एकता बिष्ट को राज्य सरकार से बधाई के सिवाय कुछ नही मिला

उत्तराखंड मूल के महेंद्र सिंह धौनी हों या फिर उन्मुक्त चंद…दोनों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मुकाम मिलने पर उत्तराखंड में भी पूरा सम्मान मिला है। मगर महिला विश्व कप में इतिहास रचने वाली भारतीय टीम में शामिल अल्मोड़ा की एकता बिष्ट अभी भी उपेक्षित ही हैं। न तो खेल विभाग और न ही राज्य सरकार ने उत्तराखंड की बेटी के लिए सम्मान की घोषणा की है और न ही पुरस्कार की। शनिवार को बीसीसीआई ने वर्ल्ड कप में खेल रही सभी महिला खिलाड़ियों को 50-50 हजार रुपये देने की घोषणा की है। इसमें एकता बिष्ट भी शामिल हैं। लेकिन उत्तराखंड सरकार ने एकता को सिर्फ बधाई के कुछ नहीं दिया।
भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने आईसीसी महिला वन-डे विश्व कप में पिछली बार की चौंपियन ऑस्ट्रेलिया को शिकस्त देकर फाइनल में दूसरी बार जगह बना ली है। विश्व कप में अल्मोड़ा की एकता बिष्ट ने भी अहम भूमिका निभाई है। लीग राउंड के 6 मैचों में एकता ने 9 विकेट चटकाकर टीम को सेमीफाइनल तक पहुंचने में योगदान दिया। इसमें पाकिस्तान के खिलाफ 18 रन देकर 5 विकेट भी लिए। तब मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत और खेल मंत्री अरविंद पांडे ने एकता बिष्ट को बधाई तो दी, लेकिन उत्तराखंड की बेटी के लिए कोई घोषणा नहीं की। जबकि खेल विभाग ने क्रिकेट स्टेडियम का नाम उत्तराखंड के क्रिकेटर के नाम पर रखे जाने का प्रावधान बनाया हुआ है। वहीं नगद धनराशि भी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर शानदार प्रदर्शन करने वाले खिलाडिघ्यों को प्रदेश में दी जाती है। बावजूद इसके अभी तक कोई घोषणा नहीं हो सकी है।

एसोसिएशन नहीं, फिर भी पहुंची भारतीय टीम में
हुक्का क्लब में लड़कों के साथ क्रिकेट खेलकर शुरुआत करने वाली एकता बिष्ट ने क्रिकेट कोच लियाकत अली से खेल की शिक्षा ली। उत्तराखंड में एसोसिएशन न होने के बावजूद अपनी गेंदबाजी के दम पर उत्तर प्रदेश की टीम में जगह बनाई। साल 2011 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ एकता ने वन-डे टीम में जगह बनाई। इसके बाद से अब तक एकता 6 साल में 46 वनडे मैच खेल चुकी हैं और 71 विकेट उनके नाम हैं। टी-20 वर्ल्ड कप क्वालीफायर में हैट्रिक लेने वाली एकता भारत की पहली गेंदबाज भी हैं।

एकता को मिलना चाहिये सम्मान
उत्तराखंड में राजीव गांधी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम और इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम बनकर तैयार हुए हैं। एकता बिष्ट बीते 6 साल से भारतीय महिला टीम का अहम हिस्सा हैं और दो वनडे और दो टी-20 वर्ल्ड कप खेल चुकी हैं। महिला क्रिकेट को बढ़ावा देने के लिए एकता के नाम पर दोनों क्रिकेट स्टेडियम में स्टैंड का नाम किया जा सकता है। यह एकता बिष्ट के लिए एक सम्मान भी होगा और युवाओं को प्रेरणा भी मिलेगी।भारतीय टीम का कप्तान बनने पर उत्तराखंड के क्रिकेट स्टेडियम में एक स्टैंड का नाम उन खिलाड़ी के नाम पर रखने का प्रस्ताव था। मगर ऐसा कोई क्रिकेटर अभी तक नहीं है। एकता बिष्ट ने उत्तराखंड का मान बढ़ाया है। राज्य में दो नए क्रिकेट स्टेडियम बने हैं, इसमें एकता के नाम पर पवेलियन का नाम हो सकता है, इस प्रस्ताव को खेल मंत्री के सामने रखेंगे।

शास्त्री को भारी वेतन देने की तैयारी में बीसीसीआई

बीसीसीआई ने टीम इंडिया के चीफ कोच रवि शास्त्री का वेतन तय कर दिया है। सूत्रों के मुताबिक, शास्त्री को हर साल आठ करोड़ रुपए से ज्यादा का वेतन दिया जाएगा। इसमें सारे भत्ते शामिल हैं। इससे पहले कोच रहे अनिल कुंबले को सात करोड़ रुपए सालाना दिए गए थे। अन्य सहायक कोचों भरत अरुण, आर. श्रीधर और संजय बांगर को 2.3 करोड़ रुपए का वेतन दिया जा सकता है। हालांकि इसका आधिकारिक ऐलान अभी नही हुआ है।
इससे पहले रवि शास्त्री जब टीम इंडिया के डायरेक्टर थे, तब उन्हें 7 से 7.5 करोड़ रुपए का भुगतान किया जाता था। इसमें वह मुआवजा राशि भी शामिल थी, जो उन्हें उनके मीडिया कमिटमेंट्स से हटने के बदले में बीसीसीआई ने दी थी। संजय बांगर और भरत अरुण को आईपीएल छोड़ने के चलते वेतनवृद्धि दी गई है। बांगर किंग्स इलेवन पंजाब के कोच थे तो भरत रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर से जुड़े थे।
इससे पहले कोच चुनने का कामकाज देख रही सौरव गांगुली, सचिन तेंदुलकर और राहुल द्रविड़ की क्रिकेट सलाहकार समिति ने जहीर खान को गेंदबाजी सहायक और राहुल द्रविड़ को बल्लेबाजी सहायक चुना था।

आत्मरक्षा के लिए कराटे जरूरी: निहारिका

– परीक्षा पास करने वाले 54 खिलड़ियों को मिली बेल्ट

ऋषिकेश।
व्यापार सभा में आयोजित बेल्ट वितरण कार्यक्रम में ब्राउन, परपल, ब्ल्यू, ग्रीन, ओरेंज, येलो बेल्ट पाने वाले खिलाड़ियों को आइपीएस और प्रभारी इंस्पेक्टर ऋषिकेश निहारिका भट्ट ने सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में बालिकाओं को आत्मरक्षा के लिए कराटे आदि का प्रशिक्षण लेना चाहिए जिससे कि जरूरत के समय इसका प्रयोग कर स्वयं को सुरक्षित कर सकें। प्रशिक्षण से बालिकाओं का आत्मविश्वास भी बढ़ता है। बताया कि पुलिस की ओर से बालिकाओं के लिए 15 दिन का निशुल्क कैंप व्यापार सभा में लगाया जाएगा जिसमें आत्मरक्षा, सुरक्षा आदि की जानकारी दी जाएगी। व्यापार सभा अध्यक्ष नवल कपूर ने कहा कि कराटे सीखने से व्यक्ति का शरीर और दिमाग दोनों मजबूत होते हैं। इस दौरान शिव मोहन मिश्रा, इंद्र कुमार गोदवानी, सुभाष कोहली, देवेश्वर रतूड़ी, एकेडमी अध्यक्ष ललित मोहन मिश्रा, विक्रम शाही, प्रिंस सक्सेना, हरिता रावत, रवनीत सिंह, वरदान वर्मा, मोहन सिंह राणा, चिराग धमीजा, अजय कुमार, सौरभ पांडेय, आकाश उनियाल, वरुण बडोला, मोहित जैन, आदित्य कुमार, डॉ. विनोद कुमार आदि मौजूद थे।

इन्हें मिली ब्राउन बेल्ट
साभ्या प्राची, प्रणय रावत, श्रेयांश जोशी, मानसी जोशी, आकाश उनियाल

इन्हें मिली व्हाइट पर्पल बेल्ट
अर्जुन थापा, अनिकेत अवस्थी, मयंक डोभाल, हेरम्बा डंगवाल, चैतन्य कपूर, रुद्रांश डंगवाल

इन्हें मिली पर्पल बेल्ट
शांभवी पांडेय, सार्थक जोशी, पायल प्रजापति, तपस परियंजन

इन्हें मिली ओरेंज बेल्ट
रूपा सती, विकास चौहान, विनायक उनियाल

इन्हें मिली ब्ल्यू बेल्ट
उविरल थपलियाल, वर्चस पांडेय, आग्रह पांडेय, प्राची पियूष, श्रेया उनियाल, सार्थक जोशी, शांभवी पांडेय

इन्हें मिली यलो बेल्ट
संचित जैन, शौर्या कंडारी, श्यामला राठौर, संचित मालवा, यश, रुद्रांक्ष, साक्षी, शुभम, कंचन, कनिष्ठा, गीतांजलि, सूरज मंडल, सूजल भारद्वाज

आदित्य चौहान को ग्रीन बेल्ट मिली

पदक विजेता खिलाडी सम्मानित हुए

ऋषिकेश।
सोमवार को व्यापार सभा में आयोजित कार्यक्रम में राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में पदक जीतने वाले विकास चौहान, साक्षी, कंचन, पायल प्रजापति, मानसी जोशी, श्रीयांश जोशी, रुषा सती व जिला स्तरीय प्रतियोगिता में चेतन्य कपूर, अविरल थपलियाल को पदक जीतने पर सम्मानित किया गया। विभिन्न प्रतियोगिताओं में प्रतिभाग करने वाले मानस, सिमरन, कृष्णा, शौर्या कंडारी, अनिकेत अवस्थी, सचिन मालवा, प्रणय रावत, जयराज, प्राची, पीयूष आदि भी सम्मानित हुए। मुख्य अतिथि अनुकृति गुसाईं ने सभी खिलाड़ियों को बधाई दी।
उन्होंने कहा कि कराटे का प्रशिक्षण हर वर्ग के लोगों को लेना चाहिए। आत्म रक्षा के लिए कराटे से बेहतर विकल्प कोई नहीं है। कोच राजेन्द्र गुप्ता ने बताया कि राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीतने वाले तीन खिलाड़ी 10 मई को नेशनल कराटे प्रतियोगिता में भाग लेंगे। कार्यक्रम की अध्यक्षता डॉ. लक्ष्मी नारायण जोशी ने की। मौके पर डॉ. राजे नेगी, उत्तम सिंह असवाल, डीपी रतूड़ी, अजय कुमार, मोहन सिंह राणा, चिराग धमीजा, वरदान वर्मा, सिद्धार्थ, सुमित कुमार, सौरभ पाण्डेय आदि मौजूद रहे।

लायंस क्लब ऋषिकेश रॉयल ने सिंधी यूथ क्लब को हराया

ऋषिकेश।
गुरुवार को ऑटोनॉमस कॉलेज के खेल मैदान में लायंस क्लब ऋषिकेश और सिंधी यूथ क्लब के बीच ट्वेंटी मैच खेला गया। लायंस क्लब ऋषिकेश रॉयल ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का निर्णय लिया। निर्धारित ओवरों में लांयस क्लब की टीम ने 107 रनों का स्कोर खड़ा किया। लक्ष्य का पीछा करते हुए प्रतिद्वंदी टीम सिंधु यूथ क्लब की शुरुआत सही नही रही। सिंधी क्लब की टीम 20 ओवरों में 102 रनों में ही सिमट गई। लायंस क्लब ने प्रतिद्वंदी टीम को छह रनों से शिकस्त देकर मैच जीत लिया।
लांयस क्लब की ओर से कप्तान पंकज चंदानी और सिंधी यूथ क्लब की ओर से गुलशन चंदानी ने सर्वाधिक रन बनाये। सिंधी यूथ क्लब के गुलशन चंदानी को सर्वाधिक 33 दन बनाने पर मैन ऑफ द मैच का खिताब दिया गया। जबकि लायंस क्लब के विनीत गुलाटी को चार ओवर में दो विकेट चटकाने और एक ओवर मेडन देने पर सर्वश्रेष्ठ गेंदबाज का खिताब दिया गया। ऑल राउंडर का खिताब शाइन आंनद के नाम रहा।

राष्ट्रीय नेशनल नेटवॉल को 43 खिलाड़ियों का चयन

ऋषिकेश।
राष्ट्रीय नेशनल नेटवॉल बालक-बालिका प्रतियोगिता जूनियर बालक वर्ग में माधव चावला, हार्दिक, प्रिंयाश,अनिरुद्ध, कैशव गुप्ता,अनुराग, सूरज, अखिलेश, श्रवण कुमार कप्तान, कार्तिक, दीपक भंडारी, मोहित जोशी,बालिका वर्ग में लक्ष्मी भंडारी,मान्या, रश्मिी राणा,मानवी राणा, हर्षिता चौहान, रीतू पुण्डीर, ज्योति कलूड़ा, गुंजन, मानसी, शीतल, अर्चना, प्रीति का चयन किया गया है। जबकि सब जूनियर बालक वर्ग में सिद्धार्थ कप्तान, कुमार गौरव, संदीप, रोहित, मोहित, आशुतोष, कुनाल, शिवम,अर्चित,राज रोतेला, उदय चौधरी, आयुष, बालिका वर्ग में महक कप्तान, इसिका, सुमिता, सावित्री, सिमरन,अन्नया, शिवानी का चयन किया गया है। उत्तराखंड नेटवॉल एसोसिएशन के अध्यक्ष दिनेश चन्द्र ने बताया कि बुधवार को टीम दिल्ली के लिए रवाना होगी। 23 से 26 मार्च तक जनकपुरी में प्रतियोगिता होगी।

एमआईटी के खिलाड़ियों ने दिखाया दमखम

ऋषिकेश।
क्रिकेट टूर्नामेंट में सोमवार को आईटी और बॉयोटेक की टीम आमने-सामने हुईं। बायोटेक ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का निर्णय लिया। टीम ने निर्धारित 12 ओवरों में 141 रन बनाए। लक्ष्य का पीछा करने उतरी आईटी टीम 126 रन पर ही सिमट गई। बैडमिंटन प्रतियोगिता के बालक वर्ग में पॉलिटेक्निक के आशीष पहले और आईटी के हिमांशु डिमरी दूसरे स्थान पर रहे। फुटबॉल में पॉलिटेक्निक विभाग ने आईटी टीम को 4-0 से हराया। वॉलीबॉल में आईटी-ए ने आईटी-बी को 3-2 से मात देकर मैच अपने नाम किया। इस अवसर पर अखिलेश बिजल्वाण, प्रदीप पोखरियाल, डॉ. सुनील कुमार सिंह, कामेश यादव, सुदीप सारस्वत, अजय तोमर, डॉ. रजनीश पाण्डेय, संदेश भण्डारी, साहिल बहुगुणा, अर्पित राजपूत, जनक थापा, आदित्य चौहान, रोहित पंवार, जयदीप व लोकेश आदि उपस्थित थे।

दिल्ली राष्ट्रीय स्कूल क्रिकेट टूर्नामेंट में जीती उत्तराखंड की टीम

ऋषिकेश।
दिल्ली में आयोजित सातवीं अंडर 12 आयु वर्ग की राष्ट्र स्तरीय क्रिकेट चैम्पियनशिप में उत्तराखंड, दिल्ली, हरियाणा, आंध्रप्रदेश, हिमाचल प्रदेश, पंजाब, तमिलनाडु, तेलंगाना सहित नौ राज्यों की टीम ने भाग लिया। मंगलवार को हुए फाइनल मुकाबले में उत्तराखंड और हरियाणा की टीम आमने-सामने हुई। इसमें उत्तराखंड की टीम ने बेहतरीन प्रदर्शन किया। हरियाणा को 10 रनों से हराकर उत्तरखंड टीम ने चैम्पियनशिप ट्रॉफी अपने नाम की। पूरे टूर्नामेंट में 246 रन बनाने वाले उत्तराखंड टीम के बल्लेबाज पुर्वांश ध्रुव को मैन आफ द सीरीज चुना गया।

अंडर 13 में डीएसबी और 6 में एनडीएस ने जीती ट्रॉफी

ऋषिकेश।
शहीद मनीष थापा की स्मृति में आयोजित अंतर विद्यालयी फुटबॉल प्रतियोगिता का बुधवार को निर्णायक मैच के साथ समापन हो गया। अंडर-13 का फाइनल मैच में तिब्बतयन स्कूल और डीएसबी गुमानीवाला के बीच खेला गया। जिसमें डीएसबी ने तिब्बतयन को 1-0 से मात दी। वहीं अंडर-16 के मुकाबले में एनडीएस श्यामपुर और डीएसबी गुमानीवाला के बीच फाइनल खेला गया। जिसमें एनडीएस ने मैच अपने नाम किया। विजेता टीम को ट्रॉफी देकर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर रोश अरोड़ा, नवल कपूर, विशाल, सुनील थपलियाल, उपदेश उपाध्याय, टेक सिंह राणा, शशिराम, कमलेश भाटिया, सुरेन्द्र गौनियाल, जितेन्द्र मल्ला, दिनेश पैन्यूली, नागेश और राजपूत आदि उपस्थित थे।

62वीं ऑल इंडिया स्कूल गेम्स में लाभांशु ने जीता स्वर्ण

ऋषिकेश।
दिल्ली में दो से आठ जनवरी तक चलने वाले 62वें ऑल इंडिया स्कूल गेम्स में ऋषिनगरी के छात्र लाभांशु शर्मा ने स्वर्ण पदक हासिल किया। लाभांशु शर्मा ने कुश्ती सीनियर वर्ग के 120 किग्रा में अपने प्रतिद्वंदी को हराकर राज्य का नाम रोशन किया।
लाभांशु शर्मा को पहलवानी अपने पिता से विरासत में मिली है। लाभांशु शर्मा को पूर्व में प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति पुरस्कार भी मिला है। उनकी इस उपलब्धि पर तीर्थनगरी के लोगों में उत्साह है। उड़ान फाउंडेशन के अध्यक्ष डॉ. राजे नेगी ने बताया कि लाभांशु ने उनको यह जानकारी फोन पर दी। रविवार को हरिपुरकलां में आयोजित एक कार्यक्रम में लाभांशु को सम्मनित किये जाने की जानकारी भी दी।