हरिद्वार में सीएम ने किया 1168 करोड़ रूपये की लागत से 158 विकास योजनाओं का लोकार्पण व शिलान्यास

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने ऋषिकुल मैदान हरिद्वार में नारी शक्ति महोत्सव कार्यक्रम में विशाल जनसभा को संबोधित किया। इस अवसर पर उन्होंने हरिद्वार जनपद के लिए 1168 करोड़ रूपये की लागत के 158 विकास योजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि वनभूलपुरा अतिक्रमण वाले स्थल पर पुलिस और अन्य संस्थान खोले जायेंगे। मुख्यमंत्री ने हरिद्वार के शहरी क्षेत्र की सम्पूर्ण सीवरेज व्यवस्था के सुदृढीकरण के लिए जर्मन बैंक की मदद से 523 करोड़ की स्वीकृत परियोजना, ग्रामीण एवं नगरीय क्षेत्र में पेयजल व्यवस्था, पर्यटक स्थलों के विकास, पार्किंग व्यवस्था सहित अन्य कार्यों का आज शिलान्यास किया। इन योजनाओं से हरिपुरकलां, भूपतवाला, भीमगोडा, हरकी पैड़ी, मायापुर, कनखल, ऋषिकुल, ज्वालापुर, आवास विकास कॉलोनी, गोविन्दपुरी, जगजीतपुर सहित अन्य क्षेत्रों को सीवरेज सहित पेयजल, पार्किंग आदि की समस्या से निजात मिल सकेगी।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि किसी समाज या राज्य की रीढ़, उसकी सशक्त महिलाएं ही हैं, अगर किसी राज्य की नारी शक्ति प्रगति कर रही है तो उस राज्य का विकास सुनिश्चित है। उत्तराखण्ड राज्य के निर्माण में राज्य की महिलाओं का विशेष योगदान रहा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में महिलाओं के जीवन स्तर को ऊपर उठाने के लिए अनेक प्रयास हुए हैं। उत्तराखण्ड में भी सरकारी नौकरियों में महिलाओं को 30 प्रतिशत आरक्षण देने के साथ ही ‘मुख्यमंत्री नारी सशक्तिकरण योजना‘, मुख्यमंत्री महालक्ष्मी योजना, मुख्यमंत्री वात्सल्य योजना, मुख्यमंत्री आंचल अमृत योजना और पोषण अभियान जैसी योजनाएं प्रारंभ की गई हैं।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आंगनबाड़ी केन्द्रों को उन्नत रूप से विकसित करते हुए भविष्य के नौनिहालों को मानसिक एवं शारीरिक रूप से सशक्त बनाने के लिए ड्रीम प्रोजेक्ट तारा की शुरुआत करने के लिए हरिद्वार जिला प्रशासन की सराहना की। इस प्रोजेक्ट के अन्तर्गत 150 आंगनबाड़ी केन्द्रों को आधुनिक व तकनीकी रूप से समृद्ध बनाते हुए प्रत्येक आंगनबाड़ी केन्द्र में स्मार्ट टी०वी०, बच्चों के लिए फर्नीचर, खिलौने और आंगनबाडी कार्यकत्री को नवीन राष्ट्रीय शिक्षा नीति प्रणाली की बारीकी से ट्रेनिंग दी जा रही है। प्रोजेक्ट द्वारा आंगनबाड़ी केन्द्रों के 3000 बच्चों एवं 300 आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों को सीधे लाभान्वित किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हरिद्वार जिला प्रशासन द्वारा प्रधानमंत्री के “अमृतकाल की आंगनबाड़ी“ के सपने को मूर्तरूप देने का प्रशंसनीय कार्य किया गया है। उन्होंने कहा कि सहकारिता के अन्तर्गत राज्य सरकार ने हरिद्वार में “मीठी गंगा“ नामक एक और महत्वाकांक्षी परियोजना की शुरुआत भी की है, जिसमें स्थानीय महिलाओं द्वारा शहद उत्पादन एवं बिक्री का कार्य किया जायेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि हम महिलाओं को होम मेकर के साथ -साथ नेशन मेकर के रूप में देख रहे हैं, क्योंकि तभी हम सही अर्थों में राष्ट्र का विकास कर पाएंगे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में सांस्कृतिक पुनरोत्थान के लिये निरंतर कार्य हो रहे हैं। अयोध्या में भगवान श्रीराम के भव्य व दिव्य मंदिर का उद्घाटन, काशी विश्नाथ कॉरिडोर, महाकाल लोक कॉरिडोर सहित बाबा केदार के पुनर्निर्माण कार्य और बद्रीनाथ धाम के मास्टर प्लान के कार्य इस बात का सबूत है, उन्होंने जो कहा वह किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि अब हम हरिद्वार और ऋषिकेश कॉरिडोर का निर्माण कराए जाने का प्रस्ताव तैयार कर रहे हैं, क्योंकि हम अयोध्या, काशी विश्वनाथ और महाकाल लोक कॉरिडोर की तरह ही हरकी पैड़ी कॉरिडोर को विश्व के मानचित्र पर एक अलग पहचान दिलाना चाहते हैं। उत्तराखंड में देश का सबसे कठोर नकल विरोधी कानून लागू किया गया है और अब समान नागरिक संहिता विधेयक विधानसभा से पास हो गया है। हमें 21वीं सदी के इस तीसरे दशक को महिला सशक्तिकरण को समर्पित दशक बनाना है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नारी शक्ति महोत्सव कार्यक्रम से पहले देवपुरा चौक से ऋषिकुल मैदान तक आयोजित भव्य रोड शो प्रतिभाग कर मातृ शक्ति और विशाल जन समूह का अभिनंदन स्वीकार किया।

इस अवसर पर सांसद एवं पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक, राज्यसभा सांसद नरेश बंसल, कल्पना सैनी, जिला पंचायत अध्यक्ष हरिद्वार राजेन्द्र चौधरी, भाजपा के जिलाध्यक्ष श्यमवीर सैनी, शोभाराम प्रजापति, पूर्व विधायक संजय गुप्ता, देशराज कर्णवाल, जिलाधिकारी हरिद्वार धीराज गर्ब्याल, एस.एस.पी प्रमेन्द्र डोभाल, सीडीओ प्रतीक जैन उपस्थित थे।

सीएम ने हरिद्वार से अयोध्या आस्था स्पेशल ट्रेन का किया फ्लैग ऑफ

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हरिद्वार रेलवे स्टेशन से अयोध्या जाने वाली आस्था स्पेशल ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस ट्रेन से 1504 श्रद्धालु प्रथम रवानगी में अयोध्या पहुँचेंगे।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने हरिद्वार से अयोध्या के मध्य आस्था स्पेशल ट्रेन के संचालन की शुभकामनाएं देते हुए ट्रेन के संचालन पर प्रधानमंत्री और रेल मंत्री का धन्यवाद ज्ञापित किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि इस ट्रेन के संचालन से हरिद्वार, ऋषिकेश, देहरादून सहित गढ़वाल व कुमाउं क्षेत्र के रामभक्तों को सहूलियत मिलेगी। उन्होंने कहा कि राम मंदिर के लिए हम सभी ने कितना संघर्ष किया, अब हमें उस संघर्ष का प्रतिफल प्रधानमंत्री जी के नेतृत्व वाली सरकार में मिला है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राम मंदिर के लिए चलाए गए आंदोलन में अर्पण भी था, तर्पण भी था, संघर्ष भी था, संकल्प भी था। उन्होंने कहा कि जिनके त्याग, बलिदान और संघर्ष से वर्षों पुराना ये स्वप्न साकार हुआ, जिनकी तपस्या राममंदिर में नींव की भांति जुड़ी हुई है, मैं उन सभी लोगों को नमन करता हूँ, उनका वंदन करता हूं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में भारत ने भगवान भास्कर के सानिध्य में सरयू के किनारे एक स्वर्णिम अध्याय रचा है। अब सदियों का इंतजार समाप्त हो गया है और हर कोई अयोध्या में भगवान श्रीराम के दर्शन करने को लालायित है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जब मैं स्टेशन में प्रवेश कर रहा था तो राम भक्तों के चेहरों पर जो भाव देख रहा था, उन्हें शब्दों में बयां करना संभव नहीं है। सभी रामभक्त वर्षों पुराने स्वप्न को सच होते देखने के लिए अयोध्या जा रहे हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि श्रीराम का मंदिर हमारी संस्कृति का आधुनिक प्रतीक बनेगा, हमारी शाश्वत आस्था का प्रतीक बनेगा, हमारी राष्ट्रीय भावना का प्रतीक बनेगा और ये मंदिर करोड़ों-करोड़ लोगों की सामूहिक संकल्प शक्ति का भी प्रतीक बनेगा। उन्होंने कहा कि श्रीराम मंदिर आने वाली पीढ़ियों को आस्था, श्रद्धा, और संकल्प की प्रेरणा देता रहेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि हम उत्तराखंड को भगवान श्रीराम के आशीर्वाद से देश का श्रेष्ठ राज्य बनाने के लिए कृतसंकल्पित हैं। इस लक्ष्य की प्राप्ति के लिए अपने विकल्प रहित संकल्प के मंत्र को लेकर निरंतर आगे बढ़ रहे हैं और इस लक्ष्य में हमें आप सभी का सहयोग व समर्थन चाहिए।

इस अवसर पर महानिर्वाणी के सचिव रविन्द्र पुरी, महामंडलेश्वर रूपेन्द्र प्रकाश, पदम जी, पूर्व कैबिनेट मंत्री व नगर विधायक मदन कौशिक, पूर्व विधायक संजय गुप्ता, भाजपा जिला अध्यक्ष संदीप गोयल, जिला महामंत्री विकास तिवारी, जिलाधिकारी धीराज सिंह गर्ब्याल, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रमेन्द्र डोभाल, एडीएम (प्रशासन) पीएल शाह, डीआरएम राजकुमार, एसडीएम अजय वीर सिंह, एसपी सिटी स्वतंत्र कुमार सिंह, एसपी रेलवे सरिता डोबाल, नितिन गौतम, उज्ज्वल पंडित, जगदीश लाल पाहवा सहित सम्बन्धित पदाधिकारी एवं अधिकारीगण उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री आवास में किसानों ने किया सीएम धामी का आभार

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से मुख्यमंत्री आवास स्थित मुख्य सेवक सदन में पूर्व मुख्यमंत्री एवं सांसद डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक और पूर्व कैबिनेट मंत्री स्वामी यतीश्वरानंद के नेतृत्व में हरिद्वार के किसानों के प्रतिनिधिमण्डलों ने भेंट की। उन्होंने वर्ष 2023-24 के लिए राज्य में गन्ना मूल्य में 20 रुपये प्रति क्विंटल वृद्धि करने पर मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया। प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों ने किसानों के हित में केन्द्र एवं राज्य सरकार द्वारा समय-समय पर लिये गये निर्णयों के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का आभार व्यक्त किया।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सभी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा किसानों के जीवन स्तर को ऊंचा उठाने के लिए लगातार प्रयास किये जा रहे हैं। कृषि, बागवानी के क्षेत्र में अनेक योजनाएं चलाई जा रही हैं। किसानों की आय दोगुनी करने की दिशा में राज्य सरकार द्वारा निरंतर प्रयास किये जा रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में 2023-24 के लिए गन्ने की अगेती प्रजाति का मूल्य 375 रुपये प्रति क्विंटल और सामान्य प्रजाति का मूल्य 365 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित किया गया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के साढ़े नौ साल के कार्यकाल में गरीबों के कल्याण के लिए अनेक योजनाएं चलाई गई हैं। हर वर्ग को ध्यान में रखते हुए योजनाओं का लाभ दिया गया है। महिला सशक्तिकरण की दिशा में भी तेजी से कार्य हुए हैं। प्रधानमंत्री आवास योजना, आयुष्मान भारत योजना, उज्ज्वला योजना, गरीब कल्याण अन्न योजना जैसी योजनाएं लोगों के लिए वरदान साबित हुई हैं। राज्य में भी हर वर्ग को ध्यान में रखते हुए योजनाओं का लाभ दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार किसानों की हर समस्या का समाधान करने के लिए प्रतिबद्ध है।

इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष किरन चौधरी, भाजपा के हरिद्वार जिलाध्यक्ष संदीप गोयल, रूड़की जिलाध्यक्ष शोभाराम प्रजापति, किसान मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष जोगेन्द्र पुण्डीर, गन्ना विकास सलाहकार समिति के उपाध्यक्ष श्यामवीर सैनी एवं किसानों के प्रतिनिधिमण्डल उपस्थित थे।

लोकतंत्र की मजबूती के लिए मतदाताओं की महत्वपूर्ण भूमिका-धामी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरूवार को रूड़की कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग में आयोजित नमो नवमतदाता सम्मेलन में प्रतिभाग किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि लोकतंत्र की मजबूती के लिए मतदाताओं की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। उन्होंने सभी नव मतदाताओं से अपील की कि अपने मत का प्रयोग अवश्य करें और सबको मत का प्रयोग करने के लिए जागरूक भी करें। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में वोट का सबसे अधिक महत्व होता है। मतदाता ही देश के भाग्य विधाता हैं। उन्होंने कहा कि विकसित भारत के संकल्प को पूरा करने में युवाओं की सबसे अहम भूमिका होगी।
मुख्यमंत्री ने सभी युवाओं से आह्वान किया कि लोकतंत्र की मजबूती के लिए अपने मताधिकार का प्रयोग जरूर करें। जो मताधिकार के प्रयोग के लिए योग्य हो चुके हैं, अपना पंजीकरण कर मतदान करने का अधिकार लें। मतदान करने का पवित्र कार्य सभी को करना चाहिए। हमारी सोच होनी चाहिए कि पहले मतदान, फिर जलपान। उन्होंने कहा कि मतदान के लिए लोगों में जागरूकता बढ़ी है, इसके परिणामस्वरूप मतदान का प्रतिशत लगातार बढ़ रहा है। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग द्वारा मतदान के लिए लोगों को जागरूक करने के लिए लगातार जागरूकता अभियान चलाये जाते हैं। हमारे युवाओं को भी स्कूल, कॉलेजों, संस्थानों और विभिन्न क्षेत्रों में जाकर इसके लिए जागरूकता अभियान चलाने होंगे।
इस अवसर पर विधायक प्रदीप बत्रा, जिला पंचायत अध्यक्ष हरिद्वार किरण चौधरी, पूर्व विधायक संजय गुप्ता, भाजपा के युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष शशांक रावत, युवा मोर्चा के जिलाध्यक्ष गौरव कौशिक, भाजपा के जिलाध्यक्ष शोभाराम प्रजापति एवं अन्य पदाधिकारी उपस्थित रहे।

हरकीपैडी में सीएम ने मनाया श्रीराम प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अयोध्या में श्रीराम लला विग्रह के दिव्य, भव्य, नव्य मन्दिर में प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव के पावन एवं गौरवशाली शुभ अवसर पर विशेष रामनाम ध्वजा से सजे हुये हरकीपैड़ी में आयोजित दीपोत्सव व विशेष आरती कार्यक्रम में प्रतिभाग किया।
मुख्यमंत्री ने हरकीपैड़ी पहुंचकर बजाओ ढोल स्वागत में मेरे भगवान आये हैं….., मंगल भवन अमंगल हारी, अयोध्या आये मेरे प्यारे राम बोलो जै-जै श्रीराम आदि श्रीराम भजनों के बीच देश तथा प्रदेश की समृद्धि की कामना करते हुये पूजा-अर्चना तथा विशेष आरती की।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जैसे ही दीपोत्सव में दीप प्रज्ज्वलित करना प्रारम्भ किया, देखते ही देखते पूरी हरकीपैड़ी हजारों दीपकों की रोशनी से जगमगा उठी तथा सभी दिशायें पटाखों की ध्वनि तथा जय श्रीराम के उद्घोष से गुंजायमान हो गयी। हरकीपैड़ी की दीपोत्सव तथा विशेष आरती की यह छटा देखकर श्रद्धालु तथा उपस्थित जन-समूह अपने आपको इस अप्रतिम क्षण का साक्षी मानकर धन्य तथा सौभाग्यशाली समझ रहे थे।
दीपोत्सव तथा विशेष आरती कार्यक्रम का आयोजन श्रीगंगा सभा द्वारा किया गया। महामंत्री श्रीगंगा सभा तन्मय वशिष्ठ तथा पदाधिकारियों ने हरकीपैड़ी पहुंचने पर मुख्यमंत्री का भव्य स्वागत व अभिवादन किया तथा आभार व्यक्त किया।
इस अवसर पर पूर्व मुख्यमंत्री उत्तराखण्ड, पूर्व केन्द्रीय शिक्षा मंत्री व सांसद हरिद्वार डॉ0 रमेश पोखरियाल निशंक, पूर्व कैबिनेट मंत्री व हरिद्वार नगर विधायक मदन कौशिक, रानीपुर विधायक आदेश चौहान, पूर्व विधायक संजय गुप्ता, जिलाधिकारी धीराज सिंह गर्ब्याल, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रमेन्द्र डोभाल, मुख्य विकास अधिकारी प्रतीक जैन, अपर जिलाधिकारी(वित्त एवं राजस्व) दीपेन्द्र सिंह नेगी, महामंत्री श्रीगंगा सभा तन्मय वशिष्ठ, उज्ज्वल पण्डित, सांसद प्रतिनिधि ओम प्रकाश जमदग्नि, भाजपा जिला अध्यक्ष संदीप गोयल, पूर्व भाजपा जिला अध्यक्ष डॉ0 जयपाल सिंह चौहान, उपाध्यक्ष विकास तिवारी, लव शर्मा, आशू चौधरी, संजय चोपड़ा, पूर्व मेयर मनोज गर्ग, साधू-सन्त, श्रद्धालुजन सहित सम्बन्धित पदाधिकारी एवं अधिकारीगण उपस्थित थे।

केंद्रीय रक्षा मंत्री ने गुरुकुलों से अत्याधुनिक प्रौद्योगिकी के क्षेत्रों में अग्रसर होने का किया आह्वान

केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने स्वामी दर्शनानन्द गुरूकुल महाविद्यालय, हरिद्वार में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव, केन्द्रीय कानून मंत्री अर्जुन राम मेघवाल एवं योग गुरु स्वामी रामदेव की उपस्थित में ’पतंजलि गुरूकुलम’ एवं ’आचार्यकुलम’ का भूमि पूजन कर शिलान्यास किया।

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि देश में गुरूकुलों में न केवल आधुनिक शिक्षा प्रदान की जाए, बल्कि भारत की नैतिक और सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित रखने के लिए और अधिक गुरुकुल स्थापित किए जाने चाहिए। ऐसे समय में जब विदेशी संस्कृति के अनुकरण के कारण नैतिक मूल्यों का ह्रास हो रहा है, युवाओं को नैतिक मूल्यों के समावेश के साथ आधुनिक शिक्षा प्रदान करने के लिए गुरुकुलों को यह दायित्व निभाने के लिए आगे आना चाहिए।

उन्होंने गुरुकुलों से आज के निरंतर विकसित हो रहे समय के साथ तारतम्य बिठाते हुए पारंपरिक शिक्षा के साथ-साथ आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और क्वांटम प्रौद्योगिकी जैसी उभरती और अत्याधुनिक प्रौद्योगिकी के क्षेत्रों में अग्रसर होने का आह्वान किया। “ऐसी प्रौद्योगिकियां विकसित करें जो देश को इस क्षेत्र में अग्रणी बनायें। उन्होंने कहा कि गुरुकुलों को अन्य शिक्षण संस्थानों के लिए मार्गदर्शक के रूप में कार्य करना चाहिए, आने वाले समय में वे एक बार फिर देश और उसकी संस्कृति का प्रतिनिधित्व करें और भारत की नई पहचान बनें। रक्षा मंत्री ने कहा कि “लगभग 1,500 वर्ष पूर्व भारत में कई बड़े विश्वविद्यालय थे, जिनमें गुरुकुल परंपरा प्रचलित थी। उसके बाद, देश ने विदेशी आक्रमणकारियों द्वारा उस व्यवस्था को लगभग नष्ट होते हुए देखा। बदले में, उन्होंने एक ऐसी प्रणाली विकसित की जो हमारे युवाओं को देश की सांस्कृतिक भावना के अनुरूप शिक्षा प्रदान नहीं करती थी। रक्षा मंत्री ने कहा कि उस दौरान, स्वामी दर्शनानंद जी ने इस गुरुकुल की स्थापना की, जो तत्कालीन समय से हमारी युवा पीढ़ियों को ज्ञान और संस्कृति के माध्यम से दीप्तिमान कर रहा है।”

रक्षा मंत्री ने देश में सांस्कृतिक विकास में गुरुकुलों की भूमिका को रेखांकित करते हुए सांस्कृतिक उत्थान की दिशा में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार द्वारा किये जा रहे प्रयासों पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि “काशी विश्वनाथ कॉरिडोर और महाकालेश्वर धाम से राम मंदिर तक बुनियादी ढांचागत विकास से पता चलता है कि सरकार हमारी सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण और उसके उत्थान की दिशा में कार्यरत है। यह विचार सांस्कृतिक संरक्षण से भी आगे जाता है, ताकि हमारी आने वाली पीढ़ियां इस महान देश की संस्कृति पर गर्व कर सकें। उन्होंने कहा कि गुरुकुल इस दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।” राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 का उल्लेख करते हुए, रक्षा मंत्री श्री राजनाथ सिंह ने प्राथमिक शिक्षा से ही युवाओं के मन में नैतिक मूल्यों को विकसित करने के सरकार के संकल्प को दोहराया।

रक्षा मंत्री ने योग के महत्व का उल्लेख करते हुए बताया कि कैसे इसके हितकारी होने के कारण संपूर्ण विश्व ने प्राचीन भारतीय पद्धति का अनुसरण किया है। “भारत वसुधैव कुटुंबकम (विश्व एक परिवार) की अवधारणा का पालन करता है। हमारे ज्ञान का विशाल भंडार पूरी दुनिया को समर्पित है। अब 21 जून को संयुक्त राष्ट्र द्वारा विश्व भर में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के रूप में मनाया जाता है। उन्होंने कहा कि योग की इस प्रथा को, कभी केवल भारत तक ही सीमित माना जाता था, लेकिन अब इसे विश्व स्तर पर लोगों ने स्वीकार किया है, अब योग प्रणाली पूरे विश्व के लोगों के दैनिक जीवन का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है।” भारतीय साहित्य में संस्कृत के महत्वपूर्ण स्थान की चर्चा करते हुए रक्षा मंत्री ने प्राचीन भारतीय भाषा को उसी तरह बढ़ावा देने की आवश्यकता पर बल दिया जिस प्रकार से योग को लोगों के लिए सुलभ बनाया गया था।

गुरूकुलम में छात्र शिक्षा के साथ संस्कारवान बनकर आदर्श नागरिक के रूप में समाज में देंगे अपना योगदान

स्वामी दर्शनानंद का प्राचीन गुरूकुल परंपरा को पुर्नजीर्वित करने में है बड़ा योगदानः धामी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अपने संबोधन में कहा कि महर्षि दयानंद सरस्वती और स्वामी दर्शनानंद का प्राचीन गुरूकुल परंपरा को पुर्नजीर्वित करने में बड़ा योगदान रहा है। उन्होंने कहा जिस प्रकार स्वामी रामदेव ने पतंजलि योगपीठ के माध्यम से विश्व में योग और आयुर्वेद को बढ़ावा देने का कार्य किया, उसी प्रकार पतंजलि गुरूकुलम भी शिक्षा के क्षेत्र में क्रांतिकारी बदलाव का द्योतक बनेगा। गुरूकुलम में बच्चों को शिक्षा के साथ ही संस्कार भी मिलेंगे, जिससे वो एक आदर्श नागरिक के रूप में समाज में अपना योगदान दे सकेंगे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि गुरुकुल में गुरु अपने छात्रों को अपना कुलवाहक मानकर उन्हें तैयार करते हैं तथा शिक्षित कर उन्हें आदर्श मनुष्य बनाने का काम करते हैं। भविष्य में पतंजलि गुुरुकुलम् रूपी गंगोत्री से निकले छात्र भारतीय शिक्षा पद्धति की धर्म ध्वजा को चारों ओर फहराने का कार्य करेंगे। व्यक्ति निर्माण से ही राष्ट्र निर्माण संभव है। उन्होंने कहा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार में देश में अनेक ऐतिहासिक कार्य हुए हैं। भगवान राम का भव्य और दिव्य मंदिर बन रहा है। जिसके साक्षी हम सभी 22 जनवरी को बनेंगे। काशी में बाबा विश्वनाथ मंदिर के भव्य कोरिडोर, उज्जैन में महाकाललोक कॉरिडोर, केदारनाथ और बद्रीनाथ धाम का सौंदर्यीकरण हमारी संस्कृति के संरक्षण और संवर्धन का उदाहरण है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में उत्तराखंड तेजी से विकास की दिशा में आगे बढ़ रहा है। राज्य सरकार ने राज्य हित में ऐतिहासिक फैसले लेते हुए उत्तराखंड में देश का सबसे कठोर नकल विरोधी कानून लागू किया, धर्मांतरण रोकने के लिए भी कानून बनाया गया है। देवभूमि में पहली बार अतिक्रमण के खिलाफ कठोर कदम उठाए गए। इसके साथ ही भ्रष्टाचारियों पर कड़ी कार्रवाई की गई है। प्रदेश की महिलाओं के लिए 30 प्रतिशत आरक्षण की व्यवस्था की गई है। उन्होंने कहा अब हम देवभूमि में समान नागरिक आचार संहिता को भी लागू करने की तैयारी कर रहे हैं।

इस अवसर पर मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि सात प्रमुख नगरियों में से मध्य प्रदेश की अवन्तिका नगरी तथा यहां की मायापुरी प्रमुख हैं। उन्होंने कहा कि यह श्रीकृष्ण की धरा है। यहां आचार्य संदीपनी के आश्रम में श्रीकृष्ण ने 64 कला तथा 14 विद्याओं का अध्ययन किया था। नई शिक्षा नीति का उल्लेख करते हुये कहा कि नई शिक्षा नीति का उद्देश्य विद्यार्थी का सर्वांगीण विकास करना है। उन्होंने योग गुरू स्वामी रामदेव से अपेक्षा की कि इस गुरूकुलम को जल्द से जल्द तैयार करने के साथ ही ऐसा ही गुरूकुलम मध्य प्रदेश में भी स्थापित करने का प्रयास करें, जिसके लिये मध्य प्रदेश सरकार द्वारा पूरा सहयोग प्रदान किया जायेगा।

कार्यक्रम में केन्द्रीय कानून मंत्री अर्जुन राम मेघवाल, सांसद सुधांशु त्रिवेदी, भारतीय शिक्षा बोर्ड के चेयरमैन एमपी सिंह ने भी अपने विचार व्यक्त किये। योग गुरू स्वामी रामदेव एवं आचार्य बालकृष्ण ने भारतीय संस्कृति, गुरूकुलम एवं आचार्यकुलम के इतिहास आदि की जानकारी दी।

इस अवसर पर सांसद एवं पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक, कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत, पूर्व कैबिनेट मंत्री व नगर विधायक मदन कौशिक, प्रदीप बत्रा, पूर्व कैबिनेट मंत्री यतीश्वरानन्द, बालकनाथ महाराज, स्वामी परमानन्द, ज्ञानदेव, राजीव, महन्त रविन्द्रपुरी, स्वामी हरिचेतनानन्द, रूड़की विधायक पूर्व विधायक लक्सर संजय गुप्ता, कुलाधिपति डॉ0 सत्यपाल सिंह, जिलाधिकारी धीराज सिंह गर्ब्याल, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रमेन्द्र डोभाल एवं अन्य लोग मौजूद रहे।

मंगलौर में हुआ हादसा, सीएम ने परिजनों को दो-दो लाख देने के दिए निर्देश

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जनपद हरिद्वार के लहबोनी, मंगलौर में ईंट भट्ठे की दीवार गिरने से वहां कार्यरत श्रमिकों की मृत्यु पर गहरा दुःख व्यक्त किया है। मुख्यमंत्री ने इस घटना को अत्यंत हृदय विदारक बताते हुए दिवंगतों की आत्मा को श्री चरणों में स्थान देने तथा शोकाकुल परिजनों को इस दुःख को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की ईश्वर से कामना की है।

मुख्यमंत्री ने प्रदेश सरकार की ओर से मृतकों के परिजनों को दो-दो लाख रुपये एवं घायलों को 50-50 हजार रुपये की सहायता राशि देने के निर्देश भी दिये हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस दुःख की घड़ी में हम शोक संतप्त परिजनों के साथ खड़े हैं।

मुख्यमंत्री के निर्देश पर अपर सचिव मुख्यमंत्री द्वारा मृतक श्रमिकों के परिजनों एवं घायल श्रमिकों को प्रदान की जाने वाली धनराशि की स्वीकृति का शासनादेश भी जारी कर दिया गया है।

संतों से सदैव देश की सामाजिक, सांस्कृतिक व्यवस्था से संजोए रखा, तभी हम संस्कृति पर करते हैं गर्वः राजनाथ सिंह

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, लोक सभा अध्यक्ष ओम बिरला, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कनखल स्थित श्री हरिहर आश्रम में जूना पीठाधीश्वर आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरि महाराज के आचार्य पीठ पर पदस्थापन के 25 वर्ष पूर्ण होने एवं श्री दत्त जयंती के अवसर पर आयोजित आध्यात्मिक महोत्सव में प्रतिभाग किया।
आध्यात्मिक महोत्सव में सभी सन्तजनों को प्रणाम करते हुये रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने जूना पीठाधीश्वर आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरि महाराज के आचार्य पीठ पर पदस्थापन के 25 वर्ष पूर्ण होने के दायित्व निर्वहन कार्यकाल पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि जिसका मन बड़ा होता है, वही आध्यात्मिक होता है। यह कार्य छोटे मन का नहीं कर सकता है तथा जो बड़ा मन का है, वही समाज को दिशा दे सकता है एवं यहां सब बड़े मन के व्यक्ति बैठे हैं। उन्होंने कहा कि मन जैसे-जैसे बड़ा होता जाता है, उसका आनन्द भी बढ़ता जाता है तत्पश्चात वह धीरे-धीरे परमानन्द की प्राप्ति करता है।
रक्षा मंत्री ने आध्यात्मिक महोत्सव में बैंकिंग चन्द्र चटर्जी के उपन्यास आनन्द मठ का उल्लेख करते हुये कहा कि किस प्रकार से संन्यासियों ने अंग्रेजों के खिलाफ विद्रोह छेड़ दिया था। उन्होंने कहा कि संन्यासियों का देश की सामाजिक, सांस्कृतिक व्यवस्था से हमेशा जुड़ाव रहा है तथा जब भी आवश्यकता पड़ी उन्होंने इनके उत्थान में बड़ा योगदान दिया। उसी की वजह से हम अपनी संस्कृति पर गर्व करते हैं। उन्होंने कहा कि हमारा मान-सम्मान हमारी संस्कृति से जुड़े रहने पर ही है, जिसके लिये हमारे सन्तों का हमें पूरा सहयोग मिलता है।
राजनाथ सिंह ने कहा कि राजा अपना काम ठीक से करे, इसकी समीक्षा करने का अधिकार साधु-सन्तों को ही है। उन्होंने कहा कि जब कोई संत बनता है तो वह सबसे पहले अहम को त्यागते हुए वयम् को अपनाता है तथा वह जो भी कार्य करता है चराचर जगत के लिये करता है तथा पूरे विश्व को अपना परिवार मानता है। इसलिये बसुधैव कुटुम्बकम की भावना को देने का श्रेय संन्यासियों को है।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का उल्लेख करते हुये राजनाथ सिंह ने कहा कि उनके नेतृत्व में भारतीय सांस्कृतिक विरासत के उन्नयन एवं समृद्धि के लिये निरन्तर कार्य किये जा रहे हैं, जिनमें काशी कॉरिडोर, उज्जैन, अयोध्या में राम मन्दिर, केदारनाथ मन्दिर परिसर में कार्य कराया जाना आदि प्रमुख हैं।
लोक सभा अध्यक्ष ओम बिरला ने आध्यात्मिक महोत्सव में सभी को नमन करते हुये कहा कि जूना पीठाधीश्वर आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरि महाराज ने तप, तपस्या तथा आध्यात्मिक मूल्यों का संरक्षण करते हुये लाखों सन्तों को दीक्षा दी तथा देश व दुनिया में वे संस्कृति के वाहक के रूप में प्रख्यात हैं तथा उनका ज्ञान दिव्य अनुभूति देता है। उन्होंने कहा कि जितने भी सन्त यहां विराजमान हैं, उन्होंने अपने जीवन को समर्पित करते हुये चुनौतियों व कठिनाइयों से लड़ने का ज्ञान दिया है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गोस्वामी तुलसीदास जी के रामचरितमानस की पंक्ति-सन्त समागम हरि कथा तुलसी दुर्लभ होय…. का उल्लेख करते हुये दिव्य आध्यात्मिक महोत्सव में सभी सन्तों आदि को नमन किया। उन्होंने जूना पीठाधीश्वर आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरि महाराज का उल्लेख करते हुये कहा कि उनके व्यक्तित्व में चुम्बकीय तत्व हैं, जो भी उनके सम्पर्क में आता है, तो वह उनकी ओर खींचा चला जाता है। उन्होंने कहा कि आज यहां समृद्ध सन्त परम्परा का एक साथ दर्शन हो रहे हैं, जो वसुधैव कुटुम्बकम् को चरितार्थ कर रहा है। उन्होंने कहा कि आचार्य जूनापीठाधीश्वर भारत को विश्वगुरु के पद पर प्रतिस्थापित करने के लिये निरन्तर प्रयासरत रहते हैं। उन्होंने कहा कि यह उत्सव आध्यात्मिक जागरण के क्षेत्र में नई पीढ़ी का मार्ग प्रशस्त करेगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जूना पीठाधीश्वर आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरि महाराज अनेकों जन-कल्याणकारी कार्य पूरी निष्ठा व लगन से करते चले आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि आपका ज्ञान, राष्ट्र निर्माण में मार्गदर्शन तथा आपकी प्रेरणा हमें हमेशा मिलती रहेगी।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का उल्लेख करते हुये कहा कि उनके नेतृत्व में निरन्तर सांस्कृतिक उत्थान हो रहा है। अयोध्या में राम मन्दिर का निर्माण प्रगति पर है, काशी कारीडोर के साथ ही उज्जैन भव्य स्वरूप ले चुका है, केदारनाथ धाम एक नये कलेवर में निखर रहा है, बद्रीनाथ में अनेकों कार्य कराये जा रहे हैं। केदारनाथ रोपवे तथा हेमकुण्ड रोपवे का कार्य प्रगति पर है, मानस खण्ड में जितने भी मन्दिर हैं, उनका सर्किट बनाने का कार्य प्रगति पर है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने आदि कैलाश तथा पार्वती कुण्ड के दर्शन भी किये। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के कुशल नेतृत्व का परिणाम है कि आज पूरा विश्व मार्गदर्शन के लिये भारत की ओर देखता है।
मुख्यमंत्री ने सरकार द्वारा लिये गये ठोस कदमों का जिक्र करते हुये कहा कि हमारी सरकार ने सख्त नकल विरोधी कानून राज्य में लागू किया है, धर्मान्तरण के लिये 10 साल की सख्त सजा का प्राविधान किया गया है, देवभूमि का मूल स्वरूप बना रहे, इसके लिये काफी जमीन अतिक्रमण से मुक्त कराई गयी है, सरकारी नौकरियों में मातृशक्ति को 30 प्रतिशत का क्षैतिज आरक्षण प्रदान किया गया है। उन्होंने कहा कि समान नागरिक संहिता की रिपोर्ट प्रस्तुत करने के लिये जो कमेटी गठित की गयी थी, उसने अपना कार्य पूर्ण कर लिया है, जिसे नये साल में लागू किया जायेगा। उन्होंने कहा कि हमने उत्तराखण्ड को श्रेष्ठ राज्य बनाने के लिये विकल्प रहित संकल्प लिया है तथा आप लोगों के आशीर्वाद से उत्तराखण्ड को श्रेष्ठ राज्य बनायेंगे।
आध्यात्मिक महोत्सव को महामण्डलेश्वर स्वामी यतीन्द्रानन्द गिरि, पूज्य स्वामी चिदानन्द मुनि, स्वामी रामदेव, सुधांशु त्रिवेदी, सुरेश चौहान आदि ने भी सम्बोधित किया।
मंच का संचालन स्वामी हरिचेतनानन्द जी ने किया।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, लोक सभा अध्यक्ष ओम बिरला का हरिद्वार पहुंचने पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी एवं विशिष्ठजनों ने भव्य स्वागत व अभिनन्दन किया।
इस अवसर पर जगत गुरू स्वामी राजराजेश्वराश्रम, निर्वाणी पीठाधश्वर, अटल पीठाधीश्वर, स्वामी अपूर्वानन्द जी महाराज, दिनेश, पूर्व शिक्षा मंत्री भारत सरकार, पूर्व मुख्यमंत्री उत्तराखण्ड एवं सांसद डॉ0 रमेश पोखरियाल निशंक, सांसद महेश शर्मा, कैबिनेट मंत्री प्रेमचन्द्र अग्रवाल, गणेश जोशी, नगर विधायक मदन कौशिक, आचार्य बाल कृष्ण, डॉ0 प्रणव पाण्डया, पूर्व कैबिनेट मंत्री यतीश्वरानन्द, राजेश अग्रवाल, जिलाधिकारी धीराज सिंह गर्ब्याल, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रमेन्द्र डोभाल, पूर्व कैबिनेट मंत्री महेन्द्र सिंह, अशोक चौहान, अजय कुमार, पूर्व विधायक संजय गुप्ता, सुरेश राठौर, पूर्व मेयर मनोज गर्ग, भाजपा जिला अध्यक्ष संदीप गोयल, शोभाराम प्रजापति, उपाध्यक्ष लव शर्मा, आशू चौधरी, मैत्रेय पाणी, सुश्री मालिनी अवस्थी, देश-विदेश से आये हुये साधु-सन्त, आध्यात्मिक जगत से जुड़े हुये विशिष्ठजन सहित सम्बन्धित पदाधिकारी एवं अधिकारीगण उपस्थित थे।

सीएम धामी ने हरिद्वार के सौंदर्यकरण के लिए की कई घोषणाएं

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अपने एक दिवसीय जनपद भ्रमण के दौरान हर की पैड़ी पर गंगा आरती में प्रतिभाग किया। इस अवसर पर उन्होंने भारत की प्राचीन व पौराणिक शक्ति पीठां से सीधा सम्बन्ध रखने वाले सतीकुण्ड को शीध्र ही विश्व स्तरीय संरचना देकर भव्य स्वरुप में विकसित किये जाने, हर की पैड़ी में गंगा आरती के दौरान लाईट, साउंड व लेजर शो के माध्यम से गंगा के अवतरण का तीर्थ यात्रियों के बीच प्रदर्शन की व्यवस्था किये जाने, हरकी पैड़ी के आस-पास के सभी पुलों पर फसाड़ लाईटिग की व्यवस्था किये जाने की घोषणएं की।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नगर क्षेत्रांतर्गत हर की पैड़ी पर गंगा आरती में प्रतिभाग के दौरान तीर्थ यात्रियों की सुविधा हेतु कई सौगाते दी। उन्होने कहा कि प्राचीन शक्ति पीठो से सीधा सम्बन्ध रखने व हिन्दु धर्म के प्रसार के पुरातन केन्द्र के रुप में प्रसिद्व स्थाल सतीकुण्ड को शीघ्र ही विश्वस्तरीय संरचना के तहत भव्य रुप दिया जायेगा। उन्होने गंगा आरती के दौरान हर की पैड़ी पर एकत्र होने वाले तीर्थ यात्रियों की यात्रा को स्मरणीय बनाने के लिए गंगा अवतरण के दृश्य को लाईट, साउंड व लेजर शो के माध्यम से गंगा आरती को और अधिक भव्य रुप दिये जाने की बात कही। उन्होने कहा कि हरकी पैड़ी पर गंगा आरती के दौरान प्रत्येक दिन गंगा अवतरण के दृश्य का लाईट, साउंड व लेजर शो के माध्यम से प्रदर्शन किया जायेगा।
मुख्यमंत्री ने हर की पैड़ी के आस-पास के सभी पुलों पर फसाड़ लाईटिगं की व्यवस्था किये जाने की बात कही। कहा कि हरकी पैड़ी के आसपास के पुल केवल कुम्भ के दौरान ही प्रकाशमान होते हैं। जबकि यहां तीर्थ यात्रियों का वर्ष-भर आना-जाना लगा रहता है, इसलिए हर की पैड़ी के आस-पास के सभी पुलों को प्रतिदिन शाम होते ही रंग बिरंगी रोशनी फसाड़ से प्रकाशमान किये जायेंगे।
इस अवसर पर जिलाधिकारी धीराज सिंह गर्ब्याल, एसएसपी परमेन्द्र डोभाल, वीसी एचआरडीए अंशुल सिंह, सीडीओ प्रतीक जैन, पूर्व विधायक संजय गुप्ता, अध्यक्ष बीजेपी संदीप गोयल सहित अन्य अधिकारी, जनप्रतिनिधि व तीर्थ यात्री उपस्थित रहे।

राष्ट्रीय मैराथन में हरिद्वार की सोनिया ने पहला स्थान हासिल कर किया देश में उत्तराखण्ड का नाम रोशन

राष्ट्रीय एड्स नियंत्रण कार्यक्रम, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय भारत सरकार के अन्तर्गत आज राष्ट्रीय स्तर की प्रथम रेड रन मैराथन 2023 का आयोजन गोवा में किया गया, जिसमें उत्तराखण्ड राज्य एड्स नियंत्रण समिति उत्तराखंड की ओर से युवा प्रतिभागी प्रियांशु चौधरी, आदर्श यादव सोनिया एवं अनीशा द्वारा प्रतिभाग किया गया।

उत्तराखण्ड राज्य के हरिद्वार जनपद की धावक कुमारी सोनिया ने राष्ट्रीय स्तर की रेड रेन प्रतियोगिता में प्रथम स्थान प्राप्त किया जो कि उत्तराखण्ड के लिए बहुत की गौरव की बात है क्योंकि इस प्रतियोगिता में पूरे भारत के 28 प्रदेशों एवं 08 संघ शासित प्रदेशों के द्वारा प्रतिभाग किया गया था। इससे पूर्व राज्य स्तर पर रेड रेन प्रतियोगिता का आयोजन दिनांक 30 सितम्बर 2023 को जनपद देहरादून में किया गया था जिसमे बालक वर्ग में प्रयांशु चौधरी द्वारा प्रथम एवं आदर्श यादव द्वारा द्वितीय तथा बालिका वर्ग में सोनिया द्वारा प्रथम तथा अनीशा द्वारा द्वितीय स्थान प्राप्त किया गया। गोवा में आयोजित राष्ट्रीय स्तर की रेड रन मैराथन प्रतियोगिता में बालिका वर्ग में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाली उत्तराखंड की धावक कुमारी सोनिया को गोवा के माननीय मुख्यमंत्री डॉ प्रमोद सावंत द्वारा ट्रॉफी, प्रशस्ति पत्र एवं पचास हजार रूपये का नकद पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया गया।

इस अवसर पर गोवा के स्वास्थ्य मंत्री विश्वजीत पी० राने, राष्ट्रीय एड्स नियंत्रण कार्यक्रम की अपर सचिव एवं महानिदेशक हेकाली जिगोमी, निदेशक, निधि केशरवानी आदि मौजूद थे। कार्यक्रम में उत्तरखंड राज्य एड्स नियंत्रण समिति के अपर परियोजना निदेशक डॉ0 अजय कुमार नगरकर, उप निदेशक वित्त, महेन्द्र कुमार, अनुभाग सहायक विनोद कुमार स्पोटर्स कॉलेज के कोच हेमराज सिंह उप-प्रधानाचार्या मीना सिंह उपस्थित थे।

इस अवसर पर पूरे कार्यक्रम में उत्तराखंड राज्य की टोपी छायी रही जिसे उत्तराखंड राज्य एड्स नियंत्रण समिति के अपर परियोजना निदेशक डॉ० अजय कुमार द्वारा राष्ट्रीय एड्स नियंत्रण कार्यक्रम की अपर सचिव एवं महानिदेशक हेकाली जिमोमी, नाको भारत सरकार की निदेशक निधि केशरवानी सहित कई राज्यों के वरिष्ठ अधिकारियों को भेट की गई।

इस अवसर पर उत्तराखण्ड के सचिव स्वास्थ्य/ परियोजना निदेशक डॉ आर राजेश कुमार ने राज्य की तरफ से प्रतिभा करने वाले सभी प्रतिभागियों को भविष्य हेतु शुभकामनाएं। इसके साथ ही एड्स नियंत्रण हेतु सक्रिय रूप से प्रतिभाग करने वाले अधिकारियों कर्मचारियों की हौसला अफजाई की। उन्होंने कहा यह राज्य के लिए बड़ी उपलब्धि है। इसे एक सकारात्मक संदेश न सिर्फ उत्तराखंड बल्कि पूरे देश में जाएगा। एड्स नियंत्रण को लेकर उत्तराखंड में अन्य राज्यों के मुकाबले बेहतर काम हो रहा है। हमारा प्रयास है कि जनसहभागिता व सरकारी प्रयासों से आने वाले समय में इसको पूरी तरह नियंत्रित किया जा सके।