सीएम ने नैनीताल में की मंडल स्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता, बोले अब भ्रष्टाचार नहीं, जवाबदेही तय होगी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नैनीताल में कुमाऊं मंडल स्तरीय अधिकारियों के साथ उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। इस बैठक में कुमाऊं मंडल के छह जनपदकृनैनीताल, अल्मोड़ा, पिथौरागढ़, बागेश्वर, चंपावत एवं ऊधमसिंहनगरकृके जनप्रतिनिधि एवं वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे।

मुख्यमंत्री ने मंडल में केंद्र सरकार व राज्य सरकार द्वारा गतिमान योजनाओं पर चर्चा की। उन्होंने कहा जनप्रतिनिधि व अधिकारीगण को आपसी समन्वय बनाते हुए जनता की समस्याओं के समाधान के लिए जनता दरबार लगाकर, चौपाल लगाकर धरातल पर कार्य करने की आवश्यकता है। ताकि अंतिम छोर पर खड़ा व्यक्ति भी सरकार की योजनाओं से लाभान्वित हो। उन्होंने कहा प्रधानमंत्री के नेतृत्व में जनपद में चल रहे कार्यों में अपना योगदान करें। भ्रष्टाचार को समाप्त करना ही हमारा संकल्प है और इसके लिए 1064 नंबर चलाया गया है। मुख्यमंत्री ने जिला अधिकारियों को कहा कि वह 10 से 01 बजे तक अपने कार्यालय में बैठने का शेड्यूल बनाएं ताकि दूर से आने वाले लोग उनसे मिल पाए वह अपनी बात रख पाएं।

मुख्यमंत्री ने सभी निर्माण कार्यों को निर्धारित समयसीमा में गुणवत्तापूर्ण तरीके से पूर्ण कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मानकों के अनुरूप कार्य न होने या अनावश्यक देरी होने पर संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

बैठक में जमरानी बांध परियोजना की प्रगति की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि पुनर्वास पैकेज को स्वीकृति दी जा चुकी है तथा मास्टर प्लानिंग पूर्ण हो चुकी है। मानसून से पूर्व मुख्य बांध निर्माण कार्य प्रारंभ कर दिया जाएगा। यह परियोजना उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश दोनों राज्यों के लिए सिंचाई क्षमता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

मुख्यमंत्री ने सूखा ताल के पुनर्जीवन प्रयासों को और गति देने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि यह कार्य नमामि गंगे योजना के अंतर्गत पेयजल विभाग द्वारा किया जा रहा है और 2916.00 लाख रुपए की लागत से जनपद नैनीताल में सूखाताल झील का संवर्धन एवं सौंदर्यकरण का कार्य गतिमान है।

कैंची धाम क्षेत्र के समग्र विकास पर चर्चा करते हुए मुख्यमंत्री ने वहां सभी आवश्यक सुविधाओं के विकास कार्यों को प्राथमिकता देने को कहा। मुख्यमंत्री ने कहा 2815.68 लाख की लागत से मानसखंड मंदिर माला के अंतर्गत श्री कैंची धाम में सौंदर्य कारण एवं प्रकाशीकरण का कार्य प्रगति पर है।

उन्होंने अल्मोड़ा मेडिकल कॉलेज के लिए मास्टर प्लान पर प्रगति की जानकारी दी और बताया कि पिथौरागढ़ मेडिकल कॉलेज का बजट दोगुना किया गया है। उन्होंने कहा कि सीमा क्षेत्र में सभी अत्याधुनिक सुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करना सरकार की सर्वाेच्च प्राथमिकता है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने दोहराया कि उत्तराखंड सरकार किसी भी स्तर पर भ्रष्टाचार को बर्दाश्त नहीं करेगी। मुख्यमंत्री ने जल जीवन मिशन के अंतर्गत उधम सिंह नगर के जिलाधिकारी द्वारा शिकायत करने पर काशीपुर में अधीक्षण अभियंता शिवम द्विवेदी को सस्पेंड करने के निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे नियमित जनसुनवाई करें, समाधान आधारित कार्यशैली अपनाएं और कैंपों के माध्यम से जनता की समस्याओं का स्थानीय स्तर पर तत्काल समाधान करें।

उन्होंने यह भी कहा कि राज्य में विजिलेंस व्यवस्था को और सशक्त एवं सक्रिय बनाया जा रहा है। अब सरकार भ्रष्टाचार के मामलों में सीधे और निर्णायक हस्तक्षेप करेगी। किसी भी स्तर का अधिकारी यदि दोषी पाया गया, तो उसे कड़ी सजा दी जाएगी। हालांकि, उसे निष्पक्ष सुनवाई और स्पष्टीकरण का अवसर भी दिया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जनता के सपनों को साकार करना ही हमारी प्राथमिकता है। उत्तराखंड पहले ही कई क्षेत्रों में देशभर में अग्रणी बन चुका है और अब हमें यह सुनिश्चित करना है कि अन्य क्षेत्रों में भी प्रदेश शीर्ष स्थान पर पहुंचे।

सीएम धामी बोले, देवभूमि उत्तराखंड अब खेल भूमि के रूप में सशक्त रूप से उभर रहा

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नैनीताल स्थित डीएसए मैदान में आयोजित भव्य कार्यक्रम में प्रतिभाग किया।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने घोषणा की कि डीएसए मैदान को उच्च स्तरीय खेल सुविधाओं के साथ एक मॉडल स्पोर्ट्स सेंटर के रूप में विकसित किया जाएगा, जिससे राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं एवं प्रशिक्षण कार्यक्रमों का आयोजन संभव हो सकेगा। नैनीताल में वैकल्पिक पार्किंग का विकास किया जाएगा और फ्लैट्स मैदान में हॉकी टर्फ तथा बॉक्सिंग रिंग स्थापित की जाएंगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि फ्लैट्स मैदान का उपयोग केवल खेल एवं सांस्कृतिक आयोजनों के लिए किया जाएगा और अन्य व्यावसायिक गतिविधियों पर रोक रहेगी, ताकि स्थानीय खिलाड़ियों के हित सुरक्षित रह सकें। मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि राष्ट्रीय खेलों के अंतर्गत नैनीताल व हल्द्वानी में सात राष्ट्रीय स्तर की खेल प्रतियोगिताओं का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। उन्होंने खिलाड़ियों को प्रेरित करते हुए कहा कि खेलों में हार-जीत से ऊपर उठकर खेल भावना को अपनाना ही सच्ची जीत है।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि “हमारी देवभूमि अब खेलभूमि के रूप में सशक्त रूप से आगे बढ़ रही है।” उन्होंने कहा कि खेल केवल शारीरिक और मानसिक विकास का माध्यम नहीं हैं, बल्कि अनुशासन, टीमवर्क और संघर्ष जैसे गुणों का भी निर्माण करते हैं। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा प्रारंभ किए गए ‘खेलो इंडिया’ और ‘फिट इंडिया’ जैसे अभियानों का उल्लेख करते हुए कहा कि देश में खेल संस्कृति को मजबूत आधार मिला है और भारत अब वैश्विक खेल मंचों पर नई पहचान बना रहा है। उत्तराखंड भी अब देवभूमि के साथ-साथ खेल भूमि बनने की दिशा में अग्रसर है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड में हाल ही में आयोजित 38वें राष्ट्रीय खेलों में हमारे खिलाड़ियों ने 103 पदक जीतकर राज्य का गौरव बढ़ाया। इन खेलों का आयोजन प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में भव्य रूप से किया गया और नैनीताल व हल्द्वानी में सात राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार जल्द ही स्पोर्ट्स लिगेसी प्लान लागू करेगी, जिसके अंतर्गत आठ प्रमुख शहरों में 23 खेल अकादमियों की स्थापना की जाएगी, जहाँ हर साल सैकड़ों खिलाड़ी उच्च स्तरीय प्रशिक्षण प्राप्त कर सकेंगे।

उन्होंने बताया कि हल्द्वानी में राज्य का पहला खेल विश्वविद्यालय तथा लोहाघाट में महिला स्पोर्ट्स कॉलेज स्थापित किया जा रहा है। सरकार द्वारा लागू नई खेल नीति के अंतर्गत अंतरराष्ट्रीय और राष्ट्रीय पदक विजेताओं को आउट ऑफ टर्न सरकारी नौकरियां दी जा रही हैं। साथ ही मुख्यमंत्री खेल विकास नीति, मुख्यमंत्री खिलाड़ी प्रोत्साहन योजना, उदयमान खिलाड़ी योजना और खेल किट योजना के माध्यम से उभरते खिलाड़ियों को सहयोग प्रदान किया जा रहा है। उत्तराखंड खेल रत्न और हिमालय खेल रत्न पुरस्कार जैसे प्रोत्साहनों से खिलाड़ियों की प्रतिभा को उचित मान-सम्मान दिया जा रहा है।

इस अवसर पर जिला अध्यक्ष भाजपा प्रताप सिंह बिष्ट, विधायक नैनीताल सरिता आर्या, भीमताल विधायक राम सिंह केड़ा, मंडी अध्यक्ष अनिल कपूर डब्बू, गंगोलीहाट विधायक फकीर राम टम्टा, राज्य दर्जा मंत्री सुरेश भट्ट, राज्य दर्जा मंत्री दिनेश आर्य, दायित्वधारी दीपक मेहरा, महापौर गजराज सिंह बिष्ट, अजय वर्मा (महापौर अल्मोड़ा), प्रदेश महामंत्री महिला मोर्चा भाजपा भावना मेहरा, कार्यक्रम आयोजक मोहित आर्या, शांति मेहरा, अधिवक्ता शिवांशु जोशी सहित अन्य जनप्रतिनिधि, पार्टी कार्यकर्ता तथा प्रशासनिक अधिकारी कृ कुमाऊं आयुक्त दीपक रावत, डीआईजी कुमाऊं रिद्धिमा अग्रवाल, जिलाधिकारी वंदना सिंह, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रहलाद नारायण मीणा, उप जिलाधिकारी एवं विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

सीएम धामी ने नैनीताल में विकास कार्यों का किया निरीक्षण, डीएसए मैदान में कई अहम घोषणाएं की

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी अपने दो दिवसीय दौरे पर शुक्रवार को नैनीताल पहुँचे। प्रवास के पहले दिन उन्होंने मल्लीताल में मानसखण्ड मंदिर माला योजना के तहत 1101 करोड़ रुपये की लागत से चल रहे सौंदर्यीकरण एवं पुनर्विकास कार्यों का स्थलीय निरीक्षण किया। इस योजना के अंतर्गत 12 नई दुकानों का विकास किया जा रहा है, जिनका उद्घाटन भी किया गया।

इस अवसर पर ’मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने घोषणा की
धुनीघाट एवं रातीघाट पैदल मार्ग के सुधार का कार्य किया जाएगा।
शहीद संजय बिष्ट मोटर मार्ग (कैंची-हरतपा-हैलीमोटर मार्ग से तितोली तक) का उच्चीकरण एवं सुधार होगा।
राज्य मार्ग संख्या-71 (रामनगर-भंडारपानी-अमगड़ी-भौराकोट-बेतालघाट-भुजान रिची-बिल्लेख) के खंडों का सुदृढ़ीकरण किया जाएगा।
डीएसए मैदान को राष्ट्रीय स्तर की खेल प्रतियोगिताओं और प्रशिक्षण के लिए मॉडल स्पोर्ट्स सेंटर के रूप में विकसित किया जाएगा।
नैनीताल में वैकल्पिक पार्किंग का निर्माण किया जाएगा।
फ्लैट्स मैदान में हॉकी टर्फ और बॉक्सिंग रिंग बनाई जाएंगी।
फ्लैट्स मैदान का उपयोग केवल खेल और सांस्कृतिक आयोजनों के लिए किया जाएगा, अन्य व्यावसायिक गतिविधियों पर रोक रहेगी।
नैनीताल बस अड्डा परिसर का पुनर्विकास लाइटवेट स्ट्रक्चर के माध्यम से किया जाएगा ताकि सार्वजनिक परिवहन सुविधा बढ़े और ट्रैफिक जाम कम हो।
मुख्य स्थलों का रोड सेफ्टी सर्वेक्षण कर वॉटर लेक्स कम किए जाएंगे।
स्थानीय वेंडरों के लिए वेंडिंग ज़ोन का निर्माण किया जाएगा।
नैनी झील की डिसिल्टिंग की जाएगी और रेलिंग बदली जाएगी।’

मुख्यमंत्री ने डीएसए मैदान में बास्केटबॉल कोर्ट का शुभारंभ किया, खिलाड़ियों को खेल किट वितरित की तथा जिले के पदक विजेता खिलाड़ियों से मुलाकात कर उन्हें सम्मानित किया। इस दौरान आयोजित सम्मान समारोह में मुख्यमंत्री ने 38वें राष्ट्रीय खेल 2025 उत्तराखंड में जनपद नैनीताल के पदक विजेता और अंतरराष्ट्रीय स्तर के पदक विजेता खिलाड़ियों-लतिका भंडारी, भूमिका जंतवाल, नितेश बिष्ट, निर्मल बिष्ट, अंश बिष्ट, कनिष्क जोशी, सूर्या पटेल, भाग्रवी रावत, श्रद्धा जोशी, कोमल, न्वया पांडे, वैभव सिंह पडियार, एसडीएम नवाजिश खलीक सहित अन्य खिलाड़ियों को सम्मानित किया। इसके अतिरिक्त, स्व. श्री एन.के. आर्य स्मृति क्रिकेट टूर्नामेंट के प्रतिभागियों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया।

मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में बताया कि नैनीताल में सीवर लाइन और एसटीपी का कार्य प्रगति पर है। पर्यटकों की बढ़ती संख्या को देखते हुए पार्किंग की समस्या को दूर करने के लिए ऑटोमेटिक पार्किंग की मंजूरी दी गई है। जल्द ही अशोक पार्किंग का विस्तार और मेट्रो पार्किंग का निर्माण भी शुरू होगा, जिसके लिए केंद्र सरकार से अनुमति मिल चुकी है।

उन्होंने कहा कि मानसखण्ड कॉरिडोर के अंतर्गत मां नैना देवी मंदिर का सौंदर्यीकरण चल रहा है। डीएसए मैदान का सुधारीकरण और वलिया नाला व ठंडी सड़क पर भूस्खलन सुरक्षा के कार्य भी तेजी से हो रहे हैं। बच्चों की मांग पर यहां वॉलीबॉल ट्रैक का लोकार्पण किया गया है। मां नैना देवी मंदिर के सौंदर्यीकरण हेतु 12 करोड़ रुपये की धनराशि दी जा रही है, और आवश्यकता पड़ने पर इस कार्य को आगे भी बढ़ाया जाएगा।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि इन विकास कार्यों से स्थानीय जनता और पर्यटकों को बेहतर सुविधाएं और सुगम आवागमन मिलेगा, जिससे नैनीताल का विकास और गति पकड़ेगा ।

कार्यक्रम में केंद्रीय राज्य मंत्री सड़क परिवहन, अजय टाम्टा, मंत्रीविधायक सरिता आर्य, फकीर राम आर्य, राम सिंह कैडा, दीवन सिंह विष्ट, शिव ओरोर, मण्डी परिषद उत्तराखण्ड, डॉ. अनिल कूपर डूब्बू, दर्ज राज्य मंत्री दीपक मेहरा, दिनेश आर्य, सुरेश भट्ट, शंकर कोरंगा, अविद पडियार, दया पोखरिया, मोनज जोशी, मनोज साह, नितिन कार्की सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। साथ ही कुमाऊं आयुक्त दीपक रावत, जिलाधिकारी वंदना सिंह, आईजी रिधिम अग्रवाल, एसएसपी पीएम मीणा, एडीएम विवेक राय एवं पी आर चौहान भी मौजूद थे।

शहीद भवानी दत्त जोशी की स्मृति में आयोजित मेला राजकीय मेले के रूप में मनेगाः सीएम

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने थराली के चेपड़ों गांव में अशोक चक्र विजेता शहीद भवानी दत्त जोशी की स्मृति में आयोजित शौर्य महोत्सव में प्रतिभाग किया। उन्होंने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया और शहीद स्मारक पर पुष्पांजलि अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। इस अवसर पर उन्होंने पौधारोपण भी किया।

मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि शहीद भवानी दत्त जोशी की स्मृति में आयोजित शौर्य मेले को राजकीय मेले के रूप में मनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि शहीद स्मारक के सौंदर्यीकरण के लिए धनराशि भी उपलब्ध कराई जाएगी।

मुख्यमंत्री ने शहीद भवानी दत्त जोशी को नमन करते हुए कहा कि उन्होंने ऑपरेशन ब्लू स्टार में अपना सर्वाेच्च बलिदान दिया। भारत सरकार ने उन्हें मरणोपरांत अशोक चक्र से सम्मानित किया। यह हम सबके लिए गर्व का विषय है कि हमें उनके सम्मान में आयोजित मेले में शामिल होने का अवसर मिला।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सेना का मनोबल लगातार ऊंचा हुआ है। उन्होंने हाल ही में आतंकवादियों के खिलाफ चले ऑपरेशन ‘सिंदूर’ का उल्लेख करते हुए कहा कि अब जो भी गोली आतंकियों की तरफ से चलेगी, उसका जवाब गोलों से दिया जाएगा।

थराली विधानसभा क्षेत्र में निर्माणाधीन पुल गिरने की घटना पर नाराजगी जताते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि यह घोर लापरवाही है। इसके लिए तीन इंजीनियरों को तत्काल सस्पेंड किया गया है ।

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने शहीद सतीश चंद्र के पिता महेशानंद, शहीद कृपा सिंह की पत्नी विमला देवी, शहीद हिम्मत सिंह के भाई अभय सिंह नेगी और सरोजनी कोटड़ी को सम्मानित किया।

विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खंडूड़ी भूषण ने कहा कि प्रदेश में सिर्फ इन्फ्रास्ट्रक्चर ही नहीं, नीतियों में भी बदलाव हो रहे हैं। फिर चाहे वह समान नागरिक संहिता (नबब) हो, नकल विरोधी कानून हो या महिलाओं के सशक्तिकरण के प्रयास।

इस अवसर पर राज्य मंत्री बलवीर घुनियाल, हरक सिंह नेगी, मेला अध्यक्ष बीरू जोशी, ले. कर्नल हरीश जोशी, विधायक भूपाल राम टमटा, जिलाधिकारी संदीप तिवारी, पुलिस अधीक्षक सर्वेश पंवार, सीडीओ अभिषेक त्रिपाठी, एसडीएम पंकज भट्ट सहित बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद रहे।

चारधाम यात्रा को ऋषिकेश स्थित यात्रा ट्रांजिट कैंप में किया जा रहा है पंजीकरण, मेहमानों ने सराहा

उत्तराखंड में चल रही चार धाम यात्रा में देश के विभिन्न प्रांतों के साथ ही विदेशी तीर्थयात्री भी शामिल हो रहे हैं। विदेशी तीर्थयात्रियों ने ऋषिकेश स्थित यात्रा ट्रांजिट कैम्प में उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं के लिए सरकार और यात्रा प्रशासन के प्रयासों को सराहा है।

ऋषिकेश में चारधाम यात्रा प्रशासन संगठन की ओर से यात्रा ट्रांजिट कैंप का संचालन किया जा रहा है। जिसमें यात्रियों को पंजीकरण से लेकर, स्वास्थ्य परीक्षण और निशुल्क भोजन की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। ट्रांजिट कैंप पर विदेशी तीर्थयात्रियों के पंजीकरण के लिए अलग से काउंटर बनाए गए हैं।

चार जून को ब्रिटेन के रहने वाले थॉमस चारों धामों की यात्रा के लिए पंजीकरण कराने ट्रांजिट कैंप पहुंचे। उन्होंने आसान पंजीकरण प्रक्रिया के साथ ही यात्रा मार्ग की समस्त जानकारी मिलने पर खुशी व्यक्त की।

30 मई को ताइवान के 17 लोगों का दल भी गंगोत्री-यमुनोत्री धाम के दर्शन के लिए ट्रांजिट कैंप पहुंचा। दल में कई यात्री साठ साल से अधिक उम्र के भी थे, जिन्होंने ऋषिकेश स्थित पंजीकरण केंद्र पर ही यात्रियों का स्वास्थ्य परीक्षण किए जाने को सराहा है।

इसी तरह रूस से आए राहुल और तुषार 19 मई को बद्रीनाथ धाम की यात्रा की। कनाडा से आए रितुराज कालरा और अमेरिका से आए रविंदर भट्टी ने भी बद्रीनाथ धाम की यात्रा की, उन्होंने विदेशी नागरिकों के लिए अलग से पंजीकरण केंद्र बनाए जाने की प्रशंसा करते हुए, साफ-सफाई और स्थानीय प्रशासन के व्यवहार की प्रशंसा की।

अमेरिका निवासी कुलेश करन और देविशा कुलेश करन भी गंगोत्री और बद्रीनाथ धाम की यात्रा के लिए पहुंची, उन्होंने भी यात्रा प्रशासन के प्रयासों को सराहा है।

यात्रा ट्रांजिट कैंप में अब तक 8486 विदेशी तीर्थ यात्रियों का पंजीकरण हो चुका है। चारधाम यात्रा में देश-विदेश के तीर्थ यात्री शामिल हो रहे हैं। सरकार सभी तीर्थ यात्रियों को हर संभव सुविधा और सहायता प्रदान कर रही है, ताकि यात्री देवभूमि उत्तराखंड से सुखद अनुभूति लेकर जाएं। इसके लिए यात्रा प्रशासन को हर वक्त अलर्ट मोड में रहने के निर्देश दिए गए हैं।
पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री

यात्रा ट्रांजिट कैंप ऋषिकेश
24 काउंटर के जरिए हो रहा है यात्रियों का पंजीकरण
03 शिफ्ट में दिन-रात होता है पंजीकरण
35 मोबाइल टीमें भी लगी हैं पंजीकरण में
06 पंजीकरण काउंटर आईएसबीटी ऋषिकेश में
11 हजार यात्रियों को यात्रा अस्पताल में मिला उपचार
04 काउंटर श्री गुरुद्वारा साहिब हेमकुंड, ऋषिकेश

गौरक्षा एवं गौकल्याण पर आधारित यह फिल्म गौसेवा के लिये प्रेरणा प्रदान करने में मददगार होगीः सीएम

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने धारकोट देहरादून में ‘‘गौदान की पुकार’’ फिल्म के मुहूर्त शॉट को क्लैप किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि गौरक्षा एवं गौकल्याण पर आधारित यह फिल्म गौसेवा के लिये प्रेरणा प्रदान करने में मददगार होगी। उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड फिल्म निर्माण के क्षेत्र में प्रमुख केन्द्र के रूप में अपनी पहचान बना रहा है।

इस अवसर पर फिल्म के निर्माता विनोद कुमार चौधरी, मनोज जोशी एवं उपासना सिंह समेत अन्य कलाकार उपस्थित थे।

रूद्रपुर नगर निगम को मिला सुन्दर लाल बहुगुणा प्रकृति एवं पर्यावरण संरक्षण पुरस्कार-2025

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री आवास स्थित मुख्य सेवक सदन में विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर पर्यावरण के क्षेत्र में सर्वश्रेष्ठ कार्य करने वाले लोगों को सम्मानित किया। सुन्दर लाल बहुगुणा प्रकृति एवं पर्यावरण संरक्षण पुरस्कार-2025 (सरकारी श्रेणी) में नगर निगम रूद्रपुर को सम्मानित किया गया। नगर निगम रुद्रपुर से उप नगर आयुक्त शिप्रा जोशी ने यह पुरस्कार प्राप्त किया। सुन्दर लाल बहुगुणा प्रकृति एवं पर्यावरण संरक्षण पुरस्कार-2025 (गैर सरकारी श्रेणी) में विजय जड़धारी एवं प्रताप सिंह पोखरियाल को सम्मानित किया गया। उत्तराखंड प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के जागरूकता पोस्टर का विमोचन एवं इको टूरिज्म कॉर्पाेरेशन द्वारा तैयार किए गए पोर्टल का भी मुख्यमंत्री ने लोकार्पण किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने प्लास्टिक मुक्त उत्तराखण्ड की शपथ दिलाई एवं स्कूली बच्चों को कपड़े के बैग प्रदान किये।

मुख्यमंत्री ने वन विभाग को इस वर्ष प्रदेश के प्रत्येक वन डिवीज़न में कम से कम एक हज़ार फलदार वृक्ष लगाए जाने के निर्देश दिए। जिससे जंगली जीव-जंतुओं के लिए पर्याप्त आहार मिल सके। मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों और यात्रियों से आग्रह किया कि जीव-जंतुओं को ऐसी वस्तुएँ न खिलाएँ जो उनकी सेहत के लिए हानिकारक हों। उन्होंने आह्वान किया कि जन्मदिन, विवाह की वर्षगांठ और अन्य महत्वपूर्ण अवसरों पर अवश्य पौधारोपण करें। ऐसे प्रयासों के संकल्प से ही हम पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा दे पाएंगे। मुख्यमंत्री ने सभी को विश्व पर्यावरण दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि उत्तराखंड प्राकृतिक सौंदर्य और जैव विविधता से परिपूर्ण राज्य है। घने जंगल, पवित्र नदियाँ, हिमालयी ग्लेशियर हमारे राज्य की भौगोलिक पहचान है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री के प्रयासों से भारत अक्षय ऊर्जा उत्पादन के क्षेत्र में विश्व स्तर पर आगे बढ़ रहा है। सोलर मिशन, इलेक्ट्रिक मोबिलिटी, ग्रीन हाइड्रोजन मिशन, स्वच्छ भारत मिशन, नमामि गंगे अभियान और प्लास्टिक मुक्त भारत अभियान जैसी योजनाएं पर्यावरण संरक्षण में अहम भूमिका निभा रही हैं। उन्होंने कहा राज्य सरकार, लोकपर्व हरेला को प्रकृति संरक्षण के महापर्व के रूप में बृहद स्तर पर मनाती है। प्रदेश के नौले, धारे एवं वर्षा आधारित नदियों जैसे परंपरागत जल स्रोतों के संरक्षण के लिए ’स्प्रिंग एंड रिवर रिजुविनेशन अथॉरिटी (सारा) का गठन किया है।

मुख्यमंत्री ने बताया कि बीते एक वर्ष में प्रदेश में लगभग 6,500 से अधिक जल स्रोतों के संरक्षण एवं उपचार का कार्य सफलतापूर्वक किया गया है। लगभग 3.12 मिलियन घन मीटर वर्षा जल का संचयन भी किया गया है। चारधाम यात्रा सहित विभिन्न धार्मिक, पर्यटन और अन्य अवसरों पर प्रदेश में आने वाहनों में कूड़ेदान रखना अनिवार्य किया गया है। उन्होंने कहा हाल ही में प्रदेश में आयोजित राष्ट्रीय खेलों को ‘ग्रीन गेम्स’ की थीम पर आयोजित किया गया था। इस आयोजन में सभी मेडल और पुरस्कार ई-वेस्ट सामग्री से बनाए गए और खेल किट भी रीसाइकल्ड सामग्री से तैयार किए गए।

वन मंत्री सुबोध उनियाल ने कहा कि उत्तराखंड पर्यावरण के प्रति संवेदनशील है। जिसके फलस्वरूप आज देश में कार्बन को अवशोषित करने वाले सर्वश्रेष्ठ पांच राज्यों में उत्तराखंड का नाम है। उन्होंने कहा पर्यावरण संरक्षण के लिए हमने जन सहभागिता को प्राथमिकता दी है। उन्होंने कहा उत्तराखंड आने वाले यात्रियों को पर्यावरण के प्रति जागरूक किया जा रहा है। आज राज्य में प्लास्टिक के विकल्प पर भी कार्य किया जा रहा है। प्लास्टिक के न्यूनतम इस्तेमाल हो, इसका हमें विशेष ध्यान रखना होगा।

मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन ने कहा कि विकास के साथ पर्यावरण संरक्षण भी महत्वपूर्ण है, जिसके लिए ग्रॉस एनवायरमेंट प्रोडक्ट का कांसेप्ट लाया गया है। मुख्यमंत्री के निर्देशों पर राज्य स्तर पर पर्यावरण पुरस्कार देने की शुरुआत की गई है। उन्होंने कहा पर्यावरण और जल संरक्षण का कार्य हर किसी की सामूहिक जिम्मेदारी है।

इस अवसर पर प्रमुख वन संरक्षक डॉ. धनंजय मोहन, शासन, पुलिस और वन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

सीएम ने एक पेड़ मां के नाम अभियान के तहत रोपा सीता अशोक का पौधा

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री आवास में ’’एक पेड़ मां के नाम’’ अभियान के अंतर्गत पौधारोपण किया। इस अवसर पर उन्होंने सीता अशोक का पौधा लगाया।

मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर प्रदेश की जनता से भी आह्वान किया कि वे इस पावन कार्य में सहभागी बनें और अपनी मां के प्रति श्रद्धा व्यक्त करते हुए प्रकृति की सेवा करें। यह अभियान मातृ सम्मान एवं पर्यावरण संरक्षण को समर्पित है, जिसमें प्रत्येक व्यक्ति को अपनी माता के नाम पर एक वृक्ष लगाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है।

इस अवसर पर वन एवं पर्यावरण मंत्री सुबोध उनियाल और मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन ने भी पौधारोपण किया।

माउंट एवरेस्ट विजय करने पर युवा पर्वतारोही रोहित भट्ट हुए सम्मानित

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने माउंट एवरेस्ट को विजय करने वाले युवा पर्वतारोही रोहित भट्ट को आज मुख्यमंत्री आवास में सम्मानित किया। इस अवसर पर रोहित भट्ट ने अपनी अब तक की विभिन्न पर्वतारोहण यात्राओं और अनुभवों को साझा किया।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पर्वतारोही रोहित भट्ट को एवरेस्ट पर सफलतापूर्वक आरोहण की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि रोहित भट्ट जैसे साहसी युवाओं पर उत्तराखंड को गर्व है। उन्होंने न केवल कठिन पर्वतीय चुनौती को पार किया है, बल्कि हर युवा के हृदय में आत्मविश्वास का भाव भी जगाया है।

मुख्यमंत्री के निर्देश, थराली में निर्माणाधीन पुल के क्षतिग्रस्त होने पर तीन अभियंताओं को किया निलंबित

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर जनपद चमोली के थराली में निर्माणाधीन पुल के क्षतिग्रस्त होने के मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए लोक निर्माण विभाग के 3 अभियंताओं को निलंबित कर दिया गया है। इस प्रकरण पर सचिव लोक निर्माण विभाग पंकज कुमार पांडे द्वारा थराली में क्षतिग्रस्त हुए पुल प्रकरण पर लोक निर्माण विभाग के तीन इंजीनियर को सस्पेंड कर दिया गया है।

प्रदेश में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में पारदर्शी और जवाबदेह शासन की दिशा में ठोस और निर्णायक कदम उठाए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री के स्पष्ट निर्देश है कि राज्य को भ्रष्टाचार मुक्त बनाया जाए और प्रशासन में जवाबदेही सुनिश्चित की जाये। हाल के महीनों में सरकार ने यह दिखा भी दिया है कि भ्रष्टाचार के साथ ही अपने कर्तव्यों में लापरवाही बरतने वालों के विरुद्ध कठोर कार्यवाही किये जाने पर किसी भी प्रकार की ढील नहीं दी जायेगी।

प्रत्येक अधिकारी-कर्मचारी स्वयं अपने कर्तव्य और उत्तरदायित्वों के प्रति जिम्मेदारी की भावना से कार्य करे। ईमानदारी और पूरी निष्ठा के साथ कार्य करें। उत्तराखंड को देश के अग्रणी राज्यों में शामिल करना ही सरकार का लक्ष्य है। यदि कोई अधिकारी-कर्मचारी अपने दायित्वों और कर्तव्यों के प्रति लापरवाही करता है, जनहित के कार्यों के प्रति लापरवाही करता है या भ्रष्टाचार में लिप्त पाया जाता है तो उसे बख्शा नहीं जाएगा। ऐसे लापरवाह कर्मचारियों और अधिकारियों के विरुद्ध कठोर कार्यवाही की जाएगी।