चम्पावत को देश का सर्वश्रेष्ठ और आदर्श जिला बनाना राज्य सरकार का विकल्प रहित संकल्पः धामी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज चम्पावत में आयोजित ऐतिहासिक ‘गोल्ज्यू महोत्सव-2026’ के समापन समारोह को वर्चुअल माध्यम से संबोधित करते हुए कहा कि चम्पावत को देश का सर्वश्रेष्ठ और आदर्श जिला बनाना राज्य सरकार का ‘विकल्प रहित संकल्प’ है।

04 मई से प्रारंभ हुए 13 दिवसीय इस सांस्कृतिक एवं धार्मिक महोत्सव का आज हर्षाेल्लास और जनउत्साह के साथ विधिवत समापन हो गया। मुख्यमंत्री धामी ने नगरपालिका परिषद चम्पावत, जिला प्रशासन एवं समस्त क्षेत्रवासियों को इस भव्य, गरिमामयी और सफल आयोजन के लिए हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड की समृद्ध लोक संस्कृति, पारंपरिक लोक कलाओं और सांस्कृतिक विरासत को जीवंत बनाए रखने में ऐसे आयोजनों की महत्वपूर्ण भूमिका है।

न्याय के देवता के रूप में पूजनीय गोल्ज्यू महाराज की पावन भूमि को नमन करते हुए मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि इस प्रकार के सांस्कृतिक आयोजन पूरे क्षेत्र में सकारात्मक ऊर्जा, श्रद्धा और सामाजिक समरसता का वातावरण निर्मित करते हैं। उन्होंने कहा कि गोल्ज्यू महोत्सव केवल मनोरंजन का माध्यम नहीं, बल्कि चम्पावत की सांस्कृतिक पहचान, ऐतिहासिक विरासत और लोक परंपराओं के संरक्षण एवं संवर्धन का सशक्त मंच है।

मुख्यमंत्री धामी ने महिला सशक्तिकरण और स्थानीय अर्थव्यवस्था को महोत्सव की बड़ी उपलब्धि बताते हुए कहा कि स्वयं सहायता समूहों की मातृशक्ति द्वारा लगाए गए स्टॉलों के माध्यम से स्थानीय उत्पादों को व्यापक पहचान मिली है।

पहाड़ी दालों, हस्तशिल्प, ऑर्गेनिक उत्पादों एवं पारंपरिक व्यंजनों की बिक्री से स्थानीय उत्पादों की ब्रांडिंग के साथ ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी नई मजबूती मिली है।

उन्होंने कहा कि विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए जनजागरूकता एवं स्वरोजगार आधारित स्टॉलों के माध्यम से आम जनता को सरकार की कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी उपलब्ध कराई गई, जो अत्यंत सराहनीय पहल है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार सीमांत जनपद चम्पावत के समग्र विकास के लिए निरंतर कार्य कर रही है। ‘मानसखंड मंदिर माला मिशन’ के अंतर्गत कुमाऊं क्षेत्र के प्राचीन धार्मिक स्थलों को भव्य स्वरूप दिया जा रहा है। इसी क्रम में माँ वाराही धाम देवीधुरा, बालेश्वर मंदिर, पाताल रुद्रेश्वर सहित जनपद के विभिन्न धार्मिक स्थलों का सुनियोजित विकास किया जा रहा है, जिससे धार्मिक पर्यटन को नई दिशा मिलेगी।

उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं की सुविधा हेतु चम्पावत में ‘गोल्ज्यू कॉरिडोर’ तथा टनकपुर में ‘शारदा कॉरिडोर’ का निर्माण राज्य सरकार की सर्वाेच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। साथ ही जनपद के आंतरिक मोटर मार्गों का चौड़ीकरण, आधुनिक पार्किंग सुविधाओं का विकास और स्वास्थ्य सेवाओं के सुदृढ़ीकरण का कार्य भी तेजी से किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि चम्पावत में प्रस्तावित आधुनिक ड्राई पोर्ट, अंतरराष्ट्रीय स्तर का साइंस सेंटर, महिला स्पोर्ट्स कॉलेज, आईएसबीटी टनकपुर, आंतरिक पेयजल योजनाएं तथा मीडिया सेंटर गेस्ट हाउस जैसी महत्वाकांक्षी परियोजनाएं जिले में विकास की नई इबारत लिख रही हैं। इन परियोजनाओं से क्षेत्र में रोजगार और स्वरोजगार के व्यापक अवसर सृजित होंगे।

मुख्यमंत्री ने क्षेत्रवासियों से विकास के इस महायज्ञ में सक्रिय सहभागिता की अपील करते हुए कहा कि जनता के सहयोग और आशीर्वाद से विकास की गति निरंतर दोगुनी होती रहेगी। उन्होंने पुनः समस्त चम्पावत वासियों को सफल गोल्ज्यू महोत्सव की शुभकामनाएं दीं।

गौरतलब है कि महोत्सव के अंतिम तीन दिनों में आयोजित ‘स्टार नाइट’ कार्यक्रम विशेष आकर्षण का केंद्र रहा। समापन अवसर पर उत्तराखंड के सुप्रसिद्ध लोकगायक इंदर आर्या, प्रख्यात गायिका माया उपाध्याय तथा युवा गायक नीरज चुफाल ने कुमाऊंनी और गढ़वाली गीतों की शानदार प्रस्तुतियों से समूचे वातावरण को सांस्कृतिक रंगों से सराबोर कर दिया।

देर रात तक चले इस सांस्कृतिक महाकुंभ में दर्शक झूमने पर मजबूर हो गए और इसी के साथ गोल्ज्यू महोत्सव-2026 का भव्य समापन संपन्न हुआ।

इस दौरान दर्जा राज्य मंत्री श्याम नारायण पांडे, दर्जा राज्य मंत्री मुकेश महराणा, जिला पंचायत अध्यक्ष आनंद अधिकारी, नगर पालिका अध्यक्ष प्रेमा पांडे, भाजपा जिलाध्यक्ष गोविंद सामंत, विधायक प्रतिनिधि प्रकाश तिवारी, जिलाधिकारी मनीष कुमार, पुलिस अधीक्षक रेखा यादव, मुख्य विकास अधिकारी डॉ जीएस खाती, अपर जिलाधिकारी कृष्णनाथ गोस्वामी सहित अन्य जनप्रतिनिधि, अधिकारी व बड़ी संख्या में जनपदवासी उपस्थित रहे।

माँ वाराही धाम का होगा भव्य व दिव्य कायाकल्प, धार्मिक पर्यटन को मिलेगी नई पहचानः धामी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज जनपद चम्पावत के ऐतिहासिक एवं सुप्रसिद्ध माँ वाराही शक्तिपीठ धाम, देवीधुरा पहुँचकर मंदिर के नवनिर्माण एवं विकास कार्यों का स्थलीय निरीक्षण कर निर्माण कार्यों की प्रगति की विस्तृत जानकारी ली।

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि माँ वाराही धाम केवल आस्था का केंद्र ही नहीं, बल्कि उत्तराखंड की समृद्ध सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक विरासत का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि धाम का विकास इसकी पौराणिक गरिमा एवं मूल स्वरूप को अक्षुण्ण रखते हुए किया जाएगा, ताकि श्रद्धालुओं को आधुनिक सुविधाओं के साथ आध्यात्मिक अनुभूति भी प्राप्त हो सके।

उन्होंने कहा कि माँ वाराही धाम आने वाले समय में राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर धार्मिक पर्यटन का प्रमुख केंद्र बनेगा। इससे क्षेत्र में पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा तथा स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार एवं स्वरोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।

मुख्यमंत्री धामी ने माँ वाराही मंदिर में विधिवत पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों की सुख, समृद्धि एवं खुशहाली की कामना की।

उल्लेखनीय है कि लगभग ₹15 करोड़ की अनुमानित लागत से माँ वाराही मंदिर के भव्य नवनिर्माण कार्य को चार खाम सात थोक एवं माँ वाराही शक्तिपीठ ट्रस्ट द्वारा आगामी दो से तीन वर्षों में पूर्ण किया जाएगा। मंदिर निर्माण में राजस्थान के विशेष नक्काशीदार पत्थरों का उपयोग किया जाएगा, जबकि मंदिर की स्थापत्य कला एवं शिल्प कार्य गुजरात के विशेषज्ञ कारीगरों की देखरेख में संपन्न होंगे।

निरीक्षण के दौरान जगदीश चंद्र गहतोड़ी ‘नवनीत’ ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अंतर्गत संचालित निपुण भारत अभियान से संबंधित अपनी पुस्तक “निपुण का संगीत” मुख्यमंत्री को भेंट की।

इस दौरान जिला पंचायत अध्यक्ष आनंद अधिकारी, दर्जा राज्य मंत्री श्याम नारायण पांडे, विधायक प्रतिनिधि प्रकाश तिवारी, भाजपा जिलाध्यक्ष गोविंद सामंत, माँ वाराही मंदिर समिति के संरक्षक लक्ष्मण सिंह लमगड़िया, समिति अध्यक्ष हीरा बल्लभ जोशी, जिलाधिकारी मनीष कुमार, पुलिस अधीक्षक रेखा यादव, अपर जिलाधिकारी कृष्णनाथ गोस्वामी सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी उपस्थित रहे।

देवीधुरा चंपावत में सीएम धामी ने बच्चों से किया संवाद, जीवन के लक्ष्य भी जानें

अपने एक दिवसीय चम्पावत जनपद भ्रमण कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी देवीधुरा स्थित राजकीय इंटर कॉलेज पहुँचे, जहाँ उन्होंने छात्र-छात्राओं से मुलाकात कर उनका उत्साहवर्धन किया।

मुख्यमंत्री धामी ने बच्चों से शिक्षा, अनुशासन और जीवन के लक्ष्यों को लेकर संवाद करते हुए उन्हें मन लगाकर अध्ययन करने तथा अपने उज्ज्वल भविष्य के लिए निरंतर प्रयासरत रहने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने सभी छात्र-छात्राओं को उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं भी दीं।

इसके उपरांत मुख्यमंत्री धामी ने देवीधुरा में आयोजित ‘पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाअभियान 2026’ के अंतर्गत आयोजित जिला प्रशिक्षण कार्यक्रम में प्रतिभाग किया।

इस दौरान भाजपा जिलाध्यक्ष गोविंद सामंत, जिलाधिकारी मनीष कुमार, पुलिस अधीक्षक रेखा यादव सहित अन्य जनप्रतिनिधि, अधिकारी एवं गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

ओबीसी वेलफेयर पार्लियामेंट्री कमेटी के प्रतिनिधिमण्डल ने सीएम धामी से आवास पर की भेंट

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मुख्यमंत्री आवास में ओबीसी वेलफेयर पार्लियामेंट्री कमेटी के प्रतिनिधिमण्डल ने भेंट की।

मुख्यमंत्री ने कहा कि ओ.बी.सी संसदीय समिति सामाजिक न्याय और समावेशी विकास की दिशा में बहुत महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। मुख्यमंत्री ने कहा कि ओ.बी.सी वेलफेयर के लिए राज्य में विधिक और संस्थागत व्यवस्था है। विभिन्न योजनाओं के पॉलिसी रिव्यू, फीडबैक और फॉलोअप के माध्यम के योजनाओं का लाभ प्रत्येक ओबीसी परिवार को पहुंचाया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में लगभग 90 जाति/उपजाति समुदाय ओबीसी की सूची में हैं। जिनके विकास के लिए राज्य सरकार, प्रतिबद्धता से कार्य कर रही है। राज्य की नीति और बजट को गरीब, वंचित और कमजोर वर्गों के कल्याण को ध्यान में रखकर तैयार किया जाता है। सामाजिक सुरक्षा के अंतर्गत वृद्धावस्था, विधवा और दिव्यांग पेंशन जैसी योजनाओं को जरूरतमंदों तक प्रभावी रूप से पहुंच रही है।

इस दौरान ओबीसी वेलफेयर पार्लियामेंट्री कमेटी की ओर से अध्यक्ष सांसद गणेश सिंह एवं अन्य सांसद विजय बघेल, डॉ. स्वामी सच्चिदानंद हरि साक्षी (साक्षी महाराज), विद्युत बरन महतो, रोडमल नागर, श्री रमाशंकर विधार्थी राजभर, डॉ अशोक कुमार यादव, गिरधारी यादव, मस्तान राव यादव बीड़ा, राजेंद्र गहलोत, शुभाशीष खूंटिया, मयंककुमार नायक एवं डॉ. भीम सिंह मौजूद रहे।

इस दौरान संयुक्त सचिव लोकसभा अतुल आनंद, उप सचिव लोकसभा पुनीत भाटिया, मुख्यमंत्री के अपर सचिव मनमोहन मैनाली, जोनल मैनेजर पी.एन.बी अनुपम एवं अन्य लोग मौजूद रहे।

कैंसर पीड़ित पति, दयनीय आर्थिक स्थिति, सर पर कर्ज, दो मासूम नौनिहालों की जिम्मेदारी के बीच असहाय संध्या को मिला डीएम दून का सहारा

मुख्यमंत्री के निर्देशों को धरातल पर उतारते हुए जिला प्रशासन देहरादून लगातार मानवीय संवेदनशीलता एवं त्वरित कार्रवाई के साथ जरूरतमंद परिवारों को राहत पहुंचाने का कार्य कर रहा है। जिलाधिकारी सविन बंसल के नेतृत्व में जिला प्रशासन द्वारा विभिन्न जिला स्तरीय प्रोजेक्ट, सीएसआर फंड, रायफल क्लब मद तथा अन्य उपलब्ध संसाधनों के माध्यम से अनेक असहाय एवं आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को सहायता प्रदान की जा रही है।
मुख्यमंत्री के स्पष्ट निर्देश हैं कि जनमानस की समस्याओं के समाधान में किसी भी स्तर पर संवेदनहीनता अथवा योजनाओं के लाभ से वंचित होने जैसी स्थिति नहीं आनी चाहिए। यदि किसी जरूरतमंद, असहाय अथवा पात्र व्यक्ति तक शासन की योजनाओं का लाभ पहुंचने में किसी प्रकार का गैप रह जाता है, तो जिला प्रशासन अपने स्तर पर उस कमी को पूरा करते हुए तत्काल सहायता उपलब्ध कराए।
जनसामान्य की समस्याओं के त्वरित एवं संवेदनशील समाधान हेतु प्रतिबद्ध जिला प्रशासन ने एक बार फिर मानवीय संवेदनशीलता का परिचय देते हुए आर्थिक संकट से जूझ रहे एक कैंसर पीड़ित परिवार को बड़ी राहत प्रदान की है। इसी क्रम में हाल ही में रायपुर क्षेत्र की एक महिला, जिनके पति कैंसर से पीड़ित हैं और परिवार गंभीर आर्थिक संकट से गुजर रहा था, को जिला प्रशासन द्वारा बड़ी राहत प्रदान की गई। परिवार पर लगभग 71 हजार रुपये का ऋण बकाया था तथा लगातार इलाज एवं घरेलू खर्चों के कारण परिवार दयनीय स्थिति में पहुंच चुका था। मामले की गंभीरता को देखते हुए जिला प्रशासन ने सीएसआर फंड से ऋण की सम्पूर्ण धनराशि जमा कराते हुए संबंधित परिवार को ऋणमुक्त कराया। साथ ही अतिरिक्त आर्थिक सहायता भी उपलब्ध कराई गई
रायपुर विकासखण्ड के दूरस्थ ग्राम द्वारा मालदेवता निवासी संध्या रमोला ने जिलाधिकारी सविन बंसल के समक्ष प्रस्तुत होकर प्रार्थना पत्र के माध्यम से अपनी पीड़ा व्यक्त की। उन्होंने बताया कि उनके पति गले के कैंसर से पीड़ित हैं तथा उनका उपचार हिमालय अस्पताल में चल रहा है। गंभीर बीमारी और लगातार कीमोथेरेपी के चलते उनके पति कार्य करने में असमर्थ हो गए हैं, जबकि परिवार के भरण-पोषण की पूरी जिम्मेदारी उन्हीं पर निर्भर थी।
संध्या ने अवगत कराया कि उनके दो छोटे बच्चे हैं, जिनमें एक की आयु लगभग तीन वर्ष तथा दूसरे की छह वर्ष है। लगातार इलाज, दवाइयों एवं घरेलू खर्चों के कारण परिवार की आर्थिक स्थिति अत्यंत दयनीय हो चुकी है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2024 में 45 हजार रुपये तथा वर्ष 2025 में 37 हजार रुपये का ऋण स्वयं सहायता समूह संचालन एवं स्वरोजगार हेतु बैंक से लिया गया था, किंतु पति की बीमारी के चलते वह ऋण की किश्तें जमा नहीं कर पाईं। परिणामस्वरूप बैंक द्वारा लगभग 71 हजार रुपये जमा करने का नोटिस जारी किया गया तथा एजेंटों द्वारा लगातार दबाव बनाए जाने से परिवार मानसिक तनाव से भी गुजर रहा था। इसी के चलते उन्होंने जिलाधिकारी से ऋण माफी एवं आर्थिक सहायता की गुहार लगाई।
जिलाधिकारी सविन बंसल ने मानवीय दृष्टिकोण अपनाते हुए जिला प्रशासन के सीएसआर फंड से 71 हजार रुपये की धनराशि सीधे ऋण खाते में जमा कराने के निर्देश दिए। साथ ही संबंधित बैंक को नो ड्यूज प्रमाण पत्र जारी करने के निर्देश भी दिए गए। इसके अतिरिक्त रायफल क्लब मद से संध्या रमोला के बैंक खाते में प्रत्यक्ष लाभ हस्तांतरण (डीबीटी) के माध्यम से 50 हजार रुपये की अतिरिक्त आर्थिक सहायता भी उपलब्ध कराई गई। जिलाधिकारी सविन बंसल ने कहा कि मा0 मुख्यमंत्री की मंशा के अनुरूप जनसमस्याओं का समाधान सर्वाेच्च प्राथमिकता है। ऐसे परिवार जो किसी कारणवश योजनाओं के लाभ से वंचित रह जाते हैं अथवा आकस्मिक संकट का सामना कर रहे हैं, उन्हें जिला प्रशासन हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है।
जिला प्रशासन द्वारा समय-समय पर दिव्यांगजन, गंभीर बीमारियों से पीड़ित व्यक्तियों, निराश्रित महिलाओं, आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों तथा आपात परिस्थितियों से प्रभावित नागरिकों को विभिन्न माध्यमों से सहायता प्रदान की जा रही है। प्रशासन की यह पहल शासन की जनकल्याणकारी सोच, संवेदनशील प्रशासनिक कार्यशैली एवं सामाजिक उत्तरदायित्व का प्रभावी उदाहरण बनकर सामने आ रही है।

महानिदेशक सूचना ने जारी किए निर्देश, प्रत्येक शनिवार को मनाया जाएगा नो व्हीकल डे

शासन से प्राप्त निर्देशों के क्रम में ऊर्जा संरक्षण और संसाधनों के विवेकपूर्ण उपयोग को बढ़ावा देने हेतु महानिदेशक सूचना बंशीधर तिवारी ने सूचना विभाग में प्रत्येक शनिवार को “नो व्हीकल डे” के रूप में मनाने के निर्देश जारी किए हैं।

महानिदेशक सूचना ने विभागीय अधिकारियों एवं कर्मचारियों से अपील की है कि प्रत्येक शनिवार को कार्यालय आने-जाने के लिए सार्वजनिक परिवहन, साइकिल जैसे विकल्पों को अपनाएं। उन्होंने कहा कि छोटे-छोटे प्रयास सामूहिक रूप से बड़े सकारात्मक बदलाव ला सकते हैं और यह पहल ऊर्जा संरक्षण के राष्ट्रीय अभियान को मजबूती प्रदान करेगी।

उन्होंने यह भी कहा कि विभाग स्वयं इस पहल को अपनाकर समाज के सामने एक सकारात्मक उदाहरण प्रस्तुत करेगा। “नो व्हीकल डे” के माध्यम से न केवल ईंधन की बचत होगी, बल्कि कार्बन उत्सर्जन में कमी लाकर पर्यावरण संरक्षण में भी महत्वपूर्ण योगदान सुनिश्चित किया जा सकेगा।

उत्तराखंडः राज्य सरकार के कार्मिकों का बढ़ा महंगाई भत्ता

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने केन्द्र सरकार की भांति, 01 जनवरी, 2026 से राज्य सरकार के कार्मिकों एवं पेंशनरों को मंहगाई भत्ते की मौजूदा दर 58 प्रतिशत से बढ़ाकर 60 प्रतिशत प्रतिमाह किए जाने का अनुमोदन प्रदान किया है।

मुख्यमंत्री ने प्रदान की विभिन्न विकास योजनाओं के लिए ₹ 50 करोड की वित्तीय स्वीकृति

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा जनपद चम्पावत के कोतवाली पंचेश्वर में टाईप द्वितीय के 06 आवासों एवं चाहरदीवारी के निर्माण हेतु ₹ 3.13 करोड़, जनपद नैनीताल के फायर स्टेशन हल्द्वानी में टाईप द्वितीय के 64, टाईप-तृतीय के 08 एवं टाईप चतुर्थ के 04 आवासों के निर्माण हेतु ₹ 36.64 करोड तथा जनपद चम्पावत के थाना रीठासाहिब में टाईप द्वितीय के 06 एवं टाईप-तृतीय का 01 आवासों के निर्माण हेतु ₹ 3.47 करोड की धनराशि स्वीकृत किये जाने का अनुमोदन प्रदान किया गया है।

मुख्यमंत्री द्वारा मौलेखाल बाजार, अल्मोड़ा में पार्किंग के निर्माण हेतु ₹ 5.91 करोड तथा जनपद चमोली के विधानसभा क्षेत्र-थराली के अर्न्तगत ग्वालदम बाजार में वाहन पार्किंग निर्माण हेतु ₹ 61.57 लाख की धनराशि स्वीकृत किये जाने का अनुमोदन प्रदान किया गया है।

पीएम मोदी के नेतृत्व में सेना ने आतंकवाद के विरुद्ध ऑपरेशन सिंदूर को सफलतापूर्वक अंजाम दिया: धामी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने दून सैनिक इंस्टीट्यूट, गढ़ी कैंट, देहरादून में ऑपरेशन सिंदूर-शौर्य, सम्मान और वीरता का एक वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में प्रतिभाग किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व एवं सेना के शौर्य के कारण आतंकवाद के विरुद्ध ऑपरेशन सिंदूर को सफलतापूर्वक अंजाम दिया गया। मुख्यमंत्री ने सेना के साहस और शौर्य के प्रति अपनी कृतज्ञता व्यक्त करते हुए कहा कि सेना के साहस, समर्पण और त्याग के कारण दुश्मन कभी भी भारत की ओर आँख उठाने की हिम्मत नहीं कर सकता।

मुख्यमंत्री ने कहा ऑपरेशन सिंदूर, आने वाली पीढ़ियों को भी प्रेरणा देता रहेगा। उन्होंने कहा जब पूरा देश सो रहा था, तब सेनाओं ने 22 मिनट में पाकिस्तान में चल रहे आतंकी ठिकानों को निशाना बनाते हुए ध्वस्त कर दिया। मुख्यमंत्री ने कहा देश की अत्याधुनिक वायु सुरक्षा प्रणाली ने भारत की ओर होने वाले हमलों को नाकाम कर दिया और एक भी मिसाइल भारतीय जमीन पर नहीं गिरने दी। भारतीय सेनाओं ने चार दिनों के भीतर अपने पराक्रम से पाकिस्तान को युद्धविराम के लिए भारत के सामने झुका दिया।

मुख्यमंत्री ने कहा उत्तराखंड के प्रत्येक परिवार से कोई न कोई सदस्य सेना में होता है, इसलिए हमारा सेना और सैनिकों के साथ भावनात्मक लगाव है। उन्होंने कहा प्रधानमंत्री के नेतृत्व में जवानों का मनोबल बढ़ाने के साथ-साथ सेना को अत्याधुनिक तकनीक और हथियारों से सुसज्जित किया जा रहा है। भारत रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनने के साथ कई अन्य देशों को भी रक्षा उपकरणों और संसाधनों का निर्यात कर रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा प्रधानमंत्री के नेतृत्व में बीते 12 वर्षों में रक्षा सामग्री के निर्यात में 38 गुना की ऐतिहासिक वृद्धि दर्ज की गई है। भारत दुनिया के 80 से अधिक देशों को रक्षा उपकरण, हथियार और अन्य रक्षा सामग्रियां उपलब्ध करवा रहा है। उन्होंने कहा ऑपरेशन सिंदूर से यह सिद्ध हो गया है कि हमारे स्वदेशी हथियार अन्य किसी भी देश के हथियारों से कई गुना बेहतर हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा यह नया भारत है, जो दुश्मनों की हर नापाक हरकत का मुंहतोड़ जवाब देता है। उन्होंने कहा प्रधानमंत्री के नेतृत्व में सैनिकों के हितों में भी कई महत्वपूर्ण फैसले लिए जा रहे हैं। वन रैंक वन पेंशन योजना, नेशनल वॉर मेमोरियल का निर्माण, रक्षा बजट में वृद्धि, बॉर्डर पर इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत बनाने जैसे कई कार्य किए गए हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा राज्य सरकार ने शहीदों के परिजनों को दी जाने वाली अनुग्रह राशि में पाँच गुना तक की वृद्धि की है। पूर्व सैनिकों को विभिन्न सुविधाएँ उपलब्ध कराई जा रही है। सेना में परमवीर चक्र से लेकर मेंशन इन डिस्पैच तक सभी वीरता पुरस्कारों से अलंकृत सैनिकों को दी जाने वाली एकमुश्त एवं वार्षिक सम्मान राशि में बढ़ोतरी की गई है।

मुख्यमंत्री ने कहा राज्य सरकार ने शहीद सैनिक के परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी में समायोजित करने का भी निर्णय लिया है, इसके साथ सरकारी नौकरी के लिए आवेदन करने की अवधि को भी 2 वर्ष से बढ़ाकर 5 वर्ष किया है। राज्य में वीरता पुरस्कार प्राप्त सैनिकों और पूर्व सैनिकों हेतु सरकारी बसों में यात्रा की निःशुल्क व्यवस्था की गई है। पूर्व सैनिकों हेतु 25 लाख रुपए मूल्य की स्थायी सम्पत्ति की खरीद पर स्टाम्प ड्यूटी में 25 प्रतिशत की छूट भी प्रदान की जा रही है।

सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि ऑपरेशन सिन्दूर केवल एक सैन्य अभियान का नाम नहीं है, बल्कि यह भारत की उस अटल प्रतिज्ञा का प्रतीक है कि हमारी माताओं-बहनों के सम्मान, राष्ट्र की संप्रभुता और नागरिकों की सुरक्षा के साथ कोई भी खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

सैनिक कल्याण मंत्री ने कहा कि सिन्दूर भारतीय संस्कृति में नारी सम्मान, सौभाग्य और शक्ति का प्रतीक है। जब इस अभियान का नाम ऑपरेशन सिन्दूर रखा गया, तब यह संदेश स्पष्ट था कि भारत अपनी मातृशक्ति के सम्मान और सुरक्षा के लिए हर स्तर पर दृढ़ता से खड़ा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत ने बार-बार यह सिद्ध किया है कि नया भारत अन्याय को सहन नहीं करता, बल्कि उसका मुँहतोड़ जवाब देता है।

इस अवसर पर सचिव सैनिक कल्याण युगल किशोर पंत, सेवानिवृत्त सैन्य अधिकारी मेजर जनरल शमी सभरवाल, मेजर जनरल डी अग्निहोत्री, मेजर जनरल पीएस राणा, उपनल के एमडी ब्रिगेडियर जेएनएस बिष्ट, ब्रिगेडियर केजी बहल, सैनिक कल्याण निदेशक श्याम सिंह, मेजर जनरल गुलाब सिंह रावत, वाइस एडमिरल अनुराग थपलियाल एवं अन्य लोग मौजूद रहे।

पीएम मोदी ने देशवासियों से की एक साल तक सोना न खरीदने की अपील, जानें क्या है मायने

पीएम मोदी ने लोगों से पेट्रोल-डीजल बचाने, पब्लिक ट्रांसपोर्ट का इस्तेमाल करने, वर्क फ्रॉम होम की व्यवस्था को दोबारा से शुरू करने, गैर-जरूरी चीजों की खरीदारी और विदेश यात्राओं से बचने की अपील की।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को लोगों से पेट्रोल-डीजल बचाने, पब्लिक ट्रांसपोर्ट का इस्तेमाल करने, वर्क फ्रॉम होम की व्यवस्था को दोबारा से शुरू करने, गैर-जरूरी चीजों की खरीदारी और विदेश यात्राओं से बचने की अपील की। उन्होंने पश्चिम एशिया में चल रहे युद्ध के चलते खड़े हुए वैश्विक संकट से निपटने के लिए विदेशी मुद्रा को बचाने पर जोर दिया। प्रधानमंत्री ने कहा, देशभक्ति सिर्फ जान देना नहीं बल्कि मुश्किल वक्त में जिम्मेदारी से जीना भी देशभक्ति है।

मेट्रो, कारपूल, EV अपनाओ

प्रधानमंत्री मोदी ने लोगों से ब्लिक ट्रांसपोर्ट का इस्तेमाल करने की अपील की. उन्होंने मेट्रो, कारपूल, EV अपनाने पर जोर दिया। इसकी वजह यह है कि भारत 85 प्रतिशत तेल बाहर से मंगाता है, पश्चिमी एशिया में तनाव बढ़ने के चलते क्रूड ऑयल की कीमत 120 डॉलर तक पहुंच गई थीं।

वर्क फ्रॉम होम करो

पीएम मोदी ने वर्क फ्रॉम होम करने पर जोर दिया।इसके पीछे सीधा हिसाब है। दफ्तर आने-जाने में रोजाना लाखों लीटर पेट्रोल-डीजल जलता है। कॉर्पोरेट कंपनियाँ अगर हफ्ते में कुछ दिन भी वर्क फ्रॉम होम लागू करें तो ईंधन की खपत और आयात का बोझ दोनों कम हो सकते हैं।

1 साल विदेश यात्रा टालो

पीएम ने नागरिकों से अपील की कि वे गैर जरूरी विदेश यात्रा, विदेश में छुट्टियां मनाने और विदेशी शादियों से बचकर और घरेलू पर्यटन और भारत के भीतर समारोह आयोजित करके विदेशी मुद्रा भंडार को संरक्षित करने में मदद करें। क्योंकि रुपया 85 से टूटकर 93 पर आ गया, डॉलर बचाना जरूरी है।

1 साल सोना मत खरीदो

पीएम मोदी ने लोगें से एक साल तक सोना न खरीदने की अपील की। भारत दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा सोना खरीदने वाला देश है और हम हर साल करीब 59 अरब डॉलर यानी लगभग पांच लाख करोड़ रुपए का सोना बाहर से मंगाते हैं। सिर्फ अप्रैल से सितंबर 2025 के छह महीनों में 26.51 अरब डॉलर का सोना आया। दिवाली और शादी के सीजन में अक्टूबर 2025 में तो सोने का आयात 200 प्रतिशत उछल गया, जिसने व्यापार घाटे को रिकॉर्ड 41.68 अरब डॉलर तक पहुंचा दिया। SBI रिसर्च के मुताबिक सोने की कीमत और रुपए की कमजोरी के बीच सीधा रिश्ता है। सोना महंगा होता है तो रुपया और टूटता है।

मेड इन इंडिया सामान खरीदो

प्रधानमंत्री मोदी ने नागरिकों को मेड-इन-इंडिया और लोकल लेवर पर बनने वाले प्रोडक्ट्स को प्राथमिकता देने के लिए प्रोत्साहित किया, जिनमें जूते, बैग और सहायक उपकरण जैसी दैनिक उपयोग की वस्तुएं शामिल हैं। वजह यह है कि 2025-26 में भारत का व्यापार घाटा बढ़ रहा है। चीन और दूसरे देशों का सस्ता सामान इस घाटे को और बढ़ा करता है। भारतीय सामान खरीदने से आयात कम होगा और देश के उद्योग और रोजगार को फायदा मिलेगा।

किसान -खाद 50% घटाओ, सौर पंप लगाओ

पीएम मोदी ने किसानों से अपील कि वे रासायनिक खाद 50 प्रतिशत कम करें प्राकृतिक खेती अपनाएं और डीजल पंप की जगह सौर पंप लगाएं. भारत यूरिया की अपनी जरूरत का 25 प्रतिशत, फास्फेट का 90 प्रतिशत और पोटाश का पूरा 100 प्रतिशत विदेश से मंगाता है. 2023-24 में सिर्फ उर्वरक सब्सिडी का बोझ 1.75 लाख करोड़ रुपए तक पहुंच गया। यूरिया बनाने के लिए प्राकृतिक गैस चाहिए जो खुद आयात होती है।

खिलाड़ियों के साथ खेल मैदान में उतरे मुख्यमंत्री धामी, क्रिकेट और फुटबॉल खेलकर बढ़ाया युवाओं का उत्साह

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज अपने पिथौरागढ़ जनपद भ्रमण कार्यक्रम के दौरान श्री सुरेन्द्र सिंह वल्दिया स्टेडियम पहुंचकर उच्चीकृत क्रिकेट मैदान का लोकार्पण किया तथा क्रिकेट मैदान को जनपदवासियों को समर्पित किया।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री धामी ने क्रिकेट पिच पर स्वयं बल्लेबाजी करते हुए छह गेंदों का ओवर खेलकर पिच का औपचारिक उद्घाटन किया। मुख्यमंत्री का खिलाड़ियों के साथ खेल मैदान में उत्साहपूर्ण और आत्मीय अंदाज देखने को मिला।

इसके उपरांत मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने वहां उपस्थित खिलाड़ियों एवं युवाओं से संवाद कर उनका उत्साहवर्धन किया। उन्होंने खिलाड़ियों के साथ फुटबॉल, हॉकी एवं अन्य खेल गतिविधियों में भी सहभागिता की। मुख्यमंत्री ने कहा कि खेल केवल शारीरिक विकास का माध्यम नहीं, बल्कि अनुशासन, आत्मविश्वास और टीम भावना विकसित करने का सशक्त माध्यम भी हैं।

इस दौरान मुख्यमंत्री ने वहां उपस्थित समस्त युवाओं को नशे के खिलाफ शपथ भी दिलाई तथा उन्हें नशे से दूर रहकर अपने भविष्य को उज्ज्वल बनाने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने युवाओं से नशे के खिलाफ राज्य में चल रहे अभियान से जुड़ने का आह्वान करते हुए कहा कि खेल युवाओं को अनुशासन, स्वस्थ जीवनशैली एवं सकारात्मक सोच की ओर प्रेरित करते हैं। मुख्यमंत्री ने समस्त खिलाड़ियों को आशीर्वाद प्रदान किया तथा उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले 9 खिलाड़ियों को सम्मानित भी किया।

मुख्यमंत्री ने खिलाड़ियों को संबोधित करते हुए खेलों के प्रति राज्य सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई और उत्तराखंड को खेल के क्षेत्र में अग्रणी राज्य बनाने का संकल्प व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि राज्य के युवाओं में अपार प्रतिभा एवं क्षमता है। खेल महाकुंभ जैसे आयोजनों से ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों की प्रतिभाओं को अपनी कुशलता प्रदर्शित करने का बेहतरीन मंच प्राप्त हो रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि नई खेल नीति के माध्यम से राज्य के उदीयमान खिलाड़ियों को हर संभव सहायता प्रदान की जा रही है, ताकि वे राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रदेश का नाम रोशन कर सकें। उन्होंने कहा कि प्रदेश में खेल अधोसंरचना को मजबूत करने तथा आधुनिक खेल सुविधाओं के विस्तार हेतु निरंतर कार्य किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने पिथौरागढ़ सहित राज्य के विभिन्न जनपदों में खेलों के लिए बुनियादी ढांचे को और मजबूत करने की बात कही। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य युवाओं को खेलों के माध्यम से सकारात्मक दिशा प्रदान करना तथा उन्हें राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिस्पर्धा के लिए तैयार करना है। मुख्यमंत्री ने घोषणा करते हुए कहा कि इस क्रिकेट मैदान में चारों ओर फ्लड लाइट की व्यवस्था की जाएगी।

इस अवसर पर स्थानीय जनप्रतिनिधि, शासन-प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी, खेल प्रेमी एवं बड़ी संख्या में खिलाड़ी उपस्थित रहे।