प्रदेश में शुरू हुई वाह्य सहायतित जायका परियोजना, 526 करोड़ रूपये की है योजना

प्रदेश के कृषि एवं उद्यान मंत्री गणेश जोशी ने उद्यान विभाग द्वारा वाह्य सहायतित जायका परियोजना का शिलान्यास कार्यक्रम का आयोजन किया गया। जिसमे मुख्य अथिति के तौर पर प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने वर्चुअल माध्यम से जुड़े। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कृषि एवं उद्यान मंत्री गणेश जोशी ओर वित मंत्री प्रेम चंद्र अग्रवाल की उपस्थिति में वाह्य सहायतित जायका परियोजना रू. 526 करोड़ की योजना का शुभारंभ किया।

इस अवसर पर सीएम पुष्कर सिंह धामी ने बधाई एवं शुभकामनाएं दी। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा इस योजना के माध्यम से प्रदेश में वानिकी, औद्यानिकी को बढ़ावा मिलेगा यह योजना राज्य के लिए मिल का पत्थर साबित होगा। वही मंत्री गणेश जोशी ने अपने संबोधन में सबसे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं केंद्रीय कृषि मंत्री का आभार व्यक्त किया। मंत्री जोशी ने कहा प्रधानमंत्री के कुशल निर्देश/नेतृत्व में भारतवर्ष के साथ-साथ उत्तराखण्ड राज्य में भी औद्यानिकी विकास को बढ़ावा दिया जा रहा है। मंत्री जोशी ने मुख्यमंत्री का धन्यवाद ज्ञापित करते हुए उन्होंने कहा आज मुख्यमंत्री के निर्देशन में उत्तराखण्ड राज्य में औद्यानिक का समग्र विकास करते हुए कास्तकारों की आय में गुणात्मक वृद्धि हेतु महत्वपूर्ण कार्यक्रम संचालित करने व वाह्य सहायतित जायका परियोजना का शुभारम्भ करने के साथ-साथ विभिन्न योजनाओं के अन्तर्गत देय राजसहायता की धनराशि में भी वृद्धि की जा रही है।
मंत्री जोशी ने कहा उत्तराखण्ड राज्य की भौगोलिक परिस्थितियॉ एवं कृषि जलवायु विभिन्न कृषि एवं औद्यानिक फसलों के उत्पादन हेतु अत्यधिक अनुकूल हैं। राज्य के तराई/भावर क्षेत्रों में खाद्यान्न उत्पादन की दृष्टि से महत्वपूर्ण हैं, वहीं राज्य के पर्वतीय क्षेत्रों में औद्यानिकी के विकास की अपार सम्भावनाए विद्यमान हैं। राज्य में खाद्य एवं पोषण सुरक्षा तथा पर्वतीय क्षेत्रों की जनता की आर्थिकी के दृष्टिगत कृषि व औद्यानिक फसलों की अहम भूमिका है। साथ ही पर्वतीय क्षेत्रों की जनसंख्या के रोजगार के मुख्य साधन कृषि एवं औद्यानिकी पर आधारित है। जलवायु परिवर्तन, प्राकृतिक संसाधनों की क्षति तथा खाद्य व ऊर्जा संकट के कारण कृषि एवं औद्यानिकी के समग्र विकास में विभिन्न चुनौतियों का भी सामना करना पड़ रहा है। इसको दृष्टिगत रखते हुए हमारी सरकार द्वारा प्रदेश में कृषि एवं औद्यानिकी के विकास हेतु कृषि-औद्यानिकी दृष्टि पत्र तैयार किया गया है, जिसके क्रियान्वयन की जनपद स्तर पर कार्यवाही प्रारम्भ कर दी गयी है। वर्तमान में उत्तराखण्ड में औद्यानिकी के अन्तर्गत आच्छादित 2.97 लाख है0 क्षेत्रफल में 17.72 लाख मै0टन उत्पादन किया जा रहा है। सशक्त उत्तराखण्ड /25 के अन्तर्गत विभाग द्वारा वर्ष 2024-25 तक औद्यानिकी के अन्तर्गत 3.45 लाख है0 क्षेत्रफल में 22.517 लाख मै0टन उत्पादन का लक्ष्य रखा गया है।
मंत्री जोशी ने कहा बागवानी के समग्र विकास हेतु जापान के सहयोग से बाह्य सहायतित परियोजना जायका योजनान्तर्गत रू0 251.71 करोड़ के प्रस्तावित परिव्यय में विशेष प्रयासों के फलस्वरूप दोगुना से अधिक वृद्वि करते हुए रू0 526.00 करोड़ स्वीकृत कराया गया है। प्रदेश की विविधतापूर्ण कृषि जलवायु एवं भौगोलिक परिस्थितियॉ औद्यानिक फसलों के उत्पादन हेतु अत्यधिक अनुकूल है। विविध जलवायु के फलस्वरूप प्रदेश में समशीतोष्ण एवं शीतोष्ण फसलों का उत्पादन किया जाता है। इस हेतु जापान अन्तर्राष्ट्रीय सहयोग एजेन्सी (जायका) के वित्तीय सहयोग से यह परियोजना प्रदेश के 04 जनपदों (टिहरी, उत्तरकाशी, पिथौरागढ़ एवं नैनीताल) में संचालित की जायेगी। इसके अन्तर्गत जलवायु परिवर्तन के प्रभावों का अध्ययन कर इनके प्रभावों को कम करने हेतु जलवायु के अनुरूप औद्यानिक फसलों एवं तकनीकों का समावेश करते हुए उत्पादन एवं उत्पादकता में वृद्धि की जा सकेगी।
मंत्री ने कहा परियोजना में औद्यानिकी से सम्बन्धित महत्वपूर्ण घटकों को सम्मिलित करते हुए कास्तकारों को 80 प्रतिशत तक राजसहायता से लाभान्वित करने की व्यवस्था की गयी है। साथ ही परियोजना में कीवी को गेम चेजिंग फसल के रूप में सम्मिलित किया गया है, जिससे कास्तकारों की आय में दोगुना से अधिक वृद्वि सुनिश्चित करने के साथ-साथ भारतवर्ष में कीवी के आयात को भी कम किया जा सकेगा। मंत्री जोशी ने आशा व्यक्त करते हुए कहा कि जायका परियोजना के क्रियान्वयन से एकीकृत बागवानी को बढ़ावा देकर कृषकों की आय वृद्धि एवं राज्य की आर्थिकी में विशेष योगदान मिलेगा, जो कि पर्वतीय क्षेत्रों से पलायन रोकने में भी सहायक होगा। इसके अलावा मंत्री जोशी ने कहा कि कोई भी योजना बनाई जाए उसके लिए किसानों की राय भी ली जाएगी। मंत्री जोशी ने कह कि शीघ्र ही जायका परियोजना सभी जनपदों में भी लागू की जायेगी। इस अवसर पर मंत्री जोशी ने जापान से पहुंचे जायका के प्रतिनिधियों को पहाड़ी टोपी ओर केदारनाथ मंदिर की मूर्ति का स्मृति चिन्ह भेंट किया।

इस अवसर पर वित्त मंत्री प्रेमचंद्र अग्रवाल, सीनियर रिप्रेजेंटेटिव जायका इंडिया जून वातानाबे, रिप्रेजेंटेटिव जायका मारिया कोटा, प्रिंसिपल डेवलपमेंट स्पेशलिस्ट जायका अनुराग सिंह, सचिव बी.वी. पुरुषोत्तम निदेशक उद्यान एचएस बवेजा आदि उपस्थित रहे।

शिक्षक युग दृष्टा ऋषियों के समान, जो समाज को बनाते हैं प्रबुद्धः धामी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मसूरी रोड देहरादून स्थित पेस्टल वीड स्कूल में प्रिंसिपल्स प्रोग्रेसिव स्कूल्स एसोसिएशन द्वारा आयोजित International Conference of Principals & Teachers कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। इस अवसर पर उन्होंने शिक्षकों को सम्मानित भी किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि शिक्षकों की समाज के निर्माण में अहम भूमिका होती है। माता-पिता के बाद शिक्षकों पर बच्चों के भविष्य को बनाने की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी होती है। शिक्षक युग दृष्टा ऋषियों के समान हैं, जो समाज को प्रबुद्ध बनाने के लिए निरंतर कार्य करते हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्राचीन भारतीय शिक्षा पद्धति का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को आत्मनिरीक्षण द्वारा स्वयं को जानने और समझने योग्य बनाना रहा है। विद्यार्थी के लिए आत्म साक्षात्कार अत्यंत आवश्यक है। तभी प्रतिभा का सदुपयोग हो सकता है। उन्होंने कहा कि पीपीएसए द्वारा शिक्षार्थियों की प्रतिभा को उभारने के लिए सराहनीय कार्य किए जा रहे हैं। पी.पी.एस.ए. प्रौद्योगिकी, कौशल और स्कूली पाठ्यक्रम पर खुली और रचनात्मक चर्चा द्वारा विचारों के आदान-प्रदान हेतु एक आदर्श वातावरण प्रदान कर रहा है। पीपीएसए द्वारा प्रदेश में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने के लिए पब्लिक स्कूलों और सरकारी स्कूलों के मध्य सहयोग बढ़ाने में भी सरकार को समय समय पर अपना सहयोग प्रदान किया गया है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में आज भारत हर क्षेत्र में तेजी से प्रगति कर रहा है। वैश्विक स्तर पर भारत का मान, सम्मान एवं स्वाभिमान बढ़ा है। भारत दुनिया को हर क्षेत्र में अपने सामर्थ्य का परिचय दे रहा है। प्रधानमंत्री जी के नेतृत्व में भारत, विश्वगुरु के रूप में पुनः स्थापित हो रहा है तथा दुनिया का मार्गदर्शन कर रहा है। उनकी दूरगामी सोच से देश को 34 वर्षों बाद नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति मिली है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति के माध्यम से विद्यार्थियों के संपूर्ण विकास की दिशा में ध्यान दिया जा रहा है। पीपीएसए द्वारा शिक्षार्थियों के जीवन को उन्नति के प्रकाश से आलोकित करने के लिए केंद्र और राज्य सरकारों को नई शिक्षा नीति को सही प्रकार से लागू करने हेतु समय समय पर महत्वपूर्ण सुझाव प्रस्तुत किए जाते रहे हैं।

शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने कहा कि राज्य में राष्ट्रीय शिक्षा नीति का राज्य में सही तरीके से क्रियान्वयन हो इस उद्देश्य से दो दिवसीय कांफ्रेंस का आयोजन किया जा रहा है। इसमें विशेषज्ञों द्वारा प्रधानाचार्यों एवं अध्यापकों को नई शिक्षा नीति के सफल क्रियान्वयन हेतु विभिन्न पहलुओं की जानकारी दी जायेगी। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 को लागू करने वाला उत्तराखण्ड देश का पहला राज्य बना है। उत्तराखण्ड में बाल वाटिकाओं से राष्ट्रीय शिक्षा नीति का शुभारंभ किया गया। उच्च शिक्षा में भी राज्य में राष्ट्रीय शिक्षा नीति लागू की जा चुकी है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति के अनुरूप शैक्षिक गतिविधियों के लिए प्रदेश के सभी अध्यापकों को डायट के माध्यम से प्रशिक्षण की व्यवस्था की गई है। अभी तक 27 हजार से अधिक अध्यापकों को प्रशिक्षण दिया चुका है।

इस अवसर पर पीपीएसए के अध्यक्ष डॉ. प्रेम कश्यप, दून इंटरनेशनल स्कूल के चौयरमैन श्री डी.एस. मान, लेफ्टिनेंट जनरल (से.नि) जयवीर सिंह नेगी, मेजर जनरल (से.नि) शम्मी सभरवाल, रीजनल ऑफिसर सीबीएसई डॉ. रणवीर सिंह, राकेश ओबेराय एवं विभिन्न स्कूलों के प्रधानाचार्य एवं अध्यापक उपस्थित थे।

विश्व अल्पसंख्यक अधिकार दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में सीएम ने किया प्रतिभाग

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने विश्व अल्पसंख्यक अधिकार दिवस के अवसर पर सर्वे ऑफ इण्डिया, हाथीबड़कला में आयोजित कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। इस अवसर पर उन्होंने अल्पसंख्यक छात्रों हेतु निःशुल्क ऑनलाइन कोचिंग सुविधा का शुभारंभ भी किया। अल्पसंख्यकों के कल्याण के लिए सराहनीय कार्य करने, विभिन्न क्षेत्रों में सराहनीय कार्य करने वाले अल्पसंख्यक समुदाय के लोगों एवं अल्पसंख्यक वर्ग की मेधावी छात्राओं को इस अवसर पर मुख्यमंत्री द्वारा सम्मानित किया गया। मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम स्थल पर विभिन्न विभागों द्वारा लगाई गई प्रदर्शनी का अवलोकन भी किया।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अल्पसंख्यक समुदाय के सभी लोगों को विश्व अल्पसंख्यक अधिकार दिवस पर शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह दिन भारत की अखण्डता और एकता के संरक्षण व संवर्धन हेतु हमारे मौलिक कर्तव्यों को याद करने का दिन है। भारत विभिन्न संप्रदायों, भाषा-बोलियों और संस्कृतियों वाला देश है। अनेकता में एकता भारत की विशिष्ट पहचान है। हमारी भारतीय संस्कृति सभी संप्रदायों का सम्मान करने की रही है। राष्ट्रीय एकता व अखण्डता के लिए धार्मिक-क्षेत्रीय विविधता के अनुरूप साम्प्रदायिक सद्भाव तथा भाई-चारे की भावना को प्रोत्साहन देने जैसे अनेकों कार्य हमारी प्राथमिकता रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास एवं सबका प्रयास की भावना से देश आगे बढ़ रहा है। अल्पसंख्यक वर्ग के कल्याण एवं उत्थान के लिए अभूतपूर्व कार्य किए गए हैं। दुनिया के पीड़ित समुदाय को अपने देश में शरण देकर ’’वसुधैव कुटुम्बकम’’ भाव का पालन करना भारत की प्राचीन परंपरा का हिस्सा रहा है। प्रधानमंत्री जी के नेतृत्व में देश में नागरिकता संशोधन विधेयक पारित होना, इसी परंपरा की सार्थकता का पर्याय है। इसी के साथ ही महिला सशक्तिकरण की दृष्टि से हमारी मुस्लिम माताओं-बहनों के अधिकारों व हितों की रक्षा के लिए देश में तीन तलाक से संबंधित कानून को लागू करना एक ऐतिहासिक फैसला रहा है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में केन्द्र सरकार द्वारा अल्पसंख्यकों के कल्याण के लिए अनेक योजनाएं चलाई जा रही हैं। राज्य सरकार द्वारा भी अल्पसंख्यक समुदाय के लिए कई योजनाओं का संचालन किया जा रहा है। अल्पसंख्यक समाज के अधिकारों का संरक्षण सरकार की प्राथमिकता है। देश में विभिन्न योजनाओं का समान रूप से लाभ सभी को मिल रहा है। राज्य सरकार द्वारा भी इस संबंध में कुछ विशेष कदम उठाए गए हैं। विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में अल्पसंख्यकों का प्रतिनिधित्व बढ़ाए जाने एवं अल्पसंख्यक छात्र-छात्राओं को प्रोत्साहित किए जाने हेतु “मुख्यमंत्री अल्पसंख्यक प्रोत्साहन योजना’’ प्रारम्भ की है। अल्पसंख्यक समुदाय के परिवारों की मेधावी छात्राओं की शिक्षा हेतु विशेष अनुदान भी उपलब्ध कराया जा रहा है। अल्पसंख्यक क्षेत्रों में मांग के अनुसार आर्थिक व शैक्षणिक विकास के लिए 4 करोड़ रुपये की लागत से अल्पसंख्यक विकास निधि की स्थापना की है। मौलाना आजाद एजुकेशन फाइनेंस फाउन्डेशन योजना के अर्न्तगत उत्तराखण्ड राज्य के गरीब अल्पसंख्यक छात्र-छात्राओं को व्यावसायिक शिक्षा हेतु ब्याज मुक्त ऋण दिये जाने का प्राविधान भी किया गया है। मुख्यमंत्री हुनर योजना से भी राज्य में अल्पसंख्यकों को रोजगार दिए जाने का कार्य किया जा रहा है। सरकार ने कलियर शरीफ में 50 बेड का हॉस्पिटल स्वीकृत किया है, उसकी धनराशि भी स्वीकृत हो चुकी है। जल्द ही यह यूनानी मेडिकल कॉलेज कलियर शरीफ में बनेगा।
कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में समाज के हर वर्ग को आगे बढ़ाने का कार्य हो रहा है। केन्द्र एवं राज्य सरकार की योजनाओं को आम जन तक पहुंचाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि हमें अपने अधिकारों के साथ ही अपने कर्तव्यों का निर्वहन भी गंभीरता से करना होगा। राज्य के समग्र विकास के लिए सभी वर्गों का सहयोग जरूरी है।
मेयर सुनील उनियाल गामा ने कहा कि विश्व अल्पसंख्यक अधिकार दिवस के अवसर पर सभी समुदाय के लोगों को साथ लेकर यह भव्य आयोजन किया गया है। समाज के सभी वर्गों के विकास से ही किसी प्रदेश एवं देश का समग्र विकास संभव है। इस दिशा में केन्द्र एवं राज्य सरकार द्वारा सराहनीय कार्य किया जा रहा है।
उत्तराखण्ड अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष डॉ. आर. के जैन ने कहा कि अल्पसंख्यकों के कल्याण के लिए आयोग द्वारा निरन्तर जन जागरूकता अभियान चलाये जा रहे हैं। केन्द्र एवं राज्य सरकार की इन वर्गों के लिए चलाई जा रही जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रति जागरूक किया जा रहा है। केन्द्र एवं राज्य सरकार द्वारा अल्पसंख्यकों के कल्याण के लिए सराहनीय कार्य किये जा रहे हैं।
इस अवसर पर उत्तराखण्ड अल्प संख्यक आयोग के उपाध्यक्ष मज़हर नईम नवाब, सरदार इकबाल सिंह, उत्तराखण्ड वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष शादाब शम्स, उत्तराखंड बाल संरक्षण आयोग अध्यक्ष डॉ.गीता खन्ना, खतीब अहमद, डी.आई.जी पी रेणुका देवी एवं अल्पसंख्यक समुदाय के प्रतिनिधि उपस्थित थे।

ऑनलाइन हुई जीएसटी परिषद की 48वीं बैठक

जीएसटी परिषद की 48वीं बैठक केन्द्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण जी की अध्यक्षता में ऑनलाइन आयोजित हुई। बैठक में उत्तराखण्ड राज्य का प्रतिनिधित्व सूबे के वित्त मंत्री डॉ प्रेम चंद अग्रवाल ने किया।

सचिवालय में आयोजित ऑनलाइन बैठक में विभिन्न विषयों यथा विधि समिति द्वारा संस्तुत विषयों तथा फिटमेंट समिति द्वारा संस्तुत विषयों पर विस्तृत चर्चा की गयी।

बैठक में राज्य द्वारा समाधान व्यापारियों को ई-कॉमर्स ऑपरेटर के माध्यम से बिक्री किये जाने की सुविधा दिए जाने, सेवाओं के निरस्तीकरण के मामले में अपंजीकृत व्यक्तियों को रिफंड दिए जाने की सुविधा देने, अपीलार्थी को अपील वापस लिए जाने की सुविधा दिए जाने तथा टीडीएस/टीसीएस कटौती/जमा करने वाले व्यक्तियों को पंजीयन स्वयं निरस्त करने की सुविधा देने पर सहमति व्यक्त की गई स

बैठक में फिटमेंट समिति द्वारा की गई संस्तुतियों के अंतर्गत कर दरों के संबंध में स्पष्टीकरण जारी किए जाने तथा कतिपय विसंगतियों को दूर किये जाने पर विचार विमर्श किया गया, जिसका राज्य द्वारा समर्थन किया गया।

बैठक में डा. अहमद इकबाल, आयुक्त राज्य कर सहित विभागीय अधिकारियों द्वारा प्रतिभाग किया गया।

सीएम आवास पहुंचे फरियादी, मुख्यमंत्री धामी ने अधिकारियों को मौके पर दिए निर्देश

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री आवास स्थित मुख्य सेवक सदन में आयोजित जनता मिलन कार्यक्रम में बड़ी संख्या में आए लोगों की शिकायतों और समस्याओं को सुना और मौके पर ही अधिकारियों को उनके निस्तारण के निर्देश दिये।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जनता दर्शन कार्यक्रम में प्राप्त सभी जन शिकायतों की मॉनिटरिंग मुख्यमंत्री कार्यालय से की जाएगी। अधिकारी पूरी गंभीरता से सभी शिकायतों का निस्तारण समयबद्धता से करें।

मुख्यमंत्री ने एक-एक कर सभी की शिकायतों को पूरी गंभीरता से सुना। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को जन समस्याओं और शिकायतों का निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिये। मुख्यमंत्री ने कहा कि जो भी शिकायतें प्राप्त हुई हैं, उन्हें यथाशीघ्र संबंधित विभागों को भेजा जाए।

नित्यानंद स्वामी की पुण्यतिथि पर बांटे कंबल

उत्तराखंड के प्रथम मुख्यमंत्री श्री नित्यानंद स्वामी जी की 10वीं पुण्यतिथि पर कैबिनेट मंत्री डॉ प्रेमचंद अग्रवाल ने उनके चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित की। इस मौके मंत्री डॉ अग्रवाल ने जरूरत मंद लोगों को कम्बल वितरित किये।

मालवीय रोड स्थित आवास पर आयोजित 10 वीं पुण्यतिथि कार्यक्रम में हवन पूजन किया गया। इस मौके पर मंत्री डॉ अग्रवाल ने हवन में पूर्णाहुति देकर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।

डॉ अग्रवाल ने कहा कि स्व. नित्यानंद स्वामी पारदर्शी व्यक्तित्व वाले इंसान थे। वह राजनीति के सच्चे पुरोधा थे। ऐसे इंसानों की प्रेरणा से कुछ अच्छा करने की ताकत मिलती है।

डॉ अग्रवाल ने कहा कि नित्यानंद स्वामी ने प्रदेश में अपराध और नशाखोरी पर काफी हद तक लगाम लगाई। वर्ष 2000 से पहले उत्तराखंड में अपराध का ग्राफ काफी चढ़ा हुआ था। पूर्व मुख्यमंत्री ने इसपर सख्त कदम उठाए।

डॉ अग्रवाल ने कहा कि नित्यानंद स्वामी का पूरा जीवन संघर्ष में बीता। उनका एक पैर रेल और दूसरा जेल में रहता था। सुख-सुविधाओं को छोड़ पूर्व मुख्यमंत्री ने छोटे से घर में रहना पसंद किया।

इस मौके पर जरूरतमंद लोगों को कंबल वितरित किये गए। इस मौके पर मंत्री धन सिंह रावत, विधायक श्रीमती सविता कपूर, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट, सुनील उनियाल, श्रीमती ज्योत्सना शर्मा, डॉ एस फारुख, रघुवीर पवार, महेंद्र शर्मा, केपी सिंह, केके अग्रवाल, विनायक शर्मा, अध्यक्ष युद्ध युवा युवा संगठन और उनकी टीम उपस्थित रही।

मुख्यमंत्री ने 257 करोड़ की योजनाओं का किया शिलान्यास

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इन्दिरा मार्केट, देहरादून के निकट विधानसभा क्षेत्र राजपुर के अन्तर्गत विभिन्न विकास योजनाओं का शिलान्यास एवं लोकार्पण किया। जिसमें लगभग 257 करोड़ रूपये की योजनाओं शिलान्यास एवं लगभग 7 करोड़ रूपये की योजनाओं का लोकार्पण किया। जिसमें लगभग 242 करोड़ की लागत के इन्दिरा मार्केट रि-डेवलपमेंट का शिलान्यास भी शामिल है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि आज जिन योजनाओं का शिलान्यास किया गया है, ये सभी योजनाएं तय सीमा के अन्दर पूर्ण की जायेंगी। उन्होंने कहा कि कार्यों में समय एवं गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखने के निर्देश अधिकारियों को दिये गये हैं। जिन कार्यदाई संस्थाओं द्वारा कार्य के प्रति लापरवाही दिखाई गई है, उन पर सख्त कार्रवाई भी की जा रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि अधिकारियों को सख्त निर्देश दिये गये हैं कि जन सुविधाओं के दृष्टिगत सभी कार्य निर्धारित समयावधि में पूर्ण किये जाएं। सरलीकरण, समाधान, निस्तारण एवं संतुष्टि के भाव से कार्य किये जाएं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश हर क्षेत्र में तेजी से प्रगति कर रहा है। वैश्विक स्तर पर भारत का मान, सम्मान एवं स्वाभिमान बढ़ा है। समाज के हर वर्ग के लोगों को ध्यान में रखते हुए योजनाएं बनाई जा रही हैं। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में देश में कोविड के निदान के लिए दो-दो स्वदेशी वैक्सीन बनी। भारत ने अन्य देशों को भी कोविड वैक्सीन उपलब्ध कराई। केन्द्र सरकार से राज्य को हर क्षेत्र में पूरा सहयोग मिल रहा है। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवास विहीनों को आवास उपलब्ध कराये जा रहे हैं। 2025 तक उत्तराखण्ड को देश का अग्रणी राज्य बनाने के लिए सभी विभागों द्वारा रोडमैप बनाया गया है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी ने इस दशक को उत्तराखण्ड का दशक बताया है। इस दशक को उत्तराखण्ड का दशक बनाने के लिए राज्य सरकार हर संभव प्रयास कर रही है। सभी के सहयोग से उत्तराखण्ड को श्रेष्ठ राज्य बनाया जायेगा।

शहरी विकास मंत्री प्रेम चंद अग्रवाल ने कहा कि जिन योजनाओं का आज लोकार्पण एवं शिलान्यास किया गया है। इन योजनाओं से आम जन को काफी सुविधाएं होंगी। इन्दिरा मार्केट रि-डेवलपमेंट होने से एक बड़ी समस्या का समाधान होगा। इसके तहत 581 दुकानें एवं 56 कियोस्क बनेंगे। 1050 वाहनों की क्षमता की पार्किंग बनेगी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में प्रदेश तेजी से विकास की ओर बढ़ रहा है।
राजपुर विधायक खजानदास ने उनकी विधानसभा के लिए बड़ी सौगातें देने के लिए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि इंदिरा मार्केट रि-डेवलपमेंट होने से एक बड़ी समस्या का समाधान होगा।

इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल, मेयर सुनील उनियाल गामा, विधायक सविता कपूर, भाजपा के महानगर अध्यक्ष सिद्धार्थ अग्रवाल, भाजपा नेता अनिल गोयल, विश्वास डाबर, पुनीत मित्तल, जिलाधिकारी सोनिका एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।

सरकार होमगार्डस के जवानों को कर रही हर प्रकार से सहयोगः सीएम

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने ननूरखेड़ा, देहरादून में होमगार्डस एवं नागरिक सुरक्षा के स्थापना दिवस कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि प्रतिभाग किया। उन्होंने रैतिक परेड का निरीक्षण किया एवं होमगार्डस एवं नागरिक सुरक्षा की स्मारिका का विमोचन किया।

होमगार्ड जवानों के मानसिक स्वास्थ्य एवं अन्य समस्याओं के लिए बनाये गये एप ‘पहल’ का शुभारंभ भी मुख्यमंत्री द्वारा किया गया। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर सेवा पृथक होमगार्ड कुन्ती देवी को होमगार्ड कल्याण कोष से एक लाख रुपये का चेक एवं ड्यूटी के दौरान मृत होमगार्ड जवान तिलक राज मौर्य की पत्नी प्रीति को होमगार्ड कल्याण कोष से 02 लाख रुपये का चेक प्रदान किया। केन्द्र सरकार द्वारा कुमाऊँ कमाण्डेन्ट, होमगार्डस ललित मोहन जोशी को सराहनीय सेवाओं के लिए गृह रक्षक एवं नागरिक सुरक्षा सम्मान स्वीकृत किया गया। मुख्यमंत्री द्वारा ललित मोहन जोशी को यह सम्मान प्रदान किया गया। विभिन्न क्षेत्रों में सराहनीय कार्य करने वाले जवानों को मुख्यमंत्री द्वारा प्रशंसा प्रमाण पत्र भी प्रदान किये गये।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस अवसर पर चार घोषणाएं की। उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड राज्य के 10 जनपदों ऊधमसिंहनगर, पिथौरागढ़, चम्पावत, अल्मोड़ा, बागेश्वर, चमोली, रूद्रप्रयाग, पौड़ी, उत्तरकाशी और टिहरी में होमगार्ड्स स्वयंसेवकों की एक-एक महिला प्लाटून (कुल संख्या 330) महिला होमगार्ड्स के पदों पर भर्ती की जायेगी। उत्तराखण्ड राज्य में एक जनपद से दूसरे जनपद की अन्तर्जनपदीय ड्यूटी तथा राज्य की सीमा के अन्तर्गत निर्वाचन ड्यूटी एवं रैतिक परेड में तैनात होने वाले होमगार्ड्स स्वयंसेवकों को 180 रुपए प्रतिदिन, प्रति होमगार्ड भोजन भत्ता प्रदान किया जायेगा। होमगार्ड्स ड्यूटी के 24 घण्टे के भीतर घायल/बीमार होने वाले होमगार्ड्स स्वयंसेवकों को पूरे सेवाकाल में चिकित्सालय में भर्ती होने पर अधिकतम 06 माह तक ड्यूटी भत्ता प्रदान किया जायेगा। अवैतनिक प्लाटून कमाण्डर का मानदेय 1000 रूपये से बढ़ाकर 1500 रूपये प्रतिमाह, अवैतनिक सहायक कम्पनी कमाण्डर का मानदेय 1200 रूपये से बढ़ाकर 2000 रूपये प्रतिमाह तथा अवैतनिक कम्पनी कमाण्डर का मानदेय 1500 रूपये से बढ़ाकर 2500 रूपये प्रतिमाह दिया जायेगा।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि राष्ट्रसेवा का अद्वितीय उदाहरण अगर कहीं स्पष्ट देखने को मिलता है तो वह हमारे जवानों के बीच आकर ही देखने को मिलता है। उन्होंने कहा कि परेड में जवानों द्वारा मोटरबाईक पर जो साहस, कौशल एवं सन्तुलन का प्रदर्शन किया वो सराहनीय था। होमगार्डस एवं नागरिक सुरक्षा का राज्य में कानून व्यवस्था को सुचारू रूप से संचालित करने में भी महत्वपूर्ण योगदान है। कड़ी धूप में यातायात एवं सुरक्षा व्यवस्था को जिस तरह हमारे ये जवान नियंत्रित करते हैं, वह सराहनीय है। कोविड महामारी के दौरान होमगार्ड्स जवानों ने जिस निष्काम सेवा से अपने कर्तव्य का निर्वहन किया, वह सबके लिए अनुकरणीय है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार होमगार्डस के जवानों को हर प्रकार का सहयोग देने के लिए तत्पर है। होमगार्ड्स जवानों के एस.एल.आर. प्रशिक्षण हेतु दस हजार कारतूस क्रय किये गये हैं। राज्य सरकार ने अपने इन जवानों की सुविधा के लिए छोटे हथियारों जैसे पिस्टल आदि के क्रय किये जाने हेतु भी स्वीकृति प्रदान की गई है। यातायात को बेहतर बनाये जाने के उद्देश्य से विभाग ने इस वर्ष जो “प्रोजेक्ट पार्क वैल” योजना की शुरुआत की है, इसके अच्छे परिणाम सामने आ रहे हैं। होमगार्ड्स स्वयंसेवकों के लम्बित कल्याण कोष के प्रकरणों के निस्तारण हेतु सावधि जमा धनराशि के सम्पूर्ण उपयोग की अनुमति भी प्रदान की है। जून 2022 से होमगार्ड्स स्वयंसेवकों को महंगाई भत्ता एवं जुलाई 2022 से धुलाई भत्ता भी प्रदान किया जा रहा है। राज्य सरकार ने अप्रैल 2017 से एरियर के भुगतान किये जाने हेतु अनुपूरक बजट में 101 करोड़ रुपए का अलग से प्रावधान किया है। उन्होंने आशा व्यक्त की कि आने वाले समय में होमगार्ड्स तथा नागरिक सुरक्षा संगठन के सभी अधिकारी एवं कर्मचारी उत्तराखण्ड राज्य के विकास तथा कानून व्यवस्था एवं शान्ति स्थापना के कार्यों में अपना महत्वपूर्ण सहयोग इसी प्रकार प्रदान करते रहेंगे।

इस अवसर पर मेयर देहरादून सुनील उनियाल गामा, विधायक उमेश शर्मा काऊ, खजान दास, प्रमोद नैनवाल, पुलिस महानिदेशक अशोक कुमार, कमाण्डेन्ट जनरल होमगार्ड एवं नागरिक सुरक्षा केवल खुराना, डिप्टी कमाण्डेन्ट जनरल होमगार्ड अमिताभ श्रीवास्तव, राजीव बलोनी आदि उपस्थित थे।

मंत्री ने किया सैन्य धाम के निर्माण कार्यों को लेकर स्थलीय निरीक्षण

सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने सोमवार को देहरादून के गुनियाल गांव पहुंचकर सैन्य धाम के निर्माण कार्यों को लेकर स्थलीय निरीक्षण किया। मौके पर पहुंचे मंत्री गणेश जोशी ने निर्माण कार्यों का मौका मुआयना कर सैन्य धाम के निर्माण कार्य की प्रगति की जानकारी प्राप्त की।
इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी ने सम्बंधित कार्यदायी संस्था को निर्माण कार्य को तय समय सीमा के भीतर कार्य पूर्ण करने के भी निर्देश दिए। सैनिक कल्याण मंत्री जोशी ने कहा निर्माण कार्यों में इस्तामेल हो रही सामग्री में गुणवत्तता का विशेष ध्यान रखा जाए। उन्होंने कहा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की परिकल्पना के स्वरूप उत्तराखण्ड में सैन्य धाम निर्माण हो रहा है। उन्होंने कहा यह मेरा भी ड्रीम प्रोजेक्ट है, प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी लगातार सैन्य धाम की मॉनिटरिंग करते रहते है।
मंत्री जोशी ने कहा सैन्य धाम का निर्माण कार्य तेजी के साथ चल रहा है ओर जिस प्रकार निर्माण कार्य की रफ्तार है,निश्चित ही हम तय समय सीमा से पूर्व की सैन्य धाम का निर्माण कार्य पूरा हो जाएगा। मंत्री जोशी ने कहा कि उत्तराखण्ड का सैन्य धाम यहां के चार धामों की तरह ही विकसित हो। इसके लिए सैन्य धाम को भव्य रूप दिया जा रहा है। मंत्री ने कहा कि हमारा संकल्प है कि 2023 के अंत से पहले ही हम सैन्य धाम का निर्माण पूर्ण कर लेंगे।

दून मेडिकल कॉलेज का मंत्री ने किया औचक निरीक्षण

चिकित्सा शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने आज दून मेडिकल कॉलेज का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने छात्र-छात्राओं से मुलाकात कर उनकी समस्याओं को सुना। रावत ने विभागीय अधिकारियों को कहा कि मेडिकल छात्र-छात्राएं भविष्य के चिकित्सक हैं उन्हें गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ-साथ बेहत्तर सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जाय। मेडिकल कॉलेज में व्याप्त अव्यवस्था पर विभागीय मंत्री ने कॉलेज प्रशासन को जमकर फटकार लगाई और व्यवस्थाएं दुरूस्त करने के निर्देश दिए।
चिकित्सा स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत गुरुवार अचानक राजकीय दून मेडिकल कॉलेज पहुंचे, जहां उन्होंने कॉलेज की व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। इसके अलावा उन्होंने मेडिकल कॉलेज में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं से मुलाकात कर उनकी समस्याओं को सुना। इस दौरान उन्होंने छात्रावास एवं मैस का निरीक्षण करते हुए वहां उपलब्ध सुविधाओं के बारे में भी मेडिकल छात्र-छात्राओं से जानकारी ली। जिस पर छात्र-छात्राओं ने उन्हें तमाम असुविधाओं से अवगत कराया। बताया कि दून मेडिकल कॉलेज के औचक निरीक्षण के दौरान उन्होंने कॉलेज की गतिविधियों, शैक्षणिक कार्यक्रमों सहित तमाम व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने कहा कि मेडिकल कॉलेज में पढ़ने वाली मेडिकल छात्र-छात्राएं भविष्य की डॉक्टर हैं लिहाजा उन्हें गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ-साथ बेहत्तर सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश विभागीय अधिकारियों एवं कॉलेज प्रशासन को दे दिये गये हैं।
विभागीय मंत्री ने कहा कि कॉलेज परिसर एवं छात्रावासों में साफ-सफाई, मैस में ताजा एवं पौष्ठिक भोजन उपलब्ध कराने सहित शैक्षणिक एवं अन्य गतिविधियों को दुरूस्त करने के निर्देश अधिकारियों को दिये। उन्होंने कहा कि मेडिकल कॉलेज में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी। इससे पहले रावत ने श्रीनगर एवं हल्द्वानी मेडिकल कॉलेज के छात्रावासों की व्यवस्थाओं को भी परखा चुके हैं। इस दौरान उन्होंने कॉलेज प्रशासन को सभी व्यवस्थाएं दुरुस्त करने निर्देश दिये।