धोखाधड़ी के आरोपी को सजा, जुर्माना नही देने पर होगी अतिरिक्त कारावास

धोखाधड़ी के मामले में दोष सिद्ध होने पर अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत ने आरोपी को एक साल की सजा और 15 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। अर्थदंड नहीं देने पर तीन महीने का अतिरिक्त कारावास भुगतना पड़ेगा।
वादी पक्ष के अधिवक्ता अमित अग्रवाल ने बताया कि मायाकुंड क्षेत्र में दिगंबर अवस्थानंद पुरी की संपत्ति है, जिसमें एक दुकान पिछले कई सालों से विकास कुमार गोयल ने किराए पर ले रखी है। विवाद के चलते गोयल किराया कोर्ट के माध्यम से जमा करता आ रहा है। आरोप है कि वर्ष 2014 में गोयल ने संपत्ति स्वामी के फर्जी हस्ताक्षर कर किराया जमा करने की रसीद बनाकर प्रस्तुत की। जबकि दुकान की किराया धनराशि को जमा कराया नहीं। संदेह होने पर जांच करने पर हस्ताक्षर फर्जी निकले।
संपत्ति स्वामी ने धोखाधड़ी से कूट रचित दस्तावेज तैयार करने का वाद कोर्ट में दर्ज कराया। कोर्ट में विचाराधीन मामले की अंतिम सुनवाई अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट भवदीप रावते की अदालत में हुई। दोष साबित होने पर अदालत ने आरोपी विकास कुमार गोयल को भादंसं की धारा 420 में एक साल की सजा और 5 हजार रुपवये अर्थदंड के साथ धारा 467 और धारा 468 में क्रमशरू 1-1 साल की सजा और 5-5 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। अधिवक्ता के मुताबिक सभी सजाएं एक साथ चलेंगी। अर्थदंड 15 हजार रुपये अदा करना होगा।

कोतवाली ऋषिकेश ने अपहरत किशोरी को अलीगढ़ से बरामद किया

कोतवाली पुलिस ने बताया 14 जुलाई को एक शिकायकर्ता ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि उनकी 15 वर्षीय बेटी को विकास उर्फ गुरु पुत्र सुरेश निवासी ग्राम सोबनपुर थाना जरीफनगर जिला बदायूं, यूपी, हाल निवास सरूपा मोहल्ला गढ़ी ईस्ट ऑफ कैलाश, दक्षिण दिल्ली बहला-फुसलाकर कर अपने साथ भगा ले गया है। पुलिस ने मामले में अभियोग पंजीकृत कर जांच शुरू कर दी। छानबीन में जुटी पुलिस टीम ने किशोरी के घर के आसपास के सीसीटीवी कैमरे की फुटेज खंगाली। लोकेशन ट्रेस होने पर पुलिस ने उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ शहर में दबिश दी।

पुलिस को सफलता मिली और किशोरी को अपहरणकर्ता के चुंगल से बरामद कर लिया। साथ ही आरोपी विकास को भी पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। कोतवाल रवि सैनी ने बताया कि मामले में दुष्कर्म सहित पोक्सो की धारा भी बढ़ाई गई है। आरोपी को कोर्ट में पेश करने के बाद जेल भेज दिया है।

ऋषिकेश पुलिस ने शांति भंग के आरोप में पांच को किया अरेस्ट


कोतवाली पुलिस ने बीती देर रात ऋषिकेश-लक्ष्मणझूला हाईवे पर चंद्रभागा पुल के पास कुछ लोग आपस में झगड़ रहे लोगों को शांति भंग के आरोप में गिरफ्तार किया है।

पुलिस के अनुसार, दोनों ओर से जमकर लात घूंसे चलने से अफरा तफरी का माहौल है। आसपास के लोगों के बीच-बचाव करने पर मारपीट करने वाले गाली गलौज कर रहे हैं। इससे क्षेत्र में शांति भंग हो रही है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने उन्हें समझाने का प्रयास किया, लेकिन वे बाज नहीं आए। इस पर पुलिस ने पांच लोगों को गिरफ्तार किया। इनके खिलाफ शांति भंग में कार्रवाई की गई।

कोतवाल रवि सैनी ने आरोपियों की पहचान रवि कुमार, प्रदीप तिवारी, विनोद, नचारी साहनी, उमेश साहनी सभी निवासी ऋषिकेश के रूप में कराई है।

उत्तराखण्ड पुलिस एप और ई.एफ.आई.आर सेवा का शुभारम्भ

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय स्थित सभागार में उत्तराखण्ड पुलिस एप तथा ई-एफआईआर सेवा का शुभारम्भ किया। उत्तराखण्ड पुलिस की 5 विभिन्न ऑनलाईन सेवा का एकीकरण कर नया पुलिस एप तैयार किया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि पुलिस एप के माध्यम जनता को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध हो सकेगी। उन्होंने इसे सरलीकरण, समाधान एवं निस्तारण के मंत्र के साथ जन सेवा के लिये किया गया बेहतर प्रयास बताया। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री के स्मार्ट पुलिसिंग के विचार को धरातल पर उतारने की भी यह सराहनीय पहल है।
मुख्यमंत्री ने इस एप का व्यापक प्रचार प्रसार किये जाने के निर्देश देते हुए कहा कि नशामुक्त उत्तराखण्ड बनाने तथा चारधाम के साथ ही नये पर्यटन गंतव्यों को बढ़ावा देने की भी इसके माध्यम से प्रभावी व्यवस्था हो। उन्होंने आम जनता की सुविधा के लिये पुलिस विभाग के अलावा अन्य विभागों को भी अपनी ऑनलाइन सेवाओं के माध्यम से प्रयास किये जाने चाहिए। जनता को बेहतर सुविधाएं प्रदान करना हमारा उद्देश्य होना चाहिए।
पुलिस महानिदेशक अशोक कुमार ने बताया कि उत्तराखण्ड पुलिस एप के माध्यम से उत्तराखण्ड पुलिस द्वारा आम-जनता के लिये संचालित की जा रही सभी ऑनलाईन सुविधाओं का एक साथ एकीकरण किया गया है, जिसमें उत्तराखण्ड पुलिस द्वारा संचालित ऑनलाईन एप्प-गौरा शक्ति (महिला सम्बन्धी प्रकरणों में जनपद के किसी भी अधिकारी की शिकायत), ट्रैफिक आई (किसी भी व्यक्ति द्वारा यातायात नियमों के उल्लंघन की जानकारी), पब्लिक आई (किसी भी सुरक्षा सम्बन्धी कानून नियम का उल्लंघन), मेरी यात्रा (उत्तराखण्ड चार धाम से सम्बन्धित जानकारी और पर्यटन संबंधी) एवं लक्ष्य नशा मुक्त उत्तराखण्ड (नशे से बचाव व उससे संबंधित जानकारी) जैसी सभी महत्वपूर्ण ऑनलाईन एप्प को एक ही एप्प उत्तराखण्ड पुलिस एप्प के नाम से प्रारम्भ कर आम जनता को सुविधा प्रदान की गयी हैं। उत्तराखण्ड पुलिस एप्प में आम-जनता को आपातकालीन नम्बर 112 व अपनी साथ हुयी साइबर वित्तीय धोखाधड़ी की शिकायत दर्ज करने हेतु साइबर हैल्प लाईन नम्बर 1930 को भी जोडा गया है ।
उन्होंने यह भी बताया कि उत्तराखण्ड पुलिस एप के माध्यम से अब आम जन नागरिक वेब पोर्टल (नागरिक पोर्टल) या मोबाइल फोन का उपयोग कर अपने चोरी हुये वाहनों/गुमशुदा दस्तावेजों की ऑनलाइन रिपोर्ट उत्तराखण्ड राज्य के किसी भी जनपद से घर बैठे ही करा सकेंगे। वाहन चोरी/दस्तावेज गुमशुदा सम्बन्धी रिपोर्ट दिये गये विवरण के अनुसार भरनी होगी, जनता द्वारा दी गयी जानकारी तुरन्त ही सीधे ई.एफ.आई.आर. पंजीकरण हेतु प्राधिकृत साइबर थाना देहरादून को ऑनलाइन प्राप्त होगी जिस पर साइबर थाना देहरादून द्वारा तत्काल कार्यवाही करते हुये प्राप्त शिकायत का देखकर उस पर ई.एफ.आई.आर. की जायेगी।

140 प्रतिबंधित इंजेक्शन के साथ एक गिरफ्तार

कोतवाली पुलिस ने 140 प्रतिबंधित इंजेक्शन के साथ एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने मामले में आरोपी पर एनडीपीएस ऐक्ट में केस दर्ज किया है।
कोतवाली पुलिस के मुताबिक बुधवार देर शाम को पुलिस टीम आईडीपीएल क्षेत्र स्थित मीरा नगर तिराहे पर अवैध नशे के खिलाफ चेकिंग कर रही थी। इसीबीच एक व्यक्ति को चेकिंग के लिए रोका। उसके पास से 140 प्रतिबंधित इजेक्शन बरामद हुए। कोतवाली के एसएसआई डीपी काला ने आरोपी की पहचान राजेश कुमार पुत्र किशनलाल निवासी मीरानगर, गली नंबर 17, आईडीपीएल के रूप में कराई है। आरोपी को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया है। टीम में आईडीपीएल चौकी प्रभारी चिंतामणि मैठाणी, कांस्टेबल सचिन राणा, विकास शामिल रहे।

पिता पर लगा अपनी ही बेटी से शारीरिक शोषण का आरोप, गिरफ्तार


रायवाला पुलिस के मुताबिक एक युवती ने बताया कि वह रायवाला में अपने पिता, एक नाबालिग बहन और भाई के साथ रहती है। उसके पिता पहले भी उसकी मां को आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में जेल जा चुके हैं। बताया कि उसके पिता उसकी बहन और भाई को पिता परेशान करते रहते हैं।
आरोप है कि उसकी नाबालिग बहन के साथ गलत हरकत करते हैं। विरोध करने पर वे जान से मारने की धमकी भी देते हैं। पुलिस ने तहरीर के आधार पर संबंधित धारा में केस दर्ज कर आरोपी तीरथ सिंह पुत्र स्व. गोकुल सिंह निवासी प्रतीतनगर, रायवाला को गिरफ्तार किया है।

रायवाला पुलिस ने 17 भैंस के साथ दो गिरफ्तार

उत्तराखंड गौवंश संरक्षण स्कवायड गढ़वाल परिक्षेत्र की टीम ने ट्रक में 17 भैंस वंशीय पशुओं के साथ दो लोगों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के खिलाफ पुलिस ने पशु क्रूरता निवारण अधिनियम में केस दर्ज किया है।

रायवाला थाना पुलिस के मुताबिक उत्तराखंड गौवंश संरक्षण स्कवायड गढ़वाल परिक्षेत्र की टीम ने गुरुवार को नेपाली फार्म तिराहे पर एक ट्रक को रोका। इसमें पहाड़ से 17 भैंस वंशीय पशुओं को ठूंस-ठूंसकर भरकर ला रहे थे। टीम ने मामले में फरमान पुत्र इस्लाम निवासी गांव महमूदपुर, पिरान कलियर और अलीशान पुत्र रईस अहमद निवासी पिरान कलियर, जिला हरिद्वार को गिरफ्तार किया। रायवाला थानाध्यक्ष भुवन चंद्र पुजारी ने बताया आरोपियों को कोर्ट में पेश किया जायेगा।

धर्मस्थल में तोड़-फोड़ करने के मामले में युवक को गिरफ्तार

कोतवाली पुलिस ने आस्थापथ स्थित धर्मस्थल में तोड़-फोड़ करने के मामले में आरोपी युवक को गिरफ्तार किया है। आरोपी को पुलिस ने कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया है। ठेकेदार के भुगतान न करने पर युवक डिप्रेशन में चल रहा था।
कोतवाली पुलिस के मुताबिक मंदिर के पुजारी बुद्धि प्रकाश निवासी गुमानीवाला ने पुलिस को तहरीर दी थी कि वीरभद्र रोड गली नंबर तीन में आस्थापथ के किनारे एक धर्मस्थल में असामाजिक तत्वों ने तोड़-फोड़ की है। पुलिस ने तहरीर के आधार पर मामले की जांच शुरू की। मामले में मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने सोमवार को भरत विहार तिराहे के पास से एक आरोपी को गिरफ्तातर किया। उसके पास से तोड़-फोड़ में प्रयोग किए गए औजार भी बरामद हुए। एसएसआई डीपी काला ने आरोपी की पहचान श्यामल यादव पुत्र इंद्रदेव यादव निवासी ग्राम नूरिया, हुसैनपुर, जिला पीलीभीत यूपी के रूप में कराई है। बताया कि आरोपी ऋषिकेश में शादियों में वेटर का काम करता है। ठेकेदार ने उसके काम के पैसे नहीं दिए थे। इस वजह से वह डिप्रेशन में चला गया। आवेश में आकर उसने धर्मस्थल में तोड़फोड़ की घटना को अंजाम दिया।

पुलिस ने चोरी की योजना बनाते तीन को किया गिरफ्तार

मायाकुंड क्षेत्र में रात के समय चोरी की योजना बनाते समय पुलिस ने तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। उनके पास से एक छुरा समेत अन्य उपरकरण बरामद हुए।
कोतवाली पुलिस के मुताबिक गुरुवार रात को पुलिस टीम मायाकुंड क्षेत्र में गश्त पर थी। इसी बीच तीन युवकों को संदिग्ध अवस्था में पकड़ा। उनकी पहचान ऋषि पुत्र भुलाई प्रसाद उर्फ छोटे निवासी चंद्रेश्वरनगर, विनय पुत्र झगडू हवलदार निवासी वाल्मीकि बस्ती रेलवे रोड, सुजल जाटव पुत्र देवेंद्र जाटव निवासी जाटव बस्ती, रेलवे रोड, ऋषिकेश के रूप में हुई। तीनों के खिलाफ पूर्व में कई मामलों में केस भी पंजीकृत हैं। कोतवाली वरिष्ठ उपनिरीक्षक डीपी काला ने बताया कि आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेजा गया है।

बच्चों में नशें की प्रवृति रोकने के प्रयास किये जाये-मुख्य सचिव

मुख्य सचिव डॉ. एस. एस. संधु ने कहा कि गरीब बच्चों के लिए नशा मुक्ति हेतु विशेष प्रयास किए जाने की आवश्यकता है। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग द्वारा चलाए जा रहे नशा मुक्ति केंद्रों की जानकारी आमजन तक पहुंचाई जाए, ताकि आमजन विशेषकर गरीब लोग नशामुक्ति केंद्रों की जानकारी के अभाव में इधर उधर न भटकें, सरकारी योजनाओं का लाभ ले सकें। उन्होंने कहा कि स्कूलों में पेरेंट्स टीचर्स मीटिंग्स आयोजित कर जन जागरूकता फैलाई जाए। उन्होंने नशामुक्ति हेतु लगातार जागरूकता अभियान चलाए जाने के भी निर्देश दिए।
मुख्य सचिव ने सीज्ड ड्रग्स के निष्पादन हेतु लीगल मैकेनिज्म विकसित करने की बात भी कही। कहा कि एंटी ड्रग समितियों की लगातार बैठकें आयोजित की जाएं। जिला स्तरीय बैठकें अगले 15 दिनों में आयोजित कर ली जाएं। उन्होंने सभी स्टेकहोल्डर विभागों द्वारा अपने नोडल अधिकारी नियुक्त किए जाने हेतु भी निर्देशित किया।
मुख्य सचिव ने जेलों में कैद 25 वर्ष से कम उम्र के युवाओं को अलग बैरकों में रखे जाने हेतु व्यवस्था किए जाने के निर्देश दिए। कहा कि इससे युवाओं को अपराध की दिशा में भटकने से बचाया जा सकेगा साथ ही उनके लिए कौशल विकास प्रशिक्षण की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए ताकि ऐसे युवा कौशल प्रशिक्षण लेकर अपने भविष्य को सुधार सकें।
इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी, डीजीपी अशोक कुमार, प्रमुख सचिव एल फैनई एवं अपर सचिव गृह रिद्धिम अग्रवाल सहित अन्य सम्बन्धित विभागों के उच्चाधिकारी उपस्थित रहे।