आरएलडीए और एमडीडीए के सहयोग से पुनर्विकसित होगा देहरादून का रेलवे स्टेशन

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने देहरादून रेलवे स्टेशन पुनर्विकास परियोजना की स्थिति की समीक्षा करते हुए रेल भूमि विकास प्राधिकरण (आरएलडीए) के अधिकारियों को समयबद्धता एवं गुणवतत्ता के साथ कार्य पूर्ण करने को कहा। आरएलडीए के वाइस-चेयरमैन वेद प्रकाश डुडेजा ने परियोजना के विकास के सम्बन्ध में मुख्यमंत्री को अवगत कराया और 83.5 मीटर ऊंची बिल्डिंग समेत डिटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट (डीपीआर) के लिए मंजूरी मांगी।

ज्ञातव्य है कि देहरादून रेलवे स्टेशन को आरएलडीए और एमडीडीए द्वारा संयुक्त रूप से विकसित किया जा रहा है और इस संबंध में दोनों संस्थाओं के बीच पिछले साल एमओयू साइन किया गया था। पुनर्विकास का उद्देश्य यात्री सुविधा के अनुरूप स्टेशन को अलग-अलग प्रवेश और निकास, फूड आउटलेट्स, अंडरग्राउंड पार्किंग समेत अन्य अत्याधुनिक सुविधाओं के साथ अपग्रेड करना है। इस योजना में देहरादून स्टेशन में प्रवेश-निकास के लिए वर्तमान यातायात समस्याओं को दूर किया जाएगा। यात्री-आगंतुक हाई-राइजिंग टॉवर के ऊपर रिवॉल्विंग रेस्टोरेंट से लगभग एक घंटे में पूरे दून घाटी के 360 डिग्री बर्ड आई व्यू का आनंद ले सकते हैं। यह उत्तराखंड राज्य में अपनी तरह का पहला रिवॉल्विंग रेस्टोरेंट होगा। प्रस्तावित स्टेशन की लागत स्टेशन के लिए 125 करोड़ व कमर्शियल डेवलपमेंट के लिए 400 करोड़ रुपया होगी।

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र ने एमडीडीए को कैबिनेट की मंजूरी के लिए प्रस्ताव को जनवरी 2021 के तीसरे सप्ताह में होने वाली अगली कैबिनेट बैठक में रखने की सलाह दी। रेल भूमि विकास प्राधिकरण के वाइस-चेयरमैन डुडेजा ने कहा कि हमने राज्य सरकार से देहरादून रेलवे स्टेशन की डीपीआर पर जल्द मंजूरी के लिए अनुरोध किया है, ताकि जल्द से जल्द आरएफपी मंगाई जा सके। देहरादून रेलवे स्टेशन का पुनर्विकास, वैश्विक मानकों के अनुरूप किया जाएगा और यह यात्रियों को सुखद अनुभव प्रदान करेगा। स्टेशन का पुनर्विकास रियल एस्टेट की कीमतों को बढ़ाने के साथ-साथ पर्यटन की क्षमता और स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी बढ़ावा देगा। साथ ही यह सभी स्टेकहोल्डर्स के लिए भी फायदेमंद होगा।

बैठक में मसूरी देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) के वाइस-चेयरमैन रणवीर सिंह चैहान, उत्तराखंड के आवास सचिव शैलेश बगौली और देहरादून के जिलाधिकारी डॉ. आशीष कुमार श्रीवास्तव भी उपस्थित थे।

स्मार्ट सिटी की समीक्षा कर सीएम ने दिए ठेकेदारों के साथ टाइम टू टाइम बैठक के निर्देश

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने मंगलवार को सचिवालय में देहरादून स्मार्ट सिटी की समीक्षा की। बैठक के दौरान सी.ई.ओ. स्मार्ट सिटी आशीष श्रीवास्तव ने देहरादून स्मार्ट सिटी पर विस्तृत प्रस्तुतीकरण दिया।

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने स्मार्ट सिटी के अन्तर्गत कराये जा रहे सभी कार्यों को निर्धारित समयसीमा के भीतर पूर्ण कराए जाने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि इसमें समयबद्धता के साथ ही गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखा जाए। उन्होंने मॉडर्न दून लाईब्रेरी की धीमी गति पर नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि इसे शीघ्र पूर्ण किया जाए। उन्होंने कहा कि निर्माण कार्यों से आम जनता को कोई परेशानी न हो, यह सुनिश्चित किया जाना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि इसके लिए समय-समय पर ठेकेदारों आदि के साथ भी बैठक आयोजित की जानी चाहिए, ताकि उन्हें आ रही समस्याओं का भी निराकरण किया जा सके। मुख्यमंत्री ने कहा कि देहरादून में वर्षाजल को संरक्षण के लिए रेनवाटर हार्वेस्टिंग पर अधिक फोकस किया जाना चाहिए।

सी.ई.ओ. समार्ट सिटी आशीष श्रीवास्तव ने बताया कि स्मार्ट सिटी परियोजना की कुल लागत रू0 1407 करोड़ है, जिसमें 100 प्रतिशत निविदाएं आमंत्रित कर ली गयी हैं और इनसे सम्बन्धित कार्यादेश भी जारी कर दिए गए हैं। उन्होंने बताया कि देहरादून स्मार्ट सिटी के अन्तर्गत स्मार्ट स्कूल का समस्त कार्य पूर्ण कर लिया गया है। इसके अन्तर्गत राजकीय बालिका इंटर कॉलेज राजपुर रोड, राजकीय इंटर कॉलेज, खुड़बुड़ा एवं राजकीय कन्या जूनियर हाई स्कूल को शामिल किया गया है, जिनमें स्मार्ट क्लासेज, कम्प्यूटर लैब, सीसीटीवी कैमरे, अग्निशमन यंत्र आदि की व्यवस्था है। उन्होंने बताया कि स्मार्ट रोड का कार्य प्रगति पर है। दून एकीकृत कमांड एण्ड कंट्रोल रूम का कार्य मार्च 2021 तक पूर्ण कर लिया जाएगा।

इस अवसर पर सचिव शैलेश बगोली एवं सुशील कुमार आदि उपस्थित थे।

देहरादून स्मार्ट सिटीः तीन सरकारी स्कूलों का विकास स्मार्ट स्कूल में रूप में

मुख्य सचिव ओमप्रकाश की अध्यक्षता में सचिवालय में देहरादून स्मार्ट सिटी परियोजना की उच्च स्तरीय संचालन समिति बैठक सम्पन्न हुयी। मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि परियोजना की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान रखते हुए परियोजना को ससमय पर पूर्ण किया जाए। उन्होंने कहा कि स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत स्मार्ट सड़कों के निर्माण में डक्ट का कार्य पूर्ण होने के बाद ही ब्लैक टॉपिंग का कार्य किया जाए।

बैठक में सीईओ देहरादून स्मार्ट सिटी लिमिटेड आशीष कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि देहरादून में इलैक्ट्रिक बस परियोजना शुरू किए जाने हेतु प्रोटो बस इस सप्ताह देहरादून आ जाएगी, जिसमें मुख्य सचिव ने निर्देश दिए कि प्रोटो बस को महिलाओं को समर्पित करते हुए केवल महिलाओं हेतु चलाया जाए। उन्होंने कहा कि इलैक्ट्रिक बसों के संचालन की कार्यवाही में तेजी लाते हुए इसे शीघ्र शुरू किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि देहरादून स्मार्ट सिटी लिमिटेड के अन्तर्गत देहरादून शहर के 3 सरकारी स्कूलों का विकास स्मार्ट स्कूल के रूप में किया गया है। परेड ग्राउंड जीर्णोधार कार्यो के अन्तर्गत निर्माण इकाई द्वारा 570 मी0 बाह्य नाली एवं 480 मी0 आन्तरिक नालियों का कार्य किया जा चुका है। साथ ही परेड ग्राउण्ड के आन्तरिक हिस्से मे प्रस्तावित वीआईपी स्टेज, वर्षा जल संग्रहण टैंक आदि का कार्य प्रगति पर है। वॉटर ए.टी.एम. कार्य मे प्रस्तावित 24 वॉटर ए.टी.एम. में से 15 का निर्माण कार्य पूर्ण किया जा चुका है। स्मार्ट रोड निर्माण इकाई के द्वारा कार्यो के अन्तर्गत 80 प्रतिशत सीवर लाइन एवं 620 मी0 मल्टी यूटीलिटी डक्ट बिछाने का कार्य किया जा चुका है एवं शेष कार्य प्रगति पर है।

सीईओ देहरादून स्मार्ट सिटी लिमिटेड ने कहा कि लाईब्रेरी नींव संरचना निर्माण कार्य पूर्ण करने के उपरान्त अधोसंरचना का निर्माण कार्य प्रगति पर है। स्मार्ट पोल एवं ओ.एफ.सी. केबल कार्य हेतु सम्बन्धित विभागों से अनापत्ति लेने के उपरान्त स्मार्ट पोल की नींव संरचना का कार्य प्रगति पर है साथ ही ओ.एफ.सी. केबल बिछाये जाने हेतु 53 कि.मी. का जी.पी.आर. सर्वे किया जा चुका है। वर्तमान समय में लगभग 8 कि.मी. ओ.एफ.सी. केबल बिछायी जा चुकी है। जल आपूर्ति प्रणाली के अन्तर्गत देहरादून शहर में अधिष्ठापित 206 ट्यूबवैल का सुधारीकरण एवं उच्चीकरण किया जाना है। वर्तमान समय में इनमें से 13 ट्यूबवैल से बेस डाटा संग्रहण का कार्य प्रगति पर है।

इस अवसर पर मेयर देहरादून सुनील उनियाल गामा, सचिव आर.के. सुधांशु, शैलेश बगोली एवं सौजन्या आदि उपस्थित थे।

हाईटेंशन लाइन के संपर्क में आकर डंपर में लगी आग, चालक घायल

रायवाला में 11 हजार की हाईटेंशन लाइन की चपेट में आकर एक डंपर धूं-धूं कर जल उठा। डंपर के चालक करंट लगने से घायल हो गया है, जिसे पुलिस की मदद से अस्पताल पहुंचाया गया है दरअसल रायवाला में उत्तर प्रदेश सेतु निगम के हॉट मिक्स प्लांट में एक डंपर खड़ा था। घटना के वक्त डंपर से सामाग्री उतारी जा रही थी। इसी बीच 11 हजार की हाईटेंशन लाइन की चपेट में डंपर आ गया। संपर्क में आते ही डंपर में आग लग गयी। वहीं, करंट लगने से डंपर चालक जय किशोर घायल हो गए। समय रहते पुलिस ने उन्हें एक अस्पताल में भर्ती कराया है। ट्रक मालिक को सूचना दे दी है।

छेड़छाड़ मामले में महाराज ने अज्ञात हमलावर को शीघ्र गिरफ्तार करने का दिया निर्देश

सतपुली/देहरादून। विधानसभा क्षेत्र चैबट्टाखाल के अंतर्गत ग्राम धरासू, पट्टी मवालस्यूं में 21 वर्षीय बालिका से छेड़छाड़ एवं मारपीट के मामले में काबीना मंत्री सतपाल महाराज ने जिलाधिकारी पौड़ी से बात की। दूरभाष पर हुई बात में उन्होंने अज्ञात हमलावर को शीघ्र गिरफ्तार करने को कहा है।

जनपद पौड़ी गढ़वाल के चैबट्टाखाल विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम धरासू, पट्टी मवालस्यूं की 21 वर्षीय छात्रा पर कॉलेज से आते हुये गत 21 अक्टूबर को लटीबा बस स्टाप के पास एक अज्ञात व्यक्ति द्वारा छेड़छाड़ करने के साथ ही जानलेवा हमला कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया गया था। जिसकी रिपोर्ट राजस्व पुलिस से की गई। क्षेत्रीय विधायक एवं काबीना मंत्री सतपाल महाराज ने घटना की गंभीरता को समझते हुए इस पूरे प्रकरण को निमित पुलिस को सौंपे जाने के साथ ही जिलाधिकारी पौड़ी को दूरभाष पर निर्देश दिए हैं कि छात्रा से छेड़छाड़ व जानलेवा हमला कर उसे गंभीर रूप से घायल करने वाले अज्ञात हमलावर को तुरंत गिरफ्तार किया जाए।

चिल्ड्रन होम एकेडमीः स्कूल प्रबंधक और हाॅस्टल वार्डन पर मुकदमा

रानीपोखरी के चिल्ड्रन होम अकादमी में बीते वर्ष 20 सितंबर 20196 को 13 वर्षीय छात्र अभिषेक रविदास पुत्र अजय रविदास निवासी पंजाब की मौत के बाद पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस ने यह मुकदमा खंड शिक्षा अधिकारी की जांच रिपोर्ट के बाद किया है।

थानाध्यक्ष रानीपोखरी जितेंद्र चैहान ने बताया कि जांच में बात सामने आई है कि मृतक अभिषेक रविदास की लंबे समय से तबियत ठीक नहीं थी। 19 सितंबर 2019 को विद्यालय की ओर से जौलीग्रांट स्थित हिमालयन अस्पताल में उसे भर्ती कराया गया। यहां 20 सितंबर को उसकी मौत हो गई थी। मामले में मृतक के परिजनों ने बाल आयोग की शरण ली थी और मामले में दखल लेने को कहा था। इसके बाद मामले की जांच खंड शिक्षा अधिकारी डोईवाला उमा पंवार कर रही थी। खंड शिक्षा अधिकारी उमा पंवार ने रानीपोखरी थाने में चिल्ड्रन होम एकेडमी के प्रबंधक व हॉस्टल वार्डन के खिलाफ लापरवाही बरतने से छात्र की मौत का मुकदमा दर्ज कराया है।

स्मार्ट सिटी बनने के बाद देहरादून की खूबसूरती में उछाल आएगाः सीएम

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने देहरादून स्मार्ट सिटी के तहत चल रहे कार्यों और बालिका इंटर काॅलेज का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने परेड ग्राउण्ड, देहरादून के पुनर्निर्माण स्मार्ट रोड एवं देहरादून में बनाये जा रहे 03 स्मार्ट स्कूलों के कार्य प्रगति की जानकरी ली।

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र ने कहा कि कोविड काल को छोड़कर देहरादून स्मार्ट सिटी का कार्य तेजी से हुआ है। आगे भी स्मार्ट सिटी के तहत तेजी से कार्य होंगे। जब स्मार्ट सिटी के लिए देहरादून का चयन हुआ था, तब देहरादून 100वें नम्बर पर था, कार्यों की प्रगति में तेजी से देहरादून 13वें नबंर पर आया। देहरादून हमेशा से ही देश-विदेश से आने वालों और पर्यटकों के लिए आकर्षण का केन्द्र रहा है। स्मार्ट सिटी का कार्य पूर्ण होने से देहरादून की खूबसूरती एवं अन्य सुविधाएं भी बढ़ेगी। स्मार्ट स्कूल की उत्तराखण्ड में नई पहल शुरू हुई है। देहरादून में बनने वाले तीन स्मार्ट स्कूलों से बच्चों की मानसिकता में सकारात्मक परिवर्तन आयेगा। इन स्कूलों में उच्च गुणवतायुक्त व्यवस्थाएं की गई है। ये तीनों स्कूल एक-दूसरे से इन्टरकनेक्ट भी रहेंगे। मुख्यमंत्री ने स्मार्ट स्कूलों में दिव्यांग बच्चों के लिए रैंप बनाने के निर्देश भी दिए। इस अवसर पर उन्होंने राजकीय बालिका इंटर कॉलेज राजपुर में दिव्यांग छात्राओं की जानकारी ली। प्रधानाचार्य ने अवगत कराया कि स्कूल में अभी एक दिव्यांग छात्रा है।

स्मार्ट सिटी के सी.ई.ओ. जिलाधिकारी देहरादून डॉ. आशीष श्रीवास्तव ने कार्यों की प्रगति की जानकारी देते हुए कहा कि परेड ग्राउण्ड पुनर्निर्माण के तहत सड़क, ड्रेनेज, वर्षा जल संग्रहण टैंक, लैंडस्केपिंग एवं जलापूर्ति के कार्य किये जा रहे हैं। कान्वेन्ट रोड चैड़ीकरण हेतु स्थल विकास करने के बाद 95 मीटर सब बेस तैयार किया जा रहा है। 473 मीटर लम्बाई की आरसीसी की नाली बन चुकी है, शेष कार्य प्रगति पर है। आरसीसी टैंक निर्माण का 75 प्रतिशत कार्य पूर्ण हो चुका है। परेड ग्राउण्ड के चारों ओर 150 मिमी से 250 मिमी व्यास की मुख्य पेयजल वितरण लाईन बिछायी जायेगी। 30 अक्टूबर 2021 तक परेड ग्राउण्ड का पुनर्निर्माण कार्य पूर्ण करने का लक्ष्य रखा गया है। स्मार्ट रोड के कार्यों के मल्टी युटीलिटी डक्ट बिछाने का कार्य, सीवर, नाली निर्माण, जलापूर्ति एवं सड़क निर्माण के कार्य किये जायेंगे। डक्ट बिछाने एवं सीवर के कार्य प्रारम्भ हो चुके हैं।

सी.ई.ओ. स्मार्ट सिटी डॉ. आशीष श्रीवास्तव ने बताया कि देहरादून के तीन स्कूलों स्मार्ट स्कूल बनाया जा रहा है। जिसमें जीजीआईसी राजपुर एवं खुड़बुड़ा में दो स्कूलों शामिल हैं। इन स्मार्ट स्कूलों का कार्य 31 अक्टूबर तक पूर्ण हो जायेगा। इन स्मार्ट स्कूलों में निर्माण एवं आईटी से संबधित कार्य किये गये हैं। इनमें कम्प्यूटर लेब, प्रोजेक्टर, आई.आर. बोर्ड, ग्रीन बोर्ड, सी.सी.टीवी. कैमरे, अग्निशमन यंत्र एवं बायेमैट्रिक पंचिंग उपकरण की व्यवस्था की गई है।

फारेस्ट गाॅर्ड मामले की जांच हो चुकी है, कांग्रेस का प्रदर्शन हास्यास्पदः डा. देवेंद्र भसीन

फाॅरेस्ट गाॅर्ड मामले में देहरादून में कांग्रेस कार्यकर्ताओं के प्रदर्शन को भाजपा ने हास्यास्पद बताया। पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष डॉ. देवेंद्र भसीन ने कहा कि मामले पर गठित एसआईटी जांच पूरी कर उसकी रिपोर्ट दो सप्ताह पूर्व ही चयन आयोग को भेज चुकी है। वहीं, कांग्रेस कोरोना काल में नियम तोड़ते हुए प्रदर्शन कर रही है ।

उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेता जन स्वास्थ्य से खिलवाड़ कर जनता को भ्रमित कर रहे हैं। कांग्रेस के बड़े नेताओं को यही पता नहीं है कि जिस फॉरेस्ट गार्ड भर्ती में घपले की बात को लेकर उन्होंने आज जो प्रदर्शन करवाया, उसमें मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत के नेतृत्व में पहले से गठित एसआईटी मामले की जांच पूरी कर चुकी है। साथ ही अपनी रिपोर्ट दो सप्ताह पूर्व अधीनस्थ सेवा आयोग को प्रेषित कर चुकी है। यह एसआईटी एसएसपी सैंथिल के नेतृत्व में गठित की गई थी। अब एसआईटी की रिपोर्ट के आधार पर आयोग आगे की कार्यवाही करेगा।

कहा कि कांग्रेस के पास कोई मुद्दा नहीं है और वह जनता को भ्रमित करने की कोशिश करती रहती है। हर बार कांग्रेस को मुंहकी खानी पड़ती है। कांग्रेस मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत के नेतृत्व में प्रदेश की भाजपा सरकार की भ्रष्टाचार के प्रति जीरो टालरेंस की नीति को लेकर परेशान है।

देहरादून में अतिक्रमण के खिलाफ अभियान की हुई शुरूआत

बीते 18 जून 2018 को हाईकोर्ट ने देहरादून शहर को अतिक्रमणमुक्त करने के निर्देश दिए थे। साथ ही तब मुख्य सचिव से चार सप्ताह के भीतर जवाब भी मांगा था। इसके तहत देहरादून की सभी मुख्य सड़कों के साथ ही संपर्क मार्गों से अतिक्रमण हटाया गया था। तब यह अभियान टास्क फोर्स ने 28 जून 2018 से अभियान शुरू किया था।

एक बार फिर जिला प्रशासन की टीम एक्शन में आई है। शहर को विभिन्न जोन में बांटकर अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई आरंभ कर दी गई है। शहर के विभिन्न स्थानों पर नगर निगम, एमडीडीए व पीडब्लूडी के संयुक्त अभियान में अतिक्रमण हटाया जा रहा है। यह अभियान करीब एक सप्ताह तक चलेगा।

टास्क फोर्स के प्रभारी विनय शंकर पांडेय ने बताया कि हाईकोर्ट के आदेश पर टास्क फोर्स शहर को चार जोन में बांटकर प्रमुख सड़कों से अतिक्रमण हटा रही है। लोगों को खुद अतिक्रमण हटाने के लिए कहा गया। चिन्हीकरण के बाद भी कुछ लोगों ने अतिक्रमण नहीं हटाया। उन पर निगम फिर से कार्रवाई कर रहा है।

वहीं, स्थानीय दुकानदार, होटल व्यवसायियों ने अभियान में इकतरफा कार्रवाई न किए जाने पर नाराजगी जताई। उनका कहना था कि बीच में कई अतिक्रमण वाले जगह छोड़ दिए हैं। आगे चलकर अतिक्रमण ध्वस्त किया जा रहा है। इस दौरान क्षेत्रीय पार्षद देवेंद्र पाल मोंटी के साथ स्थानीय लोग पहुंचे और एकतरफ से कार्रवाई करने को कहा। इस दौरान नायब तहसीलदार जसपाल राणा, सीओ सदर अनुज कुमार व पुलिस टीम भी साथ है।

इस प्रकार से है जोन
जोन एकः राजपुर रोड के दोनों छोर, राजपुर रोड व चकराता रोड में मध्य के इलाके, उपजिलाधिकारी मसूरी मनीष कुमार।
जोन दोः घंटाघर से लेकर चकराता रोड के दोनों छोर, सिटी मजिस्ट्रेट कुश्म चैहान।
जोन दो-एः प्रिंस चैक होते हुए सहारनपुर रोड के मध्य के इलाके, अपर नगर मजिस्ट्रेट मायादत्त जोशी।
जोन तीनः गांधी रोड, प्रिंस चैक होते हुए दोनों छोर, उपजिलाधिकारी सदर गोपाल राम बिनवाल।
जोन चारः हरिद्वार रोड के दोनों छोर, उपजिलाधिकारी कालसी संगीता कन्नौजिया।
जोन चार-एः हरिद्वार रोड व राजपुर रोड के मध्य के इलाके, उपजिलाधिकारी मुख्यालय प्रेमलाल।

लाॅकडाउन में असहाय लोगों की मदद करने वाले राहुल दयाल हुए सम्मानित

कोविड 19 महामारी में लाॅकडाउन के दौरान जरूरतमंद लोगों को उनके घर तक राशन, सेनेटाईजर, साबुन, मास्क, ग्लब्स बांटे जा रहे थे। उसी क्रम में नेशविला रोड़ निवासी राहुल दयाल ने भी इस महामारी के दौरान असहाय लोगों की हरसंभव मदद की। इसके अलावा उन्होंने देहरादून पुलिस विभाग जो इस महामारी के समय लोगों की मदद कर रही थी उनको भी जरूरत का सामान जैसे मास्क, साबुन व सेनेटाईजर आदि दिये।

राहुल दयाल के इस प्रयास के लिए डीआईजी व एसएसपी देहरादून अरूण मोहन जोशी व एसपी क्राईम लोकजीत सिंह द्वारा प्रशस्ति पत्र दिया गया।

मौके पर राहुल दयाल ने कहा कि वे आगे भी पुलिस विभाग व देहरादून के नागरिकों की हरसंभव सेवा करने का प्रयास करेंगे।