स्वास्थ्य मंत्री ने दिये कोविड जांच बढ़ाने के निर्देश

चिकित्सा स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने चार धाम यात्रा की तैयारियों के मध्यनजर स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा बैठक ली। जिसमें उन्होंने चार धाम यात्रा में चिकित्सकों, पैरामेडिकल स्टाफ एवं अन्य सहायोगी कार्मिकों की तैनाती को लेकर विस्तृत समीक्षा की। डा. रावत ने बताया कि राज्य सरकार ने चार धाम यात्रा मार्गों पर 6 दर्जन आपातकालीन सेवा 108 सहित कुल 200 एम्बुलेंस तैनात की गई हैं। जिनमें ऑक्सीजन सिलेंडर सहित आवश्यक जीवन रक्षक सुविधाएं उपलब्ध है। यात्रा मार्गों पर तैनात आपातकालीन सेवा 108 के रिस्पांस टाइम को घटाकर 15 मिनट कर दिया गया है।
स्वास्थ्य मंत्री डा. धन सिंह रावत ने विधानसभा स्थित कार्यालय कक्ष में स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ चार धाम यात्रा को लेकर समीक्षा बैठक की। जिसमें उन्होंने यात्रा पर आने वाले यात्रियों को बेहतर से बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के निर्देश विभागीय अधिकारियों को दिये। डा. रावत ने कहा कि विशेष कर केदारनाथ व हेमकुंड साहिब जाने वाले यात्रियों की सुविधा के लिये बनाये गये एमआरपी (मेडिकल रिस्पांस प्वाइंट) पर तैनात मेडिकल स्टॉफ को आवश्यक जीवन रक्षक उपकरण एवं सुविधाएं उपलब्ध कराई जाय। इसके साथ ही उन्होंने गंगोत्री, यमुनोत्र व बदरीनाथ यात्रा मार्गां पर स्थित स्थाई एवं अस्थाई चिकित्सा इकाईयों में पर्याप्त दवाईयों के साथ ही चिकित्सकों एवं पैरामेडिकल स्टाफ की तैनाती पर विशेष ध्यान देने को कहा।
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि राजकीय मेडिकल कॉलेज श्रीनगर को बदरीकेदार एवं हेमकुंड साहिब यात्रा के लिये बेस कैम्प बनाया गया है जहां पर कार्डिक यूनिट सहित अन्य विशेषज्ञ चिकित्सक तैनात रहेंगे। इसी प्रकार गंगोत्री, यमुनोत्री आने वाले यात्रियों के लिये एम्स ऋषिकेश को बेस कैम्प बनाया गया है ताकि आपातकाल स्थिति में किसी भी यात्री को निश्चित समय के अंतर्गत स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध हो सके। विभागीय मंत्री ने कहा कि राज्य में कोरोना संक्रमण की स्थिति नियंत्रण में है, फिर भी सभी को सतर्कता बरतने की आवश्यकता है। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को प्रदेशभर में अधिक से अधिक संख्या में कोरोना टेस्टिंग एवं टीकाकरण अभियान संचालित करने के निर्देश दिये साथ ही आम जनमानस को कोरोना के प्रति जागरूक करने को भी कहा।
बैठक में अपर सचिव स्वास्थ्य अमरदीप कौर, अपर सविच अरूणेन्द्र सिंह चौहान, महानिदेशक स्वास्थ्य डॉ. विनीता शाह, निदेशक चिकित्सा शिक्षा डॉ. आशुतोष सयाना, निदेशक स्वास्थ्य डॉ. भारती राणा, अपर निदेशक डा. मीतू शाह, संयुक्त निदेशक डा. सुनीता चुफाल, कुलसचिव उत्तराखंड मेडिकल यूनिवर्सिटी डा.एम.के. पंत, डॉ. अनिल मोहन सहित अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।

कपाट खुलने के शुभ मुहुर्त में सीएम रहे मौजूद, पीएम के नाम पर कराई पहली पूजा

विश्व प्रसिद्ध गंगोत्री एवं यमुनोत्री धाम के कपाट विधि विधान के साथ अक्षय तृतीया के पावन अवसर पर श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खोल दिए गए है। तय कार्यक्रमानुसार गंगोत्री धाम के कपाट सुबह 12 बजकर 35 मिनट पर और यमुनोत्री धाम के कपाट दोपहर 12 बजकर 41 मिनट पर श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खोल दिए गए है। अब अगले छह माह तक श्रद्धालु गंगोत्री में मां गंगा एवं यमुनोत्री धाम में मां यमुना के दर्शन कर सकेंगे। आज पहली पूजा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नाम से की गई।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को खरशाली, यमुनोत्री में पूजा अर्चना की। उसके बाद मां यमुना जी की उत्सव डोली को शनि देव की अगुवाई में खरशाली से यमुनोत्री धाम के लिए रवाना किया गया। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि आज मां यमुनोत्री और गंगोत्री धाम के कपाट खुलने के साथ ही उत्तराखंड की चारधाम यात्रा का शुभारंभ हो चुका है। 25 अप्रैल को श्री केदारनाथ एवं 27 अप्रैल को श्री बद्रीनाथ के कपाट खुलेंगे। चारधाम यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं का देव भूमि आगमन पर स्वागत किया गया। श्रद्धालुओं पर हेलीकॉप्टर के माध्यम से पुष्प वर्षा की गई है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि चारधाम यात्रा हर्षाेल्लास के साथ होगी। उन्होंने देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं का देवभूमि उत्तराखंड में स्वागत किया। उन्होंने कहा कि भगवान बद्री विशाल, बाबा केदार, मां यमुनोत्री एवं गंगोत्री की कृपा सभी पर बनी रहे। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर देश एवं प्रदेश की सुख समृद्धि की कामना भी की।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गंगोत्री धाम में पूजा-अर्चना कर मां गंगा जी का आशीर्वाद लिया। मुख्यमंत्री ने चारधाम यात्रा पर आने वाले सभी श्रद्धालुओं का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि चारधाम यात्रा के लिए देश विदेश से जो भी श्रद्धालु आएंगे उन्हे दर्शन कराए जाएंगे। चार धाम यात्रा के दृष्टिगत सभी तैयारियां की गई है। सुरक्षित एवं सुगम यात्रा के लिए राज्य सरकार कृत संकल्पित है। राज्य में श्रद्धालुओं को हर संभव सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। उन्होंने कहा कि यात्रा की सभी व्यवस्थाओं की नियमित निगरानी की जा रही है।
गंगोत्री मंदिर समिति के अध्यक्ष श्री हरीश सेमवाल ने बताया कि शुक्रवार को 12ः15 मिनट पर मां गंगा की उत्सव डोली अपने शीतकालीन प्रवास मुखबा गांव से गंगोत्री धाम के लिए रवाना हुई। रात्री विश्राम भैरव घाटी स्थित भैरव मंदिर में करने के उपरांत अगले दिन सुबह 8 बजे मां गंगा की उत्सव डोली गंगोत्री धाम पहुंची। जहां विधिविधान के साथ गंगा पूजन, गंगा सहस्त्रनाम पाठ एवं विशेष पूजा अर्चना के बाद सर्वार्थ अमृत सिद्ध योग पर 12ः35 पर गंगोत्री धाम के कपाट श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खोल दिए गए।
यमुनोत्री मंदिर समिति के सचिव सुरेश उनियाल ने बताया कि मां यमुना की डोली शनिवार सुबह अक्षय तृतीया के पर्व पर अपने शीतकालीन प्रवास खरसाली गांव से प्रातः 8 बजे शनिदेव की अगुवाई में यमुनोत्री धाम को रवाना हुई। डोली 11 बजे यमुनोत्री धाम पहुंची। जहां पूजा अर्चना एवं हवन करने के बाद वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ अभिजीत मुहूर्त में 12ः41 पर यमुनोत्री धाम के कपाट श्रद्धालुओं के लिए दर्शनार्थ खोल दिए गए है।
इस अवसर पर विधायक सुरेश चौहान, जिलाधिकारी अभिषेक रुहेला, एसपी अर्पण यदुवंशी, जिलाध्यक्ष बीजेपी सतेंद्र सिंह राणा, अध्यक्ष कॉपरेटिव बैंक विक्रम सिंह सहित मंदिर समिति के पदाधिकारी, श्रद्धालु एवं अधिकारीगण उपस्थित रहे।

राज्य के लिए उत्सव है चार धाम यात्राः मुख्यमंत्री

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आईएसबीटी, ऋषिकेश में संयुक्त रोटेशन यात्रा व्यवस्था समिति द्वारा आयोजित “ऋषिकेश से चारधाम यात्रा – 2023“ के शुभारंभ कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। इस अवसर पर उन्होंने चार धाम जा रहे श्रद्धालुओं का माल्यार्पण कर स्वागत किया एवं यात्रा हेतु श्रद्धालुओं से भरी बसों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। हंस फाउंडेशन द्वारा चालकों, परिचालकों एवं श्रद्धालुओं हेतु दी जा रही राहत किट का वितरण भी मुख्यमंत्री द्वारा किया गया।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने चारधाम यात्रा हेतु आए सभी श्रद्धालुओं का स्वागत करते हुए कहा कि बाबा केदार, बद्रीविशाल, मां गंगोत्री और मां यमनोत्री से प्रार्थना करता हूँ कि विगत वर्ष की भांति इस वर्ष भी चारधाम यात्रा हर्षाेल्लास एवं धूमधाम से सकुशल संपन्न हो। उन्होंने कहा हमें पूर्ण विश्वास है कि इस वर्ष की चारधाम यात्रा अपने पिछले सभी पुराने रिकॉर्ड तोड़ेगी। राज्य सरकार सुरक्षित चारधाम यात्रा के लिए दृढ़ प्रतिज्ञ है। सरकार द्वारा प्रत्येक स्तर पर चारधाम यात्रा संबंधी तैयारियों की निरंतर समीक्षा की जा रही है। हमारा प्रयास रहेगा कि जो भी श्रद्धालु, यात्रा खत्म होने के उपरांत अपने घर लौटे वह देवभूमि उत्तराखंड में बिताए गए समय की स्वर्णिम यादों को साथ लेकर जाए।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि चार धाम यात्रा उत्तराखंड राज्य के लिए एक उत्सव है। उन्होंने कहा देश विदेश से लाखों की संख्या में श्रद्धालु उत्तराखंड आते हैं। इससे राज्य में रोजगार के कई अवसर पैदा होते हैं। इस वर्ष अभी तक 16 लाख लोगों द्वारा यात्रा हेतु रजिस्ट्रेशन करवाया गया है। सरकार यह सुनिश्चित करेगी कि प्रत्येक श्रद्धालुओं की यात्रा सुगम, सुरक्षित शत प्रतिशत हो। 2022 में यात्रा खत्म होते ही सरकार 2023 की यात्रा की तैयारियों में जुट गई थी। चार धाम आने वाले श्रद्धालुओं पर भगवान की विशेष कृपा होती है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में केदारनाथ का भव्य एवं दिव्य पुनर्निर्माण कार्य हुआ है साथ ही इस वर्ष से श्रद्धालुओं को बद्रीनाथ धाम में भी मास्टर प्लान के कार्य दिखेंगे। उन्होंने कहा प्रधानमंत्री ने हेमकुंड साहिब एवं गौरीकुंड से केदारनाथ तक के रोप-वे का शिलान्यास कर दिया है इससे आने वाले समय में यात्रा और ज्यादा सुगम होगी। ऑल वेदर रोड के निर्माण से पहले के मुकाबले आज यात्री बेहद कम समय में ऋषिकेश से चार धाम पहुंच रहे हैं। उन्होंने कहा राज्य में आने वाले प्रत्येक श्रद्धालु की चिंता करना सरकार का कर्तव्य है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि संयुक्त रोटेशन यात्रा व्यवस्था समिति श्रद्धालुओं को यात्रा संपन्न कराने में अपना सहयोग प्रदान करती हैं। जो कि अत्यधिक सराहनीय है। उन्होंने कहा राज्य सरकार का प्रयास है कि जब श्रद्धालु चारधाम यात्रा पर आएं तो उन्हें हर सुख सुविधा उपलब्ध कराई जाए, ताकि वे भविष्य में बार – बार उत्तराखंड आने का मन बनाएं, जिससे हमारे पर्यटन उद्योग को बढ़ावा मिल सके। इस बार सरकार की तरफ से चारधाम यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं के स्वागत में “हेलीकॉप्टर से पुष्पवर्षा“ करने का भी निर्णय लिया गया है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने चार धाम यात्रा में लगे सफाई कर्मचारियों से लेकर सुरक्षा में तैनात रहने वाले प्रत्येक पुलिस के जवान और प्रशासनिक अधिकारी से अपील करते हुए कहा कि हम सभी अपने स्तर में सर्वश्रेष्ठ कार्य करें। जिससे यात्रा में आने वाले किसी भी श्रद्धालु को असुविधा का सामना न करना पड़े। आपसी सहयोग और भगवान के आशीर्वाद से हम सभी इस बार की यात्रा को भी सुरक्षित संपन्न कराने में सफल रहेंगे।
कैबिनेट मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल ने कहा कि यहां आने वाले प्रत्येक श्रद्धालु हमारे परिवार समान हैं। आप सबकी सुगम यात्रा हो यह हमारा कर्तव्य है। उन्होंने कहा प्रत्येक निकाय/ पालिका में रेन बसेरा एवं शौचालय में स्वच्छता का विशेष ध्यान रखा गया है। उन्होंने श्रद्धालुओं से आग्रह किया कि वह जहां भी विश्राम करें एवं भोजन करें वहां से बिल अवश्य लें। साथ ही स्थानीय उत्पादों की अधिक से अधिक खरीदारी करें।
हंस फाउंडेशन की संरक्षक माता मंगला जी ने कहा कि इस वर्ष राज्य सरकार से समन्वय बनाकर हंस फाउंडेशन द्वारा चार धाम के प्रत्येक पड़ाव में विभिन्न प्रकार के सेवा कैंप लगाए गए हैं। चार धामों में स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार विभिन्न स्थानों पर हंस फाउंडेशन के सेवकों की तैनाती की गई है। उन्होंने श्रद्धालुओं से यात्रा के दौरान सफाई का विशेष ध्यान रखने का आग्रह भी किया।
इस दौरान हंस फाउंडेशन के संस्थापक भोले जी महाराज, कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल, कैबिनेट मंत्री चंदन राम दास, संजय शास्त्री, मनोज ध्यानी, जितेंद्र सिंह, विभिन्न राज्यों से चार धाम हेतु आए श्रद्धालु एवं अन्य लोग मौजूद रहे।

धामी ने सैन्यधाम के निर्माण में तेजी लाने के दिए निर्देश

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि सैन्यधाम के निर्माण कार्यों में और तेजी लाई जाए। सैन्य धाम का स्वरूप भव्य एवं दिव्य हो, इसके लिए अन्य राज्यों के सैन्य धामों (शौर्य स्थलों) की जो स्टडी की गई है, उनमें जो बेहतर कार्य किये गये हैं, उन कार्यों का समावेश सैन्य धाम में किया जाए। यह भी सुनिश्चित किया जाए कि सैन्यधाम में उत्तराखण्ड की झलक दिखे। सैन्यधाम के आसपास केदारखण्ड एवं मानसखण्ड की थीम पर आधारित क्या गतिविधियां हो सकती हैं, इस पर भी ध्यान दिया जाए। मुख्यमंत्री ने मंगलवार को सचिवालय में सैन्य धाम (शौर्य स्थल) की उच्च स्तरीय बैठक के दौरान ये निर्देश अधिकारियों को दिये।
बैठक में जानकारी दी गई कि सैन्यधाम के निर्माण की कार्य प्रगति 45 प्रतिशत तक हो चुकी है। जिसके अन्तर्गत ऑडिटोरियम, टैंक प्लेटफॉर्म, मुख्य द्वार, बाबा जसवंत सिंह एवं बाबा हरभजन सिंह मन्दिर, शौर्य स्तम्भ, बुकिंग काउंटर, चाहरदीवारी एवं म्यूजियम का कार्य प्रगति पर है।
बैठक में सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी, मुख्य सचिव डॉ. एस.एस. संधू, जी.ओ.सी उत्तराखण्ड सब-एरिया मेजर जनरल संजीव खत्री, मेजर जनरल सम्मी सभरवाल (से.नि) सचिव सैनिक कल्याण दीपेन्द्र चौधरी, एस.एन. पाण्डेय, जिलाधिकारी देहरादून सोनिका एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।

गंगा को स्वच्छ रखने का सामूहिक प्रयास जरुरी-धामी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने परमार्थ निकेतन में आयोजित गंगा समग्र अविरल गंगा निर्मल गंगा कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि के रूप में प्रतिभाग कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। उन्होंने कहा कि अविरल गंगा निर्मल गंगा अभियान के तहत गंगा को स्वच्छ रखने के लिए कार्य किए जा रहे हैं जिसमें गंगा को साफ सुथरा रखने के साथ-साथ जल स्रोतों के संरक्षण एवं संवर्धन भी शामिल है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जीवनदायिनी मां गंगा के मूल स्वरूप को बचाए रखना हम सबका नैतिक दायित्व है। केंद्र व राज्य सरकार इस दिशा में निरंतर कार्य कर रही है। प्रथम चरण के तहत गंगा में मिलने वाले 132 गंदे नालों के पानी को एसटीपी के माध्यम से स्वच्छ किया गया है। जबकि दूसरे चरण के लिए प्रस्ताव प्राप्त हो चुका है। उन्होंने कहा कि गंगा के साथ साथ उसकी सहायक नदियों पर भी कार्य किया जा रहा है।
इस अवसर पर स्थानीय विधायक रेनू बिष्ट, स्वामी चिदानंद महाराज, रामाशीष राय सहित स्वच्छ गंगा मिशन से जुड़े कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

जौनपुर टिहरी में सीएम ने की नागदेवता मंदिर में मूर्ति प्राण प्रतिष्ठा

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नागथात (बिरौड़) जौनपुर टिहरी गढ़वाल पहुंचकर नागदेवता मंदिर में मूर्ति प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम में पूजा अर्चना कर प्रदेश एवं प्रदेशवासियों की खुशहाली एवं सुख समृद्धि की कामना की।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि नागथात बिरोड़ मुंगाथात (अणदणा) अषाड़ थात को पर्यटन क्षेत्र घोषित किया जायेगा। नागथात मन्दिर के प्रांगण का सौंदर्यीकरण एवं विस्तारीकरण किया जायेगा। पुरोला विधानसभा क्षेत्र के अन्तर्गत डरोगी तक मोटरमार्ग के नव निर्माण की घोषणा की गई। कुकड़सारी से भद्रीगाड़ तक मोटरमार्ग का निर्माण किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि आज बहुत ही पवित्र दिन है जब भगवान नागराजा की मूर्ति की प्राण प्रतिष्ठा हो रही है और हम बहुत भाग्यशाली हैं, जो हमको इस पावन मौके पर भगवान नागराजा का साक्षात आशीर्वाद मिला है। उन्होंने कहा कि हमारे मेले थोलों का इतिहास सैकड़ों वर्ष पुराना है और हमारे पूर्वजों की अपनी धरोहर को बचाने में एवं उसके संरक्षण में महत्वपूर्ण भूमिका रही है, उन्ही के प्रयासों से आज हमारे मेले, त्योहार और संस्कृति जीवित है। राज्य सरकार मेलों के संरक्षण, उत्तराखंड की लोक संस्कृति को आगे बढ़ाने एवं उसके संवर्द्धन हेतु प्रतिबद्ध है। राज्य के मेले और संस्कृति राज्य तक ही सीमित न रहे इन्हें देश विदेश में पहचान मिले इसके लिए राज्य सरकार लगातार कार्य कर रही है। वैश्विक पटल पर हमारी संस्कृति को एक पहचान मिले इसके लिए भी कार्य कर रहे है। दैवीय स्थानों, पूजा स्थलों, पौराणिक स्थलों को विकसित कर तीर्थाटन और पर्यटन के नक्शे पर स्थापित करने का प्रयास किया जा रहा है। इससे प्रदेश में पर्यटकों एवं चारधाम यात्रा में श्रद्धालुओं की संख्या में वृद्धि होगी और पलायन पर रोक लगेगी। उत्तराखण्ड को देश और दुनिया की आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक राजधानी बनाने के लिए हम निरन्तर प्रयासरत है। केन्द्र एवं राज्य सरकार उत्तराखण्ड के गांवों एवं युवाओं को सशक्त बनाने एवं मातृशक्ति को आत्मनिर्भर बनाने के लिए प्रयासरत है। हमारे युवा आज उद्यमों को अपना कर हर क्षेत्र में काम कर रहे हैं, वहीं मातृशक्ति स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से अनेक उत्पादों का निर्माण कर रही हैं, इन उत्पादों को बाजार मिले इसके लिए प्रयास कर रहे है। सुदुर गांव तक सभी सुविधाएं पहुंच सके इसके लिए कार्य किए जा रहे है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि मुझे आशा एवं पूर्ण विश्वास है कि भगवान नागराजा का यह पौराणिक स्थल नागटिब्बा की तर्ज पर विकसित होकर पर्यटन के मानचित्र पर दर्शित होगा। देश का सर्वश्रेष्ठ राज्य बनाने के लिए विकल्प रहित संकल्प को पूरा करने में सभी का सहयोग प्राप्त होगा और उत्तराखण्ड देश का श्रेष्ठ राज्य बनेगा। उन्होंने कहा कि चारधाम यात्रा में इस बार पिछले साल से भी अधिक श्रद्धालुओं के आने का अनुमान है, उसके लिए समुचित कार्यवाही की जा रही है। प्रधानमंत्री ने बाबा केदारनाथ की धरती से कहा कि इस सदी का तीसरा दशक उत्तराखण्ड का दशक होगा, उस दिशा में आगे बढ़ रहे है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस बार गणतंत्र दिवस के अवसर पर दिल्ली के कर्त्तव्य पर्थ पर उत्तराखण्ड की ‘मानसखण्ड‘ झांकी ने प्रथम स्थान प्राप्त किया है, जो हमारे लिए गौरव की बात है।
इस अवसर पर विधायक धनोल्टी प्रीतम सिंह पंवार, राजपुर विधायक खजान दास, पुरोला विधायक दुर्गेश लाल द्वारा भी सम्बोधित किया गया।
इस मौके पर पूर्व मंत्री नारायण सिंह राणा, डीसीबी अध्यक्ष सुभाष रमोला, पूर्व जिला पंचायत सदस्य मीरा सकलानी, पूर्व ब्लॉक प्रमुख गीता रावत, जिलाधिकारी टिहरी गढ़वाल डॉ. सौरभ गहरवार, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नवनीत सिंह भुल्लर, मुख्य विकास अधिकारी मनीष कुमार, अपर जिलाधिकारी के.के. मिश्र, सीएमओ मनु जैन, एसडीएम लक्ष्मीराज चौहान सहित जनप्रतिनिधि, अधिकारी एवं क्षेत्रीय जनता मौजूद रहे।

स्वास्थ्य सेवाओं का जायजा लेने धाम तक पहुंच रहे स्वास्थ्य सचिव

श्री बदरीनाथ धाम पहुंचकर स्वास्थ्य सचिव ने स्वास्थ्य सुविधाओं की समीक्षा/स्थलीय निरीक्षण किया। बदरीनाथ एवं श्री हेमकुंड साहिब यात्रा को लेकर तीर्थयात्रियों की स्वास्थ्य के लिए विशेष इंतजाम के तहत यात्रियों को स्वास्थ्य जोखिम को कम करने के लिए तथा यात्रा के दौरान तीर्थयात्रियों को किसी भी प्रकार की परेशानी न हो इसके लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा इंतजामों को पुख्ता करने के उद्देश्य से स्वास्थ्य विभाग ने श्री बदरीनाथ धाम एवं श्री हेमकुंड साहिब यात्रा पड़ाव में पड़ने वाले यात्रा मार्ग में स्थित स्वास्थ्य सेवाओं की सुविधाओं के स्थलीय निरीक्षण एवं तैयारियों हेतु स्वास्थ्य सचिव डॉ आर राजेश कुमार निरीक्षण के दूसरे दिन जनपद चमोली के सुप्रसिद्ध धाम श्री बदरीनाथ मैं प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र एवं मेडिकल रिलीफ पॉइंट का निरीक्षण किया।
स्वास्थ्य सचिव ने सभी केंद्रों पर यात्रा से पूर्व सभी आवश्यक जीवनदायिनी औषधियों, स्वास्थ्य उपकरण, उच्च हिमालय क्षेत्रों में होने स्वास्थ्य जोखिम को कम करने वाले स्वास्थ्य उपाय व अन्य स्वास्थ्य सुविधाओं को यात्रा से पूर्व सुसज्जित करने का मुख्य चिकित्सा अधिकारी निर्देशित किया। सुबह जोशीमठ से आगे 38 किलोमीटर की दूरी पर चार धाम यात्रा निर्माण कार्य के कारण मोटर मार्ग अवरोध था। वहां से पैदल मार्ग को पार करके सचिव स्वास्थ्य एवं मुख्य चिकित्सा अधिकारी सभी कर्मचारियों सहित बदरीनाथ धाम पहुंचे। वहां पर सर्वप्रथम धाम में स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र एवं एमआरपी का उन्होंन स्थिलीय निरीक्षण किया। स्वास्थ्य विभाग का निर्माणाधीन ट्रांजित हॉस्टल एवं निर्माणाधीन 50 बेड का हॉस्पिटल का निरीक्षण किया निर्माणाधीन ट्रांजिट हॉस्टल के धीमीगति के लिए निर्माण दाई संस्था को तुरंत निर्माण को पूर्ण करने के लिए मुख्य चिकित्सा अधिकारी को निर्देशित किया। बदरीनाथ धाम एवं सिखों के पवित्र धाम हेमकुंड साहिब के पड़ाव में पड़ने वाले पांडुकेश्वर एवं गोविंदघाट में अवस्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र एवं एमआरपी में भी सचिव के द्वारा सभी स्वास्थ्य सेवाओं का जायजा लिया गोविंदघाट गुरुद्वारा साहिब में पहुंचने पर गुरुद्वारा प्रबंधक सेवा सिंह द्वारा हेमकुंड यात्रा में स्वास्थ्य सुविधाओं के बारे में विस्तृत रूप से जानकारी दी गई। सचिव ने हेमकुंड जाने वाले यात्रियों के लिए सभी आवश्यक स्वास्थ्य संबंधी सुविधाओं के लिए मुख्य चिकित्सा अधिकारी को निर्देशित किया।

विभागवार समीक्षा में बोले कमिश्नर, चारधाम यात्रा में कोताही बर्दाश्त नही

आयुक्त गढवाल मण्डल सुशील कुमार ने चारधाम यात्रा तैयारियों एवं व्यवस्थाओं को लेकर नगर निगम सभागार ऋषिकेश में अधिकाारियों की बैठक ली। बैठक में उन्‍होंने चारधाम यात्रा को लेकर दिए गए दिशा निर्देशों के अनुपालन में विभाग वार कार्य प्रगति की जानकारी लेते हुए संबंधित अधिकारियों को चारधाम यात्रा से पहले कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने चार धाम यात्रा में कानून व्यवस्था चाक-चौबंद रखने, स्वास्थ्य विभाग के द्वारा चिकित्सकों की तैनाती, जीवन रक्षक दवाइयों, उपकरण, आक्सीजन सिलेंडर एंबुलेंस, एअर एंबुलेंस की ब्यवस्था, केदारनाथ एवं यमुनोत्री में कार्डियोलॉजिस्ट तैनाती, यात्रा बस टर्मिनल ऋषिकेश ट्रांजिट केंप में 6 बेड यात्री चिकित्सालय में जल्द स्टाफ की तैनाती के लिए आवश्यक निर्देश दिए।
आयुक्त गढवाल मण्डल ने यात्रा को सुगम एवं सुव्यवस्थित बनाने के लिए सम्बन्धित जिलाधिकारियों के साथ ही समस्त सभी विभागों आपसी समन्वय से कार्य करते हुए व्यवस्था बनाने के निर्देश दिए। साथ ही धाम में पंहुचने वाले प्रत्येक व्यक्ति को दर्शन कराया जाए। उन्होंने चारधाम यात्रा मार्गों पर साफ-सफाई, के साथ ही मूलभूत व्यवस्थाओं बनाने के साथ ही पेयजल, शौचालय, पार्किंग, स्वास्थ्य सेवा, दवाई स्टॉक, खाद्य भण्डारण आदि व्यवस्थाएं पूर्व में ही जांच लेने के निर्देश दिए। उन्होंने लोनिवि, एनएचआई, बीआरओ को 15 अपै्रल 2023 तक पूर्ण किये जाने हेतु दिए गए निर्देशों के क्रम में यात्रारूट पर कई स्थानों कार्य पूर्ण न होने की दशा में नाराजगी व्यक्त करते हुए यात्रा प्रारम्भ होने से पूर्व कार्य पूर्ण करने तथा बीआरओ को धरासू बैण्ड के पास यात्रा आवागमन में कठिनाई न हो इसके लिए सड़क सुव्यवस्थित बनाने, सीरोबगड़ में यात्रा का वैकल्पिक रूट को सुव्यवस्थित बनाने तथा डामटा रूट को ठीक किये जाने के निर्देश दिए।
बैठक में सम्बन्धित कार्यदायी संस्थाओं द्वारा यात्रा रूट पर पार्किंग, डेंजर जोनों पर सूचना पट लगाने, मार्ग अवरूद्ध होने मौसम की जानकारी हेतु इलेक्ट्रॉनिक डिस्प्ले लगाने, सड़को को गड्डा मुक्त करने डामरी करण, शिरोबगड़ से खांकरा पुल तक भू स्खलन की समस्या को देखते हुए वैकल्पिक मार्ग डुंगरी पंथ खेड़ाखाल मार्ग, लामबगड़, धराशू बेंड जैसे स्थानों में सड़क को दुरुस्त करने हेतु बीआरओ, लोक निर्माण विभाग, एनएचएआई, राष्ट्रीय राजमार्ग निर्माण विभाग ने प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की।
उन्होंने सम्बन्धित जिलाधिकारियों एवं पुलिस अधीक्षकों को यात्रा स्थल एवं यात्रा पड़ावों पर भीड़ नियंत्रण के साथ ही बेहतर यातायात प्रबन्धन तथा आपदा के दृष्टिगत कन्ट्रोलरूम के साथ ही आपदा के लिहाज से चिन्हित संवेदनशील क्षेत्र में मशीन, उपकरण आदि व्यवस्थाएं पूर्व में स्थापित करने के निर्देश दिए। उन्होनें निर्देश दिए कि पैदल मार्ग पर घोड़ा खच्चर को रोटेशनवार चलाया जाए घोड़ा एवं खच्चरों का यात्रा से पूर्व स्वास्थ्य परीक्षण के साथ ही प्रत्येक का पंजीकरण एवं नियमित स्वास्थ्य परीक्षण करवायें। उन्होंनें यात्रा मार्ग एवं धाम पर पशु चिकित्सक तैनात रखने के निर्देश दिए।
उत्तराखंड पर्यटन विकास परिषद ने यात्री पंजीकरण प्रक्रिया का प्रस्तुतीकरण देते हुए दर्शन टोकन प्रक्रिया तथा यात्री रजिस्ट्रेशन तथा वैरिफिकेशन की जानकारी दी। पंजीकरण संस्था इथिक्स इंफोटेक ने बताया कि ऋषिकेश, हरिद्वार तथा धामों में वैरिफिकेशन काउंटर बनाये गये है जबकि यात्री रजिस्ट्रेशन वेबसाइट, फोन, वाटसप नंबर से किये जा रहे है। आयुक्त ने निर्देश दिये कि सभी वेरिफिकेशन काउंटर, नेट कनैक्टिविटी, वाई-फाई, मैन पावर, स्केनरों की संख्या, तथा अन्य संशाधन बढाये जाये।
ज्ञातब्य है कि अक्षय तृतीया 22 अप्रैल से चारधाम यात्रा शुरू हो रही है। श्री गंगोत्री- यमुनोत्री धाम के कपाट 22 अप्रैल अक्षय तृतीया के दिन खुलेंगे। जबकि केदारनाथ धाम के कपाट 25 अप्रैल एवं श्री बदरीनाथ धाम के कपाट 27 अप्रैल को खुलेंगे। बताया गया कि श्री हेमकुंट साहिब के 20 मई खुलेंगे।
इस अवसर पर पुलिस महानिरीक्षक गढ़वाल केएस नगन्याल, सहित जिलाधिकारी देहरादून सोनिका, जिलाधिकारी हरिद्वार विनय शंकर पांडेय, जिलाधिकारी रूद्रप्रयाग मयूर दीक्षित, मुख्य विकास अधिकारी चमोली डा. ललित नारायण मिश्र, मुख्य विकास अधिकारी उत्तरकाशी, अपर जिलाधिकारी प्रशासन देहरादून डॉ एस के बरनवाल, अपर आयुक्त नरेंद्र सिंह क्वीरियाल, अपर जिलाधिकारी पौड़ी ईला गिरी, अपर जिलाधिकारी टिहरी कृष्ण कुमार मिश्र,नगर निगम आयुक्त राहुल गोयल, पुलिस अधीक्षक ग्रामीण देहरादून कमलेश उपाध्याय, उपजिलाधिकारी ऋषिकेश सौरभ असवाल, एसपी उत्तरकाशी अर्पण यदुवंशी, संभागीय परिवहन अधिकारी देहरादून सुनील कुमार, नवनीत सिंह रोटेशन अध्यक्ष संजय शास्त्री, पर्यटन विकास परिषद के सहायक निदेशक योगेन्द्र सिंह गंगवार, तहसीलदार उर्मिला शर्मा, एआरटीओ मोहित कोठारी,एआरटीओ मोहित पांडेय, इथिक्स इंफोटेक के गजेन्द्र सिंह, आदि मौजूद रहे।

स्वास्थ्य सचिव जांच रहे चारधाम यात्रा रुट में स्वास्थ्य सुविधाएं

चारधाम यात्रा के मध्य नजर यात्रा के मुख्य पड़ाव श्रीनगर में स्वास्थ्य सेवाओं की तैयारियों को लेकर स्वास्थ्य सचिव डॉ आर.राजेश कुमार द्वारा उप जिला चिकित्सालय श्रीनगर और बेस चिकित्सालय श्रीकोट में स्थापित हेल्थ एटीएम का निरीक्षण किया गया। उनके द्वारा हेल्थ एटीएम के सुचारू रूप से संचालन हेतु चिकित्सालय प्रशासन को आवश्यक दिशा निर्देश दिए गए। उनके द्वारा यात्रियों की सुविधा के लिए हेल्थ एटीएम पर एक टेक्निकल व्यक्ति तैनात रखने हेतु निर्देशित किया गया।
स्वास्थ्य सचिव द्वारा मुख्य चिकित्सा अधिकारी पौड़ी को पूरी तैयारियों के साथ यात्रा व्यवस्थाओं में पैरामेडिकल स्टाफ को मुस्तैदी से कार्य करने हेतु निर्देश दिए गए। उन्होंने बताया कि यात्रा रूट पर गढ़वाल मंडल में चिन्हित विभिन्न चिकित्सा इकाइयों में सीएसआर के अंतर्गत हेवलेट पेकर्ड इंटरप्राइजेज द्वारा 50 हेल्थ एटीएम स्वास्थ्य स्क्रीनिंग हेतु स्थापित किए गए हैं। हेल्थ एटीएम पर ब्लड प्रेशर, शुगर,शरीर का तापमान, ऑक्सीजन की मात्रा, बॉडी फैट, इंडेक्स, डिहाईड्रेशन, पल्स रेट सहित 70 निशुल्क जांचें की जाएंगी। उन्होंने कहा कि यात्रा रूट पर स्वास्थ्य सेवाओं को सुधारा जा रहा है और आने वाले समय में हेल्थ एटीएम की संख्या बढ़ाई जाएगी। इसके साथ ही इसके साथ ही उनके द्वारा जिला खाद्य सुरक्षा अधिकारी को जनपद पौड़ी के अंतर्गत आने वाले यात्रा रूट पर टीम बनाकर विभिन्न होटलों ढाबों व रेस्तरां में खाद्य पदार्थों की सघन चेकिंग अभियान चलाने हेतु निर्देशित किया गया।
इस मौके पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ प्रवीण कुमार, प्राचार्य मेडिकल कॉलेज डॉ सी.एम. एस. रावत, चिकित्सा अधीक्षक डॉ गोविंद पुजारी, डॉ सुरेश कोठियाल व चिकित्सालय स्टाफ मौजूद रहा।

मुख्यमंत्री ने की भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश कार्यसमिति की बैठक में शिरकत

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि प्रदेश की मातृशक्ति अपनी क्षमता एवं दक्षता से राज्य का सम्मान तथा गौरव बढ़ा रही है। प्रदेश की समृद्ध एवं गौरवशाली परम्परा को आगे बढाने का दायित्व भी हमारी नारी शक्ति बखूबी निभा रही है। हमारी संस्कृति अर्द्धनारिश्वर की उपासना के साथ देवियों की पूजा की परम्परा रही है।
परमार्थ निकेतन, ऋषिकेश में भारतीय जनता पार्टी महिला मोर्चा उत्तराखण्ड की प्रदेश कार्यसमिति की बैठक में प्रतिभाग करते हुए मुख्यमंत्री ने महिला शक्ति को महाशक्ति बताते हुए कहा कि भारतीय संस्कृति में तो स्त्री ही सृष्टि की समग्र अधिष्ठात्री है, क्योंकि नारी सृजनात्मक शक्ति का प्रतीक होने के साथ ही संस्कृति एवं परंपराओं की संवाहक होती हैं एवं आदिकाल से भारतीय संस्कृति में महिलाओं को काफी ऊंचा स्थान हासिल रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि रानी लक्ष्मीबाई, जीजाबाई, अहिल्याबाई होल्कर एवं सती सावित्री जैसी अनेक नारियों ने अपनी क्षमता के बूते समय-समय पर इसको प्रमाणित करने का कार्य किया। हमारी सांस्कृतिक विरासत में मां का स्थान सर्वश्रेष्ठ माना गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि देश के यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में आज भारत पुनः अपनी पुरातन विचार संस्कृति की ओर लौट रहा है। उन्होंने कहा कि आज देश महिला विकास से आगे बढ़कर महिलाओं के नेतृत्व की बात कर रहा है। उन्होंने कहा कि आप सभी महिला कार्यकर्ताओं पर प्रदेश की आधी आबादी के प्रतिनिधित्व की बहुत बड़ी जिम्मेदारी है, हमारे देश और प्रदेश की समृद्ध एवं गौरवशाली परंपरा को आगे बढ़ाने का महत्वपूर्ण दायित्व भी आप पर है। हमारी सरकार ने महिलाओं के कल्याण के लिए अभूतपूर्व कार्य किए है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे पास अपार उपलब्धियां और योजनाएं है और इन उपलब्धियों और योजनाओं को लेकर हर बहन तक पहुंचने की जिम्मेदारी महिला मोर्चा की है। उन्होंने कहा कि महिला मोर्चा लगातार पार्टी के कार्यक्रमों के साथ ही रचनात्मक और सामाजिक कार्याे में अग्रणी भूमिका निभा रहा है और उन्हें पूर्ण विश्वास है कि आगामी समय में महिला मोर्चा और भी महत्वपूर्ण कार्य करेगा। महिला शक्ति ही महाशक्ति है इसलिए महिला मोर्चा की आप सभी उत्साही कार्यकर्ता जब घर-घर संपर्क करेंगी तो जनता का हमारे प्रति विश्वास और अधिक मजबूत होगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आज हमारी नारीशक्ति ने अपने कार्यों से, आत्मबल से और आत्मविश्वास से स्वयं को आत्मनिर्भर बनाया है। उन्होंने खुद को तो आगे बढ़ाया ही है, साथ ही देश और समाज को भी आगे बढ़ाने और एक नए मुकाम पर ले जाने का काम किया है। उन्होंने कहा कि जब देश में महिलाओं का हर क्षेत्र में सहयोग एवं योगदान बढ़ता है, तब देश का विकास सुनिश्चित हो जाता है। आखिर हमारा न्यू इंडिया का सपना यही तो है, जहां नारी सशक्त हो, सबल हो और देश के समग्र विकास में बराबर की भागीदार हो।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आजादी के बाद पहली बार राजनीति के एजेंडे की धुरी बदलने का काम किसी ने किया है तो वह प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने किया है। प्रधानमंत्री के नेतृत्व में जो काम देश में हो रहे हैं वे नए भारत की तस्वीर को प्रस्तुत करते हैं। नए भारत की तस्वीर में महिला पीछे नहीं बल्कि समाज का नेतृत्व करने के लिए आगे खड़ी है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की नीतियों में महिला सशक्तिकरण हमेशा से प्राथमिकता पर रहा है। ये प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ही सरकार है जिसने तीन तलाक की कुप्रथा को खत्म करके वर्षों से इस कुप्रथा का दंश झेल रही मुस्लिम महिलाओं को सम्मान के साथ जीवन यापन करने के लिए प्रेरित किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आज वित्तीय समावेश से लेकर सामाजिक सुरक्षा, गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवा से लेकर आवास, शिक्षा से लेकर उद्यमिता तक, हमारी नारी शक्ति को भारत की विकास यात्रा में सबसे आगे रखने के लिए कई प्रयास किए गए हैं। ये प्रयास आने वाले समय में और भी अधिक उत्साह के साथ जारी रहेंगे। उज्ज्वला योजना, हर घर नल से जल, शौचालयों का निर्माण ये सभी कार्य इसके उदाहरण हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि महिलाओं का दर्द किसी ने समझा तो वो आदरणीय मोदी जी ने ही समझा। ये प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ही थे जिन्होंने देश में बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ जैसा अभियान प्रारंभ किया। हमारी सरकार ने भी सरकारी नौकरियों में महिलाओं को 30 प्रतिशत आरक्षण का संपूर्ण लाभ देने के लिए जिस तेज गति से काम किया, उससे आप हमारी प्रतिबद्धता को समझ सकते हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आज प्रदेश की समस्त माताओं और बहनों ने अपने अथक परिश्रम से जहां एक ओर आर्थिक रूप से अपने आपको आत्मनिर्भर बनाने का कार्य किया है वहीं देवभूमि की सभ्यता और संस्कृति को भी जीवंत रखा है। हमारा लक्ष्य उत्तराखण्ड को देश का सर्वश्रेष्ठ राज्य बनाने का है और इस लक्ष्य की प्राप्ति के लिए हमें आपका आशीर्वाद चाहिए, आपका समर्थन चाहिए। उन्होंने कहा कि उन्हें पूर्ण विश्वास है कि महिला मोर्चा प्रदेश कार्यसमिति की यह बैठक हमारी सरकार के “सशक्त मातृशक्ति सशक्त राज्य“ के संकल्प को पूर्ण करने में सहायक सिद्ध होगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी मातृशक्ति ने समय-समय पर अपनी क्षमताओं से प्रदेश का गौरव और सम्मान बढ़ाने का कार्य किया है, हमारी सरकार के सर्वश्रेष्ठ उत्तराखण्ड निर्माण के “विकल्प रहित संकल्प“ की सिद्धि के लिए भी आप अपना योगदान सुनिश्चित करेंगी इसका भी भरोशा मुख्यमंत्री ने जताया।
इस अवसर पर भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष आशा नौटियाल, विधायक रेनू बिष्ट, महिला मोर्चा के पदाधिकारी एवं सदस्यगण उपस्थित थे। मुख्यमंत्री के परमार्थ निकेतन पहुंचने पर परमार्थ निकेतन के परमाध्यक्ष स्वामी चिदानंद मुनि ने भी उनका स्वागत किया।