स्वामी सत्यमित्रानन्द गिरि महाराज का जीवन प्रेरणादायीः मुख्यमंत्री

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने राघव कुटीर भारत माता जनहित ट्रस्ट, हरिपुर कलां में निवृत्त जगद्गुरू शंकराचार्य पद्मभूषण ब्रह्मलीन पूज्य गुरूदेव स्वामी सत्यमित्रानन्द गिरि महाराज की दिव्य स्मृति में नवनिर्मित समाधि मन्दिर के शिलान्यास कार्यक्रम व श्री सद्गुरूदेव पुण्य स्मृति दर्शन सभागार के लोकार्पण कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। श्री सद्गुरूदेव पुण्य स्मृति दर्शन सभागार में स्वामी सत्यमित्रानन्द गिरि महाराज के जीवन से सम्बन्धित दुर्लभ चित्रों, महान हस्तियों की प्रतिमायें, ग्रन्थों व पुस्तकों के संकलन को बड़े ही व्यवस्थित ढंग से प्रत्येक के लिये निर्धारित स्थानों में प्रदर्शित किया गया है। इस अवसर पर सहकार्यवाह डॉ0 कृष्ण गोपाल सह सरकार्यवाह, भारत माता मन्दिर एवं समन्वय ट्रस्ट के अध्यक्ष जूनापीठाधीश्वर आचार्य महामण्डलेश्वर स्वामी अवधेशानन्द गिरि महाराज, विधानसभा अध्यक्ष प्रेमचन्द्र अग्रवाल, शहरी विकास मंत्री मदन कौशिक, विशिष्ट जन-प्रतिनिधि उपस्थित थे। मुख्यमंत्री ने स्वामी सत्यमित्रानन्द गिरि महाराज के जीवन से सम्बन्धित संकलित वस्तुओं का अवलोकन किया तथा उन्हें प्रेरणादायी बताया।
इस अवसर पर आचार्य महामण्डलेश्वर स्वामी अवधेशानन्द गिरि महाराज ने मुख्यमंत्री व उपस्थित विशिष्टजनों को अंगवस्त्रम् भेंटकर सम्मानित किया। आचार्य महामण्डलेश्वर स्वामी अवधेशानन्द गिरि महाराज ने कहा कि मुख्यमंत्री के कुशल नेतृत्व में महाकुम्भ सम्पन्न होगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वामी सत्यमित्रानन्द गिरि महाराज प्रेरणादायी व्यक्तित्व के धनी थे। उन्होंने भारत माता ट्रस्ट मन्दिर की स्थापना की। वह एक बहुत बड़े सन्त थे। उनको शंकराचार्य की उपाधि मिली और उन्होंने उसका परित्याग किया और जो धर्मदण्ड है, उसे उन्होंने मां गंगा को समर्पित किया। वे आध्यात्म व व्यवहार दोनों के समन्वयक थे। आज उनकी याद में स्मृति मन्दिर का शिलान्यास किया गया है, जो युगों-युगों तक हमारे आने वाली पीढ़ी को प्रेरणा देगा।
इस अवसर पर आई0डी0 शास्त्री, सचिव समन्वय सेवा ट्रस्ट एवं भारत माता जनहित ट्रस्ट, भारत माता मन्दिर, महामण्डलेश्वर गोविन्द गिरि महाराज, स्वामी ललितानन्द, स्वामी रामदेव, ब्रह्मस्वरूप ब्रह्मचारी, स्वामी हरचेतनानन्द, सतपाल ब्रह्मचारी, लक्सर विधायक संजय गुप्ता, ज्वालापुर विधायक सुरेश राठौर, मेला अधिकारी दीपक रावत, जिलाधिकारी सी0 रविशंकर आदि उपस्थित थे।

रतूड़ी ने नए डीजीपी अशोक कुमार को पुलिस बैटन सौंपी

उत्तराखंड पुलिस के डीजीपी अनिल कुमार रतूड़ी आज रिटायर हो गए हैं। उनकी जगह 1989 बैच के अधिकारी अशोक कुमार ने चार्ज संभाला है। डीजीपी अनिल कुमार रतूड़ी ने नए डीजीपी अशोक कुमार को पुलिस बैटन सौंपी। आईपीएस अशोक कुमार उत्तराखंड के 11वें डीजीपी बने हैं।
इससे पहले पुलिस लाइन में राज्य के 10वें डीजीपी अनिल कुमार रतूड़ी की विदाई में परेड का आयोजन किया गया। पुलिस लाइन में सुबह करीब नौ बजे से परेड की शुरुआत की गई । इसके लिए पुलिस लाइन में सुरक्षा व्यवस्था भी बढ़ाई गई। डीजीपी अनिल कुमार रतूड़ी को डीजी अशोक कुमार ने पुलिस लाइन में रिसीव किया। इसके बाद भव्य विदाई परेड आयोजित की गई।
डीजीपी अनिल रतूड़ी के पुलिस मुखिया के तौर पर तीन साल से अधिक का कार्यकाल रहा है। आज सेवानिवृत्त होने के दिन उनकी तीन साल की उपलब्धियों को बताया गया।

ये हैं उनके प्रमुख कार्य-
– गुमशुदा बच्चों को तलाशने के लिए ऑपरेशन स्माइल चलाया गया।
– सीपीयू की तर्ज पर पहाड़ों में हिल पेट्रोल यूनिट शुरू की गई।
– ई-चालन व्यवस्था की शुरुआत की गई।
– इस अवधि में 6 हजार से ज्यादा पुलिसकर्मियों को प्रशिक्षण दिलाया गया।
– 2018 में माउंट एवरेस्ट पर पुलिस टीम ने चढ़ाई की।
– कॉमन वेल्थ ह्यूमन राइट्स इनिशिएटिव की इंडिया जस्टिस रिपोर्ट में उत्तराखंड पुलिस मानव संसाधनों के उपभोग में दूसरे स्थान पर रही।
– पिछले साल देश के 15000 थानों में प्रदेश के तीन थाने टॉप 10 में शामिल हुए।

गुरु नानक देव के विचार आज भी प्रासंगिकः महापौर

श्री गुरु नानक देव जी महाराज का प्रकाशोत्सव तीर्थ नगरी में श्रद्धा एवं उत्साह के साथ मनाया गया। गुरुद्वारा श्री सिंह सभा में दिन भर रागी जत्थों ने गुरु की महिमा का गुणगान किया। कोरोना काल के चलते बेहद सादगीपूर्ण माहौल में आयोजित हुए। गुरु पर्व के दौरान इस वर्ष गुरु महाराज का लंगर तो नही बरता गया लेकिन फिर भी गुरुद्वारे में अमृत संचार हुआ।
महापौर अनिता ममगाई ने भी संगतों सहित गुरुद्वारा परिसर में मत्था टेक शहर की खुशहाली के लिए अरदास कराई। इस मौके पर महापौर ने कहा कि सिख धर्म के संस्थापक गुरु नानक देव जी महाराज का प्रकाशोत्सव देेेश और दुनियाभर मेें सिर्फ सिख समाज ही नहीं बल्कि मानवता तथा इंसानियत को मानने वाले दुनिया भर के लोग आज मना रहे हैं। उन्होंनेे गुरु नानक जी को नमन करतेे हुए आमजनमानस सेे उनके बनाये गये सिद्धांतों व उनके आदर्शों पर चलने का आह्वान भी किया।
इससे पूर्व गुरुद्वारा परिसर पहुंची महापौर का गुरुद्वारा श्री सिंह सभा की ओर से सम्मान भी किया गया। गुरुद्वारे में आयोजित दोपहर के दीवान में सरदार गोविंद सिंह, गुरबचन सिंह, मंगा सिंह, सरदार इंद्रपाल सिंह, सरदार मक्खन सिंह, सरदार तेजिंदर सिंह, राजेंद्र सिंह, गुरमीत सिंह, कृपाल सिंह, बूटा सिंह, अजीत सिंह, देवेंद्र सिंह, जसविंदर सिंह, अमनदीप सिंह, प्रदीप सिंह आदि प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।

रिद्धिमा ने बढ़ाया उत्तराखंड का मानः राजे नेगी

विश्व की 100 प्रेरक और प्रभावशाली महिलाओं में शामिल होकर उत्तराखंड को गौरवान्वित करने वाली रिद्विमा पांडे को आम आदमी पार्टी ने सम्मानित किया है। पार्टी के नेता डॉ. राजे सिंह नेगी के नेतृत्व में पार्टी कार्यकर्ताओं ने मोतीचूर हिमालयन कॉलोनी स्थित उनके आवास पर जाकर उत्तराखंड की बेटी को सम्मानित किया।
इस अवसर पर आप के नेता डॉ नेगी ने कहा कि महज 13 वर्ष की छोटी सी उम्र में रिद्धिमा पांडे ने दुनिया की 100 प्रेरक और प्रभावशाली महिलाओं की सूची में शामिल होकर दुनियाभर में देवभूमि उत्तराखंड का मान बड़ाया है। उनकी इस उपलब्धि से राज्यवासी स्वंय को गौरवान्वित महसूस कर रहे हैं। बीबीसी द्वारा जारी की गई लिस्ट में रिद्विमा सहित देश में कुल 3 ही भारतीय महिलाओं को इस लिस्ट में शुमार किया गया है। उन्होंने कहा कि यह देवभूमि के लिए गर्व की बात है कि रिद्धिमा पांडे उन तीनों महिलाओं में से एक है और सबसे कम उम्र की है। उन्होंने कहा कि पर्यावरण का संरक्षण इस समय एक ऐसा विषय है जिसके बारे में हम सभी को गंभीरता से सोचना चाहिए और ऐसा हो भी रहा है।
प्रकृति के लगातार हो रहे हनन और मानवीय गतिविधियों से हमारे पर्यावरण को जो चोट पहुंच रही है उसके लिए युवा वर्ग अपनी आवाज बुलंद कर रहा है और एक स्वर में प्रकृति के संरक्षण की बात कर रहा है। पर्यावरण संरक्षण जैसे गंभीर विषय को समझते हुए छोटे बच्चे लगातार आगे बढ़ रहे हैं। प्रकृति को बचाने हेतु वे लगातार काम कर रहे हैं। इसी कड़ी में रिद्धिमा पांडे भारत की पहली ऐसी लड़की थी जिन्होंने यूनाइटेड नेशंस (यूएन) में जाकर पर्यावरण संरक्षण को लेकर दमदार भाषण भी दिया था। देवभूमि की यह बेटी लगातार जंगलों के कटने, जलवायु परिवर्तन की ओर अपनी आवाज बुलंद करती रही हैं और अब उनको अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी पर्यावरण के संरक्षण की दिशा में काम करने और जागरूकता फैलाने के लिए सम्मान मिल रहा है जोकि प्रत्येक उत्तराखंडवासी के लिए गौरव की बात है।
इस दौरान रिद्धिमा के पिता दिनेश भट्ट, माता विनीता भट्ट, भाई शुभ भट्ट, आप कॉर्डिनेटर दिनेश असवाल, अमित विश्नोई, विक्रांत भारद्वाज, सीमा रावत, चेतन चैबे, संजय नेगी, सुनील कुमार, ज्योत्सना पांडेय उपस्थित थे।

नरेश बंसल ने राज्य सभा सांसद के रुप में ली शपथ

आज नवनिर्वाचित सासंद राज्यसभा नरेश बंसल परिवारजनों के साथ संसद पहुंचे। वहां उन्होंने राज्यसभा के मुख्यहाॅल मे आयोजित नवनिर्वाचित राज्यसभा सांसदो के शपथग्रहण समारोह मे भाग लिया। कार्यक्रम में कर्नाटक, उत्तरप्रदेश के नवनिर्वाचित संसद सदस्यों के साथ उन्होंने पद एवं गोपनीयता की शपथ ली।
उत्तराखंड से अभी एक सीट खाली होने के चलते केवल नरेश बंसल ने शपथ ली। सभी को शपथ महामहिम उपराष्ट्रपति व सभापति राज्यसभा एम वैकंेया नायडू ने दिलाई। बंसल ने लगभग 12ः10 बजे मातृभाषा हिन्दी मे शपथ ली। उत्तरप्रदेश से नवनिर्वाचित सांसद व केन्द्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने भी नरेश बंसल के साथ शपथ ली। सभापति महोदय ने कहा कि सदन का सत्र कोरोना संकट काल मे कब होगा, यह अभी निश्चित नही है। राज्य सभा की समिति के महत्वपूर्ण कार्य चल रहे है, जिसकी समय से प्रगती हेतु नय सदस्यों की आवश्यकता है, जो उसमे प्रतिभाग कर समिति के कार्यो को आगे बढ़ाएगे। इसी हेतु सत्र से पहले यह शपथ कार्यक्रम आयोजित किया गया ताकि नए सदस्य समिति की बैठको मे भाग ले सके ।
महामहिम उपराष्ट्रपति व सभापति राज्यसभा एम वैकंया नायडू जी ने सभी को मास्क लगाने व दो गज की दुरी बनाने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने सभी को नवीन दायित्व के लिये बधाई और शुभकामनाएं दी व सभी अच्छा कार्य करे यह कमाना की। उन्होंने सभी सदस्यों को राज्य सभा के प्रोटोकोल से समबन्धित विभिन्न पुस्तकों को पढ़ने के लिए कहा जिससे नए सदस्य को राज्य सभा की कार्यवाही मे भाग लेने मे सुगमता हो सभी नियमों का ज्ञान हो। उन्होंने कहा कि सभी लोगों की राज्य सभा सदस्यो से बहुत अपेक्षा होती है, उनके आचरण, व्यवहार को युवा पीढ़ी फोलो करता है। उन्होंने सभी को सदन की मर्यादा कायम रखने के लिए कहा। उन्होंने कहा की किसी भी विषय पर वाद-विवाद, चर्चा व उसके बाद निर्णय होना चाहिए ।
इस अवसर पर नरेश बंसल ने कहा कि वह नव दायित्व को पूरी निष्ठा व ईमानदारी से निर्वाहन करेंगे व राज्य व देश हित मे कार्य करेंगे। उनका मंत्र सबका साथ सबका विकास व सबका विश्वास होगा। वह राज्य और केंद्र सरकार के बीच सेतु के रूप में कार्य करेंगे व उत्तराखंड राज्य मे विकास कैसे हो, केन्द्रीय योजनाओं का ज्यादा से ज्यादा लाभ प्रदेश को मिले यही उनका प्रयास होगा। उन्होंने कहा की केन्द्रीय नेतृत्व ने जो विश्वास उन पर दिखाया है वह उस पर खरा उतरेगे।
कार्यक्रम मे मुख्य रूप से नेता सदन डाॅ. थावरचंद गहलोत, केन्द्रीय संसदीय कार्यमंत्री प्रह्लाद जोशी, संसदीय कार्य राज्य मंत्री अर्जुन मेघवाल, वी मुरली धरन, केन्द्रीय शिक्षा मंत्री डाॅ. रमेश पोखरियाल निशंक, सांसद अजय भट्ट आदि उपस्थित रहे।

कृषि सुधारों से किसानों को नए अधिकार मिलेः पीएम मोदी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि हाल के कृषि सुधारों ने किसानों के लिए संभावनाओं के नए द्वार खोले हैं। आज आकाशवाणी पर मन की बात कार्यक्रम में मोदी ने कहा कि इन सुधारों से किसानों को नए अधिकार मिले हैं तथा वे सशक्त और बंधनमुक्त हुए हैं।
प्रधानमंत्री मोदी ने बताया कि इन सुधारों ने महाराष्ट्र के धुले जिले के किसान जितेंद्र भोइजी को मक्के की फसल का बकाया भुगतान प्राप्त करने में मदद की। प्रधानमंत्री ने राजस्थान के किसान मोहम्मद असलम की भी सराहना की। मोदी ने कहा कि जहां जागरूकता है, वहीं जीवंतता होती है। प्रधानमंत्री ने हरियाणा के कैथल जिले के वीरेंद्र यादव की भी प्रशंसा की, जो आस्ट्रेलिया से वापस लौटकर पराली की समस्या के समाधान के लिए काम कर रहे हैं।
प्रधानमंत्री ने युवाओं से अनुरोध किया कि वे अपने आसपास के गांवों का दौरा करके किसानों को खेती में नवाचारों और हाल के कृषि सुधारों के बारे में जागरूक करें। मोदी ने कहा कि संकट के समय संस्कृति बहुत काम आती है। प्रधानमंत्री मोदी ने इस बात पर भी प्रसन्नता व्यक्त की कि अजंता की गुफाओं की विरासत और कला को संरक्षित करने के साथ-साथ डिजिटल रूप भी दिया जा रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि शिलॉग में खिले हुए चेरी की तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो रही हैं। इन तस्वीरों ने मेघालय की सुंदरता को और बढ़ा दिया है।
प्रधानमंत्री ने इस बात पर प्रसन्नता व्यक्त की कि देवी अन्नपूर्णा की बहुत पुरानी प्रतिमा कनाडा से भारत वापस आ रही है। इस मूर्ति को वाराणसी के मंदिर से 1913 के आसपास चुराकर देश के बाहर भेज दिया गया था। मोदी ने इसके लिए कनाडा सरकार और अन्य सभी लोगों का आभार व्यक्त किया। यह सुनिश्चित करने के सभी प्रयास किए जा रहे हैं कि इन धरोहरों को स्वदेश वापस लाया जाए। उन्होंने कहा कि इन प्रयासों से देश कई प्रतिमा और कलाकृतियों को वापस लाने में सफल रहा है।
मोदी ने कहा कि जाने-माने पक्षीविज्ञानी सालीम अली के 125वें जयंती समारोह 12 नवंबर से शुरू हो चुके हैं। उन्घ्होंने ने पक्षियों सर्वेक्षण के क्षेत्र में उल्लेखनीय काम किया था। मोदी ने लोगों से इस तरह के प्रयासों से जुडने की अपील की। प्रधानमंत्री ने ब्राजील के जोनास मैसेट्टी का भी उल्घ्लेख किया जिन्हें विश्वनाथ के नाम से भी जाना जाता है और वे वेदांत और गीता की शिक्षा देते हैं। प्रधानमंत्री ने न्यूजीलैंड में नवनिर्वाचित सांसद गौरव शर्मा द्वारा संस्कृत में शपथ लेने की सराहना करते हुए कहा कि भारतीय संस्कृति का प्रसार प्रत्येक भारतीय को गौरवान्वित करता है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि राष्ट्र कल गुरु नानक देव का 551वां प्रकाश पर्व मनाएगा जिनके उपदेश वैंकूवर से वेलिंगटन और सिंगापुर से दक्षिण अफ्रीका तक प्रेरणा देते हैं। प्रधानमंत्री ने कहा कि पिछले साल नवम्बर में करतारपुर साहिब गलियारे का उद्घाटन ऐतिहासिक घटना थी। इससे विदेशों में रहने वाले सिखों का दरबार साहिब की सेवा में योगदान देना आसान हो गया है।
मोदी ने कहा कि उन्होंने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से आईआईटी दिल्ली से लेकर आईआईटी गुवाहाटी तक कई शिक्षण संस्थानों के छात्रों के साथ बातचीत की। प्रधानमंत्री ने कहा कि छात्रों को अपनी पढ़ाई पूरी करने के बाद भी अपने संस्थानों में पूर्व छात्रों के रूप में योगदान करना चाहिए। उन्होंने कहा कि आईआईटी के पूर्व छात्रों ने अपनी आईआईटी में सम्मेलन कक्ष, प्रबंध केन्द्र और इनक्यूबेशन केन्द्रों का निर्माण किया है। उन्होंने कहा कि इन प्रयासों से मौजूदा छात्रों की पढ़ाई में सुधार होता है। मोदी कहा कि आईआईटी दिल्ली ने एक अक्षयनिधि शुरू की है, जो एक शानदार विचार है। 5 दिसंबर को अरबिंदो की पुण्यतिथि मनाई जाएगी।
मोदी ने कहा कि श्री अरबिंदो के विचारों में बहुत गहराई है। उन्होंने युवाओं से इस महान व्यक्तित्व के बारे में और अधिक जानने का आग्रह किया। प्रधानमंत्री ने कहा कि जैसे-जैसे देश वोकल फॉर लोकल की दिशा में आगे बढ़ रहा है, उसे श्री अरबिंदो के स्वदेशी के दर्शन से प्रेरणा मिल रही है। स्वयं श्री अरबिंदों को स्वदेशी की प्रेरणा उनके परिवार से मिली थी। मोदी ने कहा कि देश ने अब लॉकडाउन चरण से बाहर निकलने के बाद कोविड-19 के टीके पर चर्चा शुरू कर दी है। हालांकि, उन्होंने आगाह किया कि कोरोना के बारे में कोई भी लापरवाही बहुत घातक होगी। मोदी ने सभी को कोरोना से लड़ाई को मजबूत करने के लिए कहा।

किसानों के आंदोलन का कांग्रेस ने किया समर्थन, फूंका केंद्र की सरकार का पुतला

महानगर कांग्रेस कमेटी ऋषिकेश ने केंद्र सरकार की ओर से किसानों के संबंध में पारित किए गए बिल के विरोध में किसानों के आंदोलन को समर्थन दिया। वहीं, केंद्र सरकार मुर्दाबाद के नारे लगाकर पुतला आग के हवाले किया।

महानगर कांग्रेस अध्यक्ष महंत विनय सारस्वत ने कहा कि केंद्र में बैठी भाजपा सरकार किसानों का लगातार उत्पीड़न कर रही है। जिसने अपने बहुमत के आधार पर किसान विरोधी बिल पारित कर किसानों पर अत्याचार किया है। जिसे कोई भी किसान व कांग्रेस बर्दाश्त नहीं करेगी। उन्होंने कहा इस काले कानून के कारण किसानों को मंडियों में सामान बेचना दुभर हो जाएगा। जिसे देखते हुए केंद्र सरकार को काला कानून वापस लेना चाहिए।

अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सदस्य जयेन्द्र रमोला ने कहा कि शांतिपूर्वक किसानों द्वारा किए जा रहे आंदोलन के दौरान दिल्ली में वाटर कैनन से उनके ऊपर पानी डालकर उनके आंदोलन को तोड़े जाने की साजिश कभी सफल नहीं हो पाएगी। उन्होंने कहा कांग्रेस जब तक सत्ता में रही है उसने किसानों के हित में ही निर्णय लिए हैं लेकिन भाजपा सरकार किसान विरोधी होने के कारण वह किसानों के खिलाफ काला कानून लाकर उनका उत्पीड़न किए जाने पर उतारू है जिसे कांग्रेस बर्दाश्त नहीं करेगी और वह किसानों का पूरा समर्थन करती है।

पुतला दहन करने वालों में प्रदेश सचिव मदन मोहन शर्मा, पूर्व प्रदेश महासचिव जयपाल जाटव, वेद प्रकाश शर्मा, प्रदीप जैन, विमला रावत, मधु जोशी, उमा ओबरॉय, मालती तिवारी, पार्षद विजयलक्ष्मी शर्मा, वीरेंद्र सिंह सजवान, दीपक जाटव, राजकुमार तलवार, प्यारेलाल जुगरान, प्रदीप जैन, सहदेव राठौर, नन्दकिशोर जाटव, सोनू पांडे, बिजेन्द्र गौड़, तनवीर सिंह, अशोक शर्मा, सहदेव सिंह राठौर, मनोज त्यागी, राजेश शाह, जीतू मुखर्जी, अमित सागर, रोहित, प्रदीप कुमार, अभिषेक शर्मा, शोभा भट्ट, ओम सिंह पंवार, मालती शर्मा, राजेन्द्र जाटव, जयपाल बिट्टू, संतोष कुकरेती, रूकम पोखरियाल ,अजय कुमार, मनमीत, अशोक शर्मा, प्रदीप भट्ट, अमित सागर, एमके अग्रवाल, त्रिलोकीनाथ तिवारी, विनोद कुलियाल आदि उपस्थित रहे।

सुरेश भट्ट की एंट्री से कई भाजपाई बेचैन

भारतीय जनता पार्टी उत्तराखंड के प्रदेश अध्यक्ष बंशीधर भगत ने सुरेश भट्ट को भाजपा उत्तराखंड का प्रदेश महामंत्री नियुक्त किया है। बंशीधर भगत ने आशा व्यक्त की है कि सुरेश भट्ट के प्रदेश महामंत्री बनने से उत्तराखंड में संगठन को और गति मिलेगी व उनके अनुभव का लाभ प्रदेश भाजपा को प्राप्त होगा।
भाजपा मीडिया प्रभारी डॉ देवेंद्र भसीन ने बताया कि उत्तराखंड भाजपा में प्रदेश महामंत्री के तीन पद हैं। इनमें से एक पद बंशीधर भगत के अध्यक्ष रूप में पद ग्रहण करने व उनके द्वारा प्रदेश पदाधिकारियों व कार्यसमिति की घोषणा के बाद से ही रिक्त चल रहा था। इस रिक्त पद प्रदेश अध्यक्ष द्वारा सुरेश भट्ट की नियुक्ति की गई है। सुरेश भट्ट इससे पहले हरियाणा में भाजपा प्रदेश महामंत्री (संगठन) थे।
बतातें चले कि सुरेश भट्ट की एंट्री से प्रदेश भाजपा के कई नेताओं में भी हलचल देखी जा रही है। खासतौर से संघ के वो चेहरे जो आज भाजपा में बड़ा नाम बन चुके है। उनमें बैचेनी देखने को मिल रही है। अपने भविष्य को लेकर अब वह आंशकित देखे जा रहे है। गौरतलब है कि संघ के चेहरे के रुप में त्रिवेन्द्र सिंह रावत अभी वर्तमान में मुख्यमंत्री है। दूसरी लाइन के नेता भी भविष्य में मुख्यमंत्री का ख्वाब संजोये हुए थे। जो सुरेश भट्ट के आने के बाद धूमिल होती नजर आ रही है। मोदी के करीबी नेताओं में सुरेश भट्ट का नाम आता है। जाटलैंड यानि की हरियाणा में भाजपा की पकड़ बनाने में सुरेश भट्ट का महत्वपूर्ण योगदान है।

व्यापारी ही बने हमारा नेता, बैठक में तय की गई अहम रणनीति

ऋषिकेश के स्थानीय व्यापारिक संगठन के प्रतिनिधियों की बैठक में सर्वसम्मत्ति से निर्णय लिया गया कि ऋषिकेश महानगर का एक व्यापारी महासंघ बनाया जायेगा। बैठक में मौजूद सभी मुख्य संगठनों ने प्रांतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल से नाता तोड़कर ऋषिकेश व्यापार महासंघ बनायेंगे। साथ ही प्रांतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल की सदस्यता नही लेंगे।
क्लॉथ मर्चेन्ट वेलफेयर एसोसिएशन संगठन के अध्यक्ष राजीव मोहन अग्रवाल ने कहा कि महानगर व्यापार मण्डल के एका को समिति लगातार प्रयास कर रही है। लेकिन प्रांतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल के स्थानीय नेताओं ने अभी तक सहमति नहीं दी है। साथ ही आरोप भी लगाया कि जिलाध्यक्ष नरेश अग्रवाल नेताओं वाली बात कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अब समय आ गया है कि ऋषिकेश महानगर का एक संगठन बना कर व्यापारी हितों के लिये लड़ाई लड़ी जाये।
वहीं, प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल के नगर अध्यक्ष पंकज गुप्ता ने भी व्यापारियों को एकजुट करने पर अपना समर्थन जताया। उन्होंने कहा कि हम सभी को अपने-अपने निजी स्वार्थों को छोड़कर साथ आना ही चाहिए। बिल्डिंग मैटेरियल के अध्यक्ष सतवीर तोमर ने आरोप लगाया कि कुछ कुर्सी पकड़ व्यापारी नेता व्यापारियों की लड़ाई लड़ने की बजाय अधिकारियों के स्वागत और चाटुकारिता करते हैं। जबकि साधारण व्यापारी पर कोई मुसीबत आती है तो मौके पर कही भी दिखाई नही देते है। ऐसे व्यापारी और ऐसे व्यापार मंडल का विरोध करते हुए मैं सभी से एक नया और स्वच्छ व्यापार मंडल बनाने का आग्रह करता हुं।
बैठक की अध्यक्षता करते हुऐ प्रचून ट्रांसपोर्ट संगठन के अध्यक्ष विनोद शर्मा ने कहा कि कुछ लोगों के कारण आज व्यापारी वर्ग बंटा हुआ है। हमें फिर से मिलकर सभी को एकजुट होना होगा तभी व्यापारियों का हित होगा। कार्यक्रम का संचालन व्यापारियों को एकजुट करने का प्रयास कर रहे वरिष्ठ सामाजिक कार्यकर्ता जयेन्द्र रमोला ने किया।
बैठक में संदीप गुप्ता, कपिल गुप्ता, पूर्व व्यापार सभा अध्यक्ष नवल कपूर, कैमिष्ट एसोशिएशन के अध्यक्ष संदीप मल्होत्रा, पैट्रोल डीलर्स एसोशिएशन अध्यक्ष अशोक जैन, महामंत्री नवदीप नागलिया, व्यापार सभा अध्यक्ष मनोज कालड़ा, महामंत्री पदम शर्मा, क्लॉथ मर्चेंट के महामंत्री प्रदीप गुप्ता, मोटर पार्टस डीलर एसोशिएशन अध्यक्ष चन्द्रशेखर जैन, ज्वैलर्स एसोशिएशन अध्यक्ष यशपाल पंवार, उपाध्यक्ष हितोन्द्र पंवार, बर्तन एसोशिएशन अध्यक्ष प्रवीन अग्रवाल, सरकारी सस्ता गल्ला एसोशिएशन से मदन मोहन शर्मा, होटल एसोशिएशन अध्यक्ष मदन नागपाल, महामंत्री अंशुल अरोड़ा, क्षेत्र रोड व्यापार एसोशिएशन अध्यक्ष राजेश भट्ट, ट्रैवेल्स एसोशिएशन व क्षेत्र रोड एसोशिएशन से पंकज शर्मा, प्रॉपर्टी एसोशिएशन अध्यक्ष अजय गर्ग, मोबाइल डिस्ट्रीब्यूटर व पानी टैंकर सप्लाई एसोशिएशन अध्यक्ष पंकज गुप्ता, बारबर एसोशिएशन से राजपाल ठाकुर, ठेकेदार एसोशिएशन अध्यक्ष ओमप्रकाश पंत, रेस्टोरेंट एसोसएिशन के अध्यक्ष विवेक तिवारी, मेन बाजार व्यापार संघ अध्यक्ष दीपक बंसल महामंत्री ललित सक्सेना, जितेंद्र पवार, लक्ष्मण सिंह चैहान, विनोद चैहान, विवेक वर्मा, संजय कुमार, बसंत राम वीके सीमेंट, लोकेश तायल, जितेंद्र वर्थवाल, मनोज कुमार साहल, अखिलेश मित्तल, पार्षद विजय बडोनी, पार्षद अजीत सिंह गोल्डी, शिवप्रसाद भट्ट, राजेश तायल, प्रमोद शर्मा, नागेंद्र सिंह, राही कपाड़िया, नारायण कक्कड़, दीपक जाटव, राजीव आनंद, कपिल आनंद आदि बड़ी संख्या में व्यापारी मौजूद रहे।

गंगा स्नान को प्रशासन ’ना’, गाइडलाइन का पालन करे

हरिद्वार में 30 नवंबर के कार्तिक पूर्णिमा (पूर्णमासी) के गंगा स्नान को प्रशासन ने कोरोना संक्रमण को देखते हुए रद कर दिया है। बाहरी राज्यों से आने वाले तीर्थ यात्रियों के लिए 29 और 30 नवंबर को हरिद्वार जिले की सीमाएं सील रहेंगी। हरकी पैड़ी पर स्नान पर पूरी तरह प्रतिबंध लगाया जाएगा। कार्तिक पूर्णिमा का गंगा स्नान रद्द होने के बाद हरकी पैड़ी पर कोई भी यात्री या फिर स्थानीय व्यक्ति स्नान को न पहुंच सके इसके लिए हरकी पैड़ी पर पुलिस का पहरा होगा। हरकी पैड़ी और आसपास के गंगा घाटों में पुलिसकर्मियों की ड्यूटी लगाई जाएगी। इसके लिए नगर कोतवाली पुलिस ने दो प्लाटून पीएसी के अलावा 20 दरोगा और 50 कांस्टबल की मांग की है।
हरिद्वार में 30 नंवबर को होने वाले कार्तिक पूणिमा के स्नान पर रद्द कर दिया गया है। साथ ही सीमाओं पर चैकसी बढ़ाने की तैयारी है। सीमाओं को सील किया जाएगा, ताकि कोई भी यात्री हरिद्वार में न आ सकें। स्थानीय लोगों के लिए भी हरकी पैड़ी पर प्रतिबंध किया गया है। उधर श्रीगंगा सभा और व्यापारी इसका विरोध कर चुके है। इनका कहना है कि हरकी पैड़ी को प्रतिबंध से मुक्त किया जाए। बीते बुधवार को प्रशासन के साथ हुई बैठक में व्यापारी और गंगा सभा के पदाधिकारियों ने अपनी नाराजगी जाहिर कर दी थी।
जिला प्रशासन के आदेशों के पालन के लिए पुलिस पूरी तरह तैयार हो गई है। हरकी पैड़ी पर स्नान के दिन पुलिस का पहरा रहेगा। हरकी पैड़ी, सीसीआर टॉवर समेत अन्य जगह बैरिकेडिंग भी की जाएगी। इसके लिए दो प्लाटून पीएसी के साथ ही 20 दरोगा और 50 पुलिसकर्मियों की मांग की है। यह पुलिसकर्मी स्नान के दिन ड्यूटी करेंगे। नगर कोतवाली प्रभारी अमरजीत सिंह ने बताया कि स्नान के रद्द होने के बाद पुलिसकर्मियों की अतिरिक्त ड्यूटी लगाई जाएगी। इसके लिए डिमांड भेज दी गई है।

अपने घरों में ही मां गंगा का स्मरण कर स्नान करें-अशोक कुमार
पुलिस महानिदेशक लाॅ एंड आर्डर उत्तराखंड अशोक कुमार ने कहा कोविड-19 के दृष्टिगत, 30 नवम्बर 2020 को कार्तिक पूर्णिमा के पावन पर्व पर सभी श्रद्धालुओं से विशेष अपील। उन्होंने कहा कृपया प्रशासन का सहयोग करें और कोरोना काल में अपने घरों में ही मां गंगा का स्मरण कर स्नान करें। आप सभी से अनुरोध है इस वर्ष 30 नवम्बर को कार्तिक पूर्णिमा पर्व पर स्नान करने हरिद्वार न आएं।