अब उत्तराखण्ड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग द्वारा होगीं ऑनलाइन परीक्षाए

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने सचिवालय में उत्तराखण्ड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग द्वारा राज्य में ऑनलाइन परीक्षाएं (कम्प्यूटर बेस्ड टेस्ट) के लिए प्रशिक्षण हेतु वीडियो-मॉकटेस्ट का शुभारम्भ किया। मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र ने कहा कि उत्तराखण्ड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग द्वारा ऑनलाईन जो परीक्षाएं आयोजित की जा रही हैं, अभ्यर्थी को इसके लिए व्यापक स्तर पर विभिन्न माध्यमों से प्रशिक्षण की व्यवस्था की जाय। यह सुनिश्चित किया जाय कि ऑनलाइन परीक्षा होने से पूर्व अभ्यर्थियों को ऑनलाइन परीक्षा से संबंधित सभी नियमों की जानकारी हो। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिये कि ऑनलाइन परीक्षाओं से संबंधित सभी जानकारियों एवं मॉकटेस्ट के लिए अभ्यर्थियों-छात्रों को महाविद्यालयों, जिन माध्यमिक स्कूलों में वर्चुअल क्लास की व्यवस्था है, विकासखण्ड, तहसील एवं जनपद स्तर पर भी वर्चुअल एवं अन्य माध्यमों से प्रशिक्षण की व्यवस्था की जाय। अभ्यर्थियोंध्छात्रों के फीडबैक भी अवश्य लिये जाए।

उत्तराखण्ड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग के अध्यक्ष एस राजू ने जानकारी दी कि पिछले साढ़े तीन सालों में आयोग द्वारा आयोजित परीक्षाओं में में 5700 पदों पर चयन प्रक्रिया पूरी की गई। पिछले चयन वर्ष में लगभग 5000 नये पदों पर चयन हेतु भर्ती विज्ञापन जारी किये गये हैं व 2500 पदों पर विज्ञापन जारी किये जाने हैं। उन्होंने बताया कि ऑनलाइन परीक्षाएं (कम्प्यूटर बेस्ड टेस्ट) आयोग द्वारा प्रथम बार शुरू की जा रही हैं। 19 दिसम्बर 2020 से 03 ऑनलाइन परीक्षाएं प्रारम्भ हो रही हैं। ऑनलाइन परीक्षाओं के लिए प्रशिक्षण मॉड्यूल तैयार किया गया है। इस प्रशिक्षण मॉड्यूल में ऑनलाइन परीक्षाओं के लिए आयोग द्वारा जारी दिशा-निर्देश, परीक्षा पूर्व, परीक्षा के दौरान तथा परीक्षा के बाद अभ्यर्थियों को ध्यान में रखने की मुख्य बातों को दर्शाने वाला वीडियो एवं 30 प्रश्नों का मॉकटेस्ट जो वास्तविक परीक्षा देने के समान होगा। उन्होंने कहा कि परीक्षा में सुचिता एवं पारदर्शिता लाने की दृष्टि से ऑनलाइन परीक्षाएं एक उचित विकल्प है। कम्प्यूटर स्क्रीन पर एक बार में एक प्रश्न प्रदर्शित होगा, प्रत्येक अभ्यर्थी का अलग प्रश्न पत्र होगा एवं सम्पूर्ण परीक्षा व सभी अभ्यर्थी सीसीटीवी कैमरे से कवर्ड होंगे। अभ्यर्थियों को परीक्षा के उपरांत पूर्व की भांति उनका प्रश्न पत्र एवं उनका उत्तर उपलब्ध कराया जायेगा। अभ्यर्थियों को प्रश्नों पर चुनौती का अवसर भी दिया जायेगा।

इस अवसर पर शिक्षा मंत्री अरविन्द पाण्डेय, अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी, मुख्यमंत्री के आईटी सलाहकार रविन्द्र दत्त, सदस्य उत्तराखण्ड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग डा. प्रकाश थपलियाल, सचिव संतोष बडोनी, अनुसचिव राजन नैथानी, आशीष कौल आदि उपस्थित थे।

राजकीय महाविद्यालयों में ई-ग्रंथालय के लिए 56 लाख रूपए स्वीकृत

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत जनपद हरिद्वार में जिला महिला चिकित्सालय में 200 शैयायुक्त मातृ एवं शिशु वार्ड के निर्माण कार्य के लिये प्रथम किस्त के रूप में 07 करोड़ की धनराशि की स्वीकृति प्रदान की है। इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने राजकीय महाविद्यालयों में ई-ग्रंथालय की स्थापना के लिये प्रथम किस्त के रूप में 56 लाख रूपये की स्वीकृति प्रदान की है।

मुख्यमंत्री ने विकासखण्ड भटवाड़ी के अन्तर्गत राजकीय इण्टर कालेज मुस्टिक सौड़ में बहुउदेश्यीय भवन के निर्माण हेतु 10 लाख की धनराशि स्वीकृत करने के साथ ही देहरादून से मसूरी ट्रैकिंग मार्ग के विकास व सौन्दर्यीकरण हेतु 75.90 लाख की वित्तीय स्वीकृति प्रदान करने के साथ ही 30 लाख अवमुक्त किये जाने की स्वीकृति प्रदान की है।

इसके साथ ही जनपद पौड़ी के विकासखण्ड कोट के ग्राम घिड़ी में 02 कक्षों के विश्राम गृह का निर्माण कार्य हेतु 24.63 लाख, विधानसभा क्षेत्र कलियर के वट वृक्ष शहीद स्मारक जहां स्वतंत्रता संग्राम सेनानी को फांसी दी गयी थी, उक्त शहीद स्मारक का सौन्दर्यीकरण किये जाने हेतु 15.55 लाख की स्वीकृति प्रदान की गई है। पर्यटन विभाग के अन्तर्गत जनपद उत्तरकाशी में 34 नग अस्थाई फ्लैक्सी शौचालयों व मूत्रालयों का निर्माण व मरम्मत हेतु 18.98 लाख की वित्तीय स्वीकृति भी मुख्यमंत्री ने प्रदान की है।

एम्स में नौ माह का शिशु का सिकुड़ा हार्ट सर्जरी के जरिए हुआ सही

अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान एम्स ऋषिकेश में कॉर्डियो थोरेसिक सर्जरी विभाग के विशेषज्ञ चिकित्सकों ने उधमसिंहनगर निवासी एक 9 महीने के शिशु के सिकुड़े हुए हार्ट की सफलतापूर्वक सर्जरी को अंजाम दिया है। एम्स निदेशक प्रो. रविकांत ने इस उपलब्धि के लिए चिकित्सकीय टीम की प्रशंसा की। उन्होंने बताया कि पीडियाट्रिक कॉर्डियक सर्जरी एक टीम वर्क है। जिसमें बच्चों के दिल के विशेषज्ञ, पीडियाट्रिक सीटीवीएस सर्जन व कॉर्डियक एनेस्थिटिस्ट के अलावा पीडियाट्रिक कॉर्डियोलॉजिस्ट, कॉर्डियक रेडियोलॉजिस्ट, नर्सिंग आदि की अहम भूमिका होती है। निदेशक प्रो. रविकांत ने बताया कि एम्स ऋषिकेश बच्चों के हृदय संबंधी बीमारियों के इलाज का विशेष ध्यान रखते हुए ​भविष्य में हृदय संबंधी सभी गंभीर बीमारियों के समुचित उपचार सुविधाएं उपलब्ध कराने को प्रयासरत है। जिससे कि मरीजों को हृदय से जुड़ी बीमारियों के इलाज के लिए उत्तराखंड से बाहर के चिकित्सालयों में परेशान नहीं होना पड़े।
चिकित्सकों के अनुसार उधमसिंहनगर निवासी 9 महीने के शिशु को बचपन से ही दूध पीने में कठिनाई होती थी। जांच के बाद पता चला कि उसके हार्ट के वाल्ब में जन्म से सिकुड़न है एवं एक पीडीए नामक धमनी जिसे जन्म के बाद बंद होना चाहिए मगर वह नहीं हुई थी। इससे बच्चे के दिल पर अधिक दबाव बन रहा था एवं बच्चे का वजन नहीं बढ़ पा रहा था। इस बच्चे का वजन मात्र 5 किलोग्राम था, उसे दूध पीते वक्त माथे पर पसीना आता था और दूध रुक रुक कर पाता था, जो कि बच्चों में हार्ट फेलियर के लक्षण है। उन्होंने बताया ​कि बच्चे की पहली जांच हल्द्वानी में हुई थी जहां से उसे एम्स ऋषिकेश रेफर किया गया था।

आवश्यक परीक्षण एवं जांच के उपरांत बच्चे की धमनी का संस्थान के पीडियाट्रिक सीटीवीएस विभाग के चिकित्सकों की टीम ने डा. अनीश गुप्ता के नेतृत्व में सफलतापूर्वक किया। चिकित्सक के अनुसार सर्जरी के बाद उसके वाल्ब की दिक्कत काफी हद तक कम हो गई है तथा शिशु की हालत में लगातार सुधार हो रहा है। उन्होंने यह भी बताया ​कि भविष्य में बच्चे के वाल्ब का आपरेशन किए जाने की संभावना है। ऑपरेशन के बाद शिशु को आईसीयू में डा. अजय मिश्रा की देखरेख में रखा गया व इसके बाद उसे डा. यश श्रीवास्तव की निगरानी में शिफ्ट किया गया।

एम्स का अनुरोध, बच्चों में निम्न लक्षण होने पर पीडियाट्रिक कॉर्डियोलॉजिस्ट से कराएं जांच – 1-होंठ एवं नाखून का नीला पड़ना, 2- सांस फूलना, 3-वजन न बढ़ना, 4-दूध पीने में कठिनाई या माथे पर पसीना आना, 5-जल्दी थकान होना, 6- धड़कन तेज चलना।

मेयर अनिता ने बडोनी चैक पर किया हाईटेक शौचालय का निरीक्षण

मेयर अनिता ममगाई ने स्वर्गीय इंद्रमणि बडोनी चैक स्थित निर्माणाधीन हाईटेक शौचालय का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने कार्यदायी सुरभि लोक संस्था के निर्माण कार्य पर संतोष जताया।
स्वच्छ भारत मिशन एवं 14 वित्त आयोग की मदद एवं शहरी विकास मंत्रालय के सहयोग से अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त धार्मिक एवं पर्यटन नगरी ऋषिकेश में बनवाए जा रहे शौचालयों को लेकर निगम प्रशासन बेहद गंभीर नजर आ रहा है।

मेयर अनिता निर्माणाधीन शौचालयों की मॉनिटरिंग स्वयं कर रही है। इसी कड़ी में आज दोपहर मेयर अनिता ममगाई ने स्व इन्द्रमणि बडोनी चैक स्थित हाईटेक शौचालय का निरीक्षण किया। बताया कि तीस वर्षों के मेंटेनेंस एग्रीमेंट के साथ हाईटेक शौचालयों का निर्माण कराया जा रहा है।जानकारी दी कि अच्छे शौचालय देने का वायदा उन्होंने चुनावी घोषणा पत्र में किया था। योजना को जमीनी धरातल पर लाने के लिए कार्य प्रारंभ हो चुका है। शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्र में सुंदर साफ और स्वच्छ शौचालयों का निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है। जल्द ही उक्त प्रोजेक्ट को पूर्ण कर लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रथम चरण में तीन हाईटेक और पांच डीलक्स शौचालयों का निर्माण कराया जा रहा है इससे यहां आने वाले पर्यटकों और श्रद्धालुओं को सुविधा मिलेगी।

उन्होंने बताया कि जैसे-जैसे नगर निगम को भूमि उपलब्ध होती रहेगी वैसे वैसे अन्य क्षेत्रों में भी हाईटेक शौचालयों का निर्माण कराया जाएगा।इस दौरान सहायक नगर आयुक्त एलम दास, सहायक अभियंता आनंद मिश्रवान, स्थानीय पार्षद राकेश सिंह मियां,अनिल ध्यानी, अनिकेत गुप्ता, राजेश गौतम, सुरभी लोक संस्था के चेेेयरमेन आशीष तिवारी, प्रांतीय प्रबंधक विक्रम सिंह आदि मोजूद रहे।

परिजनों की भांति निर्धन कन्या की आर्थिक मदद को आया लायंस क्लब डिवाइन

निर्धन कन्या के लिए लायंस क्लब ऋषिकेश डिवाइन अभिभावक बना। यह पहला मौका नहीं है, जब क्लब किसी निर्धन के लिए मददगार बना हो। इससे पूर्व भी क्लब की ओर से अनगिनत लोगों की मदद की गई है।

ठीक उसी प्रकार आज एक निर्धन कन्या के इलाज के लिए 5100 रूपए की आर्थिक सहायता कर क्लब ने अभिभावक की भूमिका निभाई। क्लब अध्यक्ष महेश किंगर ने बताया कि समय-समय पर समाज जरूरतमंदों की सहायता की जाती है चाहे वह इलाज के लिए आर्थिक सहायता हो, स्कूल फीस और शादी समारोह में सामान की आवश्यकता हो। बताया कि प्रत्येक वर्ष की तरह इस वर्ष भी त्रिवेणी घाट पर निशुल्क चाय की जा रही है। इस अवसर पर संस्थापक ललित मोहन मिश्र, सचिव अमित सूरी, घनश्याम ढंग, मयंक अरोड़ा, सावन खुराना आदि उपस्थित थे।

उत्तराखंड में 15 दिसंबर से खुलने जा रहे विश्व विद्यालय

देहरादून। आज उत्तराखंड कैबिनेट की बैठक आयोजित की गई। कैबिनेट में 29 प्रस्ताव आए, एक अगली कैबिनेट में प्रस्ताव रखा गया। एक में कमेटी बनाई गई। कुल 27 प्रस्तावों पर कैबिनेट ने अपनी मुहर लगाई।

– कोविड-19 की वैक्सीन को लेकर कैबिनेट के सामने प्रेजेंटेशन रखी गई।
– पहले फेस में 20 प्रतिशत लोगों को उत्तराखंड में कोविड-19 लगाई जाएगी, 55 साल से ऊपर के लोगों, फ्रंट लाइन में काम करने वाले कर्मचारियों को भी लगाया जाएगा टीका,
– उत्तराखंड पेजयल संसाधन एवं निर्माण नियमावली में संशोधन
– देहरादून मेडिकल कॉलेज में 44 सुपर स्पेशलिटी पदों को कैबिनेट ने दी मंजूरी
– रुद्रपुर मेडिकल कॉलेज में 927 पदों को मिली स्वीकृति
– नैनीताल में सेंचुरी पल्प मिल की भूमि लीज को लेकर भी लिया गया फैसला
– देहरादून में अमृत कौर रोड देहरादून पर स्थित नर्सिंग होम को मार्ग शिथिलता प्रदान किए जाने के संबंध में मंजूरी मिली
– निजी सुरक्षा एजेंसियों के लिए राज्य के आदर्श नियमावली 2020 में संशोधन किया गया
– उत्तराखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण नियमावली में संशोधन किया गया।
– उत्तराखंड खादी एवं ग्रामोद्योग बोर्ड के लेखा वर्ग के पदों में चार पद खत्म
– उत्तराखंड शहीद आश्रितों अनुग्रह अनुदान अधिनियम 2020 कानून बना
– उत्तराखंड लोक सेवा आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के लिए आरक्षण संशोधन अध्यादेश को मंजूरी मिली,
– उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग अधिनियम 2014 में संशोधन, पुलिस की भर्ती भी अधीनस्थ सेवा आयोग करेगा,
– आबकारी नीति में संशोधन किया गया,
– राज्य के निवासियों के लिए ट्रस्ट शोसायटी एक्ट बनाने को लेकर हरक सिंह रावत की अध्यक्षता में बनी कमेटी को मिली मंजूरी,
– राज्य के अंदर 15 दिसंबर से कॉलेज यूनिवर्सिटी डिग्री कॉलेज खोले जाएंगे, कोविड-19 के सभी गाइडलाइन का पालन किया जाएगा,
– उत्तराखंड अधीनस्थ शिक्षा सेवा नियमावली 2020 कैबिनेट में दोबारा प्रस्ताव आएगा

बिना परमिशन के बारात निकालने पर होगा मुकदमा

कोतवाली ऋषिकेश में आज समस्त होटल, धर्मशालाओं, वेडिंग प्वाइंट के संचालकों की बैठक उप जिलाधिकारी वरूण चैधरी की मौजूदगी में ली गई।

एसडीएम वरूण चैधरी ने आयोजकों को बताया कि देशभर में कोरोना संक्रमण की संख्या में इजाफा को देखते हुए तीर्थ नगरी ऋषिकेश में बिना अनुमति रात को बारात निकालने पर प्रतिबंध रहेगा। इसके साथ ही रात दस बजे के बाद डीजे नहीं बजाया जाएगा। उन्होंने इसका पालन सभी आयोजकों से करने को कहा। साथ ही बताया कि ऐसा न करने वालों के खिलाफ मुकदमा दर्ज होगा।

पुलिस क्षेत्राधिकारी ऋषिकेश ने बताया कि केंद्र सरकार द्वारा निर्धारित सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करने व उच्च न्यायालय के आदेशानुसार रात 10 बजे बाद कोई भी डीजे नहीं बजाएगा, जिसके लिए होटल, धर्मशाला, वेडिंग संचालकों के द्वारा बुक कराए जाने वाली पार्टियों से लिखित रुप में लिया जाएगा। इसी के साथ पुलिस द्वारा निर्धारित सूचनाएं भी सार्वजनिक स्थान पर चस्पा की जाएगी। कहा कि यदि कोई पार्टी नहीं मानती है, तो उसके खिलाफ पुलिस को सूचना दी जाए, जिसके बाद पुलिस कानूनी कार्रवाई करेगी।

बैठक में नगरभर के करीब 38 संचालक मौजूद रहे।

सीएम के सोशल मीडिया काॅर्डिनेटर ने की भरत मंदिर परिवार से शिष्टाचार भेंट

हृषिकेश नारायण श्री भरत मंदिर में आज मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत के सोशल मीडिया काॅर्डिनेटर नितिन रावत पहुंचे। यहां उन्होंने भगवान श्री भरत जी के दर्शन किए। मंदिर के पुजारियों ने उन्हें भगवान भरत का आशीर्वाद स्वरूप पट्टा पहनाया। यहां के बाद नितिन रावत को श्री भरत मंदिर की ओर से वरूण शर्मा ने प्राचीन व अलौकिक शिवलिंग के दर्शन कराए। यहां नितिन रावत ने कुछ पल गुजारकर पुनः परिवार सहित आने की इच्छा जताई। वरूण शर्मा ने सीएम के सोशल मीडिया काॅर्डिनेटर नितिन रावत को हृषिकेश का पौराणिक महत्व बतलाया। साथ ही मंदिर को लेकर लोगों में आस्था से भी रूबरू कराया।

इसके बाद श्री भरत मंदिर के महंत वत्सल शर्मा ने उन्होंने शिष्टाचार भेंट की। दोनों के बीच काफी देर तक सामाजिक कार्यों को लेकर वार्ता भी हुई। नितिन रावत ने श्री भरत मंदिर सोसाइटी की ओर से किए जा रहे कार्यों की प्रशंसा भी की। यहां के बाद नितिन रावत ने मंदिर परिसर पर स्थित म्जूजियम का भी रूख किया। श्री भरत मंदिर की ओर से वरूण शर्मा ने उन्हें एक-एक शिलालेख की विस्तार से जानकारी दी। यहां के बाद नितिन रावत अन्यत्र जगह के लिए रवाना हुए।

इमरजेंसी में उपचार को लाभकारी साबित हो रहा एम्स का हैलीपेड

अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान, एम्स ऋषिकेश के हैलीपेड का आपात स्थिति में सुदूरवर्ती क्षेत्रों के मरीजों को सीधा लाभ मिलने लगा है। राज्य के सीमांत क्षेत्रों से पिछले 3 दिनों के भीतर ही आपात स्थिति के 4 मरीज उपचार के लिए एम्स अस्पताल पहुंच चुके हैं। जबकि इससे पूर्व भी एक मरीज को इलाज के लिए एयर लिफ्ट कर एम्स लाया गया था।
आज दोपहर करीब एक बजे एयर एंबुलैंस के माध्यम से जनपद चमोली के लंगासू क्षेत्र से ब्लडप्रेशर, डायबिटीज और अन्य बीमारियों से ग्रसित 55 वर्षीय एक कोविड पाॅजिटिव मरीज को एयरलिफ्ट कर एम्स लाया गया। जबकि दो दिन पूर्व बीते सोमवार को भी राज्य के पूर्व मंत्री राजेंद्र सिंह भंडारी, उनकी पत्नी रजनी भंडारी को भी हैली एंबुलैंस सेवा के माध्यम से दूरस्थ चमोली गढ़वाल से इलाज के लिए ऋषिकेश एम्स लाया गया था।

इस बाबत एम्स ऋषिकेश के एविएशन एंड एयर रेस्क्यू इंचार्ज डाॅ. मधुर उनियाल ने बताया कि दो महीने पहले पौड़ी जिला मुख्यालय से एक चिकित्सक को हैली एंबुलैंस से एम्स लाया गया था। जो कि स्ट्रोक की वजह से गंभीर स्थिति में थे। लिहाजा एयर एंबुलैंस सेवा के चलते उन्हें समय पर उपचार मिल पाया और स्वास्थ्य होने पर कुछ ही दिनों में उन्हें एम्स से डिस्चार्ज कर दिया गया था। डाॅ. उनियाल ने बताया कि हैली एंबुलैंस सुविधा को आयुष्मान भारत योजना में शामिल करने के लिए एम्स की ओर से राज्य सरकार को प्रस्ताव भेजा गया है। जिससे उत्तराखंड के गरीब से गरीब परिवारों को भी इस सुविधा का लाभ मिल सके।

एम्स ऋषिकेश को एयर एंबुलैंस सुविधा से जोड़ने के उद्देश्य से राज्य के मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने 11 अगस्त-2020 को एम्स के हैलीपेड का उद्घाटन किया था। भौतिक और तकनीकी तौर पर यहां हैलीपेड संचालन की अनुमति प्रदान करने से पूर्व 28 जुलाई को डीजीसीए की टीम द्वारा 6 सीटर हैलीकाॅप्टर की ट्राॅयल लैंडिंग भी की गई थी। अब एम्स ऋषिकेश में हैलीपेड की सुविधा होने से इमरजेंसी उपचार की आवश्यकता वाले मरीजों को इसका सीधा लाभ होने लगा है। इससे खासतौर से उन गंभीर मरीजों को त्वरित उपचार मिल पा रहा है जिन्हें सीमांत अथवा सुदूरवर्ती पहाड़ी क्षेत्रों से एयर लिफ्ट कर एम्स पहुंचाए जा रहे हैं।

यमकेश्वर एक्सप्रेस के नाम से विद्यालय का हुआ लोकार्पण

विश्व प्रसिद्ध लक्ष्मणझूला तक अब यमकेश्वर एक्सप्रेस पहुंच गई है, मजेदार बात यह है कि यह एक्सप्रेस सिर्फ स्कूली बच्चों के लिए ही है। इसमें बच्चों का न सिर्फ मनोरंजन हो सकेगा, बल्कि शिक्षा भी मिलेगी। जी हां, लक्ष्मणझूला क्षेत्र में प्राथमिक विद्यालय का चार लाख रूपए की विधायक निधि से जीणोद्धार किया गया है, इसे यमकेश्वर एक्सप्रेस का नाम दिया गया है, जिसे आज भाजपा विधायक रितु खंडूरी ने लोकार्पित किया है।

इस स्कूल में अध्ययन करने वाले छात्रों के लिए मनोरंजन का भी ध्यान रखा गया। इसके लिए बकायदा स्कूल की दीवारों को एक ट्रेन का रूप दिया गया है, जो बाहर से बड़ा ही आकर्षण का केंद्र है। इस कक्ष में बैठने पर बच्चों को एक पल के लिए यह तो एहसास जरूर होगा कि वह किसी ट्रेन के भीतर बैठे हों।

विधायक रितु खंडूरी ने लोकार्पण अवसर पर कहा कि यह एक्सप्रेस को वह पूरे यमकेश्वर में घुमाने वाली हैं, यह अब रूकने वाली नहीं है। इस दौरान पूर्व नपां अध्यक्ष शकुंतला राजपूत, मनीष राजपूत, सभासद जितेंद्र सिंह धाकड़ नवीन राणा, विधायक प्रतिनिधि अश्वनी गुप्ता आदि मौजूद रहे।