जनता दर्शन हाल में सीएम ने प्रदेश की भावी योजनाओं पर डाला प्रकाश

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय स्थित जनता दर्शन हॉल में आयोजित एक कार्यक्रम में कहा कि उत्तराखण्ड को 2027 तक पर्यटन के क्षेत्र में अग्रणी राज्य बनाया जाएगा। पर्यटन एवं ऊर्जा की दिशा में राज्य सरकार द्वारा विशेष प्रयास किये जाएंगे। उन्होंने कहा कि प्रदेश में सड़क एवं रेल परियोजनाओं के कार्यों में और तेजी लाई जाएगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार व्यक्त करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि उनके मार्गदर्शन से राज्य में विभिन्न निर्माण कार्य तेजी से हो रहे हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जल्द ही प्रदेश के 06 हजार गांव इंटरनेट कनेक्टिविटी से जोड़े जाएंगे। दिल्ली में केंद्रीय रेलवे एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री से इस संबंध में वार्ता हुई। ऋषिकेश कर्णप्रयाग रेल लाइन के कार्यों एवं टनकपुर बागेश्वर ब्रॉडगेज रेलवे लाइन के सर्वे में तेजी लाने के लिए भी चर्चा हुई। उन्होंने कहा कोविड के दृष्टिगत राज्य में कांवड़ यात्रा को स्थगित किया गया है। प्रदेश की जनता का हित सरकार की पहली प्राथमिकता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि टीकाकरण के लिए जो लोग क्राइटेरिया में आते हैं, उनका अगले तीन चार माह में प्रदेश में शत प्रतिशत कोविड टीकाकरण किया जाएगा।

सीएम ने महालक्ष्मी योजना के तहत लाभार्थी माताओं और नवजात शिशुओं को बांटी किटें


मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री महालक्ष्मी योजना का शुभारंभ किया। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास मंत्री रेखा आर्या ने लाभार्थी महिलाओं को महालक्ष्मी किट का वितरण किया। मुख्यमंत्री ने चयनित लाभार्थी माताओं और नवजात शिशुओं को महालक्ष्मी किट वितरित किये। पूरे राज्य में समस्त जनपदों के कुल 16929 लाभार्थियों को लाभान्वित किया गया है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बेटी बचाओ, बेटी पढाओ का अभियान शुरू किया। प्रधानमंत्री की दूरदर्शिता का परिणाम है कि इस अभियान से व्यापक जनजागरूकता आई है। इससे लिंगानुपात मे सुधार भी देखने को मिला है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हम अपने आस पास देखें तो पाएंगे कि बेटों की बजाय बेटियां माता पिता का अधिक ख्याल रखती हैं। आज जीवन का कोई क्षेत्र ऐसा नहीं है जहाँ बेटियों ने सफलता न पाई हो।

मुख्यमंत्री ने कहा कि नंदा गौरा देवी कन्याधन योजना बेटियों को प्रोत्साहित करने की महत्वपूर्ण योजना है। मुख्यमंत्री वात्सल्य योजना भी शुरू की गयी है।

कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या ने कहा कि हमें बेटियों को आगे बढाने के लिए दोहरी मानसिकता को खत्म करना है। प्रकृति और संविधान ने समानता का संदेश दिया है। इसलिए बेटियों को प्रोत्साहित करना जरूरी है। महिला-पुरूष का समाज में समान महत्व है। भेदभाव की सोच को समाप्त करना है।

प्रसवोपरांत मातृ व कन्या शिशु के पोषण और अतिरिक्त देखभाल सुनिश्चित करने के उद्देश्य से संचालित मुख्यमंत्री महालक्ष्मी योजना के तहत प्रथम दो बालिकाओं-जुड़वा बालिकाओं के जन्म पर माता और नवजात कन्या शिशु को मुख्यमंत्री महालक्ष्मी किट उपलब्ध कराई जा रही है।

इस अवसर पर सचिव हरि चंद्र सेमवाल व अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री महालक्ष्मी योजना मे आवेदन हेतु आवश्यक अभिलेख-शर्तेः
1. आंगनवाडी केंद्र पर पंजीकरण
2.सरकारी अथवा प्राइवेट माता-शिशु रक्षा कार्ड की प्रति ( एमसीपी कार्ड)
3. संस्थागत प्रसव प्रमाण पत्र (यदि किसी आकस्मिक कारणवश रास्ते में या घर में प्रसव है हुआ है तो तद्विषयक आंगनवाडी कार्यकर्त्रीध् मिनी कार्यकर्त्रीध्आशा वर्कर ध् चिकित्सक द्वारा जारी प्रमाण पत्र )
4. परिवार रजिस्टर की प्रति
5. प्रथम द्वितीय या जुड़वाँ कन्या के जन्म हेतु स्वप्रमाणित घोषणा
6. नियमित सरकारी या अर्धसरकारी सेवक तथा आयकरदाता न होने विषयक प्रमाण पत्र।

कुत्तों के आतंक से इंदिरानगरवासी परेशान, पार्षद ने नगरआयुक्त को लिखा पत्र


नगर निगम ऋषिकेश के वार्ड इंदिरा नगर व नेहरू ग्राम में इन दिनों मुख्य मार्ग पर कुत्तों का आतंक पसरा पड़ा है। मीट बाजार के आसपास तो यह आतंक और भी भयावह तब हो जाता है, जब यहां कोई पैदल राहगीर व दुपहिया वाहन से गुजरता है। लोग अब इस मार्ग से जाने को डर खाए बैैठे हैं।

पार्षद राजेंद्र बिष्ट ने नगर आयुक्त नरेंद्र सिंह क्वींरियाल को ज्ञापन सौंपा। अवगत कराया कि आवारा कुत्तों के आतंक से राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कुत्ते यहां राहगीरों के पीछे दौड़ते हैं और उन्हें काटते भी हैं। साथ ही कुत्तों के द्वारा पीछा करने से और काटने से कई राहगीर चोटिल भी हो चुके हैं।

वहंी, नगर आयुक्त ने मामले का संज्ञान लेते हुए इस पर जल्द से जल्द कार्यवाही कर राहगीरों को आवारा कुत्तों से बचाने का आश्वासन दिया।

पार्षद की गिरफ्तारी न होने पर हिंदू जागरण मंच ने पुलिस का फूंका पुतला

तीर्थनगरी में घर में घुसकर मारपीट, जान से मारने की कोशिश व भ्रूण हत्या के जैसे मामले में पार्षद शौकत अली व उसके साथियों की गिरफ्तारी न होने पर हिंदू जागरण मंच ने पुलिस के खिलाफ आंदोलन शुरू कर दिया है। पहले चरण के आंदोलन में हिजामं ने पुलिस के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन कर नारे लगाए। वहीं, पुलिस का पुतला बनाकर आग के हवाले भी किया।

हिजामं के प्रदेश उपाध्यक्ष सत्यवीर तोमर के नेतृत्व में लोग दून तिराहे पर एकत्रित हुए। यहां हाथों में पुलिस का पुतला लेकर प्रदर्शन किया गया। ऋषिकेश पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की गई। इसी बीच पुतले पर आग लगाई गई। सत्यवीर तोमर ने कहा कि पुलिस मामले में ढील दे रही है, आरोपियों की अभी तक गिरफ्तारी नहीं हो पाई। जब भी पुलिस से वार्ता की गई, तो प्रयास की बात कहकर टाल दिया गया। कहा कि वहीं आरोपी चैकन्ने हो गए है।

नैनीताल हिजामं की टीम सक्रिय
हिंदू जागरण मंच के प्रदेश उपाध्यक्ष सत्यवीर तोमर ने बताया कि आरोपी गिरफ्तारी से बचने को नैनीताल का रूख कर रहे हैं। इसी को देखते हुए हिंदू जागरण मंच ने अपनी नैनीताल की टीम को सक्रिय कर दिया है। तोमर के अनुसार नैनीताल टीम को पार्षद व आरोपियों के फोटो उपलब्ध करवा दिए गए है। उनका दावा है कि नैनीताल पहुंचते ही आरोपियों को पकड़ लिया जाएगा।

हक हकूकधारियों ने पूर्व सीएम त्रिवेंद्र सिंह के खिलाफ की बैठक, बयान को बताया बौखलाहट

चार धाम तीर्थ पुरोहित हक हकूकधारी महा पंचायत समिति ने आज पूर्व मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत के बयान का विरोध किया। महामंत्री हरीश डिमरी ने बताया कि हक हकूकधारी किसी पार्टी विशेष के सदस्य नहीं हैं। ऐसे में पूर्व सीएम त्रिवेंद्र सिंह का यह बयान कि जो लोग देवस्थानम बोर्ड का विरोध कर रहे हैं कांग्रेसी हैं, सरासर गलत है। कहा कि पूर्व सीएम त्रिवेंद्र जब से कुर्सी से हाथ धो बैठे हैं गलत और बेवजह की बयानबाजी कर रहे हैं। यह उनकी बौखलाहट है।

समिति के अध्यक्ष कृष्णकांत कोठियाल और महामंत्री हरीश डिमरी ने कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज के बयान का भी विरोध किया है। बताया कि सतपाल महाराज द्वारा यह कहना कि देवस्थानम बोर्ड में सभी तीर्थ पुरोहितों के हक सुरक्षित हैं, यदि ऐसा होता तो तीर्थ पुरोहित सड़कों पर आंदोलन नहीं करते। उन्होंने यह भी कहा कि मुख्यमंत्री बार-बार आश्वासन दे रहे है कि बोर्ड का पुनर्विचार किया जाएगा। मगर बोर्ड को बनाने के लिए हरी झंडी दे दी गई। इससे हक हकूक धारियों में आक्रोश है।

ऋषिकेश एम्स में नया आक्सीजन प्लांट हो रहा स्थापित, मिलेगा लाभ

एम्स ऋषिकेश में हवा से ऑक्सीजन उत्पादन करने वाला ’पीएसए ऑक्सीजन प्लांट’ स्थापित किया जा रहा है। कोरोना की तीसरी लहर की आशंका के मद्देनजर यह प्लांट कोविड मरीजों के उपचार में विशेष लाभकारी साबित होगा। काफी हद तक संभावना है कि एक माह के भीतर प्लांट से ऑक्सीजन का उत्पादन होने लगेगा।

एम्स निदेशक प्रो. रविकांत की देखरेख में गंभीर किस्म के रोगियों के इलाज हेतु सुविधाओं में इजाफा करते हुए एम्स ऋषिकेश अब स्वयं ही मेडिकल ऑक्सीजन का उत्पादन करेगा। इस सुविधा को शुरू करने के लिए डीआरडीओ की मदद से संस्थान में ऑक्सीजन प्लांट स्थापित किया जा रहा है। पीएसए ( प्रेशर स्विंग एडसॉर्प्शन ) तकनीक आधारित इस प्लांट से चैबीस घंटे प्रति मिनट 1000 लीटर ऑक्सीजन गैस का उत्पादन होगा।

ऑक्सीजन प्लांट प्रोजेक्ट के नोडल ऑफिसर डॉक्टर अजय कुमार ने बताया कि कोरोना संक्रमण की संभावित तीसरी लहर की चुनौतियों से निपटने में यह प्लांट विशेष लाभकारी साबित होगा। अभी तक एम्स में भर्ती मरीजों के उपचार के लिए बाह्य क्षेत्र से लिक्विड ऑक्सीजन मंगाकर उसे स्टोर करने की व्यवस्था है और फिर उसे गैस में परिवर्तित कर पाइपलाइन के माध्यम से अस्पताल के विभिन्न वार्डों तक पहुंचाया जाता है। बताया कि पीएम केअर फंड से तैयार हो रहे इस प्लांट से एक महीने के भीतर ऑक्सीजन का उत्पादन शुरू हो जाएगा।

गौरतलब है कि एम्स ऋषिकेश में मौजूदा समय में 30 हजार लीटर क्षमता का लिक्विड ऑक्सीजन स्टोरेज प्लांट स्थापित है। अस्पताल में भर्ती मरीजों को यहीं से ऑक्सीजन की सप्लाई की जाती है। नए ऑक्सीजन प्लांट के स्थापित होने से 15 लीटर प्रति मिनट ऑक्सीजन सप्लाई पर एक ही समय में 64 वेन्टिलेटर अतिरिक्त तौर से संचालित किए जा सकेंगे और ऑक्सीजन सप्लाई की क्षमता पहले की अपेक्षा अब डेढ़ गुना तक बढ़ जाएगी।

सीएम से मिले किसान मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजकुमार चाहर, कई विषयों पर हुई चर्चा

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से किसान मौर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजकुमार चाहर ने भेंट की। उन्होंने किसान हित से जुड़े विभिन्न विषयों पर मुख्यमंत्री से चर्चा की।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि राज्य सरकार किसानों के कल्याण एवं उनकी समस्याओं के समाधान के लिये प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि राज्य एवं केन्द्र सरकार द्वारा किसानों के हित में संचालित योजनाओं का लाभ सभी किसानों को समय पर मिले तथा उनकी कठिनाईयों का तत्परता से निराकरण हो इसके लिये भी प्रभावी प्रयास किये जा रहे हैं।

इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री स्वामी यतीश्वरानन्द, उपाध्यक्ष मुकेश मान, महामंत्री शंभु कुमार, प्रदेश अध्यक्ष किसान मौर्चा अनिल चैहान, देवी सिंह राणा, महेन्द्र सिंह नेगी आदि उपस्थित थे।

सीएम की अध्यक्षता में हुई उत्तराखण्ड चार धाम देवस्थानम् प्रबन्धन बोर्ड की बैठक, लिए अहम निर्णय


मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में उत्तराखण्ड चारधाम देवस्थानम प्रबन्धन बोर्ड की तीसरी बैठक आयोजित हुई। बैठक में बोर्ड के वर्ष 2021-22 के बजट को अनुमोदित किया गया। इसके साथ ही जोशीमठ में श्री बद्रीनाथ वेद वेदांग स्नात्तकोतर संस्कृत महाविद्यालय जोशीमठ की अध्यासन वाली भूमि पर वेद अध्ययन केन्द्र स्थापित किये जाने का भी निर्णय लिया गया। बैठक में बोर्ड द्वारा धार्मिक मान्यताओं को देखते हुए श्री बद्रीनाथ, श्री केदारनाथ, गंगोत्री एवं यमुनोत्री मन्दिरों के गर्भगृह से सजीव प्रसारण न किये जाने का भी सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया।

बैठक में श्री केदारनाथ धाम में पूजाध्यात्रा व्यवस्था के सफल संचालन हेतु मास्टर प्लान के अनुसार आधारभूत संरचनाओं का निर्माण कार्य सम्पादित करने हेतु कन्सलटेंट चयनित किये जाने पर भी सहमति दी गई।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सभी सदस्यों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि चारधाम स्थित मन्दिरों में पुरानी परम्परायें चलती रहेगी। राज्य सरकार का कार्य मन्दिर की आन्तरिक व्यवस्थाओं पर अधिकार करना नही बल्कि सहयोग करना है। हमारा उद्देश्य मन्दिर परिसरों की सुविधाओं के विकास में सहयोगी बनना है। उन्होंने सभी सदस्यों से इस सम्बन्ध में सभी को अवगत कराने की भी अपेक्षा की है। उन्होंने कहा कि इस सम्बन्ध में सभी सम्बन्धित लोगों से वार्ता भी की जायेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि यात्रा संचालित न होने की दशा में आवश्यकता पड़ने पर बोर्ड को अतिरिक्त वित्तीय सहायता दिये जाने पर भी विचार किया जायेगा, इसके लिये मुख्यमंत्री ने संशोधित प्रस्ताव प्रेषित करने को कहा।

बैठक में आयुक्त गढ़वाल एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी उत्तराखण्ड चारधाम देवस्थानम बोर्ड रविनाथ रमन ने बोर्ड के कार्यकलापों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि वर्ष 2021-22 में श्री बद्रीनाथ देवस्थानम हेतु 24.46 करोड़, श्री केदारनाथ देवस्थानम के लिये 29.92 करोड़ तथा गंगोत्री एवं यमुनोत्री के लिये 50-50 लाख का बजट प्रस्तावित है जिसे बोर्ड द्वारा स्वीकृति प्रदान की गई है।
बैठक में पर्यटन मंत्री तथा उपाध्यक्ष चारधाम देवस्थानम बोर्ड सतपाल महाराज, मुख्य सचिव डॉ. एस.एस. सन्धु, सचिव दिलीप जावलकर, अपर सचिव वित वी षणमुगम, बोर्ड के सदस्यों में महाराजा मनुजेन्द्र शाह, निवास पोस्ती, आशुतोष डिमरी, गोविन्द सिंह पंवार, कृपाराम सेमवाल, जयप्रकाश उनियाल तथा महेन्द्र शर्मा उपस्थित थे।

इस अवसर पर अपर मुख्य कार्यकारी अधिकारी देवस्थानम प्रबन्धन बोर्ड वीडी सिंह, वित नियन्त्रक जगत सिंह बिष्ट, डॉ. हरीश गौड, अनिल ध्यानी, प्रमोद नौटियाल, कुलदीप नेगी आदि उपस्थित थे।

एसडीआरएफ बटालियन में सीएम ने किया पौधारोपण


मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हरेला पर्व के अवसर पर एस.डी.आर.एफ बटालियन, जौलीग्रांट में पौधारोपण किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि हरेला उत्तराखंड का महत्वपूर्ण लोक पर्व है। हमें व्यापक स्तर पर वृक्षारोपण के साथ ही उनके संरक्षण पर भी विशेष ध्यान देना होगा। विज्ञान तेजी से तरक्की कर रहा है। इससे मानव जीवन में सुख सुविधाएं तो बढ़ी हैं, लेकिन पर्यावरण संतुलन के लिए अधिक से अधिक पौधारोपण जरुरी है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि कोविड को वजह से वैश्विक स्तर पर पर्यावरण संरक्षण के प्रति चिंता बढ़ी है। पर्यावरण संरक्षण के प्रति लोगों में जागरूकता बढ़ी है। उन्होंने कहा कि कोविड के दौरान उत्तराखंड पुलिस द्वारा सराहनीय कार्य किया किया गया। मिशन हौंसला के तहत पुलिस द्वारा अनेक जरूरतमंदों की सेवा की गई।

स्वास्थ्य एवं आपदा प्रबंधन मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने कहा कि हरेला पर्व उत्तराखंड कि संस्कृति से जुड़ा पर्व है। हरेला पर्व के अवसर पर प्रदेश में वृहद स्तर पर पौधारोपण किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि एस.डी.आर.एफ द्वारा उत्तराखंड में सराहनीय कार्य किया जा रहा है।

पुलिस महानिदेशक अशोक कुमार ने कहा कि इस वर्ष पुलिस द्वारा प्रदेश में एक लाख पौधारोपण का लक्ष्य रखा गया था। 5 जून से अभी तक पुलिस द्वारा 90 हजार से अधिक पौधारोपण किए जा चुके हैं।

इस अवसर पर अपर पुलिस महानिदेशक पी.वी. के. प्रसाद, अपर प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री अभिनव कुमार आदि उपस्थित थे।

हरेला पर्व पर सीएम ने एमडीडीए सिटी पार्क में किया पौधारोपण

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सहस्त्रधारा हेलीपैड के निकट एम.डी.डी.ए सिटी पार्क में पौधारोपण किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड का लोकपर्व हरेला सम्पन्नता, हरियाली एवं पर्यावरण संरक्षण का पर्व है। यह पर्व हमारी सांस्कृतिक धरोहर एवं परंपरा का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि पर्यावरण संरक्षण हम सबकी सामूहिक जिम्मेदारी है। वृक्षारोपण का कार्यक्रम केवल सरकारी कार्यक्रम तक ही सीमित न रहे। इसे जन -जन का कार्यक्रम बनाने के लिए लोगों को जागरूक किया जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि पौधारोपण के साथ ही उनका संरक्षण हो इस ओर विशेष ध्यान देने की जरूरत है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जनता से आग्रह किया कि मुख्यमंत्री से भेंट के लिए लोग बुके न दें। बुके की जगह पर पौधा भेंट करें। प्रदेश में व्यापक स्तर पर वृक्षारोपण हो हरेला पर्व पर हमें यह संकल्प लेना है। उन्होंने कहा कि हमारे पूर्वजों द्वारा प्रकृति के संरक्षण और संवर्धन के लिए अनेक सराहनीय प्रयास किए गए। हमारी भावी पीढ़ी को हरा भरा उत्तराखंड मिले, इस दिशा में हमें लगातार प्रयास करने होंगे। जल स्रोतों के सूखने पर मुख्यमंत्री ने चिन्ता जताते हुए कहा कि जल स्रोतों के पुनर्जीवन की दिशा में प्रयास करने होंगे।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि उत्तराखंड संस्कृति और प्रकृति का केंद्र भी है। उत्तराखंड की धरती से पर्यावरण संरक्षण का संदेश विश्वभर में जाए। पौधारोपण एवं अनेक सामाजिक कार्यों से हम सबको अपना योगदान देना होगा । उत्तराखंड राज्य बनने के बाद यहां के धार्मिक परंपराएं, रीति रिवाज का व्यापक प्रसार हुआ है।

वन एवं पर्यावरण मंत्री डॉ. हरक सिंह रावत ने कहा कि सरकार द्वारा विकास के साथ पर्यावरण संतुलन के लिए प्रयास किए जा रहे हैं। उत्तराखंड का संतुलित विकास हो यह हम सबकी जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि कुछ कार्य आत्म संतुष्टि के लिए भी होने चाहिए। प्रकृति के साथ छेड़छाड़ का परिणाम आज सबके सामने है। प्रकृति अनेक रूपों में बदला जरूर लेती है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की धरती लोगों की आस्था का केंद्र है।

इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव आनन्द वर्धन, प्रमुख वन संरक्षक राजीव भरतरी, अपर प्रमुख वन संरक्षक ज्योत्सना सिथलिंग, डी.जी.के शर्मा, जिलाधिकारी देहरादून डॉ. आशीष श्रीवास्तव, उपाध्यक्ष एमडीडीए रणवीर सिंह चैहान आदि उपस्थित थे।