मुख्यमंत्री ने किया श्री वाराही मंदिर देवीधुरा पुस्तक का विमोचन

जनपद चम्पावत के मां वाराही धाम देवीधुरा में आयोजित पंच दिवसीय विश्व कल्याण महायज्ञ में पहुंचे प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने महायज्ञ में शामिल होकर माँ वाराही से प्रदेश व देश की खुशहाली, शांति व समृद्धि की मंगल कामना की।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा ‘माँ वाराही धाम की वेबसाईट’ को लांच किया गया व हीरा वल्लभ जोशी द्वारा लिखित ‘श्री वाराही मंदिर देवीधुरा’ पुस्तक का विमोचन किया गया।

मुख्यमंत्री ने सभी को योग दिवस की हार्दिक बधाई व शुभकामना देते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के एक दृढ़ संकल्प से प्रारंभ हुई यह यात्रा यहां तक पहुंची है। आज ही के दिन प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के द्वारा योग को पूरे विश्व स्तर पर पहचान दिलाई गई और संयुक्त राष्ट्र संघ ने 21 जून 2015 को योग दिवस मनाने की घोषणा की। आज के दिन को पूरे विश्व के 175 देश अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के रूप में मना रहे हैं। उन्होंने कहा कि हमारी गौरवशाली सनातन संस्कृति का मूल आधार ‘‘वसुदेव कुटुंबकम’’ है। जो सम्पूर्ण विश्व को एक परिवार का रूप मानता है। इसी सिद्धांत को केंद्र में रखते हुए इस वर्ष से अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की थीम ‘‘वसुधैव कुटुंबकम के लिए योग’’ की गई है। योग आज पूरी दुनिया के करोड़ों लोगों की दिनचर्या का अहम हिस्सा बन गया है। जो विश्व को भारतीय संस्कृति के साथ और अधिक प्रगाढ़ता से जोड़ने का काम कर रहा है। उन्होंने कहा कि आज के दौर में सभी को अपनी दैनिक दिनचर्या में योग अपनाना चाहिये। जीवन का हर सुख निरोगी काया हैं। योग से ही निरोगी बना जा सकता है।
इस दौरान मुख्यमंत्री द्वारा पाटी क्षेत्र में किए जा रहे विकास कार्यों के बारे में भी जनता को अवगत कराया गया।
इस अवसर पर सांसद अजय टम्टा द्वारा अपने संबोधन में कहा गया कि, आज के दिन को पूरे विश्व में योग दिवस के रूप में मनाया जा रहा है। यह प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की पहल पर ही हुआ है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में प्रदेश का निरंतर विकास हो रहा है। उनके द्वारा युवाओं के सुनहरे भविष्य को देखते हुए नकल विरोधी कानून लाया गया है। मानसखंड की श्रृंखला बनाकर कुमाऊं के सभी धामों को राष्ट्रीय एवं विश्व स्तर पर लाने हेतु मुख्यमंत्री द्वारा सराहनीय कार्य किया गया है।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा जनपद के विकास के लिए अनेक घोषणाएं भी की गयी। जिसमें अंतरजनपदीय मोटर मार्ग जनपद चंपावत के वल्का- सिलयोड़ीगूठ मोटर मार्ग से ग्राम चौड़ागूठ के तोक अल्यूरा होते हुए जनपद अल्मोड़ा के तोक कनोली व सिरकोट से होते हुए जैती- भनोली मोटर मार्ग तक प्रस्तावित अल्यूरा जमाड़ सड़क का निर्माण, राजकीय आदर्श महाविद्यालय देवीधुरा में एम0ए की कक्षाओं का संचालन स्नातक स्तर पर भूगोल, इतिहास, शिक्षा शास्त्र विषयों की बढ़ोतरी महाविद्यालय को जोड़ने वाली सड़क का डामरीकरण, पखोटी बैंड से पखोटी बैरख 5 कि0मी0 कच्चे मोटर मार्ग का सुधारीकरण एवं डामरीकरण, केदारनाथ गैस गोदाम से भैसर्ख तक 2.5 किलोमीटर कच्चे मोटर मार्ग का सुधारीकरण एवं डामरीकरण, च्युरानी- जमरेड़ी मोटर मार्ग की मरम्मत एवं डामरीकरण किया जाएगा, लोहाघाट डाइट में डीएलएड का प्रशिक्षण शुरू कराया जाएगा जिसके लिए बच्चों को अब डीडीहाट नहीं जाना पड़ेगा लोहाघाट डाईट में ही प्रशिक्षण शुरू हो जाएगा, देवीधुरा स्थित चिकित्सालय के उच्चीकरण की औपचारिकताएं पूरी की जाएगी।

इस अवसर पर विधायक भीमताल राम सिंह कैड़ा, अध्यक्ष जिला पंचायत ज्योति राय, भाजपा जिलाध्यक्ष निर्मल महरा, माँ वाराही धाम के चारों ख़ामो के प्रमुख, जिलाधिकारी नरेंद्र सिंह भंडारी, सहित अन्य गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।

विश्व योग दिवस पर सीएम ने प्रदेशवासियों को दी शुभकामनाएं, दिनचर्चा में अपनाने का किया आवाहन

9वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर जागेश्वर में आयोजित हुए राज्य स्तरीय योग कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रतिभाग कर सामूहिक योग कार्यक्रम में हिस्सा लिया। योग प्रशिक्षक डॉ मंजू उपाध्याय ने सभी योग साधकों को योग के विभिन्न आसन कराए। इस दौरान मुख्यमंत्री ने समस्त प्रदेशवासियों को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की शुभकामनाएं दी। इस दौरान उन्होंने कहा कि आदिकाल से ऋषि-मुनियों और आम जनमानस की आस्था का केंद्र रहा जागेश्वर धाम, देवभूमि की आध्यात्मिक यात्रा का सबसे अहम पड़ाव है। इस भूमि में ऐसी शक्ति है जो सदियों से जन-जन में एक नई ऊर्जा का संचार कर रही है। उन्होंने कहा कि आज मुझे बाबा जागेश्वर के चरणों में शीश नवाने का सुअवसर प्राप्त हुआ यह मेरे लिए सौभाग्य की बात है। उन्होंने कहा कि हमारे लिए योग पूजा-पाठ नहीं बल्कि ज्ञान रूपी प्राचीन धरोहर है। कहा कि योग शारीरिक, मानसिक, आध्यात्मिक, धार्मिक और सांस्कृतिक इन पांचों क्षेत्रों का समुच्चय है। उन्होंने कहा कि योग से जहां एक ओर बीमारियों पर नियंत्रण होता है, वहीं दूसरी ओर उनका समन भी होता है। उन्होंने कहा कि योग जीरो बजट हेल्थ इंश्योरेंस है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आज प्रधानमंत्री और महान योग साधक नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में पूरी दुनिया में योग पहुंचा है यह भारत और भारतीयों के लिए गौरव की बात है। उन्होंने कहा कि आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में हमारे मंदिरों, तीर्थ स्थानों और प्राचीन सनातन संस्कृति को बढ़ावा दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन पर चलकर प्रदेश सरकार भी उत्तराखंड में धार्मिक स्थलों के पुनर्निर्माण और हमारी सांस्कृतिक विशिष्टता को बचाने के लिए कृतसंकल्पित है। कहा कि इस दिशा में हम गढ़वाल के केदारखंड की भांति ही कुमाऊं में “मानसखंड कॉरिडोर“ बनाने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं, जिसके अंर्तगत कुमाऊं क्षेत्र के लगभग सभी प्राचीन मंदिरों का विकास किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि अंत्योदय परिवारों को तीन गैस सिलेंडर देने हों, प्रदेश की महिलाओं के लिये 30 प्रतिशत के क्षैतिज आरक्षण की व्यवस्था को लागू करना हो, समान नागरिक संहिता का मसौदा तैयार करना हो, जबरन धर्मांतरण पर रोक के लिये कानून बनाना हो, नई शिक्षा नीति को लागू करना हो, नई खेल नीति बनानी हो, सख्त नकल विरोधी कानून लागू करना हो, राज्य आंदोलनकारियों व उनके आश्रितों को सरकारी नौकरियों में 10 प्रतिशत का क्षैतिज आरक्षण देना हो या फिर भूमि अतिक्रमण के खिलाफ निर्णायक कार्यवाही के साथ ही छात्रवृत्ति को लेकर लिया गया निर्णय हो, इन सभी में सरकार ने अपना स्पष्ट रुख दिखाया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमने इन सभी कठिन परंतु राज्य के लिए आवश्यक कार्यों को बहुत ही कम समय में करके दिखाया है। उन्होंने कहा कि हमारे लिए प्रदेश और प्रदेश के हित सर्वाेपरि हैं।
इस दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने 3381.96 लाख रुपए की विभिन्न योजनाओं का शिलान्यास एवं 2077.96 लाख रुपए की योजनाओं का लोकार्पण भी किया।

शिलान्यासः

प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना के अंतर्गत जनपद अल्मोड़ा में 2698 लाख की योजनाओं का शिलान्यास एवं महात्मा गांधी नरेगा योजना के अंतर्गत परंपरागत जल स्रोतों के संवर्धन तथा जल संरक्षण हेतु 683.99 लाख की संरचना एवं योजनाओं का शिलान्यास किया गया

लोकार्पणः

प्रधानमंत्री कृषि योजना 2.0 जनपद अल्मोड़ा के अंतर्गत परंपरागत जल स्रोतों के संवर्धन एवं संरक्षण हेतु 769 लाख रुपए की संरचनाओं एवं कार्यों का लोकार्पण किया गया। साथ ही महात्मा गांधी नरेगा योजना में अल्मोड़ा के अंतर्गत परंपरागत जल स्रोतों के संवर्धन तथा जल संरक्षण हेतु 1308.96 लाख रुपए की संरचना एवं कार्यों का लोकार्पण भी मुख्यमंत्री द्वारा किया गया।
इस दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जनपद के विभिन्न कार्यों हेतु निम्न घोषणाएं भी कीः
1 जागेश्वर विधानसभा के अंतर्गत लमगड़ा में तहसील भवन का निर्माण किया जाएगा।
2ः वृद्ध जागेश्वर कोटेश्वर मोटर मार्ग पर डामरीकरण का कार्य किया जाएगा।
3ः पेठशाल- भेटाडांगी- बमनस्वाल मोटर मार्ग का डामरीकरण किया जाएगा।
4ः डोल- शहरफाटक- भाबू बसगांव रोड की कटिंग एवं डामरीकरण का कार्य किया जाएगा।
5ः बसगांव से बिराड़ ल्वाली मोटर मार्ग का निर्माण कार्य किया जाएगा।
6ः रा0 उ0 मा0 कन्या विद्यालय मन्या डूंगरा का नाम स्वतंत्रता संग्राम सेनानी रघुवर दत्त जोशी के नाम पर किया जाएगा।
7ः शौकियाथल से लछनाखाली होते हुए जटा गंगा तक मोटर मार्ग का निर्माण किया जाएगा।
8ः गांधी इंटर कॉलेज पनुवानौला में जीव विज्ञान सवित्त मान्यता दी जाने की घोषणा भी मुख्यमंत्री द्वारा की गई।

योग कार्यक्रम में शिरकत करने के बाद मुख्यमंत्री ने जागेश्वर धाम में पूजा अर्चना कर प्रदेशवासियों की सुख समृद्धि की कामना की। तत्पश्चात मुख्यमंत्री ने जागेश्वर स्थित भंडारा स्थल में जूना अखाड़ा के स्वामी यतीन्द्र गिरी द्वारा आयोजित भंडारे में भी प्रसाद वितरण किया तथा प्रसाद ग्रहण किया।
इस अवसर पर सांसद अल्मोड़ा अजय टम्टा, जिलाध्यक्ष भाजपा रमेश बहुगुणा, विधायक जागेश्वर मोहन सिंह मेहरा, रानीखेत के विधायक प्रणोद नैनवाल, रुद्रपुर विधायक शिव अरोड़ा, जिला महामंत्री भाजपा धर्मेंद्र बिष्ट, पूर्व जिलाध्यक्ष रवि रौतेला, सचिव आयुष विभाग पंकज कुमार पांडे, अपर सचिव विजय जोगदांडे, आईजी कुमाऊं नीलेश आनंद भरणे, जिलाधिकारी विनीत तोमर, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रामचंद्र राजगुरु, मुख्य विकास अधिकारी अंशुल सिंह, अपरजिलाधिकारी सीएस मर्ताेलिया, एसडीएम गोपाल सिंह चौहान समेत अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

शारीरिक, मानसिक, आध्यात्मिक, धार्मिक और सांस्कृतिक चेतना का संयोजन है योगः धामी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर जागेश्वर धाम पहुंचकर प्रदेश में योग के ज़रिए धार्मिक पर्यटन को विकसित करते हुए नए विजन को दर्शाया है। सीएम धामी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा विकास के नवरत्नों में शामिल किए गए तीसरे रत्न मानसखंड क्षेत्र को इस बार इस आयोजन के लिए चुना है।

योग, ध्यान, अध्यात्म का केंद्र बनेगा जागेश्वर धाम

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की विशेष पहल पर इस बार योग महोत्सव का आयोजन सुदूरवर्ती अल्मोड़ा के जागेश्वर धाम में किया गया। मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि मानस मंदिर माला मिशन के जरिए सरकार कुमाऊं के प्राचीन मंदिरों में विभिन्न सुविधाओं को विकसित कर रही है। इस योजना की शुरुआत जागेश्वर धाम से की जा रही है, जागेश्वर धाम को योग ध्यान एवं आध्यात्मिक चेतना का केंद्र बनाया जाएगा।

ये हैं योग के पांच संयोजन

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जागेश्वर धाम से योग के पांच संयोजन का भी जिक्र करते हुए कहा कि योग ज्ञान रूपी धरोहर है। मुख्यमंत्री ने कहा कि योग शारीरिक, मानसिक, आध्यात्मिक, धार्मिक और सांस्कृतिक चेतना का संयोजन है। उन्होंने प्रदेशवासियों से उत्तराखण्ड को हर स्तर पर उत्कृष्ट बनाने के लिए प्रतिदिन एक घंटा योग करने का संकल्प लेने का आह्वान किया। सीएम धामी ने कहा कि प्रतिदिन योग करें, सूरज उगने से पहले जगना होगा और खुद को बदलना होगा, जिससे दवाओं पर आने वाला व्यय भी कम होगा।

सनातन संस्कृति का मूल आधार “वसुधैव कुटुम्बकम’’

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सनातन संस्कृति का उल्लेख करते हुये कहा कि हमारी गौरवशाली सनातन संस्कृति का मूल आधार ’’वसुधैव कुटुम्बकम’’ है और यही हमारे देश की 140 करोड़ जनता का मूल संस्कार भी है, जो सम्पूर्ण विश्व को एक परिवार का रूप मानता है। इसी सिद्धांत को केंद्र में रखते हुए इस वर्ष अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की थीम ’’वसुधैव कुटुम्बकम के लिए योग’’ तय की गई। मुख्यमंत्री ने कहा कि अनेकों वैश्विक चुनौतियों और षड्यंत्रों का सामना करने के बावजूद भारत ने कभी भी मानवीय मूल्यों से हटकर आचरण नहीं किया और हमारी इस लोक कल्याणकारी अवधारणा का आधार हमारी संस्कृति है, जिसके मुख्य स्तंभों में से एक योग भी है। इसी वजह से योग आज दुनिया के करोड़ों लोगों की दिनचर्या का अहम हिस्सा बन गया है जो विश्व को भारतीय संस्कृति के साथ और अधिक प्रगाढ़ता से जोड़ने का काम कर रहा है।

विश्व योग दिवस पर सीएम ने किया कार्यक्रम का शुभारंभ, योगाभ्यास भी किया

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज 9वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर पतंजलि योगपीठ फेज-2 हरिद्वार के मैदान में आयोजित कार्यक्रम में योगाभ्यास किया। कार्यक्रम का शुभारम्भ मंत्रोच्चारण के बीच दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया।
योगाभ्यास के बाद अपने संबोधन में सभी को योग दिवस की हार्दिक बधाई व शुभकामना देते हुये मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के एक दृढ़ संकल्प से प्रारंभ हुई ये यात्रा आज आप सभी के समर्पण और दृढ़ता के कारण इस गंतव्य तक पहुंच सकी है।
सनातन संस्कृति का उल्लेख करते हुये मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि हमारी गौरवशाली सनातन संस्कृति का मूल आधार ’’वसुधैव कुटुम्बकम’’ है और यही हमारे देश की 140 करोड़ जनता का मूल संस्कार भी है, जो सम्पूर्ण विश्व को एक परिवार का रूप मानता है। इसी सिद्धांत को केंद्र में रखते हुए इस वर्ष अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की थीम ’’वसुधैव कुटुम्बकम के लिए योग’’ तय की गई।
मुख्यमंत्री ने कहा कि अनेकों वैश्विक चुनौतियों और षड्यंत्रों का सामना करने के बावजूद भारत ने कभी भी मानवीय मूल्यों से हटकर आचरण नहीं किया और हमारी इस लोक कल्याणकारी अवधारणा का आधार हमारी संस्कृति है, जिसके मुख्य स्तंभों में से एक योग भी है। इसी वजह से योग आज दुनिया के करोड़ों लोगों की दिनचर्या का अहम हिस्सा बन गया है जो विश्व को भारतीय संस्कृति के साथ और अधिक प्रगाढ़ता से जोड़ने का काम कर रहा है। भारत की संत परंपरा हमेशा से ही ’’देश प्रथम’ की परिकल्पना को साकार करने का माध्यम रही है और पंतजलि योगपीठ की स्थापना भी इसी उद्देश्य के लिए हुई है। योगगुरू स्वामी रामदेव जी ने भारत को पुनः विश्वगुरू बनाने के उद्देश्य से राष्ट्रीय चेतना को जगाने का कार्य किया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री और महान योग साधक श्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में आज भारत एवं भारतीय संस्कृति का मान, सम्मान और स्वाभिमान संपूर्ण विश्व में बढ़ रहा है तथा भारत विश्व गुरू के पद पर पुनः आरूढ़ होने के लिए तैयार हो रहा है । अर्न्तराष्ट्रीय योग दिवस इसका एक सर्वश्रेष्ठ उदाहरण है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी आज सायंकाल अमेरिका में योग दिवस में शामिल होंगे। उन्हीं के आव्हान पर आज विश्व के लगभग सभी देश ’’अंतरराष्ट्रीय योग दिवस’’ मना रहे हैं तथा चित्त वृत्ति निरोध योगः के माध्यम से हमारे जीवन में जो कमी है, उसे दूर करते हुये सम्पूर्णता की ओर ले जाने का मार्ग दिखाया है।
मुख्यमंत्री ने कोराना काल का जिक्र करते हुये कहा कि योग भारतीय संस्कृति का अभिन्न अंग है और कोरोना महामारी के दौरान हम सभी योग के महत्व से परिचित भी हो चुके हैं। उन्होंने कहा कि दौड़-भाग की जिन्दगी में चुनौती के साथ तनाव भी हैं तथा इस तनाव को दूर करने का साधन योग है, जिसे उत्तरोत्तर आगे बढ़ाने में पतंजलि का महत्वपूर्ण योगदान है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारा मन अत्यंत चंचल है। यह भौतिक साधनों के पीछे भागता है, यह दौड़ता हुआ मन कभी भी व्यक्ति को चेतना की गहराइयों में नहीं ले जा पाता। हमारे इसी अन्तर्द्वन्द्व को शांत करने की प्रक्रिया योग कहलाती है और योग से ही हमें अपने शुद्ध आत्म स्वरूप को जानने का अवसर मिलता है। यही कारण है कि आज भारत ही नहीं बल्कि विदेशों में भी योग की ख्याति बढ़ रही है और प्राचीन भारतीय पद्धतियों की महत्ता एवं वैज्ञानिकता सिद्ध हो रही है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि हमारी देवभूमि की तो पहचान ही एक विश्वस्तरीय योग केंद्र के रूप में है और सरकार का पूर्ण प्रयास है कि इस पहचान को और भी अधिक सशक्त किया जाए। उन्होंने कहा कि हम विकल्प रहित संकल्प के तहत निरंतर इस दिशा में कार्य कर रहे हैं कि देवभूमि उत्तराखण्ड एक उत्कृष्ट व नम्बर वन राज्य बनने के साथ ही सनातन संस्कृति की वैश्विक राजधानी बने।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सभी प्रदेशवासियों का भी आह्वान किया कि उत्तराखण्ड को हर स्तर पर उत्कृष्ट बनाने के लिए हम सभी प्रतिदिन एक घंटा स्वयं के लिए निकालने का संकल्प लें और प्रतिदिन योग करें, सूरज उगने से पहले जगना होगा और खुद को बदलना होगा, जिससे दवाओं पर आने वाला व्यय भी कम होगा।
योग गुरु स्वामी बाबा रामदेव ने कार्यक्रम का शुभारम्भ सूक्ष्म व्यायाम से किया। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का उल्लेख करते हुये कहा कि यह इतिहास की पहली घटना है कि प्रधानमंत्री आज शाम को यू0एन0ओ0 के हेडक्वार्टर में योग करेंगे। उन्होंने अष्टांग योग-(यम, नियम, आसन, प्राणायाम, प्रत्याहार, धारणा, ध्यान, समाधि) ताड़ासन, सूर्य नमस्कार, योगिंग-जोंगिंग, भस्त्रिका प्रणायाम, कपालभाती, अनुलोम-विलोम, मण्डूक आसन, पवन मुक्त आसन, शीतली, मकर आसन, भुजंग आसन, शीर्षासन, सर्वांग आसन, चक्रासन आदि का अभ्यास कराते हुये योग के महत्व के साथ-साथ पंतंजलि की विकास यात्रा पर भी विस्तृत प्रकाश डाला।
आचार्य बालकृष्ण ने कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुये कहा कि योग ने लोगों को रोग मुक्त करने के साथ ही रोजगार के द्वार भी खोले हैं तथा योग रोगों को दूर रखने में सहायक होने के साथ ही विकारों तथा बुराइयों से भी दूर रखता है तथा एक स्वस्थ राष्ट्र के निर्माण में भी सहायक होता है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, योग गुरु स्वामी रामदेव तथा आचार्य बाल कृष्ण ने कुमाऊंनी रामायण का विमोचन भी किया तथा प्रतिदिन योग करने एवं नशे से दूर रहने का संकल्प भी दिलाया।
पतंजलि योगपीठ पहुंचने पर मुख्यमंत्री का पुष्पगुच्छ भेंटकर तथा शाल ओढ़ाकर भव्य स्वागत व अभिनन्दन किया गया।
इस अवसर पर जिलाधिकारी धीराज सिंह गर्ब्याल, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय सिंह, मुख्य विकास अधिकारी प्रतीक जैन, संयुक्त मजिस्ट्रेट रूड़की अभिनव शाह, एसडीएम भगवानपुर बृजेश तिवारी, एसडीएम लक्सर विजयनाथ शुक्ल बड़ी संख्या साधू-सन्त, छात्र-छात्रायें आदि उपस्थित थे।

सीएम के निर्देश पर प्रदेश में एसडीआरएफ कार्मिकों को दी जाएगी प्रोत्साहन धनराशि

अनुसूचित जाति स्वतः स्वरोजगार योजना में बढ़ाई गई सब्सिडी की धनराशि

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशों के क्रम में राज्य सरकार द्वारा अनुसूचित जाति के लोगों के लिये संचालित ‘अनुसूचित जाति स्वतः स्वरोजगार योजना’ के अन्तर्गत निर्धारित आय सीमा तथा देय सब्सिडी की धनराशि सीमा बढ़ाई गयी है। इसके तहत अब ग्रामीण क्षेत्रों में आय सीमा 40 हजार तथा शहरी क्षेत्रों की 55 हजार आय सीमा को 2.50 लाख किया गया है। जबकि सब्सिडी की धनराशि 10 हजार से बढ़ाकर 50 हजार अथवा योजना लागत का 50 प्रतिशत जो भी कम हो, देय होगी।

एस.डी.आर.एफ. कार्मिकों को दी जाएगी प्रोत्साहन धनराशि

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा प्रदेश में 11 हजार फीट से अधिक की ऊंचाई पर रेस्क्यू कार्य करने वाले एस.डी.आर.एफ. के राजपत्रित अधिकारियों एवं अराजपत्रित कार्मिकों को प्रोत्साहन राशि दिए जाने की व्यवस्था के निर्देशों के तहत अब राजपत्रित अधिकारियों को 1500 तथा अराजपत्रित कार्मिकों को 1000 रू0 प्रतिदिन की दर पर प्रोत्साहन राशि प्रदान की जायेगी। इससे आपदा के दौरान रेस्क्यू ऑपरेशन के कार्य तत्परता से संचालित हो सकेंगे।

तहसील कोश्या कुटोली का नाम अब तहसील कैंची धाम

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जनपद नैनीताल की तहसील कोश्या कुटोली का नाम बाबा नीब करौरी धाम के नाम पर तहसील श्री कैंची धाम किये जाने की स्वीकृति प्रदान की है।
मुख्यमंत्री ने बाबा नीब करौरी धाम में वर्ष भर आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा के लिये भवाली सेनिटोरियम से रातीघाट तथा भवाली सेनिटोरियम से नैनी बैंड बाई पास सड़क निर्माण में तेजी लाये जाने के भी निर्देश दिये हैं, ताकि अगले वर्ष कैंची धाम स्थापना दिवस से पूर्व इन सड़कों का निर्माण कार्य पूर्ण हो जाए।

चमोली और उत्तरकाशी के जिलाधिकारियों संग सीएस ने ली बैठक

मुख्य सचिव डॉ. एस.एस. संधु ने आज सचिवालय में जनपद चमोली एवं उत्तरकाशी के जिलाधिकारियों के साथ वाईब्रेंट विलेज योजना के सम्बन्ध में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक ली। मुख्य सचिव ने कहा कि जिलाधिकारी वाईब्रेंट विलेज में जाकर देखें कि उन गांवों में किन-किन सेवाओं की सख्त आवश्यकता है।

मुख्य सचिव ने कहा कि वाईब्रेंट विलेज के तहत क्षेत्र में अटल स्कूलों की शुरूआत की जाए। उन्होंने कहा कि पर्यटन की दृष्टि से इन गांवों में और क्या-क्या गतिविधियां शुरू की जा सकती हैं, इस दिशा में भी कार्य किया जाए। उन्होंने वाईब्रेंट विलेज के लिए योजनाओं को प्राथमिकता पर लेने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इन गांवों में बिजली, पानी, सड़क, अस्पताल आदि की उपलब्धता अनिवार्य रूप से सुनिश्चित की जाए।

मुख्य सचिव ने कहा कि इन गांवों के लिए योजनाएं इस प्रकार से तैयार की जाएं कि स्थानीय लोगों को रोजगार प्राप्त हो सके। उन्होंने कहा कि प्रत्येक वाईब्रेंट विलेज में हेलीपैड तैयार किया जाए। इन गांवों में ब्रेकफास्ट टूरिज्म और साहसिक खेलों से जुड़ी योजनाओं को संचालित किया जाए। इन क्षेत्रों में बुग्याल और टै्रकिंग रूट्स को विकसित कर क्षेत्रवासियों को रोजगार से जोड़ा जा सकता है। उन्होंने कौशल विकास विभाग को क्षेत्र के युवाओं को विभिन्न ट्रेड्स में निशुल्क प्रशिक्षण प्रदान किए जाने के भी निर्देश दिए।

इस अवसर पर विशेष प्रमुख सचिव खेल अभिनव कुमार, सचिव नितेश झा, सचिन कुर्वे, दीपेन्द्र कुमार चौधरी एवं विजय कुमार यादव सहित अन्य उच्चाधिकारी उपस्थित थे।

जल संरक्षण हेतु राज्य में जल संरक्षण बोर्ड या ऑथारिटी के जल्द गठन का निर्णय

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शासन के उच्चाधिकारियों को सख्त हिदायत दी है कि उत्तराखण्ड में जल संरक्षण को मात्र सरकारी योजना न समझा जाय, बल्कि इस पर दीर्घकालीन विजन के तहत मिशन मोड पर गम्भीरता से कार्य किया जाय। राज्य में जल स्रोतों के सूखने पर चिंता व्यक्त करते हुए सीएम श्री धामी ने अपर मुख्य सचिव के स्तर से राज्य में जल संरक्षण योजनाओं की प्रगति के साप्ताहिक समीक्षा के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि आगामी मानसून के तीन महीने वर्षा जल संरक्षण के दृष्टिगत हमारे लिए अत्यन्त निर्णायक हैं, सम्बन्धित विभाग इस पर प्रोएक्टिव अप्रोच के साथ काम करें।
मुख्यमंत्री ने आज सचिवालय में मानसून सीजन से पूर्व तथा मध्य में वृहद जल संरक्षण अभियान चलाकर जल संरक्षण हेतु आवश्यक प्रबन्ध/निर्माण कराये जाने हेतु विभिन्न विभागों की कार्ययोजना की समीक्षा के दौरान जल संरक्षण हेतु राज्य में जल संरक्षण बोर्ड या ऑथारिटी के जल्द गठन का भी निर्णय लिया है। उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड जैसे भौगोलिक रूप से छोटे राज्य में हर क्षेत्र में मॉडल राज्य बनने की शत प्रतिशत संभावनाएं हैं। सीएम ने वन विभाग को राज्य में चीड़ के वृक्षों को बांज और देवदार के वृक्षों से प्रतिस्थापित (रिप्लेस) करने के निर्देश भी दिए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में जल संरक्षण हेतु वन विभाग, जलागम विभाग, सिंचाई विभाग, कृषि विभाग तथा ग्राम्य विकास विभाग एक वृहद कार्ययोजना पर मिलजुल का कार्य करें। उन्होंने कहा कि सभी सम्बन्धित विभाग स्पष्ट करें कि अभी तक उनके द्वारा किये गये जल संरक्षण के प्रयासों का परिणाम क्या रहा । मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को सख्त हिदायत दी है कि उत्तराखण्ड को प्रत्येक क्षेत्र में मॉडल राज्य बनाने के लिए सभी विभाग अपने उत्कृष्ट प्रदर्शन पर ध्यान दें तथा औपचारिक बैठकों के स्थान पर धरातल पर परिणाम देने का प्रयास करें।

बैठक में अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी, आनंदवर्धन, सचिव आर के सुधांशु, शैलेष बगोली, वन विभाग, कृषि विभाग, जलागम विभाग तथा सिंचाई विभाग के उच्चाधिकारी उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री ने ड्रग्स माफियाओं पर ताबड़तोड़ कार्यवाही के दिए निर्देश

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने स्पष्ट किया है कि यदि राज्य में ड्रग्स माफिया को जड़ से समाप्त करने के लिए नकल विरोधी कानून की तरह कड़े से कड़े कानून को लाने की जरूरत पड़ी तो, यह भी लाया जा सकता है। सीएम श्री धामी ने उत्तराखण्ड में नशे की सप्लाई चौन तोड़ने के लिए पुलिस विभाग को नशे का व्यापार करने वाले अपराधियों व ड्रग्स माफिया पर ताबड़तोड़़ कार्यवाही के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही सीएम ने आगामी 26 जून को वर्ल्ड एन्टी ड्रग्स डे के अवसर पर प्रदेशभर के युवाओं के एण्टी ड्रग ई प्लज के आंकड़े को 55300 से बढ़ाकर नया रिकॉड बनाने का लक्ष्य पुलिस विभाग को दिया है। उन्होंने कहा कि योग दिवस की भांति ही आगामी 26 जून को राज्यभर में वर्ल्ड एन्टी ड्रग्स डे मनाया जाएगा।

मुख्यमंत्री धामी ने सचिव स्वास्थ्य को निर्देश दिए कि राज्य में नशा मुक्ति केन्द्रों की स्थापना, संचालन, उपचार एवं चिकित्सकों की व्यवस्था हेतु स्पष्ट गाइडलाइन्स एवं वर्किंग प्लान को जल्द से जल्द कार्यान्वित करने में आ रही बाधाओं के समाधान हेतु मुख्यमंत्री स्तर पर सीधा सम्पर्क किया जाए। वर्तमान में राज्य में निजी प्रयासों से 43 निजी नशा मुक्ति केंद्र संचालित है।
आज सचिवालय में एनसीओआरडी (स्टेट लेवल नारकोटिक्स को-ऑर्डिनेशन मीटिंग) की चौथी राज्य स्तरीय बैठक में उन्होंने एण्टी ड्रग्स टास्क फोर्स को मजबूत करने की भी बात की।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अधिकारियों को सख्त हिदायत दी कि 2025 तक ड्रग्स फ्री उत्तराखण्ड के लक्ष्य को पूरा करने के लिए अधिकारियों को मात्र बैठकों तक सीमित न रहकर कार्याे कों धरातल पर उतारने के लिए ऑनरशिप लेने की कार्य संस्कृति विकसित करनी होगी। यह अधिकारियों के कर्तव्य के साथ ही मानवता की सेवा का भी कार्य है।

मुख्यमंत्री धामी ने उत्तराखण्ड पुलिस विभाग के अधिकारियों व जवानों को नारकोटिक्स कन्ट्रोल ब्यूरो में प्रतिनियुक्ति व प्रशिक्षण हेतु भेजने हेतु कार्ययोजना पर गम्भीरता से कार्य करने के निर्देश भी दिए हैं।

बैठक में नारकोटिक्स कन्ट्रोल ब्यूरों के डिप्टी डायरेक्टर जनरल ज्ञानेश्वर सिंह ने जानकारी दी कि उत्तराखण्ड में वर्ष 2022 में 238 किलोग्राम चरस, 30 किलोग्राम डोडा, 12 किलोग्राम अफीम, 19.11 किलोग्राम स्मैक, 1.57 किलोग्राम हिरोइन, 1232.55 किलोग्राम गांजा, 105390 कैप्सूलस, 17506 इंजेक्शन, 32110 टैब्लेट्स सीज की गई। इसके साथ ही वर्ष 2022 में 141.5 एकड़ भांग तथा 108.5 भांग की फसल नष्ट की गई। इस वर्ष मई 2023 तक तक एनडीपीएस एक्ट के तहत 586 केस रजिस्टर्ड हो चुके हैं जिनमें 742 आरोपी गिरफतार हो चुके हैं।

समाज कल्याण विभाग उत्तराखण्ड द्वारा जानकारी दी गई कि एडीक्शन ट्रीटमेंट फैसिलिटी (एटीएफ) हेतु भारत सरकार द्वारा श्रीनगर, उत्तरकाशी, चम्पावत एवं अल्मोड़ा का चयन किया गया है। इसके तहत मादक पदार्थाे के दुष्प्रभावो के उपचार हेतु राजकीय चिकित्सालय/स्वास्थ्य केन्द्रों में उपचार सहायता उपलब्ध करायी जाती है।

बैठक में अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी, पुलिस महानिदेशक अशोक कुमार, सचिव आर के सुधांशु, नारकोटिक्स कण्ट्रोल ब्यूरों तथा उत्तराखण्ड शासन के उच्चाधिकारी मौजूद रहे।

इनोवटिव प्रोजेक्टस देश के सभी पर्ववतीय राज्यों और जिलों के लिए गाइड लाइन का करेंगे कामः सीएम

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि मॉडल जिले के रूप में विकसित किया जा रहा चंपावत न केवल उत्तराखण्ड के लिए बल्कि सभी हिमालयी राज्यों के लिए एक आदर्श बनेगा। चंपावत के विकास के लिए किए जा रहे इनोवेटिव प्रोजेक्टस देश के सभी पर्वतीय राज्यों और जिलों के लिए गाइड लाइन का काम करेंगी। चंपावत जिले को मॉडल जिले के रूप में विकसित करने में लगे जिला प्रशासन के साथ ही सभी सम्बन्धित स्टेकहोल्डर्स को मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि इस सम्बन्ध में अभी तक हुए डॉक्यूमेंटेशन को शत प्रतिशत धरातल पर उतारा जाए तथा इसकी निरन्तर निगरानी की जाय।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सचिवालय में मुख्य वैज्ञानिक सलाहकार कार्यालय भारत सरकार के प्रतिनिधियों की उपस्थिति में जनपद चम्पावत को ‘‘आदर्श जनपद चम्पावत’’ के रूप में विकसित किये जाने हेतु किये गये कार्यों की समीक्षा एवं आगामी कार्यक्रमों के संबंध में आयोजित बैठक में प्रतिभाग किया।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्य वैज्ञानिक सलाहकार कार्यालय भारत सरकार के प्रतिनिधियों द्वारा चंपावत में जाकर तैयार की गई चंपावत की भौगोलिक परिस्थितियों के अनुरूप विकास की संभावना, साइंस एवं टेक्नोलॉजी के आधार पर विकास की संरचना पर अधारित Climate Adaptive Agriculture पुस्तिका का विमोचन किया।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने चंपावत की विभिन्न भौगोलिक स्थिति पर आधारित ऑनलाइन डैशबोर्ड, जनपद चंपावत के अंतर्गत चल रही विभिन्न विभागीय योजनाओं की प्रगति पर आधारित ऑनलाइन डैशबोर्ड का अवलोकन किया। उन्होंने कहा इस तरह के ऑनलाइन डैशबोर्ड उत्तराखंड राज्य में बड़े स्तर पर भी विकसित किए जाएंगे।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि मुख्य वैज्ञानिक सलाहकार कार्यालय से आए प्रतिनिधियों द्वारा चंपावत में जाकर किए गए कार्य, निश्चित ही चंपावत एवं उत्तराखंड के विकास में अपनी अहम भूमिका निभाएगा। उन्होंने कहा विभिन्न भौगोलिक परिस्थितियों से परिपूर्ण चंपावत जिले के अनुरूप ही राज्य का विकास किया जाएगा। आगामी समय में चंपावत जिले के अंतर्गत कई बड़े प्रोजेक्ट को पायलट प्रोजेक्ट के रूप में शुरू करने की योजना है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि चंपावत को आदर्श जिले के रूप में विकसित करने में यूकोस्ट की अहम भूमिका है। उन्होंने कहा संपूर्ण हिमालय राज्यों में उत्तराखंड आदर्श राज्य बने इस पर भी तीव्र गति के साथ कार्य किया जा रहा है। उन्होंने कहा चंपावत प्राकृतिक सौंदर्य, स्वच्छ पर्यावरण एवं मंदिरों से आच्छादित है। इन्हीं सब में संभावनाएं खोज कर हमें विकास की नई ऊंचाइयों को छूना है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि साइंस एवं टेक्नोलॉजी के माध्यम से जनपद चंपावत के अंदर किस प्रकार विकास को स्थापित कर सकते हैं इस पर भी योजनाएं बनाई जाए। उन्होंने कहा कृषि, बागवानी, स्वास्थ्य शिक्षा जैसी मूलभूत सुविधाओं पर भी ध्यान दिया जा रहा है।
महानिदेशक UCOST प्रो. दुर्गेश पंत ने बताया कि चंपावत जिले में साइंस सेंटर की स्थापना की जाएगी। इसके साथ ही संपूर्ण हिमालय राज्यों के लिए हिमालय नॉलेज कॉरिडोर को भी विकसित किया जा रहा है। उन्होंने बताया यूकोस्ट निरंतर प्रत्येक विभागों के साथ समन्वय कर विकास योजनाओं को आगे बढ़ाने का काम कर रहा है। प्रत्येक योजना का डॉक्यूमेंटेशन भी किया जा रहा है।
इस दौरान कार्यक्रम में अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी, प्रमुख सचिव आर. के सुधांशु, अतिरिक्त सचिव प्रधान वैज्ञानिक सलाहकार कार्यालय डॉ प्रीति बेजल, राहुल नायर, प्रो. आर.एम पंत, कुलपति, असम केंद्रीय विश्वविद्यालय, वी.सी के माध्यम से जिलाधिकारी चंपावत नरेंद्र सिंह भंडारी एवं अन्य लोग मौजूद रहे।

सीएम ने किया सीईआईआर सेवा पोर्टल का शुभारंभ

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कोर्ट रोड़, देहरादून स्थित नव निर्मित सरदार पटेल भवन का लोकार्पण किया। इस दौरान उन्होंने नवनिर्मित भवन का निरीक्षण कर विभिन्न जानकारियां प्राप्त की। मुख्यमंत्री ने 112 कंट्रोल रूम, स्टेट वीडियो सर्विलेंस सेंटर का भी अवलोकन किया।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने उत्तराखंड पुलिस की ई-बीट एप्प, उत्तराखंड के नागरिकों हेतु सी.ई.आई.आर सेवा पोर्टल का शुभारंभ भी किया। आरक्षी नागरिक पुलिस, अन्तः कक्ष प्रशिक्षण विषय पुस्तिका का विमोचन भी मुख्यमंत्री द्वारा किया गया।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि भवन के लोकार्पण के पश्चात अब पुलिस विभाग को किसी भी प्रकार की परेशानी का सामना नहीं करना पडे़गा। डायल 112 का क्रियान्वयन भी भवन से किया जा रहा है। जिससे आम लोगों की शिकायतों एवं समस्याओं का त्वरित समाधान किया जा सकेगा। राज्य सरकार पुलिस कार्मिकों के कल्याण तथा उनकी आवासीय एवं अनावासीय सुविधाओं की पूर्ति के लिए पूर्ण रूप से प्रतिबद्ध है। हमने विगत वर्ष की तुलना में इस वर्ष आवासीय एवं अनावासीय भवनों के निर्माण हेतु धनराशि में बढोत्तरी करते हुये 45 करोड़ का प्राविधान किया है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि ई-बीट एप्प को पुलिस एवं आम जनता से सम्बन्धित विभिन्न सेवाओं के ऑनलाइन समाधान, कानून व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने एवं पुलिस कार्यप्रणाली को पेपरलेस बनाने के उद्देश्य से तैयार किया गया है। उन्होंने कहा राज्य सरकार उत्तराखंड पुलिस के विकास हेतु भविष्य में भी पर्याप्त बजट उपलब्ध कराएगी तथा केन्द्रीय योजनाओं से भी पुलिस विभाग को अधिकतम बजट उपलब्ध कराने का प्रयास करेगी। सरकार उत्तराखण्ड पुलिस को स्मार्ट पुलिस बनाने की ओर अग्रसर है। हम पुलिस को और अधिक सशक्त एवं संवेदनशील, तकनीकी रूप से दक्ष बनाना चाहते हैं। राज्य सरकार पुलिस जवानों को आधुनिक उपकरण एवं शस्त्र उपलब्ध कराने के साथ-साथ कार्यालयों को भी हाईटेक किये जाने हेतु प्रतिबद्ध है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि वर्तमान में राज्य में चारधाम यात्रा गतिमान है। जिसमें देश-विदेश से लाखों संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। पुलिस द्वारा चारधाम यात्रा को बेहतरीन तरीके से संचालित किया जा रहा है। राज्य सरकार और पुलिस चारधाम यात्रा को आमजन के लिये सुगम व सुरक्षित बनाये रखने के लिए निरंतर प्रयासरत है। उन्होंने कहा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के विजन के अनुरूप हम उत्तराखंड पुलिस को एक आधुनिक और स्मार्ट पुलिस बल बनाने के लिए निरंतर कार्य करे रहे हैं। इस “संकल्प“ को पूर्ण करने में सभी जवान और अधिकारियों का साथ भी जरूरी है। उन्होंने कहा सम्पूर्ण देश में उत्तराखण्ड राज्य की पुलिस ने मित्रता, सेवा एवं सुरक्षा के रूप में अपनी एक विशिष्ट पहचान बनाई है। अपने अथक प्रयासों से इस गौरवशाली सेवा को सुशोभित कर उत्तराखंड पुलिस की कर्तव्यनिष्ठ और मित्र पुलिस की छवि को हमेशा बरकरार रखेंगे।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि समाज को सुधारने में पुलिस की अहम भूमिका होती है। करोड़ों की संख्या में हमारे राज्य में पर्यटक अन्य राज्यों से आते हैं। ऐसे में पुलिस राज्य सरकार के प्रतिनिधि के तौर पर काम करती है। उन्होंने कहा उत्तराखंड पुलिस को वर्तमान समय के साथ भविष्य के लिए भी खुद को तैयार करने की जरूरत है। उन्होंने कहा राज्य में पुलिस विभाग के उत्थान एवं आधुनिकीकरण के लिए सरकार पूर्ण रूप से प्रतिबद्ध होकर निरंतर कार्य करती रहेगी।
अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने कहा कि सरकार निरंतर स्मार्ट पुलिस के मंत्र पर काम कर रही है। बीते वर्षों में पुलिस को आधुनिकता से जोड़ने के लिए कई कार्य हुए हैं। उन्होंने कहा मुख्यमंत्री के नेतृत्व में नवीन भवनों का निर्माण कार्य हो रहा है जिसमें उसकी गुणवत्ता और समयावधि का विशेष ध्यान रखा जा रहा है।
डीजीपी अशोक कुमार ने कहा कि सरदार पटेल भवन के लोकार्पित होने से उत्तराखंड पुलिस को एक बहुउद्देशीय कार्यालय भवन मिला है। सरकार पटेल भवन में परिक्षेत्रीय कार्यालय के अतिरिक्त यातायात निदेशालय, एस०डी०आर०एफ० प्रशिक्षण, अग्निशमन एवं आपात सेवा आदि कार्यालय शिफ्ट किये गये हैं। जिसमें लगभग 250 अधिकारी एवं कर्मचारी कार्यरत हैं।
इस दौरान कार्यक्रम सांसद माला राज्यलक्ष्मी शाह, विधायक खजान दास, अपर पुलिस महानिदेशक अभिनव कुमार एवं अन्य लोग मौजूद रहे।