धामी ने प्रतापनगर क्षेत्र के विकास के लिए की कई घोषणाएं

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जनपद के प्रतापनगर के सेम-मुखेम स्थित गड़वागीसौड़ मैदान में आयोजित श्री सेमनागराजा त्रिवार्षिक मेला एवं जात्रा सेममुखेम में प्रतिभाग किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने श्री सेमनागराजा को नमन करते हुए कहा कि जब से नरेन्द्र मोदी देश के प्रधानमंत्री बने है तब से भारत का पूरे विश्व में वर्चस्व बढ़ा है। आज पूरी दुनिया योग को स्वीकार करती है। इसका श्रेय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को ही जाता है। प्रधानमंत्री जी के नेतृत्व में भारत की पूरी दुनिया में एक नई पहचान बन रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के द्वारा हमारे राज्य में भी धार्मिक पर्यटन सहित राज्य की आर्थिकी को बढ़ावा देने के लिए अनेक कार्य किये जा रहे है। प्रदेश में चारधाम यात्रा मार्ग का निर्माण एवं रेलवे लाइन निर्माण जैसे प्रमुख कार्य इसका उदाहरण है। उन्होंने कहा कि जब हमारे राज्य को 25 वर्ष होंगे तब हमारा राज्य एक युवा राज्य होगा। डबल इंजन की सरकार उत्तराखण्ड को देश का एक सर्वश्रेठ राज्य बनाने के लिए दृढ़ संकल्प है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि मुख्य सेवक का पदभार संभालने के बाद मेरे द्वारा राज्य हित व जनहित में अनेक महत्वपूर्ण फैसले लिए गये हैं। राज्य का वित्तीय आंकलन करने के बाद ही राज्य हित व जनहित में निर्णय लिये जाते हैं तथा घोषणाएं की जाती है। उन्होंने कहा कि जो घोषणाएं की जा रही हैं, उन्हें पूरा भी जरूर किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने प्रदेश की नयी खेल नीति, आयुष्मान कार्ड योजना, मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना, वीर चन्द्र सिंह गढ़वाली योजना, महिला स्वयं सहायता समूहों को सिंगल विन्डो सिस्टम के माध्यम से ऋण उपलब्ध कराने, वर्तमान में विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं के आवेदन निशुल्क किये जाने, आंगनबाडी कार्यकत्रियों के मानदेय में वृद्धि किये जाने जैसी उपलब्धियों के बारे में भी विस्तार से प्रकाश डाला। मुख्यमंत्री ने मेले में देव डोलियों का आशिर्वाद लिया तथा विभिन्न विभागों द्वारा लगाये गये स्टॉलों का भी निरीक्षण किया।
इस अवसर पर प्रदेश के मुख्यमंत्री ने श्री सेमनागराजा के त्रिवार्षिक मेले को राज्य स्तरीय मेला घोषित किये जाने, मड़वागीसौड़ से सेम नागराजा मन्दिर तक रास्ते में टिनशेड का निर्माण, राइका गरवाण गांव के अधूरे भवन निर्माण हेतु अवशेष धनराशि अवमुक्त किये जाने, ग्रामसभा पडिया में मिनी स्टेडियम का अवशेष कार्य पूर्ण कराये जाने, डोबरा-चांठी पुल से लम्बगांव तक मोटर मार्ग का डामरीकरण व चौड़ीकरण किये जाने, जाख से डोबरा पुल तक मोटर मार्ग का डामरीकरण व चौड़ीकरण किये जाने, माजफ इण्टर कॉलेज को प्रान्तीयकरण किये जाने की प्रक्रिया में शामिल करने सेम-मुखेम जाने वाले मार्ग का निर्माण किये जाने ओणेश्वर महादेव में पर्यटन विभाग का अतिथि गृह बनाये जाने, लम्बगांव-रैका-दिन्याली मोटर मार्ग का निर्माण किये जाने लम्बगांव से जाखणी गांव 6 किमी मोटर मार्ग का निर्माण एवं लम्बगांव में सार्वजनिक शौचालय बनाये जाने घोषणा की।
इस अवसर पर अल्मोड़ा सांसद अजय टम्टा, जिला पंचायत अध्यक्ष सोना सजवाण. विधायक प्रतानगर विजय सिंह पंवार, जिलाधिकारी इवा अशीष श्रीवास्तव, एसएसपी तृप्ति भट्ट, ब्लाक प्रमुख प्रतापनगर प्रदीप रमोला व जाखणीधार सुनीता देवी, विनोद रतूड़ी सहित अन्य लोग उपस्थित थे।

हमारा संविधान हमारी व्यवस्था और हमारे समाज का पथ प्रदर्शक-सीएम

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी एवं विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचन्द अग्रवाल ने संविधान दिवस के अवसर पर विधानसभा में आयोजित कार्यक्रम में डॉ. भीमराव अम्बेडकर के चित्र पर श्रद्धासुमन अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष द्वारा संविधान की उद्देशिका की शपथ दिलाई। मुख्यमंत्री ने विधानसभा अध्यक्ष की उपलब्धियों पर आधारित पुस्तक का विमोचन भी किया।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रदेशवासियों को संविधान दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि हमारा संविधान अनेकों विशेषताओं से भरा हुआ है। संविधान नागरिकों को ना केवल अपने अधिकारों के प्रति सजग बनाता है, बल्कि हमारे कर्तव्यों के प्रति भी जागरूक करता है। हमारा संविधान हमारी व्यवस्था और हमारे समाज का पथ प्रदर्शक है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि देश प्रधानमंत्री के नेतृत्व में तेजी से प्रगति कर रहा है। प्रधानमंत्री के नेतृत्व में देश का मान, सम्मान एवं स्वाभिमान बढ़ा है। उनके द्वारा लिए गये निर्णयों से भारत को वैश्विक स्तर पर एक अलग पहचान मिली है। मोदी जी के प्रयासों से 21 जून को विश्वभर में योग दिवस मनाया जाता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखण्ड के मुख्य सेवक की शपथ लेने के बाद मैंने प्रत्येक क्षण प्रदेशवासियों को समर्पित करने का प्रयास किया है। जन हित में अनेक निर्णय लिए हैं। समाज के हर वर्गों को ध्यान में रखते हुए कार्य किये जा रहे हैं। राज्य में कोरोना की प्रथम डोज शत प्रतिशत पूर्ण करने का लक्ष्य दिसम्बर 2021 तक रखा गया था, जो कि अक्टूबर 2021 में ही पूर्ण किया जा चुका है। कोरोना की दूसरी डोज के शत प्रतिशत का लक्ष्य भी 15 दिसम्बर 2021 तक पूर्ण किया जायेगा।
विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचन्द अग्रवाल ने प्रदेशवासियों को संविधान दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि 1949 में आज ही के दिन हमारा संविधान बनकर तैयार हुआ। 2 वर्ष 11 माह एवं 18 दिन हमारे संविधान के निर्माण में लगे। उन्होंने कहा कि हमारा संविधान हमें अपने अधिकारों एवं कर्तव्यों का बोध कराता है। प्रधानमंत्री द्वारा देश के समग्र विकास के लिए हर वर्गों को ध्यान में रखते हुए कार्य किये जा रहे हैं। युवा, महिला, किसान, गरीब, मजदूर सबकी चिंता प्रधानमंत्री जी ने की है। भारत में विश्व का सबसे बड़ा कोविड टीकाकरण अभियान चलाया गया है। देश में 118 करोड़ कोविड टीकाकरण हो चुका है। राज्य में शत प्रतिशत कोविड टीकाकरण की प्रथम डोज होने पर उन्होंने मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया। विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि संविधान निर्माण में डॉ. भीमराव अंबेडकर का अहम योगदान रहा। उन्होंने कहा कि 14 अप्रैल 2017 को मैंने निर्णय लिया कि विधानसभा के प्रत्येक कक्ष एवं सभी सरकारी कार्यालयों में बाबा भीमराव अंबेडकर का चित्र लगेगा। उन्होंने कहा कि अम्बेडकर एक साधारण व्यक्ति नहीं बल्कि एक विचार थे।
इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री स्वामी यतीश्वरानन्द, स्वामी ईश्वरदास, सचिव विधानसभा मुकेश सिंघल एवं अन्य गणमान्य उपस्थित रहे।

पंचायतों को मजबूत करने के लिए सरकार ने की है कई घोषणाएं-सीएम

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरूवार को गांधी पार्क, रूद्रपुर में आयोजित लोक योजना अभियान ’’सबकी योजना सबका विकास’’ के अंतर्गत कुमाऊं मंडल के पंचायत प्रतिनिधियों की राज्य स्तरीय अभिमुखीकरण कार्यशाला में प्रतिभाग किया। इस दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने ग्राम प्रधानों द्वारा कोरोना काल में विपरीत परिस्थितियों में सराहनीय कार्य करने पर 10 हजार रूपये प्रोत्साहन राशि देने, कोविड-19 के दौरान कोविड में दर्ज मुकदमे वापस लेने, बाटा चौक का नाम डॉ. भीमराव अम्बेडकर के नाम पर करने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि उपाध्यक्ष जिला पंचायत का मानदेय 5000 हजार से बढ़ाकर 7000 करने, उप प्रमुख, ज्येष्ठ कनिष्ठ क्षेत्र पंचायत का 1500 से 2500 करने का प्रस्ताव किया गया है।
उन्होंने कहा कि जिला पंचायत अध्यक्षों को पूर्व की भांति राज्यमंत्री का दर्जा दिये जाने का भी प्रयास किया जायेगा। पीएम आवास योजना ग्रामीण का लाभ अभी वर्ग-1 क की भूमि व स्वामित्व कार्ड वालों को ही आवास दिया जा रहा है। जिससे उधम सिंह नगर में 1000 लोग आवास से वंचित रह रहे हैं। इस सम्बन्ध में चौहद्दी निर्धारित कर आवास दिये जाने की व्यवस्था होने तक किसी भी आवास को सूची से डिलीट न किया जाये, इसके लिए डीएम व सीडीओ कार्यवाही करें। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य के प्रति बेहद सजग व संजीदगी से कार्य किये जा रहे हैं। आयुष्मान योजना से सम्बन्धित शिकायत मिलने पर सम्बन्धितों के खिलाफ तुरन्त कार्यवाही की जायेगी।
मुख्यमंत्री ने डीआईजी को निर्देशित करते हुए कहा कि पुलिस थानों एवं चौकियों में जनप्रतिनिधियों को सम्मान मिले। उन्होंने कहा कि ग्राम प्रधानों का मानदेय बढ़ाकार उनका सम्मान किया है। यह हमारी भावना है कि जो समय, संसाधन है उससे किया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी पंचायतों को लगातार सशक्त करने का प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि देश की तरक्की, मजबूती में त्रि-स्तरीय पंचायत प्रतिनिधियों का सबसे बड़ा योगदान है। त्रि-स्तरीय पंचायत प्रतिनिधि जनता व सरकार के बीच सेतू का कार्य कर रहे है। पंचायते आज लोकतंत्र की मूलभूत ईकाईयां है। पंचायतें ़़सामाजिक न्याय एवं आर्थिक विकास का आधार भी है। सरकारी योजनाओं को क्रियान्वयन करने की असली जिम्मेदारी त्रि-स्तरीय प्रतिनिधियों की है। त्रि-स्तरीय प्रतिनिधि पहले पायदान पर आते हैं, जहां से विकास की नीव शुरू होती है।
उन्होंने कहा कि उनका वोट तथा आवास सब ग्राम सभा में होने के कारण उनका रिश्ता-नाता सीधे-सीधे पंचायत से है। त्रि-स्तरीय प्रतिनिधियों की मान्यता व जिम्मेदारी से परिचित हैं। उन्होंने कहा कि पूर्व में न्याय हेतु सरपंच होता था, जिसके फैंसले को सब मानते थे। जनता की सेवा करने का अवसर मिला है, इसमें कैसे, अपने ग्राम, क्षेत्र, ब्लॉक एवं जिले को अच्छे से अच्छा कर सकते हैं, सभी को आपसी भागीदारी व तालमेंल से कार्य करना होगा। उन्होंने कहा कि राज्य को आगे बढ़ाने के लिए सभी की सामूहिक यात्रा है। हम सभी एक-एक कड़ी के रूप में है, सभी कड़ियों को पूरी जिम्मेदारी से कार्य करना होगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना में आवेदकों को शीघ्रता से ऋण मुहैया कराने हेतु बैंकों को 15 दिसम्बर की डेड लाइन तय की है। उन्होंने कहा कि 24000 रिक्त पदों को भरने की प्रक्रिया गतिमान है। उन्होंने कहा कि बेरोजगार युवाओं को भर्ती परीक्षा हेतु आवेदन शुल्क निःशुल्क किया गया है। उन्होंने कहा कि सीडीएस सिविल सेवा एवं अन्य प्रारम्भिक परीक्षाऐं पास करने वाले विद्यार्थियों को कोचिंग, किताबों आदि के लिए धनराशि की व्यवस्था की गयी है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हाल ही में केदारनाथ की पावन भूमि से प्रधानमंत्री ने पूरी दुनिया को संदेश दिया कि 21वीं सदी का तीसरा दशक उत्तराखण्ड का होगा। उन्होंने कहा हमारा प्रदेश जब 25वॉ स्थापना दिवस मना रहा होगा, तब राज्य सभी क्षेत्रों में देश का अग्रणीय एवं आदर्श राज्य होगा। उन्होंने कहा प्रधानमंत्री के नेतृत्व में 21वी सदी का दशक उत्तराखंड का दशक होगा, जो पर्यटन स्वास्थ्य शिक्षा रोजगार कृषि जैसे विभिन्न क्षेत्रों में नंबर वन बनेगा। उन्होंने कहा बोधिसत्व विचार श्रृंखला के माध्यम से सरकार विभिन्न क्षेत्रों में कार्य कर चुके अनुभवी लोगों से सुझाव ले रही है। उन्होंने कहा हमारी सरकार हर समय जनता की सेवा में समर्पित है। उन्होंने कहा हमारा का प्रण है कि जितना भी समय हमारे पास है उसका प्रत्येक पल और क्षण हम उत्तराखण्ड की जनता की सेवा में समर्पित करेंगे।
मुख्यमंत्री ने जिला पंचायत अध्यक्षों, जिला पंचायत सदस्यों, क्षेत्र पंचायत सदस्यों, ग्राम प्रधानों के साथ ही उपनल, पीआरडी, आंगनबाड़ी, भोजन माताओं आदि के बढ़ाये गये मानदेय के बारे में विस्तार से जानकारी देने के साथ ही सरकार द्वारा की गयी घोषणाओं व उनके शासनादेश एवं क्रियान्वयन की भी जानकारी देते हुए कहा कि सरकार द्वारा समाज के हर वर्गों को ध्यान में रखते हुए योजनाएं चलाई जा रही है। उन्होंने कहा मानदेय बढ़ाना सिर्फ धनराशि देना नहीं है बल्कि यह आपके सेवा भाव के सम्मान की हमारी भावना है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश की खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने के लिए नई खेल नीति बनाई गई है। उन्होंने कहा हम प्रत्येक घोषणा के लिए पूर्व सुनियोजित तरीके से वित्तीय खर्च का प्रबंधन कर रहे हैं जिससे हमारी सारी घोषणाएं धरातल पर उतर रही है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री द्वारा कुमाऊॅ मण्डल में अच्छा कार्य करने वाले पांच ग्राम प्रधानों तथा पांच ग्राम विकास अधिकारियों को सम्मानित किया गया।
पंचायतीराज मंत्री अरविन्द पाण्डे ने कहा कि जनप्रतिनिधियों द्वारा कोरानाकाल में अपनी जान की परवाह किये बगैर पंचायतों में जो कार्य किये वह सराहनीय है तथा पंचायत प्रतिनिधियों का सम्मान सबसे ऊपर है। उन्होंने कहा कि पंचायतों में वर्तमान में धनराशि ऑनलाईन आंवटित की जाती है, जिससे शतप्रतिशत पैसा पंचायतों के खाते में पहुॅचता है जिससे पंचायतों में पारदर्शिता एवं जबावदेही भी सुनिश्चित हुई है। उन्होंने कहा कि पंचायत प्रतिनिधियों की शैक्षणिक योग्यता सुनिश्चित होने से पढे़े लिखे प्रतिनिधि आ रहे हैं तथा समय से विकास कार्यों में धनराशि व्यय हो रही है।
कार्यशाला में पंचायतीराज विभाग एवं अन्य रेखीय विभागों के विशेषज्ञों द्वारा कार्यशाला में आये हुए समस्त प्रतिभागियों को प्रशिक्षण दिया गया तथा उनके द्वारा पंचायत प्रतिनिधियों द्वारा पूछे गये प्रश्नों का उत्तर भी दिया गया। त्रिस्तरीय पंचायतों में जीपीडीपी, बीपीडीपी एवं डीपीडीपी में पंचायतों की आवश्यकतानुसार प्लान बनाकर अपलोड किये जाने के सम्बन्ध में सभी प्रतिभागियों को अवगत कराया गया, जिसमें पंचायतें मिलने वाले अनुदान का उचित प्रबन्धन कर उपयोग कर सकें। पंचायते प्राप्त अनुदान के सापेक्ष अपने-अपने क्षेत्र की यथा आवश्यकतानुसार योजनाओं का चयन कर प्लान बनायेंगे, जिससे बजट अनुदान प्रथमतः आवश्यक एवं विकासपरक योजनाओं पर व्यय किया जा सकेगा।
इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री स्वामी यतिस्वरानंद ने भी अपने विचार रखे। कार्यक्रम का आयोजन क्षेत्रीय विधायक राजकुमार ठुकराल की अध्यक्षता में किया गया तथा कार्यक्रम का संचालन हेमन्त बिष्ट द्वारा किया गया।
कार्यक्रम में विधायक राजेश शुक्ला, मेयर रामपाल, अध्यक्ष वन विकास निगम सुरेश परिहार, उपाध्यक्ष किसान आयोग राजपाल सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष रेनु गंगवार, डीआईजी नीलेश आनन्द भरणे, जिलाधिकारी रंजना राजगुरू, एसएसपी दलीप सिंह कुॅवर मौजूद रहे।

राजकीय प्राथमिक विद्यालय का नाम वीरेन्द्र सिंह सामन्ती के नाम पर रखने की घोषणा

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी गुरूवार को बिगवाड़ा गुरूद्वारा में स्व. वीरेन्द्र सिंह सामन्ती की अन्तिम अरदास में शामिल हुए। उन्होंने वीरेन्द्र सिंह सामन्ती के परिजनों से भेंट कर शोक संवेदना व्यक्त की। मुख्यमंत्री ने शोकाकुल परिवारजनों, मित्रों एवं उनके चाहने वालों को इस दुःख को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की अरदास की।
मुख्यमंत्री ने शोक संवदेना व्यक्त करते हुए कहा कि सामन्ती के सामाजिक कार्यों एवं सेवाभावी व्यक्तित्व को हमेशा याद किया जायेगा। उन्होंने कहा कि सामन्ती ने जो रास्ता समाज के लिए बनाया था, उसे आगे बढ़ाने का कार्य किया जायेगा। मुख्यमंत्री ने स्व. सामन्ती के साथ बिताएं यादगार लम्बों का स्मरण करते हुए स्व. सामन्ती को जिन्दा दिल इंसान बताया।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने स्वर्गीय वीरेन्द्र सामन्ती की स्मृति में वार्ड नम्बर 16 बिगवाड़ा के राजकीय प्राथमिक विद्यालय का नाम स्व. वीरेन्द्र सिंह सामन्ती राजकीय प्राथमिक विद्यालय करने, एनएच-74 के खटीमा-पानीपत मार्ग स्थित मेडीसिटी अस्पताल से करतारपुर-सुआनगला मार्ग का नाम स्वर्गीय वीरेन्द्र सिंह सामन्ती के नाम पर रखने, स्वर्गीय सामन्ती की स्मृति में बिगवाड़ा शमशानघाट में सौन्दर्यकरण कराये जाने की भी घोषणा की।
इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री स्वामी यतीश्वरान्द तथा अरविन्द पाण्डे ने कहा कि स्व. सामन्ती सामाजिक एवं व्यवहारिक प्रतिभा के धनी होने के साथ ही अपनी जिम्मेदारियों को पूरी ईमानदारी व निष्ठा से निभाते थे। विधायक राजकुमार ठुकराल, राजेश शुक्ला ने भी स्व. सामन्ती के व्यक्तित्व के बारे में जानकारी दी।
इस अवसर पर उत्तर प्रदेश के मंत्री बलदेव सिंह औलख, मेयर रूद्रपुर रामपाल, अध्यक्ष वन विकास निगम सुरेश परिहार, उपाध्यक्ष किसान आयोग राजपाल सिंह, डीआईजी नीलेश आनन्द भरणे, जिलाधिकारी रंजना राजगुरू, एसएसपी दपील सिंह कुॅवर आदि उपथित रहे।

उत्तराखंडवासियों की जनभावना के अनुरूप बनेगा घोषणापत्र-भाजपा

उत्तराखंड विधानसभा चुनाव में शंखनाद करने के बाद भाजपा अबकी बार 60 पार नारे के साथ मैदान में है। केन्द्रीय नेताओं के लगातार कार्यक्रम लग रहे हैं। वहीं प्रचंड जीत के लिए जिन नेताओं को जिम्मेदारी सौंपी गई है उन्होंने राज्य में डेरा डाल दिया है। भाजपा प्रदेश मुख्यालय में प्रदेश चुनाव प्रभारी प्रह्लाद जोशी ने चुनाव प्रबंधन समिति, संसाधन, विशेष कार्य व घोषणा पत्र की बैठक में महत्वपूर्ण सुझाव पर चर्चा की। आगामी विधानसभा चुनाव दृष्टिगत चुनाव घोषणा पत्र को लेकर रणनीति पर चर्चा गई। केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी ने बैठक में घोषणा पत्र के विषय में कहा कि वह उत्तराखंड की सामाजिक और भौगोलिक परिस्थिति के अनुरूप बनाया जाएगा।

श्रीनगर में पौड़ी, रूद्रप्रयाग और चमोली के विस कोर कमेटी के साथ बैठक
इसके अलावा पूर्व निर्धारित कार्यक्रमो के धरतलीय क्रियान्वयन, महा जनसम्पर्क अभियान तथा प्रधानमंत्री के आगामी उतराखंड दौरे के तैयारियों को लेकर भी चर्चा की गई। प्रदेश प्रभारी ने श्रीनगर में भी पौड़ी, चमोली और रूद्रप्रयाग जिलों की विधानसभा की कोर कमेटी की बैठक में ग्रास रूट पर चल रहे कार्य और महा जनसम्पर्क अभियान सहित भविष्य की रणनीति पर चर्चा की गई।
मीडिया से बातचीत करते हुए प्रदेश अध्यक्ष भाजपा मदन कौशिक ने कहा कि चुनावों में प्रत्याशियों के चयन से पहले हर विधानसभा में टीमें भेजी जाएंगी जो प्रत्याशियों का आंकलन करेगी। सभी टीमें प्रत्येक विधानसभा में पार्टी कार्यकर्ता और पदाधिकारियों विधानसभा में निर्वाचित वरिष्ठ व प्रमुख जनों से संभावित प्रत्याशियों के बारे में चर्चा करेंगे और पार्टी कार्यालय में सौंपेंगे, जिसे चयन समिति के रखा जाएगा। इसके बाद प्रत्याशियों का चयन किया जाएगा।
चुनाव प्रबंधन समिति की बैठक में प्रदेश प्रभारी दुष्यंत गौतम, आरपी सिंह और लॉकेट चटर्जी सहित कैबिनेट मंत्री और पूर्व मुख्यमंत्री मौजूद रहे। यहां बैठक करने के बाद प्रभारी जोशी श्रीनगर गढ़वाल पहुंचे। यहां उन्होंने भाजपा की कोर ग्रुप बैठक में भाग लिया। इसके बाद वह रुद्रप्रयाग, चमोली और पौड़ी जिले की कोर कमेटी की बैठक लेंगे। इन बैठकों में वह चुनावी रणनीति पर मंथन करेंगे। भाजपा की कोर ग्रुप बैठक में भाग लेने प्रदेश चुनाव प्रभारी प्रह्लाद जोशी सहित प्रदेश अध्यक्ष मदन कौशिक, संगठन मंत्री अजय कुमार, कैबिनेट मंत्री धन सिंह समेत विधायक पहुंचे हैं।

कोरोना के बढ़ते मामलों से देहरादून में फिर बना कंटेनमेंट जोन

जिलाधिकारी देहरादून डॉ आर राजेश कुमार ने अवगत कराया है जनपद क्षेत्र अंतर्गत इंदिरा गांधी नेशनल एकेडमी ओल्ड हॉस्टल एफ.आर.आई. एवं जी-2 बी-19 तिब्बतन कालोनी डिक्लिन सहस्त्रधारा रोड कुल्हाल में कोरोनावायरस संक्रमित व्यक्ति चिन्हित होने के फलस्वरुप क्षेत्रों को कंटेनमेंट जोन घोषित किया गया है।
जिलाधिकारी ने उप-जिलाधिकारी सदर को उक्त क्षेत्रों में कॉन्टैक्ट ट्रेसिंग एवं प्रभावी सर्विलांस कराने के निर्देश दिए। उन्होंने मुख्य चिकित्सधिकारी को इन क्षेत्रों में सैंपलिंग कार्य कराते हुए इसकी नियमित मॉनिटरिंग कराने तथा जिला पूर्ति अधिकारी को उक्त क्षेत्रों में आवश्यक वस्तुओं एवं खाद्यान्न की आपूर्ति करने के निर्देश दिए। उन्होंने जनपदवासियों से मास्क का उपयोग तथा बाजारों एवं सार्वजनिक स्थानों पर सामाजिक दूरी का पालन करने का अनुरोध किया।

पर्यटकों का स्वागत करेंगे लाटा-लाटी, इंस्ट्राग्राम में बड़ी संख्या में है फॉलोवर

उत्तराखंड के गढ़वाल मंडल विकास निगम (जीएमवीएन) में ‘लाटा-लाटी’ पर्यटकों का स्वागत करेंगे। साथ ही यहां पहुंचने वाले पर्यटकों को पहाड़ी संस्कृति से भी रूबरू कराएंगे। इसके अलावा ‘लाटा-लाटी’ राज्य के विभिन्न पर्यटक स्थलों का भी प्रचार करेंगे। जी हां
लाटी किरदार लाकर लोगों के बीच चर्चाओं में आईं कंचन जदली अब पर्यटन विभाग के लिए भी कार्टून बनाएंगी। पहाड़ी कार्टून चित्रों और गुदगुदाती पंचलाइन से कंचन ने लोगों को अपनी बोली-भाषा से जुड़े रहने के लिए प्रेरित किया है। कंचन की इस कला ने सोशल मीडिया पर खूब धमाल मचाया है। जिसके बाद कंचन की लाटी आर्ट का सहारा कई विभाग अपनी योजनाओं के प्रचार-प्रसार के लिए ले रहे हैं।
इसी कड़ी में अब पर्यटन विभाग के गढ़वाल मंडल विकास निगम (जीएमवीएन) ने कंचन की लाटी आर्ट के माध्यम से पर्यटकों को उत्तराखंड की संस्कृति दिखाने का निर्णय लिया है। राज्य के पर्यटन स्थलों का भी लाटी के जरिए प्रचार-प्रसार किए जाने की तैयारी है।
कचंन को पर्यटन विभाग की ओर से इस संबंध में पत्र मिला है, जिसमें जीएमवीएन व शौचालयों में लाटी आर्ट का उपयोग किए जाने की बात कही गई। इससे पूर्व कंचन की लाटी आर्ट के जरिए समाज कल्याण विभाग ने नशामुक्ति के खिलाफ अभियान चलाया था। महिला एवं बाल कल्याण विभाग की ओर से भी कंचन की लाटी आर्ट का सहयोग लिया गया।
लाटी आर्ट की कंचन जदली ने कहा मैं कुछ समय पहले ही कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज से मिली थी और उन्हें मेरी आर्ट और आइडिया पसंद आया है। अपनी आर्ट के जरिए मैं अपने राज्य की संस्कृति को बढ़ाना चाहती हूं और मुझे लगता है कि पर्यटन व संस्कृति को बढ़ावा देने वाले हर विचार या व्यक्ति को सरकार का सहयोग दे रही है। सोशल मीडिया पर लाटी छाई हुई है। कंचन द्वारा मौसम, ईगास, फूलदेई और हरेला से जुड़े लाटी आर्ट बनाए गए हैं। बीते दिनों ईगास पर बनाई लाटी आर्ट भी खूब वायरल हुई थी। इंस्ट्राग्राम पर 15 हजार से ज्यादा लोग लाटी को फॉलो करते हैं।

युवा मुख्यमंत्री धामी ने युवाओं के लिए लागू की नई खेल नीति

उत्तराखंड में खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने के लिए धामी सरकार ने बड़ा निर्णय लिया है। बीते मंगलवार को उत्तराखंड कैबिनेट उत्तराखंड खेल नीति 2021 के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। नई खेल नीति में खेल एवं खिलाड़ियों की प्रतिभाओं को तलाशने के साथ ही खेलों के प्रति रुचि बढ़ाने के लिए व्यवस्था की गई है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इससे पूर्व मुख्यसेवक के रूप में ज़िम्मेदारी लेते ही खेल और खिलाड़ियों की सुविधाओं को प्राथमिकता से अपने एजेंडे में शामिल किया था।
मुख्यमंत्री ने कई बार सार्वजनिक सभाओं में कहा था कि खिलाड़ियों को जब तक सुविधाएँ नहीं मिलेंगी तब तक कैसे वे बेहतर प्रदर्शन करेंगे? इन्हीं सब बातों को ध्यान में रखते हुए नई खेल नीति को लागू करने की क़वायद शुरू की गई और महज चार महीने में नई खेल नीति तैयार कर लागू भी कर दी गई।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नई खेल नीति को लेकर कहा है कि ’नई खेल नीति आगामी ओलंम्पिक में उत्तराखंड के खिलाड़ियों का गोल्ड मेडल का सफर तय करेगी।’ मुख्यमंत्री ने बताया कि नई खेल नीति में खिलाड़ियों की फ़िट्नेस, जनरल डाइट के साथ-साथ एक्स्ट्रा न्यूट्रिएंट्स, फूड डाइट की व्यवस्था भी रखी गई है। इतना ही नहीं प्रदेश के खिलाड़ियों के लिए रोजगार के अवसर और इससे सम्बंधित सुविधाएं देने का प्रावधान इस नई नीति में किया गया है। मुख्यमंत्री के घोषणा अनुसार, प्रदेश सरकार द्वारा युवाओं में नेशनल-इंटरनेशनल लेवल की स्किल डेवलपमेंट करने हेतु आर्थिक प्रोत्साहन देने की भी व्यवस्था की गई है।
वहीं, खेल मंत्री अरविन्द पाण्डेय का कहना है कि उत्तराखंड खेल नीति 2021 प्रदेश में खेल संस्कृति के विकास व उन्नयन हेतु उत्कृष्ट एवं प्रभावी है। वर्तमान में इलेक्ट्रॉनिक कल्चर से प्रभावित बच्चों और युवाओं को पुनः खेलों के प्रति प्रेरित कर प्ले फील्ड कल्चर की ओर अग्रसर किया जा सकेगा।
गौरतलब है कि युवा मुख्यमंत्री धामी उत्तराखंड के युवाओं को हर क्षेत्र में आगे बढ़ाने के लिए हरसंभव प्रयास में जुटे हैं। इससे पूर्व खेल अवस्थापन सुविधाओं को विकसित करने के लिए प्रदेश में स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी, हर ज़िला मुख्यालय पर “खेलो इंडिया” स्तर की सुविधा और हर ग्राम पंचायत में ओपन जिम विकसित करने की ओर प्रयास कर रहे हैं। इसके अलावा अलिम्पियन वंदना कटारिया, पेरालम्पियन मनोज सरकार समेत कई खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ा रहे हैं।

सीएम ने मुख्यमंत्री वात्सल्य योजना के तहत छात्राओं को चेक बांटे

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को मुख्यमंत्री वात्सल्य योजना के तहत मुख्यमंत्री आवास में महिला प्रौद्योगिकी संस्थान देहरादून की तीन छात्राओं को चेक प्रदान किये। मुख्यमंत्री द्वारा कम्प्यूटर साइंस एवं इंजीनियरिंग की तृतीय वर्ष की छात्रा कु. गरिमा शर्मा को 1 लाख 70 हजार 950 रुपये का चेक प्रदान किया गया। इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग की चतुर्थ वर्ष की छात्रा कु. अलविना खानम को 56 हजार 100 रुपये का चेक प्रदान किया गया। इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग की चतुर्थ वर्ष की छात्रा कु. शिप्रा नेगी को 27 हजार 500 रुपये का चेक प्रदान किया गया। मुख्यमंत्री वात्सल्य योजना के तहत इन छात्राओं का 1 मार्च 2020 से 31 मार्च 2022 की अवधि का लिया गया शुल्क महिला प्रौद्योगिकी संस्थान देहरादून द्वारा वापस किया गया है। भविष्य में भी संस्थान द्वारा इन छात्राओं से कोई शुल्क नहीं लिया जायेगा।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा 2 अगस्त 2021 को कोविड-19 में अपने अभिभावकों को खोने वाले बच्चों के लिए मुख्यमंत्री वात्सल्य योजना शुरू की गई। मुख्यमंत्री ने कहा कि कोरोना काल में जिन बच्चों ने अपने अभिभावकों को खोया, इस कमी को कभी पूरा नहीं किया जा सकता, लेकिन सरकार का प्रयास है कि इन बच्चों की जो भी मदद हो सकती है, वह राज्य सरकार करेगी।
इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी, निदेशक महिला प्रौद्योगिकी संस्थान देहरादून प्रो. आर.पी.एस. गंगवार, एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. अंकुर दुम्का भी मौजूद रहे।

जीवन पथ की अनजान डगर में बहुत जरूरी है आयुष्मान कार्ड

अचानक आए बुखार से यदि हालत खराब हो जाए और बुखार का प्रभाव दिमाग तक पहुंच जाए तो इस तरह के मरीज के परिजनों की चिंता स्वाभाविक है। लेकिन घबराहट के इन हालातों में राज्य स्वास्थ्य प्राधिकरण द्वारा संचालित आयुष्मान योजना का उन्हें जो सहारा मिला उसे वह कभी नहीं भुला पाएंगे। और आयुष्मान कार्ड के महत्व को समझते हुए लाभार्थी राज्य सरकार का आभार तो जता ही रहे हैं साथ ही लोगों से कार्ड बनाने की अपील कर रहे हैं।

महंत इंद्रेश अस्पताल में अपने बेटे का उपचार करा रही है हरिद्वार लालढांग निवासी माहेश्वरी देवी कहती हैं मेरे बेटे को पहले बुखार आया था। अचानक ही स्थितियां इतनी गंभीर हो गई कि बुखार उसके दिमाग में चढ़ गया और क्लॉटिंग जैसी स्थितियां बन गई। बात जब दिमाग में क्लॉटिंग की हो तो इस उपचार के खर्च का अंदाजा हर कोई सकता है। वह बताती हैं कि उपचार का खर्चा एक ढेड लाख से कम नहीं है। लेकिन हमने आयुष्मान कार्ड बनाया है। और उसी से ही उपचार ही सारा उपचार हो रहा है। इलाज पर हमारा एक भी पैसा खर्च नहीं हो रहा है।

वह कहती है कि हम सरकार की योजना से जुड़े हैं तो हमें स्टाफ का रिस्पांस भी अपेक्षाकृत बेहतर मिल रहा है। वह कहती हैं कि सब लोगों को अपना आयुष्मान कार्ड बनाना चाहिए। ताकि वक्त मौके पर उसका लाभ लिया जा सके। अस्तपाल में तैनात आयुष्मान मित्र की ओर से मिली मदद पर भी वह कृतज्ञता जताती हैं।

माहेश्वरी देवी जैसे लोगों की प्रदेश बड़ी तादाद है जिनके परिजनों का आयुष्मान योजना के तहत मुुफ्त उपचार हुआ। और वह भी हर किसी से कार्ड बनाने की अपील करते हुए राज्य व केंद्र सरकार का आभार जताते हुए थकते नहीं हैं। लाभार्थियों के फीडबैक से साफ होता है कि आयुष्मान कार्ड यथा समय बना लेना चाहिए, क्योंकि जीवन पथ एक अनजान डगर है, यहां कभी भी कुछ भी संभव है। ऐसे में आयुष्मान का सुरक्षा कवज लेना बहुत जरूरी हो जाता है।