बाजार में मांग के अनुसार उत्पादन बढ़ाने का प्रयास हो-संधु

मुख्य सचिव डॉ. एस. एस. सन्धु ने शुक्रवार को सचिवालय में उद्यान विभाग की समीक्षा की। मुख्य सचिव ने कहा कि उद्यान के क्षेत्र में प्रदेश में बहुत अधिक सम्भावनाएं हैं। उन्होंने कहा कि बागवानी उत्पादों का उत्पादन के साथ ही मार्केट बढ़ाए जाने पर फोकस किया जाए। साथ ही ऐसे उत्पादों पर भी फोकस किया जाए जिनकी मार्केट पहले से ही अच्छी है परन्तु उत्पादन कम है।
मुख्य सचिव ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि एन्टरप्रिन्योर को प्रोत्साहित करने के लिए उन्हें सम्मानित किया जा सकता है, ताकि अन्य लोग प्रोत्साहित होकर इस क्षेत्र में रूचि दिखाएं। साथ ही उन्हें मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध करा कर सहयोग दिया जाए। उन्होंने कहा कि प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में माल्टा का बहुत अधिक उत्पादन होता है, जो अधिक उत्पादन के कारण अंत में फेंकना पड़ता है। उन्होंने माल्टा की खेती को भी बढ़ावा दिए जाने के लिए प्रोसेसिंग यूनिट लगाकर पीपीपी मोड में संचालन किए जाने के भी निर्देश दिए। इससे स्थानीय लोगों के उत्पाद बर्बाद नहीं होंगे और इससे उनकी कमाई भी बढ़ेगी।
मुख्य सचिव ने किसानों को प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना (पीएमएफएमई) के तहत वित्तीय, तकनीकी और कारोबारी सहायता उपलब्ध कराने हेतु विशेष प्रयास किए जाने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पीएमएफएमई योजना के अन्तर्गत एक जनपद एक उत्पाद योजना की साप्ताहिक समीक्षा कर बढ़ावा दिया जाए। इसके साथ ही ऐसे उत्पादों को जो जिनमें अच्छी सम्भावनाएं हैं, परन्तु ओडीओपी में किसी कारणवश कवर नहीं हो पा रही हैं, इसके लिए राज्य स्तरीय योजना तैयार की जाए।
मुख्य सचिव ने प्रदेश में वॉलनट (अखरोट) की खेती में सुधार लाने के लिए उसकी वैरायटी में सुधार लाने की बात कही। कहा कि प्रदेश में बेस्ट वैरायटी उत्पादित की जाए ताकि अखरोट प्रदेश के अखरोट की डिमांड बढ़े। इसके साथ ही मधुग्राम योजना और कीवी की खेती को पूरे प्रदेश में बढ़ावा दिया जाए। इस अवसर पर सचिव आर. मीनाक्षी सुन्दरम सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

धार्मिक महत्व और संस्कृतियों पर आधारित मां पीताम्बरा पुस्तक में प्राचीन धर्मस्थलों का है वर्णन

नैनीताल पर्यटन एवं परिवहन विकास सहकारी संघ लिमिटेड द्वारा उत्तराखण्ड की धार्मिक संस्कृति एवं प्राचीन धर्म स्थलों के महत्व पर लिखित पुस्तक मां पीताम्बरा का आज मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने देहरादून स्थित मुख्यमंत्री आवास में विमोचन किया।
इस अवसर पर पुस्तक के लेखक रमाकान्त पन्त व प्रकाशक ललित पंत को बधाई देते हुए मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि देव भूमि उत्तराखण्ड में ऐसे अनेकानेक प्राचीन धार्मिक स्थल मौजूद हैं, जो देव भूमि की सांस्कृतिक समृद्धि को दर्शाते हैं। उन्होंने कहा कि राज्य के अंचलों में स्थित ऐसे धर्म स्थल जहां स्थानीय लोगों की धार्मिक परम्पराओं के प्रमुख केन्द्र हैं वहीं धार्मिक पर्यटन की दृष्टि से भी ये काफी महत्वपूर्ण है। मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि ऐसे प्राचीन धार्मिक स्थलों के समुचित विकास के लिए सरकार निरंतर प्रयत्नशील है उन्होंने इस दिशा में नैनीताल पर्यटन एवं परिवहन विकास सहकारी संघ लिमिटेड द्वारा किये जा रहे कार्यों एवं प्रयासों की सराहना करते हुए समाज के लिए प्रेरणादायी बताया। इस इस अवसर पर वरिष्ठ पत्रकार पवन पांडे, दानेश्वर मंदिर कमेटी के अध्यक्ष प्रसाद चंद्र भट्ट, समाज सेविका निर्मला जोशी, डॉ बीएस नेगी, मंगल सिंह, मनोज कुमार सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

30 राज्यो के 500 से अधिक हस्त शिल्पकार और हुनरमंद पहुंचे देहरादून

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी एवं केन्द्रीय अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी ने शुक्रवार को रेसकोर्स देहरादून में हुनर हाट मेले का उद्घाटन किया। हुनर हाट मेले में 30 से अधिक राज्यों एवं केन्द्र शासित प्रदेशों से 500 से अधिक हस्त शिल्पकारों एवं हुनरमंदों द्वारा प्रतिभाग किया जा रहा है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री एवं केन्द्रीय अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री के साथ विश्वकर्मा वाटिका एवं विभिन्न स्टॉलों का निरीक्षण किया। 75वें आजादी के अमृत महोत्सव के अवसर पर आयोजित इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री एवं केन्द्रीय मंत्री ने स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के परिजनों को भी सम्मानित किया।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हुनर हाट मेले का आयोजन देहरादून में करवाने पर केन्द्रीय अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी का आभार व्यक्त किया। उन्होंने देवभूमि उत्तराखण्ड में विभिन्न राज्यों से आये हुनरमंदों का स्वागत करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के आत्मनिर्भर भारत की दिशा में हुनर हाट मेले का आयोजन एक सराहनीय प्रयास है। इससे जहां बाजारों को उत्पाद मिलेगा वहीं उत्पादों को बाजार मिलेगा। वोकल फॉर लोकल को बढ़ावा देने के लिए भी इस तरह के आयोजन महत्वपूर्ण हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखण्ड में स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देने के लिए विशेष प्रयास किये जा रही हैं। प्रदेश में वन डिस्ट्रिक टू प्रोडक्ट को बढ़ावा दिया जा रहा है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि उत्तराखण्ड के जनजातीय क्षेत्रों में अनेक हुनरमंद लोग हैं। उन्होंने केन्द्रीय अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी से अनुरोध किया कि इन हुनरमंद लोगों के लिए अपने उत्पादों के लिए बाजार मिल सके इसके लिए केन्द्र से कोई योजना बनाई जाय। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए लगातार प्रयास किये जा रहे हैं। सरलीकरण, समाधान एवं निस्तारण पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। उत्तराखण्ड पर्यटन की दृष्टि से महत्वपूर्ण राज्य है। राज्य में पर्यटन को तेजी से बढ़ावा दिया जा रहा है। केन्द्र सरकार के सहयोग से राज्य में सड़क, रेल एवं हवाई कनेक्टिविटी तेजी से बढ़ी है।
केन्द्रीय अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी ने कहा कि देशभर में हुनर हाट मेलों का आयोजन किया जा रहा है। 30वां हुनर हाट मेले का आयोजन देहरादून में किया जा रहा है। यह मेला 10 दिनों तक चलेगा। उन्होंने कहा कि हुनर हाट के माध्यम से अभी तक लगभग 06 लाख शिल्पकारों एवं कारीगरों को रोजगार के अवसर मिले हैं। इसमें देश के अलग-अलग हिस्सों के हस्तशिल्प कलाओं को देख सकते हैं। विभिन्न राज्यों के पकवानों के स्टॉल लगाये गये हैं। हुनरमंद लोगों द्वारा वेस्ट को बेस्ट में बदलकर स्वरोजगार को बढ़ावा दिया जा रहा है।
पूर्व मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने कहा कि इस तरह के मेलों के आयोजन से हस्तशिल्प एवं हस्तकला को प्रोत्साहन मिलेगा और हुनरमंदों को एक-दूसरे से अनुभवों को साझा करने का मौका भी मिलेगा।
पूर्व मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत ने कहा कि वोकल फॉर लोकल की दिशा में यह अच्छा प्रयास किया है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के आत्मनिर्भर भारत की दिशा में प्रत्येक विभागों द्वारा योजनाएं चलाकर लोगों को स्वरोजगार के लिए प्रेरित किया जा रहा है।
इस अवसर पर सांसद माला राज्यलक्ष्मी शाह, राज्यसभा सांसद नरेश बंसल, विधायक हरबंस कपूर, शक्ति लाल शाह, मेयर सुनील उनियाल गामा, भाजपा के महामंत्री संगठन अजय कुमार, भाजपा के प्रदेश महामंत्री सुरेश भट्ट, बलजीत सोनी, केन्द्रीय अल्पसंख्यक मामलों की सचिव रेणुका देवी मौजूद थे।

सीएम की घोषणा और कैबिनेट के फैसलों पर तेजी लाने के दिए निर्देश

अपर मुख्य सचिव आनन्द वर्द्धन ने आज सचिवालय में पेयजल, उच्च शिक्षा, ग्राम्य विकास एवं विद्यालयी शिक्षा विभाग से सम्बन्धित मुख्यमंत्री की घोषणाओं, कैबिनेट में लिये गये निर्णयों एवं कोविड-19 राहत पैकेज से सम्बन्धित घोषणाओं की समीक्षा की।
इस अवसर पर उन्होंने निर्देश दिये कि विभागीय स्तर पर जिन घोषणाओं एवं परियोजनाओं के संदर्भ में कार्यदायी संस्था का चयन कर लिया गया है, उनके संदर्भ में अविलम्ब आगणन गठित कर शासन को उपलब्ध कराया जाय एवं 15 दिन के अन्दर उक्त के शासनादेश निर्गत करना सुनिश्चित किया जाय। उन्होंने कहा कि विभागीय स्तर पर जिन घोषणाओं एवं परियोजनाओं के आगणन शासन को प्राप्त हो चुके हैं, उनके संदर्भ में एक सप्ताह के अन्दर शासनादेश निर्गत करने की कार्यवाही सुनिश्चित की जाय। अपर मुख्य सचिव ने विभागीय स्तर पर प्रत्येक घोषणा के संदर्भ में परियोजना के टीएसी की संस्तुति का अनुश्रवण किया जाय एवं टीएसी की संस्तुति के आधार पर विभागीय स्तर पर निविदा इत्यादि आमंत्रित करने की कार्यवाही कर ली जाए, जिससे समय की बचत हो, उनके द्वारा यह भी निर्देश दिये गये कि विभागीय स्तर पर अनुबंध की कार्यवाही शासनादेश निर्गत होने के उपरांत कर ली जाय और यह सुनिश्चित कर लिया जाय कि मुख्यमंत्री घोषणाओं के संदर्भ में प्रत्येक दशा में दिनांक 15 नवम्बर 2021 तक कार्य प्रारम्भ हो जाए।
पेयजल विभाग की समीक्षा के दौरान बताया गया कि 14 घोषणाओं के क्रियान्वयन की कार्यवाही जल जीवन मिशन के अन्तर्गत की जा रही है। 21 घोषणाओं का क्रियान्वयन राज्य सैक्टर से किया जाना प्रस्तावित है। 3 घोषणाओं से सम्बन्धित परियोजनाएं चूॅकि बड़ी परियोजनाएं हैं अतः उनके क्रियान्वयन की कार्यवाही एडीबी के माध्यम से सुनिश्चित की जा रही हैं तथा 18 घोषणाओं हैण्डपम्प लगाये जाने से सम्बन्धित हैं, जिनके प्रस्ताव वित्त विभाग को संदर्भित हैं।
इस सम्बन्ध में भी अपर मुख्य सचिव द्वारा निर्देश दिये गये कि जल जीवन मिशन तथा राज्य सैक्टर से जिन घोषणाओं का क्रियान्वयन प्रस्तावित है, उनके संदर्भ में समस्त औपचारिकताएं पूर्ण करते हुए दिनॉक 15 नवम्बर, 2021 तक शासनादेश निर्गत करने की कार्यवाही कर दी जायेगी। ए0डी0बी0 के माध्यम से क्रियान्यन हेतु प्रस्तावित योजनाओं के संदर्भ में विभाग द्वारा प्रभावी अनुश्रवण सुनिश्चित किया जाय। हैण्डपम्प से संबंधित मा0 मुख्यमंत्री घोषणाओं के क्रियान्वयन के संदर्भ में निर्देशित किया गया कि विभाग द्वारा वित्त विभाग की पृच्छाओं का समाधान करते हुए वित्त विभाग से समन्वय कर घोषणाओं के शासनादेश दिनांक 15 नवम्बर 2021 तक निर्गत किये जाने सुनिश्चित किये जाय।
ग्राम्य विकास विभाग की समीक्षा के दौरान बताया गया कि कुल 5 घोषणाओं में सभी के शासनादेश निर्गत किये जा चुके हैं। अपर मुख्य सचिव ने निर्देश दिये कि कोविड-19 राहत पैकेज के अन्तर्गत मुख्ममंत्री घोषणाओं के क्रम में प्रभावी रूप से लाभार्थियों को धनराशि उपलब्ध कराये जाना सुनिश्चित किया जाय एवं उक्त का प्रभावी अनुश्रवण सचिव स्तर पर किया जाय।
अपर मुख्य सचिव महोदय ने निर्देश दिये कि ’’महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने हेतु मुख्यमंत्री नारी शक्तिकरण योजना प्रारम्भ की जायेगी’’ के संदर्भ में सर्व सम्बन्धित विभागों से विचार विमर्श कर कार्ययोजना तैयार कर घोषणा का क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाय।
विद्यालयी शिक्षा एवं उच्च शिक्षा विभाग की समीक्षा के दौरान बताया गया कि ’’राज्य के राजकीय स्कूलों के कक्षा-10 और कक्षा-12 के छात्र-छात्राओं को निःशुल्क मोबाईल टैबलेट प्रदान किया जायेगा। इन मोबाईल टैबलेटों में सभी शिक्षण सामग्री पहले से लोड रहेगी।’’ सम्बन्धी घोषणा के संदर्भ में विभाग द्वारा अवगत कराया गया कि निविदा प्रक्रिया गतिमान है एवं 10 नवम्बर, 2021 तक निविदा आमंत्रित करने की अतिंम तिथि निर्धारित है। 15 नवम्बर, 2021 तक कार्य आदेश निर्गत कर दिया जायेगा।
अपर मुख्य सचिव द्वारा निर्देश प्रदान किये गये कि टेबलेट का क्रय एवं आपूर्ति होने के उपरांत उनके वितरण की समुचित एवं प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित की जाय। ’’600 अतिरिक्त विद्यालयों में वर्चुअल क्लास की व्यवस्था की जायेगी।’’ सम्बन्धी घोषणा के संदर्भ में विभाग द्वारा अवगत कराया गया कि उक्त घोषणा का क्रियान्वयन समग्र शिक्षा अभियान के अन्तर्गत प्राविधान मद में उपलब्ध धनराशि से सुनिश्चित किया जा रहा है। उक्त के अन्तर्गत देहरादून में स्टुडियो की स्थापना की जायेगी।
अपर मुख्य मुख्य सचिव द्वारा उक्त के संदर्भ में अविलम्ब शासनादेश निर्गत करते हुए घोषणा के क्रियान्वयन के निर्देश प्रदान किये गये। ’’प्रत्येक विद्यालय में बालिकाओं के लिए अलग शौचालय की व्यवस्था की जायेगी’’ में विभाग द्वारा अवगत कराया गया कि सम्प्रति उक्त हेतु आगणन प्राप्त हो गया है एवं क्रियान्वयन हेतु धनराशि रू0 10.00 करोड़ की आवश्यकता है, पुनर्विनियोग के माध्यम से धनराशि की स्वीकृति का प्रस्ताव वित्त विभाग को संदर्भित किया गया है। अपर मुख्य सचिव महोदय द्वारा निर्देशित किया गया कि वित विभाग से अनुरोध कर दिनांक 15 नवम्बर 2021 तक धनराशि स्वीकृति की कार्यवाही सुनिष्चित की जाय।
इस अवसर पर सचिव एसए मुरूगेषन, बीवीआरसी पुरूषोत्तम, सचिव (प्रभारी) दीपेन्द्र कुमार चौधरी, अपर सचिव एमएस बिष्ट, मुख्य अभियन्ता, पेयजल विभाग एसई पंत, विशेष कार्याधिकारी, आरसी शर्मा, उपसचिव हीरा सिंह बसेड़ा आदि उपस्थित रहे।

धामी की पहल पर मुख्यमंत्री आंचल अमृत योजना का पुनः शुभारंभ

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज देहरादून में आयोजित कार्यक्रम में प्रतिभाग करते हुए मुख्यमंत्री आँचल अमृत योजना का पुनः शुभारंभ किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि योजना का पुनः शुभारंभ होना बच्चों के विकास एवं उन्हें पर्याप्त पोषण मिलने में बड़ी मदद मिलेगी। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार माँ का आंचल बच्चे की धूप-छांव से बचाव करता है, उसी प्रकार आंचल अमृत योजना बच्चों में कुपोषण को दूर करने में निश्चित रूप से सहायक होगा। उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी ने सभी क्षेत्रों को प्रभावित किया, इससे यह योजना भी कुछ समय तक प्रभावित रही जिसे अब पुनः शुरू कर दिया गया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री आंचल अमृत योजना के अंतर्गत आंगनबाड़ी केंद्रों में 3 से 6 वर्ष के बच्चों को सप्ताह में 4 दिन निशुल्क फोर्टीफाइड मीठा एवं सुगंधित दूध मिलेगा। उन्होंने कहा इस योजना से प्रदेश के 1 लाख 70 बच्चों को लाभ मिलेगा ,साथ ही बच्चों के पोषण एवं स्वास्थ्य में सुधार होगा। उन्होंने कहा राज्य सरकार बच्चों, महिलाओं, बहनों के लिए हर वह जरूरी योजना लाएगी जिससे उन्हें लाभ पहुंचाया जा सके।
मुख्यमंत्री पोषण योजना के तहत 1 लाख गर्भवती महिलाओं तथा 85 हजार धात्री महिलाओं को लाभ मिलेगा। उन्होंने कहा कि वे आंगनवाड़ी कार्यकत्रियों की समस्याओं से अवगत है। वे जिन परिस्थितियों में कार्य करती हैं उससे भी वे परिचित हैं। क्योंकि स्वयं उनके बच्चे आंगनबाड़ी केन्द्रों में पढ़े हैं। जिस प्रकार वे बच्चों की इन केन्द्रों में देखभाल के साथ अन्य कार्य करती हैं वह सराहनीय है। उन्होंने कहा कि आंगनवाड़ी कार्यकत्रियों की मांगों से सम्बन्धित प्रस्ताव शीघ्र कैबिनेट में लाया जायेगा। उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को रक्षाबन्धन पर एक-एक हजार तथा कोरोना प्रोत्साहन 5 माह तक 2-2 हजार रूपये का भुगतान किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार सभी की समस्याओं के समाधान के प्रति कटिबद्ध है। ग्राम प्रधानों के मानदेय में भी 1500 रू. की वृद्धि की गई है। 2001 बैच के पुलिस आरक्षियों को 4500 ग्रेड पे स्वीकृत किया गया है। आशा कार्यकत्रियों का मानदेय 1500 बढ़ाया गया है।
उपनल कार्मिकों के मानदेय में 10 साल की सेवा वालों को 2 हजार तथा उससे उपर की सेवा पर 03 हजार की वृद्धि की गई है। बिजली कार्मिकों की समस्याओं का भी समाधान किया गया है। कोरोना महामारी के कारण पर्यटन एवं स्वास्थ्य कार्मिकों को हुए नुकसान की भरपाई के लिये क्रमशः 200 एवं 205 करोड़ के पैकेज की घोषणा की गई है। युवाअें को सेना एवं अर्द्धसैनिक बलों में सेवा के अवसर उपलब्ध कराने तथा उनके शारीरिक दक्षता के लिये स्वस्थ्य युवा, स्वस्थ उत्तराखण्ड योजना के तहत सभी न्याय पंचायतों में ओपन जिम खोलने जा रहे हैं। कोरोना से अनाथ हुए बच्चों के लिये वात्सल्य योजना शुरू की गई है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में उत्तराखंड में भी तेजी से कार्य हो रहा है। हर क्षेत्र में विकास कार्यों को दुगनी रफ़्तार से किया जा रहा है। उन्होंने कहा हाल ही में आई दैवीय आपदा से निपटने के लिए सरकार ने तेजी से कार्य किया जिसके फलस्वरूप चार धामों की यात्रा पर आये करीब डेढ़ लाख पर्यटकों एवं श्रद्धालुओं को सुरक्षित उनके गंतव्य तक पहुंचाया गया। उन्होंने कहा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में श्री केदारनाथ एवं श्री बदरीनाथ धामों का विकास कार्य तेजी से किया जा रहा है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने 11 बच्चों को दूध भी वितरित कर योजना का शुभारम्भ किया।
मुख्यमंत्री आंचल अमृत योजना का संक्षिप्त विवरण देते हुए सचिव महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास सचिव हरिचन्द्र सेमवाल ने बताया कि प्रदेश में 7 मार्च, 2019 को मुख्यमंत्री आंचल अमृत योजना का शुभारंभ किया गया। योजना के अर्न्तर्गत राज्य सरकार द्वारा राज्य के समस्त आंगनवाडी केन्द्रों में आने वाले स्कूल पूर्व शिक्षा के 3 से 6 वर्ष तक के बच्चों के पोषण एवं स्वास्थ में सुधार के साथ-साथ कुपोषण दर कम करना तथा आंगनवाडी केन्द्रों में बच्चों की संख्या में वृद्धि किये जाने के उददेश्य से यह योजना राज्य में प्रारम्भ की गई।
वर्ष 2019 में मुख्यमंत्री आंचल अमृत योजना के तहत प्रदेश के समस्त आंगनवाड़ी केन्द्रों में 3 से 6 वर्ष के बच्चों उपयोगार्थ डेरी विकास विभाग, उत्तराखण्ड के माध्यम से सुगन्धित फोर्टीफाइड मिल्क विटामिन ए व डी युक्त दूध सप्ताह में 4 दिन प्रति बच्चा 10 ग्रा दूध पाउडर से 100 मीली दूध तैयार कर किया गया। राज्य में लगभग कुल 1,70,000 लाभार्थी बच्चों को प्रतिमाह लाभान्वित करते हुये योजनान्तर्गत कुल रू0 6.33 करोड़ का व्यय किया गया। वित्तीय वर्ष 2021-22 में आंगनवाड़ी केन्द्रों में 3 से 6 वर्ष के कुल 256199 बच्चों के उपयोगार्थ माह अक्टूबर से दिसम्बर, 2021 हेतु कुल रू० 4,33,33,000/- की धनराशि का अग्रिम भुगतान दुग्ध पाउडर की आपूर्ति हेतु डेरी विकास विभाग, उत्तराखण्ड को किया गया।
इस अवसर पर विधायक उमेश शर्मा काऊ ने भी विचार व्यक्त किये, प्रबन्ध निदेशक आंचल जयदीप अरोड़ा के साथ ही कार्यक्रम में बड़ी संख्या में आंगनवाड़ी कार्यकत्री एवं जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।

चमोली और उत्तरकाशी के लिये आधुनिक एम्बुलेंस रवाना

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को मुख्यमंत्री आवास में राष्ट्रीय राजमार्ग एवं अवसंरचना विकास निगम (एन.एच.आई.डी.सी.एल.) द्वारा आधुनिक उपकरणों से सुसज्जित दो एम्बुलेंसों को जनपद चमोली एवं उत्तरकाशी के लिये फ्लैग ऑफ कर रवाना किया।
मुख्यमंत्री ने एम्बुलेंसों में आकस्मिक उपचार की व्यवस्थाओं का अवलोकन करते हुए एन.एच.आई.डी.सी.एल. के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि जनपद चमोली एवं उत्तरकाशी की जनता को समर्पित ये एम्बुलेंस इन क्षेत्रों में होने वाली सड़क दुर्घटनाओं में घायल लोगों को त्वरित उपचार प्रदान करने में मददगार होगी।
इस अवसर पर अधिशासी निदेशक एन.एच.आई.डी.सी.एल., कर्नल (से.नि.) सन्दीप सुधेरा, महाप्रबन्धक ले. कर्नल वरुण वाजपेई, विनोद पैन्यूली, वी.एस. खेरा, सीएमओ चमोली उमा रावत आदि उपस्थित थे।

बदरीनाथ पहुंचे सीएम ने पूजा अर्चना कर कार्यों में तेजा लाने के दिए निर्देश

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज बद्रीनाथ धाम पहुंचकर भगवान श्री बद्रीनाथ की विशेष पूजा अर्चना करते हुए देश और प्रदेश की खुशहाली की कामना की। इस दौरान रावल ईश्वर प्रसाद नंबूदरी, धर्माधिकारी भुवन चंद्र उनियाल ने पूजा अर्चना कराई। मुख्यमंत्री अपने कार्यक्रम के तहत गुरुवार को बद्रीनाथ धाम पहुॅचे। उन्होंने भगवान बद्रीनारायण की पूजा की। इस दौरान उन्होंने बद्रीनाथ धाम में तीर्थयात्रियों से भी बातचीत करते हुए यात्रा व्यवस्थाओं के संबंध में जानकारी भी ली।
पत्रकारों से वार्ता करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के ड्रीम प्रोजेक्ट के तहत बद्रीनाथ धाम के लिए मास्टर प्लान के तहत कार्य चल रहा है। इसके लिए 250 करोड़ की धनराशि भी प्राप्त हो गई है। मुख्यमंत्री ने बद्रीनाथ धाम में मास्टर प्लान के तहत संचालित कार्यों का निरीक्षण करते हुए प्रस्तावित कार्याे में तेजी लाने के भी निर्देश दिए।

मेरा बूथ मेरा अभियान के तहत बूथों को मजबूत करने में जुटी कांग्रेस

मेरा बूथ मेरा गौरव अभियान के तहत एआईसीसी के सदस्य जयेन्द्र रमोला ने सर्वहारा नगर में बूथ स्तर पर महिलाओं के साथ बैठक की। इस दौरान उन्होंने बूथ कमेटी का गठन कर वोटर लिस्ट वितरण किया और वोटर लिस्ट में छूटे नाम, नये नाम जोड़ने व ग़लत नाम हटाने के विषय में जानकारी दी।
इस अवसर पर जयेन्द्र रमोला ने मेरा बूथ मेरा गौरव कार्यक्रम के तहत कांग्रेसजनों के साथ बूथ स्तर की बैठक कर उनके साथ संवाद स्थापित कर बूथ स्तर पर कांग्रेस की मज़बूती के लिये एकजुट होकर कार्य करने को कहा। रमोला ने बताया कि चुनाव से पूर्व बूथ स्तर पर एक अध्यक्ष एक बीएलओ एक युवा व एक महिला कार्यकर्ता की पोस्ट रहेगी और उनके साथ दस अन्य सदस्य भी रहेंगे। इस तरह से कमेटी हर बूथ पर बनाई जा रही जिसके तहत आगामी चुनाव में कांग्रेस की जीत सुनिश्चित हो।
कार्यक्रम में महिला कांग्रेस नेत्री चन्द्रकान्ता जोशी, महानगर ओबीसी प्रकोष्ठ के अध्यक्ष शैलेंद्र गुप्ता, रामबदन साहनी, विद्यावती देवी, गंगा यादव, गीता थापा, अशोक थापा, कैलाशी देवी, कांति यादव, सुमन, मधु, पूनम, कमला देवी, सावित्री, निक्की, नीलम, नविता, शीतल कुमारी, कमला जाटव, अनिता, मुकुल यादव, काम गुप्ता आदि मौजूद रहे।

9 करोड़ से होंगे बाढ़ सुरक्षा निर्माण कार्य, विस अध्यक्ष ने बैठक के बाद दी जानकारी

ऋषिकेश विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत सौंग नदी पर स्थित ग्राम गौहरीमाफी में 9 करोड रुपए की लागत से बाढ़ सुरक्षा निर्माण कार्य शीघ्र प्रारंभ होगा। इसकी जानकारी आज उत्तराखंड विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचंद अग्रवाल ने सिंचाई विभाग के अधिकारियों के संग बैठक के बाद दी।
बैराज स्थित कैंप कार्यालय में उत्तराखंड विधानसभा अध्यक्ष ने ऋषिकेश विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत तटीय इलाकों पर बाढ़ सुरक्षा कार्यों के लिए प्रस्तावित योजनाओं के संबंध में सिंचाई विभाग के अधिकारियों से जानकारी ली। विधानसभा अध्यक्ष ने बताया कि नेपाली फॉर्म रायवाला में सौंग नदी के दाएं तट पर गौहरीमाफी बाढ़ सुरक्षा कार्य के लिए नाबार्ड से 9 करोड़ रुपए की स्वीकृति प्राप्त हुई है जिस पर सिंचाई विभाग द्वारा टेंडर प्रक्रिया प्रारंभ कर दी गई है। विस अध्यक्ष अग्रवाल ने कहा कि सभी आवश्यक प्रक्रियाओं को पूरा करने के बाद जल्द ही गौहरीमाफी में सौंग नदी पर 1 किलोमीटर लंबाई की बाढ़ सुरक्षा दीवार कार्य का निर्माण प्रारंभ होगा। उन्होंने कहा कि विगत कई समय से गौहरीमाफी में बाढ़ सुरक्षा कार्य योजना के लिए वह लगातार प्रयासरत थे जिसके चलते उनके द्वारा इस संबंध में सिंचाई विभाग के उच्चाधिकारियों के संग कई बार बैठक भी की गई थी। उन्होंने कहा कि बाढ़ सुरक्षा दीवार का निर्माण होने से गौहरीमाफी क्षेत्र में बाढ़ की स्थिति को नियंत्रित किया जा सकेगा।
इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष ने ठाकुरपुर, साहब नगर, गुमानीवाला बाढ़ सुरक्षा कार्य एवं नहरों हेतु प्रस्तावित योजनाओं के संबंध में अधिकारियों से जानकारी ली। जिस पर सिंचाई विभाग के अधीक्षण अभियंता आर के तिवारी ने विधानसभा अध्यक्ष को अवगत किया कि लगभग 4.50 करोड़ रुपए की लागत से ठाकुरपुर बाढ़ सुरक्षा कार्य, 4.93 करोड़ रुपए की लागत से साहब नगर बाढ़ सुरक्षा कार्य योजना, 3.41 करोड़ रुपए की लागत से गुमानीवाला में बंगला नाला बाढ़ सुरक्षा कार्य, 1.32 करोड़ रुपए की लागत से गौहरीमाफी नहर एवं पुरानी गूलों के पुनरुद्धार निर्माण की योजना, 1.77 करोड़ रुपए की लागत से हरिपुर नहर एवं पुरानी गूलों के पुनरुद्धार निर्माण की योजना एवं 3 करोड रुपए की लागत से रायवाला नहर एवं गूलों के पुनरुद्धार निर्माण की योजना नाबार्ड की स्वीकृति हेतु प्रेषित की गई है जोकि अंतिम चरण में है, जिस पर शीघ्र ही स्वीकृति मिलने के पश्चात निर्माण कार्य प्रारंभ किए जाएंगे।
इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष ने अधिकारियों को ठाकुरपुर, साहब नगर, गुमानीवाला में प्रस्तावित बाढ़ सुरक्षा कार्य योजनाओं को शीघ्र स्वीकृत कराने के लिए निर्देशित किया। विस अध्यक्ष ने गौहरीमाफी बाढ़ सुरक्षा कार्यों के निर्माण के दौरान गुणवत्ता एवं मानकों के अनुसार निर्माण कार्य करवाने की बात कही। साथ ही उन्होंने निर्माण कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही को कतई बर्दाश्त न करने की भी हिदायत दी।
इस अवसर पर सिंचाई विभाग के अधीक्षण अभियंता आरके तिवारी, अधिशासी अभियंता डीसी उनियाल एवं सहायक अभियंता अनुभव नौटियाल मौजूद रहे।

स्वर्ण पदक जीतने पर आप ने किया खिलाड़ियों का सम्मान

विभिन्न क्षेत्रों में शानदार प्रदर्शन कर शहर को गौरवान्वित करने वाले युवाओं ने अब खेलों के बड़े मंचों पर भी सफलता की इबारतें लिखनी शुरू कर दी हैं। सहासिक खेल कराटे के बाद अब फुटबॉल, वॉलीबॉल एवं टेबल टेनिस में भी ऋषिकेश के खिलाड़ियों ने स्वर्ण पदक हासिल किया है। यह शानदार सफलता नेपाल में 22 अक्टूबर से 27 अक्टूबर के बीच नेपाल के काठमांडू पोखरा में आयोजित इंडो नेपाल इंटरनेशनल चैम्पियनशिप 2021 में तीर्थ नगरी के खिलाड़ियों को बेहतरीन प्रदर्शन के बाद हासिल हुई है। उत्तराखंड का प्रतिनिधित्व करते हुए ऋषिकेश के आर्यन बिष्ट ने वॉलीबॉल में स्वर्ण, अशोक सैनी ने फुटबाल में स्वर्ण एवं सिद्धार्थ शरदा ने टेबिल टेनिस में स्वर्ण पदक अर्जित कर क्षेत्र का नाम रोशन किया है। सभी खिलाड़ियों, फुटबाल कप्तान एवं कोच अभिषेक रांगड़ के नेतृव्व में ऋषिकेश से गए थे।
तीर्थ नगरी ऋषिकेश पहुंचने पर सभी खिलाड़ियों का आम आदमी पार्टी कार्यकर्ताओं ने जोरदार स्वागत एवं अभिनंदन किया। नेपालीफार्म स्तिथ पार्टी कार्यालय में ऋषिकेश विधानसभा प्रभारी राजे सिंह नेगी ने सभी विजेता खिलाड़ियों को माला पहनाकर सम्मानित किया। इस अवसर पर नेगी ने कहा कि शहर के लिए गौरव की बात है कि सीमित संसाधनों के बावजूद यहां के खिलाड़ी बड़े मंचों पर अपनी छाप छोड़ रहे हैं। उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी की ओर से ऋषिकेश विधानसभा क्षेत्र के हर हुनरमंद खिलाड़ी की हर संभव मदद की जाएगी। स्वागत करने वालों में संगठन मंत्री दिनेश असवाल, दिनेश कुलियाल, मनमोहन नेगी, नरेंद्र सिंह, अजय रावत, हिमांशु नेगी, अश्वनी सिंह, चंद्रमोहन भट्ट, सुनील सेमवाल, पंकज गुसाईं उपस्थित रहे।