आईपीएस के अच्छे प्रदर्शन न होने से पद से हटाया

मिजोरम में तैनात आईपीएस ऑफिसर लिंगला विजय प्रसाद को केंद्र सरकार ने सेवा से हटा दिया है। गृह मंत्रालय ने एक अधिकारी ने कहा कि सरकार ने उनकी सेवाओं को असन्तोषजनक पाया था। अधिकारी ने कहा, 1997 बैच के पुलिस ऑफिसर और अरुणाचल प्रदेश-गोवा-मिजोरम और केंद्र शासित प्रदेश काडर के ऑफिसर की सेवाओं को असंतोषजनक पाए जाने के बाद सेवा से हटा दिया गया है। डीआईजी रैंक के इस ऑफिसर की सेवाओं के 15 साल पूरे होने के बाद परफॉरमेंस की समीक्षा हुई, जिसमें उन्हें अनफिट पाया गया। नियमों के मुताबिक ऑल इंडिया सर्विस ऑफिसर के प्रदर्शन की समीक्षा दो बार होती है। पहला उनकी सेवा के 15 साल पूरे होने पर और दूसरा 25 साल पूरा होने पर। विजय लिंगला प्रसाद को हटाने का आदेश बुधवार को गृहमंत्रालय की ओर से जारी किया गया। इसे कैबिनेट की नियुक्ति कमिटी ने भी मंजूरी दी है। इस कमिटी की अगुवाई प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी करते हैं।
सर्विल रुल्स के मुताबिक केंद्र सरकार इस तरह के मामलों में एक अधिकारी को सार्वजनिक हित में रिटायर करने को लेकर राज्य सरकार से सलाह मशविरा कर सकती है। हालांकि इसके लिए लिखित में तीन महीने पहले नोटिस दिया जाता है या कई महीनों की सैलरी और भत्ते भी दिए जाते हैं।

2 अक्टुबर स्वच्छ भारत दिवस के रूप में मनेगा: रावत

उत्तराखंड की त्रिवेंद्र सरकार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन पर 17 सितंबर को सेवा दिवस के रूप में मनाएगी। इस दिन पूरे प्रदेश में सभी वर्गों और समुदाय के लोगों को शामिल करते हुए स्वच्छता के साथ ही श्रमदान किया जाएगा। साथ ही इसी दिन शहरी स्थानीय निकायों में शहरी विकास विभाग द्वारा तथा ग्रामीण क्षेत्रों में स्वजल परियोजना की जनपदीय इकाईयों के माध्यम से स्वच्छता अभियान चलाया जाएगा। इस संबंध में मुख्य सचिव एस.रामास्वामी ने सभी जिलाधिकारियों को निर्देश जारी कर पूरे प्रदेश में स्वच्छता कार्यक्रम को वृहद स्तर पर आयोजित करने की सफल बनाने अपेक्षा की गई है। स्वच्छता ही सेवा कार्यक्रम के तहत प्रदेश भर में 15 सितंबर से गांधी जयंती 2 अक्टूबर तक विशिष्ट दिवस घोषित किए गए हैं। इसके तहत ही 17 सितंबर को प्रधानमंत्री के जन्म दिवस के मौके पर प्रदेश के सभी विद्यालयों, कालेजों व विश्वविद्यालयों में राष्ट्रीय सेवा योजन, एनसीसी तथा नेहरू युवा केंद्र द्वारा स्वच्छता अभियान का संचालन किया जाएगा। इसी दिन ऋषिकेश में गंगा आर्ट मैराथन का आयोजन होगा। इसमें चित्रकला व आर्ट प्रतियोगिता आयोजित की जाएगी। इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत भी प्रतिभाग करेंगे। हरिद्वार और ऋषिकेश में गंगा नदी के किनारे पर बने घाटों में सफाई अभियान चलाया जाएगा। इस अभियान के तहत पंडित दीन दयाल उपाध्याय के जन्म दिवस 25 सितंबर को सर्वत्र स्वच्छता दिवस के रूप में मनाने का निर्णय लिया गया है। इस दिन अस्पताल, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन, तालाबजल स्रोतों व शौचालयों आदि की सफाई के लिए वृहद स्तर पर स्वच्छता अभियान चलाया जाएगा। 24 सितंबर को समग्र स्वच्छता दिवस के तहत प्रदेश के नागरिकों, युवा, सुरक्षा कार्मिकों, महिला व बच्चों, खिलाड़ियों, स्वच्छ भारत मिशन के एम्बेसेडर, कारपोरेट तथा धार्मिक संस्थाओं द्वारा पंचायत व नगर निकायों में शौचालय निर्माण व श्रमदान किया जाएगा। गांधी जयंती के अवसर पर 2 अक्टूबर को स्वच्छ भारत दिवस का आयोजन किया जाएगा। इसमें जनपद और राज्य स्तर पर स्वच्छ शहरों और ग्रामीण इलाकों का चयन कर उन्हें प्रोत्साहन के लिए पुरस्कार दिया जाएगा। इससे पहले 1 अक्टूबर को कुछ विशिष्ट स्थानों का चयन कर वहां वृहद स्तर पर स्वच्छता अभियान चलाया जाए। इसके अलावा स्वच्छता ही सेवा कार्यक्रम के तहत राज्य के सभी स्कूलों व मदरसों के बच्चों में स्वच्छता के प्रति जागरूकता के लिए प्रतिस्पर्धा के उद्देश्य से मॉडल मेकिंग प्रतियोगिता, पेंटिंग, निबंध लेखन, वाद विवाद प्रतियोगिता कराई जाएगी। स्कूलों में प्रार्थना सभा के समय स्वच्छता की शपथ के साथ ही स्वास्थ्य व स्वच्छता विषय पर दैनिक चर्चा कराई जाएगी। स्कूलों व मदरसों के बच्चों द्वारा स्वच्छता संबंधी संदेशों के बैनर, नारे आदि के माध्यम से ग्राम पंचायत स्तर पर जागरूकता रैलियों का आयोजन करने के निर्देश जारी किए गए हैं। राज्य के रेलवे स्टेशनों, बस स्टेशनों, सार्वजनिक स्थानों पर भी स्वच्छता अभियान चलाया जाएगा। प्रत्येक जिले और विकासखंड स्तर पर स्वच्छता टास्क फोर्स का गठन किया जाएगा। नदी नालों, गदेरे व पेयजल स्रोतों की सफाई के लिए अभियान चलाया जाएगा।

अब पिरूल के जंगल नहीं जलेंगे: सीएम

मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत की उपस्थिति में उत्तराखण्ड सरकार एवं इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ पेट्रोलियम (आईआईपी) के मध्य पिरूल से तारपिन ऑयल और उसके कचरे से बॉयोफ्यूल तैयार करने के लिए सैद्धांतिक सहमति बनी। इसके लिए शीघ्र ही एमओयू किया जायेगा। एमओयू में मुख्य सचिव एस.रामास्वामी एवं निदेशक आईआईपी डॉ.अंजन रे हस्ताक्षर करेंगे। राज्य के आठ पहाड़ी जिलों अल्मोड़ा, चमोली, नैनीताल, पौड़ी, रूद्रप्रयाग, पिथौरागढ़, टिहरी एवं उत्तरकाशी में पिरूल के कलेक्शन सेंटर स्थापित किये जायेंगे। पिरूल एकत्रित करने वालों को इंसेटिव भी दिया जायेगा। इसके लिए आधुनिक तकनीकि का इस्तेमाल किया जायेगा। तारपिन ऑयल एवं बॉयोफ्यूल का औद्योगिक क्षेत्र में भी प्रयोग किया जा सकेगा। मुख्यमंत्री रावत ने कहा कि यह वेस्ट को बेस्ट में परिवर्तित करने का एक प्रयास है। इससे गर्मियों में पिरूल के जंगलों में वनाग्नि से बचाव होगा। जंगल एवं जीव जन्तुओं का भी संरक्षण होगा। उन्होंने कहा कि प्रारम्भिक चरण में प्रतिदिन 40 टन पाइन निडिल की आवश्यकता पड़ेगी। जिसे पंचायतों एवं गांवों से खरीदा जायेगा। इससे जहां सरकार को राजस्व प्राप्त होगा, वहीं स्थानीय लोगों को बेहतर रोजगार भी मिलेगा। उद्योगपति महेश मर्चेन्ट ने बताया कि इसके लिये शीशमबाड़ा में प्लान्ट बनाना प्रस्तावित है।

बुलेट ट्रेन से भारत में नए अध्याय की शुरूआत: आबे

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और जापान के पीएम शिंजो आबे ने अहमदाबाद में देश के पहली बुलेट ट्रेन प्रोजेक्ट का शिलान्यास कर दिया है। यह प्रोजेक्ट करीब 1 लाख करोड़ रुपए का है। बुलेट ट्रेन का यह प्रोजेक्ट अहमदाबाद से मुंबई तक का है। सरकार की ओर से कहा गया है कि इस प्रोजेक्ट को निर्धारित समय से एक साल पहले यानी 2022 में पूरा करे जाने की बात की है।
पीएम मोदी ने कहा कि आजादी के 70 साल बाद इस प्रोजेक्ट का भूमि पूजन हुआ है। जब 2022 में आजादी के 75 साल पूरे होंगे तब मैं और शिंजो आबे बुलेट ट्रेन में एक साथ बैठेंग।
पीएम मोदी बोले कि भले ही टेक्नोलॉजी जापान से मिल रही है, लेकिन बुलेट ट्रेन के संसाधन भारत में ही बनेंगे। देश की कंपनियों को नया रोजगार मिलेगा और मेक इन इंडिया को बल मिलेगा। 70 से अधिक छोटे शहरों को हवाई यात्रा शुरू की है। मोदी ने कहा कि जब मैं गुजरात का सीएम था तो लोग कहते थे कि मोदी बुलेट ट्रेन कब लाएंगे, अब बुलेट ट्रेन आ गई है तो लोग कह रहे हैं कि बुलेट ट्रेन क्यों ला रहे हो। जापान ने भारत को नई सौगात दी है। इस हाई स्पीड रेलवे सिस्टम से ना सिर्फ दो जगहों के बीच दूरी कम होगी बल्कि 500 किलोमीटर दूर बसे दो शहरों के लोग भी और पास आएंगे।
पीएम बोले कि बंधे हुए सपनों के साथ आगे बढ़ना मुश्किल है, रेलवे के बाद ही अमेरिका का भी विस्तार हुआ है। बुलेट ट्रेन ने ही जापान को बदला है। प्रयास के तरीकों में बदलाव जरुरी है। वक्त धीरे-धीरे बढ़ने का नहीं है। जापान ने बुलेट ट्रेने के लिए 88 हजार करोड़ रुपए का लोन दिया, जिस पर 0.1 प्रतिशत ब्याज लिया जा रहा है।
पीएम मोदी ने कहा कि बुलेट ट्रेन से रफ्तार और रोजगार दोनों आएगा, भारत-जापान की दोस्ती सीमाओं से परे है। तेज गति और प्रगति से तेज परिणाम आएगा। उन्होंने कहा कि इस प्रोजेक्ट के लिए शिंजो आबे ने निजी रूप से रुचि दिखाई, इसलिए तेजी से काम हो रहा है। जापान ने दिखा दिया है कि वो भारत का सबसे मजबूत दोस्त है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजराती भाषा में अपने भाषण की शुरुआत की। मोदी ने कहा कि मेरे करीबी मित्र शिंजो आबे का काफी बहुत धन्यवाद। मोदी ने कहा कि सपनों का विस्तार ही किसी भी देश को आगे बढ़ाता है, ये न्यू इंडिया है। शिंजो आबे बोले कि भारत और जापान की दोस्ती सिर्फ द्विपक्षीय नहीं है, यह विश्व व्यवस्था की है। जापान पूरी तरह से मेक इन इंडिया का समर्थन करता है. आबे ने कहा कि मैं और पीएम मोदी जय इंडिया, जय जापान का सपना साकार करेंगे। उन्होंने कहा कि अगली बार जब भारत आऊंगा तो बुलेट ट्रेन में बैठूंगा।
जापानी पीएम बोले कि जापान में बुलेट ट्रेन से कोई हादसा नहीं होता है, एक दिन पूरे भारत में बुलेट ट्रेन दौड़ेगी। जापान की बुलेट ट्रेन पूरी दुनिया में सबसे सुरक्षित बुलेट ट्रेन सेवा है।
शिंजो आबे ने कहा कि पीएम मोदी एक दूरदर्शी नेता हैं, मैंने खुद इस प्रोजेक्ट में रुचि ली है। जापान से 100 से अधिक इंजीनियर भारत में आए हुए हैं, मोदी की नीतियों का पूरा समर्थन करता हूं। जापानी पीएम शिंजो आबे ने नमस्कार से अपने भाषण की शुरुआत की। उन्होंने कहा कि भारत का ताकतवर होना जापान के हित में है। भारत में नए अध्याय की शुरुआत हुई है। मंच पर बुलेट ट्रेन प्रोजेक्ट की डेमो फिल्म दिखाई गई।

फोटो खींच व्हाट्सएप पर भेंजे, मिलेगा इनाम

सावधान, अब अगर नदी में कूड़ा डाला तो खैर नहीं और साथ ही जो व्यक्ति नदी में कूड़ा डालने वालों पर नजर रखेगा व उसकी फोटो खींचकर देगा। उसे पुरूस्कृत भी किया जायेगा। जी हां रुद्रप्रयाग प्रशासन ने नदी में कूड़ा डालने से रोकने के लिए अब नया फार्मूला निकाला है। कूड़ा डालने वाले व्यक्ति की फोटो लाने वाले व्यक्ति को प्रशासन इनाम भी देगा। ताकि लोगों की जागरुकता से नदियो को निर्मल बनाया जा सके।
कलक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी मंगेश घिल्डियाल की अध्यक्षता में नमामि गंगे समिति के सदस्यों की बैठक आयोजित की गई। इसमें नदी को निर्मल एवं अविरल बनाए रखने के लिए व्यापक स्तर पर जागरुकता अभियान चलाने का निर्णय लिया। साथ ही कहा कि जो लोग नदी नालों में गंदगी डालेंगे उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।
बैठक में जिलाधिकारी मंगेश घिल्डियाल ने कहा कि नमामि गंगे के अंतर्गत नदी एवं नालों तथा सामाजिक प्रतिष्ठानों पर कूड़ा फेंकने वालों पर मुकदमा दर्ज कर उन्हें जेल भेजा जाए। साथ ही नदी, नालों और सामाजिक प्रतिष्ठानों पर कूड़ा फेंकने वालों की फोटो खींचकर उनके मोबाइल पर व्हाट्सएप पर भेजने वाले को 500 रुपये का नगद पुरस्कार दिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि कूड़ा फेकने वाले की फोटो साफ होनी चाहिए, जिससे कूड़ा फेंकने वाले का पता चल सके। जिलाधिकारी ने कहा कि फोटो भेजने वाले का नाम, पता व स्थान का नाम भी उल्लेख करना होगा। कहा कि सामाजिक प्रतिष्ठानों (घाट) में दीवार लेखन, वाल पेटिंग के माध्यम से जन जागरुकता लाई जाएगी। नमामि गंगे कार्यक्रम के अंतर्गत अगस्त्यमुनि में कार्यशाला आयोजित की जाएगी।

राहत: योगी सरकार ने बिल्डरों को कब्जा दिलवाने के दिए निर्देश

उत्तर प्रदेश सरकार ने नोएडा और ग्रेटर नोएडा में निवेशकों को राहत देते हुए निर्माणकर्ताओं को तीन महीने के अंदर 50 हजार मकानों पर कब्जा दिलवाने का निर्देश दिया हैै। ऐसा ना करने पर बिल्डरों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
नगर विकास मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने संबंधित बिल्डरों को निर्देश दिये हैं कि वे नोएडा तथा ग्रेटर नोएडा में अगले तीन महीने के अंदर मकान अथवा फ्लैट निर्माण का कार्य पूरा करके कब्जा दिलवाएं। बिल्डरों ने भी इस पर सहमति दी है। उन्होंने कहा अगर बिल्डर इसमें सहयोग नहीं करेंगे तो हमारे सारे विकल्प खुले हैं, हम उनके खिलाफ आर्थिक कार्रवाई के साथ आपराधिक कार्रवाई भी करेंगे।
आपको बता दें कि मुख्यमंत्री का यह आदेश बिल्डरों तथा नोएडा एवं ग्रेटर नोएडा प्राधिकरणों के शीर्ष अधिकारियों और मंत्रियों के बीच हुई बैठक के बाद आया है। यह बैठक उच्चतम न्यायालय द्वारा रियल एस्टेट कम्पनी जेपी इंफ्राटेक की दिवालिया होने सम्बन्धी अर्जी पर सुनवाई के दौरान कम्पनी को खरीदारों के हितों की रक्षा के लिये दो हजार करोड़ रुपये जमा करने के आदेश के बाद बुलायी गयी थी।
उच्चतम न्यायालय ने जेपी इंफ्राटेक से कहा था कि वह निवेशकों के हितों की रक्षा के लिये दो हजार करोड़ रुपये जमा कराए। कम्पनी ने अपने द्वारा लिये गये कर्ज की अदायगी नहीं कर पाने के मद्देनजर दीवालिया होने की अर्जी दी है। अनेक निवेशक इस कम्पनी की एक परियोजना में मकान के लिये धन अदा करने के बावजूद कब्जे के लिये परेशान हैं।

क्या है? हनीप्रीत का मोबाइल नंबर, पढ़े

बलात्कारी बाबा राम रहीम की मुंहबोली बेटी हनीप्रीति के खिलाफ हरियाणा पुलिस ने लुकआउट नोटिस जारी किया हुआ है। उसके फोन नंबर के आधार पर लोकेशन को ट्रैक किया जा रहा है, लेकिन इसी बीच हनीप्रीत इंसां का मोबाइल नंबर वॉट्सएप पर वायरल हो रहा है। जिस डाकुमेंट में उसका मोबाइल नंबर लिखा है उसमें उसकी एजुकेशन के बारे में लिखा है। आपको जानकर हैरानी होगी कि हनीप्रीत सिर्फ 12वीं तक पढ़ी हैं। इस फॉर्म में पिता के नाम के सामने लिखा है संत डॉ गुरमीत राम रहीम सिंह जी इंसां है।
फिलहाल हनीप्रीत का यह नंबर या तो स्विच ऑफ है या तो नेटवर्क से बाहर है। खबरों की मानें तो हनीप्रीत इसी नंबर से डेरा के बाकी लोगों से बात किया करती थी। हनीप्रीत का ट्विटर भी 24 अगस्त के बाद एक्टिव नहीं दिखा। यहां भी आखिरी ट्वीट 24 अगस्त को ही किया गया है। ऐसी खबर है कि इस नंबर की वॉट्सएप डीपी में राम रहीम दिख रहे हैं जो उनकी फिल्म एमएसजी का एक दृश्य है। वहीं हनीप्रीत का वॉट्सएप स्टैटस में ऐट स्कूल दिख रहा है। इसके अलावा टॅª कॉलर में इसकी लोकेशन अभी भी हरियाणा शो हो रही है।

खुलासाः डेंटल कॉलेज के अंदर किडनी का अवैध कारोबार

उत्तरांचल डेन्टल कॉलेज लालतप्पड डोईवाला के अन्दर स्थित गंगोत्री चौरिटेबल हॉस्पिटल में किडनी निकालने का अवैध करोबार किया जा रहा हैं। इस सूचना पर विश्वास कर जानकारी ली गई तो पता चला की 4 व्यक्ति किडनी निकलवाकर हरिद्वार के रास्ते दिल्ली जा रहे है। सूचना पर देहरादून पुलिस व हरिद्वार पुलिस की संयुक्त टीम द्वारा गाडी न0 यू0ए0 08 टीए 5119 इनोवा को सप्तऋषि चौकी के पास रोक दिया गया। जिसमें दो महिला व दो पुरूष मौजूद मिले और एक अन्य वाहन चालक था। मौजूदा व्यक्ति ने अपना नाम भाव जी भाई पुत्र श्री टापू भाई ठाकुर निवासी प्रजापति कलामू ग्राम सिन्धाली, थाना मोहोदा, जिला खेडा गुजरात, उम्र 48 वर्ष, शेखताज अली पुत्र शेख मुशरफ अली निवासी 62 वासुदेव पुर, कन्चा रोड 128 बेहाजा दक्षिण परगना वैस्ट बंगाल, उम्र 28 वर्ष, सुसामा बेनर्जी पत्नी दिपुल बैनर्जी निवासी हल्दर औबजान पारा शहजादा पुर जोय नगर दक्षिण 24 परगना, उम्र 42 वर्ष , कृष्णा दास पत्नी विश्वजीत दास निवासी पौजावड पोस्ट राम सुन्दरपुर जिला प्रमूव मेहन्दीपुर, प0 बंगाल, उम्र 32 वर्ष व चालक ने अपना नाम दीपक कुमार पुत्र बीरबल सिंह निवासी इब्राहिमपूर, थाना पथरी जिला हरिद्वार, बताया। उक्त लोगो से पूछताछ करने पर भाव जी भाई के द्वारा बताया की एक व्यक्ति जावेद खान पुत्र सरवर खान निवासी ए 2 रूम नव 603 ग्रीन पार्क सोसाइटी, एस0जी0 स्कूल एस0बी0 रोड, सन्ताकुज मुम्बई हमको गंगोत्री चेरिटेबल हस्पिटल लालतप्पड लेकर आया था और हमको एक किडनी के बदले 3 लाख रु0 देने का वादा किया था। पहले हस्पिटल में कृष्णा दास व शेखताज अली की किडनी निकाली गयी। फिर मेरा व सुसामा का नंबर था लेकिन जब जावेद खान के द्वारा पैसे नहीं दिये गये तो मैंने और सुसामा ने किडनी देने से मना कर दिया और हल्ला मचाना शुरू कर दिया। इस पर अस्पताल वालो ने हम चारों को जावेद खान के साथ दिल्ली रवाना कर दिया। रास्ते में पुलिस द्वारा हमे पकड लिया लेकिन आप लोगों के देखते ही जावेद गाडी से उतर कर भाग गया। फरार अभियुक्त जावेद खान को पुलिरा द्वारा पकड लिया गया है। सम्बन्धित घटनाक्रम में प्रकाश में आये डॉ0 अमित रावत फरार है, जिसकी तलाश हेतु पुलिस द्वारा संभावित स्थानों पर दबिश दी जा रही है। घटना स्थल से ओमान के टिकट मिले है, जिससे प्रतीत होता है कि सम्भवत किडनी की खरीद फरोख्त अन्तराष्ट्रीय स्तर पर भी की जा रही है। पुलिस द्वारा घटना स्थल पर स्वास्थ्य विभाग व एफ0एस0एल0 की टीमों के साथ मिलकर जांच की जा रही है तथा अस्पताल व अन्य स्टाफ की प्रकरण में संलिप्तता की जांच भी की जा रही है।

दावाः रामरहीम सेक्स के लिये विदेशों से मंगाता था शक्तिवर्धक पेय

रेप केस में 20 साल की जेल की सजा काट रहे राम रहीम के बारे में डॉक्टरों ने सनसनीखेज खुलासा किया है। रोहतक जेल में राम रहीम की जांच करने आए डॉक्टरों की टीम का कहना है कि वह सेक्स एडिक्ट है। इसी वजह से जेल में उसकी स्थिति खराब हो रही है। वह लगातार बेचौन रहता है और उसकी नींद नहीं आती है। उसे इलाज की जरूरत है।
राम रहीम की जांच करने वाले एक डॉक्टर का कहना है, बाबा राम रहीम सेक्स का आदी है। डेरा आश्रम से जेल आने के बाद उसे शारीरिक सुख नहीं मिला है। इसी वजह से वह बेचौन रहता है। उसकी समस्या लगातार बढ़ती जा रही है। यदि उसके इलाज में देर किया गया, तो उसकी समस्या बड़ी हो सकती है। उसे तुंरत इलाज की सख्त जरूरत है।
डेरा के एक पूर्व सेवादार ने दावा किया था कि राम रहीम सेक्स टॉनिक लेता था। उसके लिए ऑस्ट्रेलिया और कई दूसरे देशों से शक्तिवर्धक पेय मंगाया जाता था। इतना ही नहीं कुछ लोगों ने तो यहां तक दावा किया है कि वह ड्रग्स का सेवन भी करता था। साल 1988 तक उसे शराब का सेवन करते देखा गया है। इसकी एक तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हुई थी।
बताते चलें कि राम रहीम और उसकी करीबी हनीप्रीत के बीच अवैध संबंध की बात कही जाती रही है। राम रहीम हमेशा हनीप्रीत को अपने साथ रखता था। यहां तक की जेल जाने के बाद भी उसने जेल प्रशासन से मांग की थी कि उसके साथ हनीप्रीत को रखा जाए, लेकिन मना कर दिया गया। इसके बाद उसने हनीप्रीत को जेल में मिलने के लिए फोन कराया था। फिलहाल हनीप्रीत की खोज पुलिस कर रही है।

जानिए, क्यों? आर्मी के 100 अफसर सुप्रीम कोर्ट पहुंचे

नवनियुक्त रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण के सामने नई चुनौती आ गयी है। अधिकारियों के प्रमोशन में कथित ‘भेदभाव व अन्याय’ की शिकायत के साथ आर्मी के 100 से भी ज्यादा लेफ्टिनेंट कर्नल और मेजर सुप्रीम कोर्ट पहुंचे।
भेदभाव व नाइंसाफी
आर्मी के अफसरों द्वारा दायर की गयी याचिका में कहा गया है, सेना और केंद्र सरकार के इस कृत्य (प्रमोशन में भेदभाव) से याचिकाकर्ताओं के प्रति अन्याय हुआ है, इससे अफसरों के मनोबल पर असर पड़ता है जिससे देश की सुरक्षा भी प्रभावित हो रही है।
सरकार की चिंता
सरकार के लिए चिंता की बात यह है कि याचिकाकर्ताओं का कहना है कि जब तक प्रमोशन में समानता न लाई जाए तब तक सर्विसेज कोर के अफसरों को कॉम्बैट ऑर्म्स के साथ तैनात न किया जाए।
याचिकाकर्ताओं का सवाल
लेफ्टिनेंट कर्नल पी. के. चौधरी के नेतृत्व में अपने संयुक्त याचिका में अफसरों ने कहा है कि सर्विसेज कोर के अफसरों को ऑपरेशनल क्षेत्र में तैनात किया गया है। कॉम्बैट ऑर्म्स कोर के अफसरों को भी ऐसी ही चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने अपनी वकील नीला गोखले के जरिए पूछा है कि तब कॉम्बैट ऑर्म्स के अफसरों को जिस तरह का प्रमोशन दिया जा रहा है, उससे उन्हें क्यों वंचित किया जा रहा है।
सेना और सरकार का दोहरा मापदंड
याचिका में कहा गया है, सेना और सरकार दोहरा मापदंड अपना रही है। ऑपरेशन एरियाज में तैनाती के वक्त तो सर्विसेज कोर के अफसरों को ऑपरेशनल के तौर पर इस्तेमाल किया जा रहा है लेकिन जब बात प्रमोशन की आती है तो उन्हें नॉन-ऑपरेशनल मान लिया जाता है। यह याचियों और दूसरे मिड-लेवल आर्मी अफसरों के मौलिक अधिकारों का उल्लंघन है।
याचिकाकर्ताओं ने अदालत से मांग की है कि सिग्नल्स जैसे दूसरे कोर के अफसरों को तैनाती के वक्त ऑपरेशनल जैसा माना जा रहा है। ऑपरेशनल एरियाज में तैनाती के बाद वे उन सभी कामों को करते हैं जिन्हें ऑपरेशनल कोर के अफसर करते हैं, ऐसे में उनके साथ भेदभाव क्यों हो रहा है। वो सेना और भारत सरकार को आदेश दे कि कॉम्बैट सर्विसेज भारतीय सेना की अभिन्न और सक्रिय अंग हैं और उन्हें नियमित सेना के समान ही सुविधाएं मिलनी चाहिए, अन्यथा सरकार और सेना आपद स्थिति को छोड़कर ‘सक्रिय इलाकों’ में सर्विसेज कॉर्प्स की तैनाती न किया करें।