कार लूटने के मामले में दो आरोपी गिरफ्तार

रायवाला थाना क्षेत्र के हरिपुरकला में एक ऑफिस संचालक से हुई मारपीट और कार लूट का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जबकि दो आरोपी अभी फरार हैं, इनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस प्रयास कर रही है। आरोपियों के कब्जे से एक एलईडी टीवी और कार बरामद हुई है।
रायवाला पुलिस के मुताबिक 31 अक्तूबर की रात को हरिपुरकला निवासी राजेश कुमार के ऑफिस में विक्रांत राणा निवासी हरिपुरकला अपने तीन साथियों के साथ आया। आरोप था कि विक्रांत ने राजेश के साथ जमकर मारपीट की और ऑफिस से नगदी, सोने की चेन, एलईडी टीवी, मोबाइल और ऑफिस के बाहर खड़ी कार हथियारों के बल पर लूट ली। सूचना मिलने के बाद पुलिस ने मामले में तहरीर मिलने के बाद मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की। जांच में विक्रांत राणा के साथ आए साथियों की पहचान दीपक सोनू और देव राणा के रूप में हुई। पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर गुरुवार को विक्रांत राणा और देव राणा को गिरफ्तार कर लिया। इनके कब्जे से राजेश कुमार से लूट गई कार और एलईडी टीवी बरामद की। थानाध्यक्ष भुवन चंद्र पुजारी ने बताया कि देव राणा भी हरिपुरकला का रहने वाला है। जबकि मामले में दीपक और सोनू जो खड़खड़ी हरिद्वार के रहने वाले हैं, अभी फरार चल रहे हैं। इनकी गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं। पुलिस ने आरोपियों को कोर्ट में पेश किया, जहां से दोनों को जेल भेज दिया है। बताया कि आरोपियों की मारपीट से घायल हुए राजेश कुमार फिलहाल आईसीयू में भर्ती हैं।

जलसंस्थान के लोहे के पाइप चुराने में चार आरोपी गिरफ्तार

ऋषिकेश पुलिस ने जल संस्थान के लोहे के पाइप चोरी करने के आरोप में चार लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इनसे घटना में प्रयुक्त ट्रक, चार पाइप और नगदी बरामद की है। पुलिस ने बताया कि मामले में एक आरोपी अभी फरार चल रहा है।
कोतवाली पुलिस के मुताबिक केसीपीएल कंपनी के कांट्रेक्टर प्रदीप कुमार पुत्र ऋषिपाल निवासी आकाशदीप कॉलोनी रुड़की, हरिद्वार ने तहरीर देकर बताया कि 25 अक्तूबर को मालवीयनगर हरिद्वार-ऋषिकेश रोड में सड़क किनारे से जल संस्थान के लोहे के पाइप चोरी हो गए हैं। पुलिस ने तहरीर के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी। इस दौरान मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने मंगलवार को रायवाला स्थित मोतीचूर फ्लाईओवर के पास से एक ट्रक समेत चार लोगों को गिरफ्तार किया। इनके पास से चार पाइप और 99 हजार 500 रुपये की नगदी भी बरामद की गई। कोतवाल रवि सैनी ने बताया आरोपियों की पहचान धर्मेंद्र पुत्र रामचंद्र निवासी ग्राम अल्लाहपुर जिला बदायूं, यूपी हाल निवास कृष्णानगर, जगतपुरी, ईस्ट दिल्ली, अजीत कुमार उर्फ पंजाबी पुत्र वीर कांत राय निवासी प्रतापनगर, पटियाला, पंजाब हाल निवासी घाट नंबर एक, झुग्गी झोपड़ी, निगम बोध घाट, आईएसबीटी कश्मीरी गेट नई दिल्ली, मोहित शर्मा पुत्र वीरेंद्र शर्मा निवासी ग्राम भटनी, बसई, मोहम्मदपुरी, विसौली जिला बदायूं, यूपी, धर्मेंद्र पुत्र अमर सिंह निवासी ग्राम कचना कला थाना गोरखी जिला भिंड, मध्यप्रदेश हाल निवासी दिल्ली के रूप के रूप में हुई है। कोतवाल ने बताया कि मामले में विकास उर्फ नाटू फरार चल रहा है। उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम जुटी है।

आरटीआई की आड़ में ब्लैकमेल करने वालों के खिलाफ सड़कों पर उतरे व्यापारी

सूचना के अधिकार (आरटीआई) की आड़ में ब्लैकमेल करने वालों के खिलाफ सड़कों पर उतरे व्यापारियों ने दून तिराहे पर सांकेतिक धरना दिया। जुलूस की शक्ल में कोतवाली पहुंचकर प्रदर्शन करते हए ब्लैकमेलिंग करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की। आक्रोशित व्यापारियों ने एक कारोबारी से रंगदारी मांगने वाले तीन तथाकथित लोगों के विरुद्ध शिकायती पत्र पुलिस को सौंपा।
बुधवार को नगर उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल के अध्यक्ष ललित मोहन मिश्र के नेतृत्व में व्यापारी दून तिराहे पर एकत्रित हुए। यहां आरटीआई की आड़ में ब्लैकमेलिंग करने वालों की एक स्वर में खिलाफत करते हुए सांकेतिक धरना दिया। धरने पर डटे व्यापारियों ने कहा कि शहर में नए निर्माण और अन्य कार्यों के बाबत आरटीआई में सूचना मांगने वाला गिरोह सक्रिय है, जो आरटीआई के नाम पर कारोबारियों को ब्लैकमेल कर रहा है। ऐसे तथाकथित लोगों को सबक सिखाने के लिए व्यापारियों को एकजुट होना पड़ा। धरनास्थल से व्यापारी जुलूस की शक्ल में ब्लैकमेलिंग करने वालों के खिलाफ नारेबाजी करते हुए कोतवाली पहुंचे। आक्रोशित व्यापारियों ने प्रदर्शन के बीच पुलिस को तीन तथाकथित लोगों पर रंगदारी मांगने का आरोप लगाते हुए शिकायती पत्र सौंपा।
कोतवाली प्रभारी निरीक्षक रवि कुमार सैनी ने बताया कि मामले की जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। प्रदर्शन में रवि कुमार जैन, अरविंद जैन, नवल कपूर, ललित जिंदल, एकांत गोयल, मदन मोहन शर्मा, अब्दुल रहमान, अभिषेक शर्मा, जितेंद्र पाल, देवेंद्र प्रजापति, राजेंद्र बिष्ट, भगवान सिंह पंवार, राजेश साह आदि व्यापारी शामिल रहे।

अंकिता हत्याकांड-गैगेस्टर एक्ट के तहत कार्यवाही शुरु

चार्ज सभालते ही पुलिस अधीक्षक जनपद पौड़ी गढवाल श्वेता चौबे द्वारा अंकिता हत्याकांड के मामले में तत्परता दिखाते हुये सम्बन्धित क्षेत्राधिकारी एवं प्रभारी निरीक्षक लक्ष्मणझूला को अभियुक्तों के विरुद्ध गैंगस्टर एक्ट के तहत अभियोग पंजीकृत कर वैधानिक कार्यवाही हेतु निर्देशित किया गया। जिसके क्रम में अभियुक्तों गैंग लीडर पुलकित आर्या, गैंग सदस्य सौरभ एवं अंकित द्वारा अपने होटल/रिजोर्ट में व उसके आसपास के क्षेत्र में असामाजिक कृत्य कर अनैतिक व्यापार जैसे अपराधों में संलिप्त होकर अवैध रुप से धन अर्जित कर समाज विरोधी क्रिया कलाप में संलिप्त होकर क्षेत्र में जधन्य अपराध कारित करने की घटना को अन्जाम देकर लोक शान्ति व्यवस्था को अस्त-व्यस्त किया गया। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जनपद पौड़ी द्वारा उक्त प्रकरण/अभियोग में तत्परता दिखाते हुये अभियुक्तों के विरुद्ध 2/3 उ0प्र0 गिरोह बन्द एवं समाज विरोधी क्रिया कलाप निवारण अधिनियम 1986 के तहत अभियोग पंजीकृत किया गया। वर्तमान में अंकिता मर्डर से सम्बन्धित अभियोग की विवेचना SIT द्वारा सम्पादित की जा रही है, जो वर्तमान में विवेचनाधीन है।

अभियुक्तों का नाम पताः-
1. गैग लीडर पुलकित (उम्र-35 वर्ष) आर्य पुत्र विनोद आर्य, निवासी स्वदेशी भवन आर्यनगर, थाना ज्वालापुर हरिद्वार
2. गैग सदस्य अंकित उर्फ पुलकित गुप्ता (उम्र-19 वर्ष) पुत्र राजेन्द्र कुमार, निवासी 42 ए, दयानन्द नगरी, थाना ज्वालापुर हरिद्वार
3. गैग सदस्य सौरभ भाष्कर (उम्र-35 वर्ष) पुत्र शक्ति भाष्कर, निवासी 18 ए, सूरजनगर, थाना ज्वालापुर, जनपद हरिद्वार

पंजीकृत अभियोगः-
मु.अ.सं. 33/2022, धारा-2/3 उ0प्र0 गिरोह बन्द एवं समाज विरोधी क्रिया कलाप निवारण अधिनियम 1986।

सीएम के गुस्से को देख एसटीएफ का निर्णय, जमानत के खिलाफ हाईकोर्ट जायेंगे

मुख्यमंत्री उत्तराखंड पुष्कर सिंह धामी के निर्देश के क्रम में परीक्षा लीक प्रकरण में संगठित गिरोह के मास्टरमाइंड पर कठोर कार्यवाही हेतु एसटीएफ़ द्वारा हाई कोर्ट जाने की तैयारी की जा रही है। एसटीएफ उत्तराखंड ने ऐसे संगठित गिरोह को चलाने वाले माफिया जिनकी जमानत न्यायलय द्वारा हुई है उस आदेश के विरुद्ध माननीय उच्च न्यायालय में अपील की तैयारी कर ली है
मुख्यमंत्री उत्तराखंड के आदेश के क्रम में की कोई भी दोषी बख्शा न जाए के क्रम में आज एसटीएफ द्वारा 42 वे अभियुक्त को स्नातक परीक्षा लीक प्रकरण में गिरफ्तार किया गया है।
अधीनस्थ सेवा चयन आयोग द्वारा वर्ष 2021 में आयोजित वीपीडीओ भर्ती पेपर लीक प्रकरण से सम्बंधित अभियोग में विवेचना के दौरान प्रकाश में आये अभियुक्त योगेन्द्र सिह उर्फ बंटी पुत्र स्व0 हरि सिह उम्र 46 वर्ष निवासी ग्राम जितनपुर थाना धामपुर (के एम इंटर कॉलेज धामपुर में टीचर) को परीक्षा लीक प्रकरण में संलिप्तता पाए जाने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है

कोतवाली पुलिस ने चोरी के आरोप में एक युवक किया गिरफ्तार

आईडीपीएल चौकी के अंतर्गत विस्थापित क्षेत्र में बंद मकान का ताला तोड़कर चोरी करने वाले आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी को कोर्ट में पेशकर जेल भेज दिया गया है।

कोतवाली पुलिस के मुताबिक निर्मल ब्लॉक बी, विस्थापित निवासी मनोज कुमार पुत्र प्यारेलाल ने पुलिस को एक तहरीर दी। जिसमें उसने बताया कि वह बीते दो साल से मुकेश जिंदल निवासी गली नंबर 11, बी ब्लॉक विस्थापित के घर पर चौकीदारी करता है। 24 अक्तूबर की रात वह अपने घर दीपावली मनाने के लिए चला गया। अगले दिन वापस लौटा तो चोर ने बंद मकान का ताला तोड़कर उसका आधार कार्ड, एटीएम कार्ड सहित नकदी चोरी कर ली। गुरुवार को मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने शिव चौक विस्थापित कॉलोनी के पास एक युवक को गिरफ्तार किया।

जिसके पास से चोरी का माल भी बरामद किया गया। कोतवाल रवि सैनी ने बताया कि आरोपी की पहचान सूरज पुत्र राजेश निवासी गली नंबर 12, नेहरूग्राम, वीरपुर खुर्द, ऋषिकेश के रूप में हुई है।

चोरी के विक्रम के साथ तीन आरोपी गिरफ्तार


कोतवाली पुलिस ने 21 अक्तूबर की रात ऋषिकेश के कालेकीढाल से चोरी हुए विक्रम के साथ तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। वारदात में प्रयुक्त बाइक सीज की है। चिकित्सीय परीक्षण के बाद आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया, जहां उसे उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया है।

पत्रकार वार्ता में विक्रम चोरी का खुलासा करते हुए पुलिस क्षेत्राधिकारी डीसी ढौंडियाल ने बताया कि 23 अक्टूबर को मोतीलाल पुत्र स्व. धनवीर, निवासी गली 3 बीसबीघा, ऋषिकेश ने शिकायत दर्ज कराई थी 21 अक्टूबर की रात हरिद्वार रोड पर कालेकीढाल में बाइक शोरूम के सामने खड़ा विक्रम चोरी हो गया है। चोरी का मुकदमा दर्ज कर पुलिस छानबीन में जुट गई। सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली और मुखबिर सक्रिय किए। इस बीच चोरी हुए विक्रम की लोकेशन की सूचना हरिद्वार जनपद के भुक्कनपुर में मिली।

पुलिस क्षेत्राधिकारी ने बताया कि सूचना के आधार पर आज सुबह भुक्कनपुर में दबिश देकर चोरी हुए विक्रम के साथ तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया। हत्थे चढ़े आरोपियों की पहचान शाहिद पुत्र अकबर, निवासी ग्राम घिस्सुपुरा पथरी जिला हरिद्वार, मुर्सलीन पुत्र शाहिद, निवासी धनपुरा पथरी, जनपद हरिद्वार और दिलशाद पुत्र तहसीन, निवासी ग्राम भुक्कनपुर पथरी, जिला हरिद्वार के रूप में कराई है।

पार्षद शौकत अली मामले में न्यायालय ने हटाई एक धारा

बीते आठ जुलाई को ऋषिकेश में भाजपा के टिकट से पार्षद बने शौकत अली पर गर्भवती महिला सहित परिवार के अन्य सदस्यों के साथ मारपीट का आरोप लगा था, पुलिस ने पीड़ित पक्ष की तहरीर के आधार पर पार्षद सहित अन्य चार लोगों पर मुकदमा दर्ज किया था, इस मामले में पीड़ित पक्ष ने पार्षद शौकत अली पर गर्भवती महिला के गर्भ में पल रहे बच्चे को मारने का भी आरोप लगा था। मगर, वादी पक्ष इसे न्यायालय में साबित नहीं कर सका। न्यायालय ने पार्षद शौकत अली के ऊपर लगे भ्रूण हत्या की धारा को हटाने का आदेश सुनाया है।

अधिवक्ता रूद्राक्ष शर्मा और राज किशोर जोशी ने बताया कि पार्षद शौकत अली के मामले में वादी पक्ष ने न्यायालय में जो सरकारी अस्पताल का अल्ट्रासाउंड पेश किया, वह छह सप्ताह चार दिन का था। अधिवक्ता ने न्यायालय को यह बताया कि सरकारी अस्पताल के अल्ट्रासाउंड से यह साबित नहीं होता है कि अल्ट्रासाउंड के दौरान बच्चा जीवित नहीं था।

अधिवक्ता रूद्राक्ष शर्मा और राजकिशोर जोशी ने न्यायालय के समक्ष कानून से जुड़ी बहु चर्चित किताबों का हवाला दिया और यह साबित किया कि पार्षद शौकत अली के मामले में भ्रूण हत्या नहीं हुई है।

अधिवक्ता रूद्राक्ष शर्मा और राजकिशोर जोशी की मजबूत पैरवी की बदौलत एडीजे प्रथम की अदालत ने अपना फैसला सुनाते हुए पार्षद शौकत अली के ऊपर लगी भ्रूण हत्या की धारा को हटाने का आदेश दिया है।

क्या था घटनाक्रम
बैराज कॉलोनी, पशुलोक निवासी बबीता सैनी पत्नी स्व. राजकुमार सैनी ने ऋषिकेश कोतवाली में तहरीर दी थी। बताया कि वह अपने बच्चों के साथ घर पर बैठी थी। उनका भाई रोते हुए आया, पूछने बताया था कि परवेश नामक युवक ने उसके साथ शराब के नशे में होकर मारपीट की है। महिला ने आरोप लगाया था कि इसी बीच परेवश अपनी मां, गोलू, पार्षद शौकत अली, साजिया सहित अन्य लोग घर में आ धमके। सभी ने डंडों व ईंट से मारपीट की। जिसमें उनकी बेटी व उसकी मासूम बच्ची को पीटा गया। यही नहीं पार्षद ने अपने साथियों के साथ गर्भवती महिला को भी बुरी तरह से पीटा।

हरकत में शासन के अधिकारी, जिम्मेदारी तय करने के कड़े निर्देश

राज्य में कानून-व्यवस्था की समीक्षा के संबंध में समस्त जिलाधिकारियों तथा वरिष्ठ पुलिस अधीक्षकों से सोमवार को सचिवालय में वीडियों कॉन्फ्रसिंग के माध्यम से बैठक के दौरान अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने पुलिस-प्रशासन में हर स्तर पर अधिकारियों की जिम्मेदारी तय करने के कड़े निर्देश दिए। उच्च अधिकारियों को अधीनस्थ स्तर के प्रभावी सुपरविजन के निर्देश दिए गए हैं। आगामी त्यौहारों के दृष्टिगत अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने सभी जिलाधिकारियों तथा पुलिस अधीक्षकों को अपराधिक तत्वों पर निगरानी, शहरों की ट्रैफिक व्यवस्था मजबूत करने, पार्किंग की पर्याप्त व्यवस्था करने, संभावित आगजनी की घटनाएं रोकने, पटाखों की बिक्री के दौरान एसओपी, एनजीटी तथा माननीय न्यायालय के निर्देशों का पालन सुनिश्चित करने करने के स्पष्ट निर्देश दिए हैं। एसीएस ने आगामी त्यौहारों को देखते हुए पर्याप्त पार्किंग व्यवस्था हेतु खाली पड़े स्थानों में पार्किंग की व्यवस्था बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने जिलों में समस्त पुलिस अधीक्षकों को पीक टाइम में शाम को 6 बजे से 10 बजे के बीच पुलिस अधिकारियों को फील्ड में तैनात रहने को कहा है। एसीएस श्रीमती रतूड़ी ने संभावित आगजनी की घटनाओं के नियंत्रण हेतु फायर ब्रिगेड के साथ ही एसडीआरएफ की मदद लेने के निर्देश दिए हैं। बैठक में डीजीपी श्री अशोक कुमार ने अपराधिक घटनाओं पर प्रभावी रोक हेतु जिलों के पुलिस अधीक्षकों को बेसिक ड्रिल, डॉग स्कॉयड, एटीएस टीम, बीडीएस टीम के माध्यम से निगरानी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने कहा कि रेवन्यू पुलिस के कार्यों का हस्तान्तरण रेगुलर पुलिस को प्रथम चरण में अगले छः माह में 6 थानों और 20 चौकीयों में सुनिश्चित कर दिया जाएगा। उन्होंने सभी जिलाधिकारियों तथा वरिष्ठ पुलिस अधीक्षकों को इस सम्बन्ध में जल्द से जल्द विस्तृत प्रस्ताव भेजने के निर्देश दिए। एसीएस ने इस दिशा में प्रशासन को प्रो-एक्टिव मोड पर कार्य करने को कहा है। जिलों में एण्टी नारकोटिक्स टास्क फोर्स को मजबूत करने हेतु श्रीमती रतूड़ी ने जिलाधिकारियों को प्रत्येक माह नियमित बैठकें आयोजित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राज्य में ड्रग्स फ्री देवभूमि 2025 मिशन को सफल बनाने हेतु जनजागरूकता अभियान चलाना, नशामुक्ति के क्षेत्र में प्रभावी काम वाले एनजीओं को प्रोत्साहित करना तथा स्कूल कॉलेजों में पैरेन्टस-टीचर्स बैठके आयोजित करना आवश्यक है। उन्होंने कहा युवाओं को नशे से दूर रखने में पुलिस के अतिरिक्त शिक्षा विभाग, स्वास्थ्य विभाग, प्रशासन के साझे प्रयासों की जरूरत है।
बैठक में विशेष प्रमुख सचिव अभिनव कुमार, आईजी एपी अंशुमन, अपर सचिव गृह रिद्धिम अग्रवाल, जिलाधिकारी देहरादून सोनिका, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक दलीप सिंह कुंवर तथा विडियो कॉन्फ्रसिंग के माध्यम से सभी जिलों के जिलाधिकारी तथा वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक उपस्थित रहे।

डीजीपी को दो टूक, धामी ने कहा-कानून व्यवस्था नही सुधरी तो कुर्सी छोड़ दे अधिकारी

प्रदेश में कानून व्यवस्था के संबंध में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सख्त निर्देश दिये हैं कि पिछले दिनों हुई कतिपय घटनाओं का खुलासा जल्द से जल्द किया जाए। अपराधों पर नियंत्रण के लिए राज्य सरकार सख्त है। इसी क्रम में पुलिस महानिदेशक उत्तराखंड अशोक कुमार द्वारा उधमसिंहनगर के काशीपुर में खनन कारोबारी की हत्या, डोईवाला में हुई डकैती एवं जनपद हरिद्वार में पुलिसकर्मियों पर हुई फायरिंग के खुलासे हेतु 3 दिन का अल्टीमेटम दिया गया है। उन्होंने कहा है कि 3 दिन में उक्त घटनाओं का खुलासा न होने पर संबंधित थाना प्रभारी एवं क्षेत्राधिकारी को हटाया जाएगा। इसके अतिरिक्त उन्होंने बताया कि संबंधित जिलों के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षकों को भी उपरोक्त घटनाओं के जल्द खुलासे न होने पर अपराध नियंत्रण में नाकाम माना जाएगा।