14 सितंबर से श्रीदेव सुमन की परीक्षा, शिक्षकों को लाना होगा मेडिकल फिटनेस प्रमाण पत्र

14 सितंबर से श्रीदेव सुमन उत्तराखंड विश्वविद्यालय की परीक्षा शुरू होने जा रही है। परीक्षा में बाहरी राज्यों से आने वाले छात्रों को कोविड निगेटिव रिपोर्ट अपने साथ लानी होगी। साथ ही परीक्षा में तैनात रहने वाले शिक्षकों को भी मेडिकल फिटनेस प्रमाण पत्र देना होगा। श्रीदेव सुमन विवि की परीक्षा के लिए गढ़वाल मंडल में 180 केंद्र बनाए गए हैं।
विवि के परीक्षा नियंत्रक डा. आरएस चैहान ने बताया कि श्रीदेव सुमन विवि की स्नातक, स्नातकोत्तर अंतिम सेमेस्टर, स्नातक प्रथम वर्ष और बीएड की मुख्य परीक्षाएं 14 सितंबर से 12 अक्तूबर के बीच संपन्न होनी है। विवि की परीक्षाएं बहुविकल्पीय प्रश्नों के आधार पर ओएमआर शीट के माध्यम से संपन्न कराई जाएगी। परीक्षा के लिए डेढ़ घंटे का समय निर्धारित किया गया है।
बताया कि परीक्षा केंद्र में बिना मास्क प्रवेश नहीं, कंटेनमेंट जोन से आने वाले छात्र को एडमिट कार्ड या कॉलेज का आईकार्ड लाना होगा, अन्य राज्यों से आने वाले छात्रों को कोविड-19 रिपोर्ट अपने साथ लानी होगी। परीक्षा कक्ष, एंट्री गेट से लेकर वॉशरूम तक सैनिटाइज किया जाएगा। साथ ही सभी दरवाजों के हैंडल, रेलिंग, लिफ्ट बटन को भी सैनिटाइज करना होगा। बताया कि हर पाली की परीक्षा के बाद छात्रों की टेबल और कुर्सी को सैनिटाइज, परीक्षा कार्य में लगे पूरे स्टाफ को अपने स्वास्थ्य को लेकर सेल्फ डिक्लरेशन देना होगा। साथ ही पूरे स्टाफ की थर्मल स्क्रीनिंग अनिवार्य तौर पर करनी होगी।

टिहरी डीएम ने जताई नाराजगी, बोले छोटे कस्बों के शुरू और अंतिम छोर पर पसरा रहता है कूड़ा

जिलाधिकारी मंगेश घिल्डियाल के अध्यक्षता में जिला कार्यालय सभागार में गंगा समिति की बैठक संपन्न हुई। बैठक में जिलाधिकारी ने एएमए जिला पंचायत को निर्देश दिए कि जनपद के छोटे कस्बों में कूड़े के निस्तारण के लिए ठोस कार्रवाई अमल में लाई जाए। इसके लिए पर्यावरण मित्रों की दो अलग-अलग टीमों के गठन के निर्देश दिए हैं। जिसमें से एक टीम डोर टू डोर कूड़ा कलेक्शन वह दूसरी टीम कूड़े के पृथकीकरण का कार्य करेगी। जिलाधिकारी ने एएमए को यह भी निर्देश दिए कि कूड़े के पृथकीकरण के बाद जैविक कूड़े से कमपोस्ट बनाई जा सके इस हेतु कंपोस्टिंग पीटो का निर्माण भी प्राथमिकता के आधार पर हो।
जिलाधिकारी ने नगर पालिकाओं के अधिशासी अधिकारियों को निर्देश दिए कि गंगा वे गंगा प्रहरियों की बैठक तत्काल करते हुए बैठक के मिनट्स को उपलब्ध कराएं। जिलाधिकारी ने कहा कि कंडिसौड़, जाखणीधार व केम्पटी के जैसे बड़े कस्बो में कूड़ा के प्रबंधन की ठोस रूपरेखा तैयार करते हुए प्राथमिकता के आधार पर कार्यवाही की जाए। उन्होंने कहा कि जनपद हर छोटे कस्बों के शुरू एवं समाप्ति पर कूड़े के ढेर प्राय देखने को मिलते हैं जो कि निराशाजनक है। कहा कि कस्बो में पसरे कूड़े का निस्तारण करना अनिवार्य है ताकि जनपद को साफ और स्वच्छ रखा जा सके। इसके अलावा उन्होंने उपजिलाधिकारियों को कूड़े के सोर्स पृथकीकरण के दौरान नगर पालिकाओं-पंचायतो में उपस्थित रहते हुए लोगो में जागरूक करने के निर्देश दिए है। बैठक में डीएफओ कोको रोसे, परियोजना निदेश डीआरडीए भरत चंद्र भट्ट, ईई राजकीय सिंचाई, ऐ सी एम ओ डॉ० दीपा रुबाली, ऐ एमए जिला पंचायत आदि उपस्थित थे।

घर से नाराज किशोर पहुंचा शिवपुरी, पुलिस ने बड़े भाई के सुपर्द किया

परिजनों से नाराज होकर एक किशोर चमोली से शिवपुरी आ पहुंचा। पुलिस ने किशोर को संदिग्ध पाते हुए पूछताछ की। इसके बाद पुलिस ने किशोर के बड़े भाई को चौकी बुलाकर उसके सुपुर्द किया।

चौकी इंचार्ज शिवपुरी नीरज रावत ने बताया कि बीते रोज एक किशोर संदिग्ध रूप से शिवपुरी बाजार में घूमता हुआ दिखाई दिया। पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और उसे चौकी लेकर आई। काफी पूछताछ करने पर किशोर ने अपनी पहचान उम्र 17 वर्ष अरुण कुमार पुत्र रघुवीरलाल निवासी ग्राम लूथरा थाना घाट जिला चमोली के रूप में कराई। पूछताछ में किशोर ने यह भी बताया कि वह सोमवार को परिजनों से नाराज होकर घर से बिना बताए आ गया है। चौकी इंचार्ज ने बताया कि किशोर का बड़ा भाई सुनील कुमार हरिद्वार में नौकरी करता है। बड़े भाई से संपर्क साधकर अरुण कुमार को उसके सुपुर्द किया गया।

एसएसपी टिहरी ने सात हिल पेट्रोल यूनिट को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना

यात्रा मार्ग पर सात थानों के अंतर्गत सड़क दुर्घटना होने पर पुलिस तुरंत मौके पर मिलेगी। इससे घायलों को मदद मिलेगी। साथ ही आपराधिक प्रवृत्तियों पर भी अंकुश लगेगा। यह बात पुलिस कप्तान टिहरी डा. योगेन्द्र सिंह रावत ने कही।

भद्रकाली चौकी के बाहर आयोजित कार्यक्रम में एसएसपी टिहरी ने बताया कि हरिद्वार की हीरो कंपनी ने उत्तराखंड पुलिस को 45 मोटरसाइकिल उपलब्ध कराई हैं, इसमें सात मोटरसाइकिल टिहरी पुलिस को मिली है। यह सात मोटर साइकिल यात्रा मार्ग पर पड़ने वाले सात थाने को दी गई हैं। बताया कि यह मोटरसाइकिल का पिकअप अच्छा है, इस कारण सड़क दुर्घटना होने पर घायलों को न सिर्फ फौरन मदद मिलेगी, बल्कि इसका फीडबैक भी पुलिस को मिलेगा। इस दौरान सात हिल पेट्रोल यूनिट को हघ्री झंडी दिखाकर रवाना किया गया। मौके पर सीओ टिहरी जूही मनराल, सीओ नरेन्द्रनगर प्रमोद शाह, आरआई सुशील रावत, थानाध्यक्ष मुनिकीरेती राम घ्किशोर सकलानी, एसआई विकेन्द्र कुमार आदि उपस्थित रहे।

साढ़े चार लाख रूपये के 29 मोबाइल बरामद किए
ऋषिकेश। एसएसपी टिहरी ने मुनिकीरेती स्थित पुलिस गेस्ट हाउस में 29 लोगों को उनके मोबाइल सौंपे। उन्होंने बताया कि एक जनवरी से जून माह तक टिहरी पुलिस ने 29 लोगों के खोए मोबाइल बरामद किए हैं। इनकी कीमत करीब चार लाख 27 हजार 199 रूपये बताई।

इन्हें मिला मोबाइल
ऋषिकेश। विनोद नौटियाल, उमेश चौहान, बिट्टू, वत्सल गोयल, सीओ नरेन्द्रनगर का चालक, मकान सिंह, विजय, रघुवीर, कमलकांत, अमित अरोड़ा, मेवालाल, मंजू देवी, सियाराम, विपिन, बृजेश, सद्दाम अली, काजल, विशेष कुमार, रेखा, अनुज, कृष्णा, विजय जोशी, टिहरी रेंजर आशीष, बब्बू सजवाण, नीतिश, गंगा प्रसाद, सुखबीर सैनी, संदीप और शीला देवी।

स्टाॅक में लाखों रुपये की हेराफेरी, एक्सपायरी माल देख भड़की मंत्री

(एनएन सर्विस)
टिहरी जिले में स्थित मुनिकीरेती स्थित पशुपालन विभाग के केंद्रीय औषधि भंडारण गृह में उस समय हड़कंप मच गया, जब राज्य मंत्री रेखा आर्य ने औचक निरीक्षण कर छापेमारी की। छापेमारी के बाद रेखा आर्य ने बताया कि गोदाम में लाखों रुपए की ऐसी दवाइयां रखी गई है जो कि एक्सपायर हो चुकी है। वहीं, कुछ लाखों रुपए के बिल ऐसे भी पाए गए हैं, जो कि आर्डर के बाद दवाइयां आई ही नहीं। जबकि इनका भुगतान फर्म को कर दिया गया है।
राज्यमंत्री ने बताया कि स्टॉक रजिस्टर में 2019 के दौरान दिए गए, आर्डर को 2020 में दर्ज किया गया है। और 2020 के आर्डर 2019 में दर्ज किया गया है। जिसे देखने से पता चला कि इस मामले में भी बड़े स्तर पर घोटाला किया गया है। यह घोटाला विभागीय उच्च अधिकारियों के इशारे पर किया जाना बताया गया है। जिसकी जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि जांच के बाद घोटाले में संलिप्त सभी बड़े से बड़े अधिकारी के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।
राज्य मंत्री रेखा आर्य ने कहा कि यह बड़े स्तर पर की गई वित्तीय अनियमितता है। उन्होंने कहा कि ऐसा लग रहा है कि दवाई खरीदने मे अधिकारियों ने अपनी कमाई ही देखी है। सरकार का फायदा नहीं देखा है। उनका कहना था की यह बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण लापरवाही है जिसकी गंभीरतापूर्वक जांच की जाएगी। उनका कहना था कि छापेमारी पशुपालकों की शिकायत पर की गई है। उन्होंने कहा कि सरकार किसी भी पशुपालक का दवाई खरीदने मे उत्पीड़न नहीं होने देगी। जिसे उनके विभाग द्वारा गंभीरता पूर्वक लिया गया है। छापेमारी के दौरान निजी सचिव लाल सिंह नागरकोटी सहित अन्य अधिकारी भी मौके पर मौजूद थे ।

मंत्री ने दिए एफआइआर के आदेश दिए
राज्य मंत्री रेखा आर्य ने भ्रष्टाचार में लिप्त सभी कर्मचारियों एवं अधिकारियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करते हुए पुलिस टीम को एफआइआर के आदेश दिए। उन्होंने बताया कि दवा भंडारगृह में निरीक्षण करने के दौरान कई तरह की अनियमितताएं पाई गई हैं। साफ पता लगता है कि दवाओं को लेकर बड़ा घोटाला हुआ है। मामले में उच्च स्तरीय जांच कराई जाएगी। फिलहाल रजिस्टर और भंडारगृह को सील किया गया है।

वाहन के खाई में गिरने से दो की मौके पर मौत, जबकि दो हुए घायल

श्रीनगर से हरिद्वार के लिए चली एक कार अनियंत्रित होकर कौडियाला के समीप गहरी खाई में गिर गई। इससे कार चालक सहित दो लोगों की मौत हो गई, जबकि दो लोगों को मामूली चोटें आईं हैं। घायलों को एसडीआरएफ की टीम ने राजकीय चिकित्सालय पहुंचाया गया है।

सोमवार को वाहन संख्या यूूके08एएल-5649 श्रीनगर से हरिद्वार के लिए चला। दोपहर सवा तीन बजे कौडियाला से दो किलोमीटर आगे वाहन अनियंत्रित होकर खाई में जा गिरा। घटना के बाद मौके पर चीख पुकार मच गई। मार्ग से गुजर रहे लोगों ने मुनिकीरेती पुलिस और एसडीआरएफ को सूचना दी। सूचना पाकर थानाध्यक्ष मुनिकीरेती राम किशोर सकलानी और एसडीआरएफ के सब इंस्पेक्टर घ्कविन्द्र सजवाण टीम के साथ पहुंचे। कविन्द्र सजवाण ने बताया कि कार चालक 42 वर्षीय प्रदीप पुत्र स्व. वीर सघ्ंिह निवासी ज्वालापुर हरिद्वार और सरम पुत्र राजू निवासी सेक्टर-1 टिपडी की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि कार सवार दो अन्य 17 वर्षीय जतिन पुत्र संदीप और 75 वर्षीय ओमप्रकाश आर्य पुत्र होरी सिंह दोनों निवासी रेलवे स्टेशन के पास ज्वालापुर हरिद्वार को मामूली चोटें आईं है। घायलों को राजकीय चिकित्सालय पहुंचाया गया है।

मुख्यमंत्री ने भूमि खाताधारक के साथ पत्नी का नाम भी शामिल करने का दिया सुझाव

(एनएन सर्विस)
मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत की अध्यक्षता में आज को मुख्यमंत्री आवास में ग्राम्य विकास एवं पलायन आयोग की तीसरी बैठक आयोजित की गई। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने ग्राम्य विकास एवं पलायन आयोग द्वारा प्रस्तुत जनपद टिहरी की रिपोर्ट का विमोचन किया।
मुख्यमत्री ने कहा कि कोविड-19 के दृष्टिगत प्रदेशवासियों को रोजगार के अवसर प्रदान करना हमारी शीर्ष प्राथमिकताओं में हैं। यह भी आकलन किया जाय कि उत्तराखण्ड में जो प्रवासी उत्तराखण्डी आये हैं, उनमें से कितने लोग प्रदेश में रहकर ही रोजगार करना चाहते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के लिए महिलाओं को बैंक से लोन लेने में कोई परेशानी न हो, इसके लिए भूमि खाताधारक के साथ उनकी पत्नी का नाम भी शामिल किया जाय।
मुख्यमंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना के तहत प्रदेशवासियों को विभिन्न क्षेत्रों में रोजगार उपलब्ध कराये जायेंगे। इसकी भी पूरी स्टडी की जाय कि किन क्षेत्रों में कार्य करने के लिए लोग अधिक रूचि दिखा रहे हैं। लोगों की आमदनी में कैसे वृद्धि की जा सकती है, किन क्षेत्रों में रोजगार की अधिक सम्भावना है। इसकी पूरी स्टडी की जाय। जो गांव अभी तक सड़क की सुविधाओं से नहीं जुड़ पाये हैं और जिन गांवों में पेयजल की समस्या है, उनको भी चिन्हित किया जाय। हमें स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देने के साथ ही उसकी, पैकेजिंग एवं मार्केटिंग की दिशा में भी विशेष प्रयास करने होंगे। ग्रामीण क्षेत्र की योजनाओं एवं जन कल्याणकारी योजनाओं की दिशा में और तेजी से कार्य करने की जरूरत है। चाल-खाल के निर्माण की दिशा में राज्य में तेजी से कार्य हो रहे हैं। जल स्रोतों के पुनर्जीवन की दिशा में हमें प्रयास करने होंगे।
उपाध्यक्ष ग्राम्य विकास एवं पलायन आयोग डॉ. एस.एस.नेगी ने अवगत कराया कि आयोग द्वारा अब तक तीन रिपोर्टें राज्य सरकार को प्रस्तुत की गई हैं, जिसमें पलायन को कम करने हेतु सिफारिशें दी गई हैं। आयोग द्वारा जनपद अल्मोड़ा के ग्राम पंचायतों में पलायन के विभिन्न पहलुओं पर अंतरिम रिपोर्ट जून 2019 प्रस्तुत की गई। सितम्बर 2019 में ग्राम्य विकास के क्षेत्र में योजनाओं एवं कार्यक्रमों का विश्लेषण एवं ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए आयोग द्वारा सिफारिशें राज्य सरकार को प्रस्तुत की गई। जनपद पिथौरागढ़ के अन्तर्गत ग्रामीण क्षेत्र में सामाजिक-आर्थिक विकास को सुदृढ़ बनाने एवं पलायन को कम करने से संबंधित रिपोर्ट आयोग द्वारा अक्टूबर 2019 में सरकार के समक्ष प्रस्तुत की गई।
ग्राम्य विकास एवं पलायन आयोग द्वारा आज जनपद टिहरी गढ़वाल के ग्रामीण क्षेत्रों पर आधारित रिपोर्ट प्रस्तुत की गई। आयोग द्वारा विभिन्न क्षेत्रों का भ्रमण कर बैठकें आयोजित की गई एवं स्थानीय नागरिकों से संवाद किया गया। जनपद टिहरी की रिपोर्ट में विकास खण्डवार सामाजिक-आर्थिक आंकड़ों का विश्लेषण एवं रूझान, पलायन की स्थिति, वर्तमान ग्रामीण सामाजिक-आर्थिक विकास कार्यक्रमों के बारे में विश्लेषण तथा सिफारिशें की गई हैं।
बैठक में जानकारी दी गई कि आगामी वर्ष में जनपद चमोली, रूद्रप्रयाग एवं बागेश्वर के ग्रामीण क्षेत्रों में पलायन और सबंधित आर्थिक एवं सामाजिक मुद्दों के विभिन्न पहलुओं का विश्लेषण कर सामाजिक-आर्थिक विकास को सुदृढ़ बनाने एवं पलायन को कम करने पर रिपोर्ट तैयार की जायेगी। कोविड-19 के प्रकोप के बाद उत्तराखण्ड राज्य में पर्वतीय जनपदों में घर लौटे प्रवासियों के आर्थिक पुनर्वास हेतु सिफारिशें राज्य सरकार को प्रस्तुत करना आयोग की प्राथमिकता है।

बैठक में सही जानकारी नही देने पर डीएम घिल्डियाल ने अधिकारियों को लगाई फटकार

(एनएन सर्विस)
जिला कार्यालय सभागार में जिलाधिकारी मंगेश घिल्डियाल की अध्यक्षता में मुख्यमंत्री की घोषणा और वन भूमि हस्तांतरण के प्रकरणों की समीक्षा बैठक सम्पन्न हुई। इस मामले में जिलाधिकारी ने लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को डिवीजन वार एक जेई को केवल वन भूमि हस्तांतरण संबंधी प्रकरणों हेतु नामित करने के निर्देश दिए है। लोक निर्माण विभाग कीर्तिनगर द्वारा राज्य सेक्टर से चोंडी-सिमलासी बैण्ड मोटर सम्बन्धी वन भूमि प्रकरण पांच माह से लंबित होने पर सम्बंधित अधिकारी द्वरा सही जवाब नही दिए जाने पर फटकार लगाई।
जिलाधिकारी ने कहा कि वन भूमि हस्तांतरण संबंधी प्रकरण को ऑनलाइन करते हुए हार्ड कॉपी डीएफओ को एक सप्ताह में उपलब्ध कराएं। जिलाधिकारी ने आरओ स्तर पर पेंडिंग प्रकरणों को निरंतर फॉलो करते रहने के निर्देश दिए है। वहीं, पेयजल निगम घनसाली के अधिकारी के बैठक में उपस्थित नही होने पर स्पष्टीकरण के निर्देश दिए है। जिलाधिकारी ने मुख्यमंत्री घोषणाओं के तहत लंबित प्रकरणों को प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण के निर्देश दिए है। वही नगर पंचायत स्तर पर लंबित वन भूमि प्रकरणों के निस्तारण पर धीमी गति पर संबंधित ईओ को त्वरित गति से प्रकरणों के निस्तारण के निर्देश दिए है। उन्होंने कहा कि नगर पालिका और पंचायतों को खुले में कूड़े को बिखेरने की नीति से बचना चाहिए। स्पष्ट किया की खुले में कूड़ा पाए जाने पर संबंधित अधिकारी की जवाबदेही तय की जाएगी।

शराब के नशे में दो प्रवासियों ने केन्द्र व्यवस्थापक को पीटा

(एनएन सर्विस)
मुनिकीरेती थाना क्षेत्र के एक संस्थागत क्वारंटीन सेंटर में प्रवासियों की दबंगई के चलते यहां केंद्र व्यवस्थापक को पीट दिया गया। पीड़ित की तहरीर पर पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर संबंधित धाराओं में मुकदमा कायम किया है। वहीं, रविवार को आरोपियों को न्यायालय के समक्ष पेश किया गया। यहां से न्यायिक हिरासत में दोनों आरोपियों को जेल भेज दिया गया।
जानकारी के अनुसार, तपोवन स्थित एक संस्थागत क्वारंटीन सेंटर में दीवान सिंह रावत सहायक अध्यापक ब्लॉक नरेन्द्र नगर केंद्र व्यवस्थापक के रूप में तैनात है। बीते शनिवार की शाम करीब छह बजे यहां आंध्र प्रदेश से पहुंचे 16 दिन से क्वारंटीन दो युवकों ने शराब के नशे में मारपीट कर दी। मामले को लेकर पीड़ित अध्यापक ने मुनिकीरेती थाने में तहरीर दी। पुलिस ने तहरीर पाकर दोनों आरोपियों कुलदीप जोशी पुत्र डा. व्योम जोशी निवासी जी ब्लॉक, नई टिहरी और जगमोहन पुत्र राजेन्द्र रमोला निवासी रामोल गांव प्रतापनगर को गिरफ्तार किया। पुलिस ने आरोपियों पर आईपीसी की धारा 186,188,323,332,353,504,506 और 51 आपदा प्रबंधन अधिनियम में मुकदमा दर्ज किया है। रविवार को दोनों आरोपियों को न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया। यहां से न्यायिक हिरासत में उन्हें जेल भेज दिया गया है।

योगाचार्य को धन वसूली और जान से मारने की धमकी मिली

(एनएन सर्विस)
मुनिकीरेती थाना क्षेत्र में योग शिक्षक को अमेरिका के नंबर से व्हाट्सअप पर जबरन धन वसूली और जान से मारने की धमकी मिली है। योग शिक्षक ने थाना मुनिकीरेती में तहरीर दी है। वहीं पुलिस की साइबर सेल मामले की जांच में जुट गई है।
जानकारी के मुताबिक, तपोवन स्थित वेदांशा इंटरनेेशनल योग एकेडमी के संचालक संजीव कुमार पांडेय को बीते माह 21 मई को व्हाट्सअप घ्पर विदेशी नंबर से मैसेज आया। उन्होंने मैसेज को पढ़ा तो अमेरिकन लैंग्वेज में उनकी पूरी लोकेशन बताई हुई थी। साथ ही कुछ रूपयों की डिमांड की गई थी। मैसेज में साफ तौर पर यह भी कहा गया था कि यदि मामले में पुलिस की शरण ली तो उन्हें जान से मार दिया जाएगा। मैसेज में उक्त व्यक्ति ने अपना नाम न बताकर किसी से उनके नाम की सुपारी देने की बात कही है। घबराए संचालक संजीव कुमार ने मुनिकीरेेती पुलिस को तहरीर देकर कार्यवाही की मांग की।
वहीं, थानाध्यक्ष राम किशोर सकलानी ने कहा कि मामले को लेकर तहरीर प्राप्त हुई है। साइबर सेल से जांच कराने पर मालूम हुआ है कि उक्त नंबर अमेरिका का है। फिलहाल इस मामले में साइबर एक्सपर्ट उक्त नंबर की लोकेशन तलाश रहे है।

पूर्व में भी हो चुकी है धनवसूली
वेदांशा इंटरनेेशनल योग एकेडमी के संचालक संजीव कुमार पांडेय के साथ पूर्व में भी जबरन धन वसूली का मामला हो रखा है। वर्ष 2018 में ऋषिकेश कोतवाली में स्पेशल ब्रांच में तैनात महिला एसआई ने कुछ स्थानीय लोगों के साथ मिलकर पांच लाख रूपये की धनवसूली की थी। उक्त मामले में स्थानीय पुलिस का सहयोग न मिलने पर संजीव कुमार उच्चाधिकारियों से मिले थे। उच्चाधिकारियों के निर्देश पर उक्त महिला एसआई सहित छह लोगों पर भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम सहित अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज हुआ था। फिलहाल महिला एसआई का कुमांऊ मंडल में स्थानांतरण हो चुका है।

मुकदमा वापस लेने का बन चुका है दबाव
पीड़ित को उक्त मुकदमें को वापस लेने के लिए छह माह बाद 2018 में ही चार लोगों ने घर में घुसकर दबाव बनाया था। साथ ही मुकदमा वापस न लेने पर जान से मारने की धमकी तक दे डाली थी। उक्त मामले में भी पुलिस ने चार लोगों पर मुकदमा दर्ज किया था।