सांसद बलूनी को बोरगांव के विकास की सता रही चिंता, प्रतिनिधि को भेजा गांव

भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय मीडिया समन्यवक और राज्यसभा सांसद अनिल बलूनी द्वारा गोद लिए गए गैर आबाद ’’बोरगांव’’ के निवासियों के साथ आज उनके प्रतिबनिधियों ने एक बैठक की। इस बैठक में गांव के कई विषयों पर चर्चा हुई।
बैठक की अध्यक्षता राज्यसभा सांसद की ओर से बोरगांव के निवासियों के साथ भाजपा युवा मोर्चा के राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य और जम्मू-कश्मीर के प्रदेश प्रभारी विपिन कैंथोला ने की। उन्होंने बताया कि बैठक में ग्रामीणों ने अपनी समस्याओं को साझा किया। ग्रामीणों का कहना था कि गांव के संपर्क मार्ग के लिए सड़क का निर्माण शीघ्र ही पूरा होना चाहिये। ग्रामीणों ने गांव को जोड़ने वाली नदी पर पुल के निर्माण का भी सुझाव दिया। ग्रामीणों का कहना था कि संपर्क मार्ग बनने से ग्रामीण जल्द अपने गांव वापस आएंगे और गांव के विकास के लिए सहभागिता निभाएंगे। सांसद के प्रतिनिधि विपिन कैंथोला ने ग्रामीणों को बताया कि गांवों को आबाद करने के लिए एक बड़े स्तर पर बैठक का आयोजन होगा। जिसमें होमस्टे और पुनर्वास को लेकर एक बड़ी कार्य योजना बनाई जायेगी। कार्ययोजना को साकार करने के लिए स्वयं सासंद बलूनी अपनी ओर से मदद करेंगे।
इस अवसर पर ग्रमीणों ने सिद्धबली मंदिर में सांसद अनिल बलूनी के अच्छे स्वास्थ्य की कामना की। ग्रामीणों ने कहा कि हम सभी ग्रमीण अपने गांव को विकसित करने और फिर से बसवाट करने के लिए सांसद से कंधे से कंधा मिलाकर कार्य करने को तैयार है। ग्रामीणों ने अनिल बलूनी का धन्यवाद भी दिया कि उन्होंने इस ओर उनके गांव का चयन किया है। बैठक में जिला पंचायत उपाध्यक्ष सुमन कोटनाला, विपिन कोटनाला, भाजपा नगर महांमत्री कोटद्वार धर्मवीर गुसांई, आशीष जदली, देवेन्द्र नेगी, राजीव नेगी, सुरेंद्र सिंह, मनोज कोटनाला, बबली कोटनाला, आशीष नेगी, बलबीर नेगी राकेश नेगी के साथ कई ग्रामीण उपस्थित रहे।

ऑनलाईन जुड़े स्कूलों के बच्चों से मुख्यमंत्री ने किया संवाद

उत्तराखण्ड, स्कूली शिक्षा में वर्चुअल क्लासरूम प्रोजेक्ट शुरू करने वाला पहला राज्य बन गया है। शनिवार को मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने प्रदेश के 500 राजकीय माध्यमिक विद्यालयों में वर्चुअल क्लास का उद्घाटन किया। वर्तमान में 150 विद्यालयां को जोड़ा जा चुका है। कार्यक्रम के दौरान ये सभी विद्यालय ऑनलाईन थे। अगले 15 दिनों में शेष 350 चिन्हित विद्यालयों को भी जोड़ दिया जाएगा।

नवोदय विद्यालय, ननूरखेड़ा, देहरादून में आयोजित कार्यक्रम में परियोजना का शुभारम्भ करते हुए मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने कहा कि प्रदेश में तकनीक के माध्यम से शिक्षा में सुधार किया जा रहा है। अनिर्णय की स्थिति ठीक नहीं होती है। 2010-11 से बजट उपलब्ध था परंतु निर्णय नहीं लिया गया। समय पर निर्णय न लिए जाने से लाखां बच्चे इससे वंचित रह गए। हमने इस पर निर्णय लिया और आज उत्तराखण्ड स्कूली शिक्षा में वर्चुअल क्लास शुरू करने वाल पहला राज्य बन गया है। इससे जहां किसी विषय विशेष के अध्यापक नहीं हैं, वहां वर्चुअल क्लास के माध्यम से उस विषय की पढ़ाई कराई जाएगी। इससे लगभग 1 लाख 90 हजार बच्चे लाभान्वित होंगे। केंद्र सरकार से राज्य को भरपूर सहयोग व सहायता मिलती है। ये हम पर है कि हम किस प्रकार से अच्छे प्रस्ताव बनाकर भेजते हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि यह देखा जाएगा कि विद्यालय समय के बाद स्कूल भवन का उपयोग किस प्रकार किया जा सकता है। वर्चुअल क्लास का उपयोग एकेडमिक पढ़ाई के साथ ही कैरियर परामर्श, प्रतियोगिताओं की तैयारी, साक्षरता, मोटिवेशन क्लास में करने की सम्भावना देखी जाएगी। उन्होंने सचिव विद्यालयी शिक्षा को इसके लिए निर्देशित किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि तकनीक से शिक्षक का स्थान नहीं लिया जा सकता है परंतु जहां शिक्षक नहीं हैं, वहां यह उपयोगी रहेगी। इससे शिक्षकों को भी प्रशिक्षित किया जा सकता है। बच्चों का बहुआयामी विकास होगा। उनका सोचने का दायरा बढ़ेगा।

शिक्षा मंत्री अरविंद पाण्डे ने कहा प्रदेश की विद्यालयी शिक्षा के लिए आज का दिन ऐतिहासिक है। भौगोलिक विषमताओं को देखते हुए हाई क्वालिटी एजुकेशन मे यह सुविधा बहुत उपयोगी रहेगी। शिक्षा का स्तर सुधारने के लिए प्रदेश सरकार लगातार प्रयासरत है।

सचिव विद्यालयी शिक्षा आर मीनाक्षी सुंदरम ने बताया कि वर्चुअल क्लासरूम कार्यक्रम, समग्र शिक्षा के अन्तर्गत सूचना एवं संचार तकनीक (आईसीटी) के तहत संचालित है। वर्तमान में 500 राजकीय माध्यमिक विद्यालयों में संचालित किया जाएगा। वर्चुअल क्लासरूम में सैटेलाईट इन्टरएक्टीव टर्मिनल (एसआईटी) तथा रिसीव ऑन्ली टर्मिनल (आरओटी) के माध्यम से टू-वे सीमलैस इन्टरएक्टीवीटी द्वारा देहरादून स्थित 04 सेंट्रल स्टूडियो से प्रदेश के 500 राजकीय माध्यमिक विद्यालयों को जोड़ा जा रहा है। वर्चुअल क्लासरूम तकनीक नवीनतम तकनीक है। यह स्मार्ट क्लासरूम व आईसीटी लैब से आधुनिक है।

मुख्यमंत्री ने वर्चुअल जुडे विभिन्न विद्यालयों के बच्चों से संवाद भी किया। बच्चों ने उनसे अनेक प्रश्न पूछे जिनका मुख्यमंत्री ने विस्तार से जवाब दिया। मुख्यमंत्री ने बच्चों को कहा कि परिश्रम का कोई विकल्प नहीं होता है। जो भी काम करें, पूरी निष्ठा, एकाग्रता और समर्पण से करें। मुख्यमंत्री से बात करने वालों में जीजीआईसी, कर्णप्रयाग की अमीषा व आंचल, जीआईसी, पाण्डुकेश्वर की अंशिका, जीआईसी, एकेश्वर के जयरत्न व साहिल कुमार, जीजीआईसी, रानीखेत की लक्षिता शाह व आशा, जीआईसी हरपुन हरसन (उधमसिंहनगर) के मोहम्मद सलीम, जीआईसी दिक्तोली (चम्पावत) की मानसी, जीआईसी गुरना (पिथौरागढ़) के हर्षकुमार, जीआईसी गुनियालेक, नैनीताल की नीतू व योगिता शामिल थे। छात्रों के अनुरोध पर मुख्यमंत्री ने कहा कि जीआईसी, एकेश्वर का भवन निर्माण कराया जाएगा। जीआईसी गुनियालेक में भूमि उपलब्ध होने खेल का मैदान बनाया जाएगा।

मीटर चोरी होने पर विभागीय अधिकारियों के शब्द हम पर राजनीतिक दबाव, नहीं लगा सकते नया मीटर

ऋषिकेश में एक युवक की दुकान का बिजली मीटर दीपावली से चार दिन पूर्व अज्ञात लोगों ने चोरी कर लिया। युवक की लिखित शिकायत पर न ही पुलिस ने दिलचस्पी दिखाई और न ही बिजली विभाग के अधिकारियों ने नया मीटर लगाने की कवायद तेज की। हालत यह रहे दीपावली में सभी लोगों के घर रोशनी से चमके। मगर, उक्त युवक ने अंधेरे में ही दीपावली मनाई। अब दीपावली के तीन सप्ताह बाद भी बिजली विभाग के अधिकारी काम करने को राजी नहीं। वह अब यह दलील देकर पिंड छुड़ा रहे है कि उन पर राजनीतिक दबाव है। इसलिए वह मीटर नहीं लगा सकते है।

बीते 22 अक्तूूबर को ललित कुमार जाटव पुत्र स्व. भोपाल सिंह जाटव निवासी पुरानी जाटव बस्ती ऋषिकेश अपनी पुरानी चुुंगी स्थित डेंटिंग पेंटिंग की दुकान बंद करके घर चले गए। 23 अक्तूबर की सुबह दुकान पर काम करने वाले युवक ने उन्हें फोन पर सूचना दी कि दुकान से बिजली मीटर चोरी हो गया है।

इसकी शिकायत उन्होंने से की तो यहां एसडीओ राजीव कुमार ने कहा कि कोतवाली में जाकर लिखित शिकायत करो और उसकी एक प्रति उपलब्ध कराओ, इसके बाद मीटर लग जाएगा। कोतवाली पुलिस ने पहले जांच करने की बात कहकर तहरीर की रिसीविंग देने से इंकार कर दिया। इसके बाद ललित कुमार एसएसपी देहरादून अरुण मोहन जोशी के यहां से तहरीर की एक प्रति रिसीव करके ले आए। अब बिजली विभाग के एसडीओ राजीव कुमार मीटर लगाने से इंकार कर रहे हैं। हालत ये है कि मीटर न लगाने के लिए विभागीय अधिकारी आए दिन नये-नये दस्तावेज उपलब्ध कराने को कह रहे हैं। पीड़ित एसडीओ राजीव कुमार पर आरोप लगाते हुए बताया कि राजनीतिक दबाव के चलते वह मीटर नहीं लगा रहे है। ऐसी बात एसडीओ ने उन्हें कही है।

राज्य में कंटेंट क्रियेशन वर्किंग ग्रुप का गठन जल्दः त्रिवेन्द्र

राज्य स्थापना सप्ताह के तहत मसूरी में आयोजित फिल्म कान्क्लेव में मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने हिन्दी, गढ़वाली एवं कुमांऊनी फिल्मों को अनुदान राशि के रूप में चेक वितरित किये। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र ने गढ़वाली फिल्म हैलो यूके के निर्माता मनीष वर्मा, बौडिगी गंगा के निर्माता अनिरूद्ध गुप्ता, भुली ए भुली के निर्माता ज्योति खन्ना, कुमाऊंनी फिल्म गोपी भिना की निर्माता मीनाक्षी भट्ट व उत्तराखण्ड में फिल्मायी गई हिन्दी फिल्म साइलेंट हिरोज के निर्माता कमल वीरानी, महेश भट्ट को अनुदान राशि के चेक भेंट किये। मनीष वर्मा के प्रतिनिधि के तौर पर आरके वर्मा और प्रदीप भण्डारी ने चेक प्राप्त किया।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र ने कहा कि फिल्म कॉन्क्लेव में जो भी सुझाव प्राप्त हुए हैं, उन पर शीघ्र अमल किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में कंटेंट क्रियेशन वर्किंग ग्रुप का गठन किया जाएगा। फिल्म सिटी स्थापना की दिशा में ठोस कदम उठाए जा रहे हैं। प्रशिक्षण संस्थान की स्थापना की दिशा में भी विचार किया जा रहा है। राज्य में फिल्म नीति को और अधिक प्रभावी बनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि एक फिल्म डायरेक्टरी का भी प्रकाशन किया जायेगा, जिसमें टैक्नीशियन, कलाकार तथा लोकेशन आदि के सम्बन्ध में जानकारी मिल सकेगी। जिससे फिल्म निर्माताओं को राज्य में उपलब्ध संसाधनों के विषय में जानकारी प्राप्त हो सकेगी।

युवाओं के चेहरे पर मुस्कुराहट से ही देश के चेहरे पर मुस्कुराहट

अल्मोड़ा स्थित उदयशंकर नृत्य एवं संगीत अकादमी में मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत और केंद्रीय युवा एवं खेल राज्यमंत्री किरेन रिजिजू ने दीप प्रजवल्लित कर कार्यक्रम का शुभारम्भ किया। इस अवसर पर उत्तराखण्ड सरकार में केबिनेट मंत्री यशपाल आर्य, अरविंद पाण्डे, उत्तराखण्ड विधानसभा उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह चौहान सहित अन्य गणमान्य उपस्थित थे। कार्यक्रम में देश विदेश में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा रहे युवाओं के साथ उत्तराखंड की भावी योजनाओं पर विस्तार से चर्चा की गई। विभिन्न क्षेत्रों में काम कर चुके युवाओं के अनुभव भी साझा किये गए।

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिह रावत ने कहा है कि दक्षता व विश्वसनीयता उत्तराखण्ड के युवाओं की विशेषता है। जरूरत है उनमें उद्यमिता का गुण विकसित करने की। युवा देश का कल हैं। उन्हें अपनी शक्ति को पहचानना होगा और नई सोच के के साथ बढ़ना चाहिए। मुख्यमंत्री, राज्य स्थापना सप्ताह के अंतर्गत अल्मोडा में आयोजित युवा सम्मेलन में सम्बोधित कर रहे थे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार की सोच है कि युवाओं की आकांक्षाओं को जानकर सरकार के बजट व योजनाओं में इन आकांक्षाओं को स्थान दिया जाए। युवाओं के चेहरे पर मुस्कुराहट से ही देश के चेहरे पर मुस्कुराहट आयेगी। देश में एवियेशन का क्षेत्र काफी बढ़ रहा है। इसमें रोजगार की काफी सम्भावनाएं हैं। आने वाले समय में उत्तराखण्ड एडवेंचर टूरिज्म का बेस्ट डेस्टीनेशन बनने जा रहा है। हम साहसिक पर्यटन का अलग निदेशालय बना रहे हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हमें वैकल्पिक खेती की ओर जाना होगा। एरोमेटिक, अदरक, हल्दी आदि की खेती को जंगली जानवर नुकसान नहीं पहुंचाते हैं। पर्वतीय क्षेत्रों में तमाम बाधाएं हैं परंतु इन्हें नई सोच के साथ दूर किया जा सकता है। उत्तराखण्ड में फाईबर पर आधारित छोटे उद्यम स्थापित किए जा सकते हैं। यहां इंडस्ट्रियल हेम्प और सिसौण की काफी सम्भावनाएं हैं। इनसे सैंकडों तरह के उत्पाद बनाए जा सकते हैं जिनकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में बहुत अच्छी कीमत मिलती है।

पिरूल व सौर ऊर्जा बन रहे विकास का आधार
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखण्ड में पिरूल को भी विकास से जोड़ा जा सकता है। इसमें बड़ी पहल की गई है। पिरूल से बिजली बनाने के लिए प्रोजेक्ट आवंटित किए गए हैं। इसी प्रकार सोलर नीति के तहत भी परियोजनाओं के आवंटन-पत्र सौंपे जा चुके हैं।

फिल्म शूटिंग के बेस्ट डेस्टीनेशन बना उत्तराखण्ड
मुख्यमंत्री ने कहा कि आज उत्तराखण्ड फिल्म शूटिंग के बेस्ट डेस्टीनेशन के तौर पर उभर रहा है। इसका बड़ा कारण यहां के लोगों की प्रकृति है। सभी फिल्मकार कहते हैं कि उत्तराखण्ड के लोग शांति से रहते हैं और अनुशासनप्रिय हैं। फिल्म शूटिंग के समय कभी भी यहां व्यवधान नहीं आया। मुख्यमंत्री ने कहा कि एक फिल्म की शूटिंग में सैंकडों लोगों का क्रू यहां आता है और दो-तीन माह तक रहता है। इससे यहां की अर्थव्यवस्था को फायदा होता है और हमारे बच्चों को भी अवसर मिलता है। उत्तराखण्ड को बेस्ट फिल्म फ्रेंडली स्टेट का अवार्ड मिला है।

ग्रोथ सेंटरों से सुधरेगी ग्रामीण आर्थिकी
मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी हिमालयी राज्यों की एक जैसी परिस्थितियां हैं। हमें एक दूसरे के अनुभवों और विशेषज्ञता को साझा करना चाहिए। इसी सोच के साथ मसूरी में हिमालयन कान्क्लेव आयोजित किया गया था। विकास एक सतत प्रक्रिया होती है। सरकार की कोशिश है कि संतुलित विकास हो और विकास का लाभ दूरस्थ क्षेत्रों तक पहुंचे। इसी सोच के साथ सभी न्याय पंचायतों में ग्रोथ सेंटर की परिकल्पना पर काम किया जा रहा है। 62 ग्रोथ सेंटर को मंजूरी भी दी जा चुकी है। नए टूरिस्ट डेस्टीनेशन विकसित करने के लिए 13 डिस्ट्रिक्ट 13 न्यू डेस्टीनेशन पर काम कर रहे हैं।

भारत-भारती उत्सव में दिखेंगे कलर्स ऑफ इण्डिया
मुख्यमंत्री ने कहा कि देहरादून में तमाम प्रदेशों के बच्चे यहां पढ़ने आते हैं। राज्य की अर्थव्यवस्था में इनका भी योगदान है। राज्य स्थापना दिवस पर भारत-भारती का आयोजन किया जा रहा है। इसे कलर्स ऑफ इण्डिया का नाम दिया गया है। इसमें भारत की संस्कृति के विभिन्न रंग देखने को मिलेंगे।

भारत को खेलों में टॉप 10 में लाने की कोशिश
केंद्रीय युवा एवं खेल राज्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि 2028 में भारत को खेलों में टॉप 10 में लाने का प्रयास है। खेल में सबसे अच्छा करना हमारा लक्ष्य है। खेलों इंडिया के तहत खिलाड़ियों को आगे बढ़ाने का लक्ष्य है। खिलाड़ियों को और बेहतर बनाना है। उन्होंने कहा कि मैं हर खिलाड़ी से पर्सनली मिलता हूं। खेल और खुराक, हम हर खिलाड़ी को पूरा देना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि किसी भी खेल का सक्सेस ट्रेनिंग है।

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि ओलंपिक में हमारा झंडा लहराएगा। जब मेडल जीतते हैं तो भारत का झंडा जब फहराता है तो खिलाड़ी रोते हैं। अगर कोई खिलाड़ी देश के लिए खेला है और बीमार है तो उनके लिए हमने राशि रखी है। अगर हमसे नहीं मिल सकते हैं तो सोशल मीडिया पर टैग कर दें तो उसका खर्चा सरकार उठाएगी। लगातार मदद मिल रही है। जिन्होंने देश के लिए खेला है उसकी जिम्मेदारी सरकार को लेनी चाहिए इसलिए सरकार जिम्मेदारी ले रही है। हर स्कीम युवाओं को ध्यान में रखकर बनाई गई है।

यह युवा हुए सम्मानित
विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले युवाओं का सम्मान भी किया गया। दीपक डोबरियाल, फिल्म अभिनेता, द्वारिका प्रसाद रतूड़ी, चीन में होटल कारोबारी, पायल आर्य, अंटार्कटिका में सर्वेयर, विनय साह, अंतरराष्ट्रीय धावक, पायल सागर, भारतीय नौसेना में लेफ्टिनेंट कमांडर, पूनम, पर्वतारोही, प्रज्ञा जोशी, कराटे चौंपियन, रिद्धिमा पांडे, बाल पर्यावरण एक्टिविस्ट, देवयानी सेमवाल, माउंटेनियर, नैना अधिकारी, कयाकर, शीतल, पर्वतारोही, गौरव मनकोटी, रैपर, ईशान डोभाल, गायक-संगीतकार, संकल्प खेतवाल, गायक-संगीतकार, योगेश गर्ब्याल, पर्वतारोही, मनोज सरकार, अंतरराष्ट्रीय बैडमिंटन खिलाड़ी और डा. भुवन जोशी, अंतरिक्ष वैज्ञानिक को सम्मानित किया गया।

कन्या भ्रूण हत्या सबसे बड़ा पाप, पिछले दो वर्षों में राज्य में बालिका लिंगानुपात में काफी सुधारः टीएसआर

मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने कहा है कि हमें बालिकाओं को स्वतंत्रता देनी होगी। उनकी क्षमताओं पर विश्वास करना होगा। संकोच, जीवन की प्रगति में सबसे बड़ी बाधा है। बेटियों को संकोच नहीं करना चाहिए। जब संकोच दूर होगा तभी प्रगति होगी। मुख्यमंत्री ने कन्या भ्रूण हत्या को बहुत बड़ा पाप बताते हुए कहा कि पिछले दो वर्षों में राज्य में बालिका लिंगानुपात में काफी सुधार आया है।

सोलर और पिरूल पावर प्रोजेक्ट से बदलेगी पहाड़ की तस्वीर
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में 62 ग्रोथ सेंटरों को मंजूरी दी है। ये ग्रामीण विकास के महत्वपूर्ण आर्थिक केंद्र साबित होंगे। पर्वतीय क्षेत्रों में खेती को जंगली जानवरों द्वारा नुकसान पहुंचाया जाता है। इसका विकल्प भी खोजना है। अदरक, लहसुन, हल्दी की खेती को अपनाया जा सकता है। पहाड़ में सोलर पावर प्रोजेक्ट और पिरूल से बिजली बनाने के लिए प्रोजेक्ट आवंटित किए गए हैं। चीड़ जो कि विनाश का प्रतीक था, जल्द ही रोजगार में सहायक होगा।

आगे बढ़ने के लिए मंथन जरूरी
मुख्यमंत्री ने कहा कि सुधार के लिए राजनीतिक हितों से ऊपर उठना होगा। आगे बढ़ने के लिए मंथन करना जरूरी है। इस वर्ष राज्य स्थापना सप्ताह के अंतर्गत रैबार, सैनिक सम्मेलन, महिला सम्मेलन, युवा सम्मेलन आदि कार्यक्रम इसी उद्देश्य से किये गये। ऐसे कार्यक्रमों से नीति निर्धारण और व्यवस्था परिवर्तन में सहायता मिलती है। ग्राउन्ड पर काम करने वाले और नीति निर्धारण करने वाले जब एक मंच पर मिलते हैं तो इससे राज्य व समाज के विकास की दिशा निर्धारित होती है।

महिलाओं के स्वास्थ्य व शिक्षा पर विशेष ध्यान दिया जाए
राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष रेखा शर्मा ने कहा कि उत्तराखंड में महिलाओं की स्थिति पहले से अच्छी है। यहां की महिलाएं जुझारू हैं। उत्तराखण्ड निर्माण में महिलाओं की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पर्यावरण संरक्षण में यहां की महिलाओं का बड़ा योगदान रहा है। कृषि और पशुपालन में मुख्य रूप से महिलाएं ही काम करती हैं। महिलाओं के स्वास्थ्य व शिक्षा पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है। राज्य स्थापना सप्ताह के अंतर्गत श्रीनगर में महिला सम्मेलन आयोजित किए जाने पर खुशी जाहिर करते हुए उन्होंने कहा कि 20-25 साल पहले महिलाओं के विकास के लिए बात नहीं होती थी।

महिलाओं से ही पहाड़ का अस्तित्व
अभिनेत्री हिमानी शिवपुरी ने कहा कि पहाड़ को अगर किसी ने बचाया है तो वह महिलाएं हैं। उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड की कला और लोक कलाकारों को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाए जाने की जरूरत है। यहां बेहतरीन फिल्में बनें जिन्हें कि देश विदेश में देखा जाए। सरकार से अपील की कि महिलाओं को ज्यादा से ज्यादा जिम्मेदारी उन्होंने पलायन को लेकर अपनी लिखी कविता भी सुनाई।

अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने गढ़वाली में अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड आंदोलन में महिलाओं की अहम भूमिका रही है। इस सम्मेलन में जो भी सुझाव मिलेंगे, उन्हें पूरा करने के लिए सरकार कोशिश जरूर करेगी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री जी महिलाओं के लिए कई योजनाएं बनाने की बात करते हैं। उनका महिलाओं को फायदा जरूर मिलेगा।

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत व अन्य अतिथियों ने जिलाधिकारी पौड़ी धीरज सिह गर्ब्याल की पहल पर राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन एवं राष्ट्रीय पोषण अभियान, महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास विभाग पौड़ी के तहत महिला समूह द्वारा बनाए गए झंगोरा लड्डू का स्वाद चखा और उसकी तारीफ की।

प्लास्टिक मुक्त दून बनाने में देहरादून वासियों का भरपूर सहयोग मिल रहाः त्रिवेन्द्र

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने मंगलवार को ‘‘पॉलीथीन मुक्त ग्रीन दून मिशन ’’ अन्तर्गत नगर निगम, देहरादून द्वारा आयोजित मानव श्रृंखला कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। पॉलीथीन मुक्त, स्वच्छ एवं सुंदर दून बनाने के उद्देश्य से आयोजित 50 किमी की इस विशाल मानव श्रृंखला में एक लाख से अधिक लोगों ने प्रतिभाग किया।

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने मियांवाला चौक से राजपुर रोड होते हुए घंटाघर तक मानव श्रृंखला में प्रतिभाग कर रही जनता का उत्साहवर्धन किया। प्रातः 10ः00 बजे, मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत एवं मेयर देहरादून सुनील उनियाल गामा ने मानव श्रृंखला में शामिल होकर देहरादून को स्वच्छ-सुंदर एवं पॉलीथीन मुक्त बनाने के लिए जनता से आह्वान किया। इस मानव श्रृंखला में जनप्रतिनिधियों, स्वयं सेवी संस्थाओं, शासन एवं प्रशासन के अधिकारियों व कर्मचारियों तथा स्कूली बच्चों ने प्रतिभाग किया। यह मानव श्रृंखला, मियांवाला से मसूरी डायवर्जन, घंटाघर, जीएमएस रोड, सहारनपुर रोड होते हुए घंटाघर तक बनाई गई।

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने कहा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी ने देश को सिंगल यूज प्लास्टिक से मुक्त करने का जो आह्वान किया है, देहरादून इसमें लीड ले चुका है। उन्होंने सभी प्रदेश वासियों को पॉलीथीन मुक्त उत्तराखण्ड बनाने में सकारात्मक सहयोग देने पर उनका आभार व्यक्त किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्लास्टिक मुक्त, स्वस्थ-सुंदर एवं ग्रीन दून बनाने के लिए सभी देहरादून वासियों का पूरा सहयोग मिल रहा है। हमने पॉलीथीन मुक्त दून बनाने का संकल्प लिया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि आज प्लास्टिक का इस्तेमाल, सामाजिक बुराई बन गई है। मानव जीवन एवं जीव-जन्तुओं पर इसके अनेक दुष्प्रभाव पड़ रहे हैं। पॉलीथीन मुक्त देहरादून के लिए नगर निगम देहरादून द्वारा जो अभियान चलाया जा रहा है, इसके काफी अच्छे परिणाम मिल रहे हैं। प्रदेश को पॉलीथीन मुक्त बनाने के लिए जन सहयोग के साथ ही सभी को पॉलीथीन का उपयोग न करने का दृढ़ निश्चय करना होगा।

मेयर सुनील उनियाल गामा ने कहा कि स्वच्छ एवं ग्रीन दून के लिए देहरादून नगर निगम द्वारा अनेक प्रयास किये जा रहे हैं। पॉलीथीन के बहिष्कार के लिए व्यापक स्तर पर जन जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। पिछले तीन माह में जन जागरूकता से देहरादून में पॉलीथीन के उपयोग में 70 प्रतिशत कमी आयी है। जन सहयोग से जल्द ही देहरादून को पूर्ण रूप से सिंगल यूज प्लास्टिक से मुक्त किया जायेगा।

एकता दिवस एक देश एक विधान का सपना साकार हुआः मोदी

लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात के केवड़िया में स्टैचू ऑफ यूनिटी पर सरदार पटेल की प्रतिमा पर फूल चढ़ाकर उन्हें श्रद्धांजलि दी। पीएम ने इस मौके पर आयोजित एकता दिवस परेड की सलामी ली। केवड़िया में सरदार पटेल की जयंती पर आयोजित कार्यक्रम में सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किया गया। इस दौरान कलाकारों ने मनमोहक सांस्कृतिक कार्यक्रम की झलक पेश की।
सरदार पटेल की जयंती पर केवड़िया में पीएम मोदी ने लोगों को एकता की शपथ भी दिलाई। राष्ट्रीय एकता दिवस पर सरदार पटेल को श्रद्धांजलि देने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि अध्यादेश 370 ने जम्मू-कश्मीर को अलगाववाद और आतंकवाद के सिवाय कुछ नहीं दिया। प्रधानमंत्री ने कहा कि जम्मू-कश्मीर में अध्यादेश 370 के हटने के बाद अब स्थिरता आएगी। सरकार के इस फैसले से क्षेत्र के आधार पर भेदभाव खत्म होगा।
जम्मू-कश्मीर में चुनाव का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि आजादी के बाद पहली बार बीडीसी का चुनाव हुआ जिसमें लोगों ने बढ़चढ़ कर हिस्सा लिया। देश की एकता को अखंड बताते हुए प्रधानमंत्री ने चेतावनी दी कि जो भी देश की एकता को चोट पहुंचाने की कोशिश करेगा, उसे मुंहतोड़ जवाब दिया जाएगा। पीएम ने कहा कि हमारी एकता में छेद करने की कोशिश हो रही है, अलगाव को उभारने का प्रयास किया जा रहा है, हमारी एकता को ललकारा जा रहा है लेकिन वे भूल जाते हैं कि सदियों से ऐसी कोशिशों के बाद भी हमें कोई मिटा नहीं सका। प्रधानमंत्री ने कहा कि हमें विविधता के हर अवसर को मनाना है। यही एक भारत श्रेष्ट भारत के रुप में दर्शाता है।

पिसा परीक्षा की तैयारियों को लेकर निशंक ने किया संवाद

केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक ने केंद्रीय विद्यालय संगठन एवं नवोदय विद्यालय समिति के उपायुक्तों के साथ संवाद किया। इस अवसर पर केंद्रीय मन्त्री ने (pisa) 2021 की तैयारियों की समीक्षा की और सभी उपायुक्तों को इस परीक्षा में भारत को सफलता दिलाने के लिए कड़ी मेहनत करने का निर्देश दिया।
इस अवसर पर निशंक ने कहा कि भारत 2021 में होने वाली पिसा (pisa) की प्रतियोगिता में भाग लेने जा रहा है। यह परीक्षा भारतीय प्रतिभा को वैश्विक पहचान दिलाने का एक महत्वपूर्ण मंच है। हमारे विद्यार्थियों में योग्यता, अनुशासन एवं प्रतिभा की कोई कमी नहीं है, बस आवश्यकता इस बात की है कि उन्हें सही दिशा और मार्गदर्शन मिले। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि हमें संकल्प लेना है कि इस परीक्षा में हमें दुनिया भर में अव्वल स्थान पर आना है और इसके लिए हमें बहुत मेहनत करनी होगी। हमें हमारी शिक्षण व्यवस्था को वैश्विक मानकों के अनुरूप बनाना होगा तभी हमारे विद्यार्थी वैश्विक परीक्षाओं में अपना बेहतर स्थान सुनिश्चित कर पाएंगे। हमें किताबी ज्ञान के साथ-साथ अनुभवात्मक शिक्षा पर भी ध्यान देने की आवश्यकता है तभी हम इस कठिन परीक्षा में सबसे श्रेष्ठ प्रदर्शन कर पाएंगे।
निशंक ने कहा कि पिसा (pisa) परीक्षा अब बहुत दूर नहीं है इसलिए इसकी तैयारी अब युद्ध स्तर पर की जाएगी। उन्होंने मानव संसाधन विकास राज्य मंत्री संजय धोत्रे की अध्यक्षता में प्रत्येक 15 दिन में समीक्षा बैठक करने का निर्देश दिया। मंत्री जी ने आशा जताई कि धोत्रे के नेतृत्व में पिसा परीक्षा की तैयारियां सही दिशा में आगे बढ़ेंगी एवं इस कठिन परीक्षा में देश अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कर पायेगा।
निशंक ने सभी उपायुक्तों को संबोधित करते हुए कहा कि अगर हम संकल्प ले लें तो 2021 की पिसा परीक्षा में इतिहास रच सकते हैं। उन्होंने आगे कहा कि सफलता के लिए समय का प्रबंधन एवं अनुशासन जरूरी है और ये दोनों गुण हमें विद्यार्थियों में विकसित करने होंगे। उन्होंने कहा कि सफलता के लिए हमें विद्यार्थियों में गहन सोच की क्षमता विकसित करने की जरूरत है।
पिसा (pisa) आर्थिक सहयोग एवं विकास संगठन (OECD) द्वारा आयोजित अंतरराष्ट्रीय विद्यार्थी मूल्यांकन कार्यक्रम है, जिसमें विश्व के अनेक देश भाग लेते हैं। भारत ने 2021 में इस परीक्षा में भाग लेने का निर्णय लिया है। इस परीक्षा में केंद्रीय विद्यालय संगठन, नवोदय विद्यालय समिति और केंद्र शासित प्रदेश चंडीगढ़ के विद्यार्थी भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे।

बलूनी के स्वास्थ्य लाभ कामना को गंगा आरती की

भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय मीडिया समन्यवक और उत्तराखंड से राज्यसभा सांसद अनिल बलूनी के बेहतर स्वास्थ्य लाभ की कामना के लिए भाजपा कार्यकर्ताओं और उनके समर्थकों ने त्रिवणी घाट में गंगा आरती की। गौरतलब है कि सोशल मीडिया में अनिल बलूनी के द्वारा स्वयं को बीमार बताये जाने और इलाज होने की जानकारी साझा की गई थी। तब से लगातार से उनकी स्वास्थ्य लाभ कामना के लिए जगह-जगह ईश्वर से उनकी स्वस्थ जीवन को लेकर प्रार्थनाओं का दौर शुरु हो गया है।
त्रिवेणी घाट में गंगा की विशेष आरती और पूजा कर भाजपा कार्यकर्ताओं और उनके शुभचिंतकों ने गंगा मां से उनके दीर्घायु होने की कामना की। इस अवसर पर उन्होंनेे कहा कि राज्यसभा सांसद अनिल बलूनी जल्द स्वस्थ होकर उत्तराखंड प्रदेश और राष्ट्र की सेवा में उपस्थित होंगे। भाजपा युवा मोर्चा के राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य विपिन कैंथोला, राज्यमंत्री भगतराम कोठारी और पूर्व राज्यमंत्री संदीप गुप्ता ने कहा कि बलूनी ने अपना जीवन संगठन और समाज को समर्पित किया है। ऐसे में संगठन के साथ ही समाजिक लोगों में उनके सवास्थ्य को लेकर चिंता है। हम सभी उनके स्वास्थ्स लाभ की माना को लेकर गंगा से प्रार्थना करते है कि वे शीघ्र स्वस्थ हो। इस अवसर पर कपिल गुप्ता, गौरव कैंथोला, पंकज शर्मा, पवन शर्मा, रोमा सहगल पार्षद सुंदरी कंडवाल, लव काम्बोज, विजय बडोनी, जयेश राणा, हैप्पी सेमवाल, गुरूपाल बत्रा, त्रिवेंद्र नेगी, अनुराग पयाल, खुमेंद्र, अमन कुकरेती आदि उपस्थित रहे।