सीएम ने नाबार्ड के तत्वावधान में आयोजित स्टेट क्रेडिट सेमिनार में बतौर मुख्य अतिथि किया प्रतिभाग

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नाबार्ड के तत्वावधान में एक स्थानीय होटल में आयोजित स्टेट क्रेडिट सेमिनार में बतौर मुख्य अतिथि प्रतिभाग किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने स्टेट फोकस पालिसी पेपर 2024-25 का अनावरण भी किया। मुख्यमंत्री ने नाबार्ड का विशेष आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उत्तराखण्ड में कृषि, बागवानी तथा छोटे और मध्यम क्षेत्र के उद्योगों के विकास के लिए नाबार्ड ने इस वर्ष चालीस हजार करोड़ रूपये की ऋण योजना तैयार की है, जो कि पिछले वर्ष की तुलना में साढ़े तैतीस प्रतिशत अधिक है। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह हमारे छोटे किसानों तथा छोटे व मझौले उद्योगों में लगे लोगों के लिए किसी वरदान से कम नहीं है। उन्होंने कहा कि इस ऋण व्यवस्था की सही निगरानी भी अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने कहा कि ऋण, लोन या क्रेडिट को जरूरतमंद और योग्य लोगों तक सरलता से पहुंचाने में सबसे बड़ी भूमिका बैंकों की है। बैंकों को ध्यान देना होगा कि जरूरतमंद और योग्य लोगों को ऋण सम्बन्धित औपचारिकताओं के लिए अनावश्यक न भटकना पड़े। इसके लिए बैंकों को मिशन मोड पर काम करना होगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि नारी शक्ति वंदन विधेयक संसद के दोनों सदनों में पारित हो चुका है। राज्य सरकार भी उत्तराखंड में महिलाओं को सरकारी नौकरियों में 30 प्रतिशत का आरक्षण प्रदान कर रही है। उन्होंने नाबार्ड के अधिकारियों से कहा कि प्रदेश की महिलाओं हेतु विशेष योजना प्रारंभ करें ताकि महिलाओं को भी इन योजनाओं का अधिक लाभ मिल सके। मुख्यमंत्री ने कहा कि हाल ही में उन्होंने टिहरी जिले की लाभार्थी महिलाओं से संवाद किया। उनके द्वारा बताया गया कि सशक्त बहना उत्सव योजना से विपणन में उन्हें काफी मदद मिली है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस तरह की योजनाओं के लिए बैंकों से ऋण लेने के लिए सरलीकरण होना बहुत जरूरी है। उन्होंने कहा कि कई बार देखा गया है कि जो लोग वास्तव में कुछ करना चाहते हैं वे कई बार लोन लेने से वंचित रह जाते हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने पर्वतीय क्षेत्रों में पलायन रोकने हेतु पलायन निवारण आयोग का गठन किया। उन्होंने आह्वान किया कि पर्वतीय क्षेत्रों में ऋण आवंटन हेतु विशेष अभियान चलाया जाए। ऋण जरूरतमंद लोगों को आसानी से मिल सके, इसके लिए बेहतर व्यवस्था की जाए। इस कार्य में बैंकों की बहुत बड़ी भूमिका होगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि रिवर्स पलायन की दिशा में सरकार निरंतर कार्य कर रही है, बैंक भी इस कार्य में भागीदार बनें। उन्होंने कहा कि नाबार्ड की ऋण योजना के आवंटन के लिए प्रत्येक बैंक ब्रांच को एक निश्चित टारगेट के साथ काम करना होगा। उन्होंने कहा कि प्रदेश के ग्रामीण और पिछड़े इलाकों का विकास जरूरी है, यह हमारे रिवर्स पलायन मिशन के लिए भी अति आवश्यक है। राज्य सरकार लगातार ग्रामीण इलाकों में आधारभूत सुविधाओं, सड़क, कनेक्टिविटी आदि को मजबूत करने के लिए निरंतर कार्य कर रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार दूरदर्शिता की सोच के साथ उत्तराखण्ड का विकास के लिए कार्य कर रही है। राज्य के शहरी क्षेत्रों के साथ ही ग्रामीण इलाकों का समान रूप से विकास हो, इस दिशा में लगातार कार्य किये जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि रूद्रप्रयाग, बागेश्वर और टिहरी ऋण की कमी वाले जिले हैं। इन तीन जिलों में ऋण आवंटन बढ़ाने पर विशेष ध्यान दिया जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में पीएम- किसान सम्मान निधि स्कीम के 7.60 लाख लाभार्थी हैं और 6.89 लाख किसानों को किसान क्रेडिट कार्ड दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि पीएम किसान सम्मान निधि के तहत अवशेष किसानों को भी किसान क्रेडिट कार्ड की सुविधा उपलब्ध कराने के लिए सभी को सामूहिक रूप से प्रयास करने होंगे। उन्होंने कहा कि सरकार आम लोगों के लिए भी सब्सिडी, क्रेडिट लिंक्ड योजनाओं, और ब्याज अनुदान जैसे योजनाओं को लागू कर रही है, जिसके अंतर्गत वीर चन्द्र सिंह गढ़वाली पर्यटन स्वरोजगार योजना, दीनदयाल उपाध्याय सहकारिता किसान कल्याण योजना, मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना जैसी योजनाएं चलाई जा रही हैं। उन्होंने कहा कि बैंक राज्य के सभी किसानों को किसान क्रेडिट कार्ड उपलब्ध करवाने के लिए एक विशेष कैम्पेन चलाएं जिससे ऋण का लाभ किसानों तक समय से पहुंच सके।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे राज्य की जलवायु और भौगोलिक परिस्थिति बागवानी, ऐरोमेटिक प्लांट्स, मेडिसनल प्लांट्स, डेयरी, फिशरीज, मधुमक्खी पालन, मशरूम पालन तथा जैविक कृषि के लिए सर्वाधिक अनुकूल है। इन क्षेत्रों में ऋण प्रवाह बढ़ाने के लिए भी बैंक विशेष कैंप चला सकते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा विकसित भारत संकल्प यात्रा का मुख्य उद्धेश्य,सरकार की योजनाओं को उन कमज़ोर लोगों तक पहुंचाना है। उन्होंने सभी हितधारकों, विभागों व बैंकों से अपील करते हुए कहा कि इस यात्रा में बढ़चढ़ कर भाग लें, लोगों को जागरूक बनाएं तथा सरकार की योजनाओं को आमजन तक पहुँचाने में सक्रिय भूमिका निभाएँ। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने किसानों की आय दुगुनी करने का लक्ष्य दिया है। राज्य सरकार इस लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए निरंतर कार्य कर रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमने पिछले दिनों बड़े स्तर पर ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट का आयोजन किया। जिसका मुख्य उद्देश्य उत्तराखंड को एक निवेश गंतव्य के रूप में स्थापित करना था, हमारा यह प्रयास सफल भी रहा। प्रधानमंत्री मोदी ने इस समिट में देश दुनिया के लोगों से विशेष अपील की थी कि वे उत्तराखंड में आकर डेस्टिनेशन वेडिंग करें, अब इसके सकारात्मक परिणाम भी दिख रहे हैं।
इस दौरान नाबार्ड के मुख्य महाप्रबंधक वीके बिष्ट ने नाबार्ड द्वारा प्रदेश में संचालित विभिन्न गतिविधियों की विस्तार से जानकारी दी।
इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी, डॉ. धन सिंह रावत, अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी, आनंद बर्द्धन, सचिव बी.वी.आर.सी पुरूषोत्तम, एच.सी.सेमवाल, एस.एन. पाण्डेय, विभिन्न विभागों एवं बैंकों के प्रतिनिधिगण आदि भी उपस्थित रहे।

सीएम ने किया युवा आइकॉन स्वामी विवेकानंद का स्मरण, गिनाईं उपलब्धियां

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने ’राष्ट्रीय युवा दिवस’ के अवसर पर हिमालयन सांस्कृतिक केन्द्र निम्बुवाला गढ़ी कैंट देहरादून में “यूथ एज जॉब क्रियेटर“ थीम पर आयोजित कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि प्रदेश के युवाओं को खेलों के प्रति जागरूक करने तथा नशामुक्त अभियान से जोड़ने के लिए प्रदेश के सभी स्कूलों एवं महाविद्यालयों के खेल मैदानों को सुदृढ़ किया जाएगा। स्कूलों/महाविद्यालय के शैक्षणिक समय के पश्चात इन खेल मैदानों का उपयोग खेल प्रेमियों द्वारा किया जाएगा।

राष्ट्रीय युवा दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री ने राज्य में सराहनीय कार्य करने वाले युवक और महिला मंगल दलों को विवेकानन्द यूथ अवार्ड से सम्मानित किया। जिसमें युवक मंगल दल जांगलियागांव, भीमताल, को एक लाख युवक मंगल दल नागल ज्वालापुर, डोईवाला को 50 हजार युवक मंगल दल डांडा जलालपुर को 25 हजार की धनराशि क्रमशः प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान के लिये प्रदान किया जबकि महिला मंगल दलों में महिला मंगल दल हरिपुर कला, डोईवाला को एक लाख महिला मंगल दल दोगडा, भीमताल को 50 हजार तथा महिला मंगल दल मुड़यानी, चम्पावत को 25 हजार की धनराशि प्रदान की। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर राज्य के नेश्नल यूथ अवार्ड प्राप्तकर्ताओं और अन्य लोगों को रोजगार से जोड़ने वाले युवाओं को भी सम्मानित किया।

मुख्यमंत्री ने सनातन संस्कृति और हिन्दू दर्शन का विश्व भर में प्रचार प्रसार करने वाले महान संत, आध्यात्मिक गुरु और युवाओं के प्रेरणास्त्रोत, इतिहास पुरूष स्वामी विवेकानंद का स्मरण करते हुए कहा कि वे भारतवर्ष के महान ज्योतिपुंज थे। उन्होंने अपने छोटे से जीवनकाल में संपूर्ण विश्व में भारत की धर्म ध्वजा को फहराने का कार्य किया। उन्होंने कहा कि हमारे संस्कारों में वसुधैव कुटुंबकम की भावना है। स्वामी विवेकानंद द्वारा दिखाये गये रास्ते का अनुसरण करते हुए प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी भारत को विकसित भारत की और ले जाने के लिए प्रयासरत है। कोरोना काल में सभी देशवासियों को मुफ्त की वैक्सीन मिली, इतना ही नहीं दुनियां के अनेक देशों को भारत ने कोरोना की वैक्सीन उपलब्ध कराई। वसुधैव कुंटंबकम की भारत की यह भावना पूरी दनिया ने देखी। प्रधानमंत्री के नेतृत्व में भारत को आज वैश्विक स्तर पर अलग पहचान मिली है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वामी विवेकानन्द जी ने युवाओं को श्रेष्ठ कार्य करने के लिए हमेशा प्रेरित किया। आज हमारी युवा शक्ति ही है जो देश और प्रदेश के भाग्य को बदलने का कार्य कर रही है। हमारे युवाओं का परिश्रम, सक्रियता और समर्पण ही हम सभी में ऊर्जा भरने का कार्य करता है। स्वामी विवेकानंद का अध्यात्मिक रिश्ता हमारी देवभूमि से भी रहा है, मायावती आश्रम, लोहाघाट में वो लंबे समय तक रहे। स्वामी विवेकानंद जी के विचारो को अपनाकर ही प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने करोड़ों भारतीयों के जीवन को सार्थक करने का काम किया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि इस बार राष्ट्रीय युवा दिवस की थीम ’’यूथ एज जॉब क्रियेटर्स ’’ रखी गई है, ओर यह थीम हमारे उत्तराखंड के युवाओं पर सटीक भी बैठती है, क्योंकि हमारे उत्तराखंड के युवा अब रोजगार पाने के साथ-साथ रोजगार देने वाले भी बन रहे हैं। उन्होंने कहा कि उद्यमों को विकसित करने के लिए तीन मुख्य तत्वों की आवश्यकता होती है- पूंजी, साहस और लोगों से जुड़ाव। आपके पास पूंजी, साहस और लोगों से जुड़ाव होगा तो आप नौकरी पाने के साथ-साथ नौकरी देने वाले भी बन सकेंगे।

खेल एवं युवा कल्याण मंत्री रेखा आर्या ने कहा कि स्वामी विवेकानन्द जी ने शिकागों धर्म सम्मेलन में भारत का नेतृत्व करते हुए विश्व को भारत के समृद्ध सांस्कृतिक विरासत से परिचित कराया। उन्होंने कहा कि युवावस्था जोश और महत्वाकांक्षा से परिपूर्ण होती है। उत्तराखण्ड की 30 प्रतिशत आबादी युवा है। उत्तराखण्ड प्राकृतिक रूप से भी और युवा शक्ति से भी परिपूर्ण है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने 2025 तक उत्तराखण्ड को हर क्षेत्र में भारत का अग्रणी राज्य बनाने का लक्ष्य रखा गया है, इसमें युवाओं की महत्वपूर्ण भूमिका होगी।

इस अवसर पर विशेष प्रमुख सचिव सचिव अमित सिन्हा, निदेशक युवा कल्याण जितेन्द्र सोनकर एवं अन्य गणमान्य उपस्थित थे।

सीएम धामी ने विभिन्न योजनाओं का लाभ पाने वाले लोगों से बातचीत की

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को विकसित भारत संकल्प यात्रा के तहत जनपद चम्पावत के लाभार्थियों से वर्चुअल संवाद किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने केन्द्र एवं राज्य सरकार की विभिन्न योजनाओं का लाभ पाने वाले लोगों से बातचीत की। मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले साढ़े नौ साल में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में जनहित में बड़े निर्णय लिये गये हैं और समाज के हर वर्ग के लोगों को ध्यान में रखते हुए योजनाएं बनाई गई हैं। समाज के अन्तिम छोर के लोगों तक योजनाओं का पूरा लाभ मिले, इसके लिए लगातार प्रयास किये गये हैं। 15 नवंबर को जनजातीय गौरव दिवस पर विकसित भारत संकल्प यात्रा का शुभारंभ प्रधानमंत्री द्वारा किया गया। इसका मुख्य उद्देश्य भी समाज के गरीब और वंचित लोगों तक योजनाओं का पूरा लाभ पहुंचाना है। राज्य की 7795 ग्राम पंचायतों में विकसित भारत संकल्प यात्रा के कार्यक्रम किये गये हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि विकसित भारत संकल्प यात्रा से केंद्र व राज्य सरकार की अनेक जन कल्याणकारी योजनाओं का लोगों को तेजी से लाभ मिला है। केंद्र एवं राज्य सरकार की अनेक योजनाओं का लाभ लोगों को घर बैठे ही ऑनलाइन सेवाओं के माध्यम से मिल रहा है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश में नई कार्य संस्कृति बनी है। लोगों को योजनाओं का लाभ उनके घरों पर जाकर दिया जा रहा हैं उन्होंने केन्द्र एवं राज्य सरकार की विभिन्न योजनाओं से लाभान्वित होने वाले लोगों से आह्वान किया कि अन्य पात्र लोगों को भी इन योजनाओं का लाभ लेने के लिए प्रेरित किया जाए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा समाज के विभिन्न वर्गों को ध्यान में रखते हुए योजनाएं चलाई जा रही हैं। दिव्यांग पेंशन प्रतिमाह 1200 रूपये से बढ़ाकर 1500 रूपये की है। अब प्रत्येक पात्र पति-पत्नी को वृद्धावस्था पेंशन भी बढ़ाकर प्रतिमाह 1500 रूपये की गई है। पहले यह धनराशि परिवार में केवल एक को मिलती थी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में हर व्यक्ति के जीवन स्तर को ऊंचा उठाने का कार्य हुआ है। राज्य में भी स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देने के लगातार प्रयास किये जा रहे हैं। राज्य में मातृशक्ति द्वारा स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देने की दिशा में सराहनीय कार्य किया जा रहा है। राज्य की महिलाओं द्वारा बनाये जा रहे अनेक उत्पादों की मांग तेजी से बढ़ रही है। हमें उत्पादों की पैकेजिंग और मार्केटिंग की दिशा में और कार्य करने होंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि वैश्विक निवेशक सम्मेलन में प्रधानमंत्री ने ‘हाउस ऑफ हिमालयाज’ को लांच किया। इसके माध्यम से उत्तराखण्ड के उत्पादों को वैश्विक स्तर पर नई पहचान मिलेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि चम्पावत को आदर्श जनपद बनाने की दिशा में सरकार निरंतर कार्य कर रही है। आदर्श चंपावत से आदर्श उत्तराखण्ड का मॉडल बनेगा।
मुख्यमंत्री से संवाद के दौरान चम्पावत के लक्ष्मी दत्त ने बताया कि उन्होंने पीएम स्वनिधि के तहत पहले 10 हजार और फिर 20 हजार का लोन लिया। वे इस लोन को पूरा कर चुके हैं, अब 50 हजार का लोन लेने वाले हैं। लक्ष्मी दत्त ने बताया कि वे विकलांग हैं, विकलांग पेंशन के साथ पी.एम स्वनिधी योजना का लाभ मिलने से उन्हें बहुत मदद मिली है। एनआरएलएम से जुड़ी श्रीमती कविता ने कहा कि स्वयं सहायता समूह के जरिये वे पिरूल के गुलदस्ते, टोकरी, राखी तथा आवंले और अदरक की कैंडी बना रही हैं, जिससे उनको अच्छी आय प्राप्त हो रही है। रोहित सिंह मेहर ने बताया कि उनके द्वारा मत्स्य पालन के लिए 8 तालाबों को निर्माण किया जा रहा है, इसके लिए उन्हें किसान क्रेडिट कार्ड बनाने के बाद 60 हजार रूपये की सब्सिडी मिली है। इस अवसर पर उज्ज्वला योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना, आयुष्मान भारत योजना एवं केन्द्र और राज्य सरकार की विभिन्न योजनाओं का लाभ प्राप्त करने वाले लोगों ने मुख्यमंत्री से संवाद कर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का आभार व्यक्त किया।
इस अवसर पर अपर सचिव रणवीर सिंह चौहान, आनन्द स्वरूप, वर्चुअल माध्यम से जिलाधिकारी चम्पावत नवनीत पाण्डे और जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।

मानसखण्ड मंदिर माला मिशन, अप्रोच सड़क के चौड़ीकरण कार्य को जल्द पूरा करने के निर्देश

अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने जानकारी दी है कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के विजन के अनुरूप मानसखण्ड मंदिर माला मिशन के तहत आने वाले मंदिरों से़ अन्य राज्यों के श्रद्धालुओं और पर्यटकों को जोड़ने के लिए 15 अप्रैल से एक रेल सेवा मानसखण्ड एक्सप्रेस प्रारम्भ किये जाने पर कार्य चल रहा है। यह रेल सेवा कोलकाता से टनकपुर तक संचालित की जाएगी। श्रद्धालुओं और पर्यटकों की सुविधा के लिए टनकपुर से पूर्णागिरी, हाटकालिका, पाताल भुवनेश्वर, जागेश्वरधाम, गोल्ज्यू देवता मंदिर, नन्दा देवी, कैंची धाम आदि मानसखण्ड मंदिर माला के अन्य मंदिरों तक स्थानीय बस व अन्य परिवहन सेवाओं को संचालित किया जाएगा। केएमवीएन के अतिथि गृह, होम स्टे, स्थानीय होटल आदि तथा हुनर योजना के तहत प्रशिक्षित स्थानीय गाइड्स पर्यटकों के आतिथ्य में सहयोग करेंगे। पर्यटकों की वापसी के लिए काठगोदाम से कलकता के लिए रेल सेवा उपलब्ध रहेगी। सचिवालय में मानसखण्ड मंदिर माला मिशन के कार्यों की समीक्षा के दौरान एसीएस श्रीमती राधा रतूड़ी ने लोक निर्माण विभाग को मानसखण्ड मंदिर माला मिशन के तहत मंदिरों को जोड़ने वाली अप्रोच रोड्स के चौड़ीकरण कार्य को जल्द से जल्द पूरा करने के निर्देश दिए हैं।
बैठक में एसीएस राधा रतूड़ी को पर्यटन विभाग द्वारा जानकारी दी गई कि मानसखण्ड मंदिर माला मिशन के तहत चिहिन्त कुमाऊँ मण्डल के सभी 16 मंदिरों के अलग-अलग मास्टर प्लान अनुमोदित हो चुके हैं। इनमें से 9 मंदिरों की डीपीआर तैयार हो चुकी है। इनमें से अधिकांश मंदिरों का शिलान्यास जल्द हो जाएगा। मंदिरों के सौन्दर्यीकरण एवं विकास का कार्य कलस्टर अप्रोच के साथ किया जा रहा है। एसीएस रतूड़ी ने मानसखण्ड मंदिर माला मिशन के तहत आने वाले सभी मंदिरों सौन्दर्यीकरण के साथ ही इनसे जोड़ने वाली अप्रोच रोड के चौड़ीकरण के कार्याे को भी साथ-साथ जल्द पूरा करने के निर्देश दिए हैं। लोक निर्माण विभाग को सिंगल लाइन सड़कों को डबल लाइन में बदलने के कार्याे को जल्द समाप्त करने के निर्देश जारी हुए हैं।
अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने संस्कृति विभाग को राज्य की ऐतिहासिक विरासतों, मंदिरों आदि के संरक्षण एवं संवर्धन हेतु हेरीटेज एक्ट पर कार्य करने के निर्देश दिए हैं।
बैठक में सचिव सचिन कुर्वे सहित संस्कृति, लोक निर्माण विभाग, पर्यटन विभाग के उच्च अधिकारी उपस्थित रहे।

क्लोरीन गैस रिसाव मामले पर सीएम ने बोले, अधिकारी विशेष सतर्कता बरतें

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रेमनगर क्षेत्र में हुए क्लोरीन गैस रिसाव की घटना के प्रति अधिकारियों को इस प्रकार की घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण के निर्देश दिये हैं। उन्होंने उद्योग एवं श्रम विभाग के अधिकारियों को विशेष सतर्कता बरतने को कहा है। मुख्यमंत्री ने प्रदेश के औद्योगिक क्षेत्रों में भविष्य में इस प्रकार की घटना न हो साथ ही आवासीय स्थलों पर इस प्रकार की नुकसानदायक गैसों के भण्डारण की भी जांच करने को कहा है। उन्होंने कहा कि हर समय सतर्कता से ही ऐसे मामलों की पुनरावृत्ति को रोका जा सकता है।

ज्योतिष को वेद विज्ञान और वेदों की आंखे माना गयाः धामी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने ग्राफिक एरा विश्वविद्यालय के कन्वेंशन सेंटर में आयोजित ज्योतिष महाकुंभ के समापन अवसर पर समारोह में प्रतिभागी रहे ज्योतिषियों को सम्मानित किया। मुख्यमंत्री ने सभी ज्योतिषियों का देवभूमि उत्तराखण्ड में स्वागत करते हुए ज्योतिष जैसे प्राचीन ज्ञान पर चर्चा करने के लिए एक मंच प्रदान करने के लिए आयोजकों के प्रयासों की सराहना की।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखण्ड में ज्योतिष शास्त्र की लम्बी परंपरा और गौरवशाली इतिहास रहा है। भारत की यह महान भूमि ज्ञान, कर्म, उपासना के साथ-साथ लौकिक और अलौकिक विद्याओं और रहस्यों को उजागर करने वाली भूमि है। हमारे ऋषि-मुनियों ने वेदों द्वारा ज्ञान एवं विज्ञान की उपासना का संदेश दिया, वेदों में पूरे ब्रह्माण्ड का रहस्य समाया है इस रहस्य को जानने के लिए ज्योतिष शास्त्र को जानना अत्यंत आवश्यक है। किसी ने ठीक ही कहा है कि ’’ज्योतिष शास्त्र ब्रह्मांड को समझने का एक रोडमैप है’’

उन्होंने कहा कि वेद, पुराण, उपनिषद आदि महान ग्रंथों की रचना करने वाले ऋषि केवल कर्मकांडी मात्र नहीं थे बल्कि महान वैज्ञानिक थे, जिन्होंने मानव की भलाई के लिए नई-नई वैज्ञानिक मान्यताएं स्थापित की। उन्होंने कहा कि ज्योतिष शास्त्र एक ऐसा नेत्र है जो भूत, भविष्य और वर्तमान तीनों काल को देख सकता है। यह शास्त्र भौतिक, आध्यात्मिक और दैविक विचारों का समन्वय है।हमारी महान उपलब्धियों को दुनिया ने उपयोग किया लेकिन इसका श्रेय हमें नहीं दिया। अब समय आ गया है कि हम स्वयं को और स्वयं की उपलब्धियों को जानें।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हमें अपनी महान मान्यताओं और उपलब्धियों पर गर्व करने के साथ आधुनिक विज्ञान के साथ-साथ ’’एंसेंट इंडियन नॉलेज सिस्टम’’ को भी समझना होगा। ज्योतिष को वेद विज्ञान और वेदों की आंखे माना गया है।आज नासा भी मानने लगा है कि भारतीय ज्योतिष विज्ञान के द्वारा बहुत सी भौगोलिक घटनाओं को भली प्रकार समझा जा सकता है। ज्वार, भाटा, सूर्य ग्रहण, चंद्र ग्रहण आदि घटनाएं इसके उदाहरण हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार ने राज्य में ज्योतिष को बढ़ावा देने के लिये ’’उत्तराखंड ज्योतिष परिषद’’ का भी गठन किया है, ताकि हमारी भावी पीढ़ी भी इस विज्ञान का लाभ उठासके। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारतीय संस्कृति की धर्म ध्वजा पुनः पूर्ण गौरव के साथ संपूर्ण विश्व में फहरा रही है। प्रधानमंत्री द्वारा किए जा रहे महान कार्यों से प्रेरणा लेकर हमारी सरकार भी सनातन संस्कृति के संवर्धन हेतु संकल्पबद्ध होकर निरंतर कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि हमारे इस विकल्प रहित संकल्प को पूर्ण करने हेतु सभी लोगों का सहयोग हमें निरंतर इसी प्रकार मिलता रहेगा।

मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर जिन विद्धान ज्योतिषियों को सम्मानित किया उनमें ज्योतिषाचार्य पं० के०ए० दुबे, पद्मेश, पं० सतीश शर्मा, वास्तु विशेषज्ञ इन्दु प्रकाश, ज्योतिषाचार्य जी०डी० वशिष्ठ, पं० लेखराज शर्मा, पं० अजय भांबी, पुरुषोत्तम गौड़, संजीव श्रीवास्तव, आनन्द, आचार्य चंद्रशेखर एवं डॉ० वाई० राखी शामिल थे।

इस अवसर पर महानिदेशक सूचना बंशीधर तिवारी, ग्राफिक एरा के संस्थापक कमल घनसाला, अमर उजाला के संपादक अनूप बाजपेई एवं विभिन्न राज्यों से आये ज्योतिषाचार्य उपस्थित थे।

श्रीराम जन्मभूमि तीर्थक्षेत्र अयोध्या से पूजित अक्षत कलश यात्रा पहुंची ग्रामसभा श्यामपुर के जगत विहार

क्षेत्रीय विधायक व मंत्री डा. प्रेमचंद अग्रवाल ने कार्यकर्ताओं के साथ अयोध्या में रामलला के प्राण प्रतिष्ठा के निमित्त राम भक्तों को आमंत्रित किया। इस दौरान अक्षत कलश यात्रा का ग्रामसभा श्यामपुर के जगत विहार में स्वागत किया गया। कलश के स्वागत के साथ जय श्री राम के नारे लगे।

कलश यात्रा के दौरान डा. अग्रवाल ने कहा कि 500 साल के लंबे संघर्षों एवं कई बलिदानों के बाद सत्य सनातन धर्म के प्रभु श्रीराम अयोध्या में बन रहे भव्य दिव्य नव्य मंदिर में 22 जनवरी को विराजमान होंगे। कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी इसका विधिवत लोकार्पण करेंगे, जो हर भारतीय के लिए गर्व की बात है। कहा कि केंद्र सरकार ने हमेशा लोगों के हितों और श्रद्धा को ध्यान में रखते हुए कार्य किया है। मंत्री डा. अग्रवाल ने आमजनमानस को प्रभु श्रीराम का आशीर्वाद स्वरूप पूजित अक्षत एवं श्रीराम मंदिर का चित्र भी वितरित किया।

डॉ अग्रवाल ने बताया कि श्री राम जन्मभूमि के आंदोलन के दौरान उनकी भूमिका श्रीराम कार सेवक समिति के जिला संयोजक के रूप में रही। मंदिर बनाने को लेकर तत्काल यूपी की तानाशाही यादव सरकार की लाठियां भी खाई। आज उन्हें बहुत गर्व हो रहा है।

डा. अग्रवाल ने कहा कि भगवान राम के जीवन की एक-एक घटना और उनका प्रत्येक निर्णय हमें एक आदर्श व्यक्ति बनाने के लिए काफी है। कहा कि श्रीराम शांति के स्वरूप भी हैं और शक्ति के भी। उन्होंने कहा कि यह बड़े सौभाग्य की बात है कि हम सभी 22 जनवरी को उस घड़ी के साक्षी होने जा रहे है। जब रामलला अपने जन्मस्थान में विराजित होंगे। कहा कि भगवान राम के कृतित्व ने मुझे जीवन में सही राह चुनने में हमेशा मदद की।

डा. अग्रवाल की अगुआई में कलश यात्रा निकालकर सभी रामभक्तों को आमंत्रित भी किया गया। उन्होंने क्षेत्रवासियों से आगामी 22 जनवरी को अयोध्या पहुंचने का आह्वान किया।

इस मौके पर मण्डल अध्यक्ष दिनेश पंवार, महामंत्री चंद्रवीर पोखरियाल, मण्डल अध्यक्ष महिला मोर्चा सोनी रावत, सतपाल राणा, मंजू ममगाई, संगीता रावत, अनिता रावत, रोशनी बिजल्वाण, रश्मि पांडेय, बबली देवी, बिंद्रा देवी, संतोषी बहुगुणा, बीमा पैन्यूली, अनिता नेगी, मीना बिष्ट, रागिनी जैन आदि उपस्थित रहे।

वहीं, त्रिवेणी घाट पर प्रतिदिन चल रहे रामायण पाठ पंडाल में मंत्री डॉ अग्रवाल को सम्मानित किया। पंडित जसवीर शास्त्री ने कहा कि भाजपा की ही सरकार में महिलाएं स्वयं को सुरक्षित महसूस कर रही है। अयोध्या में श्रीराम का मंदिर भाजपा की ही सरकार ने बनाया है। इससे पहले की सरकारों ने रामभक्तों के साथ धोखा ही किया है। इस दौरान पंडित जसवीर शास्त्री ने मंत्री डॉ अग्रवाल का धन्यवाद करते हुए सम्मानित किया। इस अवसर पर जिला कार्यालय प्रभारी देवदत्त शर्मा, मण्डल महामंत्री युवा मोर्चा अभिनव पाल आदि उपस्थित रहे।

हिमगिरी महोत्सव 2024 का सीएम ने किया शुभारंभ

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बी.आर. अम्बेडकर स्टेडियम कौलागढ़ रोड देहरादून में ओएनजीसी एवं उत्तराखंड सरकार के सहयोग से पर्वतीय सरोकारों के लिए समर्पित” हिमगिरि सोसाइटी” द्वारा आयोजित दो दिवसीय ‘हिमगिरी महोत्सव-2024’ का शुभारम्भ किया।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री द्वारा विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में डॉ॰ दिनेश कुमार असवाल, चित्रकला के क्षेत्र में प्रो. शेखर चंद्र जोशी तथा पर्यावरण के क्षेत्र में सचिदानंद भारती को “हिमगिरि गौरव सम्मान-2024’ तथा हिमगिरि के संस्थापक सदस्य दिनेश कुमार पांडे को तेल एवं गैस अन्वेषण के क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय कार्यों के लिये लाइफ टाइम अचीवमेंट पुरस्कार से भी सम्मानित किया गया।
मुख्यमंत्री ने हिमगिरि महोत्सव सांस्कृतिक समागम के भव्य आयोजन के लिये आयोजकों के साथ हिमगिरि सम्मान और लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड से सम्मानित विभूतियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि ओएनजीसी के सेवानिवृत और सेवानिवृत्त कर्मचारियों की पंजीकृत हिमगिरी सामाजिक संस्था अपने समर्पण और सेवाओं के माध्यम से पर्वतीय क्षेत्र की समृद्धि, संस्कृति और विकास में अग्रणी भूमिका निभा रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड अध्यात्म और योग की भूमि होने के साथ-साथ संस्कृति, साहित्य और कला की भूमि भी है। ऐसे आयोजन हमारी विलुप्त होती लोक विरासत को संरक्षण प्रदान कर आने वाली पीढ़ी को हमारी लोक संस्कृति से परिचित कराने तथा सामाजिक समरसता को प्रगाढ़ करने का कार्य करते हैं। इससे हमारे राज्य के कलाकारों को भी एक मंच उपलब्ध होता है और उनकी कला को प्रोत्साहन मिलता है। संगठन चाहे वह सामाजिक, साहित्यिक हो या सांस्कृतिक उसमें बड़ी शक्ति होती है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास के मूलमंत्र को ध्येय मानकर हम आगे बढ़ रहे हैं। हमें भारत को पुनः विश्व गुरू के पद पर आरूढ़ करने के लिए हर परिस्थिति को पार करना है। भारत को विश्व की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनाने के लिए हर छोटी बड़ी कोशिश करनी है। श्रेष्ठ उत्तराखंड निर्माण के ’विकल्प रहित संकल्प’ को प्राप्त करने हेतु अपने प्रयास निरंतर जारी रखने होंगे। मुख्यमंत्री ने सभी का आह्वान किया कि हमारे ये सभी प्रयास तभी सफल होंगे जब हम सब आपसी सहयोग से राज्य के विकास में अपना योगदान देंगे।
इस अवसर पर विधायक सविता कपूर, अध्यक्ष उत्तराखण्ड श्रम संविदा बोर्ड कैलाश पंत, सोसाइटी के अध्यक्ष गोपाल जोशी, सचिव आशीष चौहान, संदीप सिंह बिष्ट, एल मोहन लखेड़ा, देवेन्द्र बिष्ट, शोभा नेगी, विजय मधुर, मनमोहन नेगी, परमेश उनियाल, आर जे काव्या, मातबर सिंह असवाल आदि उपस्थित थे।

संस्कृत भाषा के प्रति रहा हमेशा झुकावः अग्रवाल

क्षेत्रीय विधायक व मंत्री डॉ प्रेमचंद अग्रवाल ने नव वर्ष के उपलक्ष में संस्कृत के महान विद्वान प्रधानाध्यापकों और अध्यापकों का पुष्पगुच्छ व शॉल ओढ़ाकर सम्मान किया।

बैराज रोड स्थित कैम्प कार्यालय में डॉ अग्रवाल ने पंजाब सिंध क्षेत्र साधु महाविद्यालय के प्रधानाचार्य नवीन भट्ट, जयराम संस्कृत महाविद्यालय के प्रधानाचार्य विजय जुगलान, बाबा काली कमली संस्कृत महाविद्यालय के प्रधानाचार्य डॉ गिरीश पांडे, श्री वेद विद्यालय से अध्यापक सुनील बिजल्वाण, नेपाली संस्कृत विद्यालय के प्रधानाचार्य ओमप्रकाश, श्री भारत मंदिर संस्कृत विद्यालय के प्रधानाचार्य सुरेंद्र भट्ट, मुनीश्वर संस्कृत विद्यालय के प्रधानाचार्य जनार्दन करवान, अखंड आश्रम के प्रधानाचार्य गंगा प्रसाद जोशी, श्री दर्शन महाविद्यालय के प्रधानाचार्य राधामोहन परमार्थ निकेतन संस्कृत विद्यालय के अध्यापक डॉ संतोष मुनि स्वर्ग आश्रम संस्कृत विद्यालय के प्रधानाचार्य विनायक भट्ट जी को सम्मानित किया।

डॉ अग्रवाल ने कहा कि संस्कृत भाषा के प्रति उनका झुकाव हमेशा रहा है। बताया कि विधायक और मंत्री बनने पर संस्कृत भाषा में शपथ ली। बताया कि विधानसभा अध्यक्ष के कार्यकाल के दौरान विधानसभा के अंदर सभी विभागों में संस्कृत भाषा के बोर्ड भी लगवाए।

इस मौके पर मण्डल अध्यक्ष सुमित पंवार, महामंत्री नितिन सकसेना, जिला उपाध्यक्ष दिनेश सती, निवर्तमान शिव कुमार गौतम, मण्डल महामंत्री युवा मोर्चा अभिनव पाल, अनिमेष बिष्ट आदि उपस्थित रहे।

मुख्यमंत्री करेंगे राज्य स्तरीय युवा महोत्सव का शुभारंभ

5 से 9 जनवरी तक देहरादून के परेड मैदान में होने वाले राज्य स्तरीय युवा महोत्सव का मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी शुक्रवार को शुभारंभ करेंगे। इस दौरान वह युवा महोत्सव कार्यक्रम स्थल पर फोटो गैलरी एवं विभिन्न स्टॉलों का भी भ्रमण करेंगे। युवा महोत्सव के प्रत्येक दिवस पर विभिन्न आयोजन होंगे।

सचिवालय स्थित मीडिया सेंटर में आयोजित पत्रकार वार्ता में खेल मंत्री रेखा आर्य ने यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि परेड मैदान के खेल परिसर में स्टार्ट-अप, युवा समूहों, स्वयं सहायता समूहों, हैंडीक्राफ्ट, टेक्सटाइल एवं अग्रोप्रोड्क्ट आदि के 150 स्टॉल लगाए जाएंगे। साथ ही स्थानीय परंपरागत एवं फ्यूज़न फूड पर आधारित 25 फूड फेस्टिवल के स्टॉल भी लगाए जाएंगे। इसके अलावा लोक गायकों की प्रस्तुति के साथ अलग-अलग दिवसों पर यूथ एज जॉब क्रिएटर्स विषय पर विभिन्न विशेषज्ञों द्वारा युवाओं के साथ परिचर्चा की जाएगी।

खेल मंत्री ने बताया कि 12 जनवरी को स्वामी विवेकानंद जयंती पर देहरादून में राष्ट्रीय युवा दिवस का शुभारंभ भी मुख्यमंत्री ही करेंगे। इस दिन उनके हाथों विवेकानंद यूथ अवार्ड का भी वितरण किया जाएगा। इसके अलावा 12 से 16 जनवरी तक नासिक महाराष्ट्र में होने वाले राष्ट्रीय युवा महोत्सव में युवा महोत्सव के विजेता उत्तराखंड की ओर से प्रतिभाग करेंगे।