विभिन्न विधानसभाओं में विकास कार्यों के लिए सीएम ने दी स्वीकृति

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विभिन्न विकास कार्यों हेतु वित्तीय एवं प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की है। मुख्यमंत्री ने विधानसभा क्षेत्र श्रीनगर के अन्तर्गत विभिन्न 2 कार्यों हेतु 202.64 लाख रूपये की प्रशासकीय एवं वित्तीय स्वीकृति प्रदान की है। इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने विधानसभा क्षेत्र ज्वालापुर के अन्तर्गत विभिन्न 16 कार्यों हेतु 926.48 लाख रूपये की प्रशासकीय एवं वित्तीय स्वीकृति, विधानसभा क्षेत्र ज्वालापुर के अन्तर्गत सुभाषगढ़-अलावलपुर-बढेड़ी राजपुताना मार्ग का बीएम एवं एसडीबीसी द्वारा सुदृढीकरण हेतु 462.51 लाख रूपये की प्रशासकीय एवं वित्तीय स्वीकृति प्रदान की है।
मुख्यमंत्री ने लोहाघाट के अन्तर्गत मटियाल के आन्तरिक मार्गों का पुनः निर्माण एवं सुधार कार्य हेतु 259.13 लाख रूपये, विधानसभा क्षेत्र देवप्रयाग के अन्तर्गत विभिन्न 4 निर्माण कार्यों हेतु 238.82 लाख रूपये, विधानसभा क्षेत्र लैंसडाउन के अन्तर्गत विभिन्न 3 निर्माण कार्यों हेतु 137.44 लाख रूपये, विधानसभा क्षेत्र नैनीताल के अन्तर्गत बेतालघाट-घंघरेटी मोटर मार्ग में पुनर्निमार्ण/सुधारीकरण के कार्य हेतु 113.55 लाख रूपये, विधानसभा क्षेत्र घनसाली के अन्तर्गत मैगाधार-भेटी-जमोलना-पौखार मोटर मार्ग हेतु 146.08 लाख रूपये, विधानसभा क्षेत्र रूद्रपुर के अन्तर्गत जाफरपुर-दिनेशपुर मार्ग से सुन्दरपुर मार्ग का 1.40 कि०मी० लम्बाई में एसडीबीसी द्वारा सतह सुधार कार्य हेतु 24.60 लाख रूपये, विधानसभा क्षेत्र रूद्रपुर के अन्तर्गत विभिन्न 10 निर्माण कार्यों हेतु 349.50 लाख रूपये, विधानसभा क्षेत्र कोटद्वार के अन्तर्गत विभिन्न 2 निर्माण कार्यों हेतु 125.74 लाख रूपये की प्रशासकीय एवं वित्तीय स्वीकृति प्रदान की है। मुख्यमंत्री द्वारा जनपद उत्तरकाशी में आयी आपदा के प्रभावित लोगों को सहायता राशि अनुमन्य कर जिलाधिकारी के निवर्तन पर रखे जाने हेतु 8,32,000 रूपये की धनराशि अवमुक्त तथा जनपद पिथौरागढ़, टिहरी गढ़वाल, चम्पावत एवं पौड़ी गढ़वाल की 11 नई ग्रामीण सड़कों के निर्माण हेतु 2338.06 लाख रूपये की प्रशासकीय एवं वित्तीय स्वीकृति प्रदान की है।

विभिन्न विकास कार्यों के लिए सीएम ने दी वित्तीय स्वीकृति

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विभिन्न विकास कार्यों हेतु वित्तीय एवं प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की है। मुख्यमंत्री ने विधानसभा क्षेत्र कपकोट में तुपेड पंचायत घर भल्यूडा धमग्यू स्वतंत्रता संग्राम सेनानी माधो सिंह राजकीय इण्टर कॉलेज तुपेड से करूली बैण्ड चिडंग क्लाग मिलान हेतु मोटर मार्ग (नवनिर्माण) हेतु 15 लाख रूपये की प्रशासकीय एवं वित्तीय स्वीकृति प्रदान की है। इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने एससीएसपी के अन्तर्गत विधानसभा क्षेत्र डीडीहाट के अन्तर्गत थल मोटर मार्ग में बुंगाछीना के पास ओलीगांव से अगन्या तक मोटर मार्ग के निर्माण कार्य हेतु 16.98 लाख रूपये की वित्तीय स्वीकृति, विधानसभा क्षेत्र प्रतापनगर के अन्तर्गत विभिन्न 3 कार्यों हेतु 92.85 लाख रूपये की वित्तीय स्वीकृति, विधानसभा क्षेत्र सोमेश्वर के अन्तर्गत बजोल बाजार से अम्लियकाण्डे मोटर मार्ग का सुधारीकरण एवं डामरीकरण कार्य हेतु 229.16 लाख रूपये की वित्तीय स्वीकृति, विधानसभा क्षेत्र देवप्रयाग के अन्तर्गत विभिन्न 3 निर्माण कार्यों हेतु 96.24 लाख रूपये की वित्तीय स्वीकृति, विधानसभा क्षेत्र ज्वालापुर के अन्तर्गत विभिन्न 2 कार्यों हेतु 92.53 लाख रूपये की वित्तीय स्वीकृति प्रदान की है।

उद्योगों को बढ़ावा देना रोजगार का सृजन करना है-धामी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को मुख्यमंत्री आवास से पीएचडी चैम्बर ऑफ कॉमर्स द्वारा आयोजित कार्यक्रम में वर्चुअल प्रतिभाग किया। मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि किसी समाज एवं राष्ट्र की उन्नति में उद्योगों की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड में उद्योगों से जुड़े लोगों की समस्याओं का सरलीकरण कर समाधान किया जा रहा है। उत्तराखंड में जितने भी उद्योग स्थापित हुए हैं, उनकी समस्याओं को दूर कर उनके विकास के लिए हर संभव प्रयास किये जायेंगे।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेयी द्वारा राज्य को दिये गये औद्योगिक पैकेज से प्रदेश में बड़ी संख्या में उद्योगों की स्थापना हुई है। भविष्य में राज्य में और अधिक उद्योग स्थापित हों इसके लिये हमारे उद्यमी ही हमारे ब्राण्ड एम्बेसडर हैं। राज्य में इन्वेस्टर समिट के आयोजन के बाद उद्योगपतियों का रूझान उत्तराखण्ड के प्रति तेजी से बढ़ा है। राज्य का वातावरण पूर्णतः उद्योगों के अनुकूल है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सम्पूर्ण देश में भी यह संदेश जाना चाहिए कि उत्तराखंड उद्योगों के लिए एक श्रेष्ठ डेस्टिनेशन है। उन्होंने कहा कि सरकार और उद्योगपतियों के बीच लगातार संवाद किये जा रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री का उत्तराखण्ड से विशेष लगाव है। राज्य में कनेक्टिविटी बढ़ाने के लिए केन्द्र सरकार से राज्य को पूरा सहयोग मिल रहा है। सड़क, रेल एवं हवाई कनेक्टिविटी राज्य में तेजी से बढ़ रही है। आने वाला समय उत्तराखण्ड में उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए बहुत अच्छा होगा।
इस अवसर पर वर्चुअल माध्यम से पीएचडी चैम्बर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष संजय अग्रवाल, सीएमडी आईटीसी लि. संजीव पुरी, उद्योग जगत से जुड़े आलोक किलोस्कर, मनीष भटनागर, प्रदीप मुल्तानी मौजूद थे।

विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों में निर्माण के लिए सीएम ने दी वित्तीय स्वीकृति

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विभिन्न विकास कार्यों हेतु वित्तीय एवं प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की है। मुख्यमंत्री ने सीआरआईएफ (केन्द्रीय सड़क अवसंरचना निधि) के अन्तर्गत जनपद हरिद्वार के बहादराबाद-धनौरी-इमलीखेड़ा भगवानपुर-गागलहेड़ी राज्य मार्ग-68 तथा पुहाना इकबालपुर-झबरेड़ा-गुरुकुल नारसन राज्य मार्ग-28 पर रोड फर्नीचर, रोड मार्किंग तथा अन्य विविध कार्यों हेतु 260.35 लाख की वित्तीय स्वीकृति प्रदान की है।
मुख्यमंत्री ने विधानसभा क्षेत्र लोहाघाट के अन्तर्गत विभिन्न 2 निर्माण कार्यों हेतु 389.83 लाख रूपये, टीएसपी के अन्तर्गत विधानसभा क्षेत्र सितारगंज में बिज्टी मार्ग होते हुये ग्राम करघाटा में कलासेन के घर एवं रसोईपुर मार्ग से बिज़्टी लिंक मार्ग का नव निर्माण हेतु 114.77 लाख रूपये, विधानसभा क्षेत्र रूद्रप्रयाग के अन्तर्गत विभिन्न 2 निर्माण कार्यों हेतु 100.35 लाख रूपये, विधानसभा क्षेत्र बीएचईएल के अन्तर्गत विभिन्न 7 निर्माण कार्यों हेतु 383.60 लाख रूपये की वित्तीय स्वीकृति प्रदान की है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कोविड-19 के कारण चारधाम यात्रा एवं पर्यटन गतिविधियों पर प्रतिकूल प्रभाव के दृष्टिगत वीर चन्द्र सिंह गढ़वाली एवं दीनदयाल उपाध्याय होम स्टे योजना हेतु ऋण पर 6 माह के ब्याज की प्रतिपूर्ति हेतु प्रथम चरण में राहत कोष से 2 करोड़ रूपये की स्वीकृति तथा मुख्यमंत्री घोषणा के क्रम में कोविड-19 उपचार में तैनात कुल 1559 चिकित्सकों को प्रति चिकित्सक के लिए 10 हजार रुपए की प्रोत्साहन राशि हेतु 1,55,90,000 रूपये की धनराशि की स्वीकृति प्रदान की है।
मुख्यमंत्री ने चीनी मिल सितारगंज में आउटसोर्स एजेन्सी के माध्यम से पेराई सत्र 2021-22 में संचालन कराये जाने हेतु 19.27 करोड़ रूपये की भी वित्तीय स्वीकृति प्रदान की है।

सीएम ने किसानों से कहा-हर वर्ग की चिंता कर रही सरकार

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मुख्यमंत्री कैम्प कार्यालय में विधायक हरभजन सिंह चीमा के नेतृत्व में बाजपुर के किसानों के प्रतिनिधिमण्डल ने भेंट की। उन्होंने किसानों के हित में किये जा रहे प्रयासों के लिए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि जन समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए सरकार नो पेंडेंसी के आधार पर कार्य कर रही है। किसानों की समस्याओं के समाधान के लिए राज्य सरकार द्वारा प्रभावी प्रयास किये जा रहे हैं। सरकार जनता के साथ साझीदार के रूप में कार्य कर रही है। जन सुविधा के लिए कार्यों के सरलीकरण, समाधान और निस्तारण पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। अधिकारियों को प्रत्येक कार्य दिवस में 10 से 12 बजे तक जन समस्याओं को सुनकर उनका समाधान करने के निर्देश दिये गये हैं। सभी जनपदों में तहसील दिवसों का आयोजन किया जा रहा है। जितनी भी घोषणाएं की जा रही हैं, सभी पूरी की जायेंगी। इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री बिशन सिंह चुफाल एवं बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे।

धामी ने नाकाम किए विपक्ष के सभी वार, जनहित और विकास से जुड़े कई फैसले लिये

उत्तराखण्ड विधानसभा का पांच दिवसीय मानसून सत्र मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के लिए धमाकेदार रहा। शुरुआत से अन्त तक मुख्यमंत्री ने जमकर बैटिंग की। उन्होंने न सिर्फ विपक्ष के हर वार को नाकाम किया बल्कि ऑन स्पॉट कई लोकप्रिय फैसले किए। 6 भविष्य के तय रोड मैप को धरातल पर उतारने के लिए 5762 करोड़ का अनुपूरक बजट भी पारित करवाया। खासी तवज्जो मिलने से विपक्ष भी मुख्यमंत्री का मुरीद हो गया। पांच दिन के सत्र में कई बार ऐसे मौके भी आए कि विपक्ष के विधायकों ने सीएम धामी की दिल खोलकर सराहना की।
विधानसभा का पांच दिवसीय सत्र मुख्यमंत्री धामी का बतौर मुख्यमंत्री पहला सत्र था। चूंकि 18 मार्च 2022 से पहले राज्य में नई सरकार का गठन होना है, लिहाजा यह मौजूदा सरकार का अंतिम सत्र भी माना जा रहा है। ऐसे में मुख्यमंत्री धामी पर सत्र के दौरान अपनी परफॉर्मेंस को लेकर काफी दवाब था, लेकिन उन्होंने दृढ़ इच्छाशक्ति और कार्य संस्कृति के बूते इस चुनौती को अवसर में बदल दिया। सदन में धामी ने ग्रेड पे के मामले में पुलिस कर्मियों को वचन दिया कि उनके साथ अन्याय नहीं होने दिया जाएगा। एक झटके में उन्होंने नंदा गौरा कन्याधन योजना की राशि पाने से वंचित तकरीबन 33 हजार कन्याओं के लिए 50 करोड़ की राशि देने का ऐलान कर दिया। केंद्र की तर्ज पर उन्होंने राज्य के लगभग तीन लाख राज्य कर्मियों व पेंशनर्स का 11 फीसदी डीए बढ़ाने में कोई लागदृलपेट नहीं की। राज्य की वित्तीय स्थिति से जुड़े ये निर्णय मुख्यमंत्री धामी की त्वरित निर्णायक क्षमता को प्रदर्शित करते हैं। इतना ही नहीं बिजली उपभोक्ताओं को बिल का एकमुश्त लंबित भुगतान करने पर फिक्स्ड और विलम्ब शुल्क की छूट दे दी। सत्र के दौरान सदन में पर्याप्त मौजूदगी के साथ ही शासन स्तर की बैठकों पर भी उनका फोकस रहा।
सदन के बाहर और भीतर विपक्ष की बातों को भी उन्होंने पूरा सम्मान दिया। अपने मांगों को मानने के लिए पोस्टर और नारे का सहारा लेने वाले विपक्ष के विधायकों को दुलारते हुए उनकी मांगों के निस्तारण का गंभीर प्रयास किया। अधिकारियों को बुलाकर उनकी मांगों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने के निर्देश भी दिए। संभवतया उत्तराखण्ड में किसी मुख्यमंत्री ने इस तरह की पहल पहली बार की है। भले ही धामी पहली बार मुख्यमंत्री पद की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं लेकिन सत्र के दौरान उनमें कहीं भी आत्मविश्वास और अनुभव की कमी नजर नहीं आई।

नई शिक्षा नीति से हमारी युवा पीढ़ी के जीवन में क्रांतिकारी परिवर्तन आएगाः सीएम

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि नई शिक्षा नीति हमारी एजुकेशन सिस्टम को भारतीय संस्कृति के साथ आधुनिक ज्ञान-विज्ञान से जोड़ेगी। इससे हमारी युवा पीढ़ी और छात्र छात्राओं के जीवन में क्रांतिकारी परिवर्तन आएगा। मुख्यमंत्री ने नई शिक्षा नीति के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का आभार व्यक्त किया। मुख्यमंत्री, डिजीटल एजुकेशन के वर्चुअल समिट में बतौर मुख्य अतिथि प्रतिभाग कर रहे थे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि कोविड से हमारे एजुकेशन सिस्टम में काफी परिवर्तन आया है। शिक्षा में आईटी का प्रयोग बढ़ा है। राज्य सरकार ने भी डिजिटल एजुकेशन में महत्वपूर्ण पहल की हैं। प्रदेश के राजकीय विद्यालयों के 10वीं और 12वीं के छात्र छात्राओं को प्री-लोडेड कन्टेन्ट के साथ मोबाईल टैबलेट उपलब्ध कराए जाएंगे। क्वालिटी एजुकेशन के लिए निरंतर प्रयास किये जा रहे हैं। डिग्री कालेजों में हाई फाई इंटरनेट उपलब्ध कराया जा रहा है। संघ लोक सेवा आयोग, एनडीए, सीडीएस एवं उसके समकक्ष प्रारम्भिक परीक्षा पास करने पर मुख्य परीक्षा और साक्षात्कार की तैयारी के लिए परिवार की आर्थिक स्थिति के आधार पर 50 हजार रूपये की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। प्रधानमंत्री के विजन को साकार रूप देने के लिए शिक्षा में आईटी के उपयोग को बढ़ाने का प्रयास किया जा रहा है।

डिजिटल एजुकेशन के वर्चुअल समिट में तेलंगाना के आयुक्त तकनीकी शिक्षा नवीन मित्तल, सीबीएसई के निदेशक विश्वजीत साहा, एनसीईआरटी के सचिव मेजर हर्ष कुमार, एपीजे एजुकेशन के आदित्य बेरलिआ, सीएससी एसपीवी के ऋषिकेश सहित शिक्षा जगत से जुड़े अन्य महानुभाव उपस्थित थे।

शहर की मलिन बस्तियों से अतिक्रमण न हटाये जाने के निर्णय पर विधायकों ने जताया सीएम का आभार

देहरादून की मलिन बस्तियों से वर्ष 2024 तक अतिक्रमण न हटाये जाने के निर्णय की विधायकों ने राज्य सरकार द्वारा गरीबो के हित में लिया गया सराहनीय निर्णय बताया है। इस सम्बन्ध में देहरादून के विधायकों ने रविवार को मुख्यमंत्री आवास में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से भेंट कर उनका आभार व्यक्त किया। विधायकों ने कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा गरीबों के हित में लिये गये इस निर्णय से हजारों गरीबों को राहत मिली है। उन्होंने जनहित में लिये जा रहे त्वरित निर्णय के लिये भी मुख्यमंत्री के प्रयासों को सराहा।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा गरीबों के हित में यह निर्णय लिया गया है। उन्होंने कहा कि गरीबों के कल्याण के लिये प्रधानमंत्री आवास योजना वरदान साबित हो रही है, इससे जरूरत मंद लोगो का अपने आवास का सपना पूरा हो रहा है। प्रदेश में अधिक से अधिक लोगों को आवास उपलब्ध हो इसके लिये प्रभावी प्रयास किये जा रहे हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारा विश्वास जन समस्याओं के समाधान के प्रति है। सभी क्षेत्रों का विकास हमरा ध्येय है, राज्य सरकार गरीबों व असहायों के हित में खड़ी रहेगी। उन्होंने कहा कि हमारा उद्देश्य समस्याओं को उलझाने में नही बल्कि सुलझाने में है।

इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री वंशीधर भगत, गणेश जोशी, विधायक हरवंश कपूर, खजान दास, विनोद चमोली, उमेश शर्मा काऊ के साथ मेयर देहरादून सुनील उनियाल गामा भी उपस्थित थे।

ग्राफिक एरा इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस में सीएम ने किया स्पूतनिक-वी वैक्सीन का शुभारंभ

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सेलाकुई रोड स्थित ग्राफिक एरा इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस धूलकोट माफी में स्पूतनिक-वी वैक्सीन का शुभारंभ किया। उत्तराखंड में इसके साथ ही स्पूतनिक वैक्सीन का शुभारंभ हुआ। इस अवसर पर स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत, सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी, विधायक सहदेव सिंह पुंडीर भी उपस्थित थे।

टीकाकरण कार्यक्रम शुरू होने से पूर्व उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह के निधन पर 02 मिनट का मौन रखा गया।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि राज्य में कोविड टीकाकरण तेजी से चल रहा है। इस वर्ष दिसंबर माह तक राज्य में शत प्रतिशत टीकाकरण किया जाएगा। टीकाकरण के लिए केंद्र सरकार से राज्य को पूरा सहयोग मिल रहा है। इस माह अभी तक केंद्रीय सरकार से राज्य को 17 लाख वैक्सीन मिल चुकी हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में व्यापक स्तर पर टीकाकरण के लिए प्रदेश के दूरस्थ क्षेत्रों तक टीकाकरण कैम्प लगाए गए हैं। कोविड की संभावित तीसरी लहर के लिए भी राज्य सरकार की पूरी तैयारी है। राज्य में स्वास्थ्य सुविधाओं को और मजबूत करने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।

स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने कहा कि टीकाकरण अभियान में लगातार तेजी लाई जा रही है। बागेश्वर जनपद कोविड वैक्सीन की शत प्रतिशत डोज लगाने वाला पहला जनपद एवं शत प्रतिशत कोविड वैक्सीन की पहली डोज लगाने वाला पहला विकासखंड खिर्सू है। आज स्पूतनिक वैक्सीन के शुभारम्भ पर टीकाकरण स्थल पर 100 लोगों का टीकाकरण किया गया।

धामी सरकार की बड़ी पहल-207 प्रकार की पैथोलॉजिकल जांचे अब निःशुल्क

उत्तराखण्ड में स्वास्थ्य सेवाओं के विकास एवं विस्तार के लिये एक नयी योजना अस्तित्व में आ गयी है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत की उपस्थिति में निःशुल्क पैथोलॉजी जांच योजना का शुभारम्भ करते हुए इसे राज्य की जनता को समर्पित किया। देहरादून के जिला चिकित्सालय (कोरोनेशन) अस्पताल) में आयोजित शुभारम्भ कार्यक्रम की अध्यक्षता राजपुर विधायक खजान दास द्वारा की गयी।

निशुल्क जांच योजना से आमजन को मिलेगा लाभः मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस निःशुल्क जांच योजना का लाभ समाज के अन्तिम छोर पर खड़े लोगों तक पहुंचेगा। अभी तक धन के अभाव में जो लोग अपनी जांच नहीं करा पाते थे, अब उन्हें कोई परेशानी नहीं होगी। राज्य सरकार का प्रयास है कि जन कल्याणकारी योजनाओं का लाभ प्रत्येक व्यक्ति तक पहुंचे।

दिसम्बर तक शत प्रतिशत कोविड वैक्सीनेशन
मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वास्थ्य सुविधाओं की मजबूती पर राज्य सरकार का विशेष ध्यान है। स्वास्थ्य के क्षेत्र में तेजी से सुधार हुआ है। राज्य में 72 प्रतिशत लोगों को कोविड वैक्सीन की पहली डोज लग चुकी है, जबकि 23 प्रतिशत लोगों को दूसरी डोज लग चुकी है। दिसम्बर तक राज्य में शत प्रतिशत कोविड टीकाकरण किया जायेगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में पिछले सात सालों में केन्द्र सरकार से उत्तराखण्ड को हर क्षेत्र में मदद मिली है। सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास का प्रधानमंत्री का एजेण्डा रहा है। इस माह केन्द्र से राज्य को काविड की 17 लाख वैक्सीन मिली। अगले माह से और अधिक वैक्सीन केन्द्र से मिलेंगी।
स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने कहा कि राज्य में निःशुल्क जांच योजना की अच्छी शुरूआत हुई। इस योजना का लाभ सभी को मिलेगा। इस योजना के प्रसार के लिए हर जिले में बड़े आयोजन किये जायेंगे। अटल उत्तराखण्ड आयुष्मान योजना के तहत सभी परिवारों को 5 लाख रूपये तक का निःशुल्क उपचार दिया जा रहा है। इसस योजना के तहत अभी तक 3 लाख 17 हजार से अधिक लोगों का मुफ्त ईलाज हो चुका है।

मरीजों को जांच संबंधित सुविधाएं निःशुल्क उपलब्ध रहेंगी
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के सहयोग से राज्य के प्रमुख जिला, उप जिला चिकित्सालयों तथा सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र स्तर पर चरणबद्ध तरीके से निःशुल्क जांच योजना आज से लागू हो गयी है। इस योजना के लागू होने से मरीजों को उपचार के दौरान डायग्नोस्टिक एवं जांच संबंधित सुविधाएं निःशुल्क उपलब्ध होगी। यह योजना पूरे वर्ष भर कार्यशील रहेगी, ताकि आईपीडी, ओपीडी एवं इमरजेन्सी में आने वाले मरीजों को पैथोलॉजी जांच के लिए किसी प्रकार की असुविधा उत्पन्न न हो।

पहले चरण में 6 जिलों की 38 और दूसरे चरण में शेष जिलों की 32 चिकित्सा इकाइयों पर चरणबद्ध तरीके से लागू की जा रही योजना
योजना के प्रथम चरण में निःशुल्क जांच की सुविधा राज्य के 6 जनपदों क्रमशः अल्मोड़ा, टिहरी, देहरादून, नैनीताल, हरिद्वार एवं ऊधमसिंहनगर में स्थित 38 जिला उप जिला चिकित्सालय तथा सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों पर चरणबद्ध तरीके से लागू की जा रही है। द्वितीय चरण में राज्य के शेष जनपदों के 32 चिकित्सा इकाईयों पर यह सुविधा चरणबद्ध तरीके से लागू होगीं।

योजना में 207 प्रकार की पैथोलॉजिकल जांचें शामिल
योजना का क्रियान्वयन राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन द्वारा लोक निजी सहभागिता के अनुसार होगा। निःशुल्क जांच योजना के अन्तर्गत 207 प्रकार की पैथोलॉजिकल जांच को सम्मिलित किया गया है, जिसके लागू होने से सरकारी अस्पतालों में पैथोलॉजी सुविधाओं का सुदृढीकरण होगा।

स्टैंडर्ड डायग्नोस्टिक प्रोटोकॉल का पालन किया जाएगा सुनिश्चित
सेवा प्रदाता के साथ किए गए अनुबंध के अनुसार लैब, प्रयोगशाला हब मॉडल के अनुसार कार्य करेगी, जिसे कलेक्शन सेंटर एंड टेस्टिंग सेंटर या स्पोक कलेक्शन सेंटर मॉडल अनुरूप क्रियान्वित किया जायेगा। लैब द्वारा की जाने वाली समस्त जांचों एवं वहां पर कार्य करने वाले तकनीशियन, पैथोलॉजिस्ट एवं अन्य मानव संसाधन के संबंध में एनएबीएल गाईडलाईन,, एसओपी का अनुपालन करना आवश्यक किया गया है।
पैथोलॉजी सैम्पल जांच रिपोर्ट के संबंध में आन्तरिक एवं बाह्य गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए सेवा प्रदाता द्वारा स्टैंडर्ड डायग्नोस्टिक प्रोटोकॉल का पालन सुनिश्चित किया जायेगा। इसके अतिरिक्त यह लैब समुदाय हेतु प्राइमरी डायग्नोस्टिक टेस्ट की उपलब्धता भी सुनिश्चित करेगी।
वित्तीय वर्ष 2021-22 के अन्तर्गत राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन द्वारा इस योजना को संचालित करने के लिए रू० 5 करोड़ का बजट प्राविधान किया गया है। मिशन द्वारा अनुबंधित फर्म के स्तर से लगभग 500 मानव संसाधन का रोजगार सृजन होगा, जिन्हें सेवा प्रदाता की ओर से नियुक्त किया जा रहा है। इस योजना के लागू होने से उपचार के दौरान मरीजों के अतिरिक्त जेब खर्च में कटौती होगी और जन सामान्य को स्वास्थ्य उपचार लेने में सहायता होगी।
योजना के शुभारम्भ अवसर पर सचिव अमित नेगी, स्वास्थ्य महानिदेशक डॉ. तृप्ति बहुगुणा, निदेशक एनएचएम डॉ० सरोज नैथानी, जिला चिकित्सालय की प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक डॉ. शिखा जंगपांगी, चन्दन हैल्थ केयर के डायरेक्टर अमित श्रीवास्तव, एनएचएम तथा स्वास्थ्य विभाग के अधिकारीगण एवं जिला चिकित्सा के समस्त चिकित्सक एवं अन्य स्टॉफ उपस्थित हुए।