50 करोड़ रूपए से विभिन्न योजनाओं का मियांवाला में सीएम ने किया लोकार्पण व शिलान्यास

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने मिंयावाला में आयोजित कार्यक्रम में लगभग 50 करोड़ रूपये की विभिन्न विकास योजनाओं को लोकार्पण एवं शिलान्यास किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि 18 मार्च को राज्य सरकार के चार वर्ष पूर्ण हो जायेंगे। प्रदेश की जनता से जो वायदे किये गये, राज्य सरकार उन वायदों को पूरा कर रही है। जनता की अपेक्षाओं और आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए राज्य सरकार कृतसंकल्प है। 2017 में जो विजन डोक्यूमेंट बनाया था, उसमें से 85 प्रतिशत से अधिक कार्य कर चुके हैं। जो घोषणाएं की गई हैं, उनकी नियमित समीक्षा भी की जा रही है। अधिकांश घोषणाएं पूर्ण हो चुकी हैं। सड़कों के विकास में विशेष ध्यान दिया गया है। प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना के तहत पिछले 17 साल में जितनी सड़के बनी लगभग उतनी सड़के पिछले 03 साल और दस माह में राज्य में बनाई गई। इस अवधि में 11 हजार किमी सड़कें बनाई गई है। ग्रामीण क्षेत्रों में मात्र एक रूपये में पानी का कनेक्शन दिया जा रहा है। अभी तक ग्रामीण क्षेत्रों में 06 लाख पानी के कनेक्शन दिये जा चुके हैं। इसके लिए पहले 2360 रूपये में उपभोक्ता को पानी का कनेक्शन लेना पड़ता था। 2022 तक सबको पानी का कनेक्शन देने का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने कहा कि शहरी क्षेत्रों में भी गरीबों को भी मात्र 100 रूपये में पानी का कनेक्शन दिया जायेगा। उन्होंने शहरी क्षेत्रों में भी जल जीवन मिशन शुरू करने के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का भी आभार व्यक्त किया।

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र ने कहा कि महिला सशक्तीकरण की दिशा में राज्य सरकार द्वारा अनेक प्रयास किये जा रहे हैं। पति की पैतृक सम्पति में उनको अधिकार दिलाने का कार्य किया है। उत्तराखण्ड यह निर्णय लेने वाला देश का पहला राज्य है। यह सुधार आने वाले समय में समाज की दिशा और दशा को बदलेगा। महिलाओं को अब बैंक लोन लेने में परेशानी नहीं होगी। मुख्यमंत्री श्री त्रिवेन्द्र ने कहा कि वर्ष 2008 में जब में प्रदेश का कृषि मंत्री था तब जनपद चमोली में मेरी मुलाकात विश्वेश्वरी देवी से हुई। उन्होंने मेरे समक्ष यह बात रखी थी कि पति की संपति में महिलाओं को बराबरी का अधिकार होना चाहिए। तब से मेरे जहन में यह बात थी। जनधन खातों के माध्यम से लोगों को योजनाओं का सीधा लाभ दिया जा रहा है। राज्य में जल्द घसियारी कल्याण योजना लाई जा रही है। राज्य में हर वर्ष सैकड़ों महिलाओं की जंगल में घास लाने के दौरान अनेक कारणों से मौत हो जाती है। राज्य में इस तरह की कोई घटना न हो, इस योजना के लिए इस बार बजट में प्राविधान कर रहे हैं।

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र ने कहा कि संस्थागत सुधार की दिशा में भी राज्य सरकार प्रयासरत है। ई-कैबिनेट के लिए राज्य सरकार को अवार्ड मिला। ई-कैबिनेट से पर्यावरण संरक्षण एवं पेपरलेस कार्यप्रणाली की शुरूआत की गई है। आज राज्य में 150 ऑफिस ई-ऑफिस हो चुके हैं। ग्रीष्म कालीन राजधानी गैरसैंण को भी ई-विधानसभा बनाया जा रहा है। अटल उत्तराखण्ड आयुष्मान योजना के माध्यम से प्रत्येक परिवार को राज्य में 05 लाख रूपये तक का स्वास्थ्य सुरक्षा कवच दिया गया है। इस योजना से अनेक लोग लाभान्वित हुए हैं। राज्य में शहीद सैनिकों एवं अर्द्धसैन्य बलों के शहीदों के आश्रितों को उनकी शैक्षिक योग्यता के अनुसार राज्याधीन सेवाओं में सेवायोजित किया जा रहा है। देहरादून में पंचम धाम सैन्यधाम बनाया जा रहा है। राज्य में 90 प्रतिशत डिग्री कॉलेज के अपने भवन बन चुके हैं। जल्द ही शेष महाविद्यालयों के भवन भी बनाये जायेंगे। भवन के साथ ही महाविद्यालयों को कम्प्यूटर एवं वाई-फाई की सुविधा भी दी जा रही है। राज्य में 500 विद्यालयों में वर्चुअल क्लास चल रही है। 600 और विद्यालयों में जल्द ही वर्चुअल क्लास की सुविधा उपलब्ध कराई जायेगी। इस वर्ष मार्च-अप्रैल तक सौंग बांध के शिलान्याश के प्रयास किये जा रहे हैं। शिलान्यास के बाद 15 माह में यह बांध बनकर तैयार हो जायेगा। रिस्पना के पुनर्जीवन के लिए प्रयास किये जा रहे है। हरेला पर्व पर 16 जुलाई को प्रदेश में व्यापक स्तर पर वृक्षारोपण किया जायेगा। 16 जुलाई को एक-एक वृक्षारोपण का सबको संकल्प लेना होगा।

इस अवसर पर विधायक उमेश शर्मा काऊ, मेयर सुनील उनियाल गामा, राज्य मंत्री राजकुमार पुरोहित, राजपाल सिंह रावत, भाजपा के महानगर अध्यक्ष सीताराम भट्ट आदि उपस्थित थे

उत्तराखंड हथकरघा एवं हस्तशिल्प विकास परिषद का हुआ उद्धाटन

नई दिल्ली स्थित उत्त्तराखण्ड सदन में नवस्थापित “हिमाद्रि एम्पोरियम” का उद्घाटन मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत द्वारा किया गया। मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने कहा कि एम्पोरियम का उद्देश्य उत्तराखंड के हथकरघा एवं हस्तशिल्प उत्पादों का विकास, विपणन एवं विक्रय है। इस एम्पोरियम की स्थापना से सदन में आने वाले अतिथि एवं आगंतुक उत्त्तराखण्ड के विभिन्न उत्पादों से परिचित हो सकेंगे। आत्मनिर्भर भारत के लिए शिल्पकारों और बुनकरों को प्रोत्साहित करना जरूरी है। हमारी पूरी कोशिश है कि उत्तराखंड के हथकरघा एवं हस्तशिल्प उत्पादों को अच्छी कीमत और मार्केट मिल सके। ऑनलाइन मार्केटिंग पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है।

उद्योग विभाग के अंतर्गत उत्तराखंड हथकरघा एवं हस्तशिल्प विकास परिषद राज्य के शिल्प उत्पादों के विकास, संरक्षण एवं संवर्धन के क्षेत्र में कार्य करती है। परिषद द्वारा राज्य के बुनकरों व शिल्पियों के कौशल एवं उनके उत्पादों के डिजाइन, गुणवत्ता एवं बाजार की मांग के अनुरूप विकास हेतु विभिन्न प्रशिक्षण कार्यक्रमों, प्रदर्शनियों, मेलों, कार्यशालाओं आदि के आयोजन व प्रतिभाग द्वारा प्रयास किए जाते रहे हैं।

परिषद द्वारा राज्य के उत्कृष्ट शिल्प उत्पादों का हिमाद्रि ब्रांड के अंतर्गत इस हेतु स्थापित विभिन्न एंपोरियमों के माध्यम से विपणन किया जा रहा है। इसी क्रम में नई दिल्ली स्थित उत्तराखंड सदन में राष्ट्रीय स्तर पर उत्तराखंड के शिल्प उत्पादों के प्रदर्शन एवं विपणन हेतु हिमाद्रि एंपोरियम स्थापित किया गया है। उल्लेखनीय है कि इसके साथ-साथ उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में पटेल नगर स्थित जिला उद्योग केंद्र परिसर में भी इसी वर्ष नए हिमाद्री एंपोरियम का शुभारंभ किया जाएगा। जनपद देहरादून स्थित दून हाट, जनपद पिथौरागढ़ के बिण, जनपद चमोली के भीमतल्ला एवं जनपद उधम सिंह नगर के काशीपुर स्थित रूरल हाटों के माध्यम से भी राज्य के हथकरघा एवं हस्तशिल्प एवं लघु उद्यम उत्पादों के विपणन एवं प्रदर्शन हेतु स्थापित किये जा रहे है जिससे कि विभिन्न प्रांतों से उत्तराखंड आने वाले पर्यटकों एवं आगंतुकों को राज्य के उत्पादों से परिचित होने का अवसर प्राप्त हो सके। कोविड-19 में उत्पन्न परिस्थितियों के दृष्टिगत परिषद द्वारा अमेजन के माध्यम से राज्य के बुनकरों तथा शिल्पियों के उत्पादों का ऑनलाइन विपणन का कार्य भी काफी समय से सफलतापूर्वक किया जा रहा है।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री के सलाहकार डॉ राकेश कुमार, डॉ पराग मधुकर धकाते, विशेष सचिव मुख्यमंत्री, डॉ0 मेहरबान सिंह बिष्ट, अपर सचिव मुख्यमंत्री, ईला गिरी, अपर स्थानिक आयुक्त, सुधीर चन्द्र नौटियाल, निदेशक उद्योग, रंजन मिश्रा वरिष्ठ व्यवस्था अधिकारी, केसी चमोली नोडल अधिकारी उद्योग आदि उपस्थित थे।

परिवहन संस्थाओं ने डीजल दामों में वृद्धि करने पर जताया रोष

डीजल के दामों में बेतहाशा वृद्धि से परिवहन व्यवसायियों, परिवहन संस्थाओं में अत्यधिक रोष है। परिवहन व्यवसाय पहले ही क्रोना काल से अत्यधिक नुकसान में चल रहा है और उस पर अब डीजल की मार से परिवहन व्यवसायियों की कमर ही टूट चुकी है, उत्तराखंड का मुख्य व्यवसाय परिवहन है।

यातायात पर्यटन विकास सहकारी संघ ऋषिकेश के उपाध्यक्ष नवीन रमोला ने कहा कि ऋषिकेश की परिवहन संस्थाओं में डीजल डीजल में अत्यधिक वृद्धि अत्यधिक रोष व्याप्त है। जिसके लिए परिवहन महासंघ में आगे की रणनीति पर विचार करने के लिए एक बैठक बुलाए जाने सुनिश्चित की गई है। मई माह से उत्तराखंड की विश्व प्रसिद्ध चार धाम यात्रा का प्रारंभ होना है जिसमें की देश विदेश से श्रद्धालु आते हैं पिछला 1 वर्ष 2020 में श्रद्धालु नहीं पहुंचे।

अब 2021 की चार धाम यात्रा पर डीजल की वृद्धि का असर पड़ना निश्चित है जिसका प्रभाव उत्तराखंड के परिवहन व्यवसायियों, के साथ-साथ उत्तराखंड के होटल व्यवसायियों छोटे कामगारों के साथ-साथ उत्तराखंड में आने वाले समस्त तीर्थ यात्रियों पर पड़ेगा हमारी उत्तराखंड सरकार से मांग है जब तक डीजल के दामों में गिरावट नहीं आ जाती है। तब तक उत्तराखंड सरकार डीजल पेट्रोल पर वेट को कम करने का कष्ट करें।

नगर निगम ने कूड़ा पृथक्करण अभियान का किया आगाज

स्वच्छता संकल्प के तहत रविवार विशेष आज नगर निगम ऋषिकेश द्वारा ( हम हैं तैयार ) थीम पर डोर टू डोर जाकर कूड़े का पृथक्करण अभियान चलाया गया। साथ ही नगर आयुक्त नरेंद्र सिंह क्वींरियाल ने तहसील कॉलोनी परिवारों को होम कंपोस्टिंग यूनिट वितरित किए। साथ ही सभी परिवारों को हरा-नीला और काले डस्टबिन के उपयोग के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई।

स्थानीय पार्षद एडवोकेट राकेश सिंह मियां ने लोगों से अपील की। वह होम कंपोस्ट यूनिट में खाद बनाने का काम करें। ताकि कम से कम कूड़ा उत्पन्न हो। हमारा वार्ड व शहर स्वच्छ, साफ रहे। इस मौके पर सफाई निरीक्षक सचिन रावत, प्रशांत कुकरेती, गंभीर राणा, नरेश, सुधीर श्रीवास्तव, अश्वनी कुमार, मनोज कुमार, मूर्तितेश कुमार आदि उपस्थित थे।

ऋषिकेश में दो व्यापारिक संगठनों का हुआ विलय, नए महासंघ का हुआ गठन

ऋषिकेश में आज नगर उद्योग व्यापार महासंघ वजूद में आया। इसमें दो व्यापारिक संगठन (नगर उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल और ऋषिकेश व्यापार महासंघ) का विलय हुआ। दोनों की संगठनों से जुड़े व्यापारियों की आज बैठक व्यापार सभा भवन में हुआ। निर्णय लिया गया कि यह नया संगठन प्रांतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल से संबद्ध रहेगा।

प्रांतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल के प्रदेश उपाध्यक्ष व राज्यमंत्री कृष्ण कुमार सिंघल की अध्यक्षता में हुई बैठक में जिलाध्यक्ष नरेश अग्रवाल व महासंघ के संयोजक राजीव मोहन अग्रवाल ने बताया कि नगर के व्यापारी व्यापार मंडलों की एका की मांग कर रहें थे। कहा कि आपस में कुछ बातो को लेकर असहमति थी। जिस वजह से नए व्यापार मंडल की कवायद हुई थी। अब सभी शंकाएं दूर हो गयी है व पूरा व्यापार मंडल पुनः एक परिवार के रूप में साथ आ गया है।

इस अवसर पर सूरज गुल्हाटी, विनोद शर्मा, हरगोपाल अग्रवाल, मनोज कालरा, सुभाष कोहली, ललित मोहन मिश्र, अजय गर्ग, नवल कपूर, मदन नागपाल, यशपाल पंवार, श्रवण जैन, दीपक, रवि जैन, राजेश भट्ट, प्रतीक कालिया आदि उपस्थित रहे।

गुमानीवाला में देव डोली सामिति की हुई बैठक, डोली आगमन को बनी सहमति

श्री देवभूमि लोक संस्कृति विरासतीय शोभायात्रा समिति द्वारा कुंभ महापर्व 2021 में देव डोलियों के दिव्य, भव्य एवं सुरक्षित स्नान व शोभायात्रा के आयोजन हेतु गुमानिवाला (अमित ग्राम) पंचायत घर में महत्वपूर्ण बैठक का अयोजन किया गया।

बैठक की अध्यक्षता करते हुए वरिष्ठ समाजसेवी तोता कृष्ण भट्ट व ग्राम प्रधान राजेश व्यास ने कहा कि इस पुण्य अयोजन को सफलता पूर्वक सम्पन्न करने में ग्राम सभा गुमानिवाला का अभूतपूर्व योगदान व सहयोग रहेगा।

24 अप्रैल को ऋषिकेश शोभायात्रा में श्यामपुर न्याय पंचायत की रुषा फार्म से भैरव-भवानी की डोली, खैरी कला से माँ दिन्याली देवी व सुरकुंडा माता की डोली, भट्टोवाला से माँ राजराजेश्वरी व जवाला देवी की डोली, श्यामपुर से चंडी माता व काली माता की की डोली नेजा निशान तथा पाशवा-पुजारी सहित शामिल होगी।

कार्यक्रम संयोजक संजय शास्त्री व ज्योती सजवाण, बंशीधर पोखरियाल व डॉ० धीरेंद्र रांगड़ सहित विभिन्न क्षेत्रों से आये प्रतिनिधियों ने अपने- अपने विचार प्रस्तुत करते हुए कार्यक्रम की रूपरेखा पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि इस पुनीत कार्यक्रम को हमने दिव्य एवं अविस्मरणीय बनाना है।

कार्यक्रम का संचालन प्रवक्ता डॉ. धीरेंद्र रांगड़ ने किया।

बैठक में गजेन्द्र सिंह कंडियाल, भगवान सिंह रांगड़, किशन नेगी, सरिता बडोनी, पुष्पा मित्तल, रीना गौड़, सुनीता खंडूरी, प्रभा थपलियाल, लक्ष्मी सेमवाल, संजय बिष्ट, रामचंद्र नौटियाल, नंदकिशोर उनियाल, शूरवीर भंडारी, सुनील थपलियाल, रमेश पैन्यूली, विशाल मणि पैन्यूली, महिपाल बिष्ट, यतेंद्र कंडियाल आदि उपस्थित थे।

आईडीपीएल खेल मैदान में मेयर अनिता ने किया फुटबॉल टूर्नामेंट का उद्धाटन

आईडीपीएल खेल मैदान में मेयर अनिता ममगाई ने फुटबॉल टूर्नामेंट का उद्घाटन किया। उन्होंने कहा कि शिक्षा के साथ-साथ खेल भी हमें जीवन में बहुत कुछ सिखाता है। आज बहुत से खिलाड़ी खेल से ही अपने करियर बनाने के साथ-साथ देश का नाम रोशन कर रहे हैं। इस तरह के टूर्नामेंट के आयोजित होने से खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा निखारने का मौका मिलता है।

हिमालयन फुटबॉल टूर्नामेंट के उद्घाटन पर मेयर अनिता ने खिलाड़ियों की हौसला अफजाई भी की। कहा कि खिलाड़ी के लिए खेल का मैदान ही उसके जीवन का अभिन्न अंग होता है। लेकिन खेल के दौरान हार जीत की परवाह किए बगैर खेलों में प्रतिभाग करना चाहिए। उन्होंने खिलाड़ियों से अपने आचार विचार को बेहतर बनाने के साथ-साथ संयमित भोजन करने का भी आह्वान किया ताकि वह शारीरिक रूप से पूरी तरह से फिट और मानसिक रूप से पूरी तरह से चुस्त और दुरुस्त होकर अपनी प्रतिभा का भरपूर प्रदर्शन कर सकें।

इस दौरान पार्षद विजय बडोनी, अनीता प्रधान, प्रवेश कुमार, सुरेन्द्र सुमन, प्रवेश कुमार, कनक धनै, प्रिया ढकाल, शीलू अग्रवाल, हेमलता चैहान, किरन त्यागी, कुलदीप टंडन, निर्भय गुप्ता, अनुराग मलिक, मयंक बिष्ट, अमन खत्री, मोहित बिष्ट, तनुज पोखरियाल, दीपक चैधरी, अभिनव चैहान, विजय आदि मौजूद रहे।

63 मकान मालिकों से सत्यापन न कराने पर छह लाख तीस हजार रूपए का चालान

कोतवाली ऋषिकेश पुलिस ने श्यामपुर क्षेत्र में 63 मकान मालिकों के चालान किरायेदारों के सत्यापन न कराने पर काटे है। इनसे पुलिस ने छह लाख तीस हजार रुपये का जुर्माना भी वसूला है।

कोतवाल रितेश शाह ने बताया कि श्यामपुर चैकी क्षेत्र में किरायेदारी सत्यापन को लेकर अभियान चलाया गया। इस दौरान गुमानी वाला, मनसा देवी, गुलाटी प्लॉट और गुर्जर प्लॉट में सत्यापन की जांच की गई। बताया कि कुल सत्यापन 277 किए गए। इनमें 63 चालान न्यायालय के किए गए हैं, जिनमें छह लाख तीस हजार रूपए का जुर्माना लगाया गया है।

राह चलती महिला से मोबाइल लूटा, तीन शातिरों को पुलिस ने दबोचा

गुर्जर धर्मशाला मोतीचूर रायवाला निवासी महिला अमन शर्मा पत्नी रघुनाथ शर्मा ने रायवाला थाने में बताया कि स्कूटी सवार तीन अज्ञात लोगों ने उनका मोबाइल लूट लिया है। पुलिस ने मामला दर्ज करते हुए छानबीन शुरू की।

थानाध्यक्ष अमरजीत सिंह रावत ने बताया कि घटनास्थल के आसपास 50 से अधिक सीसीटीवी फुटेज खंगाले जाने के बाद एक शख्स को मुखबिर ने पहचान लिया, जिसे उसके हरिद्वार स्थिति घर से पकड़ लिया गया। पूछताछ में उसने अपने दो साथियों के नाम लिए, जिन्हें गीतापुर कुटीर हरिपुरकलां से पास से स्कूटी के साथ अरेस्ट किया। थानाध्यक्ष ने बताया कि तीनों ही नशे के आदी हैं और नशे के लिए ही चोरी की घटना को अंजाम देते है।

पुलिस ने आरोपियों की पहचान अभिषेक कश्यप पुत्र महेंद्र कश्यप निवासी कुंज गली खड़खड़ी हरिद्वार, सनी उर्फ लाला पुत्र सोनू गोस्वामी निवासी जोगिया मंडी मनसा देवी हरिद्वार और विष्णु कश्यप पुत्र विनोद कश्यप निवासी कुंज गली खड़खड़ी हरिद्वार के रूप में कराई है। पुलिस ने महिला का मोबाइल भी आरोपियों से बरामद किया है।

गणतंत्र दिवस पर तीसरे स्थान के लिए पुरस्कृत उत्तराखण्ड की झांकी म्यूजियम में संरक्षित

इस वर्ष गणतंत्र दिवस पर तीसरे स्थान के लिए पुरस्कृत की गई उत्तराखण्ड की झांकी को गढ़ी कैंट स्थित संस्कृति विभाग के म्यूजियम-आडिटॉरियम में रखा गया है। राज्य गठन के बाद उत्तराखण्ड द्वारा अनेक बार प्रतिभाग किया गया परंतु यह पहला अवसर है जब उत्तराखण्ड की झांकी को पुरस्कुत किया गया।

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने इसे राज्य के लिए गौरव की बात बताते हुए झांकी को संस्कृति विभाग के म्यूजियम में संरक्षित किए जाने के निर्देश दिए थे। सचिव पर्यटन, संस्कृति व सूचना श्री दिलीप जावलकर ने गढ़ी कैंट में बन रहे संस्कृति विभाग के म्यूजियमध् आडिटॉरियम का निरीक्षण कर झांकी को रखे जाने के लिए स्थान निर्धारित किया। उन्होंने अधिकारियों को उक्त झांकी के उचित रखरखाव के निर्देश दिए।

राजपथ, नई दिल्ली गणतंत्र दिवस समारोह में सूचना विभाग द्वारा उत्तराखण्ड राज्य की ओर से “केदारखंड” की झांकी को प्रदर्शित किया गया था। इसे लोगों द्वारा काफी सराहा गया था। झांकी के अग्रभाग में उत्तराखण्ड का राज्य पशु ‘कस्तूरी मृग‘ दर्शाया गया है जो कि उत्तराखण्ड के वनाच्छादित हिम शिखरों में 3600 से 4400 मीटर की ऊंचाई पर पाया जाता है। इसी प्रकार से उत्तराखण्ड का राज्य पक्षी ‘मोनाल’ एवं राज्य पुष्प ‘ब्रह्मकमल’ दिखाया गया है जो केदारखण्ड के साथ-साथ उच्च हिमालयी क्षेत्रों में पाया जाता है। झांकी के मध्य भाग में भगवान शिव के वाहन नंदी को दर्शाया गया है तथा साथ में केदारनाथ धाम में यात्रियों को यात्रा करते हुए तथा श्रद्वालु को भक्ति में लीन दर्शाया गया है। झांकी के पृष्ठ भाग में बारह ज्योर्तिलिंगों में से एक बाबा केदार का भव्य मंदिर दर्शाया गया है जिसका जीर्णोद्धार आदिगुरू शंकराचार्य ने कराया था तथा मंदिर परिसर में श्रद्वालुओं को दर्शाया गया है साथ ही मंदिर को ठीक पीछे विशालकाय दिव्य शिला को दर्शाया गया है।

दिल्ली से झांकी को एक स्पेशल ट्रोला में तीन दिन में देहरादून लाया गया। गौरतलब है कि गढ़ी कैंट, देहरादून में संस्कृति विभाग का म्यूजियम-ऑडिटॉरियम निर्माणाधीन है। इसके बनने के बाद “केदारखंड” की झांकी, आम लोगो के लिए उपलब्ध रहेगी।