उत्तराखण्ड मुक्त विश्वविद्यालय में होंगे ऑनलाइन प्रवेश

ऋषिकेश।
उत्तराखण्ड विश्वविद्यालय हल्द्वानी ने अपनी प्रवेश प्रक्रिया में बड़ा बदलाव किया है। विश्वविद्यालय मैनेजमेंट ने यह प्रक्रिया अब ऑनलाइन कर दी है। जिसके चलते अब छात्रों को प्रवेश फार्म लेने व जमा करने के लिए अध्ययन केन्द्रों के चक्कर नहीं काटने होंगे। अभ्यर्थी घर बैठे ही इंटरनेट के जरिए मुक्त विश्वविद्यालय की साइट पर सीधा आवेदन फार्म भरकर जमा कर सकेंगे। आवेदन शुल्क जमा करने की भी सुविधा साइट पर उपलब्ध है। छात्र वेबसाइट पर अपने क्षेत्र के अध्ययन केन्द्र का चयन कर फार्म तक पहुंच सकेंगे। इंटरनेट का अल्पज्ञान रखने वाले छात्रों की सुविधा को विश्वविद्यालय ने प्रवेश की मैन्युअल प्रक्रिया भी रखी है। छात्र साइट से फार्म डाउनलोड कर उसमें चालान लगाकर अपने अध्ययन केन्द्रों को जमा कर सकते हैं।

ऑनलाइन ही मिलेगी अध्ययन सामग्री
प्रवेश के अलावा छात्रों को अध्ययन सामग्री भी इंटरनेट पर ऑनलाइन पर भी मिल जाएगी। छात्र वेबसाइट पर अपने पाठ्यक्रमों को चुनकर सबंधित किताब व स्टडी मैटेरियल को डाउनलोड कर सकते हैं। इसके अलावा छात्रों की सुविधा को देखते हुए विश्वविद्यालय मैनेजमेंट ने ऑडियो बुक्स व वीडियो लैक्चर भी साइट पर अपलोड किए हैं। जिससे छात्र देख और सुनकर अध्ययन कर सके।

छात्रों की सुविधा देखते हुए विश्वविद्यालय मैनेजमेंट ने प्रवेश प्रक्रिया को ऑनलाइन करने का निर्णय लिया है। जिससे सुदूर क्षेत्रों के छात्र-छात्राओं को बार-बार अध्ययन केन्द्रों के चक्कर नहीं काटरने पड़ेंगे। फार्म जमा करने के साथ ही छात्र ऑनलाइन ही शुल्क जमा कर सकेंगे।
राकेश रियाल, समन्वयक उत्तराखण्ड विश्वविद्यालय हल्द्वानी।

स्वामी विवेकानंद पब्लिक स्कूल में बाल विज्ञान और कला प्रदर्शनी

ऋषिकेश।
बेकार पड़ी वस्तुओं का उपयोग कर बने सामानों को स्वामी विवेकानंद पब्लिक स्कूल चौदहबीघा की कला प्रदर्शनी में दिखाया गया। स्कूल की ओर से शनिवार को बाल विज्ञान एवं कला प्रदर्शनी लगी। विज्ञान प्रदर्शनी में स्कूल के छात्रों ने वैज्ञानिक मॉडल प्रस्तुत किए जिसमें पाचन तंत्र, प्रदूषण तंत्र, स्वच्छ जलतंत्र व विद्युत ऊर्जा पर आधारित मॉडलों को लोगों ने पंसद किया।
स्कूल के छात्रों ने घर में पड़े ऐसे सामान जिन्हें अकसर बेकार समझकर लोग कूड़े में फेंक देते है। ऐसी वस्तुओं से भी छात्रों ने विभिन्न उत्पाद तैयार किए जिसमें फ्लावर पॉट और साज सज्जा के बनाए गए सामान आर्कषण का केन्द्र रहे। लोगों ने छात्रों की मेहनत की खूब प्रशंसा की। मौके पर प्रबंधक सुखदेव भट्ट, प्रधानाचार्य अंजू सेमवाल, शांति भट्ट, सुषमा शर्मा, नंद किशोर रतूड़ी, पूनम पंवार, अल्का बर्ड्थवाल, दिगम्बर काला, अमित शर्मा, विमला कोटनाला, हेमलता रावत, संगीता बिष्ट आदि मौजूद थे।

शादी में मेहंदी पर शराब न परोसने का संकल्प

ऋषिकेश।
ऋषिनगरी में शादी समारोह में शराब न परोसने को लेकर मैती स्वयंसेवी संस्था का सहयोग मिलता दिख रहा है। मीरानगर निवासी सुमित्रा चौहान और सत्येन्द्र चौहान ने अपनी बेटी कंचन की शादी में मेहंदी पर शराब न परोसने का संकल्प लिया है। इसके लिए उन्होंने शादी के कार्ड के मुख्य लिफाफे पर मेहंदी पर शराब निषेध की बात लिखी है। सुमित्रा चौहान का कहना है कि हमने इसके लिए अपने सभी रिश्तेदारों एवं मैती संस्था के सहयोग से अपने क्षेत्र में एक अच्छी सामाजिक पहल की शुरुआत की है। कंचन की नानी छावणी देवी का कहना है कि हमने अपनी नातेण की शादी में शराब का बहिष्कार किया है। कहा शादी में गढ़वाली व्यंजनों, ढोल-दमाऊं और पारंपरिक कार्यक्रमों का आयोजन रखा है। संस्था की अध्यक्ष कुसुम जोशी का कहना है कि पिछले छह सालों से शराब विरोधी जन-आंदोलन के तहत मैती संस्था के सहयोग से जहां कई परिवार शराब मुक्त विवाह कर चुके हैं और अभी भी कर रहे हैं। इसमें एक और नाम जुड़ गया है उन लोगों का जिन्होंने इस दिशा में खुद ही पहल की और मैती संस्था का सहयोग लिया। संस्था सदस्य शुभम जोशी का कहना है कि संस्था से जुड़ी महिलाएं बकायदा टोली बनाकर शादी वाले घरों में जाकर शराब के विरोध की अपील करती हैं और उनसे शपथ पत्र भी भरवाती हैं। इस अवसर पर मंजू चौहान, नंदनी चौहान, सुषमा बिष्ट, गोदावरी नेगी, विनोद सिंह नेगी, विनोद सिंह चौहान, उर्मिला बिष्ट, जमोत्री चौहान, विनीता बिष्ट आदि ने चौहान परिवार के इस कदम की जमकर सराहना की।

मनमोहक रही नौनिहालों की रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुति

ऋषिकेश।
देहरादून रोड स्थित शैम्फोर्ड लिटिल स्टॉर स्कूल का वार्षिकोत्सव गुरुवार को धूमधाम से मनाया गया। कार्यक्रम के शुभारम्भ पर नौनिहालों ने देवा श्री गणेशा, वंदना पर सामूहिक नृत्य किया। फैंसी ड्रेस पहने रैम्प पर चले छात्रों ने असली मॉडलों को भी मात दी। कक्षा एक के बच्चों ने कहानी, भाषण और कविता पाठ कर मनोरंजन किया। प्राइमरी के नौनिहालों ने स्वास्थ्य ही धन है का संदेश देते हुए योग क्रियाओं का प्रदर्शन किया। कक्षा तीन की छात्रा भव्या शर्मा की हारमोनियम वादन की प्रस्तुति लाजवाब रही। कक्षा चार के छात्रों ने कराटे का बेहतरीन प्रदर्शन कर आत्मरक्षा के तरीके बताए। कक्षा दो के छात्र-छात्राओं ने गढ़वाली गीत पर सामूहिक नृत्यकर तालियां बटोरीं। वार्षिकोत्सव में राहुल पंवार, खुशबू पंवार, साक्षी संगर, मानसी गुप्ता, पारुल वालिया, पायल कोहली, शारदा आचार्य, दीपा शर्मा, मंजू रावत, विशाखा शर्मा, प्रीति कोटियाल, नोमिता ध्यानी, प्रीति त्यागी, गितिका माकिन, शालिनी उनियाल,सीएम तिवारी व नीरज तिवारी आदि उपस्थित थे।

दीपशिखा और निधि को सर्वश्रेष्ठ शोधार्थी का खिताब

ऋषिकेश।
गुरुवार को एसआरएचयू में आयोजित समारोह में हिमालयन इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस 2014 बैच के द्वितीय वर्ष के छात्र-छात्राओं को विभिन्न शोध कार्यों के लिए पुरस्कृत किया गया। संस्थान की ओर से ‘फॉर-टॉक्स क्रिएशन’ नाम से प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। जिसमें करीब सौ छात्रों ने भाग लिया। छात्रों ने 22 साइंटिफिक रिसर्च प्रोजेक्ट व 21 साइंटिफिक मॉडल प्रस्तुत किये। साइंटिफिक रिसर्च कैटगरी में पहला पुरस्कार दीपशिखा व निधि ने प्राप्त किया। जबकि मानषी कालरा, तान्या चैधरी व वैभवी धस्माना संयुक्त रुप से दूसरे स्थान में रही। वहीं, सांइटिफिक मॉडल कैटगिरी में अरुणिमा, चाहत, चक्षु, लवनीश व समृद्धि अव्वल रहे।
समारोह में डॉ. विजेंद्र चैहान ने कहा कि यूनिवर्सिटी शोध कार्यों के मेडिकल जर्नल में प्रकाशन के लिए मदद करेगा। बताया कि सभी शोधपत्र के लिए एचआईएमएस ही नहीं बल्कि दूसरे मेडिकल कॉलेज के प्रोफसरों की ओर से भी मूल्यांकन किया गया है। वहीं, विभाग के प्रमुख डॉ. संजॉय दास ने बताया कि देश में एचआईएमएस एक मात्र मेडिकल कॉलेज हैं जहां फॅारेंसिक मेडिसिन एंड टॉक्सिकोलॉजी के क्षेत्र में शोध कार्य कराया जाता है। मौके पर डॉ. हरनाम सिंह, डॉ. एसएल जेठानी, डॉ. पीके सचान, डॉ. डीसी धस्माना, डॉ. सुनील सैनी, डॉ. जूही कालरा, डॉ. ज्योति द्विवेदी, डॉ. विनीता कालरा, डॉ. बी चटर्जी आदि उपस्थित रहे।

रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने बांधा समां

ऋषिकेश।
बुधवार को हरिद्वार रोड स्थित फुटहिल्स एकेडमी का वार्षिकोत्सव धूमधाम से मनाया गया। इसका शुभारंभ शिवालिक प्रोजेक्ट के मुख्य अभियंता उमेश मेहता ने किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि भविष्य की पीढ़ी को अपनी संस्कृति के बारे में जानकारी होनी चाहिए। इसके बाद छात्रों ने गढ़वाली लोकगीत के साथ ही पांडव नृत्य प्रस्तुत कर कार्यक्रम में रंग जमा दिया। शिव स्रोत और बटरफ्लाई के अलावा अंधविश्वास पर चोट करते लघु नाटक भी आकर्षण का केंद्र रहे। इस मौके पर विद्यालय प्रबंधक सतीश शर्मा, प्रधानाचार्य अनीता रतूड़ी मौजूद रहे।

श्री भरत मंदिर इंटर कॉलेज की दो दिवसीय क्रीड़ा प्रतियोगिता का रंगारंग आगाज

ऋषिकेश।
मंगलवार को श्री भरत मंदिर इंटर कॉलेज के खेले मैदान में दो दिवसीय क्रीड़ा प्रतियोगिता का शुभारंभ जयराम आश्रम ट्रस्ट के अध्यक्ष ब्रह्मस्वरूप ब्रह्मचारी व नगर पालिकाध्यक्ष दीप शर्मा ने सयुंक्त रूप से किया। वक्ताओं ने कहा कि खेल आपस में प्रेम सौहार्द और भाईचारे का संदेश देते हैं। खेल प्रतिभाएं हमेशा मैदान से ही तैयार होती हैं। उन्होंने खिलाड़ियों से अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन देने को कहा। इससे पूर्व एनसीसी कैडेट, एनएसएस स्वयंसेवक और स्कूल के विभिन्न सदनों के छात्रों ने मार्च पास्ट कर अतिथियों को सलामी दी।
पहले दिन सौ मीटर दौड़ सीनियर बालक वर्ग में आशीष झा, सीनियर बालिका वर्ग में मंजू गुप्ता, जूनियर बालिका वर्ग में अंजलि गुप्ता, छह सौ मीटर सब जूनियर बालक वर्ग में शुभम गुप्ता, गोला फेंक सीनियर बालक वर्ग में अमित कुमार, सीनियर बालिका वर्ग में रूबी, लंबी कूद सब जूनियर बालक वर्ग में अंशुल पाल, जूनियर बालक वर्ग में प्रवीन पंवार पहले स्थान पर रहे। रिटायर कैप्टन डीडी तिवाडी, आईडी जोशी, डीके वार्ष्णेय, सुधीर कुकरेती ने भी अपने विचार रखे। छात्रों ने रंगारंग व लोक संस्कृति से जुड़े कार्यक्रमों की प्रस्तुति दी।
कार्यक्रम का संचालन सुनील थपलियाल ने किया। मौके पर हर्षवर्धन शर्मा, प्रधानाचार्य डीबीपीएस रावत, रामकृपाल गौतम, जयेन्द्र रमोला, शिव मोहन मिश्रा, मदन मोहन शर्मा, विमला रावत, डीपी रतूड़ी, कै. गोविन्द सिंह रावत, मनीष शर्मा, विकास तेवतिया, यमुना प्रसाद त्रिपाठी, अरविन्द शाह, लखविन्दर सिंह, जितेन्द्र बिष्ट, सरोजनी भट्ट, शालिनी कपूर, ज्योतिर्मयी शर्मा, विकास नेगी, राजीव शर्मा, सुमित्रा मेहर, एसपी जुगराण, महेन्द्र सिंह, श्रीचंद शर्मा, मुरलीधर ग्वाड़ी, सुरेशवंद शर्मा, रघुवंश कुमार आदि मौजूद थे।

नटखट हनुमान की शानदार प्रस्तुति ने दर्शको को गुदगुदाया

ऋषिकेश।
गुमानीवाला स्थित डीएसबी पब्लिक स्कूल का वार्षिकोत्सव रंगारंग प्रस्तुतियों के साथ प्रारम्भ हुआ। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष किशोर उपाध्याय ने कहा कि बेहतर भविष्य निर्माण में शिक्षण संस्थाओ की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। इसलिये स्कूल प्रबंधन को इस पर विशेष ध्यान देना चाहिए। कार्यक्रम में गढ़वाली, पंजाबी, हरियाणवी, राजस्थानी व गुजराती लोकगीतों की धूम रही। सांस्कृतिक कार्यक्रमों का शुभारम्भ सरस्वती वंदना से हुआ। भारतीय त्योहारों के विविध रंग बिखेरते लोक नृत्यों की प्रस्तुतियों व अतुल्य भारत की सुन्दर झांकी ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। वीररस से भरे देश भक्ति गीत व लोकगीतों ने दर्शको को झूमने पर विवश किया। नटखट हनुमान की शानदार प्रस्तुति ने दर्शको को खूब गुदगुदाया। शास्त्रीय संगीत, गायन व वाद्धयंत्रो की जुगलबन्दी ने दर्शकों का मन मोह लिया। गंगा को स्वच्छ रखने का संदेश भी बच्चों ने दिया। एसपी श्वेता चौबे ने जीवन में सफलता पाने के लिये अनुशासन का पालन करने का संदेश दिया। इस अवसर पर जयराम ट्रस्ट के परमाध्यक्ष ब्रह्मस्वरूप ब्रह्मचारी महाराज, मंहत विनय सारस्वत, संजय पालीवाल, श्रीकृष्ण शर्मा, विनोद अग्रवाल, आईडी जोशी, प्रधानाचार्य शिव सहगल, भरत मन्दिर स्कूल के पूर्व प्रधानाचार्य डीडी तिवारी, नगरपालिका अध्यक्ष दीप शर्मा, राजपाल खरोला, एमसी त्रिवेदी, सतेन्द्र भट्ट, विनोद भट्ट, राजेश व्यास आदि उपस्थित थे।

मॉडर्न इंस्टीट्यूट में स्ट्रेस फ्री मैनजमेंट पर कार्यशाला

ऋषिकेश।
गुरुवार को एमआईटी ढालवाला में एक दिवसीय कार्यशाला हुई जिसमें मॉडर्न स्कूल, अगापे मिशन स्कूल, आरपीएस, ओमकारानंद सरस्वती निलयम स्कूल के 60 से अधिक अध्यापकों ने भाग लिया। मॉडर्न स्कूल के आंतरिक आश्वासन प्रकोष्ठ के विशेषज्ञ फैजल खान ने अध्यापकों को तनाव दूर करने के तरीके बताए। विभिन्न खेल और मनोवैज्ञानिक तकनीकों के जरिए प्रतिभागियों को रचनात्मक सोच उजागर के लिए प्रेरित किया। गीत की पंक्तियों को गवाकर अध्यापकों को बताया गया कि तनाव दूर करने में संगीत किस तरह मददगार हो सकता है। विशेषज्ञ फैजल खान ने कहा कि जब अध्यापक स्वयं सकारात्मक ऊर्जा से भरा होगा तो ही वह बच्चों के भीतर की रचनात्मकता को उभार सकता है। कार्यशाला में अध्यापकों को बेहतर संवाद के तरीके भी बताए गए। इस अवसर पर एमआईटी संस्थान के संस्थापक एचजी जुयाल, कार्यक्रम संयोजक ज्योति जुयाल व डॉ. रजनीश पाण्डेय सहित अन्य उपस्थित रहे।

डीएसबी इंटरनेशनल पब्लिक स्कूल में मॉडल प्रदर्शनी

ऋषिकेश।
गुरुवार को विद्यालय में वार्षिक मॉडल प्रदर्शनी का शुभारम्भ जयराम आश्रम के परमाध्यक्ष ब्रह्मस्वरूप ब्रह्मचारी महाराज ने रीबन काट कर किया। विज्ञान विषय के तहत सीनियर व जूनियर वर्ग के छात्र-छात्राओं ने आधुनिक कृषि तकनीक, जीव-जन्तु वर्गीकरण, एक्स रे मॉडल, पाचन तंत्र, श्वसन तंत्र, कृषि विकास वृक्ष, कृषि प्रणाली, जल चक्र, नाभकीय संयत्र, ऊर्जा व सौर ऊर्जा पर मॉडल बनाए गए। जबकि गणित विभाग अंर्तगत समान्तर रेखा, संख्या चित्रों, एलईडी लाइट द्वारा पाइथागोरस प्रमेय का प्रदर्शन, त्रिकोणमितीय, ज्यामितीय रचनाओं, ऊंचाई व दूरी के मॉडल बनाए गए। अंग्रेजी विषय में विभिन्न लेखकों की कविताएं, लेख, चार्ट, प्रस्तुत किए गए। हिन्दी विभाग अंर्तगत इतिहास एवं काल विभाजन प्रस्तुत किया गया। इस अवसर पर गंगाराम आडवाणी, विनोद अग्रवाल जी, दीप शर्मा, कैप्टन डीडी तिवारी, आईडी जोशी, अशोक शर्मा, एमसी त्रिवेदी, ललिता कृष्णा स्वामी,धीरेन्द्र जोशी, अनिता रतूडी, सत्येन्द्र भटट, बीएम बडोनी आदि उपस्थित थे।