योगी सरकार ने किसानों का 36359 करोड़ रुपये का कर्ज माफ किया

-करीब दो करोड 30 लाख किसानों का कर्ज माफ
-गेहूं का 1625 रूपये प्रति क्विंटल का न्यूनतम समर्थन मूल्य भी तय, बोनस भी देगी सरकार

लखनऊ।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में हुई पहली कैबिनेट बैठक नवमी के मौके पर हुई है और सरकार ने इस बैठक में नौ फैसले लिए। यह जानकारी सिद्धार्थ नाथ सिंह ने दी है। लखनऊ के लोकभवन में हुई यह बैठक डेढ़ घंटे चली। इस बैठक में सीएम आदित्यनाथ, केशव प्रसाद मौर्य के अलावा तमाम मंत्री शामिल हुए।
उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य के दो करोड से अधिक लघु एवं सीमांत किसानों का एक लाख रुपये तक का फसली कर्ज माफ करने का महत्वपूर्ण फैसला किया। इस फैसले से प्रदेश के राजकोष पर 36359 करोड रुपये का बोझ आएगा। कैबिनेट की पहली बैठक में राज्य के किसानों के हित में ये बडा फैसला किया गया जो विधानसभा चुनाव से पूर्व भाजपा के लोक कल्याण संकल्प पत्र में प्रमुख मुद्दा था।
कैबिनेट बैठक के बाद स्वास्थ्य मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह ने कहा, यह हमारे संकल्प पत्र का हिस्सा है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने भी चुनाव के दौरान ऐलान किया था कि भाजपा की सरकार बनने पर पहली कैबिनेट बैठक में ही लघु एवं सीमांत किसानों का कर्ज माफ किया जाएगा। सिंह ने कहा कि लघु एवं सीमांत किसानों के विषय में जो महत्वपूर्ण निर्णय कैबिनेट ने किया है, वह फसली ऋण से संबंधित है। गत वर्ष सूखा पडा, ओलावृष्टि हुई और बाढ आयी जिससे किसानों को काफी नुकसान हुआ। उत्तर प्रदेश में लगभग दो करोड 30 लाख किसान हैं, जिनमें से 92.5 प्रतिशत यानी 2.15 करोड लघु एवं सीमांत किसान हैं।
उन्होंने कहा, उनका ऋण माफ किया गया है। कुल 30,729 करोड रुपये का कर्ज माफ किया गया है क्योंकि ये किसान बडा ऋण नहीं लेते इसी अंदाज से एक लाख रूपये तक का ऋण उनके खाते से माफ किया जाएगा। सिंह ने कहा कि साथ ही सात लाख किसान और हैं, जिन्होंने कर्ज लिया था और उसका भुगतान नहीं कर सके, जिससे वह ऋण गैर निष्पादित आस्तियां (एनपीए) बन गया और उन्हें कर्ज मिलना बंद हो गया। ऐसे किसानों को भी मुख्य धारा में लाने के लिए उनके कर्ज का 5630 करोड रुपये माफ किया गया है। इस तरह कुल मिलाकर किसानों का 36,359 करोड़ रुपये का कर्ज माफ किया गया है।

कैबिनेट के अन्य फैसले-
-अवैध खनन पर निगरानी के लिए मंत्रियों के समूह का गठन किया गया है।
– एंटी रोमियो दल अच्छा काम कर रहा है, पुलिसवाले किसी का उत्पीड़न ना करें। अगर कोई कपल किसी सार्वजनिक स्‍थल पर बैठे हैं, तो अनावश्‍यक रूप से उनसे पूछताछ किए जाने की शिकायत पाए जाने पर अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
– नई उद्योग नीति बनेगी ताकि राज्य के युवा बाहर जाकर नौकरी ना करनी पड़ी। इसके लिए मंत्रियों का एक समूह बनेगा जो दूसरे राज्यों में जाकर उनकी उद्योग नीति को देखेगा और उन्हें हमारे राज्य में लागू किया जाएगा। प्रदेश में सिंगल विंडो के माध्‍यम से एक अच्‍छी उद्योग नीति का निर्माण किया जाएगा। उपमुख्यमंत्री दिनेश शर्मा की अध्यक्षता में यह मंत्री समूह बनाया गया है।
– आलू की खेती करने वाले किसानों को राहत देने के लिए उप-मुख्यमंत्री स्वामी प्रसाद मौर्या की अध्यक्षता में कमेटी बनी है। यह कमेटी आलू की खेती का अध्ययन करेगी।
– बूचड़खानों को NGT और सुप्रीम कोर्ट के आदेश का पालन करना होगा। 26 अवैध बूचड़खाने बंद किए गए हैं, यूपी में अवैध बूचड़खाने नहीं चलेंगे।

जब एसएसपी को ग्राहक समझ शराब परोसी

रुद्रपुर।
मोहल्लों में परोसी जा रही शिकायत की सच्चाई जानने के लिए एसएसपी डॉ. सदानंद दाते खुद भदईपुरा पहुंच गए। यहां वह सादे पकड़ों में गए। वहां का माहौल देखकर वह खुद हैरत में पड़ गए। खुलेआम घरों में लोगो को शराब परोसी जा रही थी। जब वह वह बैठे तो उन्हें भी शराब परोस दी गई।
हालात देख एस एस पी का पारा चढ़ गया। उन्होंने चौकी इंचार्ज को सस्पेंड कर दिया। साथ ही चौकी में तैनात कर्मियों की जाँच बैठा दी। एसएसपी की कार्यवाही से हड़कंप मच गया।
कार्यभार संभालने के बाद एस एसपी डॉ दाते ने अवैध शराब व खनन के खिलाफ कार्यवाही के निर्देश दिए थे। उसके बाद भी लगातार शराब की गली मोहल्ले में बिक्री की शिकायत मिल रही थी। रविवार रात पंतनगर में भी शराब माफियाओ ने एक परिवार के चार लोगो पर हमला कर घायल कर दिया था।
इस पर एसएसपी कड़ा रुख अपनाते हुए गत रात प्राइवेट आल्टो कार से सादे कपड़ो में रम्पुरा चौकी अंतर्गत भदईपुरा पहुंच गए। एसएसपी भी जब शराब पी रहे लोगों के बीच बैठे तो उनको भी शराब परोस दी गई। इस पर उन्होंने तुरंत फोन कर फोर्स बुला लिया।
इसी दौरान किसी ने उनको पहचान लिया। इस पर वहां शराब पी रहे लोगं में भगदड़ मच गई। इसी दौरान पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने तीन लोगों को हिरासत में ले लिया। एसएसपी ने तुरंत चौकी इंचार्ज भीम भास्कर आर्य को सस्पेंड कर दिया। एसएसपी डॉ. दाते ने बताया अपर पुलिस अधीक्षक देवेंद्र पींचा रम्पुरा पुलिस चौकी में तैनात कर्मियों की शराब के कारोबार में संलिप्तता की जांच कर रिपोर्ट देंगे। जांच में संलिप्तता मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।

पत्रकार और व्यापारी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज

ऊधमसिंह नगर।
पत्रकार से मारपीट के आरोप में पुलिस ने दस दिन बाद व्यापार मंडल अध्यक्ष के खिलाफ सोमवार को रिपोर्ट दर्ज कर ली। इससे नाराज व्यापारियों ने कोतवाली में जमकर प्रदर्शन किया। व्यापारियों के तेवर देख पुलिस ने पत्रकार के खिलाफ भी रंगदारी वसूलने का मामला दर्ज कर लिया।
मीना बाजार निवासी एक साप्ताहिक समाचार पत्र के पत्रकार रवि रस्तोगी से बीती 23 मार्च को कोतवाली में मारपीट हुई थी। रवि ने आरोप लगाया कि वह दो पक्षों में हुई मारपीट के मामले की कवरेज करने कोतवाली गए थे। इसी दौरान उसने फोटो खींचा तो वहां मौजूद व्यापार मंडल अध्यक्ष व उनके साथियों ने उस पर हमला बोल दिया। साथ ही जान से मारने की धमकी दी। इस पर पुलिस ने व्यापार मंडल अध्यक्ष संजय गोयल, पूरन चौहान, चंदन कश्यप व सौरभ ¨सघल के खिलाफ रिपोर्ट कर ली। वहीं दूसरी ओर मुकदमा दर्ज होने की खबर मिलते ही व्यापारी कोतवाली पहुंच गए। उन्होंने मुकदमा वापस लेने की मांग की। इसी दौरान विधायक सौरभ बहुगुणा भी कोतवाली पहुंच गए। उन्होंने इस मामले में सीओ स्वतंत्र कुमार से वार्ता की। आक्रोशित व्यापारी कोतवाली में धरना देने लगे। इसी बीच कोतवाल ने व्यापार मंडल अध्यक्ष संजय गोयल की तहरीर पर पत्रकार रवि रस्तोगी व पांच अन्य के विरुद्ध मारपीट के साथ रंगदारी वसूलने का मामला दर्ज कर लिया। गोयल का आरोप था कि रवि ने उनसे पांच लाख रुपये रंगदारी मांगी। संजय के समर्थन में राजेश जिंदल, राकेश त्यागी, डाल चंद राजपूत, मुकेश सनवाल, नरेंद्र वमराह आदि मौजूद थे।

बिग बॉस का पार्टनर है अंडरवर्ल्ड दाऊद इब्राहिम: स्वामी ओम

ऋषिकेश।
नटराज चौक स्थित जीएमवीएन के अतिथिगृह में पत्रकारों से बातचीत में स्वामी ओम ने कहा कि मैंने बीजेपी के लिए चुनाव में काम किया है लेकिन चुनाव जीतने के बाद बीजेपी सरकार में सुनवाई नहीं हो रही है। इसलिए सीएम से मिलने उत्तराखण्ड आए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि हिन्दी फिल्म अभिनेता सलमान खान देशद्रोही हैं। उन्होंने सलमान को पीटा था क्योंकि वह निर्माता से उगाही करते हैं। बिगबॉस में उन पर लगे आरोप बेबुनियाद हैं। वह तो मामले में सीबीआई से जांच की मांग कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि बिग बॉस सीरियल में उनके सलमान खान पर पांच करोड़ 85 लाख रुपए बाकी हैं। स्वामी ओम ने कहा कि बीती 26 मार्च को पानीपत में उन पर हमला किया गया। बोले कि पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय इंदिरा गांधी ने दो बार राष्ट्रपति बनने के लिए मुझसे कहा। पूर्व पीएम ने मुझे दिल्ली में कोठी भी दी है लेकिन इस बार मैं राष्ट्रपति चुनाव लड़ने जा रहे हूं।

दामाद ने ससुर पर झोंका फायर, मौत

देहरादून।
राजपुर में देर रात एक युवक ने अपने ससुर की गोली मारकर हत्या कर दी। बताया जा रहा है कि ससुर और दामाद में किसी बात को लेकर कहासुनी हुई थी। मृतक के परिजनों ने आरोपी को दबोचकर उसकी पिटाई भी की। पुलिस ने आरोपी दामाद व मृतक के बेटे को हिरासत में लिया है। घटना में प्रयुक्त पिस्टल भी बरामद कर ली गई है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार रामकुमार मिश्र (60 वर्ष) कैनाल रोड पर गब्बर सिंह बस्ती में परिवार के साथ रहते थे। रामकुमार का दामाद अवधेश भी उनके घर पर ही रहता है। अवधेश ने कुछ लोगों ने तकरीबन पांच लाख रुपये उधार ले रखे हैं, जिसकी वसूली के लिए लोग अक्सर रामकुमार के घर आते रहते है। सोमवार को भी कुछ लोग रामकुमार के घर पैसे का तगादा करने आए थे, मगर उस समय अवधेश घर पर नहीं था। चार-पांच दिन से गायब चल रहा अवधेश रात करीब सवा 10 बजे घर पहुंचा तो ससुर रामकुमार से उसकी कहासुनी हो गई।
विवाद बढ़ने पर परिवार के लोग बीच-बचाव करने पहुंचे तो अवधेश ने पिस्टल निकाली और रामकुमार पर फायर झोंक दिया। गोली रामकुमार के सीने में बायीं तरफ लगी और वह लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़े। यह देखकर अवधेश ने भागने की कोशिश की, मगर उसके साले राजेश और महेश ने उसे पकड़ लिया। राजेश सचिवालय में एक अपर सचिव की गाड़ी चलाता है। सोमवार रात वह गाड़ी से ही घर पहुंचा था। उसी गाड़ी से राजेश पिता रामकुमार को दून मेडिकल कॉलेज अस्पताल लेकर पहुंचा, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
घटना की सूचना मिलते ही एसएसपी स्वीटी अग्रवाल व एसपी सिटी अजय सिंह भी मौके पर पहुंच गए और मृतक रामकुमार की पत्नी शिवकली से पूछताछ की। एसएसपी ने बताया कि अवधेश और राजेश को हिरासत में लिया गया है।

स्वाइन फ्लू पीड़ित की मौत, स्वास्थ्य विभाग में मचा हड़कंप

देहरादून।
राजधानी दून में स्वाइन फ्लू पीड़ि‍त 52 वर्षीय एक मरीज की मौत हो गई है। मरीज का हिमालयन हॉस्पिटल जौलीग्रांट में उपचार चल रहा था। इसके अलावा सहारनपुर निवासी एक 31 वर्षीय महिला में भी स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई है। महिला मैक्स अस्पताल में भर्ती है।
राजावाला निवासी 52 वर्षीय व्यक्ति की तबीयत खराब होने पर परिजनों ने उन्हें हिमालयन अस्पताल जौलीग्रांट में भर्ती कराया गया था। स्वाइन फ्लू के लक्षण मिलने के बाद उनके सैंपल जांच के लिए दिल्ली भेजे गए। 26 मार्च को मरीज की इलाज के दौरान मौत हो गई। उनकी रिपोर्ट में स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई है। इसके अलावा मैक्स अस्पताल में भर्ती 31 वर्षीय एक महिला में भी स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई है। जिसके बाद स्वास्थ्य महकमे में हड़कंप मचा हुआ है। मैक्स में भर्ती महिला में स्वाइन फ्लू की पुष्टि होने के बाद विभाग ने उनके नवजात शिशु के भी सैंपल लिए हैं। जिन्हें जांच के लिए दिल्ली भेज दिया गया है। मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. वाईएस थपलियाल के अनुसार जनपद में अब तक कुल 27 लोगों के सैंपल लिए गए हैं। जिनमें चार में स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई है। इनमें एक महिला की हिमालयन अस्पताल में मौत हुई है।
एक महिला मैक्स अस्पताल में भर्ती है, जबकि दो अन्य स्वस्थ होकर घर जा चुके हैं। उन्होंने कहा कि समस्त निजी व सरकारी अस्पतालों को इस ओर खास एहतियात बरतने के निर्देश दिए गए हैं। उन्हें सख्त ताकीद की है कि स्वाइन फ्लू का कोई भी मरीज आने पर तुरंत उसकी रिपोर्टिंग की जाए। अन्यथा कार्रवाई की जाएगी।

विरोध के बीच खुलीं शराब की दुकानें

ऋषिकेश।
नेशनल और स्टेट हाईवे से शराब की दुकानें हटाकर आबादी क्षेत्र में खोलने का मार्च के तीसरे हफ्ते से ही विरोध चल रहा है। महिलाएं आबादी के आसपास शराब के ठेके खोलने के पक्ष में नहीं हैं। इसके चलते रायवाला, रानीपोखरी, लालतप्पड़ और डोईवाला में भी महिलाओं का धरना-प्रदर्शन चल रहा है। रायवाला, प्रतीतनगर में महिलाएं ग्रामीणों के साथ देर शाम तक धरने पर डटी रहीं। यही स्थिति लालतप्पड़ और डोईवाला की भी रही।
रानीपोखरी के शांतिनगर क्षेत्र में भी ग्रामीणों का विरोध लगातार जारी है। हालांकि इसके बाद भी मंगलवार सुबह 10 बजे तक यहां अंग्रेजी और देसी शराब की दुकानें खुल गईं। हालांकि महिलाओं के प्रदर्शन के कारण दुकान पर ग्राहकों की आमद न के बराबर ही रही। महिलाएं देर शाम तक ठेके के सामने ही बैठी रहीं। उन्होंने आबकारी विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। उनका कहना है कि क्षेत्र में शराब के ठेकों को किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

160 किलो की महिला ने दिया स्वस्थ बच्ची को जन्म

ऋषिकेश।
हार्मोनल अंसुतलन के कारण 34 वर्षीय देहरादून निवासी संजना का वजन 160 किग्रा है। संजना के पहले से दो बच्चे हैं। तीसरी बार जब संजना ने गर्भधारण किया तो प्रसव की जटिलताओं के कारण दून के ज्यादातर चिकित्सकों ने उनका केस लेने से मना कर दिया। ऐसे में उन्होंने एम्स ऋषिकेश से संपर्क किया। अत्यधिक जटिलता के कारण एम्स के डॉक्टरों ने संजना को हिमालयन हॉस्पिटल जौलीग्रांट रेफर किया।
यहां पर महिला रोग चिकित्सक डॉ. देवनंदा चौधरी ने संजना की प्रारंभिक जांचों के बाद सर्जरी का फैसला लिया। बताया कि संजना के पहले दोनों बच्चे भी सर्जरी से ही पैदा हुए थे। हालांकि इस बार बहुत ज्यादा वजन और हाई ब्लड प्रेशर के कारण सर्जरी में जटिलाताएं और भी बढ़ गईं। बच्चे के गले में गर्भनाल भी लिपटी हुई थी। कुछ घंटों की जटिल सर्जरी के बाद संजना ने एक स्वस्थ बच्ची को जन्म दिया।
सर्जरी सफल बनाने में डॉ. दीपमाला, डॉ. गुरजीत खुराना, डॉ. पारुल का विशेष योगदान रहा। स्वामीराम हिमालयन यूनिवर्सिटी के कुलपति डॉ. विजय धस्माना ने हाईरिस्क सर्जरी सफल बनाने वाले डॉक्टरों की टीम को बधाई दी। साथ ही उन्होंने संजना और बच्चे के स्वास्थ्य लाभ की कामना की।

20 मई से 19 जून तक द्रोणागिरी ट्रैक के हमराही बनेंगे पर्यटक

ऋषिकेश।
मंगलवार को नगर पालिका के स्वर्ण जयंती सभागार में गढ़वाल मंडल के अपर आयुक्त हरक सिंह रावत ने पर्यटन व गढ़वाल मंडल विकास निगम के अधिकारियों की संयुक्तरुप से बैठक ली। बताया कि पूर्व में मुख्यमंत्री ने तुंगधार में द्रोणागिरी ट्रैक को विकसित करने की घोषणा की थी। इसी के मद्देनजर 20 मई से 19 जून तक पर्यटन व जीएमवीएन के संयुक्त तत्वाधान में द्रोणागिरी ट्रैक पर ट्रेकिंग संचालित की जा रही है। जिसके लिए ऑन लाइन रजिस्ट्रेशन प्रारंभ कर दिये गये है। न्यूनतम खर्चें पर ट्रैकिंग को लेकर शासन तैयारी कर रहा है। जिसका बुधवार को निर्धारण कर लिया जायेगा।
बताया कि शासन ने द्रोणागिरी ट्रैक ऑफ ईयर के नाम से घोषित किया है। इससे पहले वर्ष 2015 में हिटो केदार व 2016 में केदारनाथ-तुगंनाथ टै्रक को ऑफ ईयर घोषित किया था। अपर आयुक्त ने जानकारी दी कि एक दल में 20 से 25 सदस्यों को शामिल किया जायेगा। जिसका अंतिम निर्धारण बुकिंग आने पर ही होगा। देशी व विदेशी साहसिक पर्यटकों को लुभाने के लिए व राज्य के ट्रैकिंग स्थलों को विकसित करने के लिए प्रयास किये जा रहे है। जिससे गांव के लोगों को रोजगार मिले। तिब्बत बोर्डर के सभी गांवों को ट्रेकिंग से जोड़ने पर भी कार्य किया जा रहा है।
ट्रैकिंग स्थलों के प्रचार प्रसार का जिम्मा पर्यटन व जीएमवीएन को दिया गया है। बताया कि ऋषिकेश से जोशीमठ, जोशीमठ से जुमा गांव, जुम्मा गांव से रुइंग, रुइंग से द्रोणागिरी ट्रैकिंग के पड़ाव रहेंगे। जुम्मा गांव से बागनीग्लेशियर लगभग 11 किमी है। द्रोणागिरी पर्वत, नंदी कुंड ट्रैक का हिस्सा रहेंगे। द्रोणागिरी टै्रक पर ट्रैकिंग दल 50 किमी की दुरी तय करेंगे। बैठक में जीएमवीएन के महाप्रबंधक पर्यटन बीएल राणा, सहायक महाप्रबंधक यात्रा तुलसी सिंह बिष्ट, सहायक प्रबंधक पर्यटन आवास गृह सुशील पंवार, अपर आयुक्त के पीएस वीरेन्द्र गुसांई आदि मौजूद थे।

चर्चा का विषय बना रहा, डीएम अल्मोड़ा का राज्यमंत्री को दिया जवाब

अल्मोड़ा।
ऊधमसिंह नगर में विधायक समर्थकों को एसएसपी के कार्यालय से बाहर किए जाने का मामला ठंडा पड़ा ही था कि अब डीएम अल्मोड़ा सुर्खियों में हैं। सर्किट हाउस में विभागीय समीक्षा बैठक से पहले ही महिला कल्याण एवं बाल विकास राज्य मंत्री रेखा आर्या व डीएम सविन बसंल की बातचीत में तल्खी चर्चा में रही। हुआ यूं कि सर्किट हाउस में राज्यमंत्री रेखा आर्या विभागीय अधिकारियों की समीक्षा बैठक लेने पहुंची। इससे पहले ही उन्होंने डीएम सविन बंसल से कुछ मामलों में आपत्ति जताई। बोली- डीएम साहब जनशिकायतों के प्रति आपका रिस्पांस नहीं रहता। इस पर डीएम बोले इसका जवाब जनता ही देगी। जनसमस्याओं का निदान उनकी प्राथमिकता में शामिल है, आम ग्रामीण भी उनसे सीधा आकर मिलता संतुष्ट होकर लौटता है।
फिर राज्यमंत्री ने अल्मोड़ा शहर की वन-वे ट्रैफिक को जनसुविधा के लिए बदलने की बात कही। डीएम ने उच्चतम न्यायालय की गाइड लाइन का हवाला दिया। कहा कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर सड़क सुरक्षा एक्ट के तहत यह व्यवस्था बनाई गई है। लिहाजा इसमें जल्दी में कोई बदलाव नहीं किया जा सकता। इस पर असहज राज्यमंत्री ने डीएम को यह कह कर घेरने का प्रयास किया कि डीएम साहब! आप फोन भी रिसीव नहीं करते, ऐसा क्यों, डीएम ने जवाब दिया जिलाधिकारी का फोन रिसीव होता है या नहीं इसका फीडबैक जनता से ले लीजिए। पास ही खड़े एसएसपी डीएस कुंवर की ओर देखने के बाद राज्यमंत्री ने लगे हाथ पूछ ही लिया कि उनके पति के खिलाफ दर्ज मुकदमे का क्या हुआ। इस पर डीएम शालीनता से बोले- मैडम, आप अपने विभाग की समीक्षा बैठक लें। सार्वजनिक रूप से इस पर बात नहीं की जा सकती। वह मुख्यमंत्री, गृहमंत्री या गृहसचिव से ही बात करेंगे।
आपको अगर डीएम पसंद नहीं तो बदलवा दें। बहरहाल, इस तल्खी के बाद विभागीय समीक्षा बैठक शुरू हुई। इसमें डीएम व एसएसपी भी शामिल रहे। बता दें कि राज्यमंत्री के पति बरेली निवासी गिरधारी लाल पप्पू के खिलाफ चुनाव के समय मुकदमा दर्ज किया गया था।