बूस्टर डोज का अभियान शुरु, इन्हें लगेगी वैक्शीन

कोरोना संक्रमण के बाद अब देश, विदेश में नए वैरिएंट के आने से स्वास्थ्य विभाग अलर्ट हो गया है। कोरोना वैक्सीन के बाद अब नए वैरिएंट से बचने के लिए बूस्टर डोज (प्रीकॉशन डोज) लगनी शुरू हो गई है। पूरे देश के साथ ही उत्तराखंड में भी इसकी शुरुआत 10 जनवरी से हो गई है। इसके लिए पहले 60 आयु वर्ग के ऊपर वाले लोगों का टीकाकरण हो रहा है। टीकाकरण केंद्र में स्वास्थ्य विभाग की तैयारियां चाक-चौबंद हैं। बूथों पर 20 प्रतिशत वैक्सीन तीसरी डोज के लिए उपलब्ध है।
इसके लिए पहले हेल्थ वर्कर और फ्रंट लाइन में कार्य कर रहे लोगों का टीकाकरण हुआ। इस डोज को लगाने से पहले उनके पास कोरोना वैक्सीन के नौ महीने पूरे होना वाला सर्टिफिकेट का होना अनिवार्य है। बिना नौ महीने पूरे करने वालों को यह डोज नहीं लगाई जाएगी। यह डोज अभी 60 आयु वर्ग के ऊपर वाले लोगों को लगाई जा रही है।

प्रदेश में 16 जनवरी 2021 से शुरू हुआ था कोविड टीकाकरण अभियान
प्रदेश में 16 जनवरी 2021 से कोविड टीकाकरण अभियान शुरू हुआ था। सबसे पहले स्वास्थ्य कर्मियों और फ्रंटलाइन वर्करों को वैक्सीन लगाई गई। जिसके बाद मार्च महीने से 60 से अधिक आयु के लोगों का टीकाकरण शुरू किया गया। कोरोना संक्रमण बढ़ने से केंद्र सरकार ने बुजुर्गों, हेल्थ वर्करों और फ्रंटलाइन वर्करों को प्रीकॉशन डोज के रूप में तीसरा टीका लगाने का निर्णय लिया है।
देहरादून के जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. कुलदीप मर्ताेलिया ने बताया कि बुजुर्गों, स्वास्थ्य कर्मियों और फ्रंट लाइन वर्करों को 10 जनवरी से तीसरा टीका लगाया जा रहा है। इसके लिए स्वास्थ्य विभाग ने सभी तैयारियां पूरी कर ली थीं। टीकाकरण बूथों पर तीसरी डोज के लिए 20 प्रतिशत वैक्सीन अलग से उपलब्ध रहेगी। जिन लोगों को वैक्सीन की दूसरी डोज लगाने के लिए नौ महीने या 39 सप्ताह का समय हो गया है। उन्हें ही तीसरी डोज लगाई जाएगी।

एक सप्ताह में 46 प्रतिशत किशोरों को लगी पहली डोज
स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के अनुसार प्रदेश में 15 से 18 वर्ष के 2.88 लाख से अधिक किशोरों को वैक्सीन की पहली डोज लगाई जा चुकी है। जो लक्ष्य का 46 प्रतिशत है।

सीएम ने टपकेश्वर महादेव मंदिर में जलाभिषेक किया

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज सुबह टपकेश्वर मंदिर में पूजा अर्चना की एवं भगवान शिव का जलाभिषेक कर प्रदेश की सुख समृद्धि की कामना की। इस दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि भगवान भोलेनाथ हमारे आराध्य देव हैं। आज भगवान की शरण में आया हूं। भगवान भोलेनाथ से कामना करता हूं प्रदेश नई ऊंचाइयों को छुए। प्रदेश के विकास एवं जनता की कुशलता की कामना की।
इसके साथ ही मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा देश में एक बार फिर कोरोना महामारी का प्रसार तेजी से हो रहा है। हम सबको सतर्क रहने के साथ कोरोना गाइडलाइंस का पूरी तरह पालन करना चाहिए। किसी भी प्रकार के लक्षण दिखने पर अपनी जांच करवाएं और आवश्यकता होने पर डॉक्टर की सलाह जरूर लें। सावधानी ही कोरोना से सबसे बड़ा बचाव है। मुख्यमंत्री धामी ने कहा राज्य सरकार द्वारा अस्पतालों में समुचित प्रबंध किए गए हैं। ऑक्सीजन सिलेंडर दवाएं वह अन्य उपकरण अस्पतालों में पर्याप्त मात्रा में हैं। आम जनता को जागरूक करने को लेकर एक बार फिर व्यापक स्तर पर अभियान चलाया जा रहा है।
विधानसभा चुनाव को लेकर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में भाजपा ने 5 साल में राज्य में अभूतपूर्व विकास कार्य किये है। जनहित से जुड़ी तमाम योजनाओं को शुरू किया है। जनता विकास के नाम पर भाजपा को वोट देगी और हम 60 पर का जो नारा है उसको साकार करेंगे।

लोकायुक्त पर भाजपा-कांग्रेस का रुख ढुलमुल

उत्तराखंड में 100 दिन में लोकायुक्त का गठन करने का वादा कर सरकार में आई भाजपा पांच साल में भी इस ख्वाब को साकार नहीं कर पाई। न केवल भाजपा बल्कि इससे पहले कांग्रेस का रुख भी लोकायुक्त के प्रति ढुलमुल ही रहा है। करीब आठ साल से लेाकायुक्त के अधर में लटके होने से दोनों ही दल सवालों के कठघरे में हैं। लोकायुक्त के लिए उत्तराखंड को अब अगली सरकार का इंतजार करना होगा। नेता प्रतिपक्ष प्रीतम सिंह ने कहा लोकायुक्त पर भाजपा का ढोंग सामने आ चुका है। वर्ष 2017 में लोकायुक्त को पारित कराने के लिए पूरा विपक्ष सहमत था। ऐसा पहली बार हुआ कि विपक्ष तो बिल के समर्थन में थी और सरकार खुद ही उसे प्रवर समिति को भेज रही थी। कांग्रेस सत्ता में आने पर लोकायुक्त पर जनभावनाओं के अनुसार निर्णय करेगी।

भाजपा ने किया था 100 दिन में बनाने का वादा
वर्ष 2017 के विधानसभा में भाजपा ने अपने चुनावी घोषणा पत्र में 100 दिन में लोकायुक्त बनाने का वादा किया था। भाजपा ने कांग्रेस के बनाए एक्ट में संशोधन करते हुए नया ड्राफ्ट तैयार किया। और फिर बाद में इसे विधानसभा की प्रवर समिति को सौंप दिया गया। तब तक यह बिल विधानसभा की संपत्ति है। इस पर आगे कार्यवाही बढ़ृ ही नहीं पाई।

लोकायुक्त पर कब क्या हुआ…
राज्य में लोकायुक्त अधिनियम वर्ष 2011 में पारित किया गया था। तत्कालीन भाजपा सरकार के सीएम मेजर जनरल बीसी खंडूड़ी (रि) इस एक्ट को लाए थे। खंडूड़ी का लोकायुक्त काफी अधिकार संपन्न और सख्त था। वर्ष 2012 में प्रदेश में सत्ता परिवर्तन के बाद कांग्रेस की सरकार बनी। इस बीच राष्ट्रपति भवन से एक्ट का मसौदा मंजूर होकर आ गया। इसे सरकार को 180 दिन में लागू करना था। कांग्रेस ने खंडूड़ी के एक्ट में परिवर्तन करते हुए नया एक्ट तैयार किया। इससे खंडूड़ी का लोकायुक्त ठंडे बस्ते में चला गया और कांग्रेस भी पांच साल तक अपना एक्ट लागू न कर पाई।

लोकायुक्त दफ्तर पर हो रहे करोड़ों रुपये खर्च
भले ही उत्तराखंड में लोकायुक्त का गठन आठ साल से अधर में हैं। लेकिन लोकायुक्त के दफ्तर के रखरखाव पर हर साल करोड़ों रुपये का खर्च बदस्तूर जारी है। 24 दिसंबर 2013 से अब तक 13 करोड़ रुपये से अधिक की राशि लोकायुक्त कार्यालय के स्टॉफ के वेतन, रखरखाव आदि पर खर्च हो चुके हैं। यह खर्च अभी भी जारी है। साथ ही 1500 से ज्यादा मामले सुनवाई के लिए भी लंबित हैं।

लक्ष्मण झूला में नए पुल के टेंडर प्रक्रिया मामले में हाईकोर्ट में सुनवाई

लोक निर्माण विभाग की ओर से लक्ष्मण झूला में पुराने झूला पुल के समीप टू-लेन मोटर पुल का निर्माण के लिए हुई टेंडर प्रक्रिया का मामला हाईकोर्ट पहंुच गया है। आरोप है कि अर्हता पूरी न करने वाली कंपनी को टेंडर दे दिया गया है। जिस पर हाईकोर्ट ने अगली सुनवाई तक यथास्थिति बनाये रखने का आदेश जारी किया है। अब इस मामले में 20 फरवरी को सुनवाई होगी।
आपको बता दें कि इस पुल के निर्माण के लिए विभाग की ओर से 20 नवंबर, 2021 को टेंडर आमंत्रित किए गए थे। 23 नवंबर को टेंडर खोले गए। जिनमें हिलवेज कंस्ट्रक्शन कंपनी, कैलाश हिलवेज कंस्ट्रक्शन कंपनी और पीएंडआर इंफ्रा प्रोजेक्ट कंपनी के टेंडर को विभाग की ओर से सही पाया गया और पीएंडआर इंफ्रा प्रोजेक्ट के टेंडर को मंजूरी दे दी गई।
इस पर ऋषिकेश की हिलवेज कंस्ट्रक्शन कंपनी हाईकोर्ट पहुंच गयी। उच्च न्यायालय नैनीताल में विभाग की इस प्रक्रिया को चुनौती देते हुए हिलवेज कंस्ट्रक्शन कंपनी ने आरोप लगाया कि जिस कंपनी को काम दिया गया है वह टेंडर की अर्हता को पूरा नहीं करती है। कंपनी के निदेशक अजय शर्मा के अनुसार इस पूरे मामले में मुख्य अभियंता और अधीक्षण अभियंता को पत्र लिखकर कंपनी की ओर से आपत्ति दर्ज करानेे के बावजूद उनकी बात को नहीं सुना गया। जिस पर वे न्यायालय की शरण में गए। उनका कहना है कि न्यायालय में सुनवाई की तिथि तक जिस कंपनी को काम दिया गया उसके साथ एग्रीमेंट नहीं हुआ था। उन्हें अंदेशा है कि बैक डेट पर एग्रीमेंट किया जा सकता है। दूसरी ओर लोक निर्माण विभाग नई टिहरी के अधीक्षण अभियंता एनपी सिंह का कहना है कि 5 जनवरी, 2022 को संबंधित कंपनी के साथ एग्रीमेंट कर दिया गया था।

1292 केस मिलने के साथ आज 5 संक्रमित लोगो की मौत

उत्तराखंड में कोरोना संक्रमण बढ़ने के बाद अब मरीजों की मौत के आंकड़े भी बढ़ गए हैं। सोमवार को विभिन्न अस्पतालों में इलाज करा रहे पांच संक्रमितों की मौत हो गई। कोरोना से एक ही दिन में इतनी संख्या में मरीजों की मौत का आंकड़ा 23 जून 2021 के बाद सामने आया है। स्वास्थ्य विभाग के बुलेटिन के अनुसार सोमवार को एम्स ऋषिकेश में तीन, दून मेडिकल कॉलेज में एक जबकि पौड़ी जिले में एक संक्रमित की मौत हुई है।
इसके साथ ही राज्य में कोरोना से मरने वालों का कुल आंकड़ा अब 7429 हो गया है। सोमवार को देहरादून में 441, हरिद्वार में 254, नैनीताल में 220, यूएस नगर में 193 नए मरीज मिले। इसके अलावा अल्मोड़ा में 36, बागेश्वर में सात, चमोली में 15, चम्पावत में सात, पौड़ी में 56, पिथौरागढ़ में 12, रुद्रप्रयाग में 14, टिहरी में 28 और उत्तरकाशी में नौ नए संक्रमित मिले हैं।
राज्य भर के अस्पतालों से सोमवार को 294 मरीजों को डिस्चार्ज किया गया जिससे एक्टिव मरीजों की संख्या 5009 हो गई है। राज्य में कोरोना संक्रमण की दर 7.57 प्रतिशत जबकि मरीजों के ठीक होने की दर 94 प्रतिशत से अधिक चल रही है। सोमवार को कुल 15 हजार सात सौ के करीब सैंपलों की रिपोर्ट लैब से मिली जबकि 21 हजार के करीब सैंपल जांच के लिए भेजे गए हैं।

पर्यटकों सहित कोरोना के 30 नए मामले मिले
मुनिकीरेती, ऋषिकेश में कोरोना की रफ्तार नहीं थम रही है। सोमवार को दिल्ली के पांच पर्यटकों समेत 30 लोग कोरोना पॉजिटिव निकले हैं। सभी मरीजों को आईसोलेट कराने की प्रक्रिया में स्वास्थ्य विभाग की टीम जुट गई है। मुनिकीरेती में कोविड नोडल अधिकारी डा. जगदीश जोशी ने बताया की 16 लोगों के एंटीजन रैपिड टेस्ट लिए गए थे, जिनकी रिपोर्ट पॉजिटिव आयी है। जबकि चार लोगों की रिपोर्ट निजी लैब से आई है। मरीजों को आईसोलेट किया जा रहा है। वहीं, ऋषिकेश के सरकारी अस्पताल में हुई जांच में 10 लोगों की रिपोर्ट पॉजिटिव आयी है। स्वास्थ्य पर्यवेक्षक एसएस यादव ने बताया कि अस्पताल में 137 लोगों की आरटीपीसीआर और 50 लोगों का एंटीजन रैपिड टेस्ट हुआ था, इनमें 10 लोगों में कोरोना संक्रमण की पुष्टि हुई है। दो लोगों को कोरोना दवा की किट दी गई है। सभी को होम आईसोलेट किया गया है।

चुनावी माहौल के बीच कोरोना संक्रमण तेजी से फैलने का खतरा बढ़ता जा रहा

उत्तराखंड में कोरोना संक्रमण ने रफ्तार पकड़ ली है। बीते 24 घंटे में 1413 नए संक्रमित मिले हैं। वहीं एक मरीज की मौत हुई है। संक्रमण दर 07.79 प्रतिशत हो गई है। जबकि 482 संक्रमित ठीक हुए हैं। 14118 सक्रिय मरीजों का इलाज चल रहा है। कुल संक्रमितों की संख्या 350885 हो गई है।
उत्तराखंड में चुनावी माहौल के बीच कोरोना संक्रमण तेजी से फैलने का खतरा बढ़ता जा रहा है। रविवार को प्रदेश में एक दिन में 1413 लोग कोरोना की चपेट में आए हैं। जबकि देहरादून जिले में सबसे अधिक 505 लोग कोरोना संक्रमित मिले हैं।
नैनीताल में 139, हरिद्वार में 299, पिथौरागढ़ में 8, अल्मोड़ा में 21, ऊधमसिंह नगर में 203, चंपावत में 12, टिहरी में 22, उत्तरकाशी में 8, बागेश्वर में 3, पौड़ी में 147, चमोली में 34, रुद्रप्रयाग में 12 संक्रमित मिले हैं। संक्रमितों की तुलना में ठीक होने वालों की संख्या घटी है। राज्य में कुल 332655 मरीज स्वस्थ हो चुके हैं। रिकवरी दर 94.80 प्रतिशत दर्ज की गई। कुल मृतकों की संख्या 7424 हो गई है।

पर्यटकों की आमद बढ़ने से रोपवे कर्मचारी भी संक्रमित
चमोली जिले में कोरोना का प्रकोप बढ़ता जा रहा है। रविवार को जोशीमठ-औली रोपवे के 27 कर्मचारी कोरोना पॉजिटिव आए हैं। जबकि दो कर्मचारी दो दिन पहले पॉजिटिव आए थे। जिसके चलते प्रशासन ने रोपवे का संचालन फिलहाल बंद करा दिया गया है। एसीएमओ डा. उमा रावत ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि रोपवे कर्मचारियों के पॉजिटिव आने की सूचना प्रशासन को दे दी गई है।
दरअसल इन दिनों औली में बड़ी संख्या में बाहर से पर्यटक आ रहे हैं, जिसमें अधिकांश रोपवे से औली पहुंचना पसंद कर रहे हैं। जोशीमठ-औली मोटर मार्ग पर बर्फ और पाला गिरा होने से भी मार्ग काफी खतरनाक बना हुआ है, जिसके चलते इस पर वाहनों का आवागमन काफी सीमित हो रखा है। ऐसे में अब जीएमवीएन (गढ़वाल मंडल विकास निगम) को रोपवे संचालन करना चुनौती बन गया है।
एसडीएम जोशीमठ कुमकुम जोशी ने बताया कि कर्मचारियों के स्वस्थ होने तक रोपवे का संचालन बंद रहेगा। सोमवार को वहां सैनिटाजेशन किया जाएगा। साथ ही अन्य कोविड गाइड लाइन का पालन कराते हुए आगे की कार्रवाई की जाएगी।

गुरु का जीवन और संदेश लाखों लोगों को शक्ति का देता है-धामी

गुरु गोबिंद सिंह की आज 355वीं जयंती है। इस मौके पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रदेशवासियों को बधाई दी और कहा कि गुरु का जीवन और संदेश लाखों लोगों को शक्ति का देता है। गुरु गोविंद सिंह महाराज का प्रकाशोत्सव राज्य में हर्षाेल्लास व श्रद्धाभाव के साथ मनाया गया। कोरोना संक्रमण को देखते हुए इस बार भव्‍य पांडाल नहीं सजाए गए। गुरुद्वारों में सूक्ष्‍म आयोजन कर श्रद्धालुओं ने माथा टेका।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रेसकोर्स स्थित गुरुद्वारे में माथा टेक राज्य की खुशहाली के लिए अरदास कराई। गुरूद्वारे परिवार की और से मुख्यमंत्री का अभिनंदन किया गया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर धामी ने कहा कि जब भी धर्म पर संकट आया महापुरुषों ने जन्म लेकर उसकी रक्षा की। गुरु गोविंद सिंह का सिख धर्म में अमूल्य योगदान है। वे सत्य और धर्म की रक्षा के मार्ग पर चलने वाले सच्चे दिव्यात्मा थे। त्याग और बलिदान के साथ ही दृढ़ संकल्प का अद्भुत रूप गुरू गोविंद सिंह में था। गुरू गोविंद सिंह में गुरू नानक देव की दसवीं ज्योति प्रकाशमय हुई। जिस वजह से इन्हें दसवीं ज्योति भी कहा जाता है। वह साहस, करुणा और उदारता के प्रतीक थे। दलितों की सेवा करने के उनके प्रयासों को दुनिया भर में व्यापक रूप से सम्मानित किया जाता है। हमारा समाज उनकी शिक्षाओं और बलिदानों का ऋणी रहेगा।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कोरोना के मामलों में लगातार बढ़ोतरी हो रही है। शासन-प्रशासन ने अपनी तरफ से आमजन की सुरक्षा के सभी इंतजाम किए हुए हैं। कोरोना को लेकर जारी गाइडलाइन का पालन करें। आम जनमानस की जरा सी लापरवाही स्वास्थ्य पर भारी पड़ सकती है। इसलिए सभी लोगों को चाहिए कि मास्क पहनकर ही घर से निकले और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन जरूर करें। विधानसभा चुनाव में मतदान के दौरान भी हमें इन बातों का ध्यान रखना होगा।

गुरु गोबिंद सिंह की जयंती पर प्रकाश पर्व का उल्लास
हर वर्ष गुरु गोविंद सिंह की जयंती 9 जनवरी को मनाई जा जाती है। प्रकाश पर्व के इस अवसर पर देश में खुशी और उल्लास का माहौल है। सवा लाख से एक लड़ावाँ ताँ गोविंद सिंह नाम धरावाँष् का उद्घोष करने वाले गुरु गोबिंद सिंह जी मानव रूप में सिखों के दसवें और अंतिम गुरु थे। बिहार के पटना साहिब में जन्मे गुरु गोविंद सिंह का बचपन का नाम गोबिंद राय था, उनके पिता, नौवें गुरु थे। गुरु तेग बहादुर जी की शहादत के बाद, नौ साल की उम्र में उन्हें श्गुरु गद्दीश् में विराजमान किया गया था। गुरु गोविंद सिंह की जयंती के अवसर पर प्रभात फेरी निकाली जाती है गुरुद्वारों में सबद, कीर्तन, अरदास और लंगर का आयोजन होता है।

मुख्यमंत्री का दावा, विकास के नाम पर बीजेपी को वोट देगी जनता

उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विधानसभा चुनाव के कार्यक्रम की घोषणा का स्वागत करते हुए कहा कि हम लोकतंत्र के इस पर्व का स्वागत करते हैं। भारतीय जनता पार्टी उत्तराखण्ड समेत पांचों राज्यों में चुनाव के लिए पूरी तरह तैयार है। उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड में भाजपा की प्रचण्ड बहुमत की सरकार बननी तय है। हमें पूरा विश्वास है कि डबल इंजन सरकार की उपलब्धियों को देखते हुए जनता भाजपा को फिर से दिल खोलकर आशीर्वाद देगी।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि भारतीय निर्वाचन आयोग ने आज उत्तराखण्ड समेत पांच राज्यों में विधानसभा चुनाव की तिथियां घोषित कर दी हैं। इसके साथ ही उत्तराखण्ड में चुनाव आदर्श आचार संहिता लागू हो गई है। उन्होंने कहा कि कोरोना संक्रमण फिर तेजी से फैल रहा है। इस संक्रमण के बीच सुरक्षित तरीके से चुनाव करवाना निर्वाचन आयोग के लिए एक बड़ी चुनौती है। यदि सभी राजनैतिक दल और नागरिक निर्वाचन आयोग से जारी गाइडलाइन का पालन करें तो इस चुनौती का सामना किया जा सकता है। धामी ने कहा कि पिछले पांच वर्षों के दौरान उत्तराखण्ड में भाजपा सरकार ने विकास के नए आयाम स्थापित किए हैं। केन्द्र सरकार के सहयोग से अवस्थापना विकास, पर्यटन, महिला सशक्तिकरण और स्वास्थ्य सेवा के क्षेत्र में कई ऐतिहासिक कार्य हुए हैं। डबल इंजन सरकार ने जनहित और प्रदेशहित को सर्वाेपरी रखते हुए राज्य को हर क्षेत्र में आगे बढ़ाया। समाज के हर वर्ग (युवा, महिला, किसान, व्यापारी, शिक्षकदृकर्मचारी, संविदा, आउटसोर्स कर्मी आदि) के हितों को ध्यान में रखते हुए फैसले लिए और उनको विकास की मुख्य धारा से जोड़ने के सफल प्रयास किया। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने चुनाव पूर्व किए अधिकांश वायदे पूरे किए हैं, यही हमारी ताकत भी है। भाजपा कार्यकर्ता पूरी ऊर्जा और उमंग के साथ चुनाव में अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन करेगा, जिसके बूते उत्तराखण्ड में फिर से भाजपा जीतेगी और नया इतिहास बनेगा। मुख्यमंत्री धामी ने सभी नागरिकों से कोरोना को लेकर सतर्क रहने और कोविड गाइडलाइन का पालन करने का अनुरोध किया है।

पालिका प्रशासन ने सरकारी संपत्तियों से हटाई प्रचार सामग्री

आदर्श आचार संहिता लागू होने के बाद से सभी संबंधित विभाग आगामी विधानसभा चुनाव-2022 की निर्वाचन तैयारियों को अमली जमा पहनाने में जुट गए हैं। इसके तहत नगर पालिका परिषद मुनिकीरेती-ढालवाला ने निकाय क्षेत्र में सरकारी संपत्तियों में लगे होर्डिंग्स, बैनर, फ्लेक्स आदि को हटाया।
आचार संहिता प्रभावी होने के बाद उपजिलाधिकारी नरेंद्र नगर की ओर से दिए निर्देशों के अनुपालन में नगर पालिका परिषद मुनिकीरेती-ढालवाला ने सरकारी संपत्तियों में लगी विभिन्न राजनीतिक दलों की प्रचार सामग्री को हटाया। इस दौरान पालिकाकर्मियों ने कई जगहों से राजनीतिक पार्टियों से संबंधित फ्लैक्स, होल्डिंग, बैनर व अन्य प्रचार सामग्री को हटाया। उपजिलाधिकारी के निर्देशों के क्रम में आचार संहिता के दौरान सरकारी संपत्तियों पर राजनीति दलों से संबंधित प्रचार व अन्य सामग्री लगाने पर पाबंदी रहेगी, जिसका पूर्णतया करना अनिवार्य होगा। इस दौरान मौके पर आदर्श आचार संहिता के लागू होने के उपरांत नगर पालिका परिषद मुनिकीरेती ढालवाला द्वारा उपजिलाधिकारी नरेंद्र नगर द्वारा दिये गए निर्देश के अनुपालन में नगर क्षेत्र में सरकारी संपत्तियों से राजनैतिक पार्टियों के होर्डिंग, बैनर आदि को हटाने की करवाई प्रारम्भ की गई है। इस दौरान स्वास्थ्य लिपिक दीपक कुमार, रंजन कंडारी, पर्यावरण पर्यवेक्षक आदि मौजूद रहे।

मास्क नही पहनने वालों पर सख्त हुई पुलिस, की कार्रवाई

रविवार को रायवाला पुलिस ने कोरोना संक्रमण की रोकथाम के लिए रायवाला थाना क्षेत्र के रायवाला बाजार, हरिपुरकलां और छिद्दरवाला में विशेष चेकिंग अभियान चलाया। पुलिस क्षेत्राधिकारी डीसी ढौंढियाल के निर्देश पर विभिन्न सार्वजनिक स्थानों पर मास्क नहीं पहनने और सोशल डिस्टेंसिंग का उल्लंघन करने वालों पर शिकंजा कसा। कार्रवाई से लोगों में हड़कंप मच गया। हालात यह रहे कि कार्रवाई से बचने के लिए लोग मास्क लेने के लिए मेडिकल स्टोर की ओर दौड़ते नजर आए।
थाना प्रभारी ने बताया कि पहले दिन कार्रवाई के दौरान कोविड नियमों का उल्लंघन करने में 75 लोगों का चालान किया है। उन्होंने रायवाला बाजार क्षेत्र के सभी व्यापारियों को निर्देशित किया कि सोमवार से चेकिंग अभियान में तेजी लायी जाएगी। दुकान के बाहर सेनेटाइज की व्यवस्था रखें। हिदायत दी कि चालान से बचना है तो मास्क पहनकर ही घर से निकले। बाजार और सार्वजनिक स्थान पर दो गज की दूरी बनाए रखें। सभी की जागरूकता से ही इस महामारी से लड़ा जा सकता है।