एक लाख इग्यारह हजार रुपये का दान देगी श्री रामलीला कमेटी सुभाष बनखंडी ऋषिकेश की रामलीला

श्री राम जन्मभूमि अयोध्या में मर्यादा पुरुषोत्तम श्री राम जी का भव्य मंदिर निर्माण कार्य पर ऋषिकेश की सबसे पौराणिक श्री रामलीला कमेटी सुभाष बनखंडी ने अपने रंगमंच पर श्री रामचरितमानस (रामायण) के अखंड पाठ का आयोजन किया। मौके पर मर्यादा पुरुषोत्तम श्री रामचंद्र जी के भव्य मंदिर निर्माण में कमेटी की ओर से 111000 (एक लाख इग्यारह हजार रुपये) की धनराशि दान देने का निर्णय लिया। तय किया गया कि यह धनराशि मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत के माध्यम से श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को दान स्वरूप भेंट की जाएगी।

रामलीला कमेटी के अध्यक्ष विनोद पाल और महामंत्री हरीश तिवाड़ी ने बताया कि कमेटी की यह इच्छा थी कि जब भी भगवान राम का अयोध्या में मंदिर बनेगा कमेटी की ओर से एक भव्य आयोजन किया जाएगा लेकिन कोरोना संक्रमण के चलते संक्षिप्त रूप में खुशी मनाते हुए आज रामलीला प्रांगण में अखंड रामायण का पाठ किया गया। दान राशि देने के लिए मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत से श्री रामलीला कमेटी के पदाधिकारियों का एक प्रतिनिधिमंडल मेयर अनिता ममगाई के नेतृत्व में शीघ्र मिलेगा।

रामायण पाठ करने वालों में पंडित ललित मोहन त्रिपाठी भास्करा नंद त्रिपाठी दयाकृष्ण लेखक सुबोध अनुज शामिल रहे। इस अवसर पर कमेटी के अध्यक्ष विनोद पाल, महामंत्री हरीश तिवाड़ी, बाली पाल, सतीश पाल, पार्षद लता तिवाड़ी, राजेश दिवाकर, उमा बृजपाल राणा, अनिता रैना, विजय बडोनी, विजेंद्र मोघा, रामअवतारी पंवार, अजय बिष्ट, गुरविंदर सिंह गुर्री, विकास नेगी, दीपक अंथवाल, धीरेन्द्र सिंह धीरू, पवन गोयल, राकेश पारछा, रोहताश पाल, प्रशांत पाल, मनमीत कुमार, पूरण पंवार, पवन पाल, अस्वनी जायसवाल आदि उपस्थित रहे।

राहतः रोडवेज बस से रक्षाबंधन पर महिलाओं के लिए निशुल्क होगी यात्रा

कई वर्षों से उत्तराखंड सरकार रक्षाबंधन पर बहनों को रोडवेज की बसों में निशुल्क यात्रा की सुविधा देती आ रही है। इसे सरकार ने इस वर्ष भी जारी रखा है। इस बार कोविड-19 महामारी और लॉकडाउन के बाद निगम की आर्थिक स्थिति बेहद खराब है। शासन स्तर पर काफी विचार विमर्श के बाद रक्षाबंधन पर निशुल्क यात्रा का फैसला लिया गया है।

सचिव परिवहन शैलेश बगौली ने शुक्रवार को यह आदेश जारी किए हैं। उन्होंने निगम के प्रबंध निदेशक को कार्रवाई करने के लिए कहा है। यात्रा के दौरान महिलाओं व बहनों से बसों में कोई किराया नहीं लिया जाएगा। इसका पूरा खर्च शासन वहन करेगा।

नगर निगम की टीम ने कालरा ट्रेडर्स गोदाम से पकड़ी 15 क्विंटल पॉलिथीन, एक लाख जुर्माना

निगम के सेनेट्री इंस्पेक्टर सचिन रावत के नेतृत्व में टीम ने पुष्कर मंदिर मार्ग पर पॉलिथीन के खिलाफ अभियान चलाया। इस दौरान कालरा ट्रेडर्स के गोदाम में छापे के दौरान 15 क्विंटल पकड़ी गई। मौके पर व्यापारी नेता ललित मोहन मिश्रा और रवि जैन भी पहुंचे और निगम की कार्रवाई का जमकर विरोध कर हंगामा खड़ा कर दिया। उन्होंने निगम पर बदले की भावना से कार्य करने का आरोप लगाया। हंगामे के बीच सेनेट्री इंस्पेक्टर सचिन रावत ने गोदाम पर मौजूद कर्मचारी से पूछा कि क्या तुम पॉलिथीन बेच रहे हो। इस पर कर्मचारी ने हां में जवाब दिया। इसके बाद व्यापारी नेता ललित मोहन मिश्रा और रवि जैन शांत हो गए और वहां से चलते बने। इसके बाद टीम ने गोदाम स्वामी यश कालरा पर एक लाख रुपये का जुर्माना ठोंका।

सुरकंडा रोपवे में चाइनीस उपकरणों के स्थान पर स्वदेशी उपकरणों को प्रयोग में लाएंः पर्यटन मंत्री

पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज की अध्यक्षता में पर्यटन विभाग के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक हुई। पर्यटन मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार उत्तराखण्ड के पर्यटन व्यवसाइयों को कोरोना संकट की परिस्थितियों से उबारने के लिए प्रतिबद्ध है। इसके मद्देनजर पूर्व में 75 करोड़ की आर्थिक सहायता पर कैबिनेट अपनी मुहर लगा चुकी है। नेगेटिव कोरोना टेस्ट रिपोर्ट वाले पयर्टक अब आराम से चारधाम यात्रा तथा अन्य पर्यटक स्थलों की यात्रा कर सकते हैं। मेरा अनुरोध है कि सभी लोग सामाजिक दूरी तथा आत्म अनुशासन का परिचय दें। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि यथाशीघ्र विकास कार्यों को पूरा कर राज्य की जनता को समर्पित किय जाये।

पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज ने कैरवान पार्क बनाने के साथ-साथ यात्रियों के लिए सभी तरह की आधुनिक सुविधाएं विकसित करने के लिए भी अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि कोविड- 19 को देखते हुए तय किया गया है कि 72 घण्टे पूर्व कोविड टेस्ट करवाने वाले यात्री की रिपोर्ट यदि नेगेटिव पाई जाती है तो वह कहीं भी घूम सकता है। पर्यटन मंत्री ने कहा कि सुरकंडा रोपवे निर्माण कंपनी को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि वह चाइनीस उपकरणों के स्थान पर स्वदेश निर्मित उपकरणों को रोपवे निर्माण में प्रयोग करे। इसीलिए उसे एक वर्ष का अतिरिक्त समय दिया गया है।

सतपाल महाराज ने बताया कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय ग्रह आवास (होम स्टे) योजना जो कि कोविड-19 के चलते हुए लॉकडाउन की वजह से काफी प्रभावित हुई है उससे जुड़े व्यक्तियों एवं कार्मिकों को राहत पहुंचाने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री राहत कोष से स्वीकृत 24. 30 करोड़ रुपए की धनराशि के सापेक्ष 11. 85 करोड़ की धनराशि उपलब्ध करवाई गई है। पर्यटन मंत्री ने बताया कि वीर चंद्र सिंह गढ़वाली पर्यटन स्वरोजगार योजना को और अधिक आकर्षक बनाए जाने के उद्देश्य से प्रदेश के मार्गों पर संचालन हेतु एक वित्तीय वर्ष में अधिकतम 50 बसों-इलेक्ट्रॉनिक बसों के क्रय हेतु ऊंची संक्रम की लागत के 50 प्रतिशत किंतु अधिकतम 15 लाख रुपए की राजकीय सहायता देने का निर्णय लिया गया है।

पर्यटन मंत्री ने कहा कि प्रसाद योजना के तहत केदारनाथ विकास कार्यों का लगभग 90 प्रतिशत कार्य पूर्ण हो चुका है। बद्रीनाथ में भी विकास कार्य किए जा रहे हैं गंगोत्री एवं यमुनोत्री के लिए डीपीआर तैयार की जा रही है। बाह्य सहायतित योजनाओं में झील के समग्र पर्यटन विकास हेतु 1210 करोड रुपए के ऋण प्रदान किए जाने पर नेशनल डेवलपमेंट बैंक द्वारा सैद्धांतिक सहमति प्रदान की गई है।

पर्यटन मंत्री जी कहा कि शीतकालीन डेस्टिनेशन के रूप में टिबरसैंण महादेव के मंदिर को विकसित करने के लिए कंेन्द्र सरकार से अनुमति मांगी है। टिबरसैंण महादेव में अमरनाथ की तरह बहुत बड़े शिवलिंग की रचना होती है। उन्होंने कहा कि उत्तरकाशी से मोरी हरकीदून एवं जखोल सर्किट को पर्यटन एवं ट्रैकिंग के रूप में विकसित करने के लिए कनैक्टिविटी को ध्यान रखते हुए दिशा निर्देश बोर्ड लगाने चाहिए। रोप वे परियोजनाओं के अंतर्गत हम शीतकालीन में भगवान केदारनाथ के दूर से दर्शन करते हुए केदारनाथ घाटी के सुन्दर व रमणीक पर्वतीय पहाड़ों के दर्शन कर सकते हैं।

प्रदेश के पर्यटन धर्मस्व एवं संस्कृति मंत्री सतपाल महाराज ने संस्कृति विभाग के अधिकारियों को भी निर्देशित किया कि वह सभी कार्यों को समय पर पूरा करें। संस्कृति विभाग द्वारा किये जा रहे कार्यों जानकारी देते हुए संस्कृति मंत्री श्री सतपाल महाराज ने बताया कि कैलाश मानसरोवर यात्रा के तीर्थ यात्रियों को दी जाने वाली धनराशि को 25000 से बढ़ाकर 50,000 कर दिया गया है। इसके अलावा लोक कलाकारों का मानदेय भी दुगना कर दिया गया है। बताया कि प्रदेश में विरासत की अंगीकार योजना लागू की गई है। उन्होंने बताया कि तीलू रौतेली के नाम पर संग्रहालय बनाने की स्वीकृति मिल गई है। बागेश्वर, चंपावत, जोशीमठ, नरेंद्र नगर एवं उधम सिंह नगर में प्रेक्षाग्रह का निर्माण जारी है। सुमित्रानंदन पंत वीथिका कौसानी, जनपद बागेश्वर में उनके घर का जीर्णोद्धार का काम पूरा हो चुका है। जबकि अनाशक्ति आश्रम, कौसानी के जीर्णोद्धार का कार्य प्रगति पर है। ऋषिकेश में हिमालय संग्रहालय का निर्माण कार्य और गड़ीकैट में हिमालयन सांस्कृतिक केंद्र का कार्य भी प्रगति पर है।

कोरोना महामारी से लड़ने के लिए हंस फाउंडेशन फ्रंटलाइन वॉरियर्स की भूमिका निभा रहाः सीएम

हंस फाउंडेशन के अध्यक्ष भोले महाराज के जन्मोत्सव कार्यक्रम में मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत, उच्च शिक्षा राज्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत, माता मंगला और भोले महाराज ने हंस फाउंडेशन की 100 करोड़ रूपये की योजनाओं का संयुक्त रूप से लोकार्पण किया। इनमें पौड़ी के लवाड़ में ‘नेशनल स्किल डेवलपमेंट सेंटर’ का निर्माण होगा। कोविड-19 से लड़ने के लिए उत्तराखंड में 10 कोविड टेस्टिंग सेंटरों की स्थापना की जा रही है। विद्यालय रथ योजना के तहत उत्तराखंड के चार विद्यालयों के लिए बसों का लोकार्पण भी किया। शिक्षा अभियान के तहत उत्तराखंड स्थित कई राजकीय महाविद्यालों में पुस्तकालयों के नवीनीकरण की परियोजना को हरी झंडी दिखाई गई। जीवन रक्षक अभियान के तहत जिला अस्पताल टिहरी, रुद्रप्रयाग और भारत माता मंदिर हरिद्वार को एम्बुलेंस प्रदान की गई। मुख्यमंत्री द्वारा इन बसों एवं एम्बुलेंसों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया।

हंस फाण्डेशन द्वारा कोविड-19 महामारी से निपटने के लिए उत्तराखंड के 250 गैर सरकारी विद्यालयों के स्टाफ को 15 दिनों का वेतन देने की योजना की शुरूआत की गई। उत्तराखंड महिला पुलिस बल को सक्षम बनाने की योजना के अंतर्गत नैनीताल महिला पुलिस बल को शीघ्र ही दुपहिया वाहन प्रदान किए जाने की योजना को भी हरी झंड़ी दिखाई गई। हंस फाउंडेशन के सौजन्य से उत्तरकाशी के दूरस्थ ग्रांमों के 110 परिवारों के जीवन में रोशनी की किरण पहुंचाने के लिए हंस ऊर्जा अभियान के तहत सोलर लाईट उपहार स्वरूप प्रदान की गयी है।

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने भोले जी महाराज को उनके जन्म दिवस पर उनके सुदीर्घ जीवन की कामना करते हुए कहा कि भोले जी महाराज का व्यक्तित्व हम सभी को प्रेरित करता है। उनका जीवन गरीबों की निस्वार्थ सेवा में समर्पित है। राज्य सरकार को भी हमेशा उनका सहयोग मिला है। माता मंगला जी व भोले जी महाराज समाज सेवा की भारतीय संस्कृति की महान परंपरा को आगे बढ़ा रहे हैं। जिससे लाखों लोगों के जीवन में रोशनी फैल रही है। उन्होंने कहा कि हंस फाउण्डेशन द्वारा स्वास्थ्य, शिक्षा व संस्कृति के क्षेत्र में कार्य करने के साथ ही आत्मनिर्भरता के लिये अनेक गांवों को कृषि व बागवानी के क्षेत्र में स्वावलम्बी बनाने के लिये प्रभावी मदद दी जा रही है। कोरोना महामारी से लड़ने के लिए हंस फाउंडेशन फ्रंटलाइन वॉरियर्स की भूमिका निभा रहा है।

श्री भरत मंदिर के तीसरे महंत बने वत्सल प्रपन्न शर्मा, नगर में उत्साह

हृषीकेश नारायण श्री भरत मंदिर गद्दी पर महंत वत्सल प्रपन्न शर्मा तीसरे महंत के रूप में विराजमान हुए। जूना पीठाधीश्वर आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद महाराज की अध्यक्षता में आयोजित पट्टाभिषेक महोत्सव में साधु समाज सहित नगर के तमाम लोगों ने शिरकत की। जनप्रतिनिधियों, समाजिक कार्यकर्ताओं, व्यापारियों सहित आम नागरिकों ने उनका आशीर्वाद प्राप्त किया।

शुक्रवार को पट्टाभिषेक महोत्सव वैष्णव परंपरा के साथ आयोजित किया गया। ब्रह्मलीन महंत अशोक प्रपन्नाचार्य के गुरुस्थान से महंत हरिनारायणचार्य महाराज, डा. रामकमल दास वेदांती महाराज, उत्तराखंड पीठाधीश्वर कृष्णाचार्य महाराज, परमार्थ निकेतन के परमाध्यक्ष स्वामी चिदानंद सरस्वती, हनुमंत पीठाधीश्वर स्वामी डा. रामेश्वरदास महाराज, जयराम आश्रम के परमाध्यक्ष ब्रह्मस्वरूप ब्रह्मचारी महाराज ने महंत वत्सल प्रपन्न शर्मा को महंताई की चादर ओढ़ाकर पट्टाभिषेक किया। 
बीते आठ जुलाई को श्री भरत मंदिर के महंत अशोक प्रपन्नाचार्य ब्रह्मलीन हो गए थे। उनके बाद से ही श्री भरत मंदिर की गद्दी का स्थान रिक्त चल रहा था।

एक नजर महंत वत्सल प्रपन्न शर्मा पर…
ऋषिकेश। 15 जनवरी 1983 को महंत वत्सल प्रपन्न शर्मा का जन्म स्व. महंत अशोक प्रपन्नाचार्य व निशा शर्मा के घर हुआ। उनकी प्रारंभिक शिक्षा द दून स्कूल से हुई। इसके बाद उन्होंने मास्टर आफ बिजनेश एडमिनिस्ट्रेटर किया। अपने छोटे भाई वरूण शर्मा के साथ उन्होंने बाल्यावस्था में स्वामी अहोवल मठ में वैष्णव परंपरा की दीक्षा वर्ष 1995 में ग्रहण की। विन्रम स्वभाव के वत्सल शर्मा शुरूआत से ही स्व. पिता महंत अशोक प्रपन्नचार्य के साथ श्री भरत मंदिर प्रबंधन के साथ जुड़े रहे।

कार्यक्रम में यह भी रहे मौजूद
ऋषिकेश। विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल, मेयर अनिता ममगाई, अखाड़ा परिषद के महामंत्री महामंडलेश्वर हरिगिरी, निर्मल आश्रम के महंत राम सिंह महाराज, महंत जोध सिंह महाराज, झंडा दरबार देहरादून के महंत देवेन्द्र दास महाराज, तुलसी मानस मंदिर हरिद्वार के महंत महामंडलेश्वर अर्जुनपुरी महाराज, अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत नरेन्द्र गिरी महाराज, दक्षिणकालीपीठाधीश्वर महामंडलेश्वर कैलाशनंद ब्रह्मचारी, अवधूत बाबा अरूण महाराज, भरत मिलाप आश्रम के परमाध्यक्ष महंत रामकृपालुुदास महाराज, रामानंदाश्रम के परमाध्यक्ष महंत अभिरामदास महाराज, कैलाश पीठाधीश्वर मुनिकीरेती के परमाध्यक्ष महामंडलेश्वर दिव्यानंद महाराज, हरिहर पीठाधीश्वर हरिद्वार आश्रम के महंत प्रेमानंद महाराज, शिवानंद आश्रम के अध्यक्ष योग स्वरूपानंद महाराज, रामतपस्थली ब्रह्मपुरी परमाध्यक्ष महामंडलेश्वर दयाराम दास महाराज, महामंडलेश्वर ईश्वरदास महाराज, महंत अखंडानंद महाराज, महंत हरिनारायण महाराज, महंत विश्वेश्वरानंद महाराज, मौनीबाबा महाराज, श्री हेमकुंड साहिब ट्रस्ट के उपाध्यक्ष नरेन्द्रजीत सिंह बिंद्रा, स्वामी पदभनामानंद महाराज आदि शामिल रहे।

ट्रांसपोर्ट में पॉलिथीन की खेप सप्लाई करने पहुंचा ट्रक, निगम ने पकड़ा

नगर निगम ने एक ट्रक से साढ़े 13 कुंतल पॉलिथीन पकड़कर ट्रक सीज कराया है। ट्रक जिस विजय लक्ष्मी ट्रांसपोर्ट के यहां पॉलिथीन लेकर पहुंचा था। उसके स्वामी पर निगम ने एक लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। साथ ही एक अन्य जगह छापेमारी के दौरान निगम की टीम ने एक कुंतल पॉलिथीन जब्त की है। इसमें दुुकान स्वामी पर 10 हजार रुपये का चालान किया है।

जानकारी के अनुसार, यूपी15एपी-8923 नंबर का ट्रक लाजपतराय मार्ग पर पहुंचा था। निगम के सेनेट्री इंस्पेक्टर सचिन रावत ने ट्रक चालक से पूछताछ की। चालक ने बताया कि ट्रक में पॉलिथीन है, जिसे वह विजय लक्ष्मी ट्रांसपोर्ट के यहां सप्लाई करने पहुंचा है। इस पर निगम की टीम मौके से ट्रक सहित चालक को लेकर घ्नगर निगम पहुंचे। यहां ट्रक के सामान बाहर निकालने पर 54 बैग निकले। नगर आयुक्त नरेन्द्र सिंह क्वीरियाल ने बताया कि ट्रक के भीतर 54 बैग में साढ़े 13 कुंतल पॉलिथीन पाई गई है। चालक के अनुसार यह पॉलिथीन दिल्ली से विजय लक्ष्मी ट्रांसपोर्ट के यहां देनी थी। इस कारण उक्त ट्रांसपोर्ट के स्वामी पर एक लाख रुपये का जुर्माना लगाया जा रहा है।

दूसरी ओर, सेनेट्री इंस्पेक्टर सचिन रावत और टीम ने पुष्कर मंदिर मार्ग पर अभियान चलाया। अभियान के दौरान यहां एक दुकान से एक कुंतल पॉलिथीन पाई गई। जिसे कब्जे में लेकर दुुकान स्वामी पर 10 हजार रुपये का जुमाना वसूल किया है।

विरोध जताने का नया तरीका, कांग्रेस ने सड़क के गड्ढ़ों में रोपे पौधे

वीरपुर खुर्द में तालाब बनी सड़कों की चपेट में आकर आए दिन दुर्घटना घट रही है। लिहाजा, इस मार्ग की जिम्मेदार विभाग सुध लेने को तैयार नहीं है। स्थानीय लोग कई बार मामले को उठा भी चुके है। बुधवार को कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने यहां बने गड्ढों में धान के पौधे रोपकर अपना विरोध दर्ज कराया।

दरअसल, नमामि गंगे प्रोजेक्ट के तहत करीब डेढ़ साल से यहां सीवर लाइन बिछाने का काम किया जा रहा है। नमामि गंगे की ओर से सीवर लाइन तो बिछा दी गई। पीडब्ल्यूडी ने यहां सड़क बनानी हैं, मगर एक साल बीतने को हैं, अभी तक सड़क निर्माण कार्य शुरू नहीं हो सका है। कांग्रेस के पूर्व सचिव दीपक जाटव के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने सरकार, पीडब्ल्यूडी के खिलाफ नारेबाजी की। तालाब बनी सड़क पर खड़े होकर कार्यकर्ताओं ने यहां धान के पौधे तक रोप डाले। विरोध करने वालों में प्रदेश महासचिव राजपाल खरोला, जयपाल बिट्टूू, सरोज देवराड़ी, नीरज चौहान, राजेश गोयल, गौतम नौटियाल, हरिराम वर्मा, इमरान सैफी, सीताराम सेमवाल, जगदंबा रतूड़ी, दाताराम नौटियाल, गोविंद सरीर, सुनील, जगतपाल रावत आदि उपस्थित रहे।

मास्क न पहनने पर एक लाख लोगों पर हुई कार्यवाही

अशोक कुमार, महानिदेशक, अपराध एवं कानून व्यवस्था ने बताया कि लॉकडाउन का उल्लंघन में प्रदेश में अभी तक सोशल डिस्टेंसिंग के उल्लंघन पर 9497, मास्क न पहनने पर 105544, क्वारंटाइन का उल्लंघन करने पर 765, सोशल मीडिया पर अफवाह फैलाने पर 211 व्यक्तियों पर अभियोग पंजीकरण और चालान की कार्यवाही की गयी है। साथ ही पुलिस एक्ट के अर्न्तगत 1.68 करोड़, एमवी एक्ट के अन्तर्गत 5.60 करोड़, डीएम एक्ट व माहमारी विनियमावली के अन्तर्गत 99.33 लाख कुल 8.28 करोड़ रूपए का संयोजन शुल्क जुर्माना वसूला गया है।’

एहतियातन अभी तक 965 पुलिसकर्मियों को क्वारन्टाइन किया गया, जिसमें से क्वारन्टाइन अवधी पूर्ण करने के पश्चात 820 पुलिसकर्मी वापस ड्यूटी पर वापस आ चुके हैं। साथ ही 29 पुलिसकर्मी कोरोना पॉजीटिव पाये गए, जिसमें से 09 पुलिसकर्मी स्वस्थ होकर वापस ड्यूटी करने लगे हैं। कोरोना वायरस को हराकर ड्यूटी पर पहुंचे इन 09 पुलिसकर्मियों को पुलिस महानिदेशक उत्तराखण्ड द्वारा सम्मानित किया जाएगा।

किसी भी पंजीकृत अस्पताल में बिना रेफर के असीमित खर्चे पर इलाज की सुविधा

उत्तराखंड के तीन लाख राजकीय कर्मचारी-पेंशनरों को एक सितंबर से असीमित खर्चे पर कैशलेस इलाज की सुविधा मिलेगी। राज्य स्वास्थ्य प्राधिकरण ने अटल आयुष्मान योजना के तहत अगस्त में इनके गोल्डन कार्ड बनाने की तैयारी कर ली है। अगस्त के वेतन और पेंशन से उनके अंशदान की कटौती होगी, जो राज्य स्वास्थ्य प्राधिकरण के खाते में जमा होगी।
कोरोना महामारी के बीच अगर सब कुछ सामान्य रहा तो प्रदेश के कर्मचारी-पेंशनरों को एक सितंबर से अटल आयुष्मान योजना में कैशलेस इलाज की सुविधा मिलनी शुरू हो जाएगी। इस योजना का लाभ कर्मचारी-पेंशनरों के परिवार के सदस्यों को भी मिलेगा।
राज्य स्वास्थ्य प्राधिकरण ने 31 जुलाई 2020 तक सभी कर्मचारी-पेंशनरों से गोल्डन कार्ड बनाने के लिए परिवार के सदस्यों का ब्योरा मांगा गया है। इसके बाद अगस्त में गोल्डन कार्ड बनाए जाएंगे। कार्ड बनाने के लिए प्राधिकरण की ओर से गाइडलाइन जारी की जाएगी। प्राधिकरण की ओर कार्ड बनाने के लिए निजी कंपनी को भी अधिकृत किया जाएगा, जिससे कर्मचारी-पेंशनरों के कार्ड आसानी से बन सकें।
योजना के तहत कर्मचारी, पेंशनर और उनके परिजनों को किसी भी पंजीकृत अस्पताल में बिना रेफर के असीमित खर्चे पर इलाज की सुविधा मिलेगी। इलाज पर व्यय होने वाली राशि के लिए कोई सीमा तय नहीं है। ओपीडी और आईपीडी दोनों में इलाज उपलब्ध होगा।
राज्य स्वास्थ्य प्राधिकरण के अध्यक्ष डीके कोटिया ने बताया कि अटल आयुष्मान योजना में कर्मचारी-पेंशनरों के लिए कैशलेस इलाज की सुविधा शुरू करने को एक सितंबर की तारीख प्रस्तावित की गई है। अगस्त में कार्ड बनाए जाएंगे और अगस्त के वेतन से ही अंशदान लिया जाएगा।