उत्तराखंड के कोटद्वार से आनंद विहार टर्मिनल तक जाएगी नई रेल सेवा, केंद्रीय मंत्री ने दिखाई हरी झंडी

कोटद्वार और आनंद विहार टर्मिनल के मध्य नई रेल सेवा की शुरुआत केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव और सांसद अनिल बलूनी द्वारा दिल्ली से शनिवार को सायं पांच बजे इसे हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी देहरादून से वर्चुअली इस बहुप्रतीक्षित रेल सेवा के शुभारंभ के साक्षी बने।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कोटद्वार आनन्द विहार दिल्ली के मध्य संचालित हो रही ट्रेन के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव का आभार व्यक्त किया। उन्होंने इसके लिए पौड़ी से सांसद एवं पूर्व मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत, राज्यसभा सांसद अनिल बलूनी और कोटद्वार से विधायक ऋतु खंडूरी के प्रयासों की भी सराहना की।

मुख्यमंत्री ने कहा कि लंबे समय से कोटद्वार और दिल्ली के बीच ट्रेन के संचालन की मांग चल रही थी, अब कोटद्वार से दिल्ली बस के साथ ट्रेन से भी सुगम यात्रा हो सकेगी। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से इस ट्रेन का नाम वीर चंद्र सिंह गढ़वाली जी के नाम पर रखने पर विचार करने का भी अनुरोध किया ताकि आम जन इस ट्रेन के साथ अपना और अधिक जुड़ाव महसूस कर सकें।

उन्होंने कहा कि बीते नौ वर्षों में देश में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में रेलवे के क्षेत्र में “अभूतपूर्व स्पीड“ से व “अभूतपूर्व स्केल“ से कार्य किया जा रहा है। प्रधानमंत्री जी के नेतृत्व में हम भारतीय रेल के स्वर्णिम युग की ओर बढ़ रहे हैं। पिछले 9 वर्षों में प्रधानमंत्री जी के नेतृत्व में भारतीय रेलवे को नए भारत की आकांक्षाओं तथा आत्मनिर्भर भारत की अपेक्षाओं को पूरा करने के लिए तैयार किया जा रहा है। 2014 के बाद से भारतीय रेल एक नए रूप में हमारे सम्मुख है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि आज जहां एक ओर ब्रॉड गेज रेल लाइनों से मानव रहित रेल क्रॉसिंग को ख़त्म करके भारतीय रेलवे को पहले से कहीं अधिक सुरक्षित बनाया गया है। वहीं दूसरी ओर आज भारतीय रेलवे की रफ्तार भी पहले से कहीं अधिक बढ़ चुकी है। आत्मनिर्भरता और आधुनिकता के प्रतीक चिन्ह के रूप में वंदे भारत जैसी मेड इन इंडिया ट्रेनें रेल नेटवर्क का हिस्सा बन रही हैं। वर्तमान में देश के अछूते हिस्सों को रेल नेटवर्क से जोड़ने का काम भी तेजी से चल रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन और केंद्र सरकार के सहयोग से उत्तराखंड में बहुत से ऐसे काम हुए हैं, जो कि पहले मुमकिन नहीं लग रहे थे। आज प्रधानमंत्री जी के नेतृत्व में उत्तराखंड में ऋषिकेश से कर्णप्रयाग तक रेल लाइन निर्माण से पहाड़ तक रेल पहुंचाने का सपना सच होने जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के स्पष्ट विजन के कारण ही आज ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल लाइन पर द्रुत गति से कार्य चल रहा है। अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत उत्तराखंड के तीन रेलवे स्टेशनों का पुनर्विकास किया जा रहा है। इसके साथ ही देहरादून से आनन्द विहार के बीच इसी वर्ष वन्दे भारत ट्रेन का संचालन होना हमारे लिए बड़ी उपलब्धि है। आज हमारी डबल इंजन की सरकार समाज के अंतिम छोर में खड़े व्यक्ति को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने के लिए तमाम योजनाओं को धरातल पर उतारने का कार्य कर रही है। हम उत्तराखंड को श्रेष्ठ राज्य बनाने के अपने “विकल्प रहित संकल्प“ के मंत्र को लेकर लगातार आगे बढ़ रहे हैं। मुख्यमंत्री ने सभी से उत्तराखंड निर्माण के लिए सहयोग और समर्थन की भी अपेक्षा की।

इस अवसर पर सांसद डॉ.रमेश पोखरियाल निशंक, मेयर सुनील उनियाल गामा, विधायक खजान दास, विधायक विनोद चमोली, अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी, पुलिस महानिदेशक अशोक कुमार आदि उपस्थित थे।

सीएम धामी ने स्वर्गाश्रम, यमकेश्वर, पौड़ी में ‘दि बीटल्स एण्ड दि गंगा फेस्टिवल 2023’ का किया शुभारंभ

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने स्वर्गाश्रम, यमकेश्वर, पौड़ी में ‘दि बीटल्स एण्ड दि गंगा फेस्टिवल – 2023’ का शुभारंभ किया। इस दौरान उन्होंने जनपद पौड़ी की रू0 422.44 लाख की 3 योजनाओं का लोकार्पण किया।

मुख्यमंत्री द्वारा लोकार्पण की गई योजनाओं में रू0 224 लाख की लागत से स्वर्गाश्रम में जानकी सेतु से परमार्थ निकेतन तक आस्था पथ निर्माण कार्य। रू0 48.03 लाख की लागत से गंगा पद यात्रा के अंतर्गत चारधाम पौराणिक हरिद्वार-बद्रीनाथ पैदल मार्ग के विभिन्न स्थानों पर रेलिंग कार्य एवं रू0 150.41 लाख की लागत से क्षतिग्रस्त वेद निकेतन घाट की मरम्मत कार्य, आपदा राहत बचाव कार्य हेतु हैलीपैड एवं पार्किंग निर्माण कार्य शामिल है। उन्होंने यमकेश्वर विधानसभा की विभिन्न विकास योजनाएं का प्रशिक्षण करवा उन्हें अग्रिम कार्रवाई हेतु प्रेषित किए जाने की बात कही।

इस दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड विश्व की आध्यात्मिक राजधानी के तौर पर आगे बढ़ रहा है। दि बीटल्स एण्ड दि गंगा फेस्टिवल का आयोजन भारतीय संस्कृति के विभिन्न घटकों योग, शास्त्रीय संगीत, नृत्य, कला, प्रतिष्ठित परम्पराओं आदि को उत्सव के रूप में मनाने का एक प्रयास है। तथा स्थानीय सभ्यता एवं परम्पराओं को विश्व में प्रदर्शित करने की एक पहल है। फेस्टिवल के माध्यम से उत्तराखण्ड को एक नई ऊर्जा मिलेगी, एवं माँ गंगा के आशीर्वाद से अपनी लोक संस्कृति को वैश्विक स्तर पर फैला सकेगें।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि संस्कृति, अध्यात्म तथा संगीत में एक गहरा सम्बन्ध है। विश्व प्रसिद्ध बीटल्स बैंड ने पाश्चात्य सभ्यता को यह दिखाया कि किस प्रकार आत्मा तथा संगीत मिश्रित होकर अध्यात्म में विलीन हो सकते हैं। 50 वर्ष पूर्व बीटल्स के सदस्यों ने इसी पावन भूमि से प्रेरित होकर ऐसा संगीत बनाया जिसकी महक पूरे विश्व ने महसूस की। उन्होंने कहा योग तथा मनोसाधना से मानव जीवन के किसी भी क्षेत्र में उत्कृष्टता हासिल की जा सकती है। हमारे देश की प्राचीन और महान संस्कृति ने ही सर्वप्रथम ’’वसुधैव कुटुम्बकम’’ अर्थात ’’समस्त विश्व एक परिवार है’’ की अवधारणा विश्व के समक्ष रखी थी।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि देश के महापुरुषों ने एकता व सद्भावना के माध्यम से मानव समाज को एक सूत्र में पिरोने का कार्य किया है। ऋषियों और मुनियों ने समाज में अध्यात्म और ज्ञान का प्रचार-प्रसार किया तथा अध्यात्म के संदेश से लोगों का हृदय परिवर्तन कर सद्भावना का मार्ग प्रशस्त किया। राष्ट्र की एकता और अखंडता के लिए प्रेम व अहिंसा के रास्ते पर चलकर समाज में एकता की भावना को मजबूत करना होगा। सद्भावना से ही राष्ट्रीय एकता और सांप्रदायिक सौहार्द को बढ़ावा मिल सकता है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत का मान-सम्मान पूरे विश्व में बढ़ रहा है। वो दिन दूर नहीं जब हमारा देश पुनः ‘विश्व गुरु’ पद पर आरूढ़ होगा। उन्होंने कहा प्रधानमंत्री मोदी जी के नेतृत्व में आज ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ और ‘आत्मनिर्भर’ भारत की भावना को मजबूत करते हुए सामाजिक, आर्थिक एवं संवैधानिक एकीकरण का कार्य चल रहा है। प्रधानमंत्री जी के नेतृत्व में देश ने अनावश्यक और पुराने कानूनों से छुटकारा पाया है। एकता के आदर्शों को मजबूत किया है और कनेक्टिविटी एवं बुनियादी ढांचे पर जोर देकर भौगोलिक तथा सांस्कृतिक दूरियां घटाई हैं। देश को शक्तिशाली बनाने का अभियान निरंतर जारी है। देश सुरक्षित होगा तभी हम एकजुट होकर विकास के मार्ग पर आगे बढ़ सकते हैं।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि आज केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में अंतिम छोर पर खड़े व्यक्ति तक विकास पहुंचाने का कार्य किया जा रहा है। लोगों की भागीदारी को देश की ताकत बनाया है। प्रत्येक व्यक्ति को देश के सर्वांगीण विकास के लिए अपना बहुमूल्य योगदान देना होगा। सभी के सहयोग से ही हम अपने देश को विश्व का ‘सर्वश्रेष्ठ देश’ बनाने में सफल हो सकेंगे। राज्य सरकार उत्तराखंड वासियों के सपनों के अनुरूप देवभूमि उत्तराखंड को भी देश के ‘सर्वश्रेष्ठ राज्य’ के रूप में प्रतिस्थापित करने हेतु वचनबद्ध है ।

विधायक रेनू बिष्ट ने कहा कि दि बीटल्स एण्ड दि गंगा फेस्टिवल से क्षेत्र वासियों का मनोबल बढ़ा है। इस आयोजन से क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा एवं इस महत्वपूर्ण स्थान को एक नई पहचान मिलेगी। उन्होंने कहा मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी जी के नेतृत्व में पर्यटन, धार्मिक स्थलों का निरंतर विकास हो रहा है। आज उत्तराखंड विकास की नई ऊंचाइयों को छूने का काम कर रहा है।

इस दौरान कार्यक्रम में परमार्थ निकेतन के प्रमुख चिदानंद जी सरस्वती महाराज, उत्तराखंड गौ सेवा आयोग के अध्यक्ष राजेंद्र अंथवाल, जिलाधिकारी डॉ आशीष चौहान, एसएसपी श्वेता चौबे, सीडीओ अपूर्वा पाण्डे, बीजेपी जिलाध्यक्ष वीरेंद्र रावत एवं अन्य लोग मौजूद रहे।

पौड़ी जिले में निरीक्षण के दौरान खामियां मिलने पर स्वास्थ्य सचिव ने लगाई फटकार

स्वास्थ्य सुविधाओं और डेंगू महाअभियान की जमीनी हकीकत जानने स्वास्थ्य सचिव डॉ आर राजेश कुमार आज पौड़ी जनपद के अपने एक दिवसीय दौरे पर पहुंचे। इस दौरान स्वास्थ्य सचिव ने जिला चिकित्सालय पौड़ी के साथ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पाबौ, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पैठाणी, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र तिरपालीसैण व सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र थलीसैण का निरीक्षण किया गया। इस दौरान स्वास्थ्य सुविधाओं में सुधार के निर्देश दिये साथ ही अस्पतालों में अव्यवस्थाओं पर नाराजगी जाहिर करते हुए जल्द सुधार के निर्देश दिये। पौड़ी जिला चिकित्सालय में विभिन्न जांच रिपोर्ट के आंकड़ों का लेखा-जोखा व्यवस्थित रूप में नहीं रखने पर सचिव स्वास्थ्य ने सीएमएस को फटकार लगाते हुए जांच रिपोर्ट के आंकड़ों को रजिस्टर में व्यवस्थित करने के निर्देश दिए हैं।
स्वास्थ्य सचिव डॉ आर राजेश कुमार ने आज पीपीपी मोड में संचालित जिला चिकित्सालय पौड़ी का निरीक्षण किया गया। स्वास्थ्य सचिव डॉ आर राजेश कुमार द्वारा जिला चिकित्सालय में डेंगू वार्ड,सिटी स्कैन,पैथोलॉजी लैब, एक्स-रे कक्ष औषधि भंडार चंदन डायग्नोसिस द्वारा संचालित पैथोलॉजी लैब का निरीक्षण किया गया। उनके द्वारा चिकित्सालय वार्ड में भर्ती मरीजों उनके तीमारदारों से चिकित्सालय की व्यवस्थाओं के बारे में जानकारी ली जिसमें चिकित्सालय में भर्ती अनीता रावत ने चिकित्सालय की व्यवस्थाओं को लेकर कहा की यहां पर हमें उपचार मिल रहा है। उनके द्वारा डेंगू वार्ड में भर्ती मरीजों से भी बात कर उनके उपचार को लेकर चिकित्सालय प्रशासन से बात की। चिकित्सालय के केंद्रीय औषधि भंडार के निरीक्षण के दौरान सचिव स्वास्थ्य ने अधिकारियों को निर्देश दिए की जिन दवाओं की एक्सपायरी अगले माह नवंबर में निर्धारित है, उनका समय पर डिस्पोजल करना सुनिश्चित करें। चिकित्सालय में भर्ती डेंगू के तीन मरीजों की एलिसा रिपोर्ट मांगे जाने पर स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों द्वारा रिपोर्ट का रजिस्टर मेंटेन नहीं पाया गया वहीं डेंगू की एलिसा रिपोर्ट मोबाइल फोन पर रिपोर्ट दिखाई गई। जिस पर सचिव स्वास्थ्य ने नाराजगी व्यक्त करते हुए सीएमएस डॉ ए तिवारी को सभी जांच रिपोर्ट के आंकड़ों को रजिस्टर में व्यवस्थित करने के निर्देश दिए हैं।
पीपीपी मोड में संचालित जिला चिकित्सालय की व्यवस्थाओं को लेकर उनके द्वारा संतोष जताया गया। उनके द्वारा कहा गया कि जिला चिकित्सालय वर्ल्ड बैंक द्वारा दिसंबर 2024 तक संचालित रहेगा उनके द्वारा कहा गया कि चिकित्सालय के संबंध में जो भी शिकायतें होगी उनको मॉनिटर कर व्यवस्थाएं दुरुस्त करने के प्रयास किए जाएंगे। उनके द्वारा डेंगू के संबंध में एलाइजा कलेक्शन की रिपोर्ट रेगुलर मेंटेन करने हेतु चिकित्सा अधीक्षक को निर्देशित किया। महिला वार्ड में भर्ती मरीजों से संवाद करते हुए स्वास्थ्य सचिव ने चिकित्सालय में दी जा रही स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर मरीजो से फीडबैक लिया। फीडबैक में मरीजों द्वारा चिकित्सालय की स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर संतोष व्यक्त किया गया। उनके द्वारा कहा गया कि भले ही जिला चिकित्सालय पीपीपी मोड में संचालित होने के बावजूद स्वास्थ्य विभाग का इसके संचालन में महत्वपूर्ण भूमिका है। आमजन को चिकित्सालय में किसी भी प्रकार की अव्यवस्थाओं का सामना ना करना पड़े इसके लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा लगातार चिकित्सालय में मौजूद व्यवस्थाओं की मॉनिटरिंग की जाती है। इसके साथ ही द्वारा कहा गया की जनपद में डेंगू के केस लगातार घट रहे हैं अभी उत्तराखंड में 340 एक्टिव केस हैं। स्वास्थ्य विभाग द्वारा स्वास्थ्य विभाग द्वारा डेंगू नियंत्रण के लिए महा अभियान संचालित किया जा रहा है। जिसमें नगर निगम के साथ ही जिला प्रशासन के सहयोग से घर-घर जाकर डेंगू सोर्स रिइंडक्शन कार्यवाही की जा रही है। जिससे डेंगू के केसों में लगातार कमी आ रही है। जिला चिकित्सालय में निरीक्षण के दौरान अपर जिलाधिकारी ईला गिरी, चिकित्सा अधीक्षक डॉ कुमार आदित्य तिवारी, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ रमेश कुंवर, एम० एस० महंत इंद्रेश चिकित्सालय देहरादून डॉ०विजय, मंहत चिकित्सालय के मैनेजर प्रमोद चौहान, जिला कार्यक्रम प्रबंधक राजीव रावत व अन्य अधिकारी कर्मचारी मौजूद रहे।

’पाबौ सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र का निरीक्षण’
पौड़ी जिला चिकित्सालय के उपरांत उन्होंने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पाबौ का निरीक्षण किया। उन्होंने चिकित्सालय के निरीक्षण के दौरान उपस्थिति प्रसव कक्ष में सुविधाओं का जायजा लिया साथ ही महिला सामान्य वार्ड में भर्ती मरीजों से मिल रही स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर बात की। आईपीएचएस नॉर्म्स के मुताबिक स्पेशलिस्ट चिकित्सकों की संख्या बढ़ाई जाएगी। इसके अलावा उन्होंने चिकित्सालय में साफ सफाई व उपस्थिति पंजिका का भी अवलोकन किया। मौके पर स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी चिकित्सा अधिकारी/एसीएमओ डॉ रमेश कुँवर, डॉक्टर पंकज सिंह सहित अन्य स्वास्थ्य कर्मी भी उपस्थित थे।

’सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पैठाणी का निरीक्षण’
पाबौ के उपरांत सचिव स्वास्थ्य ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पैठाणी का निरीक्षण किया। उन्होंने स्वास्थ्य केंद्र में उपकरणों की स्थिति सहित अन्य कक्षो/वार्डाे का निरीक्षण किया। उन्होंने मेडिकल स्टाफ के लिए आवासीय परिसर को लेकर पास ही में भूमि तलाश करने के निर्देश दिए हैं। सचिव ने स्वास्थ्य केंद्र की दीवारों से निकल रही पापड़ियों को देखते हुए ट्रीटमेंट करने के निर्देश दिए हैं। स्वास्थ्य केंद्र में पेयजल की निर्बाध व्यवस्था को दुरुस्त करने के निर्देश दिए हैं। मौके पर एसीएमओ डॉक्टर रमेश कुंवर, स्वास्थ्य केंद्र के इंचार्ज डॉक्टर अंकित धवन चौतन्य मेडिकल स्टाफ मौजूद थे। आवासीय परिसर के निर्माण को लेकर सचिव ने स्वास्थ्य विभाग से प्रस्ताव उपलब्ध कराने के निर्देश।

’प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र तिरपालीसेण का निरीक्षण’
सचिव स्वास्थ्य डॉ आर राजेश कुमार ने इसके बाद प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र तिरपालीसैण का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने मेडिकल स्टोर में रखी दवाओं की भी जांच पड़ताल की साथ ही उन्होंने स्वास्थ्य केंद्र के परिसर का निरीक्षण कर स्वास्थ्य सुविधाओं का जायजा लिया। उन्होंने व्यवस्था सुधारने के निर्देश दिए।

’सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र थलीसैण का किया निरीक्षण’
तिरपालीसैण के बाद स्वास्थ सचिव ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र थलीसैण का निरीक्षण किया। यहां उन्होंने मेल वार्ड, प्रसव कक्ष, अल्ट्रासाउंड कक्ष, शल्य कक्ष, दवाखाना का निरीक्षण कर स्वास्थ्य सुविधाओं का जायजा लिया। स्वास्थ्य विभाग द्वारा चिकित्सालय में सर्जन और ऑर्थाे की तैनाती की आवश्यकता बताई गई। जिस पर सचिव ने प्रस्ताव उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं। मौके पर एसीएमओ डॉ रमेश कुंवर, प्रभारी चिकित्साधिकारी सीएचसी थलीसैण शैलेन्द्र सिंह रावत, डिप्टी सीएमओ पारुल गोयल व अन्य मेडिकल स्टाफ मौजूद थे।

स्वास्थ्य सचिव को डेंगू के बारे में सही जानकारी नहीं दे पाए बेस अस्पताल के डॉक्टर

प्रदेश में डेंगू की रोकथाम को लेकर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशों के क्रम में स्वास्थ्य सचिव लगातार जनपदवार डेंगू प्रभावित इलाकों के साथ ही अस्पतालों का भी दौरा कर रहे हैं। सबसे ज्यादा डेंगू प्रभावित देहरादून और हरिद्वार जनपद के बाद स्वास्थ्य सचिव का काफिला आज पौड़ी जनपद के कोटद्वार विधानसभा क्षेत्र पहुंचा। जहां स्वास्थ्य सचिव डॉ आर राजेश कुमार ने कोटद्वार बेस अस्पताल का निरीक्षण किया।
इस दौरान कोटद्वार बेस अस्पताल में स्वास्थ्य सचिव को कई खामियां मिली हैं। स्वास्थ्य सचिव आर राजेश कुमार ने सीएमओ पौड़ी डॉ. प्रवीन कुमार को जल्द खामियां सुधारने के निर्देश दिए हैं। इस दौरान डेंगू आइसोलेशन वार्ड में बेस अस्पताल के वरिष्ठ फिजिशियन स्वास्थ्य सचिव के सवालों के जवाब नहीं दे पाए। जिस पर स्वास्थ्य सचिव ने कड़ी नाराजगी जाहिर करते हुए फटकार लगाई। अस्पताल के निरीक्षण के बाद स्वास्थ्य सचिव आर राजेश कुमार ने कोटद्वार के कलालघाटी में मेडिकल कॉलेज के लिए चिंहित भूमि का भी निरीक्षण किया। उन्होंने सीएमओ को भूमि की पैमाइश के साथ ही उक्त भूमि के चारों तरफ से बांउड्री बाल करने के निर्देश दिये।
गुरूवार को कोटद्वार पहुंचे प्रदेश के स्वास्थ्य सचिव आर राजेश कुमार ने कोटद्वार बेस अस्पताल में इमरजेंसी वार्ड, एमआरआई, एक्सरे समेत डेंगू आईसोलेशन वार्ड का निरीक्षण किया। डेंगू आईसोलेशन वार्ड के निरीक्षण के दौरान वार्ड में भर्ती एक मरीज की प्लेटलेट्स अधिक कम होने पर वरिष्ठ फिजिशियन डॉ. जेसी ध्यानी और सीएमएस डॉ. विजयेश भारद्वाज से जानकारी ली। स्वास्थ्य सचिव उनके जवाब से संतुष्ट नजर नहीं आये। उन्होंने मरीज के बेहत्तर इलाज के लिए निर्देशित किया। इसके साथ ही उन्होंने डेंगू वार्ड में भर्ती मरीजों से भी स्वास्थ्य सुविधाओं के बारें में विस्तार से जानकारी ली। इसके साथ ही उन्होंने अस्पताल के जच्चा-बच्चा कक्ष में भर्ती महिलाओं और वहां मौजूद आशा कार्यकत्री से गर्भवती महिलाओं को दी जाने वाली प्रोत्साहन राशि के साथ ही गर्भवती महिलाओं के लिए शुरू की गई योजना से संबंधित जानकारी प्राप्त की। इसके साथ ही आशाओं और संबधित अधिकारियों को लाभार्थियों तक सभी योजनाओं का लाभ पहुंचाने हेतु निर्देशित किया।

बेस अस्पताल की पैथोलॉजी लैब में मिली खामियां
इसके बाद स्वास्थ्य सचिव ने अस्पताल की पैथोलॉजी लैब का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान लैब में भारी खामियां मिली हैं। लैब में मरीजों के प्लेटलेट्स की रिपोर्ट हाथ से लिखी जा रही थी, जिस पर स्वास्थ्य सचिव ने रिपोर्ट को कम्प्यूटराइजड करने के निर्देश दिए हैं। इसके अलावा डेंगू को लेकर लिए जाने वाले सैंपल की वाईबिलटी 24 घंटे होती है। रिपोर्ट संदिग्ध लगने पर पुनः पुष्टि करने के लिए सैंपल का उपयोग किया जा सकता है। इससे पहले लैब में इन सैंपलों को एक बार चौक करने के बाद नष्ट कर दिया जा रहा था।

निजी लैबों की जांच के आदेश
स्वास्थ्य सचिव ने सीएमओ पौड़ी प्रवीन कुमार को कोटद्वार शहर की उन लैबों की जांच करने के भी निर्देश दिए हैं, जिनमें डेंगू के टेस्ट हो रहे हैं। स्वास्थ्य सचिव आर राजेश कुमार ने बताया कि जनपद पौड़ी में डेंगू के 121 केस हैं। स्वास्थ्य विभाग जल्द ही डेंगू को लेकर एक वृहद अभियान चलाने जा रहा है, जिसमें स्वास्थ्य विभाग के साथ-साथ नगर निगम समेत अन्य विभागों का साथ आवश्यक हैं। उन्होंने कहा कि जिन स्थानों पर पांच से अधिक डेंगू के मरीज पाए जाएंगे, वहां कंटेनमेंट जोन बनाया जाएगा। घर-घर जाकर सोर्स रिडक्शन का कार्य किया जाएगा। शुक्रवार से सभी विभाग एक साथ मिलकर डेंगू को लेकर महाअभियान चलाने जा रहे हैं, जिसमें जिलाधिकारी आशीष चौहान और सीएमओ पौड़ी डॉ. प्रवीन कुमार को निर्देशित किया गया है। इस दौरान मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ प्रवीण कुमार, डॉ पंकज सिंह, कार्यक्रम अधिकारी एनएचएम, डॉ विजयेश भारद्वाज, नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ सौरभ सैनी, नगर आयुक्त वैभव गुप्ता, सहायक नगर अधिकारी अजहर अली, मौजूद रहे।

वहीं स्वास्थ्य सचिव ने अपने कोटद्वार दौरे के दौरान स्थानीय लोगों, समाजसेवियों व विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों से भी मुलाकात की। बेस अस्पताल से संबधित उनकी समस्याओं को सुना तथा उनके सुझावों पर अमल का भरोसा दिया। इस दौनान कोटद्वार भाजपा जिलाध्यक्ष वीरेंद्र सिंह रावत और नगर अध्यक्ष पंकज भाटिया ने भी स्वास्थ्य सचिव डॉ आर राजेश कुमार से मुलाकात की। भाजपा जिलाध्यक्ष वीरेंद्र सिंह रावत ने कहा कि कोटद्वार बेस अस्पताल में डेंगू को लेकर चिकित्सकों द्वारा गंभीरता से इलाज न करने के बात कही। जिस पर स्वास्थ्य सचिव ने जल्द अस्पताल की व्यवस्थाओं को सुधारने के और सभी मरीजों को बेहत्तर इलाज के लिए उन्हें आश्वस्त किया।

लापरवाही बरतने पर कोटद्वार के कृषि व भूमि संरक्षण को किया निलंबित

कृषि एवं कृषक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने सोशल मीडिया एवं मीडिया में प्रसारित खबर का तत्काल संज्ञान लेते हुए कृषि निवेशों के वितरण में लापरवाही के सम्बन्ध में कोटद्वार जनपद पौड़ी गढ़वाल के कृषि एवं भूमि संरक्षण अधिकारी को तत्काल निलंबन के आदेश दिए। मंत्री गणेश जोशी के आदेशानुसार विभागीय कार्यों में उक्त गम्भीर लापरवाही के दृष्टिगत कोटद्वार जनपद पौड़ी गढ़वाल के कृषि एवं भूमि संरक्षण अधिकारी अरविन्द भट्ट को निलंबन के आदेश के उपरांत उन्हे आज निम्लबित कर दिया गया है। मंत्री ने मामले में महानिदेशक कृषि को विस्तृत जांच के भी आदेश दिए है।
ज्ञात हो कि कोटद्वार जनपद पौड़ी गढ़वाल द्वारा जैविक कृषि निवेश को कृषकों को वितरण करने में लापरवाही बरती गई। विकासखण्ड द्वारीखाल हेतु क्रय किये गये जैविक कृषि निवेश कृषकों तक उपलब्ध न होकर सड़क किनारे पाये गये। जिन कृषि निवेशों का लाभ कृषकों को मिलना चाहिये था वह लाभ कृषकों को नही मिला जिससे योजना के उद्देश्य भी प्रभावित हुए। जैविक कृषि निवेशों को कृषकों को उपलब्ध न होने से जो निवेश क्रय हेतु जो विभागीय धनराशि व्यय हुई है उसका भी दुरूपयोग हुआ है। कृषि एवं भूमि संरक्षण अधिकारी, कोटद्वार जनपद पौड़ी गढ़वाल द्वारा अपने पर्यवेक्षीय उत्तरदायित्व का सम्यक् रूप से निर्वहन नही किया गया। जिससे विभागीय धनराशि का दुरूपयोग एवं विभागीय छवि धूमिल हुई है। और योजना का अपेक्षित लाभ कृषकों तक नही पहुँच सका है।
मंत्री गणेश जोशी ने कहा धामी सरकार में कोई भी गलत काम करेगा और कितना भी बड़ा अधिकारी हो लापरवाही बरतने वालों किसी को भी बिल्कुल भी बर्दाश्त नहीं किया जायेगा। उन्होंने कहा केंद्र सरकार द्वारा योजना के तहत किसानों को यह खाद वितरित की जानी थी, परंतु संबंधित भूमि संरक्षण अधिकारी द्वारा सड़क किनारे रखा गया। मंत्री ने अधिकारियों को सख्त हिदायत देते हुए कहा कि भविष्य में इस प्रकार की घटना की पुनरावृत्ति न हो। उन्होंने कहा केंद्र और राज्य सरकार की जन कल्याणकारी योजनाएं जन जन तक पहुंचाई जाए।

प्रभावित क्षेत्रों का सीएम कर रहे निरीक्षण

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को पौड़ी गढ़वाल जिले के यमकेश्वर ब्लॉक में भारी बारिश से प्रभावित क्षेत्र का हवाई निरीक्षण किया। मुख्यमंत्री ने सचिव आपदा प्रबंधन रंजीत सिन्हा और पौड़ी के जिलाधिकारी आशीष चौहान को प्रभावित लोगों को जल्द से राहत और सहायता पहुंचाने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में भारी बारिश से उत्पन्न स्थिति को देखते हुए लगातार अलर्ट मोड में रहने की जरूरत है। कम से कम रिस्पॉन्स टाइम में प्रभावितों तक अधिकाधिक मदद पहुंचानी है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में भारी बरसात के दृष्टिगत 15 अगस्त तक चाारधाम यात्रा स्थगित की गई है। चारधाम यात्रा मार्गों पर स्थिति की निरन्तर समीक्षा की जा रही है। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों को विभिन्न स्थानों पर बाधित हुई सड़कों की आवश्यक मरम्मत करने के भी निर्देश दिये है। साथ ही विभिन्न स्थानों पर आपदा से प्रभावित हुए लोगों को तत्काल राहत पहुंचाने, जलभराव वाले क्षेत्रों में पानी की निकासी को दुरुस्त करने तथा उन स्थानों पर दवा आदि के छिड़काव पर ध्यान देने को कहा है। उन्होंने विभिन्न क्षेत्रों में आपदा से हुई विभिन्न प्रकार की क्षति का व्यापक रूप से आकलन करने के भी निर्देश अधिकारियों को दिए हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारा पहला प्रयास है कि राज्य में मानसूनी बरसात से जो चीजें अस्त व्यस्त हुई है उनको सामान्य किया जाय तथा आपदा से प्रभावित हुए लोगों को आवश्यकता के अनुरूप त्वरित सहायता और राहत प्रदान की जाय।

मुख्यमंत्री ने किया कोटद्वार के आपदाग्रस्त क्षेत्र का स्थलीय निरीक्षण

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा स्थानीय विधायक कोटद्वार तथा विधानसभा अध्यक्ष रितु खंडूरी के साथ कोटद्वार में आपदाग्रस्त क्षेत्र का स्थलीय निरीक्षण किया गया।

गाड़ीघाटी में कुंभीचौड-रतनपुर को जाने वाले एप्रोच मार्ग पर तेजी से कार्य करने को कहा तथा मालन नदी पर हल्दूखाता- किशनपुर -सिगड्डी मार्ग का स्थलीय निरीक्षण करते हुए संबंधित अधिकारियों को तत्काल कनेक्टिविटी को बहाल करने के निर्देश दिए। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को विभिन्न स्थानों पर बाधित हुई सड़क कनेक्टिविटी को युद्ध स्तर पर बहाल करने को कहा। विभिन्न स्थानों पर आपदा से प्रभावित हुए लोगों को तत्काल राहत पहुंचाने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जलभराव वाले क्षेत्रों में पानी की निकासी को दुरुस्त करें तथा वहां पर आवश्यकता के अनुसार फागिंग -चूना छिड़काव करवाना सुनिश्चित करें। उन्होंने विभिन्न क्षेत्रों में आपदा से हुई विभिन्न प्रकार की क्षति का व्यापक रूप से आकलन करने के भी निर्देश दिए।

इस दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारा पहला प्रयास है कि राज्य में मानसूनी बरसात से जो चीजें अस्त व्यस्त हुई है उनको सामान्य करना है तथा जो लोग आपदा से प्रभावित हुए हैं उनको प्राथमिक रूप से उनकी आवश्यकता के अनुरूप त्वरित सहायता और राहत प्रदान की जाय। तत्पश्चात विभिन्न क्षेत्रों में आपदा से हुई क्षति का त्वरित आकलन करते हुए इसके त्वरित सुधारीकरण के कदम उठाए जाने की बात कही।

इस दौरान मुख्यमंत्री के साथ निरीक्षण कर रही विधानसभा अध्यक्ष रितु खंडूरी ने कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा आज स्वयं आपदाग्रस्त क्षेत्रों का दौरा किया गया है और शीघ्रता से सामान्य स्थिति बहाल करने के अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने इसके लिए मुख्यमंत्री जी को धन्यवाद दिया।

इस दौरान जिलाधिकारी गढ़वाल डॉ. आशीष चौहान, अपर पुलिस अधीक्षक कोटद्वार शेखर सुयाल, उप जिला अधिकारी प्रमोद कुमार सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी और कार्मिक उपस्थित थे।

उत्तराखंड का फिर बढ़ा मान, मानसी ने जीता कांस्य पदक

गोल्डन गर्ल के नाम से मशहूर उत्तराखंड की बेटी मानसी नेगी ने देश का मान बढ़ाया है। चीन में चल रहे वर्ल्ड यूनिवर्सिटी गेम्स में भारतीय टीम ने 20 किमी दौड़ स्पर्धा में कांस्य पदक जीता। टीम का हिस्सा रहीं मानसी नेगी ने शानदार प्रदर्शन किया। मानसी के कोच और प्रभारी खेल अधिकारी पौड़ी अनूप बिष्ट ने कहा कि मानसी ने अपने बेहतर प्रदर्शन से पूरे देश का नाम रोशन किया है। उन्होंने पूरी भारतीय टीम को पदक जीतने पर बधाई दी।
बताया कि यह प्रतियोगिता आठ अगस्त तक होगी। मूलरूप से चमोली जनपद की रहने वाली मानसी नेगी लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी से स्नातक की पढ़ाई कर रही हैं।
गोल्डन गर्ल मानसी नेगी ने पिछले साल गुवाहाटी में 11 से 15 नवंबर तक आयोजित 37वीं नेशनल जूनियर एथलेटिक्स चैंपियनशिप में अंडर-20 महिला वर्ग की 10 हजार मीटर वॉक रेस में स्वर्ण पदक जीता था। मानसी इन दिनों चीन में ही हैं और वह इस चैंपियनशिप में देश का प्रतिनिधित्व करेंगी।

विभाग बच नही पायेंगे अपनी जिम्मेदारी से, धामी सरकार तय करने जा रही जिम्मेदारी

कोटद्वार विधानसभा क्षेत्र के मालन नदी पर बने पुल के क्षतिग्रस्त होने की घटना को राज्य सरकार ने गंभीरता से लिया है। लोनिवि के सचिव पंकज पाण्डेय ने इसकी जांच के आदेश दिये है। लेकिन शासन के सूत्रों की मानें तो मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने वर्ष 2010 में बनकर तैयार हुए पुल के बेहद कम समय में टूटने की घटना को बड़ी लापरवाही माना है। मुख्यमंत्री के द्वारा स्वयं पुल की घटना की जानकारी लेने पर शासन में खलबली देखने को मिली है। लगातार सोशल मीडिया में पुल की को लेकर कई सवाल किये गये है। इसमें बेहद गंभीर सवाल पुल के निर्माण में लापरवाही को लेकर किया गया है। कई टेक्निकल खामियां उजागर होने के बाद लोक निर्माण विभाग के इंजीनियरों में हड़ंकंप मचा हुआ है।
गौरतलब है कि कांग्रेस की तिवारी सरकार में स्वीकृत हुआ पुल भाजपा सरकार में बनकर तैयार हुआ था। कांग्रेस के समय स्वर्गीय इंदिरा हृदयेश लोक निर्माण मंत्री रही। उनके कार्यकाल में जमकर पुल और सड़क के निर्माण कार्य में धांधली और भ्रष्टाचार के आरोप लगे थे लेकिन मुक्कमल कार्रवाई अमल में नही लाई गई। अहम सवाल है कि धामी सरकार मात्र 13 वर्ष में गिर गये पुल को लेकर जिम्मेदारी तय करना चाहती है और हो भी क्यो नही?
आपको याद होगा कि मुख्यमंत्री धामी ने पिछले वर्ष प्रदेशभर के पुलों का ब्यौरा जुटाने के निर्देश दिये थे जो डेंजर जोन में है। लेकिन विभागीय अधिकारियों ने इस ओर कितनी कार्रवाई की अब इस पर भी सवाल उठ रहे है। लोनिवि के सचिव रहे सुधांशु भी इस ओर सुस्त ही रहे। वरना समय रहते इस ओर कार्रवाई कर एक पुल को मात्र 13 वर्ष में ढहने से बचाया जा सकता था।
सूत्रों की मानें तो मुख्यमंत्री धामी जनहित से जुड़़े इन कार्यों में अब विभागीय अधिकारियों की जिम्मेदारी तय करने को लेकर बड़ी कार्य योजना बनाने का मन बना चुके है। मसलन अगर किसी संस्था और अधिकारी की देखरेख में इन निर्माण कार्यों को किया जा रहा है तो वह अपनी जिम्मेदारी से बच नही सकते है। आजतक ऐसी कार्यदायी संस्था और अधिकारियों पर कार्रवाई नही होने से ऐसी घटनाएं लगातार बढ़ती जा रही है। ऐसे में मुख्यमंत्री धामी की अगर इस ओर कार्ययोजना बनाते है तो उत्तराखंड के लिए बेहद कारगर सिद्ध होगी।

स्वास्थ्य सचिव जांच रहे चारधाम यात्रा रुट में स्वास्थ्य सुविधाएं

चारधाम यात्रा के मध्य नजर यात्रा के मुख्य पड़ाव श्रीनगर में स्वास्थ्य सेवाओं की तैयारियों को लेकर स्वास्थ्य सचिव डॉ आर.राजेश कुमार द्वारा उप जिला चिकित्सालय श्रीनगर और बेस चिकित्सालय श्रीकोट में स्थापित हेल्थ एटीएम का निरीक्षण किया गया। उनके द्वारा हेल्थ एटीएम के सुचारू रूप से संचालन हेतु चिकित्सालय प्रशासन को आवश्यक दिशा निर्देश दिए गए। उनके द्वारा यात्रियों की सुविधा के लिए हेल्थ एटीएम पर एक टेक्निकल व्यक्ति तैनात रखने हेतु निर्देशित किया गया।
स्वास्थ्य सचिव द्वारा मुख्य चिकित्सा अधिकारी पौड़ी को पूरी तैयारियों के साथ यात्रा व्यवस्थाओं में पैरामेडिकल स्टाफ को मुस्तैदी से कार्य करने हेतु निर्देश दिए गए। उन्होंने बताया कि यात्रा रूट पर गढ़वाल मंडल में चिन्हित विभिन्न चिकित्सा इकाइयों में सीएसआर के अंतर्गत हेवलेट पेकर्ड इंटरप्राइजेज द्वारा 50 हेल्थ एटीएम स्वास्थ्य स्क्रीनिंग हेतु स्थापित किए गए हैं। हेल्थ एटीएम पर ब्लड प्रेशर, शुगर,शरीर का तापमान, ऑक्सीजन की मात्रा, बॉडी फैट, इंडेक्स, डिहाईड्रेशन, पल्स रेट सहित 70 निशुल्क जांचें की जाएंगी। उन्होंने कहा कि यात्रा रूट पर स्वास्थ्य सेवाओं को सुधारा जा रहा है और आने वाले समय में हेल्थ एटीएम की संख्या बढ़ाई जाएगी। इसके साथ ही इसके साथ ही उनके द्वारा जिला खाद्य सुरक्षा अधिकारी को जनपद पौड़ी के अंतर्गत आने वाले यात्रा रूट पर टीम बनाकर विभिन्न होटलों ढाबों व रेस्तरां में खाद्य पदार्थों की सघन चेकिंग अभियान चलाने हेतु निर्देशित किया गया।
इस मौके पर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ प्रवीण कुमार, प्राचार्य मेडिकल कॉलेज डॉ सी.एम. एस. रावत, चिकित्सा अधीक्षक डॉ गोविंद पुजारी, डॉ सुरेश कोठियाल व चिकित्सालय स्टाफ मौजूद रहा।