जानिए राहुल गांधी की ताजपोशी का दिन

कांग्रेस पार्टी के अध्यक्ष पद पर राहुल गांधी की ताजपोशी का दिन तय हो गया है। कांग्रेस वर्किंग कमेटी की बैठक में इस बाबत एक प्रस्ताव पास कर दिया गया है। बैठक में पार्टी के सांगठनिक चुनावों और राहुल के अध्यक्ष पद पर ताजपोशी को लेकर चर्चा हुई।
कांग्रेस अध्यक्ष पद के लिए नोटिफिकेशन एक दिसंबर को जारी होगा। 11 दिसंबर नाम वापसी का आखिरी दिन होगा। अगर राहुल के अलावा कोई और उम्मीदवार हुआ तो 16 दिसंबर को मतदान होगा। वोटों की गिनती 19 दिसंबर को होगी। ऐसे में माना जा रहा कि राहुल के अध्यक्ष बनने का ऐलान 19 दिसंबर को होगा। हालांकि बैठक में शामिल एक वरिष्ठ कांग्रेसी नेता ने दावा किया कि राहुल गांधी 11 दिसंबर को ही कांग्रेस अध्यक्ष बन जाएंगे।

कांग्रेस महासचिव अंबिका सोनी ने कहा कि गुजरात में चुनावी प्रचार की सफलता का श्रेय और नोटबंदी और जीएसटी के मुद्दे पर विपक्ष की सफल अगुवाई का श्रेय कांग्रेस उपाध्यक्ष को जाता है। राज्यसभा में विपक्ष के नेता गुलाम नबी आजाद ने कहा कि राहुल गांधी ने आगे बढ़कर अगुवाई की है और बहुत ही क्षमतावान नेता हैं। आजाद ने कहा कि ये कुछ ही दिनों की बात है, जब पार्टी को नया अध्यक्ष मिल जाएगा। राहुल गांधी आगे बढ़कर पार्टी का नेतृत्व करेंगे।
इस बीच लोकसभा में पार्टी के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि वर्किंग कमिटी की बैठक में निर्णय होने की उम्मीद है। हम सब पार्टी अध्यक्ष के तौर पर राहुल गांधी के नेतृत्व के लिए तैयार हैं। इसके साथ ही सभी प्रदेशों के इंचार्ज भी इसमें हिस्सा लेंगे।
गौरतलब है इस चुनावी प्रक्रिया से पहले ही तमाम राज्यों में कांग्रेस के सदस्यों का चयन करने के लिए पोलिंग हो चुकी है। लगभग सभी राज्यों ने कांग्रेस अध्यक्ष के लिए राहुल गांधी का नाम सर्वसम्मति से पारित भी किया है। ऐसे में तमाम राज्यों के इंचार्ज राज्य इकाइयों के प्रस्ताव को भी भी पेश करेंगे।
सूत्रों के मुताबिक कांग्रेस केंद्रीय चुनाव समिति की तरफ से कांग्रेस अध्यक्ष के चुनाव की प्रस्तावित तारीख समिति ने कांग्रेस अध्यक्ष को दे दी है। हालांकि समिति इसमें बदलाव कर सकती है।
अगर कांग्रेस अध्यक्ष के लिए सिर्फ राहुल गांधी ही नॉमिनेशन भरते हैं और कोई दूसरा उम्मीदवार नहीं होता तो इसका मतलब है एक दिसंबर ही को डिक्लेयर कर दिया जाएगा की कि राहुल गांधी कांग्रेस के अध्यक्ष चुने गए हैं।

आखिर संसद से पास कानून के खिलाफ कैसे जा सकता है राज्य?

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को मोबाइल फोन नंबर को आधार कार्ड से लिंक करने के विरोध में दायर याचिका पर सुप्रीम कोर्ट से फटकार लगी है। कोर्ट ने ममता सरकार से कहा कि वह संसद से पास कानून के खिलाफ कैसे जा सकती हैं, राज्य सरकार कैसे कानून के खिलाफ जा सकती है।

सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि ममता बनर्जी निजी तौर पर कोर्ट में आ सकती हैं। कोर्ट ने ममता सरकार से कहा है कि अगर ऐसा होता है तो राज्य के बनाए कानून पर केंद्र भी चुनौती देगा। सुप्रीम कोर्ट ने राज्य सरकार से अपनी याचिका में बदलाव करने को कहा है।

आपको बता दें कि ममता बनर्जी खुली चेतावनी दी थी कि वह अपने मोबाइल को आधार से लिंक नहीं करेंगी, भले ही उनका फोन बंद क्यों न कर दिया जाए।

ममता ने क्या कहा था?

ममता बनर्जी ने ऐसा न करने के पीछे कई वजह भी बताईं। उन्होंने कहा, जैसे ही आप आधार से मोबाइल लिंक करेंगे उन्हें (केंद्र सरकार) सब पता चल जाएगा। घर में आप क्या खा रहे हैं। पति-पत्नी क्या बात कर रहे हैं। सब उन्हें पता चल जाएगा।

ममता बनर्जी ने अपनी पार्टी की एक मीटिंग के दौरान ये बात कही। उन्होंने इसके लिए प्राइवेसी का हवाला दिया। ममता ने कहा, मैं फोन को आधार से लिंक नहीं करुंगी, एजेंसी को फोन काटना है तो काट दें। मैं दूंगी तो चैलेंज करके दूंगी।

लोगों से भी की अपील

उन्होंने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा था, मैं बाकी लोगों से भी इस मामले में आगे आने की अपील करती हूं, मोबाइल नंबर से आधार को लिंक करने का यह कदम व्यक्तिगत गोपनियता पर अटैक करना है।

बता दें कि डिपार्टमेंट ऑफ टेलीकॉम ने 23 मार्च को मोबाइल से आधार लिंक कराने का आदेश जारी किया था। तब से ममता बनर्जी इसका विरोध कर रही हैं।

एक बार फिर पाकिस्तान की मदद करने की तैयारी में चीन

भारत और चीन के रिश्ते पिछले कुछ समय से अच्छे नहीं रहे हैं, लेकिन अब लगता है कि ये रिश्ते और भी बिगड़ सकते हैं। चीन ने एक बार फिर जैश-ए-मोहम्मद के सरगना मसूद अजहर को बचाने की पुख्ता तैयारी कर ली है। चीन अपनी ताकत का इस्तेमाल कर अजहर को ग्लोबल आतंकी घोषित होने से बचाएगा और अपने दोस्त पाकिस्तान का साथ देगा।

अंग्रेजी अखबार टाइम्स ऑफ इंडिया के मुताबिक, अमेरिका, ब्रिटेन, फ्रांस समेत कई देशों ने मसूद अजहर पर बैन की मांग की है और प्रस्ताव पेश किया है, लेकिन चीन पिछले कुछ समय से अपनी वीटो पावर का इस्तेमाल कर उसे बचाने में जुटा था।

बीते जनवरी में चीन ने प्रस्ताव के खिलाफ वीटो पेश किया था, बाद में इसकी समय सीमा को बढ़ाया गया। अब इसी सप्ताह गुरुवार को इस वीटो की मियाद खत्म हो रही है।

नियमों के अनुसार, अब इस मियाद को और आगे नहीं बढ़ाया जा सकता है। यानि अब चीन इस प्रस्ताव को पूरी तरह से खारिज करेगा, जिससे मसूद अजहर को ग्लोबल आतंकी घोषित करवाने की भारत की कोशिशों पर पानी फिर सकता है। गौरतलब है कि चीन सयुंक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद का स्थाई सदस्य है।

भारत ने लगातार चीन के सामने इस बात को रखा है कि मसूद अजहर भारत में कई हमलों को करवाने में शामिल रहा है। इसमें पठानकोट एयरबेस पर हुआ हमला भी शामिल है, लेकिन चीन ने लगातार कहा है कि अजहर के खिलाफ सबूत नहीं है। गौरतलब है कि चीन पहले भी कई मौकों पर पाकिस्तान की मदद करता हुआ नजर आया है।

शाह-जादा को सत्ता का कानूनी सहारा, झंडा ऊंचा रहे हमारा

कांग्रेस बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह के बेटे जय शाह मामले में पीछे नहीं हटना चाहती है। कांग्रेस पार्टी के उपाध्यक्ष राहुल गांधी ने एक बार फिर बीजेपी के अध्यक्ष अमित शाह और उनके बेटे जय शाह के ऊपर तंज कसा है।

राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि इस मामले में जय शाह को राज्य सरकार द्वारा मदद मिल रही है। राहुल के ट्विटर हैंडल ऑफ आरजी की तरफ से ट्वीट किया गया कि शाह-जादा को सत्ता का कानूनी सहारा! झंडा ऊंचा रहे हमारा!
वहीं पहले राहुल गांधी ने पॉपुलर तमिल फिल्म एक्टर धनुष का गाना व्हाई दिस कोलावेरी डी का सहारा लेकर अंग्रेजी में तंज कसा और उसके साथ ही हिंदी में कहा शाह-जादा को सत्ता का कानूनी सहारा, झंडा ऊंचा रहे हमारा।
इसके साथ-साथ राहुल गांधी ने अंग्रेजी में लिखा था कि स्टेट लीगल हेल्प फॉर शाह-जादा, व्हाई दिस व्हाई दिस कोलावेरी डी।

टीवी सीरियल में होता है महिलाओं की छवि खराब का काम

देश में महिलाओं के खिलाफ हिंसा रोकने के लिए कानून और सख्त किए गए हैं साथ ही सरकार भी इस दिशा में कई कार्यक्रम चला रही है। बावजूद इसके देश में महिला उत्पीड़न और उनके खिलाफ होने वाली हिंसा की घटनाओं में कमी नहीं आई है। इस समस्या पर बोलते हुए बीजेपी सांसद पूनम महाजन ने कहा है कि देश में हर महिला के साथ कभी न कभी यौन दुर्व्यवहार हुआ है और मैं भी उनमें शामिल हूं।
बीजेपी के दिग्गज नेता प्रमोद महाजन की बेटी और उत्तरी मुंबई से बीजेपी सांसद पूनम महाजन ने आईआईएम अहमदाबाद में एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए यह बात कही। उन्होंने बताया कि वह बचपन में स्कूल के दौरान वर्ली से वर्सोवा जाने के लिए ट्रेन का उपयोग करती थीं और उस दौरान लोग कई बार गलत नजरों से आपको देखते हैं लेकिन इस दौरान आप खुद को कमजोर न समझें बल्कि उसका जवाब दें।
बीजेपी युवा मोर्चा की अध्यक्ष पूनम महाजन ने कहा कि आज महिलाएं हर क्षेत्र में आगे हैं। वह राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री जैसे बड़े-बड़े पदों पर आसीन हो रही हैं और ऐसे में हमे बेचारी बनकर नहीं रहना है। अगर कोई भी आपके साथ किसी तरह की ज्यादती करता है तो उसे थप्पड़ मार दें।
पूनम महाजन ने कहा कि राजनीति में आने वाली महिलाएं साधारण नहीं रह सकतीं, उन्हें ताकत की जरुरत है और यह ताकत हमनें साबित करके दिखाई है। उन्होंने टीवी पर प्रसारित होने वाले कार्यक्रमों को भी निशाने पर लेते हुए कहा कि टीवी सीरियल ने महिलाओं को छवि को खराब करने का काम किया है।

कोई हटा नहीं सकता, चूंकि सरकार हमारी!

कहते हैं, जिसकी लाठी उसकी भैंस। यह कहावत सटीक बैठती है, जहां सत्ता का डर दिखाकर डराया व धमकाया जाता है, मगर शायद वह यह भूल जाते है, कि सरकार हर उस आम नागरिक की होती है, जिसे वह चुनकर सत्ता पर बैठाती है। सरकार पूरे राज्य की जनता की होती है, न की किसी व्यक्ति विशेष की।
चंपावत में एक ऐसा मामला सामने देखने को आया है, जहां दो नाली जमीन खरीद कर 13 नाली पर कब्जा कर आने-जाने वालों के रास्ते बंद कर दिए। जब बगल में एक फौजी ने जमीन खरीद कर रास्ता बनाने की कोशिश की तो प्रबंधक बच्चों संग धरने पर बैठ गया।
प्रबंधक ने कहा कि हमारा स्कूल हट नहीं सकता है, क्यों कि सरकार हमारी है। हमारा कोई कुछ नहीं कर सकता है।
आपको बता दें कि जब बाराकोट निवासी फौजी रमेश नाथ ने आरएसएस द्वारा संचालित स्कूल के पास तीन नाली जमीन खरीद कर रास्ता बनाने लगा तो स्कूल प्रबंधक ने मना कर दिया। प्रबंधक ने कहा कि यह मेरी जमीन है। इसमें रास्ता कैसे बनेगा। इस पर फौजी रमेश ने घटना की शिकायत एसडीएम सीमा विश्वकर्मा से कर रास्ता देने की मांग की। जब एसडीएम ने पटवारी व कानूनगो को मामले की जांच के लिए भेजा तो पता चला कि स्कूल प्रबंधक ने दो नाली 10 मुट्ठी जमीन खरीदी थी। जबकि उसका भवन चार नाली व दो से तीन नाली में फिल्ड समेत करीब 13 नाली सरकारी जमीन पर कब्जा कर रखा था। पास में ही विष्णु दत्त नाम के व्यक्ति ने एक नाली जमीन खरीद कर दो नाली सरकारी जमीन पर कब्जा कर रखा है। पटवारी ने एसडीएम को घटना की जानकारी दी। एसडीएम ने पटवारी ने तीन फिट रोड बनाने का आदेश दिया। जब फौजी सड़क बनाने लगा तो स्कूल प्रबंधक बच्चों संग हंगामा करने लगा।

पंडित पंत एक कुशल प्रशासक व वक्ता थेःसीएम

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने सर्वे चौक स्थित आईआरडीटी ऑडिटोरियम में भारत रत्न पंडित गोविन्द बल्लभ पंत के 130वें जन्म दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि प्रतिभाग किया। इस अवसर पर उन्होंने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारम्भ करते हुए पंडित गोविन्द बल्लभ पंत के चित्र पर श्रद्धा सुमन अर्पित किये। त्रिवेन्द्र ने कहा कि 10 सितम्बर 1887 में अल्मोड़ा के खूंट गांव में जन्म लेने वाले पंडित गोविन्द बल्लभ पंत बहुमुखी प्रतिभा के धनी थे। देश की आजादी के बाद उत्तर प्रदेश के प्रथम मुख्यमंत्री, भारत के गृह मंत्री जैसे महत्वपूर्ण पदों पर देश का नेतृत्व किया। 1955 में उन्हें भारत रत्न से भी सम्मानित किया गया। उन्होंने काकोरी कांड के क्रांतिकारियों का मुकदमा भी लड़ा। वे एक कुशल प्रशासक के साथ ही ओजस्वी वक्ता भी थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि युवा पीढ़ी को श्री पंत के जीवन आदर्शों से प्रेरणा लेकर आगे बढ़ना होगा।

गीता कुमारी बनी जेएनयू की अध्यक्ष, अभाविप दूसरे स्थान पर

देश और दुनिया की अग्रणी यूनिवर्सिटी के तौर पर मशहूर जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय छात्रसंघ चुनाव में लेफ्ट यूनिटी की कैंडिडेट गीता कुमारी ने अध्यक्ष पद पर जीत हासिल कर ली है। उन्हें कुल 1506 वोट मिले। विद्यार्थी परिषद की नजदीकी उम्मीदवार को 1042 वोट मिले। उनके साथ सेंट्रल पैनल में जीतने वाले अन्य तीन उम्मीदवार भी लेफ्ट से ही हैं।
गौरतलब है कि गीता कुमारी छात्र संगठन एआईएसए का हिस्सा हैं। इस बार एआईएसए, एसएफआई और डीएसएफ साथ मिलकर चुनाव लड़ रहे थे। यूनाइटेड लेफ्ट ने वाइस प्रेसिडेंट (सिमोन जोया खान), ज्वाइंट सेक्रेटरी (शुभांशु सिंह) और जनरल सेक्रेटरी (डुग्गीराला श्रीकृष्ण) पर भी कब्जा कर लिया है।
राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के छात्र संगठन (अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद) के प्रत्याशियों ने भी अध्यक्ष पद समेत सेंट्रल पैनल के सारे सीटों पर युनाइटेड लेफ्ट को कड़ी टक्कर दी। विद्यार्थी परिषद् की ओर से अध्यक्ष पद की दावेदार निधि त्रिपाठी दूसरी पोजिशन पर रहीं।
गौरतलब है कि इस चुनाव में परिसर के भीतर बहुजन राजनीति की लकीर खींचने वाला छात्र संगठन बीएपीएसए भी बहुत पीछे नहीं रहा। इस संगठन के प्रत्याशियों ने भी युनाइटेड लेफ्ट को कड़ी टक्कर दी। बीएपीएसए को कैंपस के ही युनाइटेड ओबीसी फोरम जैसे संगठनों ने समर्थन दिया था।
एआईएसएफ की अध्यक्ष पद की उम्मीदवार अपराजिता राजा काफी पीछे रह गईं। वहीं कांग्रेस की छात्र संगठन (एनएसयूआई) के प्रत्याशी सबसे पीछे रहे। इस पूरे चुनाव में परिसर में निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर दावेदारी करने वाले फारूख आलम को भी अच्छे वोट मिले।

डीएवी में अभाविप की लगातार 11वीं जीत से भाजपा गदगद

प्रदेश के सबसे बड़े महाविद्यालय दयानंद एंग्लोवैदिक महाविद्यालय देहरादून में ें अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने 11वीं जीत दर्ज की है। अध्यक्ष पद पर विद्यार्थी परिषद के शुभम सेमल्टी ने एनएसयूआई के विकास नेगी को 35 वोट से हराया, जबकि नोटा पर 37 वोट पड़े। महासचिव पद पर आर्यन के आकाश गौड़ ने सत्यम संगठन के अरविंद चौहान को 344 वोट से हराया। जीत के बाद एबीवीपी और आर्यन से जुड़े छात्रों ने बारिश के बावूजद विजय जुलूस निकाला।
दरअसल उत्तराखंड के सबसे बड़े पीजी कॉलेज होने के कारण इस कॉलेज कें छात्र संघ चुनाव पर राजनैतिक दलों की नजरें टिकी हुयी होती है। ऐसा माना जाता है कि इस कॉलेज की राजनीति करने वाला छात्र भविष्य में बड़ी राजनीति करता है।
आपको बता दें कि अभाविप हर वर्ष डीएवी कॉलेज में केवल अध्यक्ष पद पर ही अपना उम्मीदवार उतारती है। इसी तरह ऑर्यन व सत्यम ग्रुप भी केवल महासचिव पद पर ही प्रत्याशी उतारते है।
डीएवी कॉलेज छात्र संघ परिणाम
अध्यक्ष
शुभम सेमल्टी एबीवीपी-1346
विकास नेगी एनएसयूआई- 1311
उपाध्यक्ष
हिमांशु नेगी- 1745
शिवानी- 1238
महासचिव
आकाश गौड़- 1263
उपाध्यक्ष
हिमांशु नेगी- 1745
शिवानी- 1238
महासचिव
आकाश गौड़- 1263
अरविंद चौहान-919

पूर्व की सरकार घोषणा करती थी, हम काम करने वालेः मोदी

राजस्थान के उदयपुर में जनसभा को संबोधित करते हुए नरेंद्र मोदी बोले भारत सरकार सदैव बाढ़ पीड़ितों के साथ है। उन्होंने कहा कि पूर्व की सरकार सिर्फ घोषणाएं करती थी, अमल नहीं, लेकिन मेरी सरकार काम करने में विश्वास करती हैं। पीएम ने यहां 15 हजार करोड़ रुपए की परियोजनाओं का लोकार्पण किया। इससे पहले प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने उदयपुर पहुंचकर हाइवे प्रॉजेक्ट्स का जायजा लिया। उनके साथ केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी और गृह मंत्री राजनाथ सिंह भी नजर आए। प्रधानमंत्री राजस्थान ने 15,000 करोड़ रुपये की राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं का उद्घाटन किया है। पीएम मोदी कुल करीब कुल 873 किमी लंबाई की 11 पूरी हो चुकी राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं को राष्ट्र को समर्पित करेंगे। ये परियोजनाएं राजसमंद, भिलवाड़ा, पाली, नागौर, बारमेर, सिकर, चुरू, जोधपुर और जैसलमेर में हैं। इन 11 परियोजनाओं में कोटा में चम्बल नदी पर बना छह लेन वाला केबल स्टेड ब्रिज भी शामिल है। इस कार्यक्रम में प्रधानमंत्री मोदी कुल करीब 556 किमी की छह राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं के लिए भूमिपूजन भी करेंगे।