युवा सरकार के निर्णय से मिलने लगा रोजगार, बेराजगारी दर में दर्ज की गई गिरावट

उत्तराखंड में पिछले एक महीने में बेरोजगारी की दर में कमी आई है। सितंबर माह में राज्य की बेरोजगारी दर 4.1 प्रतिशत रही, जबकि पिछले साल इसी महीने बेरोजगारी दर 22.3 प्रतिशत थी। बेरोजगारी दर के मामले में उत्तराखंड देश में नौंवे स्थान पर है। सेंटर फॉर मॉनिटरिंग इंडियन इकोनॉमी प्रा लि (सीएमआईई) के सर्वे में यह खुलासा हुआ है।
सर्वे के ऑनलाइन आंकड़ों के मुताबिक, पड़ोसी राज्य उत्तर प्रदेश, हिमाचल, पंजाब, हरियाणा समेत 17 राज्यों में बेरोजगारी उत्तराखंड से अधिक है। उत्तराखंड में पिछले महीने की तुलना में सितंबर माह में बेरोजगारी दर में 2.1 प्रतिशत की गिरावट रही है। 

आर्थिक गतिविधियों में तेजी का असर
कोविड की दूसरी लहर के तकरीबन थम जाने के बाद आर्थिक गतिविधियों में आई तेजी बेरोजगारी दर में गिरावट की एक प्रमुख वजह मानी जा रही है। जानकारों के मुताबिक, पिछले दो महीनों के दौरान राज्य में पूरी तरह से अनलॉक हो गया है। बाहरी राज्यों के लोगों के राज्य में प्रवेश की बंदिश में ढील, अंतरराज्यीय परिवहन के संचालन और व्यावसायिक गतिविधियों को खोलने से आजीविका और रोजगार के अवसर खुले हैं।
 
सितंबर 2020 में थी 22 फीसदी से ज्यादा बेरोजगारी दर
कोरोनाकाल के दौरान सितंबर 2020 में उत्तराखंड की बेरोजगारी दर पिछले आठ महीनों में सबसे अधिक 22.3 फीसदी थी। जनवरी 2021 की तुलना में 2020 में बेरोजगारी दर केवल एक फीसदी कम थी। सितंबर 2020 में बेरोजगारी दर बढ़कर 22.3 फीसदी तक पहुंच गई।
 
कुछ प्रमुख राज्यों में बेरोजगारी दर 
प्रदेश-बेरोजगारी दर
उत्तरप्रदेश-5.0
हिमाचल-8.7
जम्मू कश्मीर-21.6
हरियाणा-20.3
गुजरात-1.3
दिल्ली-16.8
पंजाब-9.3
राजस्थान-17.9
असम-3.5
स्रोत-सेंटर फॉर मॉनिटरिंग इंडियन इकोनामी (सीएमआई) प्रा. लि.

पर्यटन को बढ़ावा दे रही सरकार, सीएम ने किया मिनी झील का शिलान्यास

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंगलवार को निरंजनपुर देहरादून में विश्व स्तरीय मिनी झील का शिलान्यास किया एवं झील के सौंदर्यीकरण एवं भव्य निर्माण हेतु सरकार द्वारा हर संभव मदद की घोषणा की।
सभा को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि आज सरकार ने कैबिनेट बैठक के दौरान लंबे समय से चली आ रही आशा कार्यकत्रियों की मांग को पूरा करते हुए उनके मानदेय के अन्तर्गत रूपये 1000 और प्रोत्साहन राशि के रूप में रूपये 500 बढ़ा दिए हैं। उन्होंने कहा कि सरकारी गल्ला विक्रेताओं का लंबित पड़ा भुगतान जल्द कर दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि उपनल से सम्बन्धित कार्मिकों के मानदेय में 10 वर्ष से कम के कार्मिकों को रूपये 2000 प्रतिमाह और 10 वर्ष से ऊपर कार्मिकों को रूपये 3000 प्रतिमाह मानदेय के रूप में वृद्धि की जायेगी। उन्होंने कहा मुख्य सेवक के रूप में 101 दिन में करीब 330 से ज्यादा फैसले ले लिए गए हैं। उन्होंने कहा कोरोना काल में पर्यटन से जुड़े होटल कारोबारियों, टैक्सी चालकों जैसे अनेक प्रभावित लोगों के लिए सरकार द्वारा 200 करोड़ का राहत पैकेज घोषित किया गया। उन्होंने कहा हमारी सरकार युवाओं को रोजगार देने पर कार्य कर रही है। उन्होंने कहा विभिन्न विभागों में रिक्त चल रहे 24000 पदों पर भर्ती एवं युवाओं को स्वरोजगार से जोड़ने के लिए प्रत्येक जिले में मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना के अंतर्गत ऋण वितरित किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा मलिन बस्तियों को आने वाले 3 साल में मालिकाना हक मिले इस पर सरकार कार्य कर रही है। उन्होंने कहा हमारी सरकार समाज के अंतिम छोर पर खड़े व्यक्ति तक मदद पहुंचाने का कार्य कर रही है। साथ ही जनता की सेवा में समर्पित है। उन्होंने कहा जनता की मांग को देखते हुए सरकार आगे भी कई फैसले लेगी।
उन्होंने कहा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश निरंतर आगे बढ़ रहा है। साथ ही विश्व में शक्तिशाली भारत, आत्मनिर्भर भारत के रूप में उभर रहा है। उन्होंने कहा हम आने वाले समय में उत्तराखंड को देश का नंबर वन राज्य बनाएंगे साथ ही उत्तराखंड को आध्यात्मिक और सांस्कृतिक राजधानी बनाने पर कार्य करेंगे। उन्होंने कहा उत्तराखंड का विकास हम सभी के सामूहिक विकास से संभव है।
इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री स्वामी यतीश्वरानंद, विधायक हरबंस कपूर, मेयर सुनील उनियाल गामा, एवं अन्य लोग मौजूद रहे।

सपा ने युवाओं को रोजगार देने की मांग की

समाजवादी पार्टी उत्तराखण्ड की ऋषिकेश इकाई द्वारा आज डॉ राममनोहर लोहिया की पुण्यतिथि पर राज्यपाल को एक ज्ञापन प्रेषित किया गया। ज्ञापन में राज्य में लगातार बढ़ रहे बेरोजगारों लेकर चिंता जताते हुए युवाओं को रोजगार देने की मांग की गयी। इसके साथ ही उत्तराखण्ड मे अन्य पिछड़ा वर्ग का 14 प्रतिशत आरक्षण को बढ़ाकर 27 प्रतिशत करने की भी मांग की गई। ज्ञापन देने वालों में प्रदेश सचिव व प्रदेश प्रवक्ता एडवोकेट अतुल यादव, प्रदेश सचिव राजपाल यादव, नगर अध्यक्ष अशोक ग्रोवर शामिल रहे।

सुबोध उनियाल की टो टूक, स्थानीय लोगों को भी दिया जाएं रोजगार का मौका

तहसील नरेंद्र नगर में रेलवे विकास निगम और ऋषिकेश कर्णप्रयाग रेल लाइन प्रोजेक्ट में कार्यरत कंपनियों के आला अधिकारियों के संग कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने बैठक की। इसमें उन्होंने राज्य के स्थानीय लोगों को नौकरी व व्यवसाय में वरीयता देने हेतु निर्देशित किया।
नरेंद्र नगर तहसील सभागार में आयोजित बैठक को संबोधित करते हुए कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने आरवीएनएल और ऋषिकेश कर्णप्रयाग रेल लाइन प्रोजेक्ट के आला अधिकारियों को भर्तियां डिस्प्ले करने के निर्देश दिए। कहा कि इस प्रोजेक्ट में राज्य सरकार के 70 प्रतिशत स्थानीय लोगों को रोजगार दिया जाना है, जिसका उन्होंने पालन करने के निर्देश दिए। कहा कि राष्ट्र हित के लिए इस प्रोजेक्ट को पूरा करना हम सभी का फर्ज है, इसके पूरा होने से स्थानीय लोगोें को रोजगार मिलेगा। इस दौरान उन्होंने इस प्रोजेक्ट की कार्यदायी कंपनियों को स्थानीय लोगों के संग मैत्रीपूर्ण व्यवहार करने के निर्देश दिए। इस दौरान उन्होंने आला अधिकारियों को रिक्त पदों की रिपोर्ट उप जिलाधिकारी को सौंपने के निर्देश भी दिए।
बैठक में ब्लॉक प्रमुख राजेंद्र भंडारी, ऋषिकेश मंडी समिति के अध्यक्ष विनोद कुकरेती, नगर पालिका मुनि के अध्यक्ष रोशन रतूड़ी, नरेन्द्र नगर मंडी समिति अध्यक्ष वीर सिंह रावत, उप जिलाधिकारी देवेंद्र नेगी, क्रेजी फेडरेशन अध्यक्ष मनीष डिमरी, सांसद प्रतिनिधि अर्जुन दवाण, विशाल सिंह राणा, गजेंद्र राणा, महेंद्र गुसाईं, हर्ष पाल कोहली आदि मौजूद थे।

फूलों से बनी कलाकृतियों की लोगों ने की सराहना

इंडियन प्रेस्सेड फ्लावर कम्पनी की डायरेक्टर सिमरन कोठारी ने आज देहरादून के होटल मधुबन में फूलो से बनी ट्रेय, कोस्टर, पनेडिल, कड़े और अन्य वस्तुओं की प्रदर्शनी लगाई। प्रदर्शनी में पहुंचे लोगों ने इन कलाकृतियों की सराहना की।
कपनी की डायरेक्टर सिमरन कोठारी ने बताया कि सभी कलाकृतियां हाथों से बनाई गई है। इनळें बनाने में फूलों का प्रयोग किया गया है। उन्होंने प्रदर्शनी के माध्यम से वह कलाकृतियों को लोगों को दिखाना चाहती है। जिससे कि लोगों को इनकी पंसद बनाया जाये। उन्होंने कहा कि आगे भी प्रदर्शनी के माध्यम से इनका प्रचार-प्रसार किया जायेगा।
सिमरन कोठारी ने बताया कि उनका उद्देश्य इन्हें रोजगारपरक बनाना है। जिससे घरेलू महिलाओं को स्वालंबी बनाया जाये और उनकी आर्थिकी स्थिति में सुधार आ सके। उन्होंने बताया कि यह कार्य घर बैठे आसानी से किया जा सकता है। इसकी प्रेरणा उन्हें कोरोना काल में मिली। जब उनका अधिकत्तर समय घर पर ही बीता।

धामी सरकार ने 6 माह के ब्याज प्रतिपूर्ति का शासनादेश जारी किया

मुख्यमंत्री सौर स्वरोजगार योजना के ऋण खाता धारकों को 6 माह हेतु ब्याज प्रतिपूर्ति सहायता उपलब्ध करायी जायेगी। इसका शासनादेश जारी कर दिया गया है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इसकी घोषणा की थी। यह ब्याज प्रतिपूर्ति सहायता, अधिसूचना निर्गत होने की तिथि से आगामी 6 माह की अवधि के लिये मुख्यमंत्री सौर स्वरोजगार योजना के अन्तर्गत वर्तमान ऋण प्राप्त खाताधारकों और इंगित अवधि में ऋण प्राप्त करने वाले खाताधारकों को अनुमन्य होगी।

विधानसभा सचिवालय के खाली पदों के लिए 30 तक करें आवेदन

उत्तराखंड विधानसभा सचिवालय में खाली पदों पर नियुक्तियों के लिए पहली बार सीधे दरवाजे से भर्ती की जाएगी। इसके लिए विधानसभा ने समूह क और ख श्रेणी के पदों के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया शुरू कर दी है। 30 अक्तूबर तक इन पदों के लिए ऑनलाइन आवेदन फार्म भर सकते हैं।

विधानसभा प्रभारी सचिव मुकेश सिंघल ने खाली पदों की भर्ती के लिए विज्ञप्ति जारी की। जिसमें प्रतिवेदक के तीन, अपर निजी सचिव के पांच, समीक्षा अधिकारी का एक पद, समीक्षा अधिकारी (लेखाकार) दो पद, सहायक समीक्षा अधिकारी एक पद, व्यवस्थापक के दो, लेखाकार के एक, सहायक लेखाकार के एक, सहायक फोरमैन के दो, सूचीकार के एक, कंप्यूटर ऑपरेटर के एक, कंप्यूटर सहायक के चार, वाहन चालक के एक, रक्षक पुरुष व महिला के सात पदों के लिए आवेदन मांगे गए हैं।

शुक्रवार से इन पदों की ऑनलाइन आवेदन फॉर्म भरने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। 18 से 42 आयु के युवा इन पदों के लिए आवेदन कर सकते हैं। आवेदन के बाद लिखित परीक्षा आयोजित की जाएगी। जिसमें 100 अंकों का प्रश्न पत्र होगा। अभी तक विधानसभा में भर्ती प्रक्रिया के लिए ऑनलाइन आवेदन और लिखित परीक्षा की व्यवस्था नहीं थी।
ऐसे करें आवेदन
विधानसभा सचिवालय में खाली पदों के लिए www.ukvidhansabha.uk.gov.in वेबसाइट पर ऑनलाइन आवेदन फार्म भरना होगा। एक अक्तूबर से आवेदन भरने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। 30 अक्तूबर तक उम्मीदवार आवेदन कर सकते हैं। 

उम्मीदवारों से इतना लिया जाएगा आवेदन शुल्क
प्रदेश सरकार ने कोविड महामारी के कारण अधीनस्थ सेवा चयन आयोग, लोक सेवा आयोग व अन्य संस्थाओं के माध्यम से होने वाली भर्ती प्रक्रिया में आवेदन शुल्क में छूट दी है। लेकिन विधानसभा सचिवालय के माध्यम से कराई जा रहीं भर्ती में उम्मीदवारों से आवेदन शुल्क लिया जाएगा। सामान्य, ओबीसी श्रेणी के उम्मीदवारों से 975 रुपये और एससी व एसटी श्रेणी के लिए 875 रुपये आवेदन शुल्क देना होगा।

उद्योगों को बढ़ावा देना रोजगार का सृजन करना है-धामी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को मुख्यमंत्री आवास से पीएचडी चैम्बर ऑफ कॉमर्स द्वारा आयोजित कार्यक्रम में वर्चुअल प्रतिभाग किया। मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि किसी समाज एवं राष्ट्र की उन्नति में उद्योगों की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड में उद्योगों से जुड़े लोगों की समस्याओं का सरलीकरण कर समाधान किया जा रहा है। उत्तराखंड में जितने भी उद्योग स्थापित हुए हैं, उनकी समस्याओं को दूर कर उनके विकास के लिए हर संभव प्रयास किये जायेंगे।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेयी द्वारा राज्य को दिये गये औद्योगिक पैकेज से प्रदेश में बड़ी संख्या में उद्योगों की स्थापना हुई है। भविष्य में राज्य में और अधिक उद्योग स्थापित हों इसके लिये हमारे उद्यमी ही हमारे ब्राण्ड एम्बेसडर हैं। राज्य में इन्वेस्टर समिट के आयोजन के बाद उद्योगपतियों का रूझान उत्तराखण्ड के प्रति तेजी से बढ़ा है। राज्य का वातावरण पूर्णतः उद्योगों के अनुकूल है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सम्पूर्ण देश में भी यह संदेश जाना चाहिए कि उत्तराखंड उद्योगों के लिए एक श्रेष्ठ डेस्टिनेशन है। उन्होंने कहा कि सरकार और उद्योगपतियों के बीच लगातार संवाद किये जा रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री का उत्तराखण्ड से विशेष लगाव है। राज्य में कनेक्टिविटी बढ़ाने के लिए केन्द्र सरकार से राज्य को पूरा सहयोग मिल रहा है। सड़क, रेल एवं हवाई कनेक्टिविटी राज्य में तेजी से बढ़ रही है। आने वाला समय उत्तराखण्ड में उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए बहुत अच्छा होगा।
इस अवसर पर वर्चुअल माध्यम से पीएचडी चैम्बर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष संजय अग्रवाल, सीएमडी आईटीसी लि. संजीव पुरी, उद्योग जगत से जुड़े आलोक किलोस्कर, मनीष भटनागर, प्रदीप मुल्तानी मौजूद थे।

जल पुलिस ने रेस्क्यू कर युवक को दिया जीवनदान

ऋषिकेश में जल पुलिस ने त्रिवेणीघाट में डूब रहे युवक को बचाया। युवक गृह क्लेश के चलते परेशान बताया जा रहा है।
त्रिवेणीघाटी चौकी प्रभारी उत्तम रमोला ने बताया कि गुरूवार शाम अमित ग्राम दुधुपानी निवासी अनिल दत्त 25 पुत्र यशपाल दत्त त्रिवेणीघाट पर पहुंचा। यहां पर अचानक वह गंगा के तेज बहाव में डूबने लगा। युवक की चीख पुकार सुन जल पुलिस की टीम ने तत्काल रेक्स्यू अभियान शुरू कर दिया। कुछ दूरी पर गंगा के तेज लहरों में बह रहे युवक को सकुशल बचा लिया।
चौकी प्रभारी ने बताया की युवक के परिजनों को सूचित कर चौकी बुलाया गया। जहां पर से परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया। बताया कि युवक गृह क्लेश से परेशान चल रहा है, फिलहाल बेरोजगार भी है। जल पुलिस में कॉन्स्टेबल बलबीर सिंह, संतराम सिंह, हरीश गुसाई, गोताखोर विनोद सेमवाल मौजूद रहे।

उद्यमियों की सहायता के लिए सिंगल विंडो सिस्टम का सरलीकरण-सीएम

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंगलवार को सचिवालय में उद्योग विभाग की समीक्षा की। उन्होंने प्रदेश में उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए व्यापक प्रयासों की जरूरत बताते हुए बड़े उद्योगपतियों से संवाद कर प्रदेश में उद्योग लगाने हेतु आकर्षित करने, उद्योगों में स्थानीय लोगों को अधिक से अधिक रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने, उद्यमियों की सहायता के लिए सिंगल विंडो सिस्टम का सरलीकरण और अधिक प्रभावी बनाए जाने के साथ ही उद्योगों की स्थिति एवं समस्याओं आदि की जानकारी के लिए कांक्रीट ऑडिट की व्यवस्था पर ध्यान देने को कहा है।
मुख्यमंत्री ने प्रदेश के पर्वतीय क्षेत्रों में औद्योगीकरण को बढ़ावा देने के साथ ही औद्योगिक क्षेत्रों में अवस्थापना सुविधाओं के विकास पर ध्यान देने के भी निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि उद्योगों से संबंधित लंबित प्रकरणों का त्वरित निस्तारण तत्परता एवं समयबद्धता के साथ किया जाए। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा उद्योगों के हित में लिए गए निर्णयों की भी जानकारी उद्यमियों को होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि राज्य में औद्योगिक अवस्थापना सुविधाओं के विकास एवं निवेशकों से संवाद से निवेश संवर्धन एवं आर्थिक विकास में मदद मिलेगी। उन्होंने युवाओं में उद्यमिता एवं स्वरोजगार के प्रति अभिरुचि पैदा करने की भी जरूरत बताई। उन्होंने मेगा इंडस्ट्रियल पॉलिसी, मेगा टेक्सटाइल पॉलिसी, क्रय वरीयता नीति, एम.एस.एम.ई. इकाइयों को दी जाने वाली सहूलियतों से संबंधित नियमों में किए जाने वाले आवश्यक संशोधनों पर त्वरित कार्यवाही किए जाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने इन विषयों पर त्वरित निर्णय हेतु मुख्य सचिव के स्तर पर सभी सम्बन्धित विभागों की बैठक आयोजित किये जाने के भी निर्देश दिये हैं।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने औद्योगिक विकास योजना को विस्तारित किये जाने, जनपद हरिद्वार मे इन लेण्ड कन्टेनर डिपो की स्थापना, सूक्ष्म लघु एवं मध्यम उद्यम के अन्तर्गत कल्स्टर विकास योजनाओं, अमृतसर-कोलकता इंडस्ट्रियल कोरिडोर, खटीमा एवं टनकपुर में सिड़कुल की स्थापना से सम्बन्धित प्रस्तावों के क्रियान्वयन मे भी तेजी लाये जाने को कहा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारा उद्देश्य प्रदेश में औद्योगिकरण को बढ़ावा देना है। राज्य में उद्योगों के अनुकूल माहौल है। कानून व्यवस्था की भी कोई समस्या नहीं है। बिजली की उपलब्धता है, इनके साथ ही राज्य का शान्त एवं स्वच्छ वातावरण उद्यमियों के अनुकूल है। इसके लिये सभी विभागों को समेकित प्रयासों पर ध्यान देना होगा। राज्य का औद्योगिक वातावरण प्रदेश की आर्थिकी एवं रोजगार सृजन में भी मददगार है।
बैठक में सचिव उद्योग राधिका झा ने व्यापक प्रस्तुतीकरण के माध्यम से प्रदेश में उद्योगों की स्थिति विभागीय कार्यों एवं प्रदेश में व्यापक औद्योगीकरण के लिये किये जा रहे प्रयासों, नीतियों कार्यक्रमों के साथ ही सिडकुल औद्योगिक क्षेत्र हरिद्वार पंतनगर, सेलाकुई, कोटद्वार,आईटी पार्क देहरादून, सितारगंज एस्कॉर्ट फार्म में उपलब्ध एवं आवंटित भूमि आदि की भी जानकारी दी।
बैठक में कैबिनेट मंत्री श्री गणेश जोशी, मुख्य सचिव डॉ. एस.एस.सन्धू, अपर मुख्य सचिव आनन्द वर्धन, प्रबन्ध निदेशक सिड़कुल रोहित मीणा, निदेशक उद्योग सुधीर नौटियाल, उप निदेशक अनुपम द्विवेदी एवं अन्य अधिकारियों के साथ वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से सभी जनपदों के महाप्रबन्धक उद्योग उपस्थित थे।