राजभवन परिसर पर हुआ महाराजा भगीरथ की भव्य प्रतिमा का अनावरण

राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से नि) और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को राजभवन परिसर में ‘‘भगीरथ उद्यान’’ का उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने उद्यान में स्थापित महान राजा भगीरथ की भव्य प्रतिमा का अनावरण भी किया।

राजभवन स्थित ‘‘भगीरथ उद्यान’’ में लगभग 10 फीट ऊंची प्रतिमा को 8 फीट ऊँचे ग्रेनाइट चबूतरे पर स्थापित किया गया है। इसे हरिद्वार के प्रख्यात कलाकार श्री शिवम चौरसिया ने फाइबर और रेजिन से निर्मित किया है। उद्यान में प्रतिमा के साथ विभिन्न प्रजातियों के पौधों का भी रोपण किया गया है, जो इसे हरियाली और आध्यात्मिकता से परिपूर्ण वातावरण प्रदान करते हैं।

इस अवसर राज्यपाल ने कहा यह प्रतिमा केवल एक स्मारक नहीं, बल्कि एक जीवंत प्रेरणा-स्तंभ है। उन्होंने कहा कि यहाँ नक्षत्र, प्रकृति, मंदिर और पर्वत मिलकर उस दिव्य संकल्प का संदेश देते हैं कि जब ध्येय लोक कल्याण हो, तो देवत्व और प्रकृति दोनों मार्ग प्रशस्त कर देते हैं। उन्होंने इस उद्यान को तैयार करने वाले अधिकारियों एवं कर्मचारियों की सराहना की।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि यह प्रतिमा राजभवन आने वाले प्रत्येक नागरिक और अतिथियों को कर्तव्यनिष्ठा, लोक कल्याण और भारतीय संस्कृति का संदेश देती रहेगी। उन्होंने कहा यह प्रतिमा हमें सदा स्मरण दिलाएगी कि ‘भगीरथ प्रयत्न’ ही महान लक्ष्यों की प्राप्ति का मार्ग है।

उद्घाटन से पहले राज्यपाल और मुख्यमंत्री ने राजभवन स्थित राजप्रज्ञेश्वर महादेव मंदिर में पूजा-अर्चना कर देश एवं प्रदेशवासियों के सुख, समृद्धि और खुशहाली के लिए कामना की।

इस अवसर पर सचिव राज्यपाल रविनाथ रामन, विधि परामर्शी कौशल कुमार किशोर, अपर सचिव रीना जोशी, अपर सचिव मुख्यमंत्री बंशीधर तिवारी, अपर सचिव लो.नि.वि. विनीत कुमार, देव संस्कृति विश्वविद्यालय के प्रतिकुलपति डॉ. चिन्मय पंडया, उत्तराखण्ड संस्कृत विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. दिनेश चन्द्र शास्त्री, वित्त नियंत्रक डॉ. तृप्ति श्रीवास्तव, सहायक अभियंता लो.नि.वि. विजय धस्माना, उद्यान अधिकारी दीपक पुरोहित सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।

नकल विरोधी कानून आने से कुछ लोगों के पेट में दर्द हो रहाः धामी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा है कि कुछ लोग परीक्षा प्रणाली को बदनाम करने का प्रयास कर रहे हैं, उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि नकल माफिया को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा है कि उत्तराखंड का आने वाला समय स्थिरता और विकास के नाम रहेगा।

सोमवार को, स्थानीय होटल में साप्ताहिक समाचार पत्र अड्डा इनसाइडर के विमोचन अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि 4 जुलाई 2021 को उन्होंने जब मुख्य सेवक के रूप में काम काज संभाला तो उस वक्त, विभिन्न विभागों में करीब 22 हजार पद रिक्त पड़े हुए थे, अब सरकार के प्रयासों से 25 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरी मिल चुकी है, इसमें एक भी परीक्षा में नकल का मामला सामने नहीं आया। मुख्यमंत्री ने कहा कि भर्ती प्रकिया में बाधा न पहुंचे इसके लिए सरकार सख्त नकल विरोधी कानून लेकर आई। इससे कुछ लोगों के पेट में दर्द होने लगा, जिस कारण वो सरकार का बदनाम करने का प्रयास करने लगे। रविवार को भी फिर ऐसा प्रयास किया गया, जबकि ये पेपर लीक जैसा मामला नहीं है। मुख्यमंत्री ने कहा कि कुछ नकल माफिया, कोचिंग माफिया सरकार को बदनाम करने का षड्यंत्र रच रहे हैं, इसका जल्द खुलासा होगा। मुख्यमंत्री ने जोर देकर कहा कि नकल माफिया को किसी भी स्थिति में बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा कि ऐसा षडयंत्र पूर्व में भी हो चुका है, लेकिन सरकार ने पारदर्शिता के साथ सभी परीक्षाओं को सम्पन्न कराकर नकल माफिया के इरादों पर पानी फेर दिया।

जनता ने चुना राजनैतिक स्थिरता और विकास
एक सवाल के जवाब में मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड की जनता ने विकास और स्थिरता को चुना है, उत्तराखंड का आने वाला समय विकास और स्थिरता के नाम रहेगा।

आपदा में फर्स्ट रिस्पांडर
एक अन्य सवाल के जवाब में मुख्यमंत्री ने कहा कि इस बार पूरा हिमालयी क्षेत्र आपदा की जद में आया है, इसलिए उनकी कोशिश रहती है वो आपदा प्रभावितों के बीच पहुंचकर लोगों का दुख दर्द बांट सके, साथ ही तत्काल राहत और बचाव अभियान भी संचालित हो सके। उन्होंने कहा कि सरकार उत्तराखंड में मौजूद वैज्ञानिक संस्थानों के जरिए उत्तराखंड में आपदा के कारणों का पता लगाते हुए, आपदा की पूर्व सूचना जुटाने और नुकसान को कम से कम करने की दिशा में प्रयासरत है।

इस मौके पर कैबिनेट मंत्री सौरभ बहुगुणा, पूर्व मुख्यमंत्री डॉ रमेश पोखरियाल निशंक, कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल, प्रमुख सचिव डॉ आर मीनाक्षी सुंदरम, सूचना महानिदेशक बंशीधर तिवारी, प्रो. सुरेखा डंगवाल, प्रो दुर्गेश पंत, वरिष्ठ पत्रकार पवन लालचंद सहित तमाम लोग उपस्थित हुए।
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सीएम ने प्रदान की 72.62 करोड़ की विभिन्न विकास योजनाओं की वित्तीय स्वीकृति

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जनपद उत्तरकाशी के विकासखंड नौगांव के ग्राम तुनाल्का में न्यायिक विभाग के टाईप-2 के 06 आवास एवं पहुंच मार्ग के निर्माण कार्य हेतु 2.49 करोड की धनराशि स्वीकृत किये जाने का अनुमोदन प्रदान किया गया।

मुख्यमंत्री ने नाबार्ड वित्त पोषण से सम्बन्धित विभिन्न जनपदों के अन्तर्गत सिंचाई विभाग की 25 योजनाओं हेतु 69.13 करोड़ की धनराशि स्वीकृत किये जाने का अनुमोदन प्रदान किया गया।

मुख्यमंत्री ने माध्यमिक शिक्षा विभाग के अन्तर्गत दून पुस्तकालय एवं शोध केन्द्र हेतु 01 करोड़ अनुदान धनराशि राज्य आकस्मिकता निधि से स्वीकृत किये जाने का अनुमोदन प्रदान किया है।

व्यापारियों से बोले सीएम, घटे जीएसटी का लाभ आम जन तक पहुँचाएं

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी आज देहरादून के प्रेमनगर में आयोजित जीएसटी बचत उत्सव कार्यक्रम में शामिल हुए। यह आयोजन देशभर में जीएसटी दरों में की गई कटौती को लेकर जनजागरूकता फैलाने और जनता को इसके प्रत्यक्ष लाभों से अवगत कराने के उद्देश्य से किया गया।

मुख्यमंत्री धामी ने आज शाम देहरादून के प्रेमनगर स्थानीय बाज़ार पहुंचकर व्यापारियों से मुलाकात कर नए जी.एस.टी स्लैब के बारे में फीडबैक लिया एवं व्यापारियों से आम जन को भी घटे हुए जी.एस.टी के बारे में जानकारी देने का आग्रह किया।

मुख्यमंत्री ने जनता से किया संवाद

मुख्यमंत्री ने विभिन्न प्रतिष्ठानों में जाकर दुकानदारों से फीडबैक भी लिया। मुख्यमंत्री ने व्यापारियों से स्वदेशी उत्पादों को प्राथमिकता देने का आग्रह किया। उन्होंने कहा हम स्थानीय उत्पादों को प्राथमिकता देकर भारत के लोगों और भारतीय अर्थव्यवस्था को मजबूत करें।

मुख्यमंत्री ने बड़ी संख्या में जनता से मुलाकात कर उनको घटे हुए नेक्स्ट जनरेशन जी.एस.टी के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार ने आम जनता को राहत पहुंचाने के लिए कई आवश्यक उत्पादों और सेवाओं पर जी.एस.टी स्लैब में कमी की है। जिसका सीधा लाभ देश के आम जनता को मिलेगा।

मुख्यमंत्री ने जनता से अधिक से अधिक स्वदेशी एवं स्थानीय उत्पादों की खरीददारी करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देने से हमारे कुटीर उद्योग, स्थानीय कारोबारियों को प्रोत्साहन मिलेगा। इससे प्रदेश एवं देश की अर्थव्यवस्था भी मजबूत होगी। उन्होंने कहा जब हम अपने स्थानीय उत्पादों को प्राथमिकता देंगे, तभी हमारे ग्रामीण एवं शहरी उद्यमी सशक्त होंगे और आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को गति मिलेगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी ने स्थानीय और स्वदेशी उत्पादों को अपनाकर समाज और प्रदेश के विकास में योगदान देना है।

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में आर्थिक सुधार और जनकल्याण एक साथ चल रहे हैं। ळैज् दरों में कमी से हर वर्ग को राहत मिली है गृहिणियों से लेकर छोटे व्यापारियों तक, हर कोई इससे लाभान्वित हो रहा है।

मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि ‘जीएसटी बचत उत्सव’ जैसे कार्यक्रमों से जनता को सीधे संवाद का अवसर मिलता है, और वे सरकार की नीतियों के लाभों को नज़दीक से महसूस कर पाते हैं।

जनता ने जताया प्रधानमंत्री मोदी का आभार

कार्यक्रम में उपस्थित नागरिकों ने जीएसटी में दी गई राहत के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि दैनिक जीवन से जुड़े उत्पादों पर कर दरों में कमी से घरेलू बजट पर बोझ कम हुआ है, जिससे आमजन को वास्तविक राहत मिली है।

प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री की जोड़ी को बताया भरोसेमंद

कार्यक्रम में नागरिकों ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी और मुख्यमंत्री धामी की जोड़ी पर लोगों को पूरा विश्वास है। इस जोड़ी ने जनता को विकास, सुरक्षा और आर्थिक स्थिरता के मार्ग पर आगे बढ़ाया है।

कार्यक्रम स्थल पर बड़ी संख्या में आम नागरिक, व्यापारी, महिलाएं, युवा और वरिष्ठजन उपस्थित रहे, जिन्होंने जीएसटी दरों में कटौती को ‘डबल इंजन सरकार’ द्वारा जनता को दिया गया उपहार बताया।

इस अवसर पर विधायक सविता कपूर, भाजपा महानगर अध्यक्ष सिद्धार्थ अग्रवाल, प्रदेश मंत्री आदित्य चौहान एवं अन्य लोग मौजूद रहे।

मुख्यमंत्री ने की जीएसटी की नई दरों और स्वदेशी अभियान पर जनप्रतिनिधियों के साथ समीक्षा बैठक

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने वर्चुअल माध्यम से प्रदेश के मंत्रीगणों, विधायकगणों एवं अन्य जनप्रतिनिधियों से संवाद किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि 22 सितंबर से देशभर में जी.एस.टी. की नई दरें प्रभावी होंगी। उन्होंने इस ऐतिहासिक निर्णय के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी एवं केन्द्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण का आभार व्यक्त किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि नई दरों का लाभ आम जनता और व्यापारिक समुदाय तक तीव्रता से पहुँचे, इसके लिए प्रदेश में व्यापक जन जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। उन्होंने सभी जनप्रतिनिधियों से आह्वान किया कि वे 22 से 29 सितम्बर तक अपने-अपने क्षेत्रों में जागरूकता कार्यक्रमों का संचालन करें। इस दौरान प्रभारी मंत्री अपने-अपने जनपदों में तथा विधायकगण अपनी विधानसभाओं में अभियान का नेतृत्व करेंगे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जी.एस.टी. की संशोधित दरों से प्रदेश की आर्थिकी को मजबूती मिलेगी तथा वोकल फ़ॉर लोकल और लोकल टू ग्लोबल की दिशा में राज्य को गति प्रदान होगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड के अंब्रेला ब्रांड हाउस ऑफ हिमालयाज और जी.आई. टैग प्राप्त 27 उत्पाद, एक जनपद दो उत्पाद योजना तथा अन्य स्थानीय हस्तशिल्प और कृषि उत्पाद को नए कर ढांचे से बढ़ावा मिलेगा। इससे स्वरोज़गार के अवसर बढ़ेंगे और आत्मनिर्भर उत्तराखंड की परिकल्पना को साकार करने में सहयोग मिलेगा।

मुख्यमंत्री ने सभी विभागों एवं निकायों को इस अभियान को सफल बनाने के लिए निरंतर प्रयास करने पर बल दिया। उन्होंने कहा कि ग्राम सभाओं और नगर निकायों के स्तर पर बैठकों का आयोजन हो, जिसमें ग्रामीणों और शहरी क्षेत्र में लोगों को विस्तृत जानकारी दी जाए। साथ ही उद्योग विभाग को भी यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए कि जी.आई. टैग वाले उत्पादों और एक जनपद दो उत्पाद योजना को और अधिक सशक्त तथा बाज़ारोन्मुख बनाया जाए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जागरूकता अभियान केवल प्रचार तक सीमित न रहे बल्कि इसमें आमजन की सहभागिता और जनभागीदारी भी सुनिश्चित हो। इसके लिए नुक्कड़ नाटकों, लोकगीतों तथा अन्य सांस्कृतिक माध्यमों का उपयोग किया जाएगा, जिससे संदेश लोगों तक सहज और प्रभावी ढंग से पहुंचे। उन्होंने कहा कि मीडिया के विभिन्न प्लेटफार्मों का भी उपयोग कर आम नागरिकों और व्यवसायियों तक जानकारी पहुंचाई जाएगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जी.एस.टी. की नई दरें लागू होने के बाद न केवल व्यापार सुगमता को बढ़ावा मिलेगा बल्कि उपभोक्ताओं और उत्पादकों दोनों को इसका लाभ प्राप्त होगा। इससे स्थानीय स्तर पर उत्पादकता और विपणन प्रक्रियाओं में पारदर्शिता आएगी और छोटे-छोटे उद्यमी भी राष्ट्रीय एवं वैश्विक बाजार से जुड़ सकेंगे।

बैठक में मुख्यमंत्री ने सभी जनप्रतिनिधियों से यह अपेक्षा व्यक्त की कि वे स्वयं इस अभियान में सक्रिय भूमिका निभाएं और इसे जन अभियान का स्वरूप दें। उन्होंने कहा कि देश और प्रदेश की आर्थिक शक्ति को बढ़ाने में प्रत्येक नागरिक का योगदान महत्वपूर्ण है।

इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने जी.एस.टी की नई दरों से आमजन और व्यवसायियों को होने वाले लाभ के बारे में विस्तार से जानकारी दी ।

बैठक में राज्यसभा सांसद और भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट, कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत,रेखा आर्या, विधायकगण एवं अन्य जनप्रतिनिधि मौजूद थे।

सीएम ने नमो युवा रन का शुभारंभ कर युवाओं के साथ लगाई दौड़

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने घंटाघर, देहरादून में ‘सेवा पखवाड़ा’ कार्यक्रम के अंतर्गत आयोजित ‘नमो युवा रन’ का फ्लैग ऑफ किया। इस अवसर पर उन्होंने प्रतिभागियों के साथ दौड़ में सम्मिलित होकर युवाओं का उत्साहवर्धन भी किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘नमो युवा रन’ केवल एक खेल आयोजन नहीं है, बल्कि यह युवाओं में ऊर्जा, स्वास्थ्य, अनुशासन और राष्ट्रभक्ति की भावना का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की गतिविधियाँ प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा प्रारंभ किए गए ‘फिट इंडिया मूवमेंट’ को नई दिशा और व्यापक जनभागीदारी प्रदान कर रही हैं। मुख्यमंत्री ने उपस्थित युवाओं का आह्वान किया कि वे स्वस्थ और सक्रिय जीवनशैली अपनाकर राष्ट्र निर्माण में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की प्रेरणा से देशभर में सेवा, समर्पण और जनकल्याण की भावना को नई गति मिल रही है और ‘सेवा पखवाड़ा’ के माध्यम से समाज के हर वर्ग को सकारात्मक योगदान देने का अवसर प्राप्त हो रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसे आयोजनों से युवाओं की ऊर्जा राष्ट्रहित में और अधिक सार्थक होती है।

इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी, राज्यसभा सांसद एवं भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट, राज्यसभा सांसद नरेश बंसल, विधायक खजान दास, अन्य जनप्रतिनिधिगण, कार्यक्रम के संयोजक विपुल मैदोली सह संयोजक देवेंद्र बिष्ट आदि मौजूद थे।

02 नवंबर 2025 को गूंजी गांव से आदि कैलाश मैराथन का आयोजन होगाः सीएम

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री आवास से 2 नवंबर 2025 को प्रस्तावित आदि कैलाश परिक्रमा रन (अल्ट्रा मैराथन) प्रोमो रन का फ्लैग ऑफ किया और लोगो का अनावरण किया। राज्य स्थापना के 25 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में 02 नवंबर 2025 को गूंजी गांव से आदि कैलाश मैराथन का आयोजन किया जाएगा। यह आयोजन मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के साहसिक और शीतकालीन पर्यटन को बढ़ावा देने, युवाओं को स्वस्थ जीवन के लिए प्रोत्साहित करने और नशा मुक्त उत्तराखण्ड के संकल्प को पूर्ण करने के उद्देश्य से किया जा रहा है। यह अल्ट्रा मैराथन 10,300 से 15,000 फीट ऊंचाई पर होगी।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि उत्तराखण्ड राज्य स्थापना का रजत जयंती वर्ष के उपलक्ष्य में 02 नवंबर 2025 को व्यास घाटी में आदि कैलाश मैराथन का आयोजन किया जाएगा। यह पहल सीमावर्ती क्षेत्रों के सामाजिक-आर्थिक विकास, पलायन की समस्या के निराकरण, स्थानीय युवाओं को रोजगार से जोड़ने और पर्यटन इन्फ्रास्ट्रक्चर को सशक्त बनाने की दिशा में मील का पत्थर सिद्ध होगी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह की सीमांत क्षेत्रों के विकास के लिए बनाई गई वाईब्रेंट विलेज योजना को बढ़ावा देने के लिए भी यह मैराथन काफी कारगर साबित होगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि यह मैराथन न केवल खेल प्रतियोगिता है, बल्कि सीमावर्ती लोगों को सम्मान, स्थानीय पहचान तथा होम-स्टे एवं पर्यटन क्षेत्र में स्थायी रोजगार के अवसर सृजित करने का सशक्त माध्यम भी है। आयोजन से राज्य की प्राकृतिक तथा सांस्कृतिक विरासत को राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान मिलेगी।

रविवार को आयोजित आदि कैलाश परिक्रमा रन मैराथन में प्रदेशभर के बच्चों, युवाओं एवं अन्य सभी आयु वर्ग के लोगों ने प्रतिभाग किया। मैराथन का समापन उत्तराखण्ड पर्यटन विकास परिषद् कार्यालय में सम्पन्न हुआ।

सचिव पर्यटन धीराज गर्ब्याल ने कहा कि 10 किलोमीटर दूरी की इस दौड़ प्रतियोगिता के शीर्ष 3 विजेताओं को 2 नवंबर 2025 को गुंजी, पिथौरागढ़ में आयोजित होने वाली आदि कैलाश मैराथन में प्रतिभाग का अवसर मिलेगा। इस आयोजन की पाँच श्रेणियाँ – 60 किमी (अल्ट्रा रन), 42 किमी (फुल मैराथन), 21 किमी (हाफ मैराथन), 10 किमी रन एवं 5 किमी रन – रहेंगी, जिसमें देशभर के एथलीट प्रतिभाग करेंगे।

सचिव पर्यटन ने कहा कि इस मैराथन के सफल आयोजन के बाद जून 2026 में अगले मैराथन का आयोजन माणा-नीति क्षेत्र में प्रस्तावित है। व्यास और नीति घाटी में आयोजित होने वाली मैराथन में विजेताओं के लिए कुल ₹50 लाख की पुरस्कार राशि निर्धारित की गई है।

इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी, आईजी आईटीबीपी संजय गुंज्याल, अपर सचिव पर्यटन अभिषेक रूहेला, पूजा गर्ब्याल एवं प्रतिभागी मौजूद थे।

अखाड़ा परिषद ने सीएम राहत कोष में दिए 34 लाख, सीएम ने किया अभिनंदन

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से आज डामकोठी, हरिद्वार में अखाड़ा परिषद के एक प्रतिनिधिमंडल ने शिष्टाचार भेंट की। इस अवसर पर परिषद द्वारा हाल ही में उत्तराखण्ड में आई प्राकृतिक आपदा से प्रभावित क्षेत्रों के पुनर्निर्माण हेतु मुख्यमंत्री राहत कोष में ₹34 लाख की सहयोग राशि प्रदान की गई।

इतना ही नहीं, परिषद ने एक आपदा प्रभावित गांव को गोद लेने का भी दवइसम संकल्प लिया, जिसे मुख्यमंत्री ने सेवा और संवेदना का अनुकरणीय उदाहरण बताया।

मुख्यमंत्री धामी ने अखाड़ा परिषद के इस प्रयास की हार्दिक सराहना करते हुए कहा “उत्तराखण्ड की सेवा परंपरा में साधु-संत समाज का योगदान सदैव अग्रणी रहा है। आपदा के इस कठिन समय में संत समाज का सहयोग न केवल पुनर्निर्माण में सहायक है, बल्कि यह प्रभावित लोगों के लिए आशा और संबल की किरण भी बनता है।”

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार आपदा प्रभावित क्षेत्रों में तेजी से पुनर्वास और पुनर्निर्माण कार्य कर रही है, और समाज के सभी वर्गों से मिल रहे सहयोग से कार्यों को और गति मिल रही है।

संत समाज ने मुख्यमंत्री के प्रयासों की सराहना की

अखाड़ा परिषद के संतों ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के ग्राउंड जीरो पर जाकर प्रभावितों से सीधे संवाद करने और राहत कार्यों की स्वयं निगरानी करने की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने प्रत्येक प्रभावित परिवार को भरोसा दिलाया है कि सरकार संकट की इस घड़ी में उनके साथ खड़ी है।

इस दौरान महानिर्वाणी अखाड़े के महंत रविंद्र पुरी महाराज, श्री पंचायती नया अखाड़ा उदासीन अध्यक्ष महंत धुनी दास जी, महामंडलेश्वर हरिचेतनानंद, बाबा हठयोगी, महा मंडलेश्वर स्वामी रूपेंद्र प्रकाश एवं अन्य लोग मौजूद रहे।

सीएम ने मंत्री सतपाल महाराज के जन्मदिवस समारोह में की सहभागिता

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज हरिद्वार स्थित प्रेम आश्रम में कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज के जन्मदिवस के अवसर पर आयोजित समारोह में प्रतिभाग किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने सतपाल महाराज को जन्मदिवस की हार्दिक शुभकामनाएं देते हुए उनके उत्तम स्वास्थ्य और दीर्घायु जीवन के लिए बाबा केदारनाथ और भगवान बद्रीविशाल से प्रार्थना की।

मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम में उपस्थित श्रद्धालुओं को नवरात्रि पर्व की अग्रिम शुभकामनाएं भी दीं और कहा कि यह शक्ति की उपासना का पर्व हम सभी को नई ऊर्जा, भक्ति और सेवा भावना प्रदान करता है।

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि “आज का यह भव्य आयोजन महाराज जी के प्रति जनता के स्नेह, श्रद्धा और सम्मान का प्रतीक है। उन्होंने अपने कार्यों द्वारा समाज में जो आध्यात्मिक चेतना, सेवा और लोककल्याण का संदेश प्रसारित किया है, उसने जनमानस के हृदय में गहरी छाप छोड़ी है।”

मुख्यमंत्री ने कहा कि सतपाल महाराज ने राजनीति के साथ-साथ समाजसेवा, संस्कृति संरक्षण और उत्तराखण्ड राज्य निर्माण जैसे ऐतिहासिक आंदोलनों में सक्रिय योगदान दिया है। उनका जीवन सेवा, त्याग और परोपकार की प्रेरणा देता है।

मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि “महाराज जी समाज में समरसता, प्रेम और भाईचारे के प्रेरक संदेशवाहक हैं। उनके नेतृत्व में मानव सेवा एवं उत्थान समिति द्वारा देशभर में सामाजिक समरसता और मानव कल्याण की दिशा में अत्यंत सराहनीय कार्य किए जा रहे हैं।”

मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार में वरिष्ठ मंत्री के रूप में महाराज जी ने पर्यटन, संस्कृति और तीर्थाटन के विकास में अभूतपूर्व योगदान दिया है। चारधाम यात्रा, मानसखंड कॉरिडोर और अन्य तीर्थ स्थलों के पुनरुत्थान के क्षेत्र में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही है। उनके प्रयासों से उत्तराखण्ड को बेस्ट एडवेंचर टूरिज्म डेस्टिनेशन और राष्ट्रीय पर्यटन पुरस्कार जैसे गौरवपूर्ण सम्मान प्राप्त हुए हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि “मुझे यह सौभाग्य प्राप्त हुआ है कि मैंने महाराज जी के जीवन और कार्यों को निकट से देखा है। वे एक ऐसे कर्मयोगी हैं, जो आध्यात्मिकता के साथ राष्ट्र सेवा का भी व्रत लिए हुए हैं।”

मुख्यमंत्री धामी ने कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिए सभी आयोजकों को बधाई दी और उपस्थित सभी श्रद्धालुओं से आग्रह किया कि वे सतपाल महाराज के जीवन से प्रेरणा लेकर समाज सेवा, आस्था और राष्ट्र निर्माण में अपनी भूमिका निभाएं।

कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालु, संत-महात्मा, जनप्रतिनिधि एवं सामाजिक कार्यकर्ता उपस्थित रहे। समारोह में सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ और सामाजिक सेवा गतिविधियाँ भी आयोजित की गईं।

खटीमा से लेकर नंदानगर तक हर जगह जनता के बीच रहे सीएम धामी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पूरा दिन जनसेवा में व्यतीत किया। इस दौरान वो ऊधमसिंह नगर से लेकर चमोली तक लोगों से मुलाकात करते हुए, उनकी समस्याओं का निराकरण करते नजर आए।

शनिवार सुबह नौ बजे मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सबसे पहले खटीमा (ऊधमसिंहनगर) में आम लोगों से मुलाकात करते हुए अधिकारियों को जन समस्याओं के समाधान के निर्देश दिए। इसके बाद उन्होंने आपदा प्रभावित चमोली जिले के नंदानगर क्षेत्र का दौरा किया, जहां पीड़ितों से मिलकर उनके दुख दर्द को साझा किया, सीएम ने पीड़ितो को सहायता राशि प्रदान करने के साथ ही जीवन को फिर संवारने में सरकार की ओर से हर संभव सहायता का आश्वासन दिया। इसके बाद उन्होंने जनपद रुद्रप्रयाग और चमोली के अन्य आपदा प्रभावित क्षेत्रों का हवाई निरीक्षण कर आपदा से हुए नुकसान का जायजा लेने के बाद रुद्रप्रयाग जिला मुख्यालय में अधिकारियों के साथ बैठक कर पुनर्निमाण कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए। यहां से लौटते समय सीएम ने श्रीनगर के पास धारी देवी के दर्शन करते हुए, प्रदेशवासियों की कुशलता के लिए प्रार्थना की। शाम को देहरादून लौटने पर मुख्यमंत्री धामी ने भाजपा नेताओं के साथ विभिन्न विषयों पर चर्चा की। साथ ही शासन को विभिन्न विषयों पर दिशा निर्देश दिए।

…जब सीएम को मुख्यमंत्री राहत कोष में 07 लाख रूपये दान करने आए जबर सिंह रावत

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मुख्यमंत्री आवास में 96 वर्ष के पंडितवाड़ी, देहरादून निवासी जबर सिंह रावत ने मुलाकात कर उत्तराखंड में आपदा के पुनर्निर्माण कार्य हेतु मुख्यमंत्री राहत कोष में सात लाख की सहयोग राशि भेंट की।

मुख्यमंत्री ने जबर सिंह रावत के इस नेक कार्य हेतु उनका आभार व्यक्त करते हुए कहा कि देवभूमि उत्तराखंड की मिट्टी में केवल आस्था और वीरता ही नहीं, अपितु सेवा और संवेदनशीलता की अमिट भावना भी रची-बसी है। इसका जीवंत उदाहरण जबर सिंह रावत है।

इस भावुक और प्रेरणादायक क्षण में मुख्यमंत्री ने जबर सिंह रावत का ससम्मान अभिनंदन करते हुए कहा कि आप का यह कार्य न केवल एक दान है, बल्कि यह एक जीवनभर के अनुभव, संवेदना और समाज के प्रति जिम्मेदारी का प्रतीक है। 96 वर्ष की आयु में भी उनका यह जज्बा आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत है। जबर सिंह रावत का यह योगदान न सिर्फ आर्थिक सहायता है, बल्कि यह उत्तराखंड की सांस्कृतिक चेतना और सामूहिक उत्तरदायित्व की भावना का सुंदर उदाहरण भी है। राज्य आपदा के कठिन दौर से गुजर रहा है, और ऐसे समय में आम नागरिक द्वारा इस प्रकार का समर्पण सराहनीय है।

मुख्यमंत्री धामी ने जबर सिंह रावत को शॉल भेंट कर उनके योगदान के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की तथा प्रदेश की ओर से धन्यवाद प्रेषित किया।

इस अवसर पर देहरादून कैंट क्षेत्र की विधायक सविता कपूर भी मौजूद रहीं।