त्योहारी सीजन में विशेष अभियान चलाने के मंत्री ने दिये निर्देश

त्योहारी सीजन को देखते हुये खाद्य पदार्थों में मिलावट रोकने के लिये विभागीय अधिकारियों को विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिये गये हैं। मिलावटखारों पर नकेल कसने के लिये खाद्य पदार्थों की सैम्पलिंग बढ़ाने, उत्तर प्रदेश से लगी सीमाओं पर सघन चेकिंग अभियान चलाने व खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता को लेकर जनजागरूकता अभियान चलाने को कहा गया है।
चिकित्सा स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री डॉ0 धन सिंह रावत ने आज विधानसभा स्थित कार्यालय कक्ष में खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग की समीक्षा बैठक ली। जिसमें उन्होंने त्योहारी सीजन को देखते हुये अधिकारियों को खाद्य पदार्थों में मिलावट रोकने के लिये विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिये। विशेष कर दीपावली के मध्यनजर उत्तर प्रदेश से लगे जनपदों की सीमाओं पर नकली मावा एवं नकली पनीर सहित अन्य दुग्ध उत्पादों की विशेष जांच के निर्देश दिये। विभागीय मंत्री ने कहा कि खाद्य पदार्थों की जांच के साथ ही आम लोगों को मिलावटखोरी के प्रति जागरूक करने के लिये जनजागरूकता अभियान चलाया जाय साथ ही विभिन्न माध्यमों से विभाग द्वारा संचालित योजनाओं का प्रचार-प्रसार किया जाय। बैठक में विभागीय अधिकारियों ने बताया कि खाद्य पदार्थों एवं खाद्य तेलों में मिलावटखोरी रोकने के लिये उत्तराखंड हेल्प डेस्क का गठन कर टोल फ्री नम्बर 18001804246 जारी किया गया है। जिस पर कोई भी व्यक्ति मिलावटखोरी के संबंध में शिकायत दर्ज कर सकता है। इसके अलावा विभाग की वेबसाइट fda.uk.gov.in इन तथा विभागीय ईमेल fdc-uttarakhand@uk.gov.in पर किसी भी प्रकार की शिकायत एवं सुझाव भेज सकते हैं। समीक्षा बैठक के दौरान खाद्य संरक्षा विभाग के अधिकारियों ने बताया कि विगत तीन दिनों में चलाये गये चेकिंग अभियान के दौरान प्रदेशभर के 140 खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण कर विभिन्न खाद्य पदार्थों के 104 नमूने लेकर जांच के लिये प्रयोगशाला भेज दिये गये हैं।
बैठक में प्रभारी सचिव स्वास्थ्य एवं आयुक्त एफडीए डॉ0 आर0 राजेश, उपायुक्त अरूणेन्द्र सिंह चौहान, उप सचिव स्वास्थ्य के0के0 शुक्ल, ड्रग कंट्रोलर ताजबर सिंह, उपायुक्त खाद्य जी.सी. कण्डवाल, आर0एस0 रावत, मनीष सयाना, पी0सी0 जोशी, रमेश सिंह, मंजू सिंह सहित विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।

डीजीपी को दो टूक, धामी ने कहा-कानून व्यवस्था नही सुधरी तो कुर्सी छोड़ दे अधिकारी

प्रदेश में कानून व्यवस्था के संबंध में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सख्त निर्देश दिये हैं कि पिछले दिनों हुई कतिपय घटनाओं का खुलासा जल्द से जल्द किया जाए। अपराधों पर नियंत्रण के लिए राज्य सरकार सख्त है। इसी क्रम में पुलिस महानिदेशक उत्तराखंड अशोक कुमार द्वारा उधमसिंहनगर के काशीपुर में खनन कारोबारी की हत्या, डोईवाला में हुई डकैती एवं जनपद हरिद्वार में पुलिसकर्मियों पर हुई फायरिंग के खुलासे हेतु 3 दिन का अल्टीमेटम दिया गया है। उन्होंने कहा है कि 3 दिन में उक्त घटनाओं का खुलासा न होने पर संबंधित थाना प्रभारी एवं क्षेत्राधिकारी को हटाया जाएगा। इसके अतिरिक्त उन्होंने बताया कि संबंधित जिलों के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षकों को भी उपरोक्त घटनाओं के जल्द खुलासे न होने पर अपराध नियंत्रण में नाकाम माना जाएगा।

पुलिस का बदमाशों को खौफ नही, दिनदहाड़े बंधक बनाकर कर दी डकैती

डोईवाला में हथियारों से लैस छह नकाबपोश बदमाशों ने शहरी विकास मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल के चचेरे भाई के घर पर धावा बोला। बदमाशों ने घर की मालकिन और घर पर काम करने वाली दो महिलाओं को बंधक बनाकर डकैती की। करीब डेढ़ घंटे इत्मीनान से लूटपाट करने के बाद बदमाश नगदी और कीमती आभूषण लेकर फरार हो गए। दिनदहाड़े हुई इस दुस्साहसिक घटना से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। आनन-फानन में पुलिस के आलाधिकारी मौके पर पहुंचे और घटना की जानकारी ली।
शहरी विकास मंत्री के चचेरे भाई और डोईवाला के प्रतिष्ठित व्यापारी शीशपाल अग्रवाल उर्फ कोली का घराट रोड पर आवास है। बताया जा रहा है कि व्यापारी अग्रवाल शनिवार को रोज की तरह घर से सुबह करीब 9 बजे डोईवाला चौक रेलवे रोड स्थित अपनी परचून की दुकान के लिए निकल गए। दोपहर करीब 12 बजे छह लोग खुद को व्यापारी का रिश्तेदार बताते हुए जबरन घर के अंदर घुस गए। उस वक्त घर पर व्यापारी की पत्नी ममता के अलावा दो नौकरानी लक्ष्मी और आरती मौजूद थीं। जब तक वह कुछ समझ पाती, असलहों से लैस बदमाशों ने तमंचे और चाकू की नोक पर रस्सी से हाथ-पैर बांधकर उन्हें बंधक बना दिया। महिलाओं को बंधक बनाने के बाद बदमाशों ने घर में दिवान बॉक्स, लॉकर, आलमारी आदि को खंगाला।
लूटपाट के बाद बदमाश नगदी और कीमती आभूषण लेकर फरार हो गए। बदमाशों के जाते ही महिलाओं के शोर-मचाने पर आस-पड़ोस के लोग पहुंचे और महिलाओं को बंधन मुक्त कराया। बदहवास घर की मालकिन और काम करने वाली महिलाओं ने बताया कि बदमाश नकाबपोश थे। उनके पास तमंचे और चाकू थे। सूचना पाकर फोरेंसिक टीम के साथ मौके पर पहुंची पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना कर साक्ष्य जुटाने के प्रयास किए। एसएसपी दिलीप सिंह, एसपी देहात कमलेश उपाध्याय, सीओ डोईवाला अनिल शर्मा, सीओ ऋषिकेश डीसी ढौडियाल, कोतवाल राजेश शाह आदि मौके पर पहुंचे और बदमाशों की तलाश को कई जगहों पर चेकिंग की गई।

सॉलिड वेस्ट प्रोसेसिंग प्लांट का निरीक्षण कर मंत्री ने जानी कार्यप्रणाली

शहरी विकास मंत्री डॉ प्रेमचंद अग्रवाल ने हरिद्वार नगर निगम के ग्राम सराय में स्थापित सॉलिड वेस्ट प्रोसेसिंग प्लांट का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने प्लांट की कार्यप्रणाली की भी जानकारी हासिल की।
शनिवार को शहरी विकास मंत्री डॉ प्रेमचंद अग्रवाल ग्राम सराय में चल रहे सॉलिड वेस्ट प्रोसेसिंग प्लांट पहुंचे। यहां निगम के मुख्य नगर आयुक्त दयानंद सरस्वती ने बताया कि हरिद्वार शहर का कूड़ा करीब 230 टन प्रतिदिन एकत्र होकर इस प्लांट पर लाया जाता है। बताया कि इस प्लांट की क्षमता फिक्सड ट्रॉयल पर 150 टन प्रतिदिन तथा मूविंग मशीन पर 50 टन प्रति घंटा है। जिसका संचालन कार्यदायी संस्था मैसर्स आयुषी हाइजीन एंड केयर प्राइवेट लिमिटेड द्वारा माह जनवरी से किया जा रहा है। उन्होंने मंत्री डॉ अग्रवाल को बताया कि सॉलि़ड वेस्ट की प्रोसेसिंग के दौरान तीन प्रकार के उत्पाद प्राप्त होते हैं, जिनमें प्रथम उद्योगों में भट्टी में जलाने में दौरान उपयोग में लाया जाता है। दूसरा भूमि भराव में उपयोग में लाया जाता है तथा कंपोस्ट को लोगों के आग्रह पर निशुल्क उपलब्ध कराया जाता है। उन्होंने मंत्री डॉ अग्रवाल को बताया कि हरिद्वार नगर निगम का गीला व सूखा कूड़ा परिवहन कर प्रोसेसिंग प्लांट पर लाया जाता है। यहां विन्ड्रो विधि से जैविक अपघटन के बाद बायो माइनिंग (छानना) से कूड़े को तीन घटकों में बदला जाता है। नगर निगम हरिद्वार द्वारा सूखे कूड़े के पृथक्कीकरण के लिए एमआरएफ विकसित की जा रही है। जिससे सूखे कूड़े को दोबारा उपयोग में लाया जा सके।
इस मौके पर शहरी विकास मंत्री डॉ प्रेमचंद अग्रवाल ने कूड़ा निस्तारण की प्रक्रिया पर नगर निगम के अधिकारियों को कार्यदाई संस्था की प्रशंसा की। उन्होंने मौके पर प्लांट से उठ रही दुर्गंध को दूर करने के लिए नियमित छिड़काव करने के निर्देश दिए। कहा कि हरिद्वार में की प्रक्रिया में पहले से सुधार हुआ है। उन्होंने बताया कि सॉलिड वेस्ट प्रोसेसिंग प्लांट के आसपास ग्रीन एरिया विकसित किया जाएगा, जो देखने में आकर्षक होगा। बताया कि इस तरह से जर्मनी में भी कार्य किया जा रहा है।
इस मौके पर सहायक नगर आयुक्त श्याम सुंदर, सफाई निरीक्षक विकास छाछर, कंपनी डायरेक्टर गिरिजेश चौबे, पूर्व मेयर हरिद्वार मनोज गर्ग सहित नगर निगम के अधिकारी व कर्मचारी सहित स्थानीय लोग मौजूद रहे।

श्यामपुर में हाथी के डर से कृषक नहीं काट पा रहे फसल

श्यामपुर न्याय पंचायत की ग्राम सभा खदरी खड़क माफ के खादर क्षेत्र में जंगली हाथी की आमद थमने का नाम नहीं ले रही है। आये दिन यहाँ जँगली हाथी ग्रामीणों द्वारा खेतों में फसल सुरक्षा को कीगई सुरक्षा बाड़ को क्षतिग्रस्त कर फसल बर्बाद कर रहा है। इन्हीं टूटी हुई तारबाड़ के गलियारों से निराश्रित पशु खेतों में प्रवेश कर फसल उजाड़ कर रहे हैं।

बीते शनिवार की रात एक दाँत गजराज ने केला गोदाम के समीप स्थानीय निवासी मोहन सिंह रावत के खेत में तारबाड़ तोड़कर धान की खड़ी फसल को नुकसान पहुँचाया। यहाँ से होते हुए गजराज बलबीर सिंह नेगी के खेत में प्रवेश कर गया। दूसरी ओर खादर के ही 22 बीघा तोक में जँगली हाथी ने प्रमोद भट्ट, अनिल रयाल, धर्म पाल सिंह, कुँवर पाल सिंह, पूरण सिंह, विजय सिंह के खेतों में धान की फसल क्षतिग्रस्त कर डाली।

जिला गंगा सुरक्षा समिति के नामित सदस्य विनोद जुगलान ने बताया कि बीते तीन वर्षों से यहाँ क्षेत्र में एक दाँत जंगली हाथी की आमद लगातार बनी हुई है। ऐसे में इस हाथी को वन विभाग की ओर से ट्रेंकुलाइज कर रेडियो कॉलर लगाया जाना चाहिए। ताकि इस गजराज की मोमेंट्स को ट्रेस किया जा सके। जुगलान ने कहा कि एक ओर बेमौसम की बर्षात थमने का नाम नहीं ले रही है परिणामस्वरूप कृषक फसल नही काट पा रहे हैं दूसरी ओर वन्यजीवों की आमद से किसान चिन्ता में हैं। उन्होंने वन क्षेत्राधिकारी ऋषिकेश एनएल डोभाल से रात्रि गश्त बढ़ाने का आग्रह किया है।

एसटीएफ ने सीएम के निर्देश मिलने पर की बड़ी कार्रवाई, मचा हड़कंप

राज्य में भर्ती परीक्षाओं में हुई धाँधलियों पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के जीरो टॉलरेंस के सिद्धांत का पालन करते हुए उत्तराखंड एसटीएफ ने बड़ी कार्रवाई की है।
यूकेएसएसएससी द्वारा 2016 में कराई गई वीपीडीओ भर्ती परीक्षा में धांधली की जाँच में आज आरबीएस रावत पूर्व चेयरमैन, सचिव मनोहर कन्याल, पूर्व परीक्षा नियंत्रक आरएस पोखरिया को गिरफ्तार कर लिया गया है।
यह भर्ती परीक्षा प्रकरण में अब तक की सबसे बड़ी कार्यवाही है। 2016 के मामले में लंबे समय से जाँच चल रही थी लेकिन मुख्यमंत्री के कड़े रुख़ के बाद जाँच एजेंसियों ने भी तेज़ी दिखाई। मुख्यमंत्री धामी पिछले कई अवसरों पर बार बार कह रहे हैं कि वो अपने युवा भाई बहनों के साथ अन्याय नहीं होने देंगे, सरकारी नौकरियों की भर्ती में भ्रष्टाचार का जो दीमक लगा है उसे वे जड़ से मिटा देंगे।
इस क्रम में वीपीडीओ भर्ती में 6 वर्ष बाद विधिसम्मत कार्यवाही कर सीएम ने एक बड़ी लकीर खींच दी है।
मुख्यमंत्री धामी ने एसटीएफ की कार्रवाई की सराहना करते हुए कहा कि “ जाँच एजेंसिया अपना काम कर रही हैं। उत्तराखंड के युवा का हक़ मारने वाले किसी भी दोषी को छोड़ा नहीं जाएगा। सरकार ये सुनिश्चित कर रही है कि भविष्य की सभी भर्ती परीक्षाएँ स्वच्छ और पारदर्शी हो। आज की कार्रवाई इस बात की मिसाल है कि भविष्य में कोई इन परीक्षाओं में गड़बड़ी करने की हिम्मत न कर सके “

क्रमवार विवरण-
उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग द्वारा दिनांक 6 मार्च 2016 को ग्राम पंचायत विकास अधिकारी चयन परीक्षा करवाई गई।
उक्त परीक्षा 6 मार्च 2016 को समस्त 13 जनपदों के 236 परीक्षा केंद्रों में संचालित की गई थी
उक्त परीक्षा में कुल 87196 परीक्षार्थियों द्वारा प्रतियोगी परीक्षा में भाग लिया गया था
30 मार्च 2016 को परीक्षा का परिणाम घोषित किया गया था
उक्त परीक्षा में धांधली के मद्देनजर विभिन्न शिकायतों के आधार पर उत्तराखंड शासन द्वारा तत्कालीन अपर मुख्य सचिव की अध्यक्षता में जांच समिति वर्ष 2017 में गठित की गई थी।
जांच समिति द्वारा प्रेषित आख्या के आधार पर सम्यक विचारोपरांत , एवं माननीय उच्च न्यायालय के निर्देशों के क्रम में उक्त परीक्षा में अनियमितताओं की पुष्टि होने के कारण उक्त परीक्षा परिणाम को निरस्त किया गया
वर्ष 2019 में सचिव कार्मिक एवं सतर्कता अनुभाग के निर्देशानुसार उक्त परीक्षा में हुई अनियमितताओं के संबंध में  जांच सतर्कता अधिष्ठान सेक्टर देहरादून को प्राप्त हुई
वर्ष 2020 में सतर्कता अधिष्ठान सेक्टर देहरादून द्वारा खुली जांच में पुष्टि होने पर उक्त परीक्षा में हुई अनियमितताओं की पुष्टि होने पर  सतर्कता अधिष्ठान देहरादून में मुकदमा अपराध संख्या 01/20 धारा 420/468/467/120 B ipc व धारा 13 (1) भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत अभियोग शासन की अनुमति उपरांत पंजीकृत कराया गया
अभियोग पंजीकृत होने के बाद वर्ष 2020 से वर्ष 2022 तक उक्त प्रकरण की विवेचना सतर्कता अधिष्ठान देहरादून द्वारा की जा रही थी
वर्ष 2022 माह अगस्त में माननीय मुख्यमंत्री के निर्देश अनुसार उक्त प्रकरण की विवेचना एसटीएफ को स्थानांतरित हुई
एसटीएफ द्वारा विवेचना को आगे बढ़ाते हुए साक्ष्य संकलन की कार्रवाई की गई
पूर्व में जांच कमेटी द्वारा उक्त परीक्षा से संबंधित ओएमआर शीट को  FSL भेजा गया था एवं FSL से उक्त OMR शीट में छेड़छाड़ होने की पुष्टि हुई थी
विवेचना के दौरान यह भी पाया गया कि उक्त परीक्षा से संबंधित ओएमआर स्कैनिंग / फाइनल रिजल्ट बनाए जाने का कार्य तत्कालीन सचिव मनोहर सिंह कन्याल के घर पर हुआ था
विवेचना के दौरान अभी तक दो दर्जन से अधिक अभ्यर्थी चिन्हित किए गए हैं और उनके बयान एसटीएफ द्वारा दर्ज किए गए
विवेचना के दौरान कई अहम गवाहों के बयान न्यायालय में भी कराए जा चुके हैं जो केस की अहम साक्ष्य है
विवेचना के दौरान पूर्व में तीन अभियुक्त 1 मुकेश कुमार शर्मा 2 मुकेश कुमार 3 राजेश पाल को एसटीएफ द्वारा गिरफ्तार किया जा चुका है
एसटीएफ द्वारा पर्याप्त साक्ष्यों के आधार पर आज दिनांक 8 अक्टूबर 2022 को तत्कालीन अध्यक्ष  UKSSSC डॉ रघुवीर सिंह रावत पुत्र स्वर्गीय दुर्गा सिंह रावत निवासी 188/1 ऑफिसर सोसायटी वसंत विहार देहरादून
तत्कालीन सचिव UKSSSC मनोहर सिंह कन्याल पुत्र प्रताप सिंह कन्याल निवासी वन 169/2 वन  विहार शिमला बायपास देहरादून, वर्तमान पद- सँयुक्त सचिव लेखा सचिवालय देहरादून
तत्कालीन परीक्षा नियंत्रक UKSSSC राजेंद्र सिंह पोखरिया पुत्र स्वर्गीय प्रेम सिंह पोखरिया निवासी 1/29 कृष्ण पुरम माजरी माफी आईआईपी मोहकमपुर देहरादून को पर्याप्त साक्ष्यों के आधार पर गिरफ्तार किया गया है और माननीय न्यायालय में पेश किया जा रहा है।

हाई एटीट्यूड वेलफेयर स्कूल गुलमर्ग की रेस्क्यू टीम पहुंची उत्तरकाशी

जिला प्रशासन ने छह से आठ अक्तूबर तक ट्रेकिंग और पर्वतारोहण गतिविधियों पर रोक लगा दी है। मौसम विभाग की ओर से अगले तीन दिन भारी बारिश और ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी के अलर्ट को देखते हुए जिलाधिकारी अभिषेक रूहेला ने यह निर्णय लिया। आज सुबह जनपद मुख्यालय में हाई एटीट्यूड वेलफेयर स्कूल गुलमर्ग की रेस्क्यू टीम पहुंच गई है। यह अपने आप में एक विशेषज्ञ टीम है। क्योंकि पूरे देश में गुलमर्ग में एकमात्र ऐसा संस्थान है जहां बहुत अधिक ऊंचाई पर रेस्क्यू के लिए प्रशिक्षण दिया जाता है।
टीम मातली हेलीपैड से घटनास्थल के लिए रवाना हुई। घटनास्थल पर मौसम खराब होने के कारण बरामद हुए शव मातली हेलीपैड नहीं लाए जा पा रहे हैं। अब टीम को मौसम के ठीक होने का इंतजार किया जा रहा है। निम के अनुसार अभी तक 16 शव बरामद हो चुके हैं। चार शव मंगलवार को मिले थे, 12 शव आज बरामद किए गए हैं। 29 लोग अभी भी फंसे हुए हैं।
बहुत अधिक ऊंचाई के कारण बुधवार को रेस्क्यू टीम घटनास्थल नहीं पहुंच पाई थी। बुधवार शाम को जो अपडेट मिला था उसके अनुसार रेस्क्यू टीम घटनास्थल से तीन घंटे की दूरी पर थी। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार अगले तीन दिन गढ़वाल मंडल के कुछ जनपदों में भारी बारिश की आशंका है। वहीं जनपद के ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी हो सकती है।

पुलिस के औचक निरीक्षण से खुली सुरक्षा मानकों की पोल, कार्रवाई

गुरुवार को पुलिस के द्वारा स्कूल बसों एवं पेट्रोल पंप की सुरक्षा मानकों को चेक करते हुए चलाया गया चेकिंग अभियान। अनियमितताएं पाए जाने पर 5 बस चालकों के विरुद्ध की गई कार्रवाई।
जनपद के समस्त थाना प्रभारियों को स्कूली छात्रों/आम जनमानस की सुरक्षा की दृष्टिगत स्कूल बसों एवं पेट्रोल पंप के सुरक्षा मानकों, प्रपत्रों, सत्यापन आदि को चेक करते हुए अभियान चलाने के लिए कहा गया है। आदेश के अनुपालन में अन्य आलाधिकारी व निरीक्षक कोतवाली ऋषिकेश के द्वारा स्वयं नेतृत्व करते हुए गुरुवार को स्कूली छात्रों की सुरक्षा के दृष्टिगत स्कूली बसों के सुरक्षा मानकों को चौक करते हुए एक चेकिंग अभियान चलाया गया। जिसके अंतर्गत स्कूली बसों के सुरक्षा मानकों सीसीटीवी कैमरे, स्कूल बस चालकों के ड्राइविंग लाइसेंस एवं वाहन संबंधित अन्य प्रपत्र को चेक किया गया। चेकिंग के दौरान पुलिस द्वारा स्कूल बस में जाली ना लगा होने, महिला क्लीनर ना होने, वाहन चालक केबिन न होने, सीसीटीवी कैमरा सही रूप से कार्य न करने संबंधी अनियमितताएं पाए जाने पर 5 बस चालकों के विरुद्ध मोटर वाहन अधिनियम के अंतर्गत कार्रवाई करते हुए ₹2500 संयोजन शुल्क वसूला गया।
पुलिस के मुताबिक ऋषिकेश कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत समस्त पेट्रोल पंप चेक किए गए। इस दौरान पेट्रोल पंप पर सुरक्षा मानकों, सीसीटीवी कैमरे एवं पेट्रोल पंप पर कार्यरत कर्मियों के सत्यापन का जायजा लिया गया। किसी भी पेट्रोल पंप पर कोई अनियमितता नहीं पाई गई।

राज्य सरकार की ओर से प्रभावितों को हर संभव मदद दी जायेगी-सीएम

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को सिमडी, पौड़ी में हुई बस दुर्घटना स्थल का जायजा लिया। इस अवसर पर उनके साथ पूर्व मुख्यमंत्री एवं सांसद डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक भी मौजूद थे। 4 अक्टूबर 2022 की देर सायं को सिमड़ी में हुई वाहन दुर्घटना एवं राहत-बचाव कार्यों की मुख्यमंत्री ने जिला प्रशासन से पूरी जानकारी ली।
मुख्यमंत्री ने रेस्क्यू कर रहे एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, फायर ब्रिगेड, स्थानीय पुलिस, राजस्व पुलिस और इस कार्य में लगे विभिन्न विभागीय कार्मिकों को तेजी से रेस्क्यू कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्थानीय प्रशासन को घायलों का त्वरित और समुचित उपचार करने के निर्देश दिए। प्रभावित परिवारों से मुलाकात करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि घायलों को उचित उपचार दिया जा रहा है। राज्य सरकार की ओर से प्रभावितों को हर संभव मदद दी जायेगी।
मुख्यमंत्री कल देर सांय से ही अधिकारियों से घटना की पूरी जानकारी ले रहे थे। उन्होंने राज्य आपदा कंट्रोल रूम पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया एवं अधिकारियों को हालात पर लगातार नजर बनाए रखने एवं शासन स्तर से हर संभव सहायता उपलब्ध कराये जाने के निर्देश दिये थे।
इस अवसर पर विधायक लैंसडाउन दिलीप रावत, गढ़वाल आयुक्त सुशील कुमार, डीआईजी करण सिंह नगन्याल, जिलाधिकारी विजय कुमार जोगदण्डे, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक यशवंत सिंह चौहान उपस्थित रहे।

द्रोपदी डांडा-2 की पहाड़ियों में 26 पर्वतारोही लापता, 4 के शव बरामद, 4 सकुशल बचाये

नेहरू पर्वतारोहण संस्थान (निम) के 34 प्रशिक्षु और सात पर्वतारोहण प्रशिक्षक डोकरानी बामक ग्लेश्यिर में द्रोपदी डांडा-2 पहाड़ी पर बीते 22 सितंबर को बेसिक/एडवांस कोर्स के प्रशिक्षण के लिए गए थे। इसी दौरान वहां से लौटते समय वे एवलांच की चपेट में आ गए है। निम प्रशासन के अनुसार, रेस्क्यू अभियान चलाया जा रहा है। समाचार दिए जाने तक 4 प्रशिक्षुओं के शव बरामद हुए हैं और 4 प्रशिक्षुओं को सकुशल बरामद किया गया है, जबकि 26 प्रशिक्षु अभी भी लपता है। उत्तरकाशी के जिलाधिकारी अभिषेक रूहेला ने बताया कि मौसम खराब होने की वजह से अभी रेस्क्यू ऑपरेशन रोक दिया गया है। मौसम ठीक होने पर दोबारा रेस्क्यू शुरू किया जाएगा। वहीं, चीता हेलिकाप्टर के द्वारा घटनास्थल के लिए उड़ान भरी गई लेकिन मौसम खराब होने के कारण पायलट को वापस लौटना पड़ा।
डीआईजी एसडीआरएफ रिद्धिम अग्रवाल ने बताया कि एयरफोर्स से शासन ने संपर्क किया है। तीन हेलीकॉप्टर पूरे क्षेत्र की रेकी करेंगे। एसडीआरएफ कमांडेंट मणिकांत मिश्रा ने बताया कि सहस्त्रधारा हेलीपैड से एसडीआरएफ की पांच टीमें घटनास्थल के लिए रवाना की गई है। तीन टीमों को रिजर्व में रखा गया है। जरूरत पड़ने पर इन टीमों को भी रवाना किया जाएगा। जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी देवेंद्र पटवाल ने बताया कि क्रेवांस में फंसे लोगों को निकालने के लिए निम द्वारा रेस्क्यू अभियान चलाया जा रहा है। घटना स्थल पर निम के पास दो सेटेलाइट फोन मौजूद हैं। रेस्क्यू अभियान के लिए निम के अधिकारियों के साथ निरन्तर समन्वय किया जा रहा है।
वहीं, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह से इस मामले में बात की। उन्होंने कहा कि रेस्क्यू अभियान में तेजी लाने के लिए सेना की मदद मांगी गई है। इस घटनाक्रम को लेकर गृह मंत्री अमित शाह ने भी हादसे को लेकर अधिकारियों से जानकारी ली है।