नीति घाटी का जागरण सीमांत स्वाभिमान की नई इबारत: धामी

सीमांत जनपद चमोली की सुरम्य एवं सामरिक दृष्टि से महत्वपूर्ण नीति घाटी में 31 मई से 2 जून तक आयोजित हो रहे ‘नीति एक्सट्रीम अल्ट्रा रन’ के अंतर्गत विभिन्न स्पर्धाओं के विजेताओं को सम्मानित करते हुए पुरस्कार वितरण समारोह आयोजित किया गया।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने वर्चुअल माध्यम से समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में संचालित वाइब्रेंट विलेज कार्यक्रम के तहत आयोजित यह आयोजन सीमांत क्षेत्रों में पर्यटन, रोजगार और स्थानीय अर्थव्यवस्था को नई मजबूती प्रदान करेगा।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में सीमांत गांवों को “देश का पहला गांव” मानते हुए उन्हें विकास की मुख्यधारा से जोड़ते हुए ‘नीति एक्सट्रीम अल्ट्रा रन’ जैसे आयोजन उनका जीवंत उदाहरण है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि वाइब्रेंट विलेज योजना के माध्यम से सीमांत क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं का विस्तार होने के साथ रिवर्स माइग्रेशन को भी प्रोत्साहन मिल रहा है। उन्होंने बताया कि नीति क्षेत्र में होम स्टे की संख्या 35 से बढ़कर 450 से अधिक हो चुकी है, जो इस क्षेत्र में पर्यटन की बढ़ती संभावनाओं का प्रमाण है।

उन्होंने कहा कि 11 हजार फीट की ऊंचाई पर आयोजित यह अल्ट्रा रन युवाओं के अदम्य साहस, ऊर्जा और आत्मविश्वास का प्रतीक बनकर उभरा है। “नीति घाटी का यह जागरण केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि सीमांत क्षेत्रों के स्वाभिमान, स्वावलंबन और नए विश्वास की नई इबारत है।

उन्होनें कहा यह अभियान यहीं नहीं रुकेगा, बल्कि उत्तराखंड की हर सीमांत घाटी तक पहुंचेगा।” मुख्यमंत्री ने आयोजन की सफलता पर सभी आयोजकों, भारतीय सेना, आईटीबीपी तथा स्थानीय जनता को शुभकामनाएं दीं।

पर्यटन विभाग द्वारा भारतीय सेना एवं आईटीबीपी के सहयोग से आयोजित इस अनूठे आयोजन में देश के 27 राज्यों से आए 1200 से अधिक प्रतिभागी हिस्सा ले रहे हैं। तीन दिवसीय इस आयोजन का उद्देश्य सीमांत क्षेत्रों में पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा देना, स्थानीय संस्कृति को राष्ट्रीय पहचान दिलाना तथा युवाओं में फिटनेस के प्रति जागरूकता बढ़ाना है।

‘नीति एक्सट्रीम अल्ट्रा रन’ के अंतर्गत 5, 10, 21, 42 एवं 75 किलोमीटर की विभिन्न स्पर्धाओं में प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। मलारी गांव में आयोजित पुरस्कार वितरण समारोह में पर्यटन सचिव धीराज गर्ब्याल सहित अन्य अतिथियों ने विजेताओं को पुरुष्कार धनराशि एवं स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया।

प्रतियोगिताओं के प्रमुख परिणाम:

05 किलोमीटर (18 वर्ष से कम आयु वर्ग) पुरुष वर्ग में हर्षित यादव प्रथम, आयुष कुमार द्वितीय एवं शिवम भुजवान तृतीय रहे। महिला वर्ग में रेखा प्रथम, भावना रावत द्वितीय एवं राधिका तृतीय स्थान पर रहीं।

05 किलोमीटर ओपन वर्ग के पुरुष वर्ग में प्रकाश भट्ट प्रथम, मोहम्मद अशरफ द्वितीय एवं मोहम्मद क्वासम तृतीय रहे। महिला वर्ग में अर्पिता सैनी प्रथम, वाई. तिमनाह द्वितीय एवं अनिता चौहान तृतीय रहीं।

10 किलोमीटर ओपन वर्ग के पुरुष वर्ग में सुरेंद्र सिंह प्रथम, मन्नू सिंह द्वितीय एवं सजन पंवार तृतीय रहे। महिला वर्ग में पूजा बिष्ट प्रथम, निशा नेगी द्वितीय एवं ईशा बर्त्वाल तृतीय रहीं।

10 किलोमीटर 60+ आयु वर्ग में दलबीर सिंह प्रथम, गोविंद कुमार राणा द्वितीय एवं सतीश चंद चौहान तृतीय रहे।

21 किलोमीटर ओपन वर्ग में लोकेश कुमार प्रथम, दीपक रावत द्वितीय एवं कुलदीप नेगी तृतीय रहे। महिला वर्ग में प्रिया प्रथम, निकिता खोलिया द्वितीय एवं आयुषी कनवाल तृतीय रहीं।

21 किलोमीटर 50+ आयु वर्ग में दीपेश जोशी प्रथम, नंदन सिंह द्वितीय एवं पवन तृतीय रहे। महिला वर्ग में अनुदा तमांग प्रथम, अंजू कुटियाल द्वितीय एवं इंदिरा दीवान तृतीय रहीं।

42 किलोमीटर ओपन वर्ग में यश राज प्रथम, सत्यम द्वितीय एवं महेंद्र सिंह बिष्ट तृतीय रहे। महिला वर्ग में दिया प्रथम, अर्पिता सैनी द्वितीय एवं अंजू तृतीय रहीं।

42 किलोमीटर 40+ आयु वर्ग में सतपाल प्रथम, महेश यादव द्वितीय एवं कलम सिंह बिष्ट तृतीय रहे। महिला वर्ग में मीना कंडारी प्रथम, सुष्मिता राय द्वितीय एवं शांति राय तृतीय रहीं।

42 किलोमीटर 60+ आयु वर्ग में थॉमस प्रथम, मुकेश राणा द्वितीय एवं सतीश चंद्रा तृतीय रहे।

75 किलोमीटर ओपन वर्ग में दिगंबर सिंह प्रथम, अर्जुन प्रधान द्वितीय एवं विजय सिंह तृतीय रहे। महिला वर्ग में मीनाक्षी प्रथम, मीना कुमारी सुब्बा द्वितीय एवं फलेश्वरी रजवाड़े तृतीय रहीं।

75 किलोमीटर 50+ आयु वर्ग में चरण सिंह प्रथम, किशन बढ़वार द्वितीय एवं रतन सिंह सोनल तृतीय रहे। महिला वर्ग में आशा सिंह प्रथम एवं कशीरसगरा रमसमिता द्वितीय रहीं।

75 किलोमीटर 60+ आयु वर्ग में कृष्णा तमांग प्रथम, महिपाल सिंह द्वितीय एवं शिवेंद्र सिंह बिष्ट तृतीय रहे।

इस महाआयोजन में राष्ट्रीय स्तर पर व्यापक भागीदारी देखने को मिली। देश के 27 राज्यों से आए 1200 से अधिक प्रतिभागियों ने सीमांत क्षेत्र में आयोजित इस आयोजन को राष्ट्रीय पहचान दिलाई।

श्रेणीवार प्रतियोगिताओं में 75 किलोमीटर अल्ट्रा रन में 160 प्रतिभागी, 42 किलोमीटर मैराथन में 155 प्रतिभागी, 21 किलोमीटर हाफ मैराथन में 215 प्रतिभागी, 10 किलोमीटर शॉर्ट रन में 210 प्रतिभागी तथा 5 किलोमीटर फन रन में 260 प्रतिभागियों ने भाग लिया। कुल मिलाकर 1100 से अधिक प्रतिभागियों ने विभिन्न दौड़ स्पर्धाओं में प्रतिभाग किया।

2 जून, आयोजन के अंतिम दिन में गमसाली से मलारी के मध्य 30 किलोमीटर एमटीबी चैलेंज प्रतियोगिता आयोजित की जाएगी, जिसमें 100 से अधिक प्रतिभागी हिस्सा लेंगे।

इस दौरान स्थानीय जनप्रतिनिधियों सहित भारतीय सेना, आईटीबीपी, चिकित्सा विभाग, पर्यटन विभाग सहित अन्य विभागों के अधिकारी व बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।

सचिव आवास ने किया नैनीताल में विभिन्न विकास एवं सौंदर्यीकरण कार्यों का स्थलीय निरीक्षण

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के दिशा-निर्देशों में नैनीताल जिले में झीलों के संरक्षण, पर्यटन सुविधाओं के विस्तार और यातायात व्यवस्था को मजबूत बनाने की दिशा में बड़े कदम उठाए जा रहे हैं। इसी क्रम में आवास एवं राज्य सम्पत्ति विभाग के सचिव डॉ. आर. राजेश कुमार ने शनिवार को विभिन्न विकास परियोजनाओं का स्थलीय निरीक्षण कर प्रगति की समीक्षा की।

सचिव आवास एवं राज्य सम्पत्ति विभाग के डॉ आर राजेश कुमार द्वारा जनपद नैनीताल में विभिन्न विकास एवं सौंदर्यीकरण कार्यों का स्थलीय निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान झीलों के पुनर्विकास, पर्यटन सुविधाओं के विस्तार एवं यातायात व्यवस्था को सुदृढ़ करने हेतु संचालित एवं प्रस्तावित परियोजनाओं की प्रगति का विस्तृत अवलोकन किया गया।

भीमताल झील के सौंदर्यीकरण हेतु व्यापक कार्ययोजना

भीमताल झील के पुनर्विकास एवं सौंदर्यीकरण हेतु लगभग ₹25.67 करोड़ की डीपीआर तैयार की गई है। इस योजना के अंतर्गत झील के आसपास स्थित प्रमुख पार्कों का पुनर्विकास, दीनदयाल पार्क के समीप बोटिंग डॉक का विकास, झील किनारे 4210 मीटर लंबा कॉबल स्टोन पैदल मार्ग, उद्यानों का सौंदर्यीकरण, पार्किंग व्यवस्था में सुधार, सोलर स्ट्रीट लाइटिंग एवं स्ट्रीट फर्नीचर की स्थापना जैसे कार्य प्रस्तावित हैं। निरीक्षण के दौरान सचिव द्वारा इन सभी कार्यों को प्रस्तावित मानकों के अनुरूप शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए गए।

नौकुचियाताल में पर्यटन सुविधाओं का विस्तार

नौकुचियाताल झील के सौंदर्यीकरण हेतु लगभग ₹20.97 करोड़ की योजना के अंतर्गत बोटिंग स्टैंड, प्रतीक्षालय एवं टिकट काउंटर, पार्किंग सुविधा, फ्लोटिंग जेट्टी, 2089 मीटर लंबा पैदल मार्ग, गज़ीबो निर्माण, व्यूपॉइंट्स, लैंडस्केपिंग एवं सोलर लाइटिंग जैसी सुविधाओं का विकास प्रस्तावित है। निरीक्षण के दौरान इन कार्यों को भी निर्धारित समयसीमा में गुणवत्ता के साथ पूर्ण करने के निर्देश दिए गए।

कमलताल क्षेत्र में आधुनिक सुविधाओं का विकास
कमलताल क्षेत्र में ओपन शॉपिंग सेंटर (प्लाज़ा), 50 मीटर लंबा पैदल पुल, 100 मीटर पैदल मार्ग, पार्किंग व्यवस्था, सोलर लाइटिंग एवं लैंडस्केपिंग जैसे कार्य प्रस्तावित हैं। यह क्षेत्र भविष्य में एक प्रमुख पर्यटन आकर्षण के रूप में विकसित किया जाएगा।

भवाली में मल्टीलेवल पार्किंग एवं कॉम्प्लेक्स निर्माण

भवाली में लकड़ी टाल क्षेत्र में मल्टीलेवल कार पार्किंग एवं व्यावसायिक कॉम्प्लेक्स का निर्माण कार्य प्रगति पर है। इस परियोजना में बेसमेंट में पार्किंग तथा भूतल एवं प्रथम तल पर लगभग 40 दुकानों का निर्माण प्रस्तावित है। कार्य की प्रगति लगभग 96 प्रतिशत पूर्ण हो चुकी है और पूर्ण होने पर यहां 124 वाहनों के लिए पार्किंग सुविधा उपलब्ध होगी। अधिकारियों को शेष कार्य शीघ्र पूर्ण कर संचालन प्रारंभ करने के निर्देश दिए गए।

नैनीताल के मल्लीताल क्षेत्र में सरोवर पार्किंग निर्माण हेतु लगभग ₹42.77 करोड़ की परियोजना स्वीकृत है, जिसके अंतर्गत 605 चार पहिया एवं 202 दो पहिया वाहनों के लिए पार्किंग सुविधा विकसित की जाएगी। इसके अतिरिक्त नैनीताल क्लब के समीप नगर पालिका भूमि पर ऑटोमेटेड पार्किंग हेतु ₹30.43 करोड़ की परियोजना प्रस्तावित है, जिससे 202 चार पहिया एवं 96 दो पहिया वाहनों के लिए पार्किंग सुविधा उपलब्ध होगी।

लंबित कार्यों में तेजी लाने के निर्देश

निरीक्षण के दौरान सचिव द्वारा अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि सभी निर्माण कार्यों को गुणवत्ता एवं निर्धारित समयसीमा के अनुरूप पूर्ण किया जाए।
जहां कार्य प्रारंभ नहीं हुए हैं, वहां शीघ्र कार्य प्रारंभ करने तथा आवश्यकता होने पर संबंधित कार्यदायी संस्थाओं में परिवर्तन करने के भी निर्देश दिए गए।

अशोक पार्किंग स्थल के उपयोग पर निर्देश

नैनीताल-हल्द्वानी मार्ग स्थित अशोक पार्किंग स्थल का निरीक्षण करते हुए निर्देशित किया गया कि पूर्व में स्वीकृत धनराशि का उपयोग करते हुए पार्किंग निर्माण हेतु आवश्यक कार्रवाई शीघ्र सुनिश्चित की जाए, ताकि यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाया जा सके।

पर्यटन और यातायात सुधार की दिशा में बड़ा कदम

यह निरीक्षण जनपद नैनीताल में पर्यटन विकास, झीलों के संरक्षण एवं यातायात प्रबंधन को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। इन परियोजनाओं के पूर्ण होने से न केवल स्थानीय नागरिकों को सुविधा मिलेगी, बल्कि पर्यटकों के लिए भी बेहतर अनुभव सुनिश्चित होगा।

स्थल निरीक्षण के दौरान सचिव, जिला स्तरीय विकास प्राधिकरण, विजयनाथ शुक्ल, प्रोजेक्ट मैनेजर, उत्तराखंड पेयजल संसाधन विकास एवं निर्माण निगम, संदीप सिंह रावत, प्रोजेक्ट मैनेजर, उत्तराखंड पेयजल संसाधन विकास एवं निर्माण निगम, दिवाकर बडोनी, अधिशासी अभियंता, ग्रामीण निर्माण विभाग, नैनीताल, कमलेश जोशी, प्रोजेक्ट सेल ऑफिसर, जिला स्तरीय विकास प्राधिकरण, नैनीताल, अनिल कुमार तड़ागी, सहायक अभियंता, जिला स्तरीय विकास प्राधिकरण, नैनीताल, शिवम धीमान, अभिषेक कुमार तथा अवर अभियंता, अभिषेक कुमार सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।

डिजिटल इंडिया और आत्मनिर्भर भारत जैसे अभियानों ने भारत की विकास यात्रा को नई गति प्रदान कीः धामी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शिवालिक कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग, देहरादून में विकसित भारत 2047 के निर्माण में उच्च शिक्षा का महत्त्व विषय पर आयोजित विचार गोष्ठी को संबोधित करते हुए कहा कि उच्च शिक्षा केवल ज्ञान अर्जन का माध्यम नहीं, बल्कि विकसित, आत्मनिर्भर और समृद्ध भारत के निर्माण की आधारशिला है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में शिक्षा, नवाचार, अनुसंधान और कौशल विकास के क्षेत्र में अभूतपूर्व परिवर्तन हुए हैं, जो भारत को वर्ष 2047 तक विकसित राष्ट्र बनाने के संकल्प को साकार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति- 2020 भारतीय शिक्षा प्रणाली के प्राचीन गौरव को पुनर्स्थापित करने की दिशा में एक ऐतिहासिक पहल है। यह नीति विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास, नवाचार, अनुसंधान एवं व्यावहारिक कौशल को बढ़ावा देने के साथ उन्हें भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार कर रही है। उन्होंने कहा कि उच्च शिक्षण संस्थानों को केवल शिक्षण केंद्र नहीं, बल्कि ज्ञान, अनुसंधान और नवाचार के उत्कृष्ट केंद्रों के रूप में विकसित किया जाना चाहिए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश आज विश्व का प्रमुख स्टार्टअप हब बन रहा है तथा डिजिटल इंडिया और आत्मनिर्भर भारत जैसे अभियानों ने भारत की विकास यात्रा को नई गति प्रदान की है। उन्होंने कहा कि आज भारत विज्ञान, प्रौद्योगिकी, रक्षा, अंतरिक्ष, स्वास्थ्य और शिक्षा सहित विभिन्न क्षेत्रों में वैश्विक स्तर पर अपनी सशक्त पहचान बना रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड शिक्षा, ज्ञान और अध्यात्म की समृद्ध परंपरा का केंद्र रहा है। राज्य सरकार शिक्षा में नवाचार, डिजिटल लर्निंग और भारतीय मूल्यों पर आधारित शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। राज्य में स्मार्ट क्लासरूम, डिजिटल लाइब्रेरी, ऑनलाइन शिक्षण सुविधाओं के विस्तार के साथ ही आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, मशीन लर्निंग और डेटा साइंस जैसे आधुनिक विषयों को बढ़ावा दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि दून विश्वविद्यालय में स्थापित सेंटर फॉर हिंदू स्टडीज भारतीय ज्ञान परंपरा के अध्ययन और अनुसंधान को नई दिशा देगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि बदलते वैश्विक परिदृश्य में युवाओं को भविष्य के अनुरूप कौशल, नवाचार और नेतृत्व क्षमता से युक्त बनाना आवश्यक है। इसके लिए राज्य सरकार उद्योगों एवं शैक्षणिक संस्थानों के बीच समन्वय, इंटर्नशिप, इंडस्ट्री-लिंक्ड पाठ्यक्रमों तथा स्टार्टअप एवं इन्क्यूबेशन सेंटरों को प्रोत्साहित कर रही है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य युवाओं को केवल रोजगार तलाशने वाला नहीं, बल्कि रोजगार सृजित करने वाला बनाना है।

मुख्यमंत्री ने उपस्थित शिक्षाविदों, विशेषज्ञों एवं प्रबुद्धजनों का आह्वान करते हुए कहा कि वे अपने ज्ञान और अनुभव को विकसित भारत 2047 के संकल्प को साकार करने में सक्रिय भूमिका निभाएं।

इस अवसर पर भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन, राज्यसभा सांसद एवं भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट, उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत, शिवालिक कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग के अध्यक्ष सुनील कुमार, उपाध्यक्ष अजय कुमार, विभिन्न विश्वविद्यालयों के कुलपति सहित विभिन्न क्षेत्रों के शिक्षाविद, विशेषज्ञ एवं प्रबुद्धजन उपस्थित थे।

रुद्रपुर में आवास, ट्रांसपोर्ट नगर और कॉमर्शियल हब परियोजनाओं का निरीक्षण, सचिव डॉ. आर. राजेश कुमार ने दिए त्वरित क्रियान्वयन के निर्देश

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के दिशा-निर्देशों के अनुरूप प्रदेश में आवासीय एवं शहरी विकास परियोजनाओं को तेजी से आगे बढ़ाया जा रहा है। इसी क्रम में सचिव आवास एवं राज्य सम्पत्ति डॉ. आर. राजेश कुमार ने उधमसिंहनगर जनपद के रुद्रपुर विधानसभा क्षेत्र में पहुंचकर विकास प्राधिकरण की विभिन्न निर्माणाधीन एवं प्रस्तावित परियोजनाओं का स्थलीय निरीक्षण किया तथा अधिकारियों को समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण कार्य सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

निरीक्षण के दौरान सचिव आवास एवं राज्य सम्पत्ति डॉ. आर. राजेश कुमार ने बागवाला में प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत लगभग 156 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित 1872 आवासों का जायजा लिया। उन्होंने निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर संतोष व्यक्त करते हुए कहा कि इन आवासों का लोकार्पण शीघ्र किया जाएगा और पात्र लाभार्थियों को आवासों की चाबियां सौंपी जाएंगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि जिन लाभार्थियों द्वारा अभी तक निर्धारित अंशदान जमा नहीं किया गया है, उनसे शीघ्र धनराशि जमा कराकर आवंटन प्रक्रिया को गति दी जाए।

उपाध्यक्ष विकास प्राधिकरण ने बताया कि प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत प्रति आवास 3 लाख रुपये की सहायता सरकार द्वारा प्रदान की जाती है, जबकि 3 लाख रुपये लाभार्थी को जमा करने होते हैं। उन्होंने बताया कि अब तक 185 लाभार्थियों द्वारा पूरी धनराशि जमा की जा चुकी है, जबकि 222 लाभार्थियों को पत्र एवं दूरभाष के माध्यम से भुगतान हेतु सूचित किया गया है।

सचिव जिला विकास प्राधिकरण ने जानकारी दी कि आवास परिसर में साफ-सफाई, सौंदर्यीकरण एवं पौधारोपण का कार्य तेजी से चल रहा है। परिसर में निर्मित सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) की टेस्टिंग भी सफलतापूर्वक पूरी कर ली गई है। निरीक्षण के दौरान सचिव ने अधिकारियों को प्रधानमंत्री आवास योजना 2.0 के लिए भी उपयुक्त भूमि चिन्हित करने के निर्देश दिए।

इसके बाद सचिव डॉ. आर. राजेश कुमार ने त्रिशूल चौक के समीप लोक निर्माण विभाग की 6.5 एकड़ भूमि का निरीक्षण किया, जहां प्रस्तावित ‘कुमाऊं कॉमर्शियल कुटीर’ बहुमंजिला परियोजना विकसित की जानी है। अधिकारियों ने बताया कि इस परियोजना के अंतर्गत आधुनिक आवासीय एवं व्यावसायिक भवनों का निर्माण किया जाएगा तथा इसकी प्रारंभिक डीपीआर शासन को भेजी जा चुकी है।

सचिव आवास एवं राज्य सम्पत्ति डॉ आर राजेश कुमार ने रामपुर रोड स्थित प्रस्तावित ट्रांसपोर्ट नगर परियोजना का भी स्थलीय निरीक्षण किया। अधिकारियों के अनुसार 48 एकड़ क्षेत्रफल में विकसित होने वाली इस महत्वाकांक्षी परियोजना की 72 करोड़ रुपये की प्रारंभिक डीपीआर शासन को प्रेषित की गई है। सचिव ने कहा कि ट्रांसपोर्ट नगर बनने से परिवहन व्यवसाय से जुड़े लोगों को एक ही स्थान पर सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध होंगी, जिससे क्षेत्रीय व्यापार और आर्थिक गतिविधियों को नई गति मिलेगी।

इसके उपरांत उन्होंने त्रिशूल चौक से मेडिकल कॉलेज तक प्रस्तावित सड़क चौड़ीकरण कार्य तथा कलेक्ट्रेट परिसर में निर्माणाधीन विकास प्राधिकरण कार्यालय का निरीक्षण कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान उपाध्यक्ष जिला विकास प्राधिकरण जय किशन, मुख्य विकास अधिकारी दिवेश शाशनी, सचिव जिला विकास प्राधिकरण पंकज उपाध्याय, नगर आयुक्त शिप्रा जोशी, अधिशासी अभियंता लोक निर्माण विभाग गजेंद्र सिंह सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

सचिव आवास एवं राज्य सम्पत्ति डॉ. आर. राजेश कुमार का बयान

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में राज्य सरकार आम नागरिकों को बेहतर आवासीय सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। बागवाला में प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत निर्मित 1872 आवास लगभग तैयार हैं और हमारी प्राथमिकता है कि पात्र लाभार्थियों को जल्द से जल्द इनका लाभ मिले। सभी परियोजनाओं में गुणवत्ता, पारदर्शिता और समयबद्धता सुनिश्चित की जा रही है। साथ ही भविष्य की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए प्रधानमंत्री आवास योजना 2.0, ट्रांसपोर्ट नगर और कुमाऊं कॉमर्शियल कुटीर जैसी महत्वपूर्ण परियोजनाओं पर भी तेजी से कार्य किया जा रहा है, जिससे क्षेत्र के समग्र शहरी विकास को नई दिशा मिलेगी।

परमार्थ निकेतन में श्रद्धा, भक्ति और सनातन संस्कृति का अद्भुत संगम, देश-प्रदेश की सुख-समृद्धि एवं विश्व शांति की कामना

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी एवं भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने शुक्रवार को ऋषिकेश स्थित परमार्थ निकेतन पहुंचकर विधिवत गंगा पूजन एवं भव्य गंगा आरती में सहभाग किया। इस अवसर पर दोनों नेताओं ने मां गंगा से देश एवं प्रदेशवासियों के सुख, शांति, समृद्धि एवं उत्तम स्वास्थ्य की कामना की।

परमार्थ निकेतन घाट पर आयोजित गंगा आरती के दौरान श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक उल्लास का अद्भुत वातावरण देखने को मिला। वेद मंत्रों, भजन-कीर्तन और दीपों की अलौकिक छटा के बीच मुख्यमंत्री एवं भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने मां गंगा की आराधना कर प्रदेश की उन्नति, जनकल्याण एवं विश्व शांति के लिए प्रार्थना की।

इस अवसर पर भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने उपस्थित संत-महात्माओं, श्रद्धालुओं एवं जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा कि मां गंगा के पावन तट पर आना सदैव आत्मीय एवं आध्यात्मिक अनुभूति प्रदान करता है। उन्होंने कहा कि गंगा केवल एक नदी नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, आस्था और सनातन परंपरा की जीवंत धारा है, जिसने सदियों से देश की आध्यात्मिक चेतना को पोषित किया है।

उन्होंने कहा कि भारत की संत परंपरा ने हर कठिन और विपरीत परिस्थिति में समाज को दिशा देने का कार्य किया है। जब-जब देश सामाजिक, सांस्कृतिक या वैचारिक चुनौतियों से गुजरा, तब संतों और ऋषियों ने अपने तप, त्याग और ज्ञान के माध्यम से समाज को नई ऊर्जा एवं मार्गदर्शन प्रदान किया। उन्होंने कहा कि भारत की तपस्या, संस्कृति और आध्यात्मिक मूल्यों की परंपरा सदियों से जनमानस में जीवित रही है और संत समाज ने इस महान विरासत को पीढ़ी दर पीढ़ी आगे बढ़ाने का कार्य किया है।

राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि आज भी भारत की सांस्कृतिक शक्ति और आध्यात्मिक चेतना विश्व को आकर्षित कर रही है। उत्तराखंड जैसी देवभूमि हमारी सनातन संस्कृति की आत्मा है, जहां से पूरे देश को आध्यात्मिक प्रेरणा प्राप्त होती है। उन्होंने कहा कि गंगा, संत परंपरा और भारतीय संस्कृति का संरक्षण केवल धार्मिक दायित्व नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के प्रति हमारी नैतिक जिम्मेदारी भी है।

परमार्थ निकेतन के स्वामी चिदानंद मुनि ने मुख्यमंत्री एवं अतिथियों का स्वागत करते हुए गंगा संरक्षण, पर्यावरण संवर्धन एवं मानव सेवा के संदेश पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत वैश्विक स्तर पर निरंतर नयी ऊंचाइयों को प्राप्त कर रहा है तथा राष्ट्रहित में लिए गए निर्णयों से देश की प्रतिष्ठा विश्वभर में बढ़ी है। उन्होंने उत्तराखंड को दिव्यता, संयम और संगम की धरती बताते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के कार्यों की सराहना की। उन्होंने गंगा एवं भारतीय संस्कृति के वैश्विक महत्व को रेखांकित किया।

इस अवसर पर जूना अखाड़े के महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरी, निरंजन अखाड़े के महामंडलेश्वर कैलाशानंद जी गिरी, अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष महंत रवींद्र पुरी, गढ़वाल सांसद अनिल बलूनी, राज्यसभा सांसद एवं भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट, कैबिनेट मंत्री धन सिंह रावत, स्थानीय विधायक रेनू बिष्ट, उपजिलाधिकारी चतर सिंह चौहान सहित विभिन्न अधिकारी, संत-महात्मा, श्रद्धालु एवं देश-विदेश से आए पर्यटक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।

​सीएम धामी सहित भाजपा परिवार ने किया अपने राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन का भव्य अभिनंदन

​भाजपा परिवार ने अपने राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन का प्रथम देवभूमि आगमन पर सीएम धामी एवं प्रदेश अध्यक्ष भट्ट के नेतृत्व में ऐतिहासिक और अभूतपूर्व स्वागत किया है। राज्य में अपने शीर्ष नेतृत्व की पहली संगठनात्मक यात्रा को लेकर भाजपा कार्यकर्ताओं और आम जनता में भारी उत्साह दिखाई दिया। पारंपरिक एवं सांस्कृतिक परिधानों में महिलाओं, युवाओं और अन्य कार्यहर्ताओं ने पुष्पवर्षा और गगनभेदी नारों से स्वागत किया।

​प्रदेश मीडिया प्रभारी मनवीर चौहान ने बताया कि ज्यौलीग्रांट हवाई अड्डे पर राष्ट्रीय अध्यक्ष का स्वागत मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष व राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट द्वारा पूरी राज्य इकाई की तरफ से गर्मजोशी से स्वागत और अभिनंदन किया। जिसके उपरांत वहां से पार्टी मुख्यालय तक उनका दो दर्जन से अधिक स्थानों ज्योलीग्रांट एयरपोर्ट, हिमालियन अस्पताल चौक, कैलाश हॉस्पिटल, रिस्पना पुल, चंचल डेयरी, फव्वारा चौक, बलबीर रोड पर पारंपरिक तरीके से जबरदस्त स्वागत किया गया। यात्रा मार्ग में युवाओं, महिलाओं और वरिष्ठ कार्यकर्ताओं के हुजूम ने उनका भव्य और ऐतिहासिक स्वागत किया गया। इस दौरान देवभूमि की समृद्ध सांस्कृतिक परंपरा को प्रदर्शित करते हुए पारंपरिक वाद्य यंत्रों की थाप और लोक नृत्यों के साथ राष्ट्रीय अध्यक्ष का सत्कार किया गया।

​उन्होंने बताया कि स्वागत कार्यक्रम के दौरान कार्यकर्ताओं के जोश, विशेषकर युवाओं और महिला मोर्चा की भारी भागीदारी के बीच जगह-जगह पर राष्ट्रीय अध्यक्ष पर पुष्पवर्षा की गई। इस दौरान “भारत माता की जय”, “भारतीय जनता पार्टी जिंदाबाद” और राष्ट्रीय नेतृत्व के समर्थन में लगे गगनभेदी उद्घोषों से पूरा माहौल पूरी तरह से भाजपाई रंग में सराबोर नजर आया।

​इस दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने प्रदेश आगमन के लिए संगठन के शीर्षस्थ नेतृत्व नेतृत्व का आभार जताया। उनके अभूतपूर्व और ऐतिहासिक स्वागत पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने कहा, कार्यकर्ताओं का यह स्वतः स्फूर्त उत्साह दर्शाता है कि उत्तराखंड के जन-जन में भाजपा और उसके नेतृत्व के प्रति अटूट विश्वास है। वहीं उम्मीद जताई कि प्रवास के दौरान नवीन के मार्गदर्शन से उत्तराखंड में भाजपा संगठन नया आयाम स्थापित करेगा और विकास की नीतियों को समाज के अंतिम छोर तक पहुंचाने के संकल्प को और मजबूती मिलेगी।

मुख्यमंत्री धामी ने घण्टाकर्ण महोत्सव-2026 का शुभारंभ कर गजा क्षेत्र के लिए विकास योजनाओं की दी बड़ी सौगात

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गजा घण्टाकर्ण महोत्सव-2026 के अवसर पर क्षेत्र के समग्र विकास हेतु अनेक महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। उन्होंने घंटाकर्ण महादेव मंदिर तक रोपवे निर्माण की घोषणा करते हुए कहा कि इससे धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा तथा श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधा प्राप्त होगी। इसके साथ ही नगर पंचायत गजा क्षेत्र में विभिन्न आंतरिक मार्गों के निर्माण, गजा मैदान के विस्तारीकरण एवं मंच निर्माण की घोषणा भी की गई। मुख्यमंत्री ने शहीद विक्रम सिंह नेगी राजकीय पॉलिटैक्निक गजा में फार्मेसी विषय की स्वीकृति प्रदान करने की घोषणा की।

मुख्यमंत्री ने पर्यटन विकास को बढ़ावा देने के उद्देश्य से कोटेश्वर झील के विकास तथा डांडाचली में इको पार्क निर्माण की घोषणा की। साथ ही पावकी देवी एवं चमराड़ा देवी (भरपूर) मंदिरों के सौंदर्यीकरण कार्य कराए जाने की भी घोषणा की गई। उन्होंने दंदेली, अंदरफीगांव, फलसारी, बिमाण गाँव मोटर मार्ग तथा रणाकोट डांडा जमोला मोटर मार्ग की स्वीकृति देने की घोषणा भी की।

स्वास्थ्य एवं आधारभूत सुविधाओं को मजबूत करने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री ने चाका महिला अस्पताल को PHC में परिवर्तित कर उसके उच्चीकरण तथा चाका में सामुदायिक भवन के सुदृढ़ीकरण की घोषणा की। शिक्षा के क्षेत्र में उन्होंने राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय सिंगटाली एवं पजै गाँव को इंटर स्तर पर उच्चीकृत करने तथा नरेंद्रनगर महाविद्यालय को पीजी स्तर पर उच्चीकृत किए जाने की घोषणा की।

मुख्यमंत्री धामी ने गजा तहसील में लोक निर्माण विभाग, विद्युत विभाग, जल संस्थान एवं जल निगम के तहसील स्तरीय कार्यालयों/कार्यक्रमों की स्वीकृति देने की घोषणा भी की। इसके अतिरिक्त हेंवल नदी में झील निर्माण तथा गजा बगीद के 33 KV सब स्टेशन की स्वीकृति प्रदान किए जाने की घोषणा करते हुए कहा कि इन योजनाओं से क्षेत्र के विकास को नई गति मिलेगी तथा आमजन को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध होंगी।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अटल उत्कृष्ट राजकीय इंटर कॉलेज गजा, टिहरी गढ़वाल पहुंचकर “गजा घण्टाकर्ण महोत्सव-2026” (द्वितीय संस्करण) का दीप प्रज्ज्वलित कर विधिवत शुभारम्भ किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने गजा स्थित प्राचीन घंटाकर्ण मंदिर में पूजा-अर्चना कर प्रदेश एवं देश की सुख-समृद्धि की कामना की। साथ ही उन्होंने राज्य आंदोलनकारी शहीद बेलमती चौहान की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की।

मुख्यमंत्री ने समस्त क्षेत्रवासियों एवं प्रदेशवासियों को महोत्सव की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह आयोजन उत्तराखंड की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, लोक परंपराओं एवं धार्मिक आस्थाओं को संरक्षित करने का महत्वपूर्ण माध्यम बन रहा है।

अपने संबोधन में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि गजा आगमन पर माताओं एवं बहनों द्वारा तिलक लगाकर किए गए आत्मीय स्वागत से वे अभिभूत हैं और सभी को हाथ जोड़कर प्रणाम करते हैं। उन्होंने कहा कि केदारखंड में घंटाकर्ण मंदिर का विशेष महत्व वर्णित है तथा यह क्षेत्र धार्मिक एवं सांस्कृतिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण भूमि है।

मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम में स्कूली बच्चों द्वारा प्रस्तुत सांस्कृतिक कार्यक्रमों की सराहना करते हुए कहा कि बच्चों ने अत्यंत शानदार एवं मनमोहक प्रस्तुतियां दी हैं। उन्होंने कहा कि गजा महोत्सव निरंतर विराट स्वरूप ग्रहण कर रहा है तथा इसका विस्तार तेजी से हो रहा है। इस वर्ष का आयोजन पहले की अपेक्षा अधिक भव्य एवं सुव्यवस्थित दिखाई दे रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसे आयोजन हमारी लोक संस्कृति, परंपराओं और सांस्कृतिक विरासत को संजोकर रखने के साथ नई पीढ़ी को अपनी जड़ों से जोड़ने का कार्य करते हैं। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की पारंपरिक वेशभूषा, लोक कला, आभूषण एवं खान-पान की अपनी विशिष्ट पहचान है, जिसका संरक्षण करना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।

मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि आज भारत अपनी सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित रखते हुए विकास के नए आयाम स्थापित कर रहा है। उन्होंने कहा कि अयोध्या में भगवान श्रीराम मंदिर निर्माण, काशी विश्वनाथ धाम एवं महाकाल लोक जैसे विकास कार्य देश की सांस्कृतिक चेतना को नई दिशा प्रदान कर रहे हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व एवं आह्वान पर राज्य सरकार उत्तराखंड को वैश्विक पहचान दिलाने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। यात्रियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने, धार्मिक एवं पर्यटन स्थलों का विकास करने तथा क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को मजबूत बनाने के लिए सरकार प्राथमिकता के आधार पर कार्य कर रही है।

उन्होंने कहा कि क्षेत्र में नगर पंचायत कार्यालय, गौशाला, मिनी स्टेडियम, क्रिकेट छात्रावास एवं विभिन्न पेयजल योजनाओं का निर्माण कार्य पूर्ण किए गए हैं तथा कई योजनाएं प्रगति पर हैं। स्वास्थ्य, शिक्षा, परिवहन एवं आधारभूत सुविधाओं के क्षेत्र में तेजी से विकास कार्य किए जा रहे हैं, ताकि प्रत्येक व्यक्ति को विकास की मुख्यधारा से जोड़ा जा सके और युवाओं को बेहतर शिक्षा, रोजगार एवं स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध हो सकें।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार होमस्टे, वेडिंग डेस्टिनेशन एवं हाउस ऑफ हिमालय जैसी योजनाओं को सशक्त बनाने के साथ महिला सशक्तिकरण की दिशा में भी निरंतर कार्य कर रही है।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने जनहित एवं सांस्कृतिक संरक्षण के दृष्टिगत कई महत्वपूर्ण एवं कठोर निर्णय लिए हैं। महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान एवं रोजगार को प्राथमिकता देते हुए सरकार पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। आने वाले वर्षों में उत्तराखंड को सुरक्षित, समृद्ध एवं आत्मनिर्भर राज्य के रूप में नई पहचान दिलाई जाएगी तथा भावी पीढ़ियों के लिए सशक्त उत्तराखंड का निर्माण किया जाएगा।

इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का स्वागत करते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों में तेजी से विकास कार्य हो रहे हैं। उन्होंने गजा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में उच्चीकृत किए जाने पर मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य क्षेत्र में रोजगार के अवसरों को बढ़ाना तथा विकास कार्यों को जनसहभागिता के माध्यम से आगे बढ़ाना है।

नगर पंचायत अध्यक्ष गजा कुंवर सिंह चौहान ने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा गजा क्षेत्र को अनेक विकास योजनाओं की सौगात दी गई है, जिसके लिए क्षेत्रवासी उनके आभारी हैं।

कार्यक्रम के दौरान स्कूली बच्चों द्वारा स्वागत गीत, सरस्वती वंदना, लोकगीत, लोकनृत्य, सांस्कृतिक कार्यक्रमों एवं नाट्य प्रस्तुतियों के माध्यम से उत्तराखंड की समृद्ध लोक संस्कृति का सुंदर प्रदर्शन किया गया। विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टॉलों के माध्यम से आमजन को जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी प्रदान की गई तथा लाभान्वित किया गया।

इस अवसर पर भाजपा जिलाध्यक्ष उदय रावत, ब्लॉक प्रमुख चंबा सुमन सजवाण, ब्लॉक प्रमुख नरेंद्रनगर दीक्षा राणा, नगर पालिका अध्यक्ष चंबा शोभना धनौला, नगर पंचायत अध्यक्ष मुनि की रेती विनीता बिष्ट, जिलाधिकारी नितिका खंडेलवाल, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्वेता चौबे, मीना खाती, हुकुम सिंह भंडारी, जसवंत सिंह, खेमे घ. चौहान, मंच संचालक राजेश रावत सहित अनेक जनप्रतिनिधि, अधिकारी, पत्रकारगण एवं बड़ी संख्या में क्षेत्रीय जनता उपस्थित रही।

हमारी सरकार का स्पष्ट संकल्प कि विकास का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे: धामी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज अल्मोड़ा पहुंचकर करीब 138 करोड़ की योजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया।

अल्मोड़ा के सोबन सिंह जीना विवि के नवीन प्रशासनिक भवन में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने अल्मोड़ा को विभिन्न विकास योजनाओं की सौगात दी है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि इन योजनाओं से सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, सिंचाई, नगर विकास एवं ग्रामीण आधारभूत सुविधाओं को नई मजबूती मिलेगी।

उन्होंने कहा कि हमारी सरकार का स्पष्ट संकल्प है कि विकास का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे और पर्वतीय क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध हों। इसी उद्देश्य के साथ प्रदेशभर में सड़क संपर्क, स्वास्थ्य सेवाओं, शिक्षा व्यवस्था एवं पेयजल योजनाओं को तेजी से आगे बढ़ाया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि अल्मोड़ा जनपद सांस्कृतिक, ऐतिहासिक एवं पर्यटन की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है। यहां की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए निरंतर विकास कार्य किए जा रहे हैं। इन योजनाओं के पूर्ण होने से जनपदवासियों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी तथा क्षेत्र के सामाजिक और आर्थिक विकास को नई गति प्राप्त होगी।

मुख्यमंत्री ने अल्मोड़ा की जनता को इन विकास कार्यों के लिए हार्दिक शुभकामनाएं दी और कहा कि उत्तराखंड सरकार जनसेवा एवं प्रदेश के समग्र विकास के लिए निरंतर प्रतिबद्ध है।

यहां केंद्रीय राज्य मंत्री अजय टम्टा, जिला पंचायत अध्यक्षा हेमा गैडा, विधायक रानीखेत डॉ प्रमोद नैनवाल, कुलपति एसएसजे विवि सतपाल सिंह बिष्ट, जिलाधिकारी अंशुल सिंह, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक चंद्रशेखर आर घोड़के सहित जनप्रतिनिधि, विवि प्रशासन के अधिकारी सहित अन्य उपस्थित रहे।

जिला सूचना अधिकारी अल्मोड़ा।

*लोकार्पण एवं शिलान्यास का विवरण*

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कुल 138.092 करोड़ रू0 की योजनाओं का लोकापर्ण एवं शिलान्यास किया गया जिनमें 112.113 करोड़ रू0 का लोकार्पण एवं 25.979 करोड़ रू0 की योजनाओं का शिलान्यास किया।

मुख्यमंत्री ने जिन योजनाओं का लोकार्पण किया गया उनमें तहसील रानीखेत में क्षतिग्रस्त आवास एवं कांफ्रेन्स हॉल निर्माण कार्य लागत 4.141 करोड़ रू0, राजकीय महिला पॉलीटेक्निक अल्मोड़ा में बाउण्ड्रीवाल लागत 3.833 करोड रू0़, जनपद अल्मोड़ा में भैरव मन्दिर अन्तर्गत अल्मोड़ा में एक पार्किंग का निर्माण कार्य लागत 2.867 करोड़ रू0, जी0आई0सी0 अल्मोड़ा में बहुस्तरीय पार्किंग का निर्माण कार्य लागत 4.850 करोड़ रू0, अल्मोड़ा में के0एम0ओ0यू0 बस स्टैण्ड में बहुस्तरीय पार्किंग का निर्माण कार्य लागत 3.295 करोड़ रू0, चचरोटी-खटलगॉव-दीपामाई ग्राम समूह पम्पिंग पेयजल योजना लागत रू0 9.919 करोड़ रू0, बदनगढ़ भौनडांडा ग्राम समूह पम्पिंग पेयजल योजना लागत 14.265 करोड़ रू0, शीतलाखेत-कठपुड़िया-दौलाघट मोटर मार्ग का सुधारीकरण लागत 10.081 करोड़ रू0, सोनी-तिलालीखेत मोटर मार्ग सुधारीकरण लागत 5.286 करोड़ रू0, रानीखेत-बुचड़ी-पन्त कोटुली से गगास मोटर मार्ग का सुधारीकरण लागत 9.946 करोड़ रू0, राजकीय कन्या इण्टर कालेज सारकोट लागत 1.346 करोड़ रू0, चौखुटिया में कुथलाड़ नदी पर बाढ़ सुरक्षात्मक कार्य लागत 2.933 करोड़ रू0, विकासखण्ड स्याल्दे में ग्राम सियानगर, स्याल्दे बाजार एवं विनोद नदी से बाढ़ सुरक्षात्मक कार्य लागत 6.749 करोड़ रू0, सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र लमगड़ा में ट्रान्जिट हॉस्टल का निर्माण कार्य लागत 1.980 करोड़ रू0, जागेश्वर में चायखान-थुवासिमल मोटर मार्ग के किमी0 10 से निरई ग्राम पंचायत तक 02 किमी0 सड़क का डामरीकरण व अन्य कार्य लागत 1.784 करोड़ रू0, सोबन सिंह जीना विश्वविद्यालय, अल्मोड़ा के प्रशासनिक भवन एवं कुलपति आवास का निर्माण कार्य लागत 25.226 करोड़ रू0, सोबन सिंह जीना विश्वविद्यालय, अल्मोड़ा के प्रशासनिक भवन एवं कुलपति आवास के अतिरिक्त निर्माण कार्य लागत 3.612 करोड़ रू0 है।

*मुख्यमंत्री ने जिन योजनाओं का शिलान्यास किया गया उनमें* गोविन्दपुर, दौलाघट में बैराज निर्माण कार्य लागत 2.058 करोड़ रू0, दन्या बाजार में स्थित श्री सैम देवता मन्दिर के सौन्दर्यीकरण का कार्य लागत 1.842 करोड़ रू0, विधानसभा चौखुटिया में राजकीय इण्टर कालेज महाकालेश्वर में 04 कक्षा-कक्षों का निर्माण कार्य लागत 1.000करोड़ रू0 , विधानसभा क्षेत्र अल्मोड़ा के एन0टी0डी0-कफड़खान-धौलछीना एमडीआर मोटर मार्ग के किमी0 01 से 11 में सुधारीकरण/डामरीकरण का कार्य लागत 8.403 करोड़ रू0, विकासखण्ड द्वाराहाट के अन्तर्गत मजखाली दिगोटी से मजेठी मोटर मार्ग में डामरीकरण का कार्य लागत 2.165 करोड़ रू0, अल्मोड़ा-खूॅट मोटर मार्ग के अवशेष भाग में सुधारीकरण/डामरीकरण का कार्य लागत 1.161 करोड़ रू0, विधानसभा क्षेत्र जागेश्वर के अन्तर्गत मोरनौला-जैंती मोटर मार्ग का डामरीकरण एवं सुधारीकरण का कार्य लागत 4.263 करोड़ रू0, विकासखण्ड लमगड़ा के अन्तर्गत पेटशाल-बमनस्वाल से कपकोट मोटर मार्ग के मरम्मत हेतु वन टाईम मेन्टेनेन्स का कार्य लागत 3.096 करोड़ रू0, विकासखण्ड लगमड़ा अन्तर्गत थुवासिमल-बिनौला से कुंज-आरा-लोहाना मोटर मार्ग का वन टाईम मेन्टेनेन्स का कार्य लागत 1.992 करोड़ रुपए है।

मुख्यमंत्री धामी ने एचीवर्स अवार्ड में उत्तराखंड को श्रेष्ठ राज्य बनाने का दोहराया संकल्प

राज्य स्तरीय एसडीजी एचीवर्स अवार्ड समारोह अल्मोड़ा के उदय शंकर नृत्य एवं संगीत अकादमी में सम्पन्न हुआ। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बतौर मुख्य अतिथि प्रतिभाग किया।

इस वर्ष के लिए 32 संगठनों, व्यक्तियों, समूहों को उनके द्वारा किए गए नवाचारी एवं सतत पहलों के लिए सम्मानित किया गया। इसके अतिरिक्त जिला स्तरीय एसडीजी की वार्षिक रैंकिंग में 6 जनपदों को शीर्ष तीन स्थान प्राप्त करने पर पुरस्कृत किया गया। मुख्यमंत्री ने पुरस्कृत विजेताओं को बधाई दी।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने एसडीजी अचीवर्स अवार्ड समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि आज का यह अवसर उन सभी व्यक्तित्वों और संस्थाओं को सम्मानित करने का है जिन्होंने विभिन्न क्षेत्रों में नवाचार, उत्कृष्ट कार्य एवं समाजहित में अनुकरणीय योगदान दिया है। उन्होंने सभी महानुभावों एवं संस्थाओं का स्वागत और अभिनंदन करते हुए कहा कि ऐसे कर्मयोगियों के बीच उपस्थित होना उनके लिए गौरव का विषय है, जिन्होंने अपने समर्पण, परिश्रम और संकल्प के बल पर समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाने के लिए निरंतर कार्य किया है।

मुख्यमंत्री ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि सतत विकास लक्ष्यों (एसडीजी) की प्राप्ति की दिशा में उल्लेखनीय योगदान देने वाले 32 ऊर्जावान औद्योगिक संस्थानों के प्रतिनिधियों को सम्मानित किया गया है। उन्होंने कहा कि इन संस्थानों ने यह सिद्ध किया है कि मजबूत इरादों और सीमित संसाधनों के बावजूद असाधारण उपलब्धियां हासिल की जा सकती हैं तथा साधारण से असाधारण की यात्रा तय की जा सकती है।

उन्होंने कहा कि उत्तराखंड जैसे पर्वतीय राज्य को प्रत्येक वर्ष अनेक चुनौतियों का सामना करना पड़ता है, लेकिन जब पर्यावरण और विकास साथ-साथ चलते हैं तभी संतुलित एवं स्थायी विकास संभव होता है। यदि दोनों अलग-अलग हो जाएं तो विकास अधूरा रह जाता है। इकोलॉजी और इकोनॉमी की इसी सोच के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में वर्ष 2030 तक सतत विकास लक्ष्यों को प्राप्त करने की दिशा में निरंतर कार्य किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि एक समय नीति आयोग के एसडीजी इंडिया इंडेक्स में उत्तराखंड 10वें स्थान पर था, जबकि ताजा रिपोर्ट के अनुसार आज राज्य पूरे देश में प्रथम स्थान पर पहुंच चुका है। उन्होंने कहा कि अभी भी कई ऐसे पैरामीटर हैं जिनमें और बेहतर कार्य करने की आवश्यकता है तथा सरकार उन क्षेत्रों में भी तेजी से काम कर रही है। उन्होंने कहा कि सुशासन, गरीब कल्याण, सीमांत क्षेत्रों के विकास, बिजली, पानी और सड़क जैसी मूलभूत सुविधाओं के क्षेत्र में राज्य सरकार लगातार प्रभावी कार्य कर रही है।

उन्होंने कहा कि एसडीजी में प्रथम स्थान प्राप्त करना इस बात का प्रमाण है कि उत्तराखंड की विकास यात्रा सही दिशा में आगे बढ़ रही है। विकसित भारत के निर्माण में उत्तराखंड भी अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है तथा प्रदेश के समग्र विकास के लिए योजनाबद्ध तरीके से कार्य किया जा रहा है। प्रत्येक क्षेत्र के लिए विशेष नीति बनाए जाने से राज्य के समग्र विकास को गति मिली है।

उन्होंने कहा कि सामूहिक प्रयासों का परिणाम है कि राज्य की जीडीपी में 7.23 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है तथा प्रति व्यक्ति आय में 4.1 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है। साथ ही बेरोजगारी दर में रिकॉर्ड 4.4 प्रतिशत की कमी लाकर उत्तराखंड ने राष्ट्रीय औसत से बेहतर प्रदर्शन किया है।

उन्होंने कहा कि बीते चार वर्षों में उद्योग, स्टार्टअप, हेलीकॉप्टर सेवा, हाईवे निर्माण, ग्रीन एनर्जी एवं बिजली उत्पादन जैसे क्षेत्रों में हुए सकारात्मक बदलावों का ही परिणाम है कि राज्य में रिवर्स पलायन में वृद्धि दर्ज की गई है। अब लोग अपने पैतृक गांवों की ओर लौट रहे हैं तथा स्थानीय स्तर पर विभिन्न प्रकार के रोजगार एवं स्वरोजगार अपनाकर प्रदेश के विकास में भागीदारी निभा रहे हैं।

कार्यक्रम में उपस्थित केंद्रीय राज्य मंत्री अजय टम्टा ने कहा कि एसडीजी रैंकिंग में राज्य का श्रेष्ठ स्थान आना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के राज्य के प्रति लिए गए संकल्पों का परिणाम है। यह हमारे लिए गौरव की बात है जिसे हमारे राज्य के कर्मयोगियों ने सफल किया है।

प्रमुख सचिव नियोजन तथा मुख्य कार्यकारी अधिकारी सेंटर फॉर पब्लिक पॉलिसी एंड गुड गवर्नेंस (CPPGG) डॉ आर मीनाक्षी सुन्दरम ने एसडीजी की अवधारणा आदि पर विस्तार से प्रकाश डाला तथा एसडीजी अचीवर्स अवार्ड प्राप्त करने वाले अवॉर्डियों का विवरण दिया। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड को देश का श्रेष्ठ राज्य बनाने के लिए सभी की भागीदारी महत्वपूर्ण है। उन्होंने राज्य को एसडीजी रैंकिंग में मिले पहले स्थान के लिए किए गए प्रयासों एवं उपलब्धियों को भी विस्तार से बताया।

जिलाधिकारी अंशुल सिंह ने सभी प्रतिभागियों का स्वागत और धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कहा कि जनपद का समग्र विकास हमारा संकल्प है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के मार्गदर्शन में जनपद की जनता को लाभान्वित करना, उनका जीवन स्तर ऊंचा करना हमारी प्रतिबद्धता है। उन्होंने कार्यक्रम के लिए पधारे अतिथियों, विजेताओं और आम जनमानस का धन्यवाद ज्ञापित किया।

उल्लेखनीय है कि स्तरीय एसडीजी की वार्षिक रैंकिंग में *प्रथम* स्थान रुद्रप्रयाग को मिला। *द्वितीय* स्थान उत्तरकाशी तथा नैनीताल ने प्राप्त किया। *तृतीय* स्थान पर बागेश्वर, चमोली तथा टिहरी शामिल हैं।

कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्षा हेमा गैडा, विधायक रानीखेत डॉ प्रमोद नैनवाल, दर्जधारी राज्य मंत्री गंगा बिष्ट और गोविंद पिलख्वाल, सदस्य पलायन आयोग अनिल सिंह साही, जिलाध्यक्ष भाजपा महेश नयाल , मेयर अल्मोड़ा अजय वर्मा, अपर मुख्य कार्यकारी अधिकारी सेंटर फॉर पब्लिक पॉलिसी एंड गुड गवर्नेंस (CPPGG) मनोज पंत, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक चंद्रशेखर आर घोड़के, अपर जिलाधिकारी युक्ता मिश्र, जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी रेणु भंडारी सहित अन्य अधिकारी, जनप्रतिनिधि, आम जनमानस एवं प्रतिभागी उपस्थित रहे।

सीएम धामी ने खटीमा में पंजाबी कॉलोनी में दिवंगत लोगों के परिजनों से की मुलाकात

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अपने खटीमा भ्रमण के दौरान पंजाबी कालोनी में स्वव विवेक रघुवंशी, टनकपुर रोड में स्वव भूपेंद्र सिंह चुफाल एवं राजेंद्र नगर निवासी स्वव प्रकाश रावत के आवास पर पहुँच कर उनके निधन पर शोक संवेदना व्यक्त की और उनके परिवारजनों को ढांढस बँधाते हुए ईश्वर से दिवंगत आत्मा की शान्ति और अपने श्रीचरणों में स्थान देने की प्रार्थना की।

मुख्यमंत्री ने टीडीसी अस्थाई हेलीपैड में जनप्रतिनिधियों व जनता से मुलाकात कर जनसमस्याएं सुनी तथा समस्याओं का समाधान करने के निर्देश अधिकारियों को दिए। उन्होंने कहा जनसमस्याओं का निराकरण सरकार की प्राथमिकता है, इसलिए अधिकारी जन समस्याओं का त्वरित समाधान करें।

इस दौरान अध्यक्ष नगर पालिका रमेश चंद्र जोशी, मेयर विकास शर्मा, पूर्व विधायक डॉ प्रेम सिंह राणा, नंदन सिंह खरायत, रनदीप पोखरिया, भवानी भंडारी, सतीश भट्ट, नवीन बोरा, महामंत्री रमेश जोशी, जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय गणपति, अपर जिलाधिकारी कौस्तुभ मिश्रा, उप जिलाधिकारी तुषार सैनी सहित अनेक जनप्रतिनिधि व जनता मौजूद थी।