ऋषिकेश व्यापार महासंघ के सदस्यता अभियान में उत्साह का माहौल

नगर निगम ऋषिकेश के पहले व्यापार महासंघ ने नगर के व्यापारियों के साथ मिलकर ऋषिकेश में दून तिराहे से चन्द्रभागा पुल तक सदस्यता अभियान चलाया। मौके पर दर्जनों व्यापारियों को ऋषिकेश व्यापार महासंघ का सदस्य भी बनाया गया।
ऋषिकेश व्यापार महासंघ के संयोजक राजीव मोहन अग्रवाल ने कहा कि आज ऋषिकेश व्यापार महासंघ के बैनर तले के साथ सदस्यता अभियान चलाकर बड़ी संख्या में सदस्य बनाये। इस दौरान सदस्य बनने के लिये व्यापारियों में उत्साह देखने को मिला। उन्होंने कहा कि काफी समय से लोग एकाधिकार वाले व्यापारी नेताओं के मनमाने रवैयों से आजिज आ चुके थे, इसी लिये व्यापारी भाईयों ने बढ़-चढ़कर सदस्यता अभियान में भाग लिया।
सह संयोजक नवल कपूर ने कहा कि हमारा मकसद सभी व्यापारियों को समान अधिकार वाले व्यापार महासंघ का गठन करना था। जिसके चलते व्यापारी भाईयों के सहयोग से व्यापारियों का स्थानीय स्तर पर नगर निगम का पहला व्यापार महासंघ का गठन हुआ। जिसके सदस्यता अभियान व्यापारी भाईयों ने पूर्ण सहयोग कर सदस्य बनने व बनाने में मदद कर रहे हैं ।
सदस्यता अभियान में पूर्व व्यापार सभा अध्यक्ष सूरज गुल्हाटी, राजेन्द्र सेठी, मोटर पार्टस एसोसिएशन अध्यक्ष चन्द्रशेखर जैन, स्वर्ण कार संघ अध्यक्ष यशपाल पंवार, पार्षद अजीत सिंह गोल्डी, होटल एसोसिएशन अध्यक्ष मदन नागराज, महामंत्री अंशुल अरोड़ा, क्षेत्र रोड व्यापार संगठन अध्यक्ष राजेश भट्ट, स्वर्णकार संघ उपाध्यक्ष हितेन्द्र पंवार, बर्तन एसोसिएशन अध्यक्ष प्रवीन अग्रवाल, प्रचून व्यापर संघ अध्यक्ष गिरिराज गुप्ता, मेन बाजार व्यापार संघ महामंत्री ललित सक्सेना, स्वर्णकार संघ से विवेक वर्मा, नागेन्द्र सिंह, रमनप्रीत सिंह, हरीश दरगन, अतुल सरीन, अशोक नेगी, राजेश अरोड़ा, सरदार प्रीतपाल सिंह जस्सल, हरीश गावडी, विशाल अग्रवाल, संजय पंवार, प्रदीप कुमार, रमन अरोड़ा, रवि चैहान, राजपाल ठाकुर, सजल खुराना आदि मौजूद थे।

नगर निगम से शुरु हुई पहल, स्वच्छता सर्वेक्षण में होगी कारगर

नगर निगम ऋषिकेश, यूएनडीपी एवं एचडीएफसी बैंक के संयुक्त तत्वाधान में आकांक्षा संस्था द्वारा ’प्लास्टिक लाओ मास्क पाओ’ अभियान की शुरुआत नगर निगम कार्यालय से की गई। इस अभियान की शुरुआत नगर आयुक्त ने की। इस अभियान में प्लास्टिक के बदले में कपड़े का मास्क दिया जा रहा है। यह अभियान 8 दिसंबर से शुरू होकर 30 दिनों तक चलेगा।
ऋषिकेश निवासियों को प्लास्टिक पैकेजिंग पानी, कोल्ड ड्रिंक, जूस की बोतलें, सिंगल यूज पॉली बैग और प्लास्टिक के अन्य कचरे के बदले एक कियोस्क पर मुफ्त कपड़ा मास्क मिलेगा। नगर निगम कार्यालय और कई कॉलोनियों और अपार्टमेंट जैसे क्षेत्रों में कियोस्क स्थापित किए जाएंगे।
इस अभियान का उद्घाटन नगर आयुक्त द्वारा नगर निगम कार्यालय में किया गया, जहां उन्होंने मास्क देकर इस अभियान को शुरू किया। इस अवसर पर नगर आयुक्त ने इस अभियान को स्वच्छ सर्वेक्षण 2021 के लिए एक अहम कदम बताया। उन्होंने कहा कि इस तरह कि अभिनव प्रयास से लोगों में प्लास्टिक अलग-अलग रखने और उसको रिसाइकलिंग के लिए भेजने की आदत को प्रोत्साहित करेगा।
इस दौरान निगम की तरफ से एसआई सचिन रावत सहित अन्य अधिकारी और कर्मचारी भी उपस्थित रहे। एचडीएफसी बैंक की तरफ से वैभव ने इस कार्यक्रम के सफलता के लिए लोगो को बढ़चढकर आगे आने की अपील की। संस्था की दिल्ली ऑफिस से ज्योति शर्मा, प्रेम, मोहम्मद मेहंदी जैदी, वाशुतोष, मीनाक्षी, मोहन, रेखा व अन्य साथी उपस्थित रहे।

कुंभ के तहत आस्था पथ के पुनरोद्धार एवं बाढ़ सुरक्षा निर्माण का कार्य शुरु

आस्था पथ के पुनरोद्धार एवं बाढ़ सुरक्षा निर्माण के साथ ही गंगा की जलधारा को मोड़ने का काम शुरू कर दिया गया है। सिंचाई विभाग के अनुसार, 40 से 50 प्रतिशत गंगा का पानी डार्यवट करने के बाद ही आस्था पथ के पुररोद्धार एवं बाढ़ सुरक्षा के कार्य शुरू हो पाएंगे।
आस्था पथ के पुनरोद्धार एवं बाढ़ सुरक्षा निर्माण के कार्य कुंभ शुरू होने से पहले पूरे किए जाने हैं। लेकिन गंगा का जलस्तर कम नहीं होने की वजह से सिंचाई विभाग काम शुरू नहीं कर पा रहा है। कार्यदायी संस्था सिंचाई विभाग के सहायक अभियंता अनुभव नौटियाल ने बताया कि क्यू-नेट चैनल बनाकर गंगा की धारा को मोड़ने का कार्य शुरू कर दिया गया है। इसके लिए करीब छह पोकलैंड को काम पर लगाया गया है। उन्होंने बताया कि इस काम के लिए बाकायदा वन विभाग और मेला अधिकारी की परमिशन ली गई है। उन्होंने बताया कि गंगा का 40 से 50 प्रतिशत पानी इस चैनल की ओर डायर्वट किया जाएगा, इसके बाद आस्था पथ के पुनरोद्धार एवं बाढ़ सुरक्षा निर्माण का काम शुरू किया जाएगा। महाकुंभ-2021 के तहत 1157.65 लाख की लागत से आस्थापथ के पुनरोद्धार एवं बाढ़ सुरक्षा निर्माण का काम किया जाना है। इसके तहत 2013 की आपदा में क्षतिग्रस्त हुए आस्थापथ के सीसी ब्लाक का निर्माण, नए ब्लाक का निर्माण और जो ब्लाक पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो चुके हैं, उन्हें तोड़कर नए ब्लाक लगाए जाने हैं।
वहीं, सिंचाई विभाग के सहायक अभियंता अनुभव नौटियाल ने बताया कि गंगा डायवर्जन के दौरान त्रिवेणीघाट पर गंगा अविरल बहती रहेगी। एक दिन पहले बृहस्पतिवार को गंगा का जलस्तर घटने से घाट पर पानी कम हो गया था। लेकिन फिर से जेसीबी लगाकर धारा को पुनरू घाट की तरफ मोड़ दिया गया। इसके अलावा गंगा की धारा को क्यू-नेट चैलन की ओर मोड़ने के दौरान भी गंगा की धारा को त्रिवेणीघाट पर अविरल रखा जाएगा। ताकि स्ननार्थियों को कोई दिक्कत न हो।

गौरा देवी चौक का महापौर ने किया निरीक्षण, नाराजगी जताई

नगर निगम महापौर शहर के विकास कार्यों को अवरुद्ध करने का षड़यंत्र रचने वालों के खिलाफ जमकर गरजी। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा कि शहर के विकास कार्यों को बाधित करने वालों के खिलाफ नगर निगम प्रशासन हर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करायेगा। मामले में यदि कोई अधिकारी भी सलिंप्त पाया गया तो उसके खिलाफ एक्शन लेने से भी गुरेज नहीं किया जाएगा।

गौरा देवी चौक के निरीक्षण के लिए पहुंची महापौर द्वारा चौक के निर्माण कार्य में बार-बार अवरोध उत्पन्न किए जाने पर तीखा आक्रोश जताया गया। मौके पर ही उन्होंने शहर कोतवाल को भी तलब कर लिया। चंद मिनटों में ही मौके पर पहुंचे कोतवाल को जानकारी देते हुए महापौर ने बताया कि शहर में कुछ लोग निगम द्वारा कराए जा रहे विकास कार्यों को पचा नहीं पा रहे है। उनके द्वारा बार-बार निर्माण कार्य में अवरोध उत्पन्न किया जा रहा है। गौरा देवी चौक पर कई मर्तबा निर्माण कार्य में लगे मजदूरों से मारपीट की जा चुकी है। उन्होंने कहा कि नगर निगम के निर्माण कार्यों को अवरुद्ध कराने में यदि किसी अधिकारी की भी संलिप्तता पाई गई तो उसके खिलाफ भी आवश्यक कदम उठाने में नगर निगम प्रशासन कोई गुरेज नहीं करेगा। महापौर ने जानकारी दी कि तहसील चौक पर सड़क हादसों में कई लोगों की जान जा चुकी है। अभी भी आये दिन वाहन चालक इस चौक पर दुघर्टनाओं मे चोटिल हो रहे हैं। ऐसे में साफ है कि चौक पर निर्माण कार्यों का विरोध करने वालों को लोगों की सुरक्षा की कोई चिन्ता नही है। उन्होंने बताया कि निगम बोर्ड की प्रथम बैठक में तमाम निर्वाचित सदस्यों की मौजूदगी में तहसील चौक के निर्माण का प्रस्ताव पारित किया गया था। निर्वाचित बोर्ड के प्रस्ताव पर विरोध करना सही नहीं हैै। यदि किसी व्यक्ति को उक्त चौक के निर्माण कार्य पर आपत्ति है तो वह नगर निगम में आकर अपनी बात रखने के लिए स्वतंत्र हैं। उनकी समस्या का समाधान कराया जायेगा। इस दौरान पार्षद विजेंद्र मोगा, पार्षद वीरेंद्र रमोला, पार्षद अनिता रैना, पार्षद राकेश सिंह मियां, पार्षद मनीष शर्मा, पार्षद देवेंद्र प्रजापति सहित नगर निगम के सहायक अभियंता आनंद मिश्रावान मौजूद रहे।

व्यापारियों के प्रतिनिधिमंडल ने विस अध्यक्ष से की मुलाकात, एनएच की शिकायत

स्पीकर साहब, आपकी विधानसभा क्षेत्र में नेशनल हाईवे अतिक्रमण के नाम पर परेशान कर रहा है। एनएच वैध भवन स्वामियों को भी अवैध बताने में तुला हुआ है, जबकि इन वैध भवन स्वामियों को पूर्व में ही इसी विभाग की ओर से अनापत्ति प्रमाण पत्र जारी किया गया है। विभाग ने भवन का मानचित्र भी स्वीकृत है। यह बात प्रांतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों ने विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल से मुलाकात के दौरान कही।

प्रतिनिधिमंडल के जिलाध्यक्ष नरेश अग्रवाल ने एनएच अधिकारियो के मनमाने रवैये की जानकारी दी। कहा कि भवन स्वामियों, दुकानदारों, पेट्रोल पम्प धारकों को अतिक्रमणकारी कहा जा रहा है, जबकि इन लोगो के पास पूर्व में इसी विभाग की ओर से जारी अनापत्ति प्रमाण पत्र है तथा भवन मानचित्र संबंधित विभाग से स्वीकृत है। जिसे वर्तमान अधिकारी नहीं मान रहे हैं।
इसके बाद विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल ने फोन कर अधिकारियो को बिना व्यापारियांे से वार्ता के अग्रिम कारवाई न करने के निर्देश दिए है।

मुलाकात करने वालों में नगर महामंत्री ललित मोहन मिश्र, प्रदेश उपाध्यक्ष सुभाष कोहली, कार्यकारी नगर अध्यक्ष संजय व्यास, युवा जिलाध्यक्ष प्रतीक कालिया, प्रदीप कुमार, शेखर आदि उपस्थित रहे।

एम्स और जगत बंधु सेवा ट्रस्ट के बीच हुआ करार

अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान ऋषिकेश एवं जगत बंधु सेवा ट्रस्ट के मध्य मुजफ्फरनगर, उत्तरप्रदेश के अति पिछड़े व दुर्गम क्षेत्रों में टेली हेल्थ प्रोग्राम के तहत चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध कराने को लेकर करार हुआ। जिसके तहत संस्थान सुदूरवर्ती स्वास्थ्य सेवाविहीन गांव में आउटरीच प्रोग्राम के तहत चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराएगा।

निदेशक एम्स प्रो. रविकांत ने कहा कि कोविड -19 महामारी के गठिन दौर में भी लोगों तक पहुंचकर उनकी बीमारियों को समझना व मुकम्मल उपचार देना भी अति आवश्यक है।
आउटरीच सेल के नोडल अधिकारी डा. संतोष कुमार ने कहा कि आउटरीच टेली हैल्थ प्रोग्राम के तहत दुर्गम क्षेत्रों में एम्स के विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा सेवाएं प्रदान की जाएंगी और यह सेवा टेली मेडिसिन के जरिए ऑनलाइन उपलब्ध कराई जाएंगी। जिसे एम्स के विशेषज्ञों द्वारा साझा किया जाएगा। बताया कि इस प्रोग्राम के तहत डायबिटीज, हाइपरटेंशन के मरीजों को परामर्श दिया जाएगा, वजह यह दोनों बीमारियां हृदय रोगियों के लिए बहुत खतरनाक होती हैं। एम्स तथा जगतबंधु सेवा ट्रस्ट के बीच अगले छह माह के लिए करार किया गया है। उम्मीद जताई कि इस पहल से एम्स की टीम मुजफ्फरनगर के दुर्गम क्षेत्रों में रहने वाली क्षेत्रीय जनता को चिकित्सा सुविधा का लाभ उपलब्ध कराएगी।

वहीं, ट्रस्ट के संयोजक व समाजसेवी सुमित प्रजापति जी ने लॉकडाउन में लोगों को कोरोना वायरस के संक्रमण से रोकथाम के लिए 50,000 से ज्यादा मास्क निशुल्क वितरित किए और इस दौरान कई क्षेत्रों में अभावग्रस्त लोगों के लिए खाद्य सामग्री का प्रबंधन भी किया। मौके पर टेली हेल्थ प्रोग्राम के सदस्य सेवानिवृत्त कर्नल डॉ. सीन जॉब, एम्स के विधि अधिकारी प्रदीप चंद्र पांडेय, ट्रस्ट सदस्य अंकित कुमार, राजवीर सिंह प्रजापति आदि मौजूद थे।

सात माह से बंद पड़े विद्यालयों के खुले ताले, सोशल डिस्टेंस के साथ छात्रों ने की पढ़ाई

सात माह से कोरोना संक्रमण के चलते बंद पड़े शिक्षण संस्थान आज खोले गए। इस मौके पर बच्चों में उत्साह देखा गया। प्रशासन की गाईडलाइन के अनुसार बच्चों ने सोशल डिस्टेंस आदि का पालन किया और शिक्षा ग्रहण की।

आवास विकास स्थित सरस्वती विद्या मन्दिर इण्टर कॉलेज में हाईस्कूल व इंटरमीडिएट का शिक्षण कार्य ऑफलाइन प्रारंभ हुआ। प्रधानाचार्य राजेंद्र प्रसाद पांडे की मौजूदगी में शिक्षकों व छात्रों ने सामाजिक दूरी को ध्यान में रखकर, मास्क पहनकर और अभिभावकों के सहमति पत्र के साथ पढ़ाई शुरू करवाई। मौके पर सतीश चैहान, नरेन्द्र खुराना, कर्णपाल बिष्ट, राजकुमार यादव, नन्द किशोर भट्ट, रामगोपाल रतूड़ी, रश्मि गुसाई आदि उपस्थित रहे।

उधर, श्री भरत मंदिर इंटर काॅलेज में भी छात्रों को सहमति पत्र दिखाने के बाद ही प्रवेश दिया गया। प्रधानाचार्य मेजर गोविंद सिंह रावत की मौजूदगी में अध्यापकों और छात्रों को सैनिटाइज, मास्क पहनकर शिक्षा ग्रहण करवाई गई।

संक्रमण से बचने के लिए दो गज की दूरी और मास्क का रखें ध्यानः प्रो. रविकांत

अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान ऋषिकेश में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के आह्वान पर भारत सरकार द्वारा घोषित कार्यक्रम के तहत चिकित्सकों, नर्सिंग स्टाफ व अन्य कर्मचारियों ने कोरोना काल में आवश्यक दिशा निर्देशों का पालन करने व दूसरे लोगों को भी इसके लिए प्रेरित करने की सामूहिक शपथ ली। इस अवसर पर एम्स निदेशक प्रो. रविकांत ने कहा कि नियमित मास्क पहनने, एक-दूसरे से दो गज की दूरी बनाए रखने से ही हम सामुदायिक स्तर पर एक दूसरे व्यक्ति में फैलने वाले संक्रमण से सुरक्षित रह सकते हैं। इस दौरान एम्स अस्पताल, मेडिकल कॉलेज, नर्सिंग कॉलेज में शपथ कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिसमें डीन (एकेडमिक) प्रो. मनोज गुप्ता व डीन (हॉस्पिटल अफेयर्स) प्रो. यूबी मिश्रा तथा प्रो. सुरेश कुमार शर्मा ने सभी को शपथ दिलाई।

इस दौरान कार्मिकों ने कोविडकाल में कोरोना वायरस से सुरक्षा के लिए भारत सरकार द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने का संकल्प लिया। शपथ ग्रहण कार्यक्रम में एक ही स्थान पर अधिक भीड़भाड़ नहीं हो, इसका ध्यान रखते हुए विभिन्न विभागों में विभागाध्यक्षों ने अधिनस्थों को शपथ दिलाई। साथ ही कई लोगों ने संबंधित वेबसाइट पर ऑनलाइन संकल्पपत्र भरकर कोविड के खिलाफ जनांदोलन में हिस्सा लिया।

गौरतलब है कि बीते सप्ताह आगामी त्योहारों व ठंड के मौसम में कोरोना महामारी से बचाव के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा शुरू किए गए जनांदोलन में लोगों की भागीदारी को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से उन्होंने देशवासियों से कोविडकाल में बचाव के लिए जरुरी सावधानियां बरतने का आह्वान किया व इस मुहिम को एक जनांदोलन का रूप देने की आवश्यकता बताई।

सीएम ने की कुंभ मेला की समीक्षा, हरिद्वार-ऋषिकेश में कूड़ा निस्तारण करने का दिया निर्देश

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने कुम्भ मेला 2021 की समीक्षा करते हुए स्वच्छता पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि हरिद्वार व ऋषिकेश में कूड़ा निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। कुम्भ का आयोजन दिव्य और भव्य होगा। मेला क्षेत्र का सौंदर्यीकरण समय पर पूरा कर लिया जाए। कुम्भ मेले के धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व को बरकरार रखते हुए कोविड के दृष्टिगत सुरक्षित आयोजन किया जाना है। इस संबंध में अखाड़ों के संत महात्माओं का मार्गदर्शन और सहयोग लिया जाएगा। कुम्भ के सभी स्थायी प्रकृति के काम दिसम्बर माह तक पूरे कर लिये जाएं। अस्थायी कामों के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी जाए। मुख्य सचिव हर सप्ताह कुम्भ की तैयारियों की समीक्षा करें। स्वास्थ्य विभाग सामान्य रूप से होने वाली तैयारियों के साथ ही कोविड के दृष्टिगत भी योजना बनाकर काम करे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी धर्मशालाओं, आश्रमों व होटलों को कोविड के दृष्टिगत क्या करें और क्या न करें, की मार्गदर्शिका उपलब्ध कराने के साथ ही वहां काम करने वालों को यथासम्भव प्रशिक्षित किया जाए। सभी काम समय पर पूरे हो, इसके लिए दो शिफ्ट में भी काम किया जा सकता है। व्यापार मंडल के सहयोग से अतिक्रमण को हटाने की कार्रवाई की जाए। हरिद्वार में सड़कों को जल्द से जल्द दुरुस्त किया जाए। राष्ट्रीय राजमार्ग के साथ समन्वय स्थापित कर जरूरी काम कराए जाएं।

मेलाधिकारी दीपक रावत ने कुम्भ मेले के विभिन्न कार्यों की प्रगति की जानकारी दी। बताया कि हरिद्वार के कूड़ा निस्तारण के लिए कार्ययोजना तैयार की गई है। इस पर लगभग 35 करोड़ रूपए का व्यय अनुमानित है। हरिद्वार में 1000 बेड का कोविड केयर सेंटर बनाया जाएगा। लगभग 493 चिकित्सकों की व्यवस्था की जा रही है। एम्बुलेंस की भी आवश्यकतानुसार व्यवस्था की जा रही है। बाईक एम्बुलेंस और बोट एम्बुलेंस के लिए भी प्रयास किए जा रहे हैं। पूरे कुम्भ मेला क्षेत्र को 23 सेक्टर में विभाजित किया गया है। किसी भी आकस्मिक स्थिति के लिए अतिरिक्त टीमें रिजर्व में रहेंगी। अधिकारियों के लिंक अधिकारी भी नामित किए जाएंगे।

बैठक में शहरी विकास मंत्री मदन कौशिक, मुख्य सचिव ओमप्रकाश, सचिव आरके सुधांशु, नितेश झा, शैलेश बगोली, सौजन्या, पंकज पाण्डेय, गढ़वाल मंडल आयुक्त रविनाथ रमन, आईजी अभिनव कुमार, संजय गुन्ज्याल आदि उपस्थित रहे।

सम्मोहन के जरिए महिलाओं से करते थे ठगी, पुलिस ने किया गिरफ्तार

सम्मोहन कर महिलाओं के सामान को दुगुना करने का लालच देकर गहनें की ठगी करने वाले एक शातिर को कोतवाली पुलिस ने गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी से 12 बोर का एक जिंदा कारतूस, 12 बोर का एक तमंचा अपने कब्जे में लिया है। इसके अलावा महिलाओं से लूटे गए दो सोने के कुंडल, एक मोटरसाइकिल, दो हजार रुपये नगद भी बरामद किए हैं। वहीं, एक शातिर पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया है।
बता दें कि ऋषिलोक कॉलोनी आशुतोष नगर निवासी महिला शिव देवी कैंतूरा पत्नी नैन सिंह कैंतूरा ने कोतवाली पुलिस में तहरीर दी। बताया कि 24 जुलाई को दोपहर दो बज करीब नटराज चैक से अपने घर ऋषिलोक कॉलोनी वापस आ रही थी। तभी आशुतोष नगर बालाजी बगीचे वाली गली में मोटरसाइकिल पर दो युवक पहुंचे। उन्होंने सम्मोहन कर गले से मंगलसूत्र, कान के कुंडल और चांदी की अंगूठी को रूमाल पर रख लिया और वहां से चलते बने। सम्मोहन से बाहर आने के बाद उन्हें धोखे का पता चला। महिला की तहरीर के आधार पर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज किया है।

कोतवाल रितेश शाह ने बताया कि मामले में घटना स्थल सहित नगर के करीब 30 सीसीटीवी कैमरे खंगाले गए। साथ ही मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया गया। शुक्रवार की रात्रि श्यामपुर फाटक के समीप मुखबिर से सूचना मिली कि हरिद्वार से ऋषिकेश की ओर से एक संदिग्ध व्यक्ति मोटरसाइकिल पर आ रहा है। पुलिस ने फाटक पर चेकिंग कर उसे पकड़ लिया। तलाशी लेने पर पुलिस को उसके कब्जे से पीली धातु के कुंडल, दो हजार नगद और एक तमंचा मय जिंदा कारतूस बरामद हुआ। कोतवाल रितेश शाह ने आरोपी की पहचान गुलजार (26) पुत्र सुक्रउद्दीन निवासी मोहम्मदपुर घड़ी थाना किठौर जिला मेरठ उत्तर प्रदेश, हाल निवासी ग्राम शिकारपुर थाना मंगलौर जिला हरिद्वार के रूप में कराई। बताया कि बरामद तमंचे के आधार पर आयुध अधिनियम में भी मुकदमा दर्ज किया गया है।
कोतवाल रितेश शाह ने बताया कि आरोपी गुलजार बदायूं से भी पूर्व में जेल जा चुका है तथा वर्तमान में जमानत पर बाहर आया है। पूछताछ में आरोपी ने कबूला है कि वह अपने साथी शहजाद के साथ ऋषिकेश आया था। 24 जुलाई को उसने साथी के साथ घटना को अंजाम दिया। इसके बाद 26 जुलाई को रुड़की गंगनहर एक महिला को झांसे में लेकर उसके कान के कुंडल उतरवाये थे।