हर घर नल योजना के तहत ऋषिकेश विधानसभा क्षेत्र के हर घर में पहुंचे पानी

क्षेत्रीय विधायक व मंत्री डॉ प्रेमचंद अग्रवाल ने जल जीवन मिशन के तहत ऋषिकेश विधानसभा में हर घर नल के कार्यों की प्रगति जानी। इस दौरान मंत्री डॉ अग्रवाल ने कार्यों को गुणवत्ता के साथ करने तथा ससमय पूर्ण करने के निर्देश दिए।
बैराज रोड स्थित कैम्प कार्यालय में हुई बैठक में डॉ अग्रवाल को जल संस्थान के अधिकारियों ने बताया कि जल जीवन मिशन के तहत भट्टोवाला, चक जोगीवाला, छिद्दरवाला, गढ़ी मयचक, गौहरी माफी, गुमानीवाला, हरिपुरकलां, खांड गांव रायवाला, खेरीकला, साहबनगर में जल जीवन मिशन के प्रोजेक्ट गतिमान हैं। उन्होंने बताया कि ऋषिकेश तहसील के कई क्षेत्रों में फेज दो के कार्य गतिमान है। जिस पर मंत्री डॉ अग्रवाल ने निर्देशित कर कहा कि जल जीवन मिशन के कार्यों में लापरवाही न बरती जाए, लोगों को आवागमन में परेशानी न हो, इसका विशेष ख्याल रखा जाए।
डॉ अग्रवाल ने निर्देश दिए कि हर हाल में गतिमान कार्यों को समय पर पूर्ण किया जाए। साथ ही उच्च गुणवत्तापूर्ण कार्य हो, इसका ध्यान रखा जाए। इस मौके पर जल संस्थान के सहायक अभियंता एवीएस रावत, अपर सहायक अभियंता मनोज डबराल आदि उपस्थित रहे।

मयूर महर से सीएम ने की फोन पर बात, उनकी नाराजगी दूर करने का किया प्रयास

पिथौरागढ़ की नैनी सैनी हवाई पट्टी से नियमित हवाई सेवा के संचालन और बेस अस्पताल की व्यवस्थाओं को ठीक करने के मामले में आज मुख्यमंत्री ने कांग्रेस विधायक से फोन पर बातचीत कर राज्य सरकार द्वारा की जा रही कार्यवाही के बारे में बताया। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार गंभीर है।
आपको बता दें कि विगत दिवस कांग्रेस विधायक मयूर महर पिथौरागढ़ की नैनीसैनी हवाई पट्टी से नियमित हवाई सेवा व बेस अस्पताल की व्यवस्थाओं को लेकर जिला प्रशासन में धरने पर बैठ गए थे। इस मामले में मुख्यमंत्री ने आज विधायक मयूख महर से फोन पर वार्ता की और बताया कि सरकार पिथौरागढ़ के लिए हवाई सेवा शुरू करने और बेस हॉस्पिटल की सारी व्यस्थाओं को ठीक करने के लिए कार्य कर रही है। उन्होंने विधायक को कहा कि हॉस्पिटल को निर्माणाधीन मेडिकल कॉलेज के साथ संबद्ध किया जाना है। मेडिकल कॉलेज के पदों की स्वीकृति और नियुक्ति के संबंध में भी कार्यवाही किये जाने की उन्होंने जानकारी दी। उन्होंने कहा कि पिथौरागढ़ से हवाई सेवा के लिए एक एयरलाइन ने इस हेतु अपनी सहमति भी दे दी है। इसके लिए लाइसेंस दिये जाने की प्रक्रिया अंतिम चरण में है और उनके द्वारा लगातार इसकी समीक्षा की जा रही है।

मुख्यमंत्री ने बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेन्द्र शास्त्री से लिया आशीर्वाद

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को परेड ग्राउण्ड में आयोजित कार्यक्रम बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेन्द्र शास्त्री के कार्यक्रम में शामिल हुये। उन्होंने पं0 धीरेन्द्र शास्त्री से आशीर्वाद प्राप्त कर उन्हे सनातन संस्कृति का संरक्षक बताया। वे हमारी सनातन संस्कृति के संरक्षक के रूप में भारत की सही पहचान को भावी पीढी तक पहुंचाने का दायित्व निर्वहन कर रहे है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि गोस्वामी तुलसीदास जी महाराज ने ठीक ही लिखा है कि बिनु सत्संग विवेक न होई, रामकृपा बिनु सुलभ न सोई। अथार्तः सत्संग के बिना विवेक नहीं होता और श्री रामजी की कृपा के बिना सत्संग सहज नहीं मिलता। ठीक उसी प्रकार संपूर्ण विश्व को ज्ञान, दर्शन, आध्यात्म और संस्कृति से परिचित कराने वाले पूजनीय धीरेंद्र शास्त्री जी के माध्यम से आज उन्हें इस दिव्य दरबार में बालाजी महाराज के प्रति अपनी आस्था को साझा करने का एक अप्रतिम अवसर प्राप्त हुआ है। ऐसे पावन दरबार में हाजिरी लगाने का सौभाग्य विरले लोगों को ही प्राप्त होता है और इसमें भी यदि महाराज श्री का आशीर्वाद मिले तो इसका आशीष कई गुना बढ़ जाता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इतनी कम आयु में बजरंग बली ने महाराज जी पर कृपा की यह किसी दैवीय चमत्कार से कम नहीं है। महाराज जी के पास हमेशा बजरंगबली की प्रतिमा होती है, यह इस बात का प्रमाण है कि जिसके पास भगवान श्रीराम की भक्ति की शक्ति होगी उस पर हमेशा बजरंगबली का आशीर्वाद रहेगा। उन्होंने कहा कि हनुमान जी चिरंजीवी हैं और जहां भी उनका दिव्य दरबार लगता है वहां हनुमान जी का वास स्वतः ही हो जाता है। आज दुनियाभर में दिव्य दरबार लगाकर महाराज जी, भारतीय संस्कृति का प्रचार प्रसार कर रहे हैं और भारतीय संस्कृति को बचाने के लिए सभी से एकजुट होने का आह्वान करते हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमें भारतीय संस्कृति के संरक्षण के लिए एकजुट होना ही होगा और इसका अधिक से अधिक प्रचार प्रसार करना होगा जिससे आने वाली पीढ़ी सनातनी मूल्यों से परिचित हो सके। आज प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में अभूतपूर्व रूप से सनातन संस्कृति का परचम पुनः संपूर्ण विश्व में लहरा रहा है। हमारी आस्था के केन्द्रों का इतिहास और महत्व उसी गौरव के साथ प्रदर्शित किया जा रहा है, जिसके साथ इसे किया जाना चाहिए था। अयोध्या में भगवान श्री राम का भव्य मंदिर बन कर तैयार होने वाला है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में यह स्वर्णिम कालखंड भारत की सांस्कृतिक-आध्यात्मिक चेतना के पुनरोत्थान का कालखंड है। आज भारत पुनः विश्वगुरु के पद पर आरूढ़ होकर समूचे विश्व का मार्गदर्शन करने के लिये तत्पर है। आज प्रधानमंत्री जी, के महान विचारों पर चलकर ही उत्तराखण्ड विकास की राह पर अग्रसर है मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि प्रधानमंत्री मोदी के मार्गदर्शन में शीघ्र ही हम उत्तराखंड को भारत का सर्वश्रेष्ठ राज्य बनाने के अपने विकल्प रहित संकल्प को पूर्ण करने में सभी के सहयोग से अवश्य सफल होंगे।
इससे पूर्व मुख्यमंत्री ने बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर पं0 धीरेन्द्र शास्त्री का मुख्यमंत्री आवास आगमन पर उनका स्वागत कर उनका आशीर्वाद प्राप्त किया।

गढ़वाल के पांच जिलों में केन्द्र पोषित और वित्त आयोग की योजनाओं की समीक्षा

शहरी विकास मंत्री डॉ. प्रेम चन्द अग्रवाल ने विधान सभा स्थित सभागार कक्ष में नगर निकाय के अधिकारियों के साथ बैठक कर राज्य में चल रही केंद्र पोषित योजना, 15वें वित्त तथा पांचवें राज्य वित्त योजनाओं की समीक्षा की।
मंत्री ने कहा कि आज पांच जिलों टिहरी, पौड़ी, उत्तरकाशी, चमोली तथा रूद्रप्रयाग के अधिशासी अधिकारियों के साथ नगर निकायों में चल रहे विकास कार्यों पर विस्तृत चर्चा की गई है जिसमें कूड़े के डोर टू डोर कलेक्शन, सेग्रीगेशन, लीगेसी वेस्ट तथा ठोस अवशिष्ठ प्रबन्धन को लेकर अधिकारियों से जानकारी प्राप्त की तथा आवश्यक सुधार हेतु दिशा-निर्देश दिये।
मंत्री ने महत्वाकांक्षी पीएम स्वनिधि योजना तथा पीएम आवास योजना की प्रगति के विषय में जानकारी प्राप्त की तथा अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिये। उन्होंने दीनदयाल अन्त्योदय मिशन के तहत चलाये जा रहे स्वरोजगार कार्यक्रम तथा स्वंय सहायता समूह की भी जानकारी प्राप्त की। उन्होंने अधिशासी अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि नगर निकायों में स्वंय सहायता समूहों की संख्या बढ़ाने पर जोर दिया जाए जिससे स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा मिल सके। मंत्री ने कहा कि स्वंय सहायता समूह से जुड़ी हमारी बहिनों के द्वारा कुछ सराहनीय उत्पादों का निर्माण किया जा रहा है इसके लिए विभाग की ओर से अमेजॉन तथा फ्लिप कार्ड जैसी ऑनलाईन शॉपिंग साईट से भी समझौता किया गया है। उन्होंने कहा कि इस समझौते से स्वंय सहायता समूहों से जुड़ी सभी बहिनों को आसानी से बाजार उपलब्ध हो पायेगा।
शहरी विकास मंत्री ने कहा कि नगर निकायों में वित्त की कमी न होने पाए इसके लिए विभाग हमेशा प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि अधिशासी अधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों के विकास कार्यों हेतु समय पर डीपीआर तैयार करें जिससे जनता को किये जा रहे विकास कार्यों का लाभ ससमय प्राप्त हो सके। उन्होंने 15वें वित्त तथा पांचवें राज्य वित्त योजनाओं पर भी अधिकारियों से जानकारी प्राप्त की। उन्होंने कहा कि हमारे नगर निकाय और अधिक सुदृढ़ हों इसके लिए विभाग हमेशा से प्रयासरत है।
मंत्री ने बैठक में कुछ अधिकारियों की अनुपस्थिति पर नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि जनता से जुड़े हुए विकास कार्यों में किसी भी तरह की लापरवाही को बरदाश्त नहीं किया जायेगा। मंत्री ने कहा कि नगर निकायों में आश्रय स्थलों का निर्माण किया जा रहा है। उन्होंने यूजर चार्ज पर भी अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दिया जाए जिसके लिए अधिशासी अधिकारियों को कार्य स्थलों का समय-समय पर निरीक्षण करने हेतु निर्देशित किया।
मंत्री ने सभी अधिकारियों को आगामी नगर निकाय चुनाव के लिए भी तैयार रहने के निर्देश दिये। उन्होंने मुख्यमंत्री द्वारा की गई घोषणाओं को ससमय पूर्ण करने के निर्देश दिये। उन्होंने नगर निकायों में साफ सफाई, स्ट्रीट लाईट, सार्वजनिक शौचालयों, सार्वजनिक मूत्रालयों की समुचित व्यवस्था करने हेतु अधिकारियों को निर्देशित किया।
इस अवसर पर अशोक पाण्डे, सहायक निदेशक, शहरी विकास, राजीव पाण्डे, सहायक निदेशक, शहरी विकास तथा अन्य विभागीय अधिकारी तथा कर्मचारी उपस्थित रहे।

5265 किलोवॉट के पांच प्लांट को मंजूरी मिली, हरित ऊर्जा की ओर बढ़ते राज्य के कदम

राज्य में हरित ऊर्जा को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से प्रारंभ की गई मुख्यमंत्री सौर स्वरोजगार योजना में 5265 किलोवॉट क्षमता के पांच सोलर पॉवर प्लांट को मंजूरी प्रदान की गई है। राज्य में हरित ऊर्जा को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से ये योजना चलाई जा रही है।
राज्य में सौर ऊर्जा को बढ़ावा देने के लिए राज्य सरकार निरंतर प्रयासरत है। मुख्यमंत्री सौर स्वरोजगार योजना का इसके अंतर्गत संचालन किया जा रहा है। इसी क्रम में शासन द्वारा अधिसूचित उत्तराखंड राज्य सौर नीति-2023 के अंतर्गत टाइप-टू श्रेणी में उरेडा द्वारा आवेदन के लिए 20 जुलाई 2023 को प्रस्ताव आमंत्रित किये गए थे। ऊर्जा एवं वैकल्पिक ऊर्जा सचिव आर मीनाक्षी सुंदरम ने जानकारी दी है कि शासन स्तर पर उनकी अध्यक्षता में गठित राज्य स्तरीय अनुवीक्षण समिति द्वारा पांच प्रस्तावों को मंजूरी दी गई है। इनकी कुल क्षमता 5265 किलोवॉट है। उन्होंने बताया कि इन परियोजनाओं से राज्य में सौर ऊर्जा के क्षेत्र में लगभग 24 करोड़ का निवेश होगा, साथ ही हरित ऊर्जा को प्रोत्साहन मिलेगा। उन्होंने बताया कि राज्य में हरित ऊर्जा को बढ़ावा देने के लिए मुख्यमंत्री सौर स्वरोजगार योजना के साथ ही उत्तराखंड पॉवर कॉर्पाेरेशन लिमिटेड के घरेलू उपभोक्ताओं के लिए रूफटॉप सोलर पावर प्लांट की स्थापना की जाती है जिस पर केंद्र के अलावा राज्य सरकार द्वारा भी अतिरिक्त सब्सिडी प्रदान की जाती है।

टनकपुर-बागेश्वर रेललाइन निर्माण को लेकर रेल मंत्री से मिले सीएम धामी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नई दिल्ली में रेल भवन पहुंचकर केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से भेंट कर प्रदेश में सुदृढ़ रेल कनेक्टिविटी के सम्बन्ध में विस्तार से चर्चा की। इस अवसर पर मुख्यमंत्री धामी ने रेल मंत्री से लखनऊ से देहरादून के मध्य “वंदे भारत एक्सप्रेस“ के संचालन एवं पर्वतीय क्षेत्रों में रेल सेवा के विस्तार के दृष्टिगत बहुप्रतीक्षित टनकपुर-बागेश्वर रेललाइन निर्माण की यथाशीघ्र स्वीकृति प्रदान करने हेतु अनुरोध किया।

मुख्यमंत्री ने अहमदाबाद से काठगोदाम, हरिद्वार और देहरादून को जोड़ने हेतु सीधी रेल सेवा शुरू करने, दून एक्सप्रेस में कोटद्वार के कोच का व जनता एक्सप्रेस में रामनगर के कोच का पुनः परिचालन करने एवं टनकपुर से राजस्थान के मेहंदीपुर बालाजी तक नई रेल सेवा प्रारम्भ करने का अनुरोध किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि रेल सेवाओं के विस्तार से प्रदेशवासियों एवं पर्यटकों के लिए आने वाले समय में यातायात सुगम होगा साथ ही पर्यटन प्रमुख राज्य होने के कारण प्रदेश की आर्थिकी भी सशक्त होगी। केंद्रीय रेल मंत्री ने हर सम्भव सहयोग के प्रति मुख्यमंत्री धामी को आश्वस्त किया।

विजयदशमी का पर्व हमारे सामाजिक मूल्यों का प्रतिबिंबः सीएम

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी परेड ग्राउंड में बन्नू बिरादरी दशहरा कमेटी द्वारा आयोजित दशहरा महोत्सव में शामिल हुए। मुख्यमंत्री द्वारा इस अवसर पर भगवान श्री राम एवं हनुमान जी की पूजा अर्चना के तत्पश्चात् रावण, मेघनाथ और कुम्भकर्ण के पुतलों का दहन किया गया। मुख्यमंत्री ने सभी को विजयदशमी की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि दशहरा का पर्व बुराई पर अच्छाई तथा अधर्म पर धर्म की विजय का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि वर्षों से हम रावण का दहन करते आ रहे है। रावण अधर्म एवं बुराई का प्रतीक था, इसलिये उसे हर वर्ष जलना होता है। उन्होंने कहा कि यह अवसर हमें समाज में जहां भी बुराई नजर आती है उसे दूर करने का भी सन्देश देता है। अच्छा इंसान बनकर ही हम अच्छे समाज व देश के निर्माण में सहभागी बन सकते हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि विजयादशमी का यह पर्व हमारे समाज के लिये एक सीख और सामाजिक मूल्यों का प्रतिबिंब है। यह पर्व हमारे सामूहिक शक्ति को प्रदर्शित करने, हमारी सामाजिक जिम्मेदारियों के प्रति संवेदनशीलता बढ़ाने, और सामाजिक बुराइयों को दूर करने की दिशा में प्रयास करते रहने की परंपरा को आगे बढ़ाता है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे त्यौहार, हमारी समृद्ध सांस्कृतिक परंपराओं से जुड़े होने के साथ ही कृषि, नदियों, पहाड़ों और हमारे इतिहास से जुड़े हुए हैं। युगों-युगों से भगवान राम, भगवान कृष्ण की गाथाएं हमारे सामाजिक परिवेश में प्रेरणा एवं जागृति का स्रोत रही हैं। नवरात्रि के शुभ दिनों के बाद आज विजयादशमी के दिन रावण का पुतला दहन हमारी महान परंपरा का ही हिस्सा है। उन्होंने कहा कि भगवान राम जिस संकल्प को लेकर अयोध्या से निकलते हैं, उसी संकल्प से वे एक बड़ी सामूहिक शक्ति का निर्माण करते हैं और रावण पर उनकी जीत में समाज के हर वर्ग की भागीदारी का मार्ग प्रशस्त करते हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि आज प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश की सनातन संस्कृति का पुनर्जागरण हुआ है। हम सभी जानते है कि प्रभु श्री राम का मंदिर अयोध्या में बनने को है। यह हमारा सौभाग्य है कि सैकड़ों साल के संघर्ष के बाद आज प्रधानमंत्री श्री मोदी के नेतृत्व में वहां हम भव्य मंदिर बनते हुए देख रहे है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे प्रदेश में भी भगवान राम, लक्ष्मण व माता सीता से जुड़े कई स्थान है। हनुमान जी ने प्रदेश के द्रोणगिरी पर्वत से ही संजीवनी लेकर लक्ष्मण जी की जीवन रक्षा की थी। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के कुशल नेतृत्व में देश का दुनिया में मान व सम्मान बढा है। देश में जी-20 देशों का सफल आयोजन इसका उदाहरण है। इस आयोजन में दुनिया ने नये भारत के सामर्थ्य तथा सांस्कृतिक वैभव को देखा। आज देश के अंदर एवं सीमाओं पर पूर्णतः शान्ति का माहौल है।

मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों से आह्वान किया कि इस विजयादशमी पर प्रतिज्ञा लें कि हम 2025 तक, जब हम अपनी राज्य गठन की रजत जयन्ती मनाएंगे, अपने राज्य के लिए कुछ सकारात्मक योगदान देंगे तथा राज्य आन्दोलनकारियों के सपनों का प्रदेश बनाने का संकल्प लें। हमें प्रदेश में मादक पदार्थों के बढ़ते उपयोग को रोकने एवं वर्ष 2025 तक पूर्ण लक्षित “ क्तनह थ्तमम क्मअइीववउप “ बनाने का संकल्प भी लेना होगा।

इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री प्रेम चंद अग्रवाल, डॉ .धन सिंह रावत, विधायक खजान दास, विनोद चमोली, मेयर सुनील उनियाल गामा, अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष डा. आर. के. जैन, बन्नू बिरादरी समिति के अध्यक्ष सन्तोष नागपाल, प्रेम भाटिया, गगन सेठी सहित अन्य जनप्रतिनिधि तथा बडी संख्या में लोग उपस्थित थे।

पीएम और धामी की जुगलबंदी, धामी की मेहनत साकार कर गये मोदी

आज उत्तराखंड के सीमांत जनपद पिथौरागढ़ के दौरे पर पहुंचे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ एक बार फिर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की बेहद खास जुगलबंदी देखने को मिली। दरअसल, पीएम मोदी ने पवित्र पार्वती सरोवर में दर्शन एवं पूजन से लेकर सेना के जवानों के बीच सीएम धामी को हर जगह अपने साथ-साथ रखा।
प्रधानमंत्री का उत्तराखंड से हमेशा से विशेष लगाव रहा है। बीते वर्ष भी प्रधानमंत्री मोदी बद्रीनाथ धाम में दर्शनों के बाद जब देश के अंतिम गांव (तब तक) माणा में पहुँचे तो यहां भी दोनों के बीच की केमेस्ट्री साफ झलकी। माणा में आयोजित जनसभा में पीएम मोदी ने अपने भाषण में सीएम धामी के उस कथन पर मुहर लगा दी, जिसमें माणा देश का पहला गांव होने की बात कही। इसके बाद से माणा को देश के प्रथम गांव के रूप में पहचान मिली है। यहां आयोजित जनसभा में भी पीएम मोदी ने सीएम धामी की मंच से मुक्तकंठ से प्रशंसा की।
सीएम धामी जब भी नई दिल्ली में प्रधानमंत्री से भेंट करने गए, उन्होंने प्रधानमंत्री से पार्वती सरोवर, जागेश्वर मंदिर और अद्वैत आश्रम आने का आग्रह किया। सीएम धामी ने इस बार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मानसखंड कॉरिडोर को लेकर विशेष आग्रह किया था। यह सीएम धामी के प्रयासों का ही प्रतिफल रहा कि पीएम मोदी ने सीमांत जनपद पिथौरागढ़ दौरे को लेकर अपनी हामी भरी।
सीएम धामी के विशेष आग्रह पर आए प्रधानमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड में पिथौरागढ़ के पवित्र पार्वती कुंड में दर्शन और पूजन से अभिभूत हूं। यहां से आदि कैलाश के दर्शन से भी मन आह्लादित है। प्रकृति की गोद में बसी अध्यात्म और संस्कृति की इस स्थली से अपने परिवारजनों के सुखमय जीवन की कामना की।
गौरतलब है कि मानसखंड कॉरिडोर, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के ड्रीम प्रोजेक्ट्स में से एक है। उनके द्वारा अपने हालिया दिल्ली दौरे के दौरान भी प्रधानमंत्री के समक्ष इस विषय पर चर्चा की गई। आज पीएम के पिथौरागढ़ दौरे के दौरान एक बार पुनः दोनों के बीच की यही केमिस्ट्री देखने को मिली। आदि कैलाश के पार्वती सरोवर से दर्शनों के बाद मंदिर परिसर में सीएम धामी, पीएम मोदी के साथ-साथ रहे। दोनों के चेहरों पर आ रही मुस्कुराहट उनके बीच की आत्मीयता को दर्शा रही थी। इसके बाद जब प्रधानमंत्री सेना के जवानों के बीच पहुँचे तो यहां भी उन्होंने मुख्यमंत्री धामी को अपने साथ ही रखा।
दरअसल, प्रदेश के युवा मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी जब भी प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के साथ होते हैं, तो दोनों नेताओं के बीच दलीय संबंध से इतर अपनेपन का एक रिश्ता भी नजर आता है।

मानसखंड को विश्व पटल पर लाने की तैयारी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पिथौरागढ़ दौरे से मानसखण्ड कॉरिडोर को विश्व पटल पर छाने की तैयारी पूरी हो गई है। जिस तरह से केदारनाथ में 2013 के बाद आई आपदा के बाद प्रधानमंत्री मोदी के मार्ग-दर्शन में वहां ऐतिहासिक कार्य हुए उससे देश और दुनिया में इसे लेकर एक बड़ा संदेश गया। कोरोना के बाद वर्ष 2021 जब यात्रा पुनः प्रारंभ हुई तो यहां रिकॉर्ड संख्या में श्रद्धालु पहुँचे। इस वर्ष भी यात्रियों की संख्या नए रिकॉर्ड बना रही है। अब प्रधानमंत्री के पिथौरागढ़ के अनछुए स्थानों पर पहुँचने के बाद यह उम्मीद जताई है रही है कि आने वाले दिनों में मानसखंड कॉरिडोर के अन्तर्गत आने वाले तमाम धार्मिक स्थलों को नई पहचान मिलेगी।

पीएम मोदी ने सीएम धामी की पीठ थपथपाई, बोले-वाह धामी जी वाह…
पिथौरागढ़ में आयोजित प्रधानमंत्री की जनसभा में आज भारी जनसैलाब उमड़ा। उन्हें सुनने के लिए दूर-दराज से बड़ी संख्या में महिलाएं, बुजुर्ग, युवा सब पहुँचे थे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जब अपना संबोधन समाप्त किया तो वे भी देवभूमि की जनता के इस प्रेम से अभिभूत नजर आए। ऐसे में पीएम मोदी के मुँह से एकाएक निकला ष्वाह धामी जी वाह।ष् इस दौरान पीएम धामी ने मंच पर ही उनकी पीठ थपथपाई। इसके बाद जब पीएम मोदी हेलिपैड से लौटने लगे तो यहां भी उन्होंने सीएम धामी का हाथ पकड़कर उनकी तारीफ करते हुए पीठ थपथपाई।

प्रमुख विभागों को कार्यवृत अपर मुख्य सचिव मुख्यमंत्री को प्रेषित करने के निर्देश

अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने पेयजल, आपदा प्रबन्धन, सिंचाई, विद्यालयी शिक्षा एवं शहरी विकास विभाग को सचिव स्तर पर प्रत्येक माह समीक्षा बैठक करने के साथ ही कार्यवृत अपर मुख्य सचिव मुख्यमंत्री को प्रेषित करने के निर्देश दिए हैं। सचिवालय में मुख्यमंत्री द्वारा की गई घोषणाओं की प्रगति की समीक्षा के दौरान मुख्यमंत्री की घोषणाओं के क्रियान्वयन की अद्यतन आख्या घोषणा पोर्टल पर अपलोड नही किये जाने पर नाराजगी व्यक्त करते हुए एसीएस राधा रतूड़ी ने विभिन्न विभागों में घोषणा नोडल अधिकारियों को घोषणा पोर्टल पर नियमित रूप से अपलोड करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने विभागों को विलोपित अथवा हस्तान्तरित की जाने वाली घोषणाओं को अपने स्तर पर लम्बित न रख करके उनके सम्बन्ध में औचित्यपूर्ण प्रस्ताव मुख्यमंत्री कार्यालय को जल्द से जल्द प्रेषित करने के निर्देश दिए हैं। एसीएस ने ऐसी घोषणाएं जो एक से अधिक विभागों से सम्बन्धित है, उनकों विभाग परस्पर समन्वय से क्रियान्वित करने के निर्देश दिए है। उन्होंने निर्देश दिए कि घोषणाओं के क्रियान्वयन के लिए वित्तीय संसाधनों तथा उनकी फिजबिलटी आंकलन भी विभागों द्वारा अपने स्तर पर ही किया जाएगा।
एसीएस ने पेयजल विभाग को वर्तमान में हैण्डपम्प लगाने की योजनाओं के औचित्य के आधार पर पुनः समीक्षा करने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही उन्होंने पेयजल की लंबित योजनाओं की स्थिति को दो सप्ताह की टाइमलाइन के भीतर अद्यतन करने के निर्देश दिए हैं। एसीएस ने शहरी विकास विभाग को प्रधानमंत्री आवास शहरी योजना पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने सभी विभागों को मुख्यमंत्री की घोषणाओं के क्रियान्वयन को शीर्ष प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने के लिए मिशन मोड पर कार्य करने निर्देश दिए।
बैठक में सचिव डा. सुरेन्द्र नारायण पाण्डेय, अरविन्द सिंह हयांकी, अपर सचिव सविन बंसल, रंजना राजगुरू, नितिन भदौरिया, उप सचिव हीरा सिंह बसेड़ा तथा सम्बन्धित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

एसीएस ने मुख्यमंत्री घोषणा में विधायकों के प्रस्ताव शामिल करने के दिये निर्देश

विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों के विधायकगणों से प्राप्त व्यापक महत्व/जनहित के 10-10 प्रस्तावों/कार्यों की समीक्षा राधा रतूड़ी, अपर मुख्य सचिव, मुख्यमंत्री, उत्तराखण्ड शासन द्वारा सचिवालय में की गयी। बैठक में सचिव, मुख्यमंत्री डा सुरेन्द्र नारायण पाण्डे द्वारा अवगत कराया गया कि विधायकगणों से प्राप्त कार्यों में लगभग 120 कार्यों के सम्बन्ध में घोषणाएं की जा चुकी हैं। शेष कार्यों को मुख्यमंत्री घोषणा में सम्मिलित किए जाने हेतु शासन स्तर पर परीक्षण किया जा रहा है।
अपर मुख्य सचिव ने विधायकगणों से प्राप्त प्रस्तावों पर समयबद्ध रूप से प्रभावी कार्यवाही किये जाने के निर्देश दिए गए।
बैठक में विशेष कार्याधिकारी आरसी शर्मा, उप सचिव हीरा सिंह बसेड़ा, अनुसचिव चिरंजी लाल आदि उपस्थित रहे।