सुबह पौने चार बजे प्रशासन की टीम ने जगाया तो मन मे उठे कई सवाल

सिलक्यारा सुरंग में फंसे 41 श्रमिकों के परिजनों ने जैसे ही कैमरे में अपनों को देखा तो उनकी आंखों में खुशी के आंसू छलक पड़े। परिजनों ने कहा कि जिनके इंतजार में वह कई दिनों से सुरंग के बाहर टकटकी लगाए बैठे थे, आज कैमरे के सामने उनसे बात करके बड़ा मन को बड़ा सुकून मिला है। इस दौरान परिजन ने खुलकर बचाव कार्य के लिए केंद्र और राज्य सरकार का आभार जताया और कहा कि अब जल्द परिजनों को बाहर भी सुरक्षित निकाला जाए।
सिलक्यारा सुरंग में फंसे श्रमिकों के बचाव कार्य पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी पल-पल अपडेट ले रहे हैं। मुख्यमंत्री धामी सुबह और शाम को अफसरों के साथ बैठक कर बचाव कार्य पर नज़र रखे हुए हैं। इसके लिए उत्तरकाशी जिला प्रशासन के साथ अलग अलग अफसरों को जिम्मेदारी सौंपी गई है। दो दिन से बचाव कार्य के लिए केंद्रीय एजेंसियों के साथ नोडल अफसर बनाये गए सचिव डॉ नीरज खैरवाल, डीएम उत्तरकाशी अभिषेक रुहेला के साथ हर घण्टे सुरंग बचाव कार्य की समीक्षा कर आगे बढ़ रहे हैं। यही कारण है कि सोमवार को 6 इंच का पाइप श्रमिकों के लिए दूसरी लाइफलाइन के रूप में स्थापित किया जा सका। इससे रात को ही श्रमिकों को डॉक्टरों के मुताबिक पौष्टिक भोजन सुरंग में भेजा गया। इसके बाद अफसरों ने रातभर बचाव कार्य के दूसरे विकल्पों पर काम जारी रखा। नतीजन अल सुबह पौने चार बजे सुरंग में आधुनिक एंडोस्कोपी पलेक्सी कैमरा भेजा गया। सुरंग में कैमरा पहुंचते ही अधिकारियों ने श्रमिकों से बातचीत कर उनका हौसला बढ़ाया। खुद सचिव नीरज खैरवाल और डीएम अभिषेक रुहेला ने मजदूरों से बात कर बाहर चल रहे बचाव कार्य की जानकारी दी। अफसरों ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार उनको सुरक्षित निकालने के लिए तेजी से कार्य कर रही है। इस दौरान अधिकारियों ने सिलक्यारा के पास होटलों में सोए परिजनों को बुलाया और सुरंग में फंसे श्रमिकों से कैमरे के सामने वॉकी टॉक से बात कराई। सुरंग में अपनों को सकुशल देखते हुए परिजनों की आंखें खुशी से नम हो गई। परिजनों ने मौके पर ही सरकार का आभार जताया और कहा कि आज उनको काफी सुकून मिला है। कहा कि सरकार जिस तेजी से रेस्क्यू कार्य करा रही है, उससे सुरंग में फंसे सभी लोग सुरक्षित बाहर आ जाएंगे।

’सुरंग में फंसे श्रमिकों को सुरक्षित निकालने के लिए बचाव कार्य युद्धस्तर पर चल रहा है। रात को 6 इंच का पाइप डालने के बाद श्रमिकों के लिए नई लाइफलाइन बन गई है। इस पाइप से सुबह एंडोस्कोपी पलेक्सी कैमरा भेजकर सुरंग में श्रमिकों का हाल जाना गया और उन्हें बाहर चल रहे बचाव कार्य की जानकारी दी गई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी ने भी आज फिर बचाव कार्य की अपडेट जानकारी ली है। सुरंग में सभी श्रमिक सुरक्षित हैं। जल्द श्रमिकों को बचाव टीम सुरक्षित बाहर निकाल लेंगी।’
-पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री, उत्तराखंड

दसवें दिन श्रमिकों की पहली तस्वीर आई सामने

उत्तरकाशी की सिलक्यारा सुरंग में फंसे श्रमिकों को सकुशल बाहर निकालने को दिन-रात चल रहे रेस्क्यू ऑपरेशन में बचाव और राहत टीमों को आज मंगलवार सुबह बड़ी सफलता मिली है। इंडोस्कोपिक फ्लेक्सी कैमरे की मदद से आज दसवें दिन श्रमिकों की पहली तस्वीर सामने आई है। सभी श्रमिक सकुशल हैं।
रेस्क्यू टीम ने सोमवार देर शाम सुरंग में आर-पार हुए छह इंच व्यास के पाइप के जरिए इंडोस्कोपिक फ्लेक्सी कैमरा सुरंग में डाला था। यह कैमरा सुरंग में फंसे श्रमिकों तक पहुंचा है। कैमरे में अंदर का पूरा परिदृश्य कैद हुआ है। सबसे अच्छी और राहत की खबर यह है कि सभी 41 श्रमिक भाई सकुशल हैं। रेस्क्यू टीम ने श्रमिकों से बात कराने की भी कोशिश की। रेस्क्यू को कमान करने वाले अधिकारियों ने सभी श्रमिकों की एक-एक कर गिनती कराने के लिए भी श्रमिकों तक संदेश भेजा लेकिन वॉकी टॉकी की कनेक्टिविटी इसमें बार बार बाधा बन रही थी।
वीडियो फुटेज साफ नहीं आने पर रेस्क्यू टीम ने अंदर फंसे श्रमिकों से लाउडस्पीकर सन्देश के जरिए कैमरे की स्क्रीन साफ करने को कहा। श्रमिकों ने तुरंत स्क्रीन साफ की तो पूरा परिदृश्य साफ दिखाई दिया। रेस्क्यू अधिकारी सामने चहलकदमी कर रहे श्रमिकों के नाम भी पूछ रहे थे। उसी दौरान तब फोरमैन गब्बर सिंह, हेड ऑपरेटर सुशील एकदम सामने थे।
वहीं, सोमवार को टनल के भीतर छह इंच का दूसरा लाइफलाइन पाइप मजदूरों तक पहुंचा दिया गया था। इस पाइप की मदद से देर शाम मजदूरों के लिए खिचड़ी भेजी गई है।

सुरंग में फंसे श्रमिक महादेव का अपने मामा से बातचीत का ऑडियो आया सामने

सिलक्यारा, उत्तरकाशी में निर्माणाधीन टनल में फंसे 40 श्रमिकों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए उत्तराखण्ड सरकार ने पूरी ताकत झोंक दी है। एक ओर देश के नामी विशेषज्ञों के दल को बुलाकर अत्याधुनिक मशीनों से ड्रिलिंग का काम युद्धस्तर पर चल रहा है, वहीं दूसरी ओर सुरंग में फंसे श्रमिकों का मनोबल बनाए रखने के लिए लगातार उनसे बातचीत की जा रही है, उनका परिजनों से भी संपर्क बना हुआ है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने निर्देश दिए हैं कि किसी भी कीमत पर श्रमिकों और उनके परिजनों का हौसला नहीं टूटना चाहिए।
पुलिस प्रशासन सुरंग में फंसे मजदूरों से हर घंटे संपर्क स्थापित कर रहा है। आज टनल में फंसे 22 वर्षीय महादेव की उसके मामा से बातचीत करवाई गई। ऑडियो में महादेव साफ साफ कह रहा है कि वह और उसके साथी अभी तक सुरक्षित हैं। परिजन उनकी सकुशलता को लेकर चिंता न करें। उनके पास पर्याप्त मात्रा में खाद्य सामग्री पहुंच रही है। सभी साथी एक दूसरे का हौसला बढ़ा रहे हैं।
इधर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का कहना है कि संकट के वक्त मनोबल ऊंचा रहना चाहिए। ऊंचे आत्मविश्वास से बड़े से बड़ा संकट टल जाता है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि जितना ज्यादा हो सके सुरंग में फंसे श्रमिकों से संवाद बनाए रहें। सरकार उन्हें सुरक्षित बाहर निकलने के हर संभव प्रयास कर रही है।

प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना को समय से पूरा करने के निर्देश

मुख्य सचिव डॉ. एस.एस. संधु ने गुरूवार को सचिवालय में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत प्रदेश में बन रही सड़कों और पुलों की प्रगति की समीक्षा की। मुख्य सचिव ने कहा कि दूरस्थ क्षेत्रों को जोड़ने के लिए बनायी जा रही यह सड़कें बहुत ही महत्त्वपूर्ण हैं, इनका निर्धारित समयसीमा के अंदर बनाया जाना अति महत्त्वपूर्ण है। उन्होंने इन सड़कों का कार्य पूरा करने के लिए जिलाधिकारी एवं डीएफओ को उच्च प्राथमिकता पर लेकर इन सड़कों का निर्माण प्रत्येक स्थिति में पूर्ण करने पर जोर दिया।
मुख्य सचिव ने कहा कि सभी जिलाधिकारी एवं डीएफओ लगातार बैठकें आयोजित कर योजनाओं के पूर्ण होने में आ रही समस्याओं को निस्तारित कर कार्य पूरा कराएं। उन्होंने कहा कि कम समय में अधिक कार्य पूरा करने के लिए 2 या 3 शिफ्ट में कार्य पूरा कराया जा सके इसकी संभावनाएं भी तलाशी जाएं। उन्होंने मुख्य अभियंता एवं अन्य उच्चाधिकारियों को मौके पर जाकर समस्याओं के निस्तारण के निर्देश भी दिए। उन्होंने विभिन्न कार्यों की मॉनिटरिंग के लिए बनाए गए नोडल अधिकारियों को लगातार सम्बन्धित से सम्पर्क कर समस्याओं के निस्तारण किए जाने की बात कही।
मुख्य सचिव ने कहा उच्च प्राथमिकता के कार्यों को रूटीन कार्यों की भांति न कर प्रतिदिन उसके लिए समय निकालने की आवश्यकता है। कहा कि प्रतिदिन कार्यों में लगे श्रमिकों एवं मशीनों की संख्या की जानकारी लेकर बचे काम को समय पर समाप्त करने के लिए कितने श्रमिकों को बढ़ाने की आवश्यकता है, इसकी रिपोर्ट मांगी जाए।
इस अवसर पर सचिव राधिका झा सहित सम्बन्धित विभाग के अन्य अधिकारी एवं जनपदों से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जिलाधिकारी उपस्थित थे।

नवजात शिशु देखभाल सप्ताह का प्रदेशभर में हुआ शुभारम्भ

शिशु मृत्यु दर को कम करने में प्रयासरत स्वास्थ्य विभाग उत्तराखण्ड राज्य में शिशु मृत्यु दर कम करने के लिए 15 से 21 नवंबर तक ‘नवजात शिशु देखभाल सप्ताह’ मनाया जा रहा है। इसमें कंगारू मदर केयर व स्तनपान को बढ़ावा देने तथा बीमार शिशुओं की पहचान कर उचित उपचार किया जाएगा। अमनदीप कौर, अपर मिशन निदेशक, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन ने सभी मुख्य चिकित्सा अधिकारियों को इस संबंध में विस्तृत दिशा-निर्देश दिए।
इस अवसर पर अपर मिशन निदेशक ने घर-घर जाकर गहनता से शिशुओ के स्वास्थ जाच किये जाने हेतु दिशा निर्देश दिए। इस हेतु औषधियों एवं उपकरणों के साथ साथ प्रशिक्षण पर भी जोर दिया गया। इसके साथ ही 10 नवम्बर 2023 से 29 फरवरी 2024 तक संचालित किये जाने वाले सांस अभियान की समीक्षा बैठक की गयी। अभियान का मुख्य उद्देश्य नवजात शिशुओं में निमोनिया से होने वाली मृत्युओ को कम करना है। उक्त बैठक में डा0 अमित शुक्ला, प्रभारी अधिकारी मातृ एवं बाल स्वास्थ्य, एन0एच0एम0 के साथ-साथ समस्त जनपदों के अपर मुख्य चिकित्साधिकारी, जिला कार्यक्रम प्रबंधक, एवं जिला कम्युनिटी प्रबंधक द्वारा प्रतिभाग किया गया।

मोटे अनाज को बढ़ावा देने के लिए सचिवालय में खुला आउटलेट

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को सचिवालय में मिलेट बेकरी आउटलेट का उद्घाटन किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य के स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देने के लिए राज्य सरकार द्वारा लगातार प्रयास किये जा रहे हैं। राज्य के मोटे अनाजों पर आधारित उत्पादों को बढ़ावा देने और महिला स्वयं सहायता समूहों की आजीविका में वृद्धि करने के उद्देश्य से सचिवालय परिसर में मिलेट बेकरी का आउटलेट शुभारंभ किया गया है।
राज्य में ग्रामीण महिलाओं के स्वयं सहायता समूहों द्वारा स्थानीय मंडुआ, झंगोरा, ज्वार, चौलाई इत्यादि अनाजों के उत्पादन बड़े पैमाने पर किया जा रहा है। इन उत्पादों के मूल्य संवर्धन के लिए जनपद देहरादून के रायपुर ब्लॉक तथा जनपद पौड़ी के पौड़ी ब्लॉक में 2 मिलेट उत्पादों की बेकरी प्रारम्भ की गयी है। मिलेट बेकरी में मंडुआ तथा झंगोरा का प्रसंस्करण कर बिस्किट, ब्रेड तथा पिज्जा बेस व अन्य उत्पाद तैयार किये जा रहें है। अन्तर्राष्ट्रीय मिलेट वर्ष 2023 के अन्तर्गत स्थानीय मोटे अनाजों के उत्पादन और उपभोग को प्रोत्साहित करने के लिए राज्य में अनेक कार्यक्रम किये जा रहे हैं।
राज्य सरकार द्वारा महिला स्वयं सहायता समूहों को सशक्त बनाने के लिए निरंतर प्रयास किये जा रहे हैं। वर्ष 2025 तक सवा लाख महिलाओं को लखपति दीदी बनाने का लक्ष्य रखा गया है। अभी तक 40 हजार 270 महिलायें लखपति दीदी बनायी जा चुकी है। चयनित स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं को बेकरी विशेषज्ञ के माध्यम से बेकरी उत्पाद हेतु प्रशिक्षण प्रदान किया जा रहा है जिससे अधिक संख्या में समूहों द्वारा बाजार की मांग के अनुरूप उच्च गुणवत्ता तथा पोषण से युक्त बेकरी उत्पाद तैयार कर लोगों को उपलब्ध करा सके।
इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी, मुख्य सचिव डॉ. एस.एस. संधु, अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी, सचिव राधिका झा एवं ग्राम्य विकास विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।

धामी ने फिर दिये अधिकारियों को निर्देश, रेस्क्यू ऑपरेशन की जुटाई जानकारी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी सिलक्यारा में चल रहे हैं रेस्क्यू ऑपरेशन पर निरंतर निगरानी बनाए हुए हैं। मुख्यमंत्री धामी कमिश्नर गढ़वाल, आईजी गढ़वाल व राहत और बचाव में लगी एजेंसियों से सिलक्यारा में चल रहे रेस्क्यू ऑपरेशन तथा टनल में फंसे श्रमिकों की कुशलक्षेम की हर पल की अपडेट ले रहे हैं।
इसी संदर्भ में मुख्यमंत्री ने सचिवालय में आज बैठक लेते हुए अधिकारियों को निर्देश दिए कि रेस्क्यू कार्य में लगी सभी टेक्निकल एजेंसियों को हर संभव सहयोग दिया जाय। गढ़वाल कमिश्नर को मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि रेस्क्यू कार्य में किसी भी प्रकार से विलंब न हो, मौके पर कार्य कर रही एजेंसियों को राज्य की तरफ़ से सभी आवश्यक सहयोग प्रदान किया जाये। मुख्यमंत्री बचाव कार्यों में लगी एजेंसियों और जिलाधिकारी उत्तरकाशी से भी समय-समय पर अपडेट ले रहे हैं।
इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी, सचिव आर.मीनाक्षी सुंदरम, गढ़वाल कमिश्नर विनय शंकर पांडेय एवं सूचना महानिदेशक बंशीधर तिवारी मौजूद रहे।

श्रीगणेश व लक्ष्मी पूजन कर सीएम ने की प्रदेश की खुशहाली की कामना

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी दीपावली के अवसर पर बलबीर रोड़ स्थित प्रदेश भाजपा कार्यालय में आयोजित दीपावली महोत्सव कार्यक्रम में शामिल हुए। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने माता लक्ष्मी और श्री गणेश जी का पूजन कर प्रदेश की खुशहाली की कामना की।

वहीं, सीएम ने राज्यपाल लें. जनरल गुरमीत सिंह से भी मुलाकात कर दीपोत्सव की शुभकामनाएं दी। इसके अलावा मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पूर्व सीएम भुवन चंद खंडूरी, सांसद रमेश पोखरियाल निशंक, पूर्व सीएम हरीश रावत, को भी शुभकामनाएं दी।

इसके अलावा मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अपने आवास पर श्रीगणेश भगवान और माता लक्ष्मी का पूजन सपरिवार किया।

कैबिनेट मंत्री अग्रवाल ने लोकल फॉर वोकल को बढ़ावा देते हुए स्थानीय उत्पाद खरीदे

क्षेत्रीय विधायक व कैबिनेट मंत्री डॉ प्रेमचंद अग्रवाल ने दीपावली के पावन पर्व पर नगर के मुख्य बाजारों में पहुंच कर स्थानीय व्यापारियों, खरीददारी करने आए लोगों से मुलाकात कर उन्हें शुभकामनाएं दी।
शनिवार को दीपावली के पावन अवसर पर मंत्री डॉ प्रेमचंद अग्रवाल ने नगर क्षेत्रों के बाजारों में स्थानीय व्यापारियों, फूल विक्रेताओं, पटाखा व्यापारियों एवं खरीदारी को पहुंचे लोगों से मुलाकात कर उनकी कुशलक्षेम जानी।
इस मौके पर मंत्री डॉ अग्रवाल हैं दीपावली, गोवर्धन, भैया दूज की शुभकामनाएं दी। मंत्री डॉ अग्रवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लोकल फॉर वोकल को बढ़ावा देते हुए स्थानीय लोगों द्वारा हाथ से निर्मित दीप भी खरीदे।
मंत्री डॉ अग्रवाल ने दीपावली पर्व पर सभी लोगों के जीवन में खुशहाली, सुख-समृद्धि और उन्नति की भी कामना की। उन्होंने बधाई संदेश देने के दौरान लोगों से स्थानीय उत्पादों को खरीदने की भी अपील की।
इस मौके पर मंत्री अग्रवाल की धर्मपत्नी शशि प्रभा अग्रवाल, मण्डल अध्यक्ष सुमित पवार, पार्षद शिव कुमार गौतम, अरुण बडोनी आदि लोग उपस्थित रहे।

मुख्यमंत्री धामी ने मिट्टी के दिये खरीदे, किया डिजिटल माध्यम से भुगतान

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को कुम्हार मंडी क्षेत्र का भ्रमण कर दीपावली के अवसर पर मिट्टी के दिये व अन्य सामान तैयार करने वाले कुम्हारों से मिले तथा उन्हें दीपावली की शुभकामनाएं दी। मुख्यमंत्री ने स्वयं भी मिट्टी के दिये क्रय कर सभी से मिट्टी के दिये क्रय करने तथा दीपावली पर मिट्टी के दिये जलाने की अपील की। उन्होंने कहा कि मिट्टी के दिये दीपावली के पर्व को पावनता प्रदान करते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि लोगों के घरों में दीपावली पर जलने वाले दिये कुम्हारों की खुशहाली तथा आर्थिक समृद्धि का भी माध्यम बनते हैं।
मुख्यमंत्री ने क्रय किये गये दियों का डिजिटल माध्यम से भुगतान करते हुए, उन्होंने कहा कि डिजिटल ट्रांजेक्शन देश में तेजी से बढ़ा है। भारत दुनिया में सबसे अधिक डिजिटल ट्रांजेक्शन करने वाला देश है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश ने डिजिटलाईजेशन के क्षेत्र में तेजी से प्रगति की है। कुछ वर्षों में यूपीआई तेजी से हमारी अर्थव्यवस्था और आदतों का हिस्सा बन गया है। यह डिजिटल भारत की नींव है, यह अंतिम छोर पर खड़े व्यक्ति तक डिजिटल सेवाएं पहुंचाने का माध्यम है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस दीपावली पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘वोकल फॉर लोकल’ के मंत्र को आत्मसात करते हुए स्थानीय उत्पादों के प्रचार एवं प्रसार को हम सभी अधिक से अधिक बढ़ावा देकर आत्मनिर्भर भारत के संकल्प की पूर्ति में भी अपना योगदान दे सकते हैं इससे हमारे पारम्परिक उत्पादों को भी पहचान मिलेगी। उन्होंने कहा कि पूरे देश में लोग यदि स्थानीय उत्पादों के क्रय पर ध्यान दे तो हमारा देश भी आर्थिक रूप से मजबूत बनेगा तथा स्थानीय उत्पादकों का बनोबल भी बढ़ेगा।
मुख्यमंत्री ने सुख, समृद्धि और संपन्नता के प्रतीक दीपावली के पावन पर्व की हार्दिक शुभकामनाएं देते हुये कहा कि माँ लक्ष्मी और भगवान श्री गणेश जी के आशीर्वाद से सभी के जीवन में सुख समृद्धि, शांति एवं आरोग्य का संचार हो। मुख्यमंत्री ने कहा कि दीपावली का पर्व मर्यादा एवं सद्भावना का भी संदेश देता है। दीपों का यह त्योहार भगवान राम के 14 वर्ष के वनवास के पश्चात वापस अयोध्या आने से भी जुड़ा है। दीपावली का पर्व बुराई पर अच्छाई और अंधकार पर प्रकाश की विजय का प्रतीक है। दीपावली का यह पर्व हम सबके जीवन को प्रकाशमय करने के साथ हम सबके जीवन में धन, ऐश्वर्य और संपन्नता लेकर आये, इसकी भी उन्होंने कामना की है।