शीतकालीन यात्राः 15 हजार से अधिक तीर्थयात्रियों ने किए दर्शन

शीतकालीन चारधाम को लेकर श्रद्धालुओं में खासा उत्साह है। 30 दिसंबर तक 15314 तीर्थयात्री चार धाम दर्शन कर चुके हैं। इनमें बाबा केदारनाथ के शीतकालीन प्रवास स्थल ओंकारेश्वर मंदिर ऊखीमठ में सर्वाधिक 6482 श्रद्धालु पहुंचे हैं। जबकि पांडुकेश्वर में 5104 तीर्थयात्रियों ने भगवान बद्रीविशाल के दर्शन किए हैं। गंगोत्री धाम के प्रवास स्थल मुखबा में 3114 श्रद्धालु मां गंगा और यमुनोत्री धाम के प्रवास स्थल खरसाली में 614 तीर्थयात्री मां यमुना के दर्शन कर चुके हैं।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विगत आठ दिसंबर को पंच केदार शीतकालीन गद्दीस्थल ओंकारेश्वर मंदिर में पंच केदार शीतकालीन यात्रा का श्रीगणेश किया था। कड़ाके की ठंड और बर्फबारी के बावजूद श्रद्धालुओं में यात्रा को लेकर खासा उत्साह है। बाबा केदार एवं मद्महेश्वर भगवान की डोली शीतकाल के लिए ओंकारेश्वर मंदिर में विराजमान होती है। छह माह तक यहीं भगवान केदारनाथ और मद्महेश्वर के दर्शन होते हैं। बाबा केदार के दर्शन के लिए हर रोज सैकड़ों श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। बीते दिवस सोमवार को 518 श्रद्धालुओं ने बाबा केदार के दर्शन किए। पांडुकेश्वर में 364 तीर्थयात्रियों ने भगवान बद्रीविशाल के दर्शन किए। जबकि मुखबा में 18 और आठ यात्री खरसाली पहुंचे।

शासन प्रशासन की ओर से श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए सभी आवश्यक इंतजाम किए गए हैं। ठंड से बचाव के लिए पुख्ता व्यवस्थाएं की गई हैं।

सीएम ने किया उत्तरांचल प्रेस क्लब की नव निर्वाचित कार्यकारिणी के सदस्यों का स्वागत

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मुख्यमंत्री आवास में उत्तरांचल प्रेस क्लब की नव निर्वाचित कार्यकारिणी के सदस्यों ने भेंट की।

मुख्यमंत्री ने उत्तरांचल प्रेस क्लब की नव निर्वाचित कार्यकारिणी के सदस्यों का स्वागत किया और सभी पदाधिकारियों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि मीडिया सरकार की योजनाओं और नीतियों को जनता तक पहुँचाने में अहम भूमिका निभाती है। पत्रकारिता समाज का आईना होती है,। मीडिया सरकार की योजनाओं और नीतियों के प्रति जनता की जागरूकता बढ़ाने के साथ-साथ सरकार को जनता की समस्याओं और सुझावों से भी अवगत कराती है। लोकतंत्र के चौथे स्तंभ के रूप में मीडिया महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। उन्होंने आशा व्यक्त करते हुए कहा कि उत्तरांचल प्रेस क्लब सरकार की योजनाओं और नीतियों को नियमित रूप से आम जन तक पहुंचाने का कार्य करेगा।

इस अवसर पर उत्तरांचल प्रेस क्लब कार्यकारिणी के नव निर्वाचित अध्यक्ष भूपेंद्र कंडारी, महामंत्री सुरेंद्र डसीला, वरिष्ठ उपाध्यक्ष अभिषेक मिश्रा, कनिष्ठ उपाध्यक्ष सुलोचना पयाल, कोषाध्यक्ष अनिल चंदोला, संयुक्त सचिव अभय क़ैतूरा,सम्प्रेक्षक शिवेश शर्मा, सदस्य योगेश रतूड़ी, रमन जायसवाल,संदीप बड़ोला, असद ख़ान और किशोर रावत उपस्थित थे।

सीएम से मेजर जनरल मनोज तिवारी ने की भेंट

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मेजर जनरल मनोज तिवारी ने भेंट की। उन्होंने कहा कि अग्निवीर भर्ती में उत्तराखंड से 4500 अभ्यर्थियों का चयन किया गया है। 2000 रिक्त पदों पर भी जल्द भर्ती की जाएगी। मेजर जनरल मनोज तिवारी ने कहा कि आने वाली भर्तियों में भी राज्य से अधिक से अधिक युवा प्रतिभाग कर सकें, इसके लिए राज्य और जनपद स्तरों पर कैंप लगाए जाएंगे।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि उत्तराखंड सैनिक बहुल प्रदेश है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड में होने वाली भर्तियों में सेना को पूरा प्रशासनिक सहयोग दिया जाएगा। सेना द्वारा राज्य में जो कैंप लगाए जाएंगे, उसमें राज्य सरकार द्वारा हर संभव सहयोग दिया जाएगा।

सीएम से मिलने पहुंचे जर्मनी सांसद राहुल कंबोज

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मुख्यमंत्री आवास पर फ्रैंकफर्ट (जर्मनी) के संसद सदस्य श्री राहुल कुमार कंबोज ने भेंट की। इस अवसर पर हरिद्वार सांसद एवं पूर्व मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत भी उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री और फ्रैंकफर्ट के संसद सदस्य के बीच प्रदेश के युवाओं को कौशल विकास और रोजगार से जोड़ने के विषय पर विस्तृत चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में राज्य सरकार द्वारा कौशल विकास पर विशेष जोर दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री कौशल उन्नयन एवं वैश्विक रोजगार योजना के अंतर्गत प्रदेश के युवा जापान में रोजगार के अवसर प्राप्त कर रहे हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जर्मनी में स्किल्ड लेबर फोर्स की मांग के दृष्टिगत प्रदेश सरकार युवाओं को आधुनिक और वैश्विक मानकों के अनुरूप कौशल प्रदान करने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। राज्य सरकार द्वारा प्रदेश के युवाओं को विदेश में रोजगार से जोड़ने के लिए ठोस कदम उठाए जा रहे हैं।

इस अवसर पर फ्रैंकफर्ट सांसद सलाहकार सौरभ भगत, मुख्य सचिव राधा रतूड़ी, प्रमुख सचिव आर. के सुधांशु, सचिव विनय शंकर पांडेय, अपर सचिव सी रविशंकर, हेल्थ केयर के डायरेक्टर कपिल कुमार उपस्थित थे।

निकाय चुनाव के ठीक पहले भाजपा ने दिया कांग्रेस को झटका

क्षेत्रीय विधायक व मंत्री डॉ प्रेमचंद अग्रवाल ने कांग्रेस पार्टी से पार्षद रहे जगत सिंह नेगी तथा पार्षद प्रत्याशी रहे पुष्कर बंगवाल को भाजपा की प्राथमिक सदस्यता दिलाई।

मंत्री डॉ अग्रवाल ने कहा कि भाजपा संगठन विश्व का सबसे बड़ा राजनीतिक संगठन है। भाजपा में प्रत्येक कार्यकर्ता का सम्मान होता है, जो अन्य संगठन में नहीं है।

डॉ अग्रवाल ने कहा कि भाजपा में संयम और धैर्य रखने वाले कार्यकर्ता को मान मिलता है। आज हर वर्ग का व्यक्ति भाजपा संगठन से जुड़ना चाहता है।

इस दौरान जिलाध्यक्ष रविंद्र राणा ने भाजपा संगठन में स्वागत करते हुए कहा कि जगत सिंह और पुष्कर बंगवाल के आने से पार्टी को फायदा होगा।

इस अवसर पर कांग्रेस के निवर्तमान पार्षद जगत सिंह नेगी और पुष्कर बंगवाल ने कहा कि कांग्रेस में कभी उन्हें सम्मान नहीं मिला। उनके विचारों और सुझावों की कांग्रेस पार्टी ने कभी कदर नहीं की। कहा कि भाजपा के रीति और अनुशासन से प्रभावित होकर आए हैं।

इस अवसर पर जिला अध्यक्ष भाजपा रविंद्र राणा व जिला उपाध्यक्ष मनोज ध्यानी भी उपस्थित रहे।

गणतंत्र दिवस परेड-2025 के लिये उत्तराखण्ड की साहसिक खेल पर आधारित झांकी का किया गया चयन

गणतंत्र दिवस परेड-2025 के लिये नई दिल्ली में कर्तव्य पथ पर प्रदर्शित की जाने वाली झांकी में उत्तराखण्ड राज्य ‘‘साहसिक खेल‘‘ (एडवेन्चर स्पोर्ट्स) का भारत सरकार द्वारा अन्तिम चयन कर लिया गया है। यह जानकारी देते हुए महानिदेशक सूचना, बंशीधर तिवारी ने बताया कि माह अक्टूबर, 2024 में रक्षा मंत्रालय, भारत सरकार के अधीन गठित विशेषज्ञ समिति को कुल 34 राज्यों एवं केन्द्र शासित प्रदेशों ने अपने-अपने प्रस्ताव भेजे थे, विभिन्न बैठकों में नोडल अधिकारी तथा संयुक्त निदेशक, सूचना, के.एस. चौहान ने विशेषज्ञ समिति के सम्मुख उत्तराखण्ड राज्य की झांकी के डिजायन, मॉडल तथा संगीत का प्रस्तुतीकरण किया था। भारत सरकार द्वारा अपने पत्र दिनांक 21 दिसम्बर, 2024 के माध्यम से उत्तराखण्ड राज्य की झांकी के डिजायन, मॉडल तथा संगीत को उत्कृष्ट पाये जाने के उपरान्त अन्तिम चयन कर लिया गया है।

इस बार उत्तराखण्ड राज्य सहित कुल 15 प्रदेशों की झांकी का गणतंत्र दिवस परेड के लिये अन्तिम चयन हुआ है, जिसमें आन्ध्र प्रदेश, बिहार, गोवा, गुजरात, हरियाणा, झारखण्ड, कर्नाटका, मध्य प्रदेश, पंजाब, त्रिपुरा, उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल सहित चण्डीगढ़ सहित दादर नागर हवेली एवं दमन व दीव केन्द्र शासित प्रदेश का चयन किया गया है।

उत्तराखण्ड राज्य की झांकी में इस बार झांकी के अग्र भाग में प्रसिद्ध ऐपण आर्ट को बनाते हुए उत्तराखंडी परिधान में महिला को दिखाया गया है तथा झांकी के मध्य व पिछले भाग में साहसिक खेलों जैसे रॉक क्लाइम्बिंग, पैराग्लाइडिंग, बन्जी जम्पिंग, हिल साइकलिंग, ट्रैकिंग, रिवर राफ्टिंग, औली में स्कीइंग और ऋषिकेश में जिप-लाइनिंग और रॉक क्लाइम्बिंग को दिखाया गया है। इस बार गणतंत्र दिवस परेड में उत्तराखण्ड राज्य की झांकी आकर्षण का केन्द्र रहेगी।

गौरतलब है कि वर्ष 2003 से 2023 तक उत्तराखण्ड राज्य द्वारा निम्नलिखित झांकियों का प्रदर्शन कर्तव्य पथ पर किया गया हैरू-
1. वर्ष 2003 – फूलदेई
2. वर्ष 2005 – नंदा राजजात
3. वर्ष 2006 – फूलों की घाटी
4. वर्ष 2007 – कार्बेट नेशनल पार्क
5. वर्ष 2009 – साहसिक पर्यटन
6. वर्ष 2010 – कुम्भ मेला हरिद्वार
7. वर्ष 2014 – जड़ी बूटी
8. वर्ष 2015 – केदारनाथ
9. वर्ष 2016 – रम्माण
10. वर्ष 2018 – ग्रामीण पर्यटन
11. वर्ष 2019 – अनाशक्ति आश्रम (कौसानी प्रवास एवं अनाशक्ति)
12. वर्ष 2021 – केदारखण्ड (तृतीय स्थान प्राप्त)
13. वर्ष 2022 – प्रगति की ओर बढ़ता उत्तराखण्ड
14. वर्ष 2023 – मानसखण्ड (प्रथम स्थान प्राप्त)

इसके अतिरिक्त 2024 में भारत पर्व के लिये विकसित उत्तराखण्ड झांकी का प्रदर्शन लाल किले पर किया गया था।

’’यह हमारे राज्य के लिए गर्व का विषय है कि गणतंत्र दिवस परेड के लिए उत्तराखंड की झांकी का चयन हुआ है। इस बार झांकी में उत्तराखंड की पहचान, प्राकृतिक सौंदर्य और एडवेंचर स्पोर्ट्स की संभावनाओं को प्रदर्शित किया जाएगा। हमारा राज्य न केवल अपने आध्यात्मिक और प्राकृतिक महत्व के लिए जाना जाता है, बल्कि यह साहसिक खेलों के क्षेत्र में भी अग्रणी है।

मैं झांकी के निर्माण में जुड़े सभी कलाकारों और अधिकारियों को बधाई देता हूं। हम इस झांकी के माध्यम से उत्तराखंड को पर्यटन और एडवेंचर स्पोर्ट्स के प्रमुख केंद्र के रूप में स्थापित करने की दिशा में और मजबूती से कदम बढ़ाएंगे।’’
– पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री उत्तराखंड

हर पीड़ित परिवार के साथ इस दुख की घड़ी में खड़ी है सरकारः सीएम

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी एक दिवसीय कार्यक्रम हेतु हल्द्वानी पहुंचे। सर्वप्रथम उन्होंने डॉ. सुशीला तिवारी अस्पताल में जाकर बीते रोज भीमताल में हुए बस दुर्घटना में घायलों से मुलाकात की। इस दौरान अस्पताल प्रशासन को बेहतर उपचार देने के निर्देश दिए। साथ ही कुमाऊं कमिश्नर दीपक रावत को सड़क हादसों को रोकने के लिए पर्वतीय क्षेत्रों में सघन चेकिंग अभियान चलाने के निर्देश भी दिए।

बृहस्पतिवार को अपने प्रस्तावित कार्यक्रम में हल्द्वानी पहुंचे मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी सबसे पहले सुशीला तिवारी अस्पताल पहुंचे। जहां उन्होंने बुधवार को भीमताल में बस दुर्घटना में घायलों से मुलाकात की। उन्होंने कहा कि घायलों की हर संभव मदद की जाएगी। उन्होंने घायलों के परिजनों से भी मुलाकात की साथ ही उन्होंने गंभीर रूप से घायल लोगों को आवश्यकता अनुसार हायर सेंटर रेफर करने के भी निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि ऐसे सड़क हादसों को रोकने के लिए अन्य राज्यों से आ रही गाड़ियों के लाइसेंस की जांच और अन्य दस्तावेज की जांच संघन चेंकिंग अभियान चलाया जाएगा। साथ ही यातायात को नियंत्रण करने के लिए कुमाऊं आयुक्त दीपक रावत को जिम्मेदारी दी गई है।

गौरतलब है कि बस हादसे में 5 लोगों की मौत और गंभीर रूप से दो घायलों को एम्स ऋषिकेश हेली एम्बुलेंस के जरिए शिफ्ट किया गया। जबकि अन्य घायलों का इलाज एसटीएच में किया जा रहा है। बस दुर्घटना में मृतकों के परिजनों को 10 लाख रुपए की सहायता राशि दी जाएगी। इसमें उत्तराखंड परिवहन निगम द्वारा ₹5 लाख जबकि सड़क सुरक्षा निधि से 2 लाख और मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष से 3 लाख रुपए दिए जाएंगे। साथ ही गंभीर रूप से घायल व्यक्तियों को ₹3 लाख एवं सामान्य रूप से घायल व्यक्तियों को ₹15- ₹25 हजार दिए जाएंगे।

लेखक गांव में पूर्व पीएम अटल जी की मूर्ति का हुआ अनावरण, 72 फीट ऊंचा नेशनल फ्लैग हुआ स्थापित

पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न स्व. अटल बिहारी वाजपेयी की जन्म शताब्दी के अवसर पर थानो स्थित लेखक गांव में हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल एवं उत्तराखण्ड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने स्व. अटल बिहारी वाजपेयी की मूर्ति का अनावरण किया। इस अवसर पर उन्होंने लेखक गांव में नालंदा पुस्तकालय एवं अनुसंधान केन्द्र का उद्घाटन और 72 फीट ऊँचा राष्ट्रीय ध्वज स्तम्भ स्थापित किया।

हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेयी की जयंती के अवसर पर लेखक गांव में अटल की मूर्ति के अनावरण और उनकी स्मृति पर आधारित व्याख्यानमाला का आयोजन कराना एक सराहनीय पहल है। ऐसे आयोजन से अटल जी द्वारा देश के लिए विभिन्न क्षेत्रों में दिये गये योगदान को आने वाली पीढ़ियों को बहुत कुछ सीखने को मिलेगा। उन्होंने कहा कि अटल जी विराट व्यक्तित्व के धनी थे। राष्ट्रहित में उनके द्वारा शुरू किये गये कार्यों को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी आगे बढ़ा रहे हैं। अटल जी संयुक्त राष्ट्र संघ में हिन्दी में भाषण देने वाले पहले प्रधानमंत्री थे। उन्होंने आशा व्यक्त की कि लेखक गांव में अटल जी की स्मृति पर आधारित व्याख्यानमाला से लोगों को उनके जीवन के अनेक पहलुओं को जानने का अवसर मिलेगा।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न स्व. अटल बिहारी वाजपेयी जी की जन्म जयंती के अवसर पर उनका स्मरण किया। उन्होंने कहा कि एक कवि, वक्ता और देश के प्रधानमंत्री के रूप में अटल जी के कार्यों, विचारों और दूरदर्शिता ने देश को हमेशा एक नई दिशा देने का काम किया। वे देश में समानता और सामाजिक समरसता सुनिश्चित करने के प्रति सदा समर्पित रहे। अटल जी जब भारत के प्रधानमंत्री थे, उनके नेतृत्व वाली सरकार ने ही उत्तराखंड की स्थापना कर हमारे सपनों को साकार करने का काम किया। यह हम सभी के लिए गर्व का विषय है कि आज अटल जी की जयंती पर लेखक गांव में उनकी भव्य मूर्ति का अनावरण किया गया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि अटल जी का कवि, लेखक और विचारक के रूप में भी महत्वपूर्ण योगदान रहा। “लेखक गांव“ देशप्रेम, साहित्य सृजन और शिक्षा के प्रति स्व. अटल जी की प्रतिबद्धता को आगे बढ़ाने का एक गंभीर प्रयास लगता है। लेखक गांव, शांत वातावरण और प्राकृतिक सौंदर्य के कारण साहित्य और कला के साधकों के लिए प्रेरणा का स्रोत बन गया है। उन्होंने इसके लिए पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमेश पोखरियाल ‘निशंक’ का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि लेखक गांव अतीत की गूंज, वर्तमान की ऊर्जा और भविष्य की संभावनाओं को एक मंच पर लाने का एक प्रमुख माध्यम बनकर उभर रहा है। आज यहां अटल बिहारी वाजपेयी स्मृति व्याख्यान माला का शुभारंभ हो रहा है, जो निश्चित रूप से विचारों, संवादों और चिंतन के आदान-प्रदान का एक महत्वपूर्ण मंच साबित होगा।

पूर्व मुख्यमंत्री और पूर्व केन्द्रीय मंत्री डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक ने कहा कि लेखक गांव की संकल्पना के प्रेरणा स्रोत पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेयी जी हैं। उनका साहित्य और साहित्यकारों के प्रति विशेष लगाव था। उनकी सोच थी कि साहित्य क्षेत्र से जुड़े लोगों के हित में कार्य हों।

इस अवसर पर पद्म भूषण रजत शर्मा ने अटल बिहारी वाजपेयी स्मृति पर आधारित व्याख्यानमाला में उनके जीवन से जुड़े अनेक संस्मरण सुनाये।

इस अवसर पर मुख्य कार्याधिकारी फ्लैग फाउंडेशन ऑफ इंडिया मे.ज. अशीम कोहली (से.नि), निदेशक स्पर्श हिमालय फाउण्डेशन विदुषी निशंक, साहित्यकार डॉ. अरूण शर्मा, डॉ. सविता मोहन एवं साहित्य से जुड़े अन्य लोग उपस्थित थे।

भीमताल बस दुर्घटना में मृतकों के परिजनों को मिलेंगे 10 लाख

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भीमताल के ओखल में हुई बस दुर्घटना के मृतकों के परिजनों और घायलों को राहत राशि प्रदान करने के निर्देश दिए हैं। बस दुर्घटना में मृतकों के परिजनों को 10 लाख रुपए की सहायता राशि दी जाएगी। इसमें उत्तराखंड परिवहन निगम द्वारा ₹5 लाख जबकि सड़क सुरक्षा निधि से 2 लाख और मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष से 3 लाख रुपए दिए जाएंगे। इसी प्रकार गंभीर रूप से घायल व्यक्तियों को ₹3 लाख एवं सामान्य रूप से घायल व्यक्तियों को ₹15-₹25 हजार दिए जाएंगे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि बस दुर्घटना के मृतकों के परिजनों और घायलों को राहत राशि के साथ ही सरकार के स्तर से उन्हें हर संभव मदद प्रदान की जाएगी। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को गंभीर रूप से घायल लोगों को आवश्यकता अनुसार हायर सेंटर रेफर करने के भी निर्देश दिए।

केंद्रीय गृह मंत्री ने किया राज्य में तीन नए आपराधिक कानूनों के क्रियान्वयन में प्रगति पर संतोष

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने आज तीन नए आपराधिक कानूनों – भारतीय न्याय संहिता-2023, भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता-2023, और भारतीय साक्ष्य अधिनियम-2023 के उत्तराखंड राज्य में क्रियान्वयन में की गई प्रगति पर संतोष व्यक्त किया। उन्होंने विशेष रूप से राज्य सरकार द्वारा किए गए कार्यों और त्वरित क्रियान्वयन की प्रशंसा की। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह आज नई दिल्ली में आयोजित बैठक में तीन नए आपराधिक कानूनों के उत्तराखंड में क्रियान्वयन की समीक्षा कर रहे थे।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बैठक में बताया कि उत्तराखंड राज्य में तकनीकी एकीकरण जैसे कि ई-साक्ष्य, ई-कोर्ट और ई-समन का सफल एकीकरण किया गया है। इन प्रौद्योगिकियों के प्रभावी उपयोग ने न्याय प्रणाली को तेज, पारदर्शी, और प्रभावी बनाया है।

मेडलीप्र (MedLEaPR) के माध्यम से चिकित्सा और कानूनी प्रक्रियाओं के बीच तालमेल बनाया गया है। मुकदमों के निस्तारण में प्रगति की जानकारी देते हुए बताया गया कि अदालतों द्वारा मामलों के शीघ्र निस्तारण में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया गया है। 41% मामलों का निपटान और दोषसिद्धि दर प्रभावी न्याय प्रणाली का प्रमाण है।

कानूनों के सफल क्रियान्वयन के लिए प्रशिक्षण और जनशक्ति विकास के अंतर्गत 23,000 से अधिक पुलिस कर्मियों और अभियोजकों का सफल प्रशिक्षण किया गया है। उत्तराखंड हिंदी भाषा में एआई (Artificial Intelligence) आधारित कोर्स तैयार करने वाला पहला राज्य है। नए तीन कानूनों के संबंध में जन जागरूकता अभियान संचालित किए गए है।सामाजिक सहभागिता को बढ़ावा देने के लिए नुक्कड़ नाटक, चौपाल, और सेमिनार जैसे कार्यक्रम आयोजित किए गए।

केंद्रीय गृह मंत्री ने राज्य सरकार को ऑनलाइन तंत्र के क्रियान्वयन से हुई लागत में बचत का मूल्यांकन करने का निर्देश दिया। उन्होंने राज्य में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग (VC) सुविधाओं की संख्या बढ़ाने का भी सुझाव दिया, ताकि दूरस्थ क्षेत्रों में न्याय प्रक्रिया को और सुलभ बनाया जा सके।

बैठक के दौरान उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने तीन नए कानूनों के क्रियान्वयन के लिए आवश्यक बुनियादी ढांचे के विकास में भारत सरकार से समर्थन का अनुरोध किया। गृह मंत्री ने इस अनुरोध को स्वीकार करते हुए राज्य को हरसंभव सहायता का आश्वासन दिया।

समीक्षा बैठक में भारत सरकार के गृह सचिव के साथ ही उत्तराखंड सरकार के मुख्य सचिव, प्रमुख सचिव (कानून), सचिव (गृह), पुलिस महानिदेशक, उपमहानिरीक्षक उपस्थित थे। बैठक में महानिदेशक बीपीआरएनडी (Bureau of Police Research and Development), गृह मंत्रालय और राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र (NIC) के अधिकारी भी मौजूद थे।