नई दिल्ली में ‘हाउस ऑफ हिमालयाज’ आउटलेट का सीएम ने किया उद्घाटन

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नई दिल्ली स्थित उत्तराखण्ड निवास परिसर में ‘हाउस ऑफ हिमालयाज’ के आउटलेट का उद्घाटन किया। यह आउटलेट उत्तराखण्ड की पारंपरिक धरोहर और जैविक उत्पादों को राष्ट्रीय राजधानी में संगठित रूप में प्रस्तुत करने का एक सशक्त माध्यम बनेगा। इसके माध्यम से न केवल राज्य की समृद्ध लोक संस्कृति को देश के सामने लाया जाएगा, बल्कि स्थानीय उत्पादों को नए बाजार भी प्राप्त होंगे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि यह पहल राज्य सरकार की उस दूरदृष्टि का परिणाम है, जिसका उद्देश्य पर्वतीय अंचलों में उत्पादित प्राकृतिक और हस्तनिर्मित वस्तुओं को वैश्विक पहचान दिलाना है। यह कदम ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती देगा और साथ ही स्थानीय कारीगरों व शिल्पकारों को नए अवसर प्रदान करेगा।

चारधाम यात्रा को ध्यान में रखते हुए राज्य सरकार द्वारा स्थानीय उत्पादों की ब्रिकी को बढ़ावा देने हेतु 13 से अधिक प्रमुख स्थानों पर आकर्षक फ्लोर स्टैंडिंग यूनिट्स और रिटेल कार्ट्स नैनी सैनी एयरपोर्ट, पंतनगर एयरपोर्ट, देहरादून हेलीपैड, जीएमवीएन श्री केदारनाथ, बद्रीनाथ, हर्षिल, गुप्तकाशी, कौडियाला, मसूरी, परमार्थ निकेतन (ऋषिकेश), स्नो क्रेस्ट (बद्रीनाथ), एटीआई (नैनीताल) एवं सेंट्रिया मॉल जैसे तीर्थ और पर्यटक स्थलों पर स्थापित किए गए हैं। ये रिटेल कार्ट्स श्रद्धालुओं और पर्यटकों के आकर्षण का केंद्र बन रहे हैं। इसके अतिरिक्त, मैरियट मसूरी, ताज देहरादून, एफआरआई व एलबीएसएनएए एवं राष्ट्रीय राजधानी स्थित दिल्ली हाट जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में भी रिटेल कार्ट्स की स्थापना प्रक्रिया प्रगति पर है। यह पहल न केवल स्थानीय उत्पादों को राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय पहचान दिला रही है, बल्कि उत्तराखण्ड की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और शिल्प कौशल को भी सशक्त रूप से प्रस्तुत कर रही है।

सचिव ग्रामीण विकास राधिका झा ने बताया कि ‘हाउस ऑफ हिमालयाज’ ब्रांड ने कम समय में अपनी गुणवत्ता के बल पर विशेष पहचान बनाई है। इसके उत्पाद ीवनेमवीिपउंसंलंे.बवउ के साथ-साथ अमेज़न और ब्लिंकिट जैसे प्रमुख ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म पर भी उपलब्ध हैं। अब यह ब्रांड प्रमुख होटल श्रृंखलाओं में भी अपनी उपस्थिति दर्ज करा रहा है। उत्तराखण्ड की सांस्कृतिक और पारंपरिक पहचान को बढ़ावा देने तथा उच्च श्रेणी के पर्यटकों को स्थानीय उत्पादों से जोड़ने के उद्देश्य से ताज (ऋषिकेश, रामनगर), हयात सेंट्रिक, हयात रीजेंसी (देहरादून), मैरियट (रामनगर), वेस्टिन (नरेन्द्रनगर) और जेपी ग्रुप (मसूरी) जैसे प्रतिष्ठित होटलों के साथ रणनीतिक साझेदारी की गई है। इस पहल के तहत राज्य के विभिन्न प्रमुख होटलों में ‘हाउस ऑफ हिमालयाज’ के रिटेल कार्ट्स स्थापित किए गए हैं, जो पर्यटकों को उत्तराखण्ड के विशिष्ट हस्तनिर्मित एवं जैविक उत्पादों की सीधी उपलब्धता प्रदान कर रहे हैं। यह कदम न केवल स्थानीय उत्पादकों और कारीगरों को आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में प्रोत्साहित कर रहा है, बल्कि सतत पर्यटन और आत्मनिर्भर उत्तराखण्ड की ओर भी एक महत्वपूर्ण पहल है।

‘हाउस ऑफ हिमालयाज’ ब्रांड की अवधारणा को पहली बार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट 2023 के दौरान प्रस्तुत किया गया था। इस ब्रांड के अंतर्गत उत्तराखण्ड के विशिष्ट उत्पाद जैसे बुरांश का शरबत, जंगली शहद, पहाड़ी दालें, पारंपरिक मसाले, हस्तनिर्मित वस्त्र एवं अन्य जैविक सामग्री अब एक सुव्यवस्थित रूप में देश के प्रमुख शहरों तक पहुंच सकेंगी।

इस अवसर पर सचिव ग्रामीण विकास राधिका झा, उत्तराखण्ड के स्थानिक आयुक्त अजय मिश्रा आदि अधिकारीगण उपस्थित रहे।

उत्तराखंड में भूमि उल्लंघन के मामलों में हो रही कार्यवाहीः धामी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर प्रदेश में भू अधिनियम की विभिन्न धाराओं के अंतर्गत प्रदान की गई भूमि क्रय की अनुमति के सापेक्ष भू उपयोग उल्लंघन के मामलों में तेजी से कार्यवाही गतिमान है। राज्य में उत्तराखंड भूमि अधिनियम की धारा 154 (4) (3) क के अंतर्गत कुल 532 प्रकरणों पर भूमि क्रय की अनुमति प्रदान की गयी है जिसके सापेक्ष भू उपयोग उल्लंघन के 88 मामले सामने आए हैं ऐसे उल्लंघन के 42 प्रकरणों पर धारा 166-167 के तहत वाद दायर किए गये हैं। जबकि अधिनियम की धारा 154 (4) (3) ख के तहत दी गई 963 भूमि क्रय की अनुमति के सापेक्ष 172 प्रकरणों में भू उपयोग का उल्लंघन किया जाना पाया गया है। जिसके विरूद्ध 112 मामलों में वाद दायर किए गये हैं। जबकि अधिनियम की धारा 154 (4) (1) क के अंतर्गत प्रदेश में भूमि क्रय के सापेक्ष भू उपयोग उल्लंघन के कुल 147 प्रकरणों पर कार्यवाही गतिमान है। जिसमें देहरादून के 77 में से 50 प्रकरणों पर, हरिद्वार में 20, पौड़ी में 17, टिहरी में 29 तथा उत्तरकाशी में 1 मामले में कार्यवाही गतिमान है। जबकि अल्मोड़ा के तीन मामलों में एक प्रकरण की भूमि राज्य सरकार में निहित की गई है।

प्रदेश में भूमि क्रय की अनुमति के सापेक्ष भू उपयोग के उल्लंघन की दिशा में कुल 3.006 है0 भूमि की गई राज्य सरकार में निहित

प्रदेश में भूमि क्रय की अनुमति के सापेक्ष भू उपयोग के उल्लंघन की दिशा में कुल 3.006 है0 भूमि राज्य सरकार में निहित की गई है। जिसमें कपकोट, बागेश्वर में मै0 त्रिलोक ग्रामोद्योग सेवा समिति को मौन पालन हेतु क्रय की गई 0.040 है0, रुद्रपुर, उधमसिंहनगर में एम0एस0 स्टैण्डर्ड स्प्लिन्ट्स लि0 द्वारा डी0 सेवत्था पांडे पुत्र दूरई राजन को 1.6530 है0, सिलटोना श्री कैंची धाम, नैनीताल में श्रीमती भावनी सिंह पत्नी श्री कुवर रघुराज प्रताप सिंह, सिंह निवास 5, बद्रीहाउस शाहजनफरोड़, लखनऊ को कृषि हेतु 0.555 है0, दिगोटी द्वाराहाट, अल्मोड़ा में कृषि हेतु 0.020 है0, कटारमल चौखुटिया, अल्मोड़ा में रैनाबाड़ी हैल्थ रिजार्ट को रिसोर्टस हेतु 0.713 है0, कोट्यूड़ा, अल्मोड़ा में प्रणव सिंह पुत्र महेन्द्र प्रताप सिंह, निवासी-प0 बंगाल को आवासीय प्रयोजन हेतु 0.025 है0 भूमि शामिल है।
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भूमि प्रबंधन तथा भू व्यवस्था एवं सुधार के लिए प्रदेश में सशक्त भू कानून लागू हो गया है। इसी के साथ जनभावना के अनुरूप उत्तराखंड में कृषि और उद्यान भूमि की अनियंत्रित बिक्री पर पूरी तरह रोक लग गई है। भू अधिनियम के प्रावधानों का उल्लंघन करने वाले लोगों के विरुद्ध भी लगातार कार्यवाही की जा रही है। इस संबंध में व्यापक अभियान चलाया जा रहा है, और इस तरह की जमीनों को राज्य सरकार में निहित किया जा रहा है।
– पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री उत्तराखंड।

साइबर क्राइम कोऑर्डिनेशन सेंटर में बैंकर्स प्रतिनिधि की तैनाती कराएं आरबीआईः सीएस

मुख्य सचिव आनंद बर्धन की अध्यक्षता में सचिवालय सभागार में आरबीआई के तत्वाधान में आयोजित 25 वीं राज्य स्तरीय समन्वय समिति की बैठक आयोजित की गई।

बैठक में आरबीआई और गृह विभाग द्वारा विगत बैठक में दिए गए निर्देशों की एक्शन टेकन रिपोर्ट प्रस्तुत की गई।

मुख्य सचिव ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि आज के डिजिटल युग में वित्तीय और साइबर अपराधों पर लगाम लगाने के लिए सभी बैंकर्स और इंप्लीमेंटेशन एजेंसी तथा विभागों के मध्य बेहतर तालमेल हो, वित्तीय अपराधों से संबंधित FIR, इन्वेस्टिगेशन, चार्जशीट, कंप्लायंस इत्यादि में तेजी दिखाई जाए तथा इस प्रकार के वित्तीय फ्रॉड को रोकने के लिए बड़े कारगर संस्थागत प्रयास किए जाने की आवश्यकता बताई।

उन्होंने इसके लिए जन सामान्य को जागरूक करने के साथ-साथ इस पर नियंत्रण पाने के लिए सुदृढ़ निकाय की भी आवश्यकता बताई।

उन्होंने निर्देशित किया कि EOU (economic offence wing) जो अभी सीबीसीआईडी के अधीन कार्यरत हैं इस एजेंसी को इंडिपेंडेंस एजेंसी बनाने के लिए कार्य करें। इस एजेंसी में एसटीएफ के अधीन काम करने वाली FFU (फाइनेंशियल फ्रॉड यूनिट) को भी मर्ज करने की कार्रवाई की जाय।
उन्होंने कहा कि साइबर क्राइम कोआर्डिनेशन सेंटर में बैंक प्रतिनिधि की भी अनिवार्य उपस्थिति हो ताकि वित्तीय फ्रॉड करने वाले किसी भी संस्थान /फर्म की वेबसाइट/पोर्टल को तत्काल ब्लॉक किया जा सके और लोगों का वित्तीय नुकसान होने से तत्काल बचाया जा सके।

उन्होंने कहा कि लोगों से वित्तीय पूंजी प्राप्त करने वाले संस्थाओं /फर्म का नियमित निवेश (BUDS पोर्टल) की वेबसाइट https//www.niyamitnivesh.in पर पंजीकरण कराने के लिए सभी बैंकों की ओर से नोडल अधिकारियों की तैनाती भी की जाय। ताकि लोगों को अधिकृत वित्तीय पूंजी प्राप्त करने वाले संस्थान की जानकारी प्राप्त हो सके।

इस अवसर पर बैठक में सचिव दिलीप जावलकर, महानिरीक्षक पुलिस नीलेश आनंद भरणे, रिजर्व बैंक इंडिया के क्षेत्रीय निदेशक अरविंद कुमार, महाप्रबंधक नीता आदि अधिकारी उपस्थित थे।

दून से मसूरी रूट पर चलेंगे 10 नये वातानुकूलित टेम्पो ट्रैवलर, सीएम ने किये रवाना

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने उत्तराखण्ड परिवहन निगम द्वारा संचालित की जा रही 20 नई वातानुकूलित यूटीसी मिनी (टेम्पो ट्रैवलर) का फ्लैग ऑफ किया। इनमें से 10 टेम्पो ट्रैवलर वाहन देहरादून-मसूरी और 10 टेम्पो ट्रेवलर वाहन हल्द्वानी नैनीताल रूट पर चलेंगे। इससे नैनीताल- हल्द्वानी और देहरादून – मसूरी के बीच जाम की समस्या में भी कमी आयेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह पहल सफल रही तो, इस तरह की सेवाओं की संख्या और बढ़ाई जायेगी। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कैम्प कार्यालय से जीटीसी हेलीपैड तक टैम्पो ट्रेवलर से सफर भी किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि वातानुकुलित टैम्पो ट्रैवलर राज्य के परिवहन तंत्र को सशक्त बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण साबित होंगे। इनसे यात्रियों को सुरक्षित, सुगम और किफायती यात्रा की सुविधा मिल सकेगी तथा प्रदेश की आर्थिक और पर्यटन गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि राज्य के प्रत्येक क्षेत्र को बेहतर सड़क नेटवर्क और विश्वसनीय परिवहन सेवाओं से जोड़ा जाए। आज डिजिटल टिकटिंग, ऑनलाइन बुकिंग, ट्रैकिंग सिस्टम जैसी सेवाओं द्वारा परिवहन विभाग जनता को सुलभ यात्रा उपलब्ध करा रहा है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड परिवहन निगम को मजबूत बनाने की दिशा में निरंतर कार्य किये जा रहे हैं। इसके परिणामस्वरूप लगातार तीन वर्षों से परिवहन निगम मुनाफे में हैै।

मुख्यमंत्री ने कहा कि परिवहन निगम के बस बेड़े में जल्द ही इलेक्ट्रिक बसों का भी समावेश किया जायेगा, जिसके लिए बसों की खरीद की प्रक्रिया गतिमान है। सरकार ने अपने कर्मचारियों और चालक-परिचालकों की कई समस्याओं का समाधान किया है। डीए में बढ़ोतरी करना हो, 7वें वेतन आयोग की सिफारिशों को लागू करना हो या निगम में भर्तियों के माध्यम से मानव संसाधन बढ़ाना हो, पूरी प्रतिबद्धता के साथ उनके कल्याण के लिए कार्य किये जा रहे हैं।

इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी, राज्यसभा सांसद नरेश बंसल, प्रमुख सचिव एवं अध्यक्ष उत्तराखण्ड परिवहन निगम एल. फैनई, एमडी परिवहन निगम रीना जोशी और परिवहन विभाग के अधिकारी उपस्थित थे।

सैनिक पुत्र सीएम धामी ने किया पूर्व सैनिकों का अभिनंदन

सीएम धामी ने कहा कि जबरन धर्मान्तरण व डेमोग्राफ़िक चेंज पर हमारी सरकार के प्रयासों के साथ जन सहयोग एवं कानूनी रूप से शिकायत हेतु जन जागरूकता भी आवश्यक है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार ने सख्त दंगा विरोधी कानून लागू करने के साथ, भूमि अतिक्रमण के खिलाफ कड़ी कार्यवाही व यूसीसी जैसा साहसिक कदम उठाये लेकिन सरकार के इन साहसिक प्रयासों के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु व्यापक जनसहयोग की अपेक्षा है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गढ़ी कैंट, देहरादून में आयोजित विकसित भारत /2047 सामूहिक संवाद- पूर्व सैनिकों के साथ“ कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने राज्य के सम्रग विकास के लिए उपस्थित भूतपूर्व सैनिकों से बातचीत की एवं उनके सुझाव लिये।

राष्ट्र-प्रहरी के साथ पर्यावरण प्रहरी भी बने भूतपूर्व सैनिक- मुख्यमंत्री’

मुख्यमंत्री ने कहा कि वन विभाग को हर डिवीज़न मे 1000 पेड़ लगाने के निर्देश दिए गए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि कुछ समय पूर्व, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश में ‘’एक पेड़ अपनी मां के नाम’’ अभियान की शुरुआत की है। आज के इस अवसर पर मैं, आप सभी से इस अभियान में भागेदारी निभाने का आह्वान करता हूं क्योंकि आप सभी राष्ट्र-प्रहरी होने के साथ – साथ हमारे पर्यावरण के भी रक्षक हैं। आप जहां भी पेड़ लगाएंगे उसके फलने फूलने की गारंटी भी सदा रहेगी, क्योंकि आप एक सैनिक होने के नाते हमेशा उसका ख्याल भी रखेंगे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में गत दो माह में आने वाले पर्यटकों की संख्या 38 लाख से अधिक हो गई हैं। प्रधानमंत्री के प्रयासों व सहयोग से राज्य में शीतकालीन यात्रा एवं आदि कैलाश यात्रा को नई गति मिली है। राज्य में बेरोजगारी दर 4.2 से कम हो गई है जो राष्ट्रीय औसत से कम है। मानसरोवर यात्रा का समय 7 दिन कम हो चुका है।

सैनिको एवं उनके परिजनों के हित हमारी सर्वाेच्च प्राथमिकता- मुख्यमंत्री

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कार्यक्रम में उपस्थित समस्त पूर्व सैनिकों का स्वागत एवं अभिनंदन करते हुए कहा कि सैनिको ने वीरता, शौर्य और समर्पण के साथ देश की रक्षा करते हुए अपने जीवन का महत्वपूर्ण कालखंड बिताया है। सैनिको ने कश्मीर से लेकर कन्याकुमारी तक और कच्छ से लेकर अरुणाचल प्रदेश तक हर मोर्चे पर तिरंगे के गौरव और मान को बढ़ाने का कार्य किया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारा प्रदेश देवभूमि के साथ साथ वीरभूमि भी है, क्योंकि हमारे प्रदेश का लगभग हर परिवार सेना से जुड़ा हुआ है। इतिहास इस बात का साक्षी है कि हमारे वीर सपूतों ने मातृभूमि की रक्षा के लिए अपने प्राणों की आहुति देने में कभी कोई कसर नहीं छोड़ी।

सैनिक परिवार से होने के कारण पूर्व सैनिकों एवं उनके परिवार की समस्याओं और चुनौतियों को नजदीक से देखा – सीएम धामी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि मैं, स्वयं भी एक फौजी का बेटा हूं ,मैंने पूर्व सैनिकों एवं उनके परिवार की समस्याओं और चुनौतियों को नजदीक से देखा और समझा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि उनके हृदय में हमेशा शहीदों और उनके परिवारों के प्रति गहरी संवेदनशीलता और समर्पण का भाव रहता है। इसलिए हमने ये प्रयास किया है कि यही भाव हमारी सरकार के काम में भी दिखे।

इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी, ले ज (से नि) एके सिंह, मेज (सेनि) के एस राणा, क. बीरेंद्र सिंह राणा, ब्रि. नितेश बिष्ट व बड़ी संख्या में भूतपूर्व सैनिक मौजूद थे।

दलाई लामा के 90वें जन्मदिवस के अवसर पर सीएम ने किया प्रतिभाग, की घोषणाएं

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने दलाई लामा के 90वें जन्मदिवस के अवसर पर क्लेमेनटाउन, देहरादून में आयोजित कार्यक्रम में प्रतिभाग करते हुए समस्त देशवासियों और तिब्बती समाज को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि बुद्धा टेंपल मार्ग का चौड़ीकरण किया जाएगा और तिब्बती श्मशान घाट के टिन शेड का निर्माण किया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि परम पूज्य दलाई लामा ने पूरी दुनिया को शांति, अहिंसा और करुणा का मार्ग दिखाया है। उनकी शिक्षाएं आज के समय में और भी अधिक प्रासंगिक हैं, जब विश्व अनेक चुनौतियों का सामना कर रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि दलाई लामा स्वयं कहते हैं। “मेरा धर्म करुणा है” यही विचार उन्हें विश्व का सच्चा आध्यात्मिक गुरु बनाता है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड ने हमेशा से तिब्बती समाज को प्रेम, सम्मान और सुरक्षा प्रदान की है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार तिब्बती समुदाय के हितों की रक्षा करने के साथ-साथ उनके सांस्कृतिक, शैक्षिक और सामाजिक विकास के लिए हर संभव सहयोग करती रहेगी।

मुख्यमंत्री ने ईश्वर से प्रार्थना करते हुए कहा कि परम पूज्य दलाई लामा जी को उत्तम स्वास्थ्य और दीर्घायु प्रदान हो ताकि वे आने वाली पीढ़ियों को भी अपने अमूल्य विचारों और शिक्षाओं से मार्गदर्शन करते रहें।

इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज, विधायक विनोद चमोली, वक्फ़ बोर्ड के अध्यक्ष शादाब शम्स, पूर्व मुख्य सचिव सुभाष कुमार, सांगयम सोनम पालडन, डॉ. त्सावांग फुंटसोक, तेनजिंग चोएफेल, महेश पांडे, सरदार इंद्रपाल कोहली, राजेश मित्तल और तिब्बती समुदाय के लोग मौजूद थे।

सीएस की अध्यक्षता में यूपीसीएल के ऊर्जा भवन में निदेशक मंडल की 124वीं बैठक आयोजित

मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन की अध्यक्षता में देहरादून स्थित यूपीसीएल के ऊर्जा भवन में निदेशक मंडल की 124वीं बैठक आयोजित की गई।

बैठक में विद्युत उत्पादन, पारेषण और वितरण से संबंधित प्रोजेक्ट के विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की गई तथा ऊर्जा विभाग की उपलब्धियों और समस्याओं के समाधान पर भी मंथन किया गया।

मुख्य सचिव ने ऊर्जा विभाग को निर्देशित किया कि विद्युत उत्पादन, पारेषण और वितरण से संबंधित जितनी भी परियोजनाएं गतिमान हैं उनको समय से पूरा करें और उपभोक्ताओं को विश्वसनीय और किफायती बिजली उपलब्ध कराने के लिए सभी कार्यों का बेहतर तरीके से इंप्लीमेंट करें।

उन्होंने कहा कि विभिन्न प्रोजेक्ट से संबंधित तकनीकी बिंदुओं के बेहतर क्लेरिफिकेशन और स्टडी के लिए निदेशक मंडल में एक तकनीकी मेंबर की नियुक्ति की जाए। उन्होंने निदेशक मंडल की बैठक में यूईआरसी (उत्तराखंड विद्युत नियामक आयोग) द्वारा पारित टैरिफ ऑर्डर को भी प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। कंपनियों के बढ़े हुए ऑथराइजेशन कैपिटल की सूचना सरकार से भी साझा करने को कहा। साथ ही सितंबर 2025 तक ईआरपी (उद्यम संसाधन योजना) को पूरी तरीके से स्थिर करने के भी निर्देश दिए।

मुख्य सचिव ने कहा कि सीमांत जनपदों के ऐसे सीमांत गांव जो अभी तक सोलर विद्युत से आच्छादित हैं उनको ग्रिड आधारित विद्युत आपूर्ति से भी आच्छादित करें।

ट्रांसफार्मर में कैपेसिटर बैंक लगाने का निदेशक मंडल द्वारा अनुमोदन

वोल्टेज की गुणवत्ता में सुधार के लिए पूरे प्रदेश में ट्रांसफार्मर में 76 हजार से अधिक कैपेसिटर बैंक लगाए जाने हैं जिसका निदेशक मंडल द्वारा अनुमोदन किया गया।

बीईएसएस (बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम) लगाने की सहमति

उत्तराखंड पावर कॉरपोरेशन 100 मेगावाट की बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम स्थापित करने जा रहा है जिसका निदेशक मंडल द्वारा अनुमोदन किया गया। यह परियोजना उत्तराखंड के नवीनीकरण ऊर्जा के एकीकरण को बढ़ावा देने में मदद करेगी।

मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि प्रोजेक्ट से संबंधित धनराशि सस्ती ब्याज दरों पर उपलब्ध हो सके इसके लिए विभिन्न वित्तीय संस्थानों से प्रतिस्पर्धी ब्याज दरों का आकलन करने के पश्चात ही निर्णय लिया जाए।

उत्तराखंड पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड ने अपनी उपलब्धियां को साझा करते हुए कहा कि विगत 3 वर्षों से निगम के राजस्व संग्रह में लगातार वृद्धि हुई है। विद्युत उपभोक्ता रैंकिंग में सुधार हुआ है तथा एग्रीगेट टेक्निकल एंड कमर्शियल लॉसेज में विगत 3 वर्षों में कमी आई है।

इस दौरान बैठक में प्रमुख सचिव आर मीनाक्षी सुंदरम, सचिव वित्त दिलीप जावलकर, स्वतंत्र निदेशक मंडल से बीपी पांडेय व पराग गुप्ता, प्रबंध निदेशक यूपीसीएल अनिल कुमार, पिटकुल पीसी ध्यानी व यूजेवीएनएल संदीप सिंहल उपस्थित थे।

चंपावत में हुआ बाल संवाद कार्यक्रम, सीएम ने विद्यार्थियों से किया सीधा संवाद

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने टनकपुर से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से चम्पावत जनपद के विभिन्न विद्यालयों के छात्र-छात्राओं से बाल संवाद कार्यक्रम के अंतर्गत सीधा संवाद स्थापित किया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यालयों में खेल गतिविधियों की प्रगति की जानकारी प्राप्त करना तथा खिलाड़ियों से उनकी आवश्यकताओं और सुझावों पर चर्चा करना रहा।

मुख्यमंत्री ने रा.इ.का. चम्पावत के गौरव, रा.इ.का. पाटी की प्रीति, रा.बा.इ.का. टनकपुर की कंचन, रा.इ.का. चौमेल के सागर एवं रा.बा.इ.का. चम्पावत की मोनिका से बातचीत कर खेल सुविधाओं, संसाधनों और प्रशिक्षण संबंधी जानकारी ली। विद्यार्थियों ने मुख्यमंत्री को बताया कि वे मुख्यमंत्री उदीयमान खिलाड़ी प्रोत्साहन योजना से नियमित लाभान्वित हो रहे हैं, जिससे उनके खेल कौशल को संवारने में मदद मिल रही है।

मुख्यमंत्री धामी ने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि वे पढ़ाई के साथ खेलों को भी बराबर महत्व दें। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड केवल देवभूमि नहीं, बल्कि खेलभूमि के रूप में भी अपनी पहचान बना रहा है। उन्होंने युवाओं को अमृतकाल का सारथी बताते हुए अनुशासन, समय प्रबंधन और कठिन परिश्रम के महत्व पर बल दिया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार खेल प्रतिभाओं को सशक्त मंच देने और खेल संस्कृति को प्रोत्साहित करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने राज्य की खेल नीति और मुख्यमंत्री उदीयमान खिलाड़ी योजना जैसे प्रयासों को युवाओं के सर्वांगीण विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।

इस अवसर पर चम्पावत, पाटी, चौमेल, टनकपुर और चमदेवल क्षेत्र के विद्यालयों के छात्र-छात्राएं और शिक्षण स्टाफ बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।

मोबिलिटी प्लान के तहत सुधारीकरण के लिए चिन्हित 10 स्थानों में सुधार प्रक्रिया में तेजी लाएंः बर्द्धन

मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन ने सचिवालय में देहरादून शहर के मोबिलिटी प्लान से सम्बन्धित एकीकृत महानगर परिवहन प्राधिकरण की बैठक ली। बैठक के दौरान मुख्य सचिव ने देहरादून शहर के लिए यातायात संकुलन योजना की प्रगति की जानकारी ली।

मुख्य सचिव ने अधिकारियों को मोबिलिटी प्लान के तहत सुधारीकरण के लिए चिन्हित 10 स्थानों में सुधार प्रक्रिया में तेजी लाए जाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि जिन सुधारीकरण कार्यों की डीपीआर तैयार हो चुकी है अगले एक माह में कार्य शुरू कराए जाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने बाकी कार्यों की डीपीआर भी 31 जुलाई तक तैयार किए जाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने जिलाधिकारी को लगातार इसकी मॉनिटरिंग किए जाने के निर्देश दिए हैं ताकि कार्यों को समय से पूर्ण किया जा सके।

मुख्य सचिव ने कहा कि जिन सड़कों का अभी चौड़ीकरण किया गया है, उन सड़कों में नो पार्किंग जोन होते हुए वाहनों के खड़े होने से पूर्व जैसी ही स्थिति बनी हुयी है। उन्होंने कहा कि नो पार्किंग जोन में वाहन खड़े न हों इसके लिए प्रभावी प्रवर्तन कराया जाए। उन्होंने कहा कि इस समस्या के लिए लगातार नए पार्किंग स्थलों के तलाशे जाने की प्रक्रिया लगातार जारी रखी जाए। उन्होंने कहा कि कमर्शियल भवनों की पार्किंग को 100 प्रतिशत प्रयोग किए जाने हेतु लगातार कार्य कराए जाएं। उन्होंने सचिवालय, पवैलियन ग्राउण्ड और परेड ग्राउण्ड के नीचे अंडरग्राउण्ड पार्किंग की सम्भावनाओं को तलाशे जाने के भी निर्देश दिए हैं। सीएमपी में चिन्हित सम्भावित पार्किंग स्थलों को एक्सप्लोर किया जाए।

मुख्य सचिव ने आढ़त बाजार शिफ्टिंग प्रक्रिया में तेजी लायी जाए। उन्होंने भूमि आबंटन की प्रक्रिया में देरी पर नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने कहा कि आढ़त बाजार शिफ्टिंग के कार्य में विभिन्न प्रकार की गतिविधियों के लिए टाईमलाइन निर्धारित की जाए एवं मुख्य सचिव कार्यलय को शीघ्र अवगत कराया जाए। उन्होंने कहा कि परिवहन विभाग भी मोबिलिटी प्लान के अनुरूप एसपीवी के गठन की कार्यवाही में तेजी लाते हुए अगले 15 दिनों के प्रस्ताव कैबिनेट में लाए जाने के निर्देश दिए।

मुख्य सचिव ने देहरादून के लिए अगले 25-30 सालों की यातायात संकुलन की समस्या को देखते हुए योजना तैयार किए जाने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने कहा कि इसके लिए शीघ्र ही बैठक आयोजित की जाए।

इस अवसर पर प्रमुख सचिव आर. मीनाक्षी सुंदरम, सचिव डॉ. पंकज कुमार पाण्डेय, जिलाधिकारी देहरादून सविन बंसल, अपर सचिव विजय कुमार जोगदंडे, रीना जोशी, पूजा गर्ब्याल एवं उत्तराखण्ड मेट्रो रेल कॉर्पाेरेशन से बृजेश कुमार मिश्रा सहित सम्बन्धित विभागों के उच्चाधिकारी उपस्थित थे।

सीएम की दो टूक, भ्रष्टाचारी जेल जाने के लिए रहें तैयार

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को ऋषिकुल मैदान हरिद्वार में आयोजित विकास संकल्प पर्व में प्रतिभाग कर 550 करोड़ की 107 विभिन्न योजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि लालढांग में सिंचाई सुविधा हेतु झील का निर्माण, लालढांग पीएचसी का उच्चीकरण कर सीएचसी बनाए जाने, भगवानपुर से इकबालपुर तक सड़क का चौड़ीकरण, भगवानपुर से सिकरौदा तक सड़क निर्माण, निरंजनपुर में डिग्री कालेज का निर्माण किए जाने, मुबारकपुर-अलीपुर में हाईस्कूल का उच्चीकरण किए जाने, मोहम्मदपुर जटगांव में रजवाहे के दोनों ओर पटरी पर सीसी सड़क का निर्माण किए जाने, विधान सभा झबरेड़ा के अन्तर्गत रुड़की नगर निगम वार्ड न0 22 व 23 में पानी निकासी व सड़क निर्माण किए जाने, खानपुर में ढाडेकी के सौलानी नदी पर पुल निर्माण किए जाने, गिद्धावाली में गंगा नदी घाट पर पुल निर्माण, नागड पलोनी से रांगढ वाला होते हुए भगवानपुर के पास तक मोटर रोड का निर्माण, मेवड नागड के शमशान घाट में बाउण्डरी वाल निर्माण किए जाने के साथ, मोहम्मदपुर पाण्डा के अन्तर्गत बाउण्डरी वाल निर्माण किए जाने की घोषणा की।

मुख्यमंत्री द्वारा एनआरएलएम के अन्तर्गत लक्ष्मी स्वयं सहायता समूह को 2 लाख रूपये, उद्यान विभाग द्वारा दरम्यान सिंह को 50 हजार रूपये, ग्रामोत्थान परियोजनान्तर्गत उजाला सीएलएफ को 21 लाख रूपये, आस्था सीएलएफ को 6 लाख रूपये, मत्स्य विभाग द्वारा अजीत कौर को 4 लाख 20 हजार रूपये, कृषि विभाग द्वारा तरुण सिंह अध्यक्ष वर्क कृषि उत्पादन एवं विपणन स्वयं सहायता समूह को 10 लाख, पशुपालन विभाग द्वारा मीनाक्षी देवी को 30 लाख रूपये, बाल विकास विभाग द्वारा चंचल तोमर को 51 हजार रूपये, सहकारिता विभाग द्वारा आकाश कश्यप को 1 लाख 60 हजार रूपये प्रदान करने के साथ ही सुश्री मीना को पीएम आवास योजनान्तर्गत आवास की चाबी सौंपी गई।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि क्षेत्र के विकास हेतु की गई ये सभी घोषणाएं, लोकार्पण, शिलान्यास की परियोजनाएँ न केवल हरिद्वार जनपद में आधारभूत सुविधाओं को सशक्त बनाने में सहायक सिद्ध होंगी, बल्कि नागरिकों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के साथ ही क्षेत्र के विकास को भी नई गति प्रदान करेंगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि आज का दिन विशेष है क्योंकि आज ही के दिन 04 जुलाई 2021 को उन्हें देवभूमि उत्तराखण्ड की सेवा करने का मौका दिया गया था। उन्होंने कहा कि वे सबसे पहले मां गंगा का आशीर्वाद लेकर जनमानस के बीच आए हैं। उन्होंने कहा कि वे आज प्रदेश के समग्र विकास और जन आकांक्षाओं को पूरा करने के अपने “विकल्प रहित संकल्प” को पूर्ण करने की इस यात्रा के सफल चार वर्ष पूर्ण कर रहे हैं। उन्होंने सफल चार वर्ष पूर्ण होने पर देवभूमि उत्तराखंड की समस्त देवतुल्य जनता कस हृदयतल से आभार व्यक्त करते हुए कहा कि जनता द्वारा जताये गए भरोसे के बल पर ही वे आज उत्तराखंड के मुख्य सेवक के रूप में प्रदेश की सेवा कर पा रहे हैं। उन्होंने कहा कि जनता का प्रेम ही है जो उन्हें प्रत्येक दिन प्रदेश के विकास और समाज की प्रगति हेतु समर्पित भाव से कार्य करने की ऊर्जा प्रदान करता है।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी से प्रेरणा लेकर गांवों से लेकर शहरों तक, किसानों से लेकर युवाओं तक, मातृशक्ति से लेकर श्रमशक्ति तक, व्यापारियों से लेकर कमचारियों तक प्रत्येक क्षेत्र और वर्ग के कल्याण के लिए कई नई योजनाएं बनाईं हैं और उन्हें धरातल पर भी उतारा है। होम स्टे योजना, लखपति दीदी योजना और सौर स्वरोजगार योजना जैसी अनेकों योजनाएं लागू कर स्वरोजगार को भी बढ़ावा दिया जा रहा है, जिसका परिणाम है कि नीति आयोग द्वारा जारी सतत् विकास के लक्ष्यों को प्राप्त करने के इंडेक्स में हमारे उत्तराखंड को देश में प्रथम स्थान प्राप्त हुआ है। उन्होंने कहा कि प्रदेश की बेरोजगारी दर में रिकॉर्ड 4.4 प्रतिशत की कमी लाकर राष्ट्रीय औसत को भी पीछे छोड़ने का काम किया है।उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने राज्य में सरकारी नौकरियों में महिलाओं को 30 प्रतिशत आरक्षण देने के साथ ही ‘मुख्यमंत्री नारी सशक्तिकरण योजना‘, मुख्यमंत्री महालक्ष्मी योजना, मुख्यमंत्री वात्सल्य योजना, मुख्यमंत्री आँचल अमृत योजना और पोषण अभियान जैसी योजनाएं प्रारंभ की हैं।

उन्होंने कहा कि हरिद्वार जनपद में भी अनेकों विकास परियोजनाओं पर कार्य किया जा रहा है। धर्मनगरी हरिद्वार को भी काशी विश्वनाथ एवं उज्जैन महाकाल कॉरिडोर की भांति भव्य और दिव्य रूप देने के लिए हरिद्वार-ऋषिकेश कॉरिडोर का निर्माण किया जा रहा है। हरिद्वार में हेली सेवाओं के लिए हेलीपोर्ट का निर्माण करने के साथ ही नगर को जाम की समस्या से मुक्ति दिलाने हेतु पॉड टैक्सी के संचालन की कार्ययोजना भी तैयार की जा रही है। हरकी पैड़ी से मां चंडी देवी और मां मनसा देवी तक रोपवे के निर्माण को हरी झंडी देना हो या लालढ़ांग की बरसाती नदी में पुल के निर्माण के साथ ही झूला पुल बनाने की दिशा में कार्य किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि हम देवनगरी हरिद्वार को विश्वस्तरीय नगरी बनाने के लिए हर संभव प्रयास कर रहे हैं।

उन्होंने कहा कि देवनगरी हरिद्वार के लिए कावड़ यात्रा और कुंभ का आयोजन अत्यंत महत्वपूर्ण आयोजन है। कांवड़ यात्रा और वर्ष 2027 में होने वाला कुंभ का आयोजन भव्य,दिव्य,सुरक्षित और ऐतिहासिक हो। इसके लिए हम सभी जरूरी इंतजाम करने के लिए संकल्पित हैं।

उन्होंने कहा कि राज्य के समग्र विकास के साथ-साथ अपने सांस्कृतिक मूल्यों और डेमोग्राफी को संरक्षित रखने हेतु भी हम पूर्ण रूप से संकल्पबद्ध है। हमने प्रदेश में एक ओर जहां धर्मांतरण विरोधी और सख्त दंगारोधी कानूनों को लागू किया है वहीं अतिक्रमणकारियों के खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई की है। उन्होंने कहा कि जहां एक ओर राज्य में समान नागरिक संहिता कानून लागू कर सभी नागरिकों के लिए एक समान कानून की स्थापना की है। वहीं, युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वालों पर अंकुश लगाने हेतु प्रदेश में सख्त नकल विरोधी कानून भी लागू किया है, जिसके परिणामस्वरूप आज राज्य के 23 हजार से अधिक युवाओं को बिना किसी नकल के सरकारी नौकरी प्राप्त करने में सफलता प्राप्त हुई है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि राज्य से भ्रष्टाचार को समाप्त करने के लिए ‘’ज़ीरो टॉलरेंस’’ की नीति के साथ संकल्पित होकर कार्य कर रहे हैं। पिछले साढ़े तीन वर्षों में भ्रष्टाचार में लिप्त 200 से अधिक लोगों को जेल की सलाखों के पीछे पहुँचाने का काम भी किया है। मुख्यमंत्री ने मां गंगा के तट से स्पष्ट सन्देश दिया कि भ्रष्टाचारी जेल जाने के लिए तैयार रहें।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि देश के साथ-साथ उत्तराखंड भी स्पष्ट नीति एवं विजन के साथ आगे बढ़ रहा है, जहां ‘विकास’ प्राथमिकता है, ‘ईमानदारी’ पहचान है, और ‘सेवा’ संकल्प है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार देवभूमि उत्तराखंड को देश का श्रेष्ठ राज्य बनाने के अपने ’‘विकल्प रहित संकल्प’’ के साथ निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि सभी के सहयोग से उत्तराखण्ड़ को सर्वश्रेष्ठ राज्य बनाने का हमारा संकल्प अवश्य सिद्ध होगा।

इस अवसर पर राज्यसभा सांसद एवं बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष महेन्द्र भट्ट, सांसद कल्पना सैनी, डॉ.नरेश बंसल, विधायक मदन कौशिक, आदेश चौहान, पूर्व मुख्यमंत्री डॉ.रमेश पोखरियाल निशंक द्वारा भी जनता को सम्बोधित करते हुए अपने-अपने विचार व्यक्त किये गये।

इस अवसर पर पशुपालन, रेशम, महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास, डेदृएनयूएलएम, उद्यान एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग, कृषि, उद्योग, चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण आदि विभागों द्वारा स्टॉल लगाकर अपने-अपने विभाग से सम्बन्धित योजनाओं की जानकारी दी गई।

कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष किरण चौधरी, मेयर किरण जेसल, अनीता अग्रवाल, पूर्व कैबिनेट मंत्री स्वामी यतीश्वरानंद, उपाध्यक्ष राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण विनय रोहेला, दर्जा राज्य मंत्री ओम प्रकाश जमदग्नि, शोभाराम प्रजापति, सुनील सैनी, श्यामवीर सैनी, जयपाल सिंह चौहान, देशराज कर्णवाल, शादाब शम्स, बीजेपी जिलाध्यक्ष आशुतोष शर्मा, मधु सिंह, महामंत्री आशु चौधरी, जिलाधिकारी मयूर दीक्षित, एसएसपी प्रमेन्द्र सिंह डोबाल, सहित अन्य जनप्रतिनिधि व अधिकारी उपस्थित थे।