कल सिंचाई विभाग के कार्यालय का घेराव करेंगे छोटे ठेकेदार

श्री सत्यनारायण मंदिर परिसर में स्थानीय ठेकेदारों ने बैठक की। बैठक में ई टेंडरिंग को लेकर विरोध जताया गया। साथ ही संजय पोखरियाल को ठेकेदारी यूनियन का कार्यकारी अध्यक्ष चुना गया। बताया गया कि अन्य पदाधिकारियों का चयन अध्यक्ष द्वारा किया जाएगा।
रविवार को हुई बैठक में ई टेंडरिंग का विरोध किया गया। नवनियुक्त कार्यकारी अध्यक्ष संजय पोखरियाल ने कहा कि संगठन छोटे ठेकेदारों के हितों की रक्षा करेगा। वहीं, सोमवार को ऋषिकेश में सिंचाई विभाग के कार्यालय का घेराव किया जाएगा। उन्होंने गौहारीमाफी में तटबंधों के निर्माण का कार्य स्थानीय ठेकेदारों को देने की मांग की है। मौके पर हर्ष पति सेमवाल, प्रताप पोखरियाल, भगवती प्रसाद सेमवाल, हुकुम चंद रमोला, चंदन सिंह, गोविंद सजवाण, कैलाशमनी रतूड़ी, पदम सिंह बगियाल, विजयपाल राणा आदि उपस्थित रहे।

सामूहिक रुप से धनराशि एकत्र कर कन्या को दान की

ग्राम सभा रायवाला के सैनिक कॉलोनी गली नंबर 5 में रजनी देवी की कन्या दीपा की शादी 28 नवंबर 2021 को होनी हैं, घर की आर्थिक स्थिति बेहद खराब है। रजनी देवी एक विधवा महिला है, जो बच्चों का भरण पोषण करती है।
विवाह की सूचना जब पहाडी भुली ग्राम संगठन की अध्यक्ष ईशा कलूड़ा चौहान व युवा समाजसेवी नवीन नेगी को जानकारी मिली तो उन्होंने घर की आर्थिक स्थिति को देखकर विवाह के लिए धन राशि एकत्र करने का काम शुरु किया। जिसकी अधिकतम रकम 51 रुपये और स्वेच्छा से दान करने का प्रार्थना की गई। जिससे किसी भी दानदाता के ऊपर बोझ उत्पन्न ना हो सके और कोई भी व्यक्ति उस राशि को खुशी-खुशी दान कर सके। जो धनराशि एकत्र की गई है वह व्हाट्सएप, सोशल मीडिया के माध्यम से प्राप्त की गई।

धनराशि एकत्र को ’मांँ को भेंट’ का नाम दिया गया
मित्रों, परिजनों से एकत्रित धनराशि 10051 (दस हजार 51 रूपये) को शनिवार को कन्या के घर जाकर भेंट की। नवीन नेगी ने बताया धनराशि एकत्र करने में ईशा कलूड़ा चौहान, श्वेता राणा, विनय बलोधी, अंकिता नौटियाल का बहुत बड़ा सहयोग रहा। आगे भी वह समाज के लिए निरंतर ऐसे पुनित कार्य करते रहेंगे।
एकत्र धनराशि को देकर मां के आंख में आंसू छलक गई, कन्या की माता ने सभी दानदाताओं का ह्रदय से धन्यवाद किया और बहुत ढेर सारा प्यार और दुआएं दी गयी कि आप आगे भी हम जैसे लोगों की मदद करते रहे।
मौके पर उपस्थित ईशा कलूड़ा चौहान, समाजसेवी नवीन नेगी, अनिल रावत कन्या की मां रजनी देवी, दीपा, मायावती, श्वेता राणा, विनय बलोधी, अंकिता नौटियाल, नंदनी चौहान आदि रहे।

सीएम ने कोविड नियमों का पालन सुनिश्चित कराने के दिए निर्देश

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कोरोना के नए वैरिएंट के दृष्टिगत प्रदेश वासियों से अपील की है कि कोविड एप्रोप्रियेट बिहेवियर का पूरा पालन करें। कोविड पर प्रभावी नियंत्रण के लिए राज्य में पूरा जन सहयोग मिला है। राज्य सरकार द्वारा कोविड पर प्रभावी नियंत्रण के लिए सभी तैयारियां की गई है। उन्होंने लोगों से अपील की है कि जिन लोगों का अभी दूसरा टीका नहीं लगा है, समय होते ही टीकाकरण करा लें। मास्क का उपयोग जरूर करें एवं एक दूसरे से उचित दूरी बनाए रखें।
मुख्यमंत्री ने मुख्य सचिव, डीजीपी एवं सचिव स्वास्थ्य को कोरोना के नए वैरिएंट की दृष्टिगत कोविड एप्रोप्रियेट बिहेवियर का पालन सुनिश्चित कराने एवं सभी आवश्यक व्यवस्थाएं कराने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने सचिव स्वास्थ्य को निर्देश दिए कि यह सुनिश्चित किया जाय कि कोविड पर प्रभावी नियंत्रण के लिए अस्पतालों में सभी व्यवस्थाएं हो।

रिटायर फौजी ने पहले की पत्नी की हत्या, फिर खुद को भी गोली से उड़ाया

रानीपोखरी थाना क्षेत्र के रखवाल गांव में रिटायर फौजी ने घर में आपसी विवाद के चलते पहले अपनी पत्नी की अपनी लाइसेंसी बंदूक से गोली मारकर हत्या कर दी। इसके बाद रिटायर फौजी ने खुद को भी गोली मारकर आत्महत्या कर ली। वारदात के बाद पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई है। घटना की सूचना के बाद मौके पर रानीपोखरी थाना पुलिस पहुंची। पुलिस ने मौके पर जांच पड़ताल शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार रिटायर फौजी वीर सिंह अपने रिश्तेदारों के घर से आया था। नहाने के लिए पानी गर्म करने के दौरान पत्नी से किसी बात को लेकर विवाद हो गया। इसके बाद गुस्से में रिटायर फौजी ने लाइसेंसी बंदूक से पहले पत्नी को गोली मारकर मौत के घाट उतार दिया। बाद में खुद को भी गोली मारकर आत्महत्या कर ली।

कागज की गड्डी देकर ठगी करने वाले शातिर ठग पुलिस गिरफ्त में

कोतवाल महेश जोशी ने बताया कि शिवा पुत्र स्व. वीरेंद्र ठाकुर निवासी सुभाष नगर, बनखंडी ने पुलिस को तहरीर देकर बताया कि 20 नवंबर को वे बैंक में पैसा जमा करवाने के लिए गए थे। इस बीच अजनबी लोगों ने उन्हें अपनी बातों में उलझा लिया और रूमाल के अंदर कागज की गड्डी हाथ में थमा दी। बताया कि उनसे शातिर ठगों ने 30 हजार रुपये ठग लिए। तहरीर के आधार पर धोखाधड़ी का केस दर्ज कर एसओजी की टीम के साथ संयुक्त रूप से जांच शुरू कर दी। इस दौरान उक्त बैंक और आसपास के करीब 35 सीसीटीवी कैमरों की डिटेल चेक की गई। साथ ही मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया गया।
मंगलवार को मुखबिर की सूचना पर तीन आरोपियों को पुलिस ने बस अड्डे के पास गोपाल नगर के पीछे ग्राउंड से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के मुताबिक हिरासत में आरोपियों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है। हत्थे चढ़े आरोपियों की पहचान शिवकुमार पुत्र रनछोड़ भाई निवासी पालईया रोड, रेलवे पटरी के सामने, डहग्राम, गांधीनगर, गुजरात, सोमनाथ पुत्र हुकुम सिंह निवासी ग्राम नगली, मेहनाज, नागल, सहारनपुर, यूपी हाल निवासी दोनों रुड़की, सुरेंद्र कुमार पुत्र रंजीत कुमार निवासी ग्राम बगेड़ी, रविदास मंदिर सिविल लाइन, रुड़की के रूप में हुई है। आरोपी शिवकुमार पर पहले भी कोतवाली में ठगी के मामले में मुकदमा दर्ज है। आरोपियों को पुलिस ने कोर्ट में पेश किया, जहां से तीनों को जेल भेज दिया गया है।

आईडीपीएल कॉलोनी के लोगों को सताने लगा बेघर होने का डर

27 नवंबर को आईडीपीएल की लीज खत्म होनी है। ऐसे में आईडीपीएल कॉलोनी में रह रहे लोगों को बेघर होने का खतरा सता रहा है। उन्होंने सरकार से आईडीपीएल कॉलोनी को न उजाड़ने की मांग की।
मंगलवार को आईडीपीएल परिसर में रिटायर्ड वेलफेयर एसोसिएशन ने बैठक आयोजित की। बैठक में सोसाइटी अध्यक्ष एके मजूमदार ने कांग्रेस प्रदेश महासचिव राजपाल खरोला के समक्ष समस्याएं रखीं। उन्होंने कहा कि आईडीपीएल वन भूमि पर है। इसी माह 27 नवंबर को लीज खत्म हो रही है। इससे आईडीपीएल कॉलोनी में रह रहे लोगों पर बेघर होने का खतरा मंडरा रहा है। कांग्रेस प्रदेश महासचिव राजपाल खरोला ने कहा कि कांग्रेस गरीब, मजदूर, मजबूर और जरूरतमंदों के साथ खड़ी रहेगी।

सीएम से करेंगे मुलाकात
मंगलवार को आईडीपीएल बचाओ सर्वदलीय संघर्ष समिति ने सामुदायिक केंद्र आईडीपीएल में बैठक की। बैठक में समिति अध्यक्ष एचएन सिंह ने कहा कि समिति का एक प्रतिनिधिमंडल जल्द सीएम पुष्कर सिंह धामी से मुलाकात करेगा। उनसे आईडीपीएल कॉलोनी को नहीं उजड़ने देने, आईडीपीएल को दोबारा संचालित करने सहित अन्य मांगें उठाई जाएंगी। मौके पर सुधीर चौधरी, एमएच साबरी, डीबी थापा, देवसिंह गुसाईं, यदुनाथ शर्मा, रामकिशोर शर्मा, बृजलाल झा, गुलाब सिंह रावत, पीएन सिंह, सुनील कुमार, सरदार रुपा सिंह, दीनानाथ राम आदि उपस्थित रहे।

तथाकथित बाबा को राजस्व पुलिस ने किया गिरफ्तार

यमकेश्वर क्षेत्र में आंतक का पर्याय बने तथाकथित बाबा को राजस्व पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। उसके खिलाफ शांति भंग में चालाना किया गया। साथ ही उसे उपचार के लिए कोटद्वार में सरकारी में भर्ती कराया जा रहा है।
यमकेश्वर क्षेत्र में आंतक मचाने के बाद मुनिकीरेती नगर पालिकाध्यक्ष रोशन रतूड़ी को मोबाइल कर गाली गलौज और जान मारने की धमकी देने वाले बाबा महाकाल गिरी राजस्व विभाग पुलिस की हिरासत में आ गया है। राजस्व उपनिरीक्षक वैभव कुमार ने बताया कि बाबा के शरीर में चोट लगी है। लिहाजा मानसिक हालत ठीक नहीं है, उसे कोटद्वार के सरकारी में भर्ती कराया जा रहा है।

श्रमिकों की मांगों को खरोला ने दिया समर्थन

कांगेस के प्रदेश महासचिव राजपाल खरोला ने जानकारी देते हुए बताया कि आज ऋषिकेश विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत तहसील परिसर के समीप में अखिल भारतीय सर्वजन श्रमिक कल्याण समिति द्वारा विगत 4 दिन से चल रहे 10 सूत्रीय मांगो को लेकर धरना प्रदर्शन को समर्थन दिया और उपजिलाधिकारी महोदय को 10 सूत्रीय मांगो का ज्ञापन प्रेषित किया।
इस अवसर पर खरोला ने कहा सरकार की उदासीनता व क्षेत्रीय विधायक की निष्क्रियता के चलते ऋषिकेश विधानसभा क्षेत्र के श्रमिक आंदोलन पर बाध्य हो गए हैं। खरोला ने कहा कि देश में मजदूर विरोधी नीतियां सरकार बना रही है। नए-नए कानून बना दिए जाते हैं, जिनका फायदा कंपनी प्रबंधन उठा रही हैं। श्रमिक संगठन सुधारीकरण के नाम पर बनाए गए कानूनों का विरोध करती रही है, लेकिन सरकार इस ओर कोई ध्यान नहीं दे रही है।
खरोला ने कहा कि ऋषिकेश क्षेत्र के श्रमिकों की पिछले 3 वर्षों से कोई सुनवाई नहीं हो रही है। सरकार के द्वारा दी जाने वाली सभी सुविधाओं से वंचित हैं जिस कारण श्रमिकों को अत्यधिक समस्या का सामना करना पड़ रहा है।
खरोला ने जानकारी देते हुए बताया कि पिछली कांग्रेस सरकार के समय जो तमाम सुविधाएं सरकार द्वारा चिन्हित श्रमिकों को दी जा रही थी। वह सभी सुविधाएं आज सिर्फ कागजों में ही दिखाई दे रही है। कहीं पर भी श्रमिकों को वह सुविधाएं नहीं मिल पा रही है जिनके वे हकदार हैं।
खरोला ने कहा कि पिछले 3 वर्षों से श्रमिक के लिए साइकिल, बच्चों की शादी के लिए आर्थिक मदद, टूल किट, मृतक आश्रितों को आर्थिक मदद आदि तमाम सुविधाएं ऋषिकेश विधानसभा क्षेत्र के अंदर बंद पड़ी हुई है इसी लिए श्रमिक मजदूर आंदोलन को बाध्य हो गए हैं।
खरोला ने प्रदेश सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार ने आज तक श्रमिक संगठनों से श्रम कानूनों में किए जाने वाले संशोधनों के बारे में बातचीत तक भी नहीं की है। उन्होंने सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि शीघ्र ही श्रमिकों की समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो श्रमिक संगठन के साथ कांग्रेस को बड़ा आंदोलन को बाध्य होना पड़ेगा।
इस दौरान प्रेम नाथ राव, फूलमती देवी, गुड्डन देवी, आशा भंडारी, हरेंद्र प्रसाद, मिंटू, पदम, अशोक, मिंटू आदि लोग उपस्थित रहे।

जयेन्द्र रमोला ने सरकार पर बेरोजगारों को ठगने के आरोप लगाये

कैम्पा व नमामी गंगे के तहत वन विभाग में रखे गये वन सुरक्षा श्रमिक अपनी नौकरी को ठेकेदारी में समाहित किये जाने व मासिक आय में कमी किये जाने की समस्याओं को लेकर एआईसीसी के सदस्य जयेन्द्र रमोला से मिले।
इस अवसर पर जयेन्द्र रमोला ने कहा कि वन सुरक्षा श्रमिकों द्वारा पता चला कि वन श्रमिक जो कि कैम्पा व नमामी गंगे योजना के अन्तर्गत वन विभाग में कार्य कर रहे हैं उनके हितों पर वन विभाग द्वारा कुठाराघात किया जा रहा है। जहां सरकार रोज़गार देने की बात करती हैं, वहीं सरकार वर्षों से कार्यरत वन श्रमिकों को ठेकेदार के हवाले कर व उनकी मासिक आय में कटौती कर उनके अधिकारों का हनन कर रहे हैं जो कि न्यायोचित नहीं है। कहीं ना कहीं वन विभाग द्वारा वन सुरक्षा श्रमिकों का उत्पीडन कर उनको नौकरी से हटाने की संभावना है। विभाग में राज्य सेक्टर, केन्द्र पोषित के अन्तर्गत दैनिक वेतन श्रमिक व न्यायालयों के आदेशों के आच्छादित श्रमिकों के पारिश्रमिक का भुगतान किया जा रहा है। पारिश्रमिक के अन्तर्गत विभिन्न आउटसोर्स संस्थाओं जैसे उपनल, ग्लोबल, उज्जवल आदि के माध्यम से रखे गए आउसोर्स श्रमिकों की पारिश्रमिकी का भुगतान किया जाता है। वन सुरक्षा श्रमिक की पहले न्यूनतम आय 8200 प्रति माह हुआ करती थी जिसमे 4 दिन का अवकास हुआ करता था। लेकिन भाजपा सरकार द्वारा जो वन विभाग की बागडोर निजी कंपनी को सौप दिए जाने से बहुत भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। इस बदलाव की वजह से इन कर्मियों की मासिक आय 8000 से भी और कम हो गयी है। सभी प्रभावित वन विभाग के सुरक्षा श्रमिक बहुत मुश्किल से कार्य करते है, अपनी जान को जोखिम में डालकर जैसे ज़हरीले सांपो को पकड़ना, बाघ, हाथी एवं अन्य जंगली जानवरों को खदेड़ना का कार्य करते हैं, उन वन विभाग के कर्मचारियों के साथ पूर्ण रूप से अन्याय किया जा रहा है।
रमोला ने कहा कि हम इस दुर्व्यवहार का विरोध करते है और कांग्रेस पार्टी इससे प्रभावित कर्मियों के साथ खड़ी है। उन्होंने कहा कि जल्द ही इस मामले में अपने कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं से मिलकर इस समस्या को प्रदेश स्तर पर उठायेंगे और वन सुरक्षा श्रमिकों के अधिकारों की लड़ाई लड़ेंगे।
मौक़े पर भगवती प्रसाद चमोली, रवि थापा, हरकेश सिंह, देवेंद्र, करन, संतराम, सुरेंद्र, लवीश, हरिराम, भोपाल, रमेश, उत्तम सिंह, बलवीर, तारा चंद, धर्म सिंह, प्रेम, पिंकी, खेमचंद, रोहित, पंकज, प्रमोद, सुनील, प्रीति नेगी व अवशेष नेगी मौजूद थे।

तहसीलदार के ड्राइवर और दिल्ली के टैक्सी चालक का विवाद थाने में पहुंचा

कोतवाली पुलिस के मुताबिक टिहरी जनपद के जाखणीधार तहसील में तैनात तहसीलदार के सरकारी ड्राइवर दौलत राम नैथानी ने पुलिस को तहरीर देकर बताया कि शुक्रवार दोपहर करीब एक बजे वे सरकारी वाहन से हरिद्वार जा रहे थे। इसी बीच तहसील रोड स्थित गौरा देवी चौक पर मामूली विवाद में दिल्ली नंबर की टैक्सी डीएल12सी 5877 के चालक ने उन पर धारधार हथियार से हमला कर लहूलुहान कर दिया। साथ ही लात घूसों भी मारे।
वहीं, इस मामले में टैक्सी चालक सर्वेंद्र रावत ने भी आरोप लगाया कि दोनों गाड़ियां आपस में टच हो गई थी। जिस वजह से विवाद हुआ। प्रशासन की हनक दिखाते हुए तहसीलदार के ड्राइवर ने 20 से 30 लोगों के साथ मिलकर उनके साथ मारपीट की।
कोतवाली वरिष्ठ उपनिरीक्षक डीपी काला ने बताया कि मामले में दोनों पक्ष कोतवाली में पहुंचे। उनकी शिकायत पर जांच की जा रही है।