे हैं, जिस पर जल्द ही कार्य प्रारंभ हो जाएगा। उन्होंने कहा कि हमने एक ओर जहां राजकीय महाविद्यालय खटीमा में एमकॉम और एमएससी की कक्षाएं शुरू कराई, वहीं जनजाति बाहुल्य क्षेत्र में एकलव्य विद्यालय का संचालन भी प्रारंभ किया। उन्होंने कहा कि उधमसिंह नगर जनपद के किच्छा में 351 करोड़ रूपए की लागत से 100 एकड़ भूमि पर एम्स ऋषिकेश के सैटेलाइट सेंटर का निर्माण कार्य प्रगति पर है। हम पंतनगर में अंतर्राष्ट्रीय स्तर का हवाईअड्डा का निर्माण भी करा रहे हैं। उन्होंने कहा कि जहाँ सितारगंज में प्लास्टिक पार्क, काशीपुर में अरोमा पार्क, काशीपुर में इलैक्ट्रॉनिक्स मैन्यूफैक्चरिंग क्लस्टर और पंतनगर में मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक पार्क की स्थापना की है। वहीं, हम खुरपिया में इंडस्ट्रियल स्मार्ट सिटी की स्थापना के माध्यम से इस पूरे क्षेत्र के विकास को गति देने का प्रयास भी कर रहे हैं। इसके साथ ही, हम लगभग 55 करोड़ रुपये की लागत से मानूनगर-गदरपुर से दिनेशपुर-मटकोटा होकर सीधे हल्द्वानी को जोड़ने वाले मोटर मार्ग के चौड़ीकरण एवं सुदृढ़ीकरण का कार्य भी करा रहे हैं। उन्होंने कहा कि हम जहां एक ओर लगभग 590 करोड़ रुपए की लागत से रूद्रपुर बाईपास निर्माण करा रहे हैं, वहीं, रूद्रपुर को खटीमा-टनकपुर एवं गदरपुर-जसपुर से जोड़ने वाली चार लेन सड़कों का निर्माण भी करा रहे हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जमरानी बांध बहुउद्देशीय परियोजना का निर्माण पुनः प्रारंभ कर पूरे तराई क्षेत्र की पेयजल और सिंचाई की समस्या का समाधान करने का ऐतिहासिक कार्य भी किया है। हमारी सरकार ने गन्ना किसानों की आय में बढ़ोतरी करने के उद्देश्य से गन्ने के समर्थन मूल्य में 30 रुपये प्रति क्विंटल की वृद्धि भी की है। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार राज्य के समग्र विकास के साथ-साथ अपने सांस्कृतिक मूल्यों और डेमोग्राफी को संरक्षित रखने हेतु भी पूर्ण रूप से संकल्पबद्ध है। उन्होंने कहा कि हमने प्रदेश में सुनियोजित लैंड जिहाद पर कड़ी कार्रवाई करते हुए 12 हजार एकड़ से अधिक की सरकारी भूमि को लैंड जिहादियों से मुक्त कराया है। उन्होंने कहा कि हमनें 550 के करीब अवैध मजारों को ध्वस्त किया है, वहीं वन भूमि पर अतिक्रमण करके बनाई गई अवैध मस्जिदों को भी हटाया है। इसके साथ ही, हमने प्रदेश में दंगों की राजनीति करने वालों को सबक सिखाने के लिए एक सख्त दंगारोधी कानून बनाकर दंगों में होने वाले नुकसान की भरपाई भी दंगाईयों से ही करने का काम किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हमने सड़कों पर कब्जा कर धार्मिक आयोजन करने वालों के लिए सख्त दिशा निर्देश जारी किए हैं जिसके अंतर्गत हमने यातायात को बाधित कर सड़कों पर नमाज पढ़ने पर रोक लगाई है। इसके अलावा, हाल ही में हमारी सरकार ने राज्य में नया कानून लागू कर मदरसा बोर्ड को भी समाप्त करने का निर्णय लिया है। जिसके अंतर्गत अब उत्तराखंड में केवल वही मदरसे संचालित हो पाएंगे, जिनमें हमारे सरकारी बोर्ड द्वारा निर्धारित पाठ्यक्रम पढ़ाया जाएगा। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार ने राज्य में अवैध रूप से संचालित लगभग 250 से अधिक मदरसों को भी बंद करवाया है। उन्होंने कहा कि हमारा प्रयास है कि राज्य में शिक्षा के मंदिर स्थापित हों, जहां तय मानकों के अनुरूप गुणवत्तापूर्ण शिक्षा दी जाए, न कि शिक्षा के नाम पर बच्चों को अलगाववादी मानसिकता की ओर धकेला जाए। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार राज्य में सनातन संस्कृति को बदनाम करने वाले पाखंडियों के विरुद्ध भी ऑपरेशन कालनेमि के माध्यम से भी सख्त कार्रवाई कर रही है। हमारी सरकार ने ही भर्ती प्रक्रियाओं को पारदर्शी बनाने और नकल माफियाओं पर अंकुश लगाने के लिए देश का सबसे सख्त नकल विरोधी कानून लागू किया। इसी का परिणाम है कि पिछले 4 वर्षों में राज्य के 32 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरी प्राप्त हुई है, जो अपने आप में एक रिकॉर्ड है। उन्होंने कहा कि इस कानून के लागू होने के बाद हमने बीते 4 वर्षों में 100 से अधिक नकल माफियाओं को सलाखों के पीछे पहुंचाया है, जिन्होंने पूर्व की सरकारों के समय उत्तराखंड में नकल को एक उद्योग बना दिया था।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हमने समाज में व्याप्त असमानताओं को समाप्त करने तथा सभी के लिए समान अधिकार एवं न्याय सुनिश्चित करने के लिए देश में सबसे पहले ष्समान नागरिक संहिताष् कानून को लागू करने का साहसिक कार्य भी किया है। उन्होंने कहा कि राज्य में धर्मांतरण का खेल चल रहा था। हाल ही में इस क्षेत्र में भी कई धर्मांतरण के मामले सामने आये थे, लेकिन हमने ये गलत काम करने वालों को ऐसा सबक सिखाया है कि अब ये पाखंडी और घुसपैठिए स्वतः ही अपना बोरिया बिस्तर उठाकर राज्य छोड़कर जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार देवभूमि उत्तराखंड को देश का सर्वश्रेष्ठ राज्य बनाने के अपने ष्विकल्प रहित संकल्प” को पूर्ण करने के लिए लगातार काम कर रही है। और मुझे पूर्ण विश्वास है कि हमारे इस संकल्प को साकार करने में खटीमा के मेरे आप सभी परिवारजन इसी प्रकार हमारी सरकार के साथ कंधे से कंधा मिलाकर अपना योगदान देते रहेंगे।

इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष अजय मौर्य, ब्लॉक प्रमुख सरिता राणा, अध्यक्ष नगर पालिका परिषद रमेश चंद्र जोशी, अध्यक्ष ग्राम प्रधान संगठन आशा बिष्ट, ज्येष्ठ प्रमुख भागीरथी राणा, कनिष्ठ प्रमुख गौरव नेगी, पूर्व विधायक डॉ प्रेम सिंह राणा, सांसद प्रतिनिधि रविंद्र राणा, जिलाध्यक्ष कमल जिंदल, जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय गणपति, मुख्य विकास अधिकारी दिवेश शासनी, अपर जिलाधिकारी कौस्तुभ मिश्र, पंकज उपाध्याय, अपर पुलिस अधीक्षक डॉ उत्तम सिंह नेगी, परियोजना निदेशक डीआरडीए हिमांशु जोशी, जिला विकास अधिकारी सुशील मोहन डोभाल, सहित अन्य अधिकारी व जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।

89 लाख रुपये की विकास योजनाओं का खटीमा में हुआ लोकार्पण, सीएम धामी ने गिनाई सरकार की उपलब्धियां

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अपने खटीमा भ्रमण के दौरान विकासखंड कार्यालय परिसर में शिक्षा, युवा सशक्तिकरण और जनसुविधाओं को नई दिशा देने वाली विभिन्न विकास योजनाओं का लोकार्पण किया। मुख्यमंत्री ने लगभग 89 लाख रुपये की लागत से पूर्ण हुई परियोजनाओं का लोकार्पण करते हुए कहा कि राज्य सरकार युवाओं के उज्ज्वल भविष्य, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा तथा स्वस्थ समाज के निर्माण के लिए लगातार कार्य कर रही है।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने 55 लाख रुपये की लागत से निर्मित आधुनिक “दीदी की लाइब्रेरी”, 7.50 लाख रुपये की लागत से नवीनीकृत,आधुनिकीकृत व्यायामशाला भवन तथा 26.50 की लागत से विकासखंड सभागार के आधुनिकीकरण कार्यों का लोकार्पण किया। उन्होंने कहा कि ये सभी सुविधाएं क्षेत्र के विद्यार्थियों, युवाओं एवं आमजन के लिए अत्यंत उपयोगी सिद्ध होंगी तथा शिक्षा विकास की नई संभावनाओं को गति देंगी।

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि शिक्षा किसी भी समाज की प्रगति का सबसे मजबूत आधार होती है। खटीमा में स्थापित की गई दीदी की लाइब्रेरी विद्यार्थियों और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए ज्ञान का महत्वपूर्ण केंद्र बनेगी। आधुनिक सुविधाओं से युक्त यह पुस्तकालय छात्रों को शांत एवं अनुकूल अध्ययन वातावरण उपलब्ध कराएगा, जिससे वे अपने लक्ष्य निर्धारण के साथ बेहतर तैयारी कर सकेंगे।

उन्होंने कहा कि ग्रामीण एवं सीमांत क्षेत्रों के अनेक प्रतिभाशाली छात्र संसाधनों की कमी के कारण गुणवत्तापूर्ण अध्ययन सुविधाओं से वंचित रह जाते थे। नई लाइब्रेरी ऐसे विद्यार्थियों के लिए वरदान साबित होगी,यहां उपलब्ध पुस्तकों, अध्ययन सामग्री से युवाओं को प्रतियोगी परीक्षाओं, उच्च शिक्षा तथा विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए बेहतर तैयारी करने का अवसर मिलेगा। यह पुस्तकालय केवल किताबों का संग्रह नहीं बल्कि युवाओं के सपनों को साकार करने का एक सशक्त माध्यम बनेगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार महिला सशक्तिकरण की दिशा में लगातार कार्य कर रही है, इसी क्रम में इस लाइब्रेरी का संचालन भी स्वयं सहायता समूह की महिलाओं के द्वारा संचालित किया जयेगा जिससे उनकी आय में वृद्धि होगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का प्रयास है कि प्रदेश का प्रत्येक युवा अपनी प्रतिभा और क्षमता के अनुरूप आगे बढ़ सके। इसके लिए शिक्षा के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के साथ-साथ आधुनिक अध्ययन सुविधाओं का विस्तार भी किया जा रहा है। खटीमा में स्थापित यह लाइब्रेरी आने वाले वर्षों में हजारों विद्यार्थियों के भविष्य निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

इस दौरान मुख्यमंत्री ने व्यायामशाला भवन के नवीनीकरण एवं आधुनिकीकरण को भी युवाओं के लिए महत्वपूर्ण पहल बताया। उन्होंने कहा कि स्वस्थ शरीर में ही स्वस्थ मन का वास होता है। आधुनिक उपकरणों एवं बेहतर सुविधाओं से सुसज्जित व्यायामशाला युवाओं को फिटनेस, खेलकूद और स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करने में सहायक होगी।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देशभर में फिट इंडिया मूवमेंट और स्वस्थ जीवनशैली को बढ़ावा दिया जा रहा है। उत्तराखंड सरकार भी युवाओं को नशामुक्त, स्वस्थ और अनुशासित जीवन की ओर प्रेरित करने के लिए खेल एवं फिटनेस से जुड़ी सुविधाओं का लगातार विस्तार कर रही है। आधुनिक व्यायामशाला स्थानीय युवाओं को नियमित व्यायाम, शारीरिक दक्षता और सकारात्मक जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करेगी।

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि राज्य सरकार शिक्षा, स्वास्थ्य, खेल, रोजगार और आधारभूत संरचना के क्षेत्र में समान रूप से कार्य कर रही है, ताकि विकास का लाभ समाज के प्रत्येक वर्ग तक पहुंच सके। खटीमा उनका गृह क्षेत्र होने के साथ-साथ विकास के प्रति उनकी विशेष प्रतिबद्धता का भी केंद्र है और क्षेत्र के सर्वांगीण विकास के लिए निरंतर प्रयास जारी रहेंगे। उन्होंने कहा कि इन सुविधाओं के माध्यम से क्षेत्र के छात्र-छात्राओं और युवाओं को अपने सपनों को साकार करने तथा आत्मनिर्भर भविष्य की ओर आगे बढ़ने के लिए मजबूत आधार प्राप्त होगा।

इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष अजय मौर्य, ब्लॉक प्रमुख सरिता राणा, अध्यक्ष नगर पालिका परिषद रमेश चंद्र जोशी, पूर्व विधायक डॉ प्रेम सिंह राणा, सांसद प्रतिनिधि रविंद्र राणा, जिलाध्यक्ष कमल जिंदल, जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय गणपति, मुख्य विकास अधिकारी दिवेश शासनी, अपर जिलाधिकारी कौस्तुभ मिश्र, पंकज उपाध्याय, अपर पुलिस अधीक्षक डॉ उत्तम सिंह नेगी, जिला विकास अधिकारी सुशील मोहन डोभाल सहित अन्य अधिकारी व जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।

उत्तराखंड में सभी सरकारी भूमि से अतिक्रमण हटेगा, सीएम ने आदेश किए जारी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को निजी आवास, खटीमा से समस्त जिलाधिकारियों के साथ वर्चुअल बैठक की। इस दौरान मुख्यमंत्री ने सभी जिला अधिकारियों को सरकारी भूमि से अतिक्रमण हटाने के अभियान में तेजी लाने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने कहा ग्राम सभाओं में स्थित सरकारी भूमि की भी जांच की जाए।

मुख्यमंत्री ने कहा राज्य में भू कानून का उल्लंघन कर खरीदी गई जमीनों की जांच भी की जाए। उन्होंने कहा इस अभियान में तेजी लाते हुए त्वरित सुनवाई की जाए एवं भू कानून का उल्लंघन पाए जाने पर भूमि को राज्य सरकार में निहित किया जाए। मुख्यमंत्री ने राज्य में स्थित शत्रु संपत्तियों पर हुए अवैध कब्जे को हटाने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा वक्फ संपत्तियों का ब्योरा, उम्मीद पोर्टल पर दर्ज किए जाने की नियमित समीक्षा हो। साथ ही इस ब्योरे की भी नियमित जांच की जाए।

मुख्यमंत्री ने कहा अन्य राज्यों से आए लोगों के शस्त्र लाइसेंस की जांच भी की जाए एवं आपराधिक पृष्ठभूमि के लोगों को चिन्हित भी किया जाए।जनसेवा केंद्रों की जांच एवं अवैध राशन कार्ड बनाकर सरकारी सुविधाओं का लाभ ले रहे अपात्र लोगों को चिन्हित करने के निर्देश भी मुख्यमंत्री ने दिए। मुख्यमंत्री ने संदिग्ध गतिविधियों पर प्रभावी निगरानी रखते हुए वेरिफिकेशन ड्राइव में तेजी लाने के भी निर्देश दिए।

आगामी मानसून को देखते हुए मुख्यमंत्री ने सभी जनपदों को पूर्व तैयारियाँ समय रहते पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा प्रत्येक जिले में मानसून पूर्व तैयारियों की समीक्षा बैठक आयोजित कर सभी आवश्यक व्यवस्थाएँ सुनिश्चित की जाएँ। उन्होंने आंतरिक क्षेत्रों की क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत कार्य समयबद्ध तरीके से पूर्ण करने, ग्रीष्मकालीन समय को देखते हुए पेयजल आपूर्ति व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जहाँ कहीं भी पानी की समस्या या तकनीकी दिक्कत हो, उसे तत्काल प्राथमिकता के आधार पर दूर किया जाए।

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रदेश में अनावश्यक ऊर्जा कटौती किसी भी स्थिति में न हो।उन्होंने कहा कि यदि किसी कारणवश बिजली कटौती आवश्यक हो, तो इसकी पूर्व सूचना स्थानीय स्तर पर समय रहते आम जनता तक पहुँचाई जाए, जिससे लोगों को असुविधा का सामना न करना पड़े।

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि चारधाम यात्रा की नियमित मॉनिटरिंग की जाए। उन्होंने कहा कि यात्रा मार्गों पर आने वाले श्रद्धालुओं से निरंतर फीडबैक भी लिया जाए और प्राप्त सुझावों एवं शिकायतों के आधार पर व्यवस्थाओं में भी सुधार किया जाए। मुख्यमंत्री ने चारधाम यात्रा रूट पर पीने के पानी की समुचित उपलब्धता बनाए रखने तथा ट्रैफिक की प्रभावी कार्ययोजना के भी निर्देश दिए।मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को मानसखंड यात्रा के अंतर्गत कैंची धाम बाईपास निर्माण कार्य को आगामी माह तक हर हाल में पूर्ण करने के निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि कृषि एवं उद्यान विभाग के माध्यम से पॉली हाउस, एप्पल मिशन, कीवी मिशन जैसी संचालित अनेक योजनाओं को केवल कागजी कार्रवाई तक सीमित न रखा जाए, बल्कि वास्तविक रूप से किसानों तक उनका लाभ पहुँचाने के लिए प्रभावी ढंग से कार्य किया जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि कृषि और बागवानी के क्षेत्र में परिणाम आधारित कार्य संस्कृति अपनाने की आवश्यकता है, जिससे किसानों की आय बढ़ाने और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने का लक्ष्य पूरा हो सके।

मुख्यमंत्री ने पिछले वर्ष आपदा प्रभावित क्षेत्रों में चल रहे पुनर्निर्माण कार्यों को और अधिक तेजी से पूरा करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से जोशीमठ में चल रहे पुनर्निर्माण कार्यों की प्रगति के बारे में विस्तृत जानकारी भी ली। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि मानसून से पहले आपदा की दृष्टि से संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष सतर्कता एवं निगरानी बढ़ाई जाए।